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- रायपुर ।स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सोमवार को पंडित जवाहर लाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, रायपुर से संबद्ध डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने अम्बेडकर अस्पताल के मेडिसिन वार्ड तथा गहन चिकित्सा इकाई (इंटेंसिव केयर यूनिट) का निरीक्षण कर उपचार व्यवस्थाओं का जायजा लिया। श्री जायसवाल ने मेडिसिन वार्ड में भर्ती एवं उपचाररत मरीजों के स्वास्थ्य के संबंध में उनके परिजनों से बातचीत कर उपचार व्यवस्था के संबंध में चर्चा की। स्वास्थ्य मंत्री से चर्चा के दौरान मेडिसिन वार्ड में भर्ती मरीज के परिजनों ने बताया कि उनका उपचार अस्पताल में बेहतर ढंग से हो रहा है। इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री ने अम्बेडकर अस्पताल के गहन चिकित्सा इकाई का निरीक्षण करते हुए वहां भर्ती गंभीर मरीजों के उपचार की जानकारी लेते हुए उन्हें बेहतर से बेहतर उपचार प्रदान करने के लिए यथासंभव हर प्रयत्न करने के निर्देश ड्यूटीरत चिकित्सकों को दिए। क्रिटिकल केयर यूनिट में विगत 28 दिसम्बर से भर्ती एवं गंभीर दुर्घटना के शिकार मरीज के परिजन ने स्वास्थ्य मंत्री को जानकारी दी कि मरीज जिस स्थिति में यहां आया था उसके बाद अब उसमें काफी सुधार हुआ है जिससे वे अस्पताल की उपचार व्यवस्था को लेकर संतुष्ट हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य मंत्री ने डायलिसिस यूनिट का अवलोकन करते हुए कहा कि आवश्यकता पड़ने पर डायलिसिस मशीनों की संख्या बढ़ाई जाएगी।वार्डों के निरीक्षण के उपरांत वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारियों तथा विभागाध्यक्षों की बैठक लेते हुए चिकित्सा शिक्षा मंत्री ने कहा कि इस विभाग का मंत्री बनने के बाद अम्बेडकर अस्पताल का यह दूसरी बार निरीक्षण है। प्रथम बार के औचक निरीक्षण के पश्चात् व्यवस्था में काफी बदलाव हुए हैं जो संतोषप्रद है। प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल की बेहतरी की दिशा में प्रयास जारी रहेगा। उन्होंने चिकित्सा महाविद्यालय की अधिष्ठाता डॉ. तृप्ति नागरिया एवं अम्बेडकर अस्पताल अधीक्षक डॉ. एस. बी. एस. नेताम को निर्देश देते हुए कहा कि गर्मी के आने के पूर्व ही वाटर कूलर, पंखे एवं कूलरों की व्यवस्था वार्डों एवं ओपीडी में पर्याप्त संख्या में होनी चाहिए ताकि मरीजों को परेशानी न हो। उन्होंने चिकित्सालय में संचालित लिफ्ट की व्यवस्था को और भी बेहतर तथा सुगम बनाने के निर्देश दिए।श्री जायसवाल ने बैठक में कहा कि अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए आवश्यक मेडिकल उपकरण, ओटी काम्प्लेक्स के उन्नयन एवं रेडियोलॉजी के जांच की मशीन के संबंध में अस्पताल एवं चिकित्सा महाविद्यालय स्तर पर मांग पत्र पुनः भेजें जाएं ताकि भविष्य में मरीजों को ऑपरेशन, पैथोलॉजी बायोकेमिस्ट्री व माइक्रोबायोलॉजी से संबंधित सभी जांच एवं रेडियोलॉजी जांच के लिए इंतज़ार न करना पड़े। उन्होंने अस्पताल की सुरक्षा के मद्देनज़र पर्याप्त संख्या में सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए।चिकित्सा शिक्षा मंत्री द्वारा अस्पताल के निरीक्षण एवं बैठक के दौरान विभागाध्यक्ष नेत्र रोग विभाग डॉ. निधि पांडे, सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. मंजू सिंह, अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ. विनित जैन, विभागाध्यक्ष एनेस्थीसिया डॉ. प्रतिभा जैन शाह, विभागाध्यक्ष बायोकेमिस्ट्री डॉ. पी. के. खोडियार, ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. वी. कापसे, मेडिसिन विभाग के डॉ. योगेन्द्र मल्होत्रा, सर्जरी विभाग के डॉ. संतोष सोनकर समेत प्रशासनिक अधिकारी श्रीमती रंजना ध्रुव उपस्थित रहीं।
- -रोजाना की आर्थिक जरूरतों का सहारा बनेगी महतारी वंदन योजना: नीता राठौर-महतारी वंदन योजना को लेकर महिलाओं में जबरदस्त उत्साहरायपुर। महतारी वंदन योजना को लेकर प्रदेश की महिलाओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। महिलाएं आंगनबाड़ी केंद्रों में बड़ी संख्या में योजना का फॉर्म भरने पहुंच रही हैं। रायगढ़ केलो विहार कालोनी की नीता राठौर ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ की महिलाओं से जो वादा किया था, वह अब पूरा होने जा रहा है। महतारी वंदन योजना से हम जैसी विवाहित महिलाओं को अब एक हजार रुपए प्रतिमाह मिलने लगेगा। उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना रोजाना की आर्थिक जरूरतों का सहारा बनेगी। बच्चों की ट्यूशन फीस से लेकर राशन, स्वयं के पोषण आहार सहित घरेलू अन्य चीजों के लिए इस राशि से बड़ी मदद मिलेगी।रायगढ़ की श्रीमती दुरपति बरेठ कहती हैं कि सालाना 12 हजार रुपए मिलेंगे। यह हमारी रोज की छोटी मोटी जरूरतों, बच्चों के लिए लगने वाले दवाई, उनकी कापी-पुस्तकों के लिए काफी मददगार साबित होगी। रंजीता प्रधान ने कहा कि महतारी वंदन योजना से मिली राशि से हम अपनी स्वयं की जरूरतें पूरी कर लेंगे। साथ ही अब घर की छोटी-मोटी चीजों के लिए अपने पति को बार-बार बोलना नहीं पड़ेगा। महतारी वंदन योजना से आज हम जैसी महिलाओं में भारी उत्साह है। छत्तीसगढ़ सरकार के मुखिया श्री विष्णु देव साय ने महिलाओं से जो कहा तथा उसे पूरा करके दिखा रहे है। महिलाओं ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को बहुत-बहुत धन्यवाद दिया है।
- मोदी की गारंटी अंतर्गत महिला सशक्तीकरण के लिए विष्णु देव साय सरकार द्वारा उठाये गये सबसे बड़े कदम का लाभ लेने पहले ही दिन उमड़ी महिलाओं की भीड़सविता साहू ने कहा कि जिस तरह भाई तीज की राशि देते हैं उसी तरह मुख्यमंत्री श्री साय ने दी महतारी वंदन की राशिरायपुर ।महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आरंभ की गई महतारी वंदन योजना का लाभ लेने पहले ही दिन 1 लाख 81 हजार से अधिक महिलाओं ने आवेदन किया। योजना के माध्यम से मिलने वाली आर्थिक मद्द को लेकर महिलाओं में भारी उत्साह दिखाई देने लगा है। आज रायपुर जिले में 13 हजार से अधिक आवेदन आये वहीं सुकमा जैसे प्रदेश के जनजातीय इलाकों में भी पहले ही दिन 1592 महिलाओं ने आवेदन भरा।महिलाओं को आवेदन भरने में किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए पुख्ता तैयारियां जिला प्रशासन द्वारा कराई गई थीं। सभी जिलों में कलेक्टरों ने अधिकारियों की बैठक ली थी और निर्देशित किया था कि न्यूनतम समय में आवेदन लेने का काम पूरा किया जाए। प्रक्रिया में अधिक समय न लगे इसके लिए प्रशासन ने पात्रता संबंधी नियमों को बताने के लिए भी कर्मचारी नियुक्त किये थे। साथ ही इसके लिए आवेदन के वक्त लगने वाले जरूरी दस्तावेज बताने के लिए भी कर्मचारी तैनात किए गए है, ताकि आवेदक का आवेदन विधिवत पूरा हो जाए और स्क्रूटनी में किसी तरह की दिक्कत न आये।प्रदेश में हर तरफ महतारी वंदन का माहौल है। धमतरी में रुद्री निवासी लोमेश्वरी ओझा जब फार्म भरने आई तो उन्होंने कहा कि मेरी छोटी-छोटी खुशियां इस राशि से पूरी होगी। मैं अपने बच्चों के लिए भी राशि खर्च कर सकूंगी। रायपुर की सविता साहू ने बताया कि तीज-त्यौहार में उन्हें, मायके से जो भेंट मिलती है, उसको वह मनचाहा खर्च करती हैं। ऐसे में मुझे मुख्यमंत्री श्री साय भी भाई की तरह लग रहे हैं, जो हर महीने तीज की राशि हजार रुपए देंगे।कसडोल विकासखंड के बल्दाकछार के विशेष पिछड़ी जनजाति की तीजबाई कमार ने कहा कि आज मैं आंगनबाड़ी केंद्र पहुंची। आवेदन जमा कर दिया है। मैं मजदूरी भी करती हूँ और अब महतारी वंदन का पैसा भी मुझे मिलेगा। हम सब महिलाएं बहुत खुश हैं और सरकार को धन्यवाद देती हैं।इन जिलों से आये इतने आवेदन- आज महतारी वंदन योजना के लिए बालोद से 3226, बलौदाबाजार से 523, बलरामपुर से 783, बस्तर से 12503, बेमेतरा से 3863, बीजापुर से 710, बिलासपुर से 9329, दंतेवाड़ा से 3980, धमतरी से 3682, दुर्ग से 13997, गरियाबंद से 3723, जांजगीर से 20186, जशपुर से 5367, कांकेर से 2441, कवर्धा से 5796, कोंडागांव से 6836, कोरबा से 5101, कोरिया से 2035, महासमुंद से 7040, मुंगेली से 3263, नारायणपुर से 406, रायगढ़ से 1530, रायपुर से 13155, राजनांदगांव से 8403, सरगुजा से 1089, सुकमा से 1592, सूरजपुर से 13588, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही से 4605, सक्ती से 1885, खैरगढ़-छुईखदान-गण्डई से 1552, मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी में 955, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 1654, सारंगढ़-बिलाईगढ़ से 16656 आवेदन भरे गये।
- रायपुर lविधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह की अध्यक्षता में आज यहां विधानसभा के समिति कक्ष में कार्य मंत्रणा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय,नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत, उपमुख्यमंत्री द्वय श्री अरुण साव और श्री विजय शर्मा सहित समिति के सदस्य उपस्थित हैं l
- -विदेशी अधिकारियों को खूब भाया छत्तीसगढ़-अंडर स्टैंडिंग इंडिया मॉड्यूल के तहत छत्तीसगढ़ पहुंचा 16 अधिकारियों का दल-अमेरिका, कजाकिस्तान, सऊदी अरब, बांग्लादेश और नेपाल से आए मित्र देशों के अधिकारी भी हैं शामिलरायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज यहां पहुना स्थित उनके निवास कार्यालय में राष्ट्रीय रक्षा महाविद्यालय से छत्तीसगढ़ प्रवास पर पहुंचे अधिकारियों के अध्ययन दल ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ पहुंचे सभी अधिकारियों का राज्य में स्वागत किया। मुख्यमंत्री को अध्ययन दल के अधिकारियों ने बताया कि महाविद्यालय में एक वर्षीय पाठ्यक्रम में शामिल 6 सप्ताह के अंडर स्टैंडिंग इंडिया मॉड्यूल के तहत 120 अधिकारियों का दल 8-8 अलग-अलग राज्यों का दौरा कर रहा है। इसी क्रम में 16 अधिकारियों का दल छत्तीसगढ़ पहुंचा है, जो प्रदेश में आंतरिक सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं सहित राज्य में हो रहे विकास कार्याें और गतिविधियों का अध्ययन करेगा। इस मौके पर उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव भी मौजूद रहे।मुख्यमंत्री श्री साय ने अध्ययन दल के अधिकारियों से चर्चा करते हुए छत्तीसगढ़ की भौगोलिक स्थिति, सामाजिक-सांस्कृतिक विशेषताओं सहित जनजातीय बाहुल्य इलाकों के विशेष संदर्भ में महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की। उन्होंने राज्य में शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन, उद्योग, महिला सशक्तिकरण के साथ ही विकास से जुड़े विषयों पर अध्ययन दल से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ बहुत सुन्दर प्रदेश है। यहां खनिज सम्पदाओं, वन सम्पदाओं के विपुल भण्डार मौजूद है। प्राकृतिक सौंदर्य से समृद्ध छत्तीसगढ़ में पर्यटन की असीम संभावनाएं हैं। हम छत्तीसगढ़ की विशिष्टताओं कोे विश्व पटल पर पहचान दिलाने के लिए कृत संकल्पित होकर कार्य कर रहे है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाई और अदंरूनी क्षेत्रों में विकास कार्यो और जनकल्याणकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन से माओवादी आतंकवाद का दायरा सिमट गया है। हमनें माओवादी आतंकवाद के खिलाफ अपनी लड़ाई में तेजी लाई है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में जनजाति बाहुल्य इलाकों में विकास को गति देने के लिए आदिवासी विकास प्राधिकरण बनाए गए हैं। पूर्व प्रधानमंत्री, भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में जनजातीय मंत्रालय बनाया गया था, जो आदिवासी बाहुल्य इलाकों के विकास में मील का पत्थर साबित हो रहा है। हमने इसी रास्ते पर आगे बढ़ते हुए इन इलाकों के समावेशी की कार्ययोजना तैयार की है, जिसका जल्द ही क्रियान्वयन भी किया जाएगा। श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में आदिवासियों के विकास के लिए बजट की कोई कमी नहीं है। सड़कों के विस्तार को भी बढ़ावा देना है, जिससे आवागमन सुगम होगा।मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ में महिला स्व-सहायता समूह बड़ी संख्या में कार्यरत है। पंचायत स्तर पर 10 से 12 महिलाओं का समूह विभिन्न आजीविका मूलक गतिविधियों से जुड़ा है। जिससे उनकी आर्थिक स्थिति बेहतर हुई है। श्री साय ने कहा कि हमने निम्न-मध्यम वर्गीय परिवार की महिलाओं के आर्थिक उन्नयन के लिए राज्य में महतारी वंदन योजना की शुरूआत की दी है। इस दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने दंतेवाड़ा के जावंगा एजुकेशन सिटी और राम कृष्ण मिशन द्वारा आदिवासी युवाओं के उत्थान के लिए किए जा रहे कार्याें का विशेष रूप जिक्र किया। जिस पर अधिकारियों ने बताया कि वे इन इलाकों का भ्रमण करेंगे।मुख्यमंत्री से हुई सार्थक चर्चा पर अधिकारियों ने कहा कि भारत को जानने समझने में छत्तीसगढ़ की उनकी यह यात्रा बड़ी लाभदायक सिद्ध होगी। छत्तीसगढ़ से वे नये अनुभव साथ लेकर जाएंगे, जो उनके कार्य क्षेत्र में भी उपयोगी साबित होगी।भारत को जानने निकले विदेशी दल को खूब भाई छत्तीसगढ़ की सुन्दरतामुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से चर्चा के दौरान अध्ययन दल के प्रभारी मेजर जनरल श्री सामर्थ्य नागर ने बताया कि हमने जैसा सोचा था, छत्तीसगढ़ उससे कही अधिक सुन्दर है। उन्होंने बताया कि अध्ययन दल में शामिल पांच मित्र देशों - अमेरिका, कजाकिस्तान, सऊदी अरब, बांग्लादेश और नेपाल के साथी अधिकारियों को छत्तीसगढ़ का प्राकृतिक सौंदर्य खूब भाया है। उन्होंने बताया कि साथी अधिकारी छत्तीसगढ़ की इस सुन्दर यात्रा को लेकर बहुत उत्सुक और खुश हैं।अध्ययन दल में आईपीएस श्री मानविन्दर सिंह भाटिया, एयर कमोडोर श्री भुवन माथुर, ब्रिगेडियर श्री वैभव मिश्रा, श्री वैभव अग्रवाल, श्री एस. सेन, श्री विक्रांत पाटिल, श्री टी. के. मिश्रा, श्री व्ही. गणपति, बांग्लादेश से आए कमोडोर मोहम्मद फैजल हक, सऊदी अरब से कर्नल श्री युसुफ बिन गाजी अल ओतैबी, नेपाल से कर्नल श्री बिमल कुमार बासनेत, कजाकिस्तान से कर्नल श्री जोल्डस नेसिपबायेव, अमेरिका से कर्नल श्री डाना डेमर, डीआरडीओ से डॉ. कमल किशोर पंत, आईएनएएस से श्री कवल सिंह शामिल रहे।
- रायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज शाम यहां राज्य अतिथि गृह पहुना में राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री श्री टंकराम वर्मा के नेतृत्व में ध्रुव गोंड समाज बलौदा बाजार के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की। मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री श्री साय को कोलियारी, जिला बलौदा बाजार-भाटापारा में आगामी 24 फरवरी को आयोजित होने वाले सामूहिक विवाह कार्यक्रम के लिए आमंत्रण दिया। इस अवसर पर श्री मेमसिंह उईके, श्री हेमसिंह ध्रुव, श्री खुमान सिंह मरकाम, श्री सहस नेताम सहित समाज के अन्य सदस्य शामिल थे।
- -मन चंगा तो कठौती में गंगा, अब विकास की आस में मन रंगा, अपने उद्यम को विस्तार दे रहे रविदास समाज के लोग-सोनाधर के लिए प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना बनेगा आजीविका का नया आधार-विशाखा बाई बोली महतारी वंदन योजना से सपने होंगे साकाररायपुर ।मन चंगा तो कठौती में गंगा, यह संत शिरोमणि श्री रविदास ने कहा था। यदि ठान लिया जाए तो कुछ भी असंभव नहीं। प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के आरंभ होने से रविदास समाज के सपनों को पूरा करने की दिशा में आवश्यक वित्तीय संसाधन उपलब्ध हो गये हैं। अपने व्यवसाय को आगे ले जाने के लिए समाज के लोग इस योजना का लाभ उठा रहे हैं और अपने उद्यम को विस्तार दे रहे हैं।अभी हाल ही में महासमुंद के झलप में हुए गुरु रविदास महासभा के राज्य स्तरीय सम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय भी शामिल हुए। उन्होंने कहा कि आपका समाज छोटा जरूर है, लेकिन ताकतवर समाज है, अगर मन में ठान लिया जाए तो हर कार्य संभव हो जाता है। उन्हें सुनने के लिए सैकड़ों की संख्या में महासभा के लोग और प्रतिनिधि मौजूद थे। मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर लोग गदगद हो रहे थे।महासम्मेलन में पहुंचे झलप निवासी श्री सोनाधार रौतिया ने कहा कि अब हमें उम्मीद ही नहीं विश्वास है, हम अपने समाज को आगे बढ़ाएंगे। पहली बार कोई मुखिया हमारे महासम्मेलन में पहुंचे हैं। इससे हमें गर्व की अनुभूति हो रही है, इससे हम आगे बढ़ने के लिए उत्साहित हैं। उन्होंने बताया कि वे एक छोटे से जूते-चप्पल की दुकान के माध्यम से अपनी आजीविका चलाते हैं। लेकिन अब प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना से एक नई उम्मीद जगी है।मुझे आसानी से लोन मिलेगा और अपने व्यवसाय को नया रूप दे सकूंगा। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी सुधा एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही है। प्रयास विद्यालय में पढ़कर उन्होंने सफलता पाई है। सुधा कहती है कि अब मेरे डॉक्टर बनने का सपना भी जल्द ही पूरा होगा। उन्होंने बताया कि इस अंचल में उनके समाज की वे एकमात्र डॉक्टर हैं। जिस दिन डिग्री मिल जायेगी मैं मुख्यमंत्री से मिलने जाऊंगी।इसी तरह समाज के किसान सफेद सिंह मिर्धा ने बताया कि वे खेती किसानी करते हैं। उन्होंने बताया कि उनके पास 5 एकड़ जमीन है। यहां पानी की समस्या है, वर्तमान सरकार सिकासेर जलाशय से पानी लाने की व्यवस्था करेगी। हमें विश्वास है कि आने वाले समय में यह काम जरूर पूरा होगा और हम यहां भी खेती को एक उन्नत खेती के रूप में विकसित करेंगे।इसी तरह विशाखाबाई ने कहा कि चिटफंड कंपनी में लगा पैसा मिलने की उम्मीद बन गई है। उन्होंने महतारी वंदन योजना का जिक्र करते हुए कहा कि अब हमें साल में 12 हजार रुपए मिलेंगे। मैं बहुत खुश हूं कि प्रधानमंत्री मोदी जी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय हम गरीब महिलाओं के लिए उम्मीद की नई किरण लेकर आए हैं। उन्हें गाड़ा-गाड़ा जोहार करते है।कार्यक्रम में पहुंचे सभी लोगों की आंखों में उम्मीद और नए विश्वास के सपने साफ झलक रहे थे।उत्सुकता और उत्साह के साथ वे मुख्यमंत्री को सुन रहे थे। सभा मे पहुंची सुखवंतीन बाई ने कहा कि मुख्यमंत्री सहज, सरल और विनम्र है। वह हम सबके के मुखिया हैं। सच कहूं तो इस सरकार में विकास की नई उम्मीद बंधी है।
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कलेक्टर ने जारी किया आदेश
बिलासपुर/कलेक्टर अवनीश शरण ने शहर में बढ़ते यातायात दबाव को नियंत्रित करने के लिए विभिन्न मार्गाें से शहर में प्रवेश करने वाले भारी वाहनों के परिवहन एवं उनके समय का निर्धारण किया है। माननीय उच्च न्यायालय द्वारा आपातकालीन एंबुलेंस, फायर ट्रक एवं अन्य आपातकालीन वाहनों की आवागमन को सुचारू रूप से व्यवस्थित करने के निर्देश दिए गए है। कलेक्टर द्वारा जारी आदेश के अनुसार ट्रक, मेटाडोर, पिकअप आदि सभी प्रकार के छोटे-बड़े ऐसे वाहन जो व्यापार विहार से आते-जाते है एवं शहर के भीतर सामान खाली करने वाले वाहन रात्रि 11 बजे से सवेरे 6 बजे तक एवं दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक परिवहन कर सकेंगे। इसी प्रकार सभी प्रकार के भारी वाहन एक्सल, मल्टी एक्सल, कोयला परिवहन, कैप्सूल, टेªलर, ट्राला, ट्रक और मेटाडोर जैसे ऐसे मालवाहक वाहन जिन्हें बिलासपुर से आगे की ओर जाना है वे बाईपास मार्ग का प्रयोग करेंगे।
आवश्यक वस्तुओं के परिवहन कार्य में लगे वाहन जैसे पीडीएस, धान, सब्जी, फल, दूध, गैस सिलेण्डर, रेल्वे रेक, डीजल, पेट्रोल एवं सार्वजनिक वितरण प्रणाली की आवश्यक वस्तुओं के परिवहन कार्य में लगे वाहन ट्रक, मेटाडोर, पिकअप आदि सभी प्रकार के वाहन बिलासपुर शहरी क्षेत्र एवं माननीय उच्च न्यायालय मार्ग पर आवासीय परिसर से शहरी क्षेत्र तक के मार्ग का प्रयोग कर सकेंगे। इनके लिए शहरी क्षेत्र सहित माननीय उच्च न्यायालय मार्ग पर परिवहन सवेरे 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक एवं रात्रि 8 बजे से सवेरे 5 बजे तक का समय निर्धारित किया गया है। भवन निर्माण सामग्रियों का परिवहन करने वाले वाहन बिलासपुर शहरी क्षेत्र किन्तु दिन के समय दोपहर 12 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच लिंकरोड में तथा सवेरे 5 बजे से रात्रि 11 बजे तक मंगला चैक से नेहरू चैक तक भवन निर्माण सामग्री परिवहन वाहनों का प्रवेश पूर्णतः प्रतिबंधित होगा। इनके लिए सवेरे 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक एवं रात्रि 11 बजे से सवेरे 5 बजे तक का समय निर्धारित किया है। इसी प्रकार सीएसपीडीसीएल (सीएसईबी), नगर निगम, फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस, पुलिस वाहनों को उपरोक्त प्रतिबंध से छूट होगी साथ ही समय-समय पर जिला दण्डाधिकारी द्वारा जनहित एवं लोकहित के दृष्टिकोण से छूट प्रदाय वाहनों को भी नियमानुसार परिवहन की सुविधा होगी। -
लम्बे अरसे से नदारद शिक्षकों की सूची तलब
शहर में 12-13 को आयुष्मान कार्ड बनाने अभियान
10 फरवरी को बच्चों को खिलाई जायेगी कृमिनाशक दवा
कलेक्टर ने टीएल बैठक में की महतारी वंदन योजना की समीक्षा
बिलासपुर/कलेक्टर जनदर्शन की तर्ज पर अब सभी एसडीएम भी साप्ताहिक जनदर्शन करेंगे। प्रति बुधवार को सवेरे 11 से 2 बजे तक वे अपने कार्यालय में बैठकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे, उनका निराकरण करेंगे। कलेक्टर श्री अवनीश शरण ने टीएल की बैठक में आज इस आशय के निर्देश दिए। उन्होंने बैठक में महतारी वंदन योजना, पीएम जनमन योजना, जल जीवन मिशन सहित अन्य विभागीय लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि मानदेय एवं कलेक्टर दर पर विभिन्न विभागों में कार्यरत कर्मचारियों को महतारी वंदन योजना का लाभ मिलेगा। बैठक में डीएफओ श्री संजय यादव,नगर निगम आयुक्त श्री अमित कुमार सहित विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने स्कूलों से लम्बे समय से नदारद शिक्षकों की सूची तलब की है। डीईओ से अगले टीएल की बैठक में लेकर आने को कहा है। कई शिक्षक बरसों से बिना अवकाश स्वीकृति के ड्यूटी से गायब हैं। इससे बच्चों की पढ़ाई पर बुरा असर पड़ रहा है। उन पर शिक्षा विभाग ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई भी नहीं की है। कलेक्टर ने बोर्ड एवं कॉलेज की परीक्षा को ध्यान में रखते हुए कोलाहल नियंत्रण पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। श्री शरण ने मिडिल स्कूलों में स्मार्ट पढ़ाई के लिए आये उपकरणों के सेट-अप कर इनका लाभ बच्चों को दिलाने को कहा है। इन्हें स्थापित करने में हो रहे विलंब पर सप्लायर के प्रति रोष प्रकट किया। कलेक्टर ने कोटा ब्लॉक के बैगा आदिवासी बहुल ग्राम कुरदर की उप स्वास्थ्य केन्द्र में बिजली पहुंचाने के निर्देश ऊर्जा विभाग को दिए हैं। कलेक्टर ने 1 जनवरी 2019 से निःशक्तजन कोटा के अंतर्गत चयनित शासकीय कर्मियों के निःशक्तता की जांच मेडिकल बोर्ड से कराने के निर्देश दिए। राज्य शासन द्वारा इस आशय के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने कहा कि डीएमफ के शासी परिषद की बैठक में जिन कामों को अनुमोदन किया गया है, उनकी प्रशासकीय स्वीकृति के प्रस्ताव संबंधित विभागों को एक सप्ताह में भेजने कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा 10 फरवरी को डिवर्मिंग दिवस मनाया जायेगा। स्कूल, आंगनबाड़ी, स्वास्थ्य केन्द्रों में 19 साल तक के बच्चों को कृमिनाशक दवाई खिलाई जायेगी। इन दवाईयों को खाली पेट में नहीं खाने और चबाकर खाने की समझाइश दी गई है। प्रधानमंत्री आरोग्य योजना के अंतर्गत बिलासपुर शहर में 12 एवं 13 फरवरी को आयुष्मान कार्ड बनाने का दो दिवसीय अभियान चलाया जायेगा। राशन दुकानों में भी ये कार्ड बनाये जाएंगे। केवल बिलासपुर शहर में ही फिलहात 2.14 लाख लोगों का आयुष्मान कार्ड अभी नहीं बना है। जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक लेकर भी कलेक्टर ने कार्यों की समीक्षा की और कई प्रस्तावों का अनुमोदन किया। उन्होंने महतारी बंदन योजना के पहले दिन के हालात की जानकारी ली। उन्होंने इसे राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना बताते हुए गंभीरता से पात्र हितग्राहियों को लाभ दिलाना सुनिश्चित करने कहा है। -
होंगे 3 काउंटर मंगलवार से शुरू होगा
भिलाईनगर। छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट से महत्वकान्क्षी महतारी वंदन योजना को मंजूरी मिलने के बाद अब योजना को लागू किया जा रहा है। इसके लिए भिलाई निगम के मुख्य कार्यालय तथा सभी पांच जोन कार्यालय में फाॅर्म वितरण एवं जमा लेना प्रारंभ किया जाएगा।
निगम आयुक्त देवेश कुमार ध्रुव ने आदेश जारी कर सभी जोन कार्यालय में 3 काउंटर लगाने के निर्देश दिए है। योजना के तहत विवाहित महिलाओं को शासन की तरफ से हर महीने 1,000 रुपये मिलेंगे।
छत्तीसगढ़ शासन ने महतारी वंदन योजना को मंजूरी मिलने के बाद अब इसे लागू किया जा रहा है। भिलाई निगम क्षेत्र के महिला हितग्राहियों को योजना से लाभान्वित करने के लिए निगम मुख्य कार्यालय सुपेला , जोन 01 नेहरूनगर, जोन 02 वैशालीनगर, जोन 03 मदर टेरेसा नगर, जोन 04 शिवाजी नगर खुर्सीपार, जोन 05 सेक्टर 06 कार्यालय सहित परियोजना कार्यालय महिला एवं बाल विकास विभाग जुनवानी में तीन काउंटर लगाए जाएंगे। कार्यालयीन समय सुबह 10 बजे से 4 बजे तक हितग्राहियों की सुविधा के लिए काउंटर खुले रहेगे। पहले काउंटर पर फाॅर्म वितरण, दूसरे काउंटर पर हितग्राही द्वारा दिए गए फाॅर्म की स्क्रूटनी एवं तीसरे काउंटर में फॅार्म को जमा लिया जाएगा।
इस योजना के तहत राज्य की विवाहित महिलाओं को एक हजार रुपये प्रतिमाह यानि कि वर्ष मे 12 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इस योजना का उद्देश्य राज्य की महिलाओं को सशक्त बनाना और उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार लाना है। योजना के लागू होने से महिला सशक्तिकरण की दिशा में छत्तीसगढ़ आगे बढ़ेगा।
आवश्यक दस्तावेज
हितग्राहियों को आवेदन के जन्म प्रमाण पत्र, निवास हेतु सक्षम प्राधिकारी से जारी प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, आवेदिका का आधार कार्ड, विधवा होने की स्थिति मे पति का मृत्यु प्रमाण पत्र, आवेदिका के पति का पेन कार्ड व आधार कार्ड, परित्यक्ता/ तलाक शुदा होने की स्थिति मे प्रमाण पत्र, विवाहित महिला द्वारा स्वघोषणा शपत पत्र जैसे आवश्यक दस्तावेज संलग्न करना होगा। -
विधायक व स्थानीय जनप्रतिनिधि भी हुए शामिल
रायपुर। उपमुख्यमंत्री व नगरीय प्रशासन मंत्री श्री अरुण साव के मुख्य आतिथ्य व स्कूली व शालेय शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता में आज रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा नव निर्मित “स्वामी विवेकानंद सरोवर-बूढ़ातालाब पथ“ का लोकार्पण हुआ। इस अवसर पर आयोजित समारोह में विधायक (उत्तर) श्री पुरंदर मिश्रा, विधायक (ग्रामीण) श्री मोतीलाल साहू, नगर निगम आयुक्त व स्मार्ट सिटी के प्रबंध संचालक श्री अबिनाश मिश्रा, नगर निगम की नेता प्रतिपक्ष श्रीमती मीनल चौबे सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक व जे.आर. दानी स्कूल के शिक्षक व छात्र-छात्राएं शामिल रहें। इस मार्ग के प्रारंभ हो जाने से अब स्कूली छात्राओं व अन्य लोगों को कम दूरी तक गंतव्य तक जाने सुरक्षित व सुगम पथ उपलब्ध हो गया है।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि रायपुर स्मार्ट सिटी व छत्तीसगढ़ के नगरीय निकाय जन सुविधाओं को आम नागरिकों तक त्वरित गति से पहुंचाने संकल्पित भाव से अग्रसर है। स्वच्छता व अन्य बुनियादी जन सुविधाओं को पूरा करने शहरी प्रशासन अब केन्द्र व राज्य शासन के मार्गदर्शन में तेजी से काम कर रही है। अपने उद्बोधन में कैबिनेट मंत्री व स्थानीय विधायक श्री बृजमोहन अग्रवाल ने जन आकांक्षाओं के अनुरूप केवल एक माह के भीतर इस मार्ग का निर्माण कर इसे आम लोगों को लोकार्पित करने के लिए रायपुर स्मार्ट सिटी की सराहना की और उन्होंने विश्वास दिलाया कि सुशासन की राह में तेज चलकर जनता की सेवा में जुटी राज्य सरकार रायपुर सहित अंचल के विकास में राशि की कभी कोई कमी नहीं होने देगी। उन्होंने यह भी कहा कि इस पथ निर्माण से अब आम नागरिक भी राह चलते बूढ़ातालाब की विरासत को करीब से देख पाएंगे। नगर निगम की नेता प्रतिपक्ष श्रीमती मीनल चौबे ने छात्राओं व उनके पालकों की अपेक्षाओं को पूरा करने बूढ़ातालाब परिसर के भीतर इस पथ निर्माण के लिए मंत्री श्री अग्रवाल के प्रति आभार प्रकट करते हुए कहा कि नगर विकास में उपमुख्यमंत्री व नगरीय प्रशासन मंत्री श्री साव का पूर्ण सहयोग रायपुर की शहरी प्रशासन को हमेशा मिलेगा। कार्यक्रम में जे.आर. दानी छात्रसंघ अध्यक्ष ईशिता शर्मा, उपाध्यक्ष तालेश्वरी ध्रुव ने भी शाला आगमन पर अतिथियों का स्वागत किया।
इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त व स्मार्ट सिटी के प्रबंध संचालक श्री मिश्रा ने बताया कि आम नागरिकों की सुविधा हेतु लगभग 85 लाख रुपए की लागत से इस आंतरिक पथ का निर्माण रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने लगभग 1 माह के भीतर पूर्ण किया है। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना के ए.एच.पी. एवं बी.एल.सी. के 22 हितग्राहियों को आबंटन संबंधी प्रमाण पत्र प्रदान किए गए, साथ ही अतिथियों द्वारा प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के व्यक्तिगत व समूह लोन हेतु राशि अंतरण के 15 चेक वितरित किए गए। कार्यक्रम में जे.आर. दानी स्कूल के प्राचार्य डॉ. विजय खंडेलवाल ने छात्राओं की प्रतीक्षित मांग को त्वरित रूप से पूरा करने के लिए उपमुख्यमंत्री श्री साव, कैबिनेट मंत्री श्री अग्रवाल व समस्त जनप्रतिनिधियों व स्मार्ट सिटी प्रबंधन के प्रति आभार ज्ञापित किया। कार्यक्रम में उपनेता प्रतिपक्ष श्री मनोज वर्मा, पार्षद डॉ. सीमा मुकेश कंदोई, श्रीमती सरिता वर्मा, श्रीमती सरिता आकाश दुबे, श्री मृत्युंजय दुबे, पूर्व नेता प्रतिपक्ष श्री सूर्यकांत राठौर, श्री सुभाष तिवारी, पूर्व सभापति श्री संजय श्रीवास्तव, जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष श्री अशोक बजाज, दानी स्कूल के उप प्राचार्य श्री रितेश दीवान, शिक्षक श्री सुरेश अवस्थी सहित स्कूली छात्राएं भी सम्मिलित हुए। -
फॉर्म वितरण के पहले ही दिन रायपुर ज़िले में बंटे 20 हज़ार से ज्यादा आवेदन पत्र
15 हजार 913 महिलाओं ने जमा भी किये आवेदन
रायपुर। राज्य में महतारी वंदन योजना के लिए आज से आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पूरे जिले में आज बड़ी संख्या में महिलाएं महतारी वंदन योजना के फॉर्म लेने और जमा करने के लिए केंद्र और शिविर में पहुंची। महिला सशक्तिकरण की दिशा में आर्थिक स्वावलंबन, उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार, परिवार के निर्णयों में उनकी भूमिका सुदृढ़ करने के उद्देश्य से राज्य शासन द्वारा महतारी वंदन योजना की शुरूआत की गई है।
जिले में ऑनलाईन फॉर्म एवं ऑफलाईन पंजीयन शुरू हो गया है। कलेक्टर डॉ गौरव सिंह के मार्गदर्शन में जिला स्तर पर फॉर्म भरने के लिए कार्यशाला का भी आयोजन किया जा रहा है, जिससे महिलाओं को फॉर्म भरने में किसी भी प्रकार की समस्या न हो। महतारी वंदन योजना के लिए आवेदन पत्र भरने की संपूर्ण प्रक्रिया निःशुल्क है। आंगनबाड़ी केन्द्र, ग्राम पंचायत सचिव, बाल विकास परियोजना कार्यालय, नगरीय क्षेत्रों में वार्ड कार्यालय में फार्म भरे जा रहे हैं। आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 20 फरवरी 2024 है।
योजना हेतु फॉर्म वितरण शुरू होने के पहले ही दिन लगभग 15 हज़ार 913 महिलाओं ने महतारी वंदन योजना हेतु भरे हुए आवेदन पत्र जमा किया है। महिला एवं बाल विकास अधिकारी ने बताया है कि जिले भर से कुल 13 हजार 155 आवेदन पहले दिन ही प्राप्त हुए हैं। वहीं रायपुर नगर निगम क्षेत्र में ज़ोन एक से 404 आवेदन, जोन दो से 104, ज़ोन तीन से 702, ज़ोन चार से 215, ज़ोन पाँच से 103, ज़ोन छः से 161, ज़ोन सात से 303, ज़ोन 8 से 189, ज़ोन नौ सें 337 और ज़ोन दस से 240 आवेदन पत्र शिविर एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में जमा हुए हैं। इस प्रकार कुल 15 हजार 913 आवेदन पत्र पहले ही दिन प्राप्त हुए।
पुरानी बस्ती निवासी श्रीमती रमा सोनकर आज लोक सेवा केन्द्र में महतारी वंदन योजना का फॉर्म लेने पहुंची। उन्होंने बताया कि आज से महतारी वंदन योजना के आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो रही है और इसकी जानकारी मिलने पर वह लोक सेवा केन्द्र में फॉर्म लेने आई है। उन्होंने कहा कि यह योजना महिलाओं के सशक्तिकरण के विषय में बहुत अच्छी पहल है और इस योजना के लिए वह राज्य सरकार का धन्यवाद करती है। श्रीमती सोनकर कहती हैं कि वह योजना से मिलने वाली राशि का उपयोग अपने बच्चे के कॉपी-किताब खरीदने और छोटे-छोटे घरेलू खर्चों में उपयोग करेंगे।
महतारी वंदन योजना के तहत फॉर्म आंगनबाड़ी केंद्रों पंचायत स्तर पर शहरी क्षेत्रों में वार्ड प्रभारी स्तर पर सहित परियोजना कार्यालय जिला कार्यालय में उपलब्ध हैं। विवाह पंजीयन नहीं होने पर स्वघोषणा शपथ पत्र जमा किया जा सकता है। महतारी वंदन योजना के क्रियान्वयन के संबंध में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा यह स्पष्ट किया गया है कि महिला के विवाहित होने के संबंध में यदि उनके पास दस्तावेज उपलब्ध न हो तो वह अपना स्वघोषणा शपथ पत्र प्रस्तुत कर सकती है। मोबाइल नंबर नहीं होने पर राशन कार्ड की छायाप्रति कर सकते हैं जमा यदि महिला हितग्राही के पास मोबाइल नम्बर नहीं है तो इसके स्थान पर हितग्राही के द्वारा राशन कार्ड की छायाप्रति आवेदन पत्र के साथ अनिवार्य रूप से प्रस्तुत कर सकती है। गौरतलब है कि महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए विवाहित महिला को विवाह प्रमाण पत्र राशन कार्ड आधार कार्ड मतदाता परिचय पत्र निवास प्रमाण ग्राम पंचायत या वार्ड पार्षद द्वारा जारी प्रमाण पत्र को शामिल किया गया है। योजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य की स्थानीय निवासी एवं विवाहित महिला पात्र होंगे। आवेदन के कैलेण्डर वर्ष अर्थात् जिस वर्ष आवेदन किया जा रहा है उस वर्ष की 1 जनवरी को विवाहित महिला की आयु 21 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। विधवा तलाकशुदा परित्यक्ता महिला भी योजना के लिए पात्र होंगी। योजना अंतर्गत पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रुपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा। सामाजिक सहायता कार्यक्रम विभिन्न पेंशन योजनाओं से पेंशन प्राप्त करने वाली महिलाओं को 1000 रुपए से कम पेंशन राशि प्राप्त होने से शेष अंतर की राशि का भुगतान किया जाएगा।
महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए स्व सत्यापित स्वयं की पासपोर्ट साईज फोटो, स्थानीय निवासी के संबंध में निवास प्रमाण पत्र, राशन कार्ड या मतदाता पहचान पत्र, दस्तावेज स्वयं का एवं पति का आधार कार्ड यदि हो तो स्वयं का एवं पति का पैन कार्ड, विवाह का प्रमाण पत्र, ग्राम पंचायत व स्थानीय निकायों द्वारा जारी किया गया प्रमाण पत्र की आवश्यकता होगी। विधवा होने की स्थिति में पति का मृत्यु प्रमाण पत्र परित्यक्ता होने की स्थिति में समाज द्वारा जारी वार्ड ग्राम पंचायत द्वारा जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। जन्म प्रमाण पत्र कक्षा 10वीं या 12वीं की अंकसूची या स्थानांतरण प्रमाण पत्र, पैन कार्ड, मतदाता परिचय, पत्र ड्राइविंग लाइसेंस से कोई एक प्रस्तुत करना होगा। पात्र हितग्राही का बैंक खाते का विवरण एवं बैंक पासबुक की छायाप्रति तथा स्व-घोषणा पत्र शपथ पत्र प्रस्तुत करना होगा। -
रायपुर। हिन्दी भाषा और हिन्दी साहित्य को पूरे विश्व में समृद्ध करने के लिए प्रतिबद्ध विश्व हिन्दी सचिवालय, मॉरीशस ने मैट्स यूनिवर्सिटी के कला एवं मानविकी अध्ययनशाला, हिन्दी विभाग के प्राध्यापक और वरिष्ठ पत्रकार डॉ. कमलेश गोगिया के रिसर्च पेपर को विश्व हिन्दी पत्रिका-2023 में भी प्रकाशित किया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर की यह शोध पत्रिका हाल ही में जारी की गई जिसमें विश्व के कोने-कोने से हिंदी विद्वानों, रचनाकारों, शिक्षाविदों, भाषाविदों, तकनीकविदों, अध्येताओं, पत्रकारों आदि के मौलिक शोध पत्र आमंत्रित किये गये थे। इनमें छत्तीसगढ़ से एकमात्र डॉ. कमलेश गोगिया के शोध पत्र ’हिन्दी के प्रचार-प्रसार में भारतवंशियों के योगदान’ को प्रमुखता के साथ स्थान दिया गया है। इस पत्रिका में पूरे विश्व के 35 विद्वानों के शोध आलेख शामिल किए गए हैं। वर्ष 2021 और वर्ष 2022 में भी डॉ. कमलेश गोगिया के अलग-अलग विषयों से संबंधित मौलिक शोध पत्र को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था। विश्व हिंदी सचिवलाय, मॉरीशस सरकार और भारत सरकार की द्विपक्षीय संस्था है जिसके द्वारा वर्ष में एक बार प्रकाशित होने वाली वार्षिक शोध पत्रिका में पूरे विश्वभर से शोध आलेख आमंत्रित कर श्रेष्ठ व मौलिक शोध पत्रों को चयनित कर प्रकाशित किया जाता है। डॉ. कमलेश गोगिया हिन्दी पत्रकारिता, हिन्दी भाषा और साहित्य सहित विभिन्न समसामयिक सामाजिक विषयों पर अनुसंधानरत हैं। यह जानकारी मैट्स यूनिवर्सिटी के हिन्दी विभाग की विभागाध्यक्ष एवं प्राध्यापक डॉ. रेशमा अंसारी ने दी।.jpeg)
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*महिलाओं में दिख रहा है उत्साह*
*मोबाइल नम्बर नहीं होने पर राशन कार्ड की छायाप्रति कर सकते हैं जमा**विवाह पंजीयन नहीं होने पर स्वघोषणा शपथ पत्र जमा किया जा सकता है*पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रूपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा*रायपुर/ राज्य शासन द्वारा महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से प्रदेश में महतारी वंदन योजना 1 मार्च 2024 से लागू की जाएगी। आज से राज्य के सभी जिलों में ऑनलाईन फॉर्म एवं ऑफलाईन पंजीयन शुरू हो गया है। महिलाओं में योजना को लेकर जबरदस्त उत्साह दिख रहा है और फॉर्म भर रहे हैं। जिला स्तर पर फॉर्म भरने के लिए कार्यशाला का भी आयोजन किया जा रहा है, ताकि महिलाओं फॉर्म भरने में किसी भी प्रकार की समस्या न होने पाएं। आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 20 फरवरी 2024 हैं। महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए पात्र महिलाएं ऑनलाईन पोर्टल https://www.mahtarivandan.cgstate.gov.in तथा मोबाईल एप के माध्यम से आवेदन कर सकती हैं।महतारी वंदन योजना के क्रियान्वयन के संबंध में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा यह स्पष्ट किया गया है कि महिला के विवाहित होने के संबंध में यदि उनके पास दस्तावेज उपलब्ध न हो तो वह अपना स्वघोषणा शपथ पत्र प्रस्तुत कर सकती है। यदि महिला हितग्राही के पास मोबाइल नम्बर नहीं है तो इसके स्थान पर हितग्राही के द्वारा राशन कार्ड की छायाप्रति आवेदन पत्र के साथ अनिवार्य रूप से प्रस्तुत कर सकती है। गौरतलब है कि महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए विवाहित महिला को विवाह प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, आधार कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, निवास प्रमाण, ग्राम पंचायत या वार्ड पार्षद द्वारा जारी प्रमाण पत्र को शामिल किया गया है।योजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य की स्थानीय निवासी एवं विवाहित महिला पात्र होंगे। आवेदन के कैलेण्डर वर्ष अर्थात् जिस वर्ष आवेदन किया जा रहा है, उस वर्ष की 1 जनवरी को विवाहित महिला की आयु 21 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता महिला भी योजना के लिए पात्र होंगी। योजनांतर्गत पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रूपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा। सामाजिक सहायता कार्यक्रम, विभिन्न पेंशन योजनाओं से पेंशन प्राप्त करने वाली महिलाओं को 1000 रूपए से कम पेंशन राशि प्राप्त होने से शेष अंतर की राशि का भुगतान किया जाएगा।महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए स्व सत्यापित स्वयं की पासपोर्ट साईज फोटो, स्थानीय निवासी के संबंध में निवास प्रमाण पत्र, राशन कार्ड या मतदाता पहचान पत्र दस्तावेज, स्वयं का एवं पति का आधार कार्ड, यदि हो तो स्वयं का एवं पति का पैन कार्ड, विवाह का प्रमाण पत्र, ग्राम पंचायत व स्थानीय निकायों द्वारा जारी किया गया प्रमाण पत्र की आवश्यकता होगी। विधवा होने की स्थिति में पति का मृत्यु प्रमाण पत्र, परित्यक्ता होने की स्थिति में समाज द्वारा जारी, वार्ड, ग्राम पंचायत द्वारा जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। जन्म प्रमाण पत्र कक्षा 10वीं या 12वीं की अंकसूची या स्थानांतरण प्रमाण पत्र, पैन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस से कोई एक प्रस्तुत करना होगा। पात्र हितग्राही का बैंक खाते का विवरण एवं बैंक पासबुक की छायाप्रति तथा स्व-घोषणा पत्र, शपथ पत्र प्रस्तुत करना होगा। -
*सभी ग्राम पंचायतों में लगाया गया शिविर*
रायपुर/ महतारी वंदन योजना का लाभ देने के लिए गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में महिलाओं का पंजीयन शुरू कर दिया गया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं मैदानी अमलों के माध्यम से घर-घर सर्वे कर ऑफलाइन आवेदन भरवा रहे हैं। सभी आवेदनों का ऑनलाइन पंजीयन किया जाएगा। सभी ग्राम पंचायतों में शिविर लगाया गया है। सर्वे के दौरान आधार कार्ड, बैंक खाता आदि दस्तावेजों की कमी होने पर शिविर में ही यह दस्तावेज बनाए जा रहे हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग ने ग्राम पंचायतों को 10 हजार फॉर्म उपलब्ध करा दिए गए हैं।उल्लेखनीय है कि महतारी वंदन योजना के लिए छत्तीसगढ़ राज्य की स्थानीय निवासी एवं विवाहित महिला पात्र होंगी। आवेदन के कैलेण्डर वर्ष अर्थात् जिस वर्ष आवेदन किया जा रहा है, उस वर्ष की 1 जनवरी को विवाहित महिला की आयु 21 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता महिला भी योजना के लिए पात्र हैं। योजना अंतर्गत पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रुपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा। सामाजिक सहायता कार्यक्रम, विभिन्न पेंशन योजनाओं से पेंशन प्राप्त करने वाली महिलाओं को 1000 रुपए से कम पेंशन राशि प्राप्त होने पर शेष अंतर की राशि का भुगतान किया जाएगा।महतारी वंदन योजना अंतर्गत 5 फरवरी से ऑनलाइन व ऑफलाइन आवेदन का पंजीयन प्रारंभ हो गया है। आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 20 फरवरी हैं। अनंतिम सूची 21 फरवरी को जारी की जाएगी। अनंतिम सूची पर आपत्ति 21 से 25 फरवरी तक की जा सकती है। आपत्ति का निराकरण 26 से 29 फरवरी तक किया जाएगा। अंतिम सूची का प्रकाशन 1 मार्च को होगा एवं स्वीकृति पत्र 5 मार्च को जारी होगा तथा पात्र महिला हितग्राही को राशि का अंतरण 8 मार्च को किया जाएगा। -
शिविर में बी वन पाठन सहित राजस्व प्रकरणों का होगा निराकरण
महासमुंद। कलेक्टर श्री प्रभात मलिक ने सभी अनुभागीय अधिकारियों एवं तहसीलदारों को हल्का पटवारी स्तर पर ग्राम वार शिविर लगाकर राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए है। जिसके तहत महासमुंद अनुविभागीय अधिकारी श्री उमेश साहू ने महासमुंद अंतर्गत बी-1 पठन पाठन/ अन्य कार्य हेतु शिविर आयोजन करने ग्राम तिथि वार सूची जारी की है। उन्होंने समस्त हल्का पटवारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने अधीनस्थ ग्रामों के कोटवारों के माध्यम से मुनादी कराकर निर्धारित तिथि में आयोजित शिविर में बी-1 पठन पाठन एवं अपने दायित्व से संबंधित कार्य कराएं। साथ ही अविवादित नामांतरण एवं बंटवारा के मामलो की ऑनलाईन भूईया में दर्ज करना, नवीन ऋणपुस्तिका बना कर प्रदाय करना, भू-अभिलेखो की नकल प्रदाय करना, नक्शा बटांकन एवं सीमांकन हेतु आवेदन प्राप्त कर निराकरण करना,जाति प्रमाण हेतु वशांवली तैयार कर प्रदाय करना एवम राजस्व से संबंधित अन्य कार्य संपादित करना सुनिश्चित करे।
महासमुंद अनुविभाग में जारी सूची के अनुसार 6 फरवरी को निम्न ग्रामों में शिविर लगाया जाएगा। इनमें बरबसपुर, परसकोल, परसट्ठी, घोड़ारी, सोरिद, पाली, सोरम, सिरगिड़ी जामली, बनसिवनी, कुकराडीह, कौवाझर, बेलटुकरी, तुमगांव, भोरिंग, लभराकला, खरोरा, मुढ़ेना, साराडीह, चिंगरौद, गौरखेड़ा, मुरकी, सिंघुपाली, कुर्रूभाठा, झलप, जोरातराई, सिंधौरी, सिंघनपुर, गुढ़ेलाभाठा, पण्डरीपानी, बरेकेलकला, सराईपाली, बिरबीरा, खिरसाली, अमोरा, सिंघनगढ़, भावा, पटेवा, बोडरा, सलीहाभाठा, कोकड़ी, नवागांव, बंबूरडीह, मुड़ियाडीह, सेनकपाट, अछोला, खट्टीडीह, गुढे़लाभाठा एवं मोहकम शामिल है।
बागबाहरा अनुभाग अंतर्गत कल से शिविरों का आयोजन
अनुविभागीय अधिकारी श्रीमती सृष्टि चंद्राकर ने बताया कि बागबाहरा अनुभाग अंतर्गत 6 फरवरी को ग्राम बंसुलाडबरी, मोंगरापाली (रे), खेमड़ा, बोड़रीदादर, सुवरमाल, घोयनाबाहरा, बकमा, टेका, कोसमर्रा, टोंगोपानीकला, बोईरगांव, खुर्सीपार, झिटकी, पंडरीपानी, मुनगासेर, पटपरपाली, अरण्ड, खल्लारी, हाड़ाबंद, घूचापालीकला, कोमा, सुखरीडबरी, गबौद, कलमीदादर, सिर्रीपठारीमुड़ा, कमरौद, शिकारीपाली, छुईहा, तेन्दूकोना, बिराजपाली, पतेरापाली, भालूचुंवा, आंवराडबरी, एम.के. बाहरा, बिहाझर, खुटेरी, डुमरपाली एवं धरमपुर में शिविर लगाया जाएगा। इसी तरह ग्राम स्तर पर प्राप्त आवेदनों का निराकरण पश्चात तहसीलदारों द्वारा ग्राम पंचायतों में 1 मार्च से शिविर लगाए जायेंगे। शिविर में समस्याओं के निराकरण एवं जाति प्रमाण पत्र वितरण की कार्रवाई की जायेगी। -
उत्तर बस्तर कांकेर। जिले के अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति (कॉलेज स्तर) के विद्यार्थियों का पंजीयन, स्वीकृति व भुगतान विभागीय पोर्टल
https://postmatric-scholarship.cg.nic.in/
के माध्यम से किया जा रहा है। आदिवासी विकास के सहायक आयुक्त ने बताया कि पात्रता रखने वाले ऐसे विद्यार्थी जो संस्था परिवर्तन, संस्था व पाठ्यक्रम दोनों में परिवर्तन करना चाहते हैं। वे 07 फरवरी तक कार्यालय सहायक आयुक्त आदिवासी कांकेर (कलेक्ट्रेट कांकेर) की छात्रवृत्ति शाखा में आवेदन कर सकते हैं। -
रायपुर। राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन ने आज छत्तीसगढ़ की 6वीं विधानसभा के दूसरे सत्र को संबोधित किया और अभिभाषण पढ़ा। विधानसभा पहुंचने पर राज्यपाल श्री हरिचंदन का मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत, तथा संसदीय कार्य मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने स्वागत किया।
अभिभाषण का मूल पाठ इस प्रकार है। माननीय सदस्यगण, छत्तीसगढ़ विधानसभा के वर्ष 2024 में आयोजित इस प्रथम सत्र में आपका हार्दिक अभिनंदन करता हूं। आप सभी को बधाई और शुभकामनाएं प्रेषित करता हूं।
2. छत्तीसगढ़ की छठवीं विधानसभा का गठन दिसम्बर 2023 में हुआ था। 20 दिसम्बर 2023 को नवगठित विधानसभा के प्रथम सत्र के अपने अभिभाषण में मैंने कहा था कि मेरी सरकार छत्तीसगढ़ राज्य के निर्माता पूर्व प्रधानमंत्री माननीय स्व. अटल बिहारी वाजपेयी तथा वर्तमान प्रधानमंत्री माननीय श्री नरेन्द्र मोदी जी के आदर्शों और सिद्धांतों के अनुसार छत्तीसगढ़ में सुशासन का नया दौर प्रारंभ करने के लिए संकल्पबद्ध है। मुझे खुशी है कि अल्प अवधि में मेरी सरकार ने जनता से किए गए वादे पूर्ण करने की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं, जिसके कारण प्रदेश में न्याय, राहत और विकास का नया दौर शुरू हुआ है।
3. मेरी सरकार ने ‘‘समृद्ध किसान-संपन्न प्रदेश‘‘ की अवधारणा पर तेजी से अमल साल के धान के बकाया बोनस 3 हजार 716 करोड़ रुपए की राशि अंतरित कर दी गई है।
4. किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी हेतु प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी का वादा भी निभाया गया और धान खरीदी की पारदर्शी और सुगम व्यवस्था भी की गई, जिससे इस वर्ष छत्तीसगढ़ में अब तक का सर्वाधिक धान खरीदी का कीर्तिमान स्थापित हुआ है।
5. ‘‘जनजाति उत्थान-प्रदेश का मान‘‘ ध्येय वाक्य अनुसूचित जनजाति के जीवन से जुड़े सभी पहलुओं पर मेरी सरकार की संवेदनशीलता और सकारात्मक सोच को प्रकट करता है। बच्चों की शिक्षा से लेकर पूरे समुदाय की संस्कृति, स्वास्थ्य, आवश्यक अधोसंरचना, रोजगार, जीवन स्तर उन्नयन जैसे सभी विषयों पर तेजी से काम किया जाएगा।
6. प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान (पीएम जनमन) के द्वारा पीवीटीजी अर्थात् विशेष रूप से पिछड़े जनजातीय समूहों (बैगा, कमार, पहाड़ी कोरवा, बिरहोर एवं अबूझमाड़िया) को मूलभूत सुविधाओं जैसे-पक्के आवास गृह, संपर्क सड़कें, छात्रावास का निर्माण, शुद्ध पेयजल, विद्युतीकरण, बहुउद्देशीय केन्द्रों, आंगनबाड़ी केन्द्रों तथा वनधन केन्द्रों का निर्माण, मोबाइल टॉवर की स्थापना, व्यवसायिक शिक्षा एवं कौशल से परिपूर्ण करने हेतु मेरी सरकार कृत संकल्पित है। पीएम जनमन महाअभियान के अंतर्गत विशेष रूप से संरक्षित जनजातियों के स्वास्थ्य की जांच, उपचार एवं दवा वितरण हेतु 66 चलित चिकित्सा इकाई वाहनों का उपयोग किया जा रहा है।
7. तेन्दूपत्ता, महुआ, इमली सहित सभी लघु वन उपजों से जुड़े आजीविका के साधनों को मजबूत बनाने को मेरी सरकार उच्च प्राथमिकता देगी। तेंदूपत्ता का संग्रहण पारिश्रमिक 5500 रूपये प्रति मानक बोरा तथा संग्राहकों को 4500 रूपये तक बोनस प्रदाय किए जाने हेतु मेरी सरकार कटिबद्ध है। संग्राहकों और उनके परिवारजनों को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया जाएगा जो उनके स्वास्थ्य, शिक्षा व चहुंमुखी विकास का मार्ग प्रशस्त करेंगी। इसके साथ ही विकास के क्षेत्रीय असंतुलन को दूर करने, नई संभावनाओं, नए अवसरों का लाभ उठाने के लिए स्थानीय रहवासियों को सक्षम बनाया जाएगा।
8. ‘‘प्रधानमंत्री आवास योजना‘‘ के लाभ से वंचित लगभग 18 लाख हितग्राहियों को पक्के आवास उपलब्ध कराने का निर्णय कैबिनेट की पहली बैठक में लिया गया। इससे ग्रामीण अंचलों में आवासहीन परिवारों को नया जीवन मिलेगा। वहीं मेरी सरकार घर-घर निर्मल जल पहुंचाने के लिए ’जल जीवन मिशन’ के कार्य को शत-प्रतिशत पूर्ण करने हेतु अग्रसर हुई है। यह मेरी सरकार की न्यायप्रियता और संवेदनशील नजरिए की एक बड़ी मिसाल है।
9. सुदृढ़ पंचायती राज व्यवस्था के माध्यम से गांवों में गुणवत्तापूर्ण अधोसंरचना के साथ ही आजीविका के नए साधन पहुंचाने के लिए मेरी सरकार संकल्पबद्ध है। इससे प्रदेश के गांव आर्थिक स्वावलंबन, पारंपरिक सम्मान और सामाजिक चेतना के नए शक्ति केन्द्र बनेंगे।
10. मेरी सरकार सार्वजनिक वितरण प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। ‘‘वन नेशन वन राशन कार्ड‘‘ योजना, ‘‘ई-पॉस मशीन‘‘ के माध्यम से बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। मेरी सरकार ने ‘‘प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना‘‘ के अंतर्गत दिसम्बर 2028 तक निःशुल्क चावल प्रदाय करने का निर्णय लिया है। छत्तीसगढ़ में इस योजना से 67 लाख 94 हजार अंत्योदय, प्राथमिकता, एकल निराश्रित एवं निःशक्तजन राशन कार्डधारियों को मासिक पात्रता का चावल दिया जाएगा।
11. महिलाओं का जीवन आसान बनाने में ‘‘प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना‘‘ की बड़ी भूमिका रही है। इसके अंतर्गत प्रदेश में अब तक 36 लाख से अधिक नवीन गैस कनेक्शन जारी किए गए हैं। यह सुविधा भी शत-प्रतिशत पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाई जाएगी।
12. मेरी सरकार ने पुलिस बल को अपने कर्त्तव्य निर्वहन हेतु सशक्त बनाने के लिए एक ओर उन्हें नई सुविधाओं से सज्जित करने का निर्णय लिया है। वहीं दूसरी ओर उनकी समस्याओं के समाधान हेतु मानवीय दृष्टिकोण से संवेदनशील कदम भी उठाए हैं। पुलिस बल को आधुनिक हथियार, दूरसंचार व अन्य आवश्यकताओं के अनुसार बेहतर गुणवत्ता के उपकरण दिए जाएंगे। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस अधोसंरचना के विकास हेतु लगभग 201 करोड़ रुपए की लागत से कार्य शीघ्र पूर्ण कराए जाएंगे। मेरी सरकार प्रदेश में कानून का राज स्थापित करने हेतु दृढ़ संकल्पित है तथा छत्तीसगढ़ को पूर्णतः नक्सल समस्यामुक्त राज्य बनाने हेतु कटिबद्ध है। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाएं, शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में प्राथमिकता के आधार पर कार्य किया जाना मेरी सरकार का मुख्य ध्येय है।
13. मेरी सरकार ने पुलिस कर्मचारियों की कठिन सेवा, लगन, कर्त्तव्यनिष्ठा का सम्मान करते हुए मैदानी क्षेत्रों में पदस्थ आरक्षक से निरीक्षक स्तर तक को एक दिवस का साप्ताहिक अवकाश देने का निर्णय लिया है। नक्सल प्रभावित एवं दुर्गम क्षेत्र में पदस्थ जिला पुलिस बल के कर्मियों को साप्ताहिक अवकाश के स्थान पर 3 माह में एक बार 8 दिवस का अवकाश दिया जाएगा। अवकाश की पात्रता, प्रक्रिया संबंधी निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
14. मेरी सरकार राज्य की प्राकृतिक सुंदरता, वनवासी एवं अन्य अंचलों की संस्कृतियां, विभिन्न अंचलों के पर्व-त्यौहार, जन आस्था केन्द्रों जैसे अवयवों को समग्रता से देखते हुए सांस्कृतिक और पर्यटन विकास का ताना-बाना बुन रही है। 5 शक्ति पीठों-कुदरगढ़, चन्द्रपुर, रतनपुर, दंतेवाड़ा तथा डोंगरगढ़ को 4 धाम की तर्ज पर विकसित करने की कार्ययोजना बनाई जा रही है। इसी तरह स्थानीय विशेषताओं को पर्यटन विकास का केन्द्र बनाया जाएगा।
15. राजिम कुंभ (कल्प) 3 जीवनदायिनी नदियों का त्रिवेणी संगम ही नहीं है बल्कि इसके माध्यम से आस्था, समरसता और स्थानीय विकास की त्रिवेणी भी विकसित हुई थी। देश और दुनिया के तीर्थ मानचित्र में राजिम कुंभ (कल्प) को अत्यंत सम्मानजनक स्थान दिलाने में मेरी सरकार निरंतर प्रयासरत् है।
16. अयोध्या धाम में प्रभु श्री रामलला की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा से पूरी दुनिया में अभूतपूर्व उत्साह और श्रद्धा का संचार हुआ है, जिसे और अधिक बढ़ाने हेतु मेरी सरकार द्वारा 5000 पंजीकृत रामायण मंडली, भजन मंडली को प्रोत्साहन राशि प्रदाय की जा रही है। मेरी सरकार छत्तीसगढ़वासियों के लिए श्री रामलला दर्शन योजना प्रारंभ करने का वादा निभाने जा रही है। इस योजना के तहत प्रति वर्ष हजारों तीर्थयात्री अयोध्या धाम सहित काशी विश्वनाथ मंदिर, कॉरिडोर आरती का दर्शन लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
17. छत्तीसगढ़ के भौगोलिक क्षेत्रफल का लगभग 44 प्रतिशत वन क्षेत्र होना प्रदेशवासियों के लिए अत्यंत गौरव का विषय है। वन संसाधन प्रदेश के पर्यावरण संतुलन और अर्थव्यवस्था के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मेरी सरकार कैम्पा मद सहित विभिन्न वित्तीय संसाधनों का उपयोग वनों के साथ वन संस्कृति के संरक्षण और संवर्द्धन में करेगी। वनवासियों तथा वन आश्रितों के लिए पर्यावरण सम्मत आजीविका के साधन विकसित किए जाएंगे। संयुक्त वन प्रबंधन के माध्यम से वन के प्रबंधन में वनवासियों की भागीदारी बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही हमने ‘‘प्रोजेक्ट बघवा‘‘ 6 की शुरूआत कर बाघों की जनसंख्या को बढ़ाने और उन्हें सुरक्षित रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
18. मेरी सरकार ने युवाओं के सर्वांगीण विकास की रणनीति बनाई है, जिसके तहत स्कूल से कॉलेज तक गुणवत्तापूर्ण-संस्कारयुक्त-रोजगारपरक शिक्षा अधोसंरचना का विकास किया जाएगा। विद्यार्थियों को नवाचार और रचनात्मक कार्यों में दक्ष बनाने के लिए साइंस सेंटर रायपुर में ‘‘इनोवेशन हब‘‘ की स्थापना का कार्य पूर्ण किया जाएगा। प्रदेश के सभी जिलों में वहां की विशेषताओं के अनुरूप खेल अकादमी, खेलो इंडिया लघु केन्द्र, खेल स्टेडियम आदि सुविधाओं का समुचित विकास किया जाएगा। किए गए वादे अनुरूप संपूर्ण प्रदेश में नयी राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू करने हेतु मेरी सरकार ठोस कदम उठा रही है।
19. राज्य लोक सेवा आयोग द्वारा भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए मेरी सरकार ने सीबीआई जांच का निर्णय लिया है। छत्तीसगढ़ के स्थानीय निवासियों को शासकीय सेवाओं में भर्ती हेतु अधिकतम आयु सीमा की छूट अवधि पांच वर्षों के लिए बढ़ा दी गई है। मेरा विश्वास है कि इन कदमों से विद्यार्थियों और युवाओं का विश्वास लौटेगा और वे नए सिरे से हर क्षेत्र में प्रतियोगिताओं के लिए तैयार होंगे।
20. मेरी सरकार महिलाओं और शिशुओं की समुचित देख-रेख, सुरक्षा और स्वस्थ विकास के प्रति सजग है। कुपोषण की रोकथाम के लिए ‘‘मुख्यमंत्री बाल संदर्भ योजना‘‘, ‘‘वजन त्यौहार‘‘, ‘‘पूरक पोषण आहार योजना‘‘, ‘‘रेडी-टू-ईट पोषण आहार‘‘ जैसी अनेक योजनाओं के माध्यम से सफलता के अनेक सोपान तय किए गए थे। इन्हें अब आगे बढ़ाने तथा इनमें नए आयाम जोड़ने के लिए मेरी सरकार तत्पर है। ‘‘सखी-वन-स्टाप सेंटर‘‘, ‘‘महिला हेल्प लाइन‘‘, ‘‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना‘‘, ‘‘छत्तीसगढ़ महिला कोष‘‘, ‘‘मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना‘‘ जैसी सुविधाओं का विस्तार बेहतर रूप में किया जाएगा। मेरी सरकार मातृ शक्ति को सम्मान और अधिकार प्रदान करने के लिए समुचित योजनाएं संचालित करेगी।
21. विवाहित महिलाओं को अपनी सामाजिक स्थिति अनुसार जिम्मेदारियों के निर्वाह में मदद के लिए मेरी सरकार ने ‘‘महतारी वंदन योजना‘‘ प्रारंभ करने का निर्णय लिया है। इस योजना के अंतर्गत 12000 रूपये वार्षिक आर्थिक सहायता प्रदान करने का वादा निभाने की दिशा में पहल प्रारंभ की गई है।
22. मेरी सरकार प्रदेश में अच्छी सड़कों, सिंचाई से लेकर पेयजल तक पर्याप्त पानी, निरंतर और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति, बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं तथा टेक्नॉलॉजी से बेहतर तथा पारदर्शी जन-सेवाएं, आईटी तथा अन्य क्षेत्रों में रोजगार के अवसर जैसी व्यापक अधोसंरचना का विकास करेगी।
23. प्रदेश के विभिन्न संसाधनों के युक्तियुक्त उपयोग से उद्योग, व्यापार तथा व्यावसायिक गतिविधियों में तेजी लाई जाएगी। मेरी सरकार एक ओर जहां प्रदेश के राजस्व में समुचित वृद्धि के लिए संकल्पित है। वहीं दूसरी ओर विभिन्न क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार के अधिकाधिक अवसर सृजित किए जाएंगे। राज्य के विकास का लक्ष्य प्रदेश के जन-जन का सशक्तीकरण होगा।
24. प्रदेश को सिकलसेल एनीमिया मुक्त बनाने के उद्देश्य की पूर्ति हेतु समस्त सिकलसेल मरीजों को निःशुल्क दवाइयां तथा परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है।
25. मेरी सरकार प्रदेश में निवेश का आदर्श वातावरण बनाएगी, जिसमें निवेशकों के साथ ही जनता के हित भी कानूनी रूप से सुरक्षित रहें। मुआवजा, पुनर्वास पैकेज जैसे हर प्रावधान में जनहित को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जाएगी।
26. मेरी सरकार अंत्योदय की परिकल्पना को साकार करने के लिए संकल्पित है। सतत् विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने हेतु कार्यों का सतत् मूल्यांकन करेगी। इसके लिए राज्य व जिला स्तर पर समीक्षा हेतु ‘‘इंडिकेटर फ्रेमवर्क‘‘ की मदद ली जाएगी। विकास संबंधीगुणवत्तापूर्ण और विश्वसनीय आंकड़ों के लिए ‘‘अटल पोर्टल‘‘ जैसे अत्याधुनिक साधन का उपयोग किया जाएगा।
27. यह युग ज्ञान-विज्ञान के क्षेत्र में तेज प्रगति का है। देश और दुनिया से मुकाबला करने और अपनी जगह बनाने के लिए नागरिकों के साथ निर्वाचित जनप्रतिनिधियों का भी नवीनतम जानकारी और टेक्नॉलॉजी से सशक्त होना आवश्यक है। मेरी कामना है कि आप सभी सदस्यगण नई सोच और नए साधनों के उपयोग से जनहित और विकास के नए शिखर को स्पर्श करें। मुझे विश्वास है कि आप सभी बड़े लक्ष्य निर्धारित करेंगे और उसे अर्जित करने के लिए अपनी पूरी प्रतिभा, लगन और मेहनत से जुट जाएंगे। मेरी कामना है कि आपके योगदान से छत्तीसगढ़ विधानसभा की प्रतिष्ठा और प्रसिद्धि सभी दिशाओं में फैले। -
मोबाइल नम्बर नहीं होने पर राशन कार्ड की छायाप्रति कर सकते हैं जमा
विवाह पंजीयन नहीं होने पर स्वघोषणा शपथ पत्र जमा किया जा सकता है
पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रूपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा
रायपुर। राज्य शासन द्वारा महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से प्रदेश में महतारी वंदन योजना 1 मार्च 2024 से लागू की जाएगी। आज से राज्य के सभी जिलों में ऑनलाईन फॉर्म एवं ऑफलाईन पंजीयन शुरू हो गया है। महिलाओं में योजना को लेकर जबरदस्त उत्साह दिख रहा है और फॉर्म भर रहे हैं। जिला स्तर पर फॉर्म भरने के लिए कार्यशाला का भी आयोजन किया जा रहा है, ताकि महिलाओं फॉर्म भरने में किसी भी प्रकार की समस्या न होने पाएं। आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 20 फरवरी 2024 हैं। महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए पात्र महिलाएं ऑनलाईन पोर्टल
https://mahtarivandan.cgstate.gov.in/
तथा मोबाईल एप के माध्यम से आवेदन कर सकती हैं।
महतारी वंदन योजना के क्रियान्वयन के संबंध में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा यह स्पष्ट किया गया है कि महिला के विवाहित होने के संबंध में यदि उनके पास दस्तावेज उपलब्ध न हो तो वह अपना स्वघोषणा शपथ पत्र प्रस्तुत कर सकती है। यदि महिला हितग्राही के पास मोबाइल नम्बर नहीं है तो इसके स्थान पर हितग्राही के द्वारा राशन कार्ड की छायाप्रति आवेदन पत्र के साथ अनिवार्य रूप से प्रस्तुत कर सकती है। गौरतलब है कि महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए विवाहित महिला को विवाह प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, आधार कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, निवास प्रमाण, ग्राम पंचायत या वार्ड पार्षद द्वारा जारी प्रमाण पत्र को शामिल किया गया है।
योजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य की स्थानीय निवासी एवं विवाहित महिला पात्र होंगे। आवेदन के कैलेण्डर वर्ष अर्थात् जिस वर्ष आवेदन किया जा रहा है, उस वर्ष की 1 जनवरी को विवाहित महिला की आयु 21 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए। विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता महिला भी योजना के लिए पात्र होंगी। योजनांतर्गत पात्र महिला को प्रतिमाह 1000 रूपए का भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा। सामाजिक सहायता कार्यक्रम, विभिन्न पेंशन योजनाओं से पेंशन प्राप्त करने वाली महिलाओं को 1000 रूपए से कम पेंशन राशि प्राप्त होने से शेष अंतर की राशि का भुगतान किया जाएगा।
महतारी वंदन योजना का लाभ लेने के लिए स्व सत्यापित स्वयं की पासपोर्ट साईज फोटो, स्थानीय निवासी के संबंध में निवास प्रमाण पत्र, राशन कार्ड या मतदाता पहचान पत्र दस्तावेज, स्वयं का एवं पति का आधार कार्ड, यदि हो तो स्वयं का एवं पति का पैन कार्ड, विवाह का प्रमाण पत्र, ग्राम पंचायत व स्थानीय निकायों द्वारा जारी किया गया प्रमाण पत्र की आवश्यकता होगी। विधवा होने की स्थिति में पति का मृत्यु प्रमाण पत्र, परित्यक्ता होने की स्थिति में समाज द्वारा जारी, वार्ड, ग्राम पंचायत द्वारा जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। जन्म प्रमाण पत्र कक्षा 10वीं या 12वीं की अंकसूची या स्थानांतरण प्रमाण पत्र, पैन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस से कोई एक प्रस्तुत करना होगा। पात्र हितग्राही का बैंक खाते का विवरण एवं बैंक पासबुक की छायाप्रति तथा स्व-घोषणा पत्र, शपथ पत्र प्रस्तुत करना होगा। - रायपुर । कलेक्टर डॉक्टर गौरव सिंह की अध्यक्षता मे रेडक्रास भवन में महतारी वंदन योजना की बैठक सह कार्यशाला आयोजित हुई। बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी (महिला एवं बाल विकास विभाग) द्वारा योजना एवं इसके क्रियान्वयन के विषय में विस्तृत जानकारी दी गई। योजना के तहत 21 वर्ष से अधिक उम्र की विवाहित/विधवा/तलाकशुदा/परित्यक्ता महिला को प्रत्येक माह 1000 रूपए की राशि डीबीटी के माध्यम से प्राप्त होगी। योजना संचालन के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग नोडल एजेन्सी के रूप में कार्य करेगा।योजना के लिए ग्राम पंचायत/आंगनबाड़ी केन्द्र/नगरीय क्षेत्र में वार्ड स्तर पर के साथ ही परियोजना कार्यालय (मबावि) में फार्म उपलब्ध होगा। फार्म आॅनलाईन एवं आफलाईन दोनों तरह से भरे जा सकेंगे। इसके लिए शासन स्तर Portal-https://www.mahtarivandan.cgstate.gov.in तथा मोबाईल एप्प जारी किया गया है। जिस पर हितग्राही स्वयं आवेदन कर लाभ प्राप्त कर सकते हैं। योजना हेतु आवेदन दिनांक 05 फरवरी 2024 से प्राप्त किया जाएगा। योजना के संबंध में विस्तृत जानकारी हेतु हेल्प डेस्क नं. 724775312 जारी किया गया है।बैठक में नगर पालिक निगम रायपुर एवं बीरगांव के आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा, बृजेश सिंह श्रत्रिय, जिला पंचायत रायपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विश्वदीप सिंह जिले के सभी अनुविभागीय अधिकार (रा.) सभी जिला स्तरीय अधिकारी, जनपद पंचायतों के सभी मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिले के सभी तहसीलदार, सभी बाल विकास परियोजना अधिकारी, सभी, मुख्य नगरपालिका अधिकारी नगर पालिक/नगर पंचायत के साथ ही महिला एवं बाल विकास के मैदानी अमलों के लोग उपस्थित थे।
- -नवनिर्मित भवनों का किया लोकार्पणदुर्ग / प्रदेश के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री टंकराम वर्मा आज जिले के पाटन विकासखंड के ग्राम बोरिद में आयोजित मानस गान प्रतियोगिता के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत किये। उन्होंने यहाँ पर 50 लाख रुपये लागत से नवनिर्मित सामुदायिक भवन, कुर्मी भवन और पंचायत भवन का लोकार्पण किया। समारोह को सम्बोधित करते हुए मुख्य अतिथि राजस्व मंत्री श्री वर्मा ने कहा कि हक छिनने की बात महाभारत में तो सम्पत्ति वितरण की बात रामायण में है। कथा सुनने की बजाय कथा की बाते को जीवन में आत्मसात करें। उन्होंने कहा कि माताएं बच्चों को संस्कारवान बनाये। घर में राम को अवतरित करना हो तो माताओं को कौशिल्या बनना पड़ेगा। मंत्री श्री वर्मा ने प्रदेश में रामराज्य की परिकल्पना को साकार करने रामायण में बताए मार्ग को अपने जीवन में आत्मसात करने लोगों का आह्वान किया। उन्होंने सुमधुर स्वर में रामायण की पंक्तियों को उद्घृत किया। मंत्री जी ने ग्रामीणों की मांग पर ग्राम के विकास कार्य के लिए 25 लाख रुपए की घोषणा की। समारोह को जितेन्द्र वर्मा ने भी सम्बोधित किया। समारोह में पंचायत प्रतिनिधि और मानस प्रेमी जनता उपस्थित थे।
- रायपुर / स्कूल शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा है कि स्कूल केवल शिक्षा का केंद्र ही न रहें बल्कि समर्पण और संस्कार के केंद्र भी बने। उन्होंने कहा कि राज्य शासन की शिक्षा के प्रति सर्वोच्च प्राथमिकता है। बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए राज्य में न्यू एजुकेशन पॉलिसी पर काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आगामी सत्र से स्कूलों में पहले पीरियड में योग और प्राणायाम के साथ ही नैतिक शिक्षा भी प्रारंभ करने की योजना है। श्री अग्रवाल आज अंबिकापुर में एक निजी स्कूल के शुभारंभ अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे।स्कूल शिक्षा मंत्री श्री अग्रवाल ने कहा कि स्कूलों का उद्देश्य केवल ज्ञान प्रदान करना ही नहीं है, बल्कि छात्रों को जीवन में सफल होने के लिए आवश्यक सभी कौशल प्रदान करना भी है। वर्तमान समय में शिक्षा के साथ हमें व्यवहारिक और तकनीकी ज्ञान में दक्ष होना भी जरूरी है। स्कूली शिक्षा के दौरान ही बच्चों में नैतिक मूल्यों और सामाजिक संस्कारों को सीखते हैं, जो उन्हें बेहतर नागरिक बनाते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा का व्यावसायीकरण करने के बजाय हमें प्रतिभाओं को सामने लाने का प्रयास करना चाहिए।कार्यक्रम में कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने स्कूली बच्चों को शिक्षा और उनके बेहतर भविष्य के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी। इस मौके पर अंबिकापुर विधायक श्री राजेश अग्रवाल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, स्कूल प्रबंधन और शिक्षक, स्कूली बच्चे एवं उनके परिजन उपस्थित थे।
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*विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 25 खिलाड़ी हुए सम्मानित*
बिलासपुर / खेल व युवा कल्याण मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने एक निजी होटल में आयोजित उत्कृष्ट खिलाड़ियों के सम्मान समारोह में शामिल हुए और खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया। उन्होंने विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 25 खिलाड़ियों का सम्मान किया।खेल मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि खेल में हार जीत से ज्यादा जरूरी है खेल खेलना। प्रयास महत्वपूर्ण है न कि परिणाम। उन्होंने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि वे खेल के माध्यम से प्रदेश का नाम ऊंचा कर रहे हैं जो कि प्रशंसनीय है।आयोजकों ने बताया कि समारोह में विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट खिलाड़ियों को खेल संघ द्वारा उनके पिछले प्रदर्शन के आधार पर की गई अनुशंसा के आधार पर खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से यह सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ राजगीत के साथ हुआ। सम्मान समारोह में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आये खिलाड़ियो ने अपनी भागीदारी निभाई। कार्यक्रम में खिलाड़ियों के साथ ही शहर के स्कुल शिक्षा से जुड़े प्राध्यापकों, महाविद्यालय के क्रीड़ा अधिकारी, प्राचार्या और खेल संघ से जुड़े पदाधिकारियों ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया।डीपी विप्र महाविद्यालय प्राचार्या डॉक्टर अंजू शुक्ला द्वारा सभी खिलाड़ियों को बेहतर शिक्षा के साथ खेल के माध्यम से शारीरिक स्वास्थ्य को बनाये रखने की बात कही । इस अवसर पर जिला कबड्डी संघ के अध्यक्ष जीवन मिश्रा, जिलाध्यक्ष रामदेव कुमावत, उज्ज्वला कराड़े, नेटबॉल संघ के प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद जैन, सेंट ज़ेवियर स्कुल की प्राचार्या सुप्रिया, हॉली क्रॉस और भारत माता स्कुल की प्राध्यापक, स्टैण्ड बॉल खेल के महासचिव जाविद अली, डॉ शाज़िया अली खान, अजय सिंह, डॉ अजय यादव, हेमंत परिहार, अमरनाथ सिंह, अविनाश शेट्टी, जीतेन्द्र सोनी, अमिताभ मानिकपुरी, डॉ मार्टिना जॉन एवं बड़ी संख्या में खिलाड़ी अभिभावक व कोच उपस्थित थे। - -शिविर में बी वन पाठन सहित राजस्व प्रकरणों का होगा निराकरणमहासमुंद/ कलेक्टर श्री प्रभात मलिक ने सभी अनुभागीय अधिकारियों एवम तहसीलादारों को हल्का पटवारी स्तर पर ग्रामवार शिविर लगाकर राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक गांवो में मुनादी कराकर शिविर का अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए ग्रामीणों को प्रेरित करें। महासमुंद अनुविभागीय अधिकारी श्री उमेश साहू ने महासुमन्द अंतर्गत बी.1 पठन पाठन / अन्य कार्य हेतु 5 फरवरी से शिविर आयोजन करने ग्राम तिथिवार सूची जारी की है। उन्होंने समस्त हल्का पटवारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने अधिनस्थ ग्रामों के कोटवारों के माध्यम से मुनादी कराकर निर्धारित तिथी में आयोजित शिविर में बी.1 पठन पाठन एवं अपने दायित्व से संबंधित कार्य कराएं। साथ ही अविवादित नामांतरण एवं बंटवारा के मामलो की ऑनलाईन भूईया में दर्ज करना,नवीन ऋणपुस्तिका बना कर प्रदाय करना, भू-अभिलेखो की नकल प्रदाय करना,नक्शा बटांकन एवं सीमांकन हेतु आवेदन प्राप्त कर निराकरण करना,जाति प्रमाण हेतु वशांवली तैयार कर प्रदाय करना एवम राजस्व से संबंधित अन्य कार्य संपादित करना सुनिश्चित करे। महासमुंद अनुविभाग में जारी सूची के अनुसार 5 फरवरी को निम्न ग्रामों में शिविर लगाया जाएगा। बडगांव, मचेवा, बरोण्डाबाजार, पिटियाझर, बिरकोनी, परसदा, झारा, नायकबांधा ,झालखम्हरिया, कौदकरा, खैरझिटी, मालीडीह, अछरीडीह, अछोली, नांदगांव, बम्हनी, बेमचा, बेलसोण्डा, भलेसर, लभराखुर्द, मोगरा, बकमा, खटटी, डुमरपाली, ढाक, दुरीडीह, तुरंगा, छिन्दौली, छिन्दपान, मुनगासेर, पचरी, नरतोरा, भटगांव, अचानकपुर, कछारडीह, रायतुम, सिनोधा, बरेकेल, नवागांव, तोरला, खट्टा, रामखेडा, बावनकेरा, पासीद, सिरपुर, गढसिवनी, गोपालपुर, खडसा में लगाया जाएगा। इसी तरह 6 फरवरी को भी शिविर लगाया जाएगा। हल्का पटवारी स्तर पर 9 फरवरी तक शिविर लगाएं जायेंगे। इसी तरह ग्राम स्तर पर प्राप्त आवेदनों का निराकरण पश्चात तहसीलदारों द्वारा ग्राम पंचायतो में 1 मार्च से शिविर लगाए जायेंगे। शिविर में समस्याओं के निराकरण एवम जाति प्रमाण पत्र वितरण की करवाई की जायेगी। अन्य अनुभाग में 6 फरवरी से शिविर लगाए जायेंगे।
- महासमुंद / कलेक्टर श्री प्रभात मलिक के मार्गदर्शन में 03 फरवरी को समाज कल्याण विभाग द्वारा विभिन्न सस्थाओं के व्यक्तियों को शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। उप संचालक श्रीमती संगीता सिंह ने बताया की शैक्षणिक भ्रमण के तहत समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित शासकीय बहुविकलांग विशेष विद्यालय महासमुन्द, आशियाना वृद्ध आश्रम महासमुन्द के वृद्धजन एवं आशा मनो विकास केन्द्र (घरौंदा) से दिव्यांग बालक-बालिकाए, संस्था के कर्मचारी एवं अधिकारी लगभग 110 व्यक्तियों को बस के माध्यम से शैक्षणिक भ्रमण के तहत दक्षिण कौशल सिरपुर के गंधेश्वर महादेव का दर्शन एवं लक्ष्मण मंदिर परिसर का भ्रमण कराते हुए वहां के ऐतिहासिक मंदिर के निर्माण एवं मूर्तिकला के दर्शन तथा विभिन्न मूर्तियों के बारे में गाईड श्री भुवनेश्वर ध्रुव जी द्वारा अवगत कराया गया। दिव्यांगजनों एवं वृद्धजनों के मध्य विभिन्न प्रतियोगिता एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम नृत्य, गीत एवं अन्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें सभी ने बढ़-चढ कर भाग लिया।दर्शन पश्चात सभी दिव्यांगजनों एवं निराश्रित वृद्धजनो के साथ अधिकारी/कर्मचारी ने सिरपुर के विश्राम गृह में जलपान किया जलपान करते हुए कई वृद्धजनों की आंखे नम थी। पुछने पर कहां गया कि आपके द्वारा यह मान-सम्मान पाकर मन गदगद हो गया। भ्रमण से दिव्यांगजन एवं निराश्रित वृद्धजन अत्यंत प्रसन्न, रोमांचित एवं भावुक हुए एवं कलेक्टर का धन्यवाद करते हुए भविष्य में ऐसे आयोजन करते रहने हेतु उप संचालक समाज कल्याण से अनुरोध किये।इस दौरान समाज कल्याण विभाग, आशियाना वृद्धाश्रम एवं आशा मनो विकास केन्द्र (घरौंदा) के समस्त अधिकारी/कर्मचारी का दिव्यांगजनों एवं वृद्धजनों के प्रति सहयोग सराहनीय रहा



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