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- 0- विधायक धर्मजीत सिंह हुए शामिल, स्वयं परोसा बच्चों को भोजन0- आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मितानिनों का किया सम्मानबिलासपुर. सेवा संकल्प अभियान के पूरे जिले में आंगन मिलन सेवा का आयोजन आज से किया जा रहा है। इसी क्रम में एकीकृत बाल विकास परियोजना सकरी के आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 07 में आयोजित ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम में तखतपुर विधायक श्री धर्मजीत सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मितानिनों के सेवाभाव की सराहना की।विधायक श्री धर्मजीत सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में सेवा, जनभागीदारी और जनकल्याण की भावना को आगे बढ़ाया जा रहा है। सेवा संकल्प अभियान इसी भावना को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और मितानिन बच्चों के पोषण, मातृ स्वास्थ्य और जागरूकता के लिए जमीनी स्तर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती मीना उपाध्याय, श्रीमती बिकुला मरकाम, श्रीमती कुंती कोरी, श्रीमती उर्मिला साहू तथा मितानिन श्रीमती गौतरहीन मेहर का सम्मान किया गया। सुपोषित बच्चों रुद्र नेति, आदिक पाणिक, तनिष्का वस्त्रकार, शिवांश ध्रुव एवं प्रियांशी पाटले की माताओं को भी सम्मानित किया गया।इस अवसर पर न्यौता भोज के साथ महिलाओं एवं बच्चों के लिए भी विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी श्री सुरेश सिंह भी मौजूद थे। आंगनबाड़ी केंद्र सकरी-07 की कार्यकर्ता श्रीमती माधुरी कोरी को बच्चों के लिए खिलौने प्रदान किए गए। कार्यक्रम के अंत में सीडीपीओ सकरी ने आभार व्यक्त किया। इस दौरान एकीकृत बाल विकास परियोजना सकरी के सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका एवं पर्यवेक्षक उपस्थित रहे।
- बिलासपुर. दिव्यांगजनों को शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सहजता से उपलब्ध कराने तथा उनकी जरूरतों के अनुरूप सुविधाएं सुनिश्चित करने के लिए समाज कल्याण विभाग द्वारा निरंतर कार्य किया जा रहा है। जिले में दिव्यांगजनों के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित हैं, जिनका लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए विभागीय स्तर पर आवश्यक प्रयास किए जा रहे हैं।विभाग द्वारा मूक-बधिर सहित अन्य दिव्यांगजनों की आवश्यकताओं और समस्याओं को ध्यान में रखते हुए उन्हें संबंधित योजनाओं से जोड़ने का प्रयास किया जाता है। विभागीय कार्यक्रमों में मूक-बधिर दिव्यांगजनों की सहभागिता सुनिश्चित की जाती है। आवश्यकता के अनुसार कार्यक्रमों में विशेष शिक्षकों की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाती है, ताकि दिव्यांगजन कार्यक्रमों से सहज रूप से जुड़ सकें। विभाग ने बताया कि शिक्षित श्रवण बाधित व्यक्तियों के लिए लिखित रूप से संवाद की सुविधा भी उपलब्ध है। इसके साथ ही समाज कल्याण विभाग की वेबसाइट पर दिव्यांगजनों के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं एवं सुविधाओं की जानकारी विस्तार से उपलब्ध कराई गई है। दिव्यांगजन वेबसाइट के माध्यम से योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर पात्रतानुसार उनका लाभ ले सकते हैं।
- 0- डिजिटल क्रॉप सर्वे से छूटे एवं नॉन-जियोरिफरेंसिंग खसरों का होगा भौतिक सत्यापनबिलासपुर. एग्रीस्टेक परियोजना के अंतर्गत खरीफ वर्ष 2026-27 में जिले की फसलों का सटीक एवं डिजिटल ब्योरा तैयार करने के लिए डिजिटल क्रॉप सर्वे (डीसीएस) संचालित है। डीसीएस से छूटे हुए एवं नॉन जियोरिफरेंसिंग खसरों का फसल भौतिक सत्यापन मोबाइल एप के माध्यम से मौके पर जाकर किया जा रहा है। कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्धारित समय-सीमा में सर्वे कार्य पूर्ण गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं।कलेक्टर श्री अग्रवाल की अध्यक्षता में मंथन सभागार में नॉन जियोरिफरेंसिंग खसरों के फसल भौतिक सत्यापन एवं डीसीएस सर्वे के संबंध में अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया। उन्होंने कहा कि आगामी धान खरीदी का कार्य डीसीएस सर्वे के आंकड़ों के आधार पर किया जाएगा। ऐसे में सर्वेक्षण में किसी प्रकार की त्रुटि न हो और मौके की वास्तविक स्थिति के अनुरूप फसल का सही एवं प्रमाणिक विवरण दर्ज किया जाए। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करते हुए निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण सर्वे पूर्ण करने के निर्देश दिए।जिले में विगत विपणन वर्ष 2025-26 में धान विक्रय करने वाले नॉन जियोरिफरेंसिंग खसरों की संख्या 1,10,872 है। इन खसरों का फसल भौतिक सत्यापन राजस्व विभाग के तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक एवं कृषि विभाग के ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों (रायो) को पीवी एप के माध्यम से आबंटित किया गया है। सर्वे के दौरान संबंधित अधिकारी-कर्मचारी मौके पर उपस्थित होकर आबंटित खसरों के न्यूनतम चार अलग-अलग स्थानों/कोनों से फोटो लेकर पॉलीगॉन तैयार कर एप पर अपलोड करेंगे। इसके बाद संबंधित खसरे तहसीलदार एवं हल्का पटवारी की डीसीएस आईडी में प्रदर्शित होंगे, जिन्हें प्राइवेट सर्वेयरों को पुनः आबंटित कर डीसीएस सर्वे पूर्ण कराया जाएगा।कलेक्टर के निर्देशानुसार अतिरिक्त कलेक्टर श्री वीरेन्द्र पंचभाई ने ग्राम अमेरी, सकरी, पेंडारी तहसील-सकरी, जरौधा, खपरी, तखतपुर तहसील-तखतपुर, मोहदा तहसील-बिल्हा एवं भटगांव तहसील-बोदरी में मौके पर जाकर पीवी एप के माध्यम से फसल भौतिक सत्यापन कार्य का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित खसरों में मौके पर पॉलीगॉन तैयार करने की प्रक्रिया देखी तथा सर्वे के दौरान आ रही व्यवहारिक कठिनाइयों से वरिष्ठ कार्यालय को अवगत कराने के निर्देश दिए।प्रशिक्षण में अतिरिक्त कलेक्टर श्री वीरेन्द्र पंचभाई, अपर कलेक्टर श्री शिव बनर्जी एवं प्रभारी अधिकारी भू-अभिलेख श्री एन.पी. गवेल, अधीक्षक भू अभिलेख श्री के. एस यादव सहित जिले के सभी संबंधित तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी उपस्थित रहे।
- 0- जल चौपाल, स्वच्छता अभियान और पानी की शुद्धता जांच डेमो के जरिए ग्रामीणों को किया गया जागरूकबिलासपुर. सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत जल संरक्षण में जनभागीदारी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुक्रवार को अरपा भैंसाझार बैराज प्रांगण एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यापक जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। यह जिला स्तरीय कार्यक्रम जल संसाधन विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (पीएचई) एवं पंचायत विभाग के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का आयोजन अधीक्षण अभियंता श्री राजेन्द्र कुमार बंजारे (जल संसाधन मण्डल, बिलासपुर) के मुख्य आतिथ्य तथा श्रीमती भानु साहू (कार्यपालन अभियंता) की अध्यक्षता में किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन इंजीनियर मनीष राठौर एवं श्री आर. पी. साहू के नेतृत्व में हुआ।स्वच्छता अभियान, जल चौपाल एवं जन जागरूकताअभियान के तहत बैराज परिसर के आसपास स्वच्छता अभियान चलाकर जल स्रोतों को स्वच्छ रखने का संदेश दिया गया। इस दौरान आयोजित ‘जल चौपाल’ में ग्रामीणों से सीधा संवाद कर वर्षा जल संचयन, जल संरक्षण और प्राकृतिक जल स्रोतों के संवर्धन पर विस्तार से चर्चा की गई। जागरूकता सत्र के दौरान इंजीनियर मनीष राठौर ने अपनी स्वरचित प्रेरणादायी कविता का पाठ किया, वहीं श्री सत्यम पोर्ते ने उद्बोधन देकर ग्रामीणों को जल की महत्ता समझाई।पीएचई विभाग द्वारा जल शुद्धता जांच का लाइव डेमोकार्यक्रम में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा ग्रामीणों को हैंडपंप व नल-जल योजनाओं के समुचित संचालन, संधारण एवं जल अर्पण की तकनीकी जानकारी दी गई। साथ ही फील्ड टेस्ट किट के माध्यम से पीने के पानी की गुणवत्ता व शुद्धता जांचने का व्यावहारिक प्रदर्शन (डेमो) कर ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल उपयोग हेतु प्रेरित किया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारी कर्मचरियों एवं ग्रामीणों द्वारा वृक्षारोपण किया गया।जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की रही भारी मौजूदगीइस अवसर पर क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों में भैंसाझार सरपंच श्री चंद्रपाल उइके, जोगीपुर सरपंच श्री कमल अरनब, अमाली उपसरपंच श्री श्याम यादव सहित तीनों विभागों के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण जन उपस्थित रहे। उपस्थित सभी लोगों ने जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाने और जल स्रोतों की स्वच्छता बनाए रखने का संकल्प लिया।
- 0- सभी भक्तजन गणपति मूर्तियों का महादेवघाट के समीप विसर्जन कुण्ड में श्रद्धापूर्वक विसर्जन समाजहित में पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से करें- सभापतिरायपुर. अनंत चतुर्दशी के पावन पर्व के अवसर पर रायपुर नगर पालिक निगम के सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ ने अपने घर के भगवान गणपति की मूर्ति का नगर निगम रायपुर की प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत महादेवघाट के समीप विसर्जन कुण्ड में जाकर श्रद्धापूर्वक विसर्जन किया.सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ ने सभी नगरवासियों को अनंत चतुर्दशी के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनायें दीं और गणपति की पूर्तियों का श्रद्धापूर्वक विसर्जन नगर निगम रायपुर की प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत महादेवघाट के समीप विसर्जन कुण्ड में करने की सभी गणपति भक्तों से समाज हित में पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से विनम्र अपील की.
- 0- रायपुर नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष अमर गिदवानी, जोन अध्यक्षो, पार्षदो ने किया सादर नमनरायपुर. एकात्म मानववाद सिद्धांत के प्रणेता महामानव पंडित दीनदयाल उपाध्याय को 125 वीं जयंती पर सादर नमन करने रायपुर नगर पालिक निगम के संस्कृति विभाग के तत्वावधान में नगर निगम जोन 9 के सहयोग से राजधानी शहर रायपुर के तेलीबांधा रिंगरोड तिराहा स्थित उनके प्रतिमा स्थल के समक्ष संक्षिप्त पुष्पांजलि आयोजन रखा गया।संक्षिप्त पुष्पांजलि आयोजन में पहुंचकर राजधानी शहर की प्रथम नागरिक नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने महामानव पंडित दीनदयाल उपाध्याय को जयंती पर सादर नमन करते हुए समस्त नगरवासियों की ओर से आदरांजलि अर्पित की।नगर निगम संस्कृति विभाग एवं जोन 9 के आयोजन में पहुंचकर प्रमुख रूप से नगर निगम संस्कृति विभाग के अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, एमआईसी सदस्य श्री नंदकिशोर साहू, जोन 1 अध्यक्ष श्री गज्जू साहू, जोन 6 अध्यक्ष श्री बद्री प्रसाद गुप्ता, जोन 10 अध्यक्ष श्री सचिन बी मेघानी, पार्षद श्री रवि सोनकर, श्री राजेश कुमार देवांगन सहित नगर के गणमान्यजनों ने एकात्म मानववाद सिद्धांत के प्रणेता महामानव पंडित दीनदयाल उपाध्याय को 125 वीं जयंती पर प्रतिमा स्थल पर पहुंचकर सादर नमन किया ।
- 0- नगर निगम पर्यावरण एवं उद्यानिकी विभाग और 10 जोन के विभिन्न निर्धारित स्थानों पर लगाए पौधे0- निगम ने स्वच्छ पर्यावरण का जन-जन को दिया सकारात्मक संदेश0- गांधी उद्यान परिसर में महापौर मीनल चौबे सहित पर्यावरण विभाग अध्यक्ष भोलाराम साहू, आयुक्त संबित मिश्रा, एमआईसी सदस्यों, पार्षदों ने मौलश्री स्वर्ण चंपा अमलताश नीम आदि प्रजातियों के पौधो का किया रोपण0- लगाये गये प्रत्येक पौधे की देखभाल अपनी संतानों की भांति करने का संकल्प लें - महापौर मीनलरायपुर. सेवा संकल्प अभियान 2026 दिनांक 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर के अंतर्गत आज रायपुर नगर पालिक निगम के पर्यावरण एवं उद्यानिकी विभाग द्वारा सभी 10 जोनो के साथ मिलकर गांधी उद्यान परिसर और सभी 10 जोनो के निर्धारित स्थलो पर लगभग 3500 से अधिक छायादार पौधो का सुरक्षित स्थानो पर रोपण वृहद पौधरोपण अभियान चलाकर समाजहित में पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से करते हुए राजधानी शहर में जन जन को स्वच्छ पर्यावरण का सकारात्मक संदेश दिया गया। इस दौरान मौलश्री, स्वर्ण चंपा, अमलताश, नीम आदि छायादार प्रजाति के पौधो का सुव्यवस्थित रोपण करते हुए राजधानी शहर की प्रथम नागरिक नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के नेतृत्व एवं पर्यावरण एवं उद्यानिकी विभाग अध्यक्ष श्री भोलाराम साहू, निगम आयुक्त श्री संबित मिश्रा सहित संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, एमआईसी सदस्य श्री नंदकिशोर साहू, श्रीमती संजना हियाल, जोन 1 अध्यक्ष श्री गज्जू साहू, जोन 6 अध्यक्ष श्री बद्री प्रसाद गुप्ता, जोन 10 अध्यक्ष श्री सचिन बी मेघानी, पार्षद श्री रवि सोनकर, श्री राजेश कुमार देवांगन, अपर आयुक्त श्री लोकेश्वर साहू, श्री विनोद पाण्डेय, उपायुक्त उद्यानिकी श्रीमती जागृति साहू, जोन 4 जोन कमिश्नर डॉ. दिव्या चंद्रवंशी, कार्यपालन अभियंता श्री गजाराम कंवर, उपअभियंता सुश्री रूचिका मिश्रा सहित अन्य संबंधित निगम अधिकारियों कर्मचारियों की उपस्थिति में समाज हित में पर्यावरण संरक्षण हेतु वृहद पौधरोपण अभियान चलाया गया।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने अनंत चतुर्दशी पर्व एवं एकात्म मानववाद सिद्धांत के प्रणेता महामानव पंडित दीनदयाल उपाध्याय की 125 वीं जयंती के अवसर पर सभी नगरवासियो को हार्दिक शुभकामनाएं दी। महापौर ने सभी नागरिको से रायपुर शहर को स्वच्छ, सुन्दर, हरित राजधानी बनाने सुरक्षित स्थानो पर अधिकाधिक संख्या में सुव्यवस्थित तरीके से पौधरोपण करते हुए लगाये गये प्रत्येक पौधे के वृक्ष बनते तक उसकी देखभाल अपनी संतानो की भांति करने का समाज हित में पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से संकल्प लेने की विनम्र अपील की।--
- 0- नगर निगम प्रेस में मुद्रण पश्चात कटिंग अनुपयोगी कागज एवं पुठ्ठे का सदुपयोग कर गणपति, मंदिर, वृक्ष की सुन्दर प्रतिकृतियां उकेरीरायपुर. सेवा संकल्प अभियान 2026 दिनांक 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर के अंतर्गत रायपुर नगर पालिक निगम मुख्यालय एवं सभी 10 जोनो द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के दिशा निर्देश अनुसार रायपुर जिला प्रशासन के मार्गनिर्देशन में महापौर श्रीमती मीनल चौबे, स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष श्रीमती गायत्री चंद्राकर, आयुक्त श्री संबित मिश्रा के निर्देश पर लगातार विविध सकारात्मक गतिविधियां संचालित की जा रही है।नगर निगम रायपुर मुख्यालय के प्लेसमेंट श्रमिक यशवंत सपहा ने नगर निगम मुख्यालय स्थित प्रेस एवं जनसम्पर्क विभाग में निगम आफसेट मशीन में मुद्रण कार्य पश्चात अनुपयोगी कटिंग हुए कागज एवं पुठठे का सदुपयोग करते हुए कागज व पुठ्ठे से गणपति, मंदिर एवं वृक्ष की सुन्दर प्रतिकृतियां उकेरी है। स्वच्छ भारत मिशन अभियान अंतर्गत स्वच्छता ही सेवा अभियान के अंतर्गत बेस्ट फार्म द वेस्ट के अंतर्गत वेस्टेज सामग्री का सदुपयोग कर उपयोगी सुन्दर कलाकृतियां निरंतर बनायी जा रही है एवं नागरिको को स्वच्छ पर्यावरण का सुन्दर सकारात्मक संदेश दिया जा रहा है। आज अनंत चतुर्दशी के पावन पर्व के अवसर पर 10 दिवसीय सार्वजनिक श्री गणेश उत्सव के अंतिम दिवस रिद्धी, सिद्धी, शुभ, लाभ के प्रदाता प्रथम पूज्य भगवान श्री गणपति की सुन्दर प्रतिकृति एवं समाजहित में पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से वृक्ष की सुन्दर प्रतिकृति उकेरने के प्लेसमेंट श्रमिक कलाकार यशवंत सपहा की सकारात्मक कला की रायपुर नगर पालिक निगम मुख्यालय भवन के भूतल में समय - समय पर आवश्यक दैनिक कार्यों को लेकर आने वाले आमजन एवं मीडिया, विज्ञापन के क्षेत्र से संबंधित प्रतिनिधिगण भगवान श्री गणपति की कागज एवं पुट्ठे के सुन्दर मिश्रण से यशवंत सपहा द्वारा निर्मित प्रतिकृति देखकर सहज भाव से उनकी कला प्रतिभा की सराहना कर रहे हैँ।
- भिलाईनगर। राज्य शासन की 25 वर्षों की जनसेवा एवं विकसित भारत 2047 के संकल्प को जन-जन तक पहुंचाने तथा शासन की विभिन्न योजनाओं एवं उपलब्धियों में व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से निगम क्षेत्र के नागरिकों को विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं जनकल्याणकारी सेवाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जाएगा।सेवा सेतु शिविरों में नागरिकों की सुविधा के लिए विभिन्न विभागों के विशेष काउंटर लगाए जाएंगे। इनमें पंजीयन, पेंशन, महिला एवं बाल विकास, दिव्यांगजन सेवाएं, प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड, पीएम स्वनिधि, जन्म.मृत्यु.विवाह पंजीयन, आयुष्मान कार्ड, स्वास्थ्य जांच एवं उपचार, आधार अपडेशन, श्रमिक कार्ड पंजीयन, दिव्यांग उपकरण, पीएम सूर्यघर योजना, राजस्व विभाग दुर्ग सहित अन्य सेवाओं से संबंधित काउंटर शामिल रहेंगे। नागरिक अपनी आवश्यकता के अनुसार निर्धारित शिविर स्थल पर पहुंचकर संबंधित सेवाओं का लाभ ले सकेंगे।इन स्थानों पर लगेंगे सेवा सेतु शिविर29 सितंबर 2026वार्ड 20 लोकांगन, वैशाली नगर - वार्ड 14, 15 एवं 19 से 23 तक के नागरिक।वार्ड 33 मंगल भवन, बैकुण्ठधाम - वार्ड 30 से 37 एवं 52 से 56 तक।वार्ड 42 श्रीराम वाटिका डोम शेड -वार्ड 38 से 43 एवं 51 तक।30 सितंबर 2026वार्ड 56 गुड़िचा मंच, सेक्टर-10 - वार्ड 57 से 70 तक।वार्ड 25 सूर्यकुण्ड डोम शेड - वार्ड 24 से 29 तक।01 अक्टूबर 2026वार्ड 04 सियान सदन, नेहरू नगर - वार्ड 01 से 08 तक।45 सांई मंदिर प्रांगण डोम शेड - वार्ड 44 से 50 तक।02 अक्टूबर 2026वार्ड 17 मुख्य कार्यालय सभागार कक्ष -वार्ड 09 से 13 एवं 17 से 18 तक।नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा नागरिकों से अपील की गई है कि वे अपने क्षेत्र के लिए निर्धारित सेवा सेतु शिविर स्थल पर पहुंचकर आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ उठाएं। शिविर का उद्देश्य नागरिकों को शासकीय योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के साथ.साथ पात्र हितग्राहियों को योजनाओं से जोड़ना और उनकी समस्याओं का निराकरण करना है। सम्पूर्ण सेवा सेतु शिविर के नोडल अधिकारी निगम अपर आयुक्त राजेन्द्र कुमार दोहरे होंगे, जबकि सहायक नोडल अधिकारी संबंधित जोन आयुक्त होंगे।--
- 0- जाम कचरा हटाकर पानी निकासी की व्यवस्थाभिलाईनगर। रात्रिकाल से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति निर्मित हो गई है। कुछ स्थानों पर पुलिया एवं नालियों में कचरा फंस जाने के कारण पानी का बहाव प्रभावित हुआ, जिसे देखते हुए निगम द्वारा तत्काल मैदानी अमले को सक्रिय कर जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।निगम आयुक्त सुरूचि सिंह के निर्देशानुसार विभिन्न क्षेत्रों में सफाई कर्मियों एवं संबंधित अमले द्वारा जलभराव वाले स्थानों का निरीक्षण कर पुलिया, नालियों एवं पानी के निकासी मार्ग में फंसे कचरे को हटाया गया है। जहां भी पानी का बहाव अवरुद्ध मिला, वहां तत्काल सफाई कर पानी निकासी का रास्ता बनाया गया है। निगम का मैदानी अमला लगातार क्षेत्रों में निगरानी करते हुए जलभराव वाले स्थानों पर आवश्यक कार्रवाई किया है। बारिश के दौरान नालियों एवं पुलियों में कचरा जमा होने से पानी की निकासी प्रभावित होती है, जिसके कारण सड़कों एवं आसपास के क्षेत्रों में पानी एकत्रित हो जाता है। निगम द्वारा ऐसे स्थानों पर विशेष रूप से सफाई कर कचरा हटाने के साथ ही पानी के सुचारू बहाव की व्यवस्था की गई है।निगम अधिकारियों ने बताया कि लगातार बारिश के कारण कुछ स्थानों पर अस्थायी रूप से जलभराव की स्थिति बनी है। बारिश रुकने के बाद पानी की निकासी तेजी से होने लगेगी और जलभराव की स्थिति से लोगों को राहत मिलेगी। निगम का अमला बारिश के दौरान भी मैदानी क्षेत्रों में सक्रिय रहकर जल निकासी एवं सफाई व्यवस्था पर लगातार नजर बनाए हुए है।
- 0- नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र में अब तक 638 प्रतिमाओं का विसर्जनभिलाई। नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा गणेश प्रतिमाओं के व्यवस्थित एवं सुगम विसर्जन के लिए चिन्हांकित तालाबों में विसर्जन हेतु श्रद्धालुओं को ऐप के माध्यम से पहले से स्लॉट बुक करने की सुविधा उपलब्ध कराई गई थी। स्लॉट बुकिंग के माध्यम से श्रद्धालुओं ने अपनी सुविधानुसार विसर्जन का समय निर्धारित किया, जिससे विसर्जन स्थलों पर भीड़ को व्यवस्थित करने और श्रद्धालुओं को सुविधा प्रदान करने में मदद मिली।निगम क्षेत्र के विभिन्न चिन्हांकित तालाबों में अब तक दर्ज गणेश प्रतिमा विसर्जन की स्थिति इस प्रकार है—जोन क्रमांक-01भेलवा तालाब, कोहका — 16आमा तालाब — 11आलबंद तालाब — 09आर्यनगर तालाब — 10कुल — 46जोन क्रमांक-02शीतला तालाब, सुपेला — 21शीतला तालाब, कुरुद — 22नकटा तालाब, कुरुद — 29शिवशक्ति तालाब, घासीदास नगर — 19मुक्तिधाम के सामने तालाब, रामनगर — 12कुल — 103जोन क्रमांक-03वार्ड क्रमांक 56, सेक्टर-02 तालाब — 61जोन क्रमांक-04वार्ड क्रमांक 40, दर्री तालाब — 28जोन क्रमांक-05वार्ड क्रमांक 64, जयंती स्टेडियम तालाब — 228वार्ड क्रमांक 70, महाकालेश्वर मंदिर के पास तालाब — 50वार्ड क्रमांक 70, हुडको तालाब — 122कुल — 400इस प्रकार नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र के चिन्हांकित तालाबों में अब तक कुल 638 गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन दर्ज किया गया है।नगर निगम द्वारा विसर्जन स्थलों पर साफ-सफाई सहित आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि निर्धारित स्थलों पर ही गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन करें तथा विसर्जन के दौरान स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण का विशेष ध्यान रखते हुए निगम की व्यवस्थाओं में सहयोग करें।
- 0- सीमावर्ती जिलों की सीमाओं से एक वर्ष की अवधि तक बाहर रहने के आदेशदुर्ग, कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री अभिजीत सिंह ने गुंडा बदमाश मनीष मांडले के आपराधिक आचरण एवं गतिविधियों पर नियंत्रण किए जाने तथा क्षेत्र में शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 5 के अंतर्गत जिलाबदर की सख्त कार्यवाही की है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री सिंह द्वारा जारी आदेशानुसार अनावेदक मनीष मांडले पिता श्री यशवंत मांडले, निवासी नागदेवता चौक नगपुरा चौकी नगपुरा, थाना पुलगांव, जिला दुर्ग (छ.ग.) को राजस्व जिला दुर्ग एवं उसके सीमावर्ती जिलों रायपुर, बेमेतरा, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, राजनांदगांव, बालोद एवं धमतरी जिलों की सीमाओं से आदेश पारित होने की तिथि से एक सप्ताह के भीतर बाहर चले जाने निर्देशित किया गया है। साथ ही बदमाश मनीष मांडले को आदेश पारित तिथि 24 सितम्बर 2026 से एक वर्ष की अवधि तक उक्त जिलों की सीमाओं में जिला दण्डाधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना प्रवेश करने पर पूर्णतः प्रतिबंध लगाया गया है।कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री सिंह द्वारा आदेश पारित करने के पूर्व प्रकरण में संलग्न वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग के प्रतिवेदन, थाना पुलगांव से प्राप्त नकल जरामय तथा संलग्न सम्यक दस्तावेजों, अनावेदक के प्रस्तुत जवाब, अभियोजन साक्ष्यों के अभिलिखित कथन का अवलोकन एवं परिशीलन किया गया है। प्रस्तुत प्रतिवेदन और नकल जरामय के अवलोकन में पाया गया कि अनावेदक के विरूद्ध वर्ष 2013 से वर्तमान वर्ष तक 07 अपराध भा.द.वि. तथा बीएनएस एवं 01 अपराध आबकारी अधिनियम के अंतर्गत दर्ज है। जो वयस्क व्यक्तियों के साथ मारपीट, नाबालिक के मारपीट, महिला के साथ छेड़छाड़ व मारपीट, अवैध शराब आदि से संबंधित है। इससे यह स्पष्ट होता है कि अनावेदक आदतन अपराधी है। अनावेदक के ऊपर नियंत्रण निगरानी रखे जाने हेतु उसे थाना के गुंडा बदमाश सूची में शामिल किया गया है। उक्त अवधि में अनावेदक के विरूद्ध अब तक 13 बार इश्तगाता भी एसडीएम न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। इतना ही नहीं अनावेदक को पूर्व में जिला दंडाधिकारी दुर्ग द्वारा वर्ष 2018 में जिला बदर भी किया गया था। परन्तु इतनी प्रतिबंधात्मक एवं अभियोजन कार्यवाही के उपरान्त भी अनावेदक की आदतों में सुधार नहीं हुआ है। आवेदक के व्यवहार से सामान्य नागरिक इनके विरूद्ध रिपोर्ट करने एवं न्यायालय में साक्ष्य देने से घबराते हैं। अतएव क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए अनावेदक के स्वतंत्र विचरण तथा अपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण हेतु कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी द्वारा 24 सितम्बर 2026 को यह आदेश पारित कर बदमाश मनीष मांडले के विरूद्ध एक वर्ष की अवधि के लिए जिला बदर की सख्त कार्यवाही की गई है।
- दुर्ग. कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह के मार्गदर्शन में जिला कार्यालय द्वारा विगत 06 फरवरी 2026 यश ड्रीम रियल स्टेट कंपनी के 4,601 निवेशकों को (प्रथम बैच में) राशि का वितरण किया गया था। इस दौरान कुल 617 निवेशकों के बैंक संबंधी जानकारी गलत होने के कारण उनके बैंक खाते में राशि का हस्तांतरण नहीं किया जा सका। ऐसे निवेशक जिन्हें राशि हस्तांतरित नहीं की जा सकी उनकी सूची संलग्न कर दी गई है। सूची का अवलोकन निवेशक क्युआर कोड के माध्यम से कर सकते हैं। उक्त निवेशक कलेक्टर कार्यालय के चिटफंड शाखा (कक्ष क्र. 30) में संपर्क कर अपने बैंक संबंधी दस्तावेज जमा कर सकते हैं। इसके आधार पर जिला प्रशासन द्वारा राशि वितरण की कार्यवाही की जा सके।
- 0- मीडिएशन 3.0 को नई गति देने के लिए दुर्ग में मीडिएटर अधिवक्ताओं की विशेष बैठकदुर्ग. हर विवाद का अंत अदालत के आदेश से ही हो, यह जरूरी नहीं। कई बार एक बातचीत, एक समझ और एक सही समय पर उठाया गया संवाद का कदम, वर्षों से चले आ रहे विवाद को खत्म कर सकता है। इसी सोच को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में मीडिएशन 3.0 अब एक ऐसे अभियान के रूप में आगे बढ़ रहा है, जिसका केंद्र केवल केस का निपटारा नहीं, बल्कि लोगों के बीच समाधान की संस्कृति विकसित करना है।इसी उद्देश्य से माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, दुर्ग के मार्गदर्शन में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायालय, दुर्ग के सभागार में मीडिएटर अधिवक्ताओं एवं एडवोकेट मीडिएटर्स की विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक में इस बात पर गहन चर्चा हुई कि मीडिएशन 3.0 के माध्यम से अधिक से अधिक विवादों को संवाद, सहमति और मध्यस्थता की राह पर कैसे लाया जाए।बैठक का मूल संदेश स्पष्ट था "विवाद बढ़ाना नहीं, समाधान तक पहुंचना है।मीडिएशन 3.0 को तीन चरणों में आगे बढ़ाया जा रहा है। पहले चरण में ऐसे प्रकरणों की पहचान और उन्हें मध्यस्थता के लिए रेफर करने पर फोकस है। इसके बाद संवाद और समझौते की प्रक्रिया होगी और अंतिम चरण में हुए समझौतों के सत्यापन एवं प्रकरणों के समापन की कार्यवाही की जाएगी।Mediation 3.0 : तीन चरण, एक लक्ष्यStage I - Identification & Referral 01 अगस्त से 30 सितंबर 2026Stage II - Mediation & Settlement 01 अक्टूबर से 30 नवंबर 2026Stage III - Settlement, Verification & Closure 01 दिसंबर से 31 दिसंबर 2026इन तीनों चरणों का उद्देश्य एक ही है-जहाँ संभव हो, विवाद को संघर्ष से संवाद और मुकदमे से समाधान की ओर ले जाना। मध्यस्थता की प्रक्रिया के दौरान पक्षकारों को यह जानकारी दी जा रही है कि वे निर्धारित अवधि में मीडिएशन सेंटर, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, दुर्ग अथवा संबंधित न्यायालय से संपर्क कर मीडिएशन 3.0 का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।मध्यस्थता की सबसे बड़ी ताकत यही है कि इसमें समाधान केवल थोपा नहीं जाता, बल्कि पक्षकार स्वयं अपने समाधान का हिस्सा बनते हैं। यही वजह है कि यह प्रक्रिया केवल कानूनी विवाद को समाप्त करने तक सीमित नहीं रहती, बल्कि कई बार टूटते संबंधों को संवाद का एक और अवसर भी देती है।दुर्ग में न्याय अब केवल अदालत की दीवारों तक सीमित नहींमीडिएशन 3.0 को अधिक प्रभावी बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, दुर्ग द्वारा व्यापक प्रचार-प्रसार एवं जनजागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। विभिन्न स्तरों पर लोगों तक यह संदेश पहुंचाया जा रहा है कि हर विवाद का समाधान लंबी लड़ाई में नहीं, बल्कि सही समय पर की गई सही बातचीत में भी संभव है।युवा पीढ़ी की भाषा में कहें तो- "Argument से पहले Conversation, और Conflict से पहले Mediation."यही विचार मीडिएशन 3.0 को एक अभियान से आगे बढ़ाकर संवाद आधारित न्याय की नई संस्कृति बनाने की दिशा में ले जा रहा है। दुर्ग से उठ रही यह पहल इस संदेश के साथ आगे बढ़ रही है कि न्याय केवल फैसला सुनाना नहीं, बल्कि जहां संभव हो वहां पक्षकारों को स्वयं समाधान तक पहुंचने का अवसर देना भी है।
- दुर्ग. सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ’सेवा मेरा योगदान’ के तहत आज दुर्ग जिले के जनपद पंचायत धमधा के ग्राम पंचायत देवरी, ग्राम पिटौरा और ग्राम भिंभौरी में ग्रामीण महिलाओं द्वारा स्वच्छता रैली का आयोजन किया गया। जिले की सभी 381 ग्राम पंचायतों में यह अभियान पूर्ण जनभागीदारी के साथ संचालित किया गया।इस राष्ट्रव्यापी अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को केवल एक सरकारी कार्यक्रम न रखकर जन-आंदोलन का रूप देना है, जिससे सार्वजनिक स्थलों, जलस्रोतों व परिवेश को स्वच्छ एवं सुंदर बनाया जा सके। आज आयोजित इस रैली के दौरान ग्रामीण महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और हाथों में स्वच्छता संदेश लिखी तख्तियां लेकर पूरे गांव में भ्रमण किया। इस दौरान ग्राम के सार्वजनिक स्थलों, रास्तों और जलस्रोतों के आसपास विशेष साफ-सफाई की गई तथा रैली के माध्यम से ग्रामीणों को अपने आसपास के परिवेश को स्वच्छ, सुंदर और स्वास्थ्यप्रद बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया। जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे इस प्रभावी बदलाव अभियान से ग्रामीण अंचलों में स्वच्छता के प्रति एक नई चेतना जागृत हो रही है, जिससे स्वस्थ और सुंदर गांवों के निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो रहा है।
- 0- सेवा संकल्प अभियान के तहत- आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले बच्चों के सर्वांगीण विकास की पहलदुर्ग. महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला दुर्ग द्वारा जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले बच्चों के सर्वांगीण विकास और खेल-आधारित सीखने के अवसरों को बढ़ावा देने के लिए ‘सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत जनसमुदाय से सहयोग एवं सहभागिता का आह्वान किया गया है। जिले में वर्तमान में 1550 आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन किया जा रहा है। इन केंद्रों के माध्यम से 0 से 6 वर्ष तक के बच्चों को पूरक पोषण आहार, स्वास्थ्य सेवाएं तथा प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा से संबंधित सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। इन केंद्रों से मुख्य रूप से आर्थिक एवं सामाजिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चे जुड़े हुए हैं।कई बच्चों के घरों में पर्याप्त खिलौने, खेल सामग्री एवं आवश्यक वस्त्र उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें खेलते हुए सीखने और अपनी रचनात्मक क्षमताओं को विकसित करने के पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाते। इसी उद्देश्य से सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत नागरिकों से आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों के लिए सुरक्षित खिलौने, खेल सामग्री एवं उपयोगी वस्त्र दान करने की अपील की गई है।दान सामग्री में सुरक्षा और गुणवत्ता मापदण्डदान किए जाने वाले खिलौने मजबूत, सुरक्षित और अच्छी स्थिति में होने चाहिए। उनमें नुकीले सिरे, धारदार किनारे, कांटे या चोट पहुंचाने वाले हिस्से नहीं होने चाहिए। खिलौने का कोई ऐसा छोटा हिस्सा नहीं होना चाहिए जिसे बच्चा आसानी से तोड़कर मुंह में डाल सके या निगल सके। खिलौनों में विषैले, हानिकारक अथवा संदिग्ध रसायनों का उपयोग नहीं होना चाहिए। बच्चों के लिए बड़े आकार के रिंग, सॉफ्ट ब्लॉक्स, बड़े आकार के टेडी बियर, स्टैकिंग एवं शेपिंग खिलौने जैसे आसानी से पकड़ने और सुरक्षित रूप से उपयोग किए जा सकने वाले खिलौने दान किए जा सकते हैं।इसी प्रकार दान किए जाने वाले वस्त्र साफ, धुले हुए, अच्छी स्थिति में और बच्चों के पहनने योग्य होने चाहिए। अत्यधिक पुराने, फटे या दागदार वस्त्र दान न किए जाएं। वस्त्र बच्चों की आयु एवं आकार के अनुरूप होना भी आवश्यक है। दान/सहयोग हेतु महिला एवं बाल विकास विभाग दुर्ग श्रीमती पूजा तिवारी, दूरभाष नंबर-0788-2323704 संपर्क किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए सामग्री परियोजना स्तर पर प्रदाय करने हेतु संबंधित क्षेत्र के परियोजना अधिकारी से भी संपर्क किया जा सकता है।
- 0- सेवा संकल्प अभियान- गर्भवती माताओं को दी स्वास्थ्य की जानकारीदुर्ग. महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा जनपद पंचायत पाटन के ग्राम दरबार मोखली एवं ग्राम पंचायत भरर में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आंगन मिलन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में महिलाओं, गर्भवती माताओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और देखभाल के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। जिले के विभिन्न परियोजनाओं में आंगन मिलन समारोह का आयोजन किया गया। दुर्ग शहरी/ग्रामीण, अहिवारा, धमधा, भिलाई-01/02, जामगांव-एम एवं पाटन परियोजनाओं के अंतर्गत विभिन्न आंगनबाड़ी केन्द्रों में कार्यक्रम आयोजित किए गए।कार्यक्रम में अतिथि के रूप में श्रीमती रमशीला बाई उपस्थित रहीं। इस अवसर पर गर्भवती महिलाओं के लिए गोदभराई कार्यक्रम आयोजित किया गया। साथ ही महिलाओं को सम्मानित कर मातृत्व के दौरान स्वास्थ्य एवं पोषण का विशेष ध्यान रखने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित महिलाओं और ग्रामीणों को बताया गया कि गर्भावस्था के दौरान संतुलित एवं पौष्टिक आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच तथा आवश्यक सावधानियों का पालन करना मां और बच्चे दोनों के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है। गर्भावस्था से लेकर बच्चे के जन्म और उसके बाद शुरुआती वर्षों तक उचित पोषण एवं देखभाल से बच्चों को कुपोषण से बचाने में मदद मिलती है। इस अवसर पर जनपद सदस्य श्री भास्कर वर्मा द्वारा न्योता भोज का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वस्थ एवं सुपोषित बच्चों को सम्मानित कर उनके अभिभावकों को भी बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया गया।आंगन मिलन समारोह में महिला मुक्ति मोर्चा की महामंत्री श्रीमती नंदिनी साहू, ग्राम पंचायत भरर की सरपंच श्रीमती कौशल्या साहू, पंच श्रीमती मालती धीवर, मनीष चंद्राकर, संतोषी धनकर सहित महतारी वंदन योजना एवं प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के हितग्राही तथा बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।--
- दुर्ग. जीवन में कई बार ऐसा मोड़ आ जाता है जब खुशहाल जिंदगी अचानक दुखों के अंधेरे में डूब जाती है। कसही गांव की रहने वाली श्रीमती रमला बाई पटेल के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। 3 सितंबर 2025 का दिन उनके परिवार के लिए काल बनकर आया, जब उनके पति श्री हुबलाल पटेल का अचानक निधन हो गया। पति के चले जाने से न केवल रमला बाई पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा, बल्कि घर का कमाने वाला सदस्य खो देने से परिवार के सामने गहरा आर्थिक संकट खड़ा हो गया। रोजमर्रा की जरूरतों और जीवन यापन को लेकर अनिश्चितता छा गई। अधिक पढ़ी-लिखी न होने के कारण रमला बाई को सरकारी योजनाओं के बारे में कोई जानकारी नहीं थी।ऐसे कठिन और निराशाजनक समय में ग्राम पंचायत कसही की सरपंच संकटमोचक बनकर उभरी। सरपंच श्रीमती योगेश्वरी गायकवाड़ और ग्राम पंचायत सचिव खुद रमला बाई के घर पहुंचे। उन्होंने न केवल दुखी परिवार को ढांढस बंधाया, बल्कि ’राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना’ के बारे में विस्तार से बताया। जब रमला बाई के बीपीएल रिकॉर्ड देखा गया तो उनका नाम बीपीएल सर्वे वर्ष 2002-03 में दर्ज पाया गया। इसके बाद पंचायत प्रतिनिधियों ने खुद पहल करते हुए फॉर्म भरने से लेकर जरूरी कागजी कार्यवाही तक पूरी मदद की।दफ्तरों के चक्कर से मिली मुक्ति, बैंक खाते में आई राशिआमतौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को लगता है कि सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए जनपद या जिला पंचायत कार्यालयों के चक्कर काटने पड़ेंगे। लेकिन रमला बाई को इस कार्य के लिए बाहर नहीं जाना पड़ा और ग्राम पंचायत स्तर पर ही सारा काम समय पर पूरा हो गया। आवेदन की प्रक्रिया पूरी होते ही योजना के तहत 20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता सीधे रमला बाई के बैंक खाते में स्थानांतरित कर दी गई। रमला बाई ने कहा कि जब कोई रास्ता नजर नहीं आ रहा था, तब यह राशि वर्तमान जरूरतों को पूरा करने में बहुत बड़ी मददगार साबित हुई। मुझे ब्लॉक या जिला मुख्यालय की दौड़ नहीं लगानी पड़ी, सब कुछ गांव में ही हो गया। इसके लिए मैं अपनी ग्राम पंचायत और छत्तीसगढ़ शासन का दिल से आभार मानती हूँ।
- दुर्ग. महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित ‘सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत परियोजना भिलाई-1 के परिक्षेत्र मरौदा स्थित आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-2, तेलुगुपारा में ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में दुर्ग ग्रामीण विधायक श्री ललित चंद्राकर, श्री राजू जंघेल, मंडल अध्यक्ष श्रीमती शिखा तिवारी, पार्षद सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं से लाभान्वित महिला हितग्राही, बच्चे एवं विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इस अवसर पर बच्चों के लिए चित्रकला एवं स्वस्थ शिशु प्रतियोगिता, जबकि महिलाओं के लिए रंगोली एवं खेल प्रतियोगिता आयोजित की गई। महिलाओं के स्वास्थ्य की जांच के साथ पौष्टिक व्यंजनों का प्रदर्शन एवं उनकी विधि की जानकारी भी दी गई। कार्यक्रम में स्वस्थ शिशु को ‘हमर सुग्घर लइका’ के रूप में प्रदर्शित किया गया। विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों एवं महिलाओं को विधायक श्री ललित चंद्राकर द्वारा प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। परियोजना अधिकारी श्रीमती पद्मजा सिन्हा ने महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं विभागीय गतिविधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम में महतारी वंदन योजना एवं प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के हितग्राहियों ने योजनाओं से प्राप्त लाभ एवं अपने अनुभव भी साझा किए।इस दौरान केंद्र एवं राज्य शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। विधायक श्री ललित चंद्राकर ने अपने संबोधन में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के उद्देश्यों और विभिन्न विभागों द्वारा संचालित प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कार्यक्रम की सराहना करते हुए महिलाओं एवं बच्चों की सक्रिय सहभागिता को महत्वपूर्ण बताया। कार्यक्रम में लगभग 70 लोगों की सहभागिता रही। परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं सहित बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे।
- दुर्ग. सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत शक्ति नगर वार्ड-18 स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला अध्यक्ष महिला मोर्चा संगठन वृत्ति चंद्राकर, एमआईसी सदस्य ठेवनारायण चंद्राकर एवं महिला मोर्चा अध्यक्ष अंजु तिवारी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बच्चों के लिए फैंसी ड्रेस एवं गोली-चम्मच खेल प्रतियोगिता आयोजित की गई। इसमें कुल 25 बच्चों ने भाग लिया। महिलाओं के लिए बिंदी लगाओ प्रतियोगिता भी कराई गई, जिसमें प्रागेर चौधरी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।कार्यक्रम के दौरान बच्चों का वजन एवं स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। स्वस्थ बच्चों को पुरस्कार एवं प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। गर्भवती महिला डेनिन सायका की गोदभराई की रस्म तथा 6 माह पूर्ण कर चुकी विशिका साय का अन्नप्राशन कराया गया। कार्यक्रम में उपस्थित महिलाओं को पोषण एवं स्वास्थ्य संबंधी जानकारी दी गई। एएनएम पूजा वर्मा द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण एवं टीबी स्क्रीनिंग की गई। कार्यक्रम में 8 गर्भवती महिलाएं, 8 धात्री महिलाएं, 5 किशोरी बालिकाएं तथा 21 अन्य महिला हितग्राही उपस्थित रहीं। वार्ड-18 समिति के उपाध्यक्ष नरेश सिन्हा द्वारा 24 बच्चों को न्यौता भोज कराया गया। कार्यक्रम के अंत में बच्चों को पुरस्कार प्रदान किए गए तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका एवं मितानिन का सम्मान किया गया। स्वल्पाहार के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
- 0- डिजिटल फसल सर्वेक्षण के शेष खसरों का भौतिक सत्यापन समय-सीमा में होगा पूर्ण0- राजस्व निरीक्षकों एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को सौंपा गया दायित्व, मोबाइल ऐप से दर्ज होगी खसरों की लोकेशनबालोद. संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आज आयोजित कार्यशाला में फसल भौतिक सत्यापन मोबाइल ऐप के उपयोग के संबंध में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया।कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने कहा कि डिजिटल फसल सर्वेक्षण किसानों एवं कृषि क्षेत्र से संबंधित शासकीय कार्यों के लिए महत्वपूर्ण है। शेष खसरों का भौतिक सत्यापन निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार समय-सीमा में पूर्ण किया जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने-अपने क्षेत्र में आबंटित खसरों की लोकेशन मोबाइल ऐप के माध्यम से दर्ज करते हुए फसल भौतिक सत्यापन का कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता से शत-प्रतिशत पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही कार्य की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने को कहा है।मोबाइल ऐप के माध्यम से होगा फसल भौतिक सत्यापनयह प्रशिक्षण फसल भौतिक सत्यापन मोबाइल ऐप के उपयोग के संबंध में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को ऐप के माध्यम से खसरों की लोकेशन दर्ज करने की प्रक्रिया तथा कार्य को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के संबंध में आवश्यक जानकारी दी गई।गौरतलब है कि सचिव, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग, मंत्रालय के निर्देशानुसार जिले में डिजिटल फसल सर्वेक्षण का कार्य किया जा रहा है। जिले के 683 ग्रामों में कुल 06 लाख 72 हजार 288 खसरों का डिजिटल फसल सर्वेक्षण किया जा चुका है और शासन द्वारा निर्धारित समय-सीमा में शेष खसरों का फसल भौतिक सत्यापन कर सर्वेक्षण कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं।उल्लेखनीय है कि कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देशानुसार शेष खसरों के फसल भौतिक सत्यापन के लिए राजस्व निरीक्षकों एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को उनके प्रभार क्षेत्र के ग्रामों का दायित्व सौंपा गया है। कर्मचारियों को ग्रामवार खसरों का आबंटन पृथक से किया जाएगा। संबंधित अधिकारी-कर्मचारी फसल भौतिक सत्यापन मोबाइल ऐप के माध्यम से खसरों की लोकेशन, अक्षांश एवं देशांतर की प्रविष्टि करेंगे।--
- 0- सेवा संकल्प अभियान- कूल्हे की गंभीर चोट के बाद जिला अस्पताल में सफल हिप रिप्लेसमेंट0- सेवा भाव और विशेष उपचार से फिर अपने पैरों पर खड़े हुए राजमिस्त्री रामप्रसादबालोद. गरीबी और मजबूरी के बीच जब कोई गंभीर बीमारी या दुर्घटना परिवार के सामने चुनौती बनकर खड़ी होती है, तब सरकारी स्वास्थ्य योजनाएं जरूरतमंदों के लिए बड़ी उम्मीद बनती हैं। आयुष्मान भारत योजना ने बालोद विकासखंड के ग्राम जुंगेरा निवासी 44 वर्षीय राजमिस्त्री श्री रामप्रसाद के जीवन में भी ऐसी ही उम्मीद जगाई। जिला अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने उनके कूल्हे का जटिल प्रत्यारोपण सफलतापूर्वक किया और वे उपचार के अगले ही दिन बिना किसी सहारे के चलने लगे।हादसे ने छीनी चलने की ताकत, परिवार पर छाया संकटश्री रामप्रसाद मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। 11 अगस्त को अपने घर की छत पर काम करते समय अचानक गिर जाने से उनके कूल्हे की हड्डी गंभीर रूप से टूट गई। हादसे के बाद वे ठीक से चल भी नहीं पा रहे थे। दर्द के कारण दैनिक कामकाज करना भी मुश्किल हो गया था। शुरुआत में उन्होंने स्थानीय स्तर पर उपचार कराया, लेकिन दर्द और परेशानी से राहत नहीं मिली। आखिरकार परिजन उन्हें बेहतर उपचार की उम्मीद लेकर जिला अस्पताल पहुंचे।विशेषज्ञ चिकित्सकों ने जटिल समस्या का किया समाधानजिला अस्पताल में अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. पंकज कुमार सोरी एवं उनकी टीम ने रामप्रसाद की चिकित्सकीय एवं रेडियोलॉजिकल जांच की। जांच में कूल्हे की हड्डी की गंभीर क्षति सामने आई। चिकित्सकों ने परिजनों को आवश्यक उपचार की जानकारी देते हुए कूल्हे के प्रत्यारोपण की सलाह दी।श्री रामप्रसाद को विगत 22 सितंबर को अस्पताल में भर्ती किया गया। आवश्यक जांच और तैयारी के बाद 23 सितंबर को डॉ. पंकज कुमार सोरी के नेतृत्व में छह सदस्यीय विशेषज्ञ चिकित्सकीय टीम ने कूल्हे का जटिल प्रत्यारोपण सफलतापूर्वक किया।अगले ही दिन बिना सहारे चलने लगे रामप्रसादसफल सर्जरी के बाद रामप्रसाद के जीवन में खुशी का वह पल आया, जिसका उन्हें लंबे समय से इंतजार था। 24 सितंबर को उन्होंने वाकर के सहारे चलना शुरू कर दिया। कुछ समय पहले तक लाठी के सहारे चलने को मजबूर रामप्रसाद को अपने पैरों पर खड़ा देखकर उनके परिजनों की आंखों में खुशी और संतोष साफ दिखाई दिया।आयुष्मान कार्ड बना इलाज का सहारानिजी अस्पतालों में महंगा होने वाला यह जटिल उपचार आयुष्मान कार्ड के माध्यम से जिला अस्पताल में रामप्रसाद का निःशुल्क किया गया। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के लिए यह सुविधा किसी बड़ी राहत से कम नहीं थी।रामप्रसाद ने भावुक होकर कहा कि उन्होंने कभी भी नहीं सोचा था कि हमारे जिला अस्पताल में इतनी बड़ी सर्जरी विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा निःशुल्क की जाएगी। उन्होंने चिकित्सकों और अस्पताल प्रबंधन की पूरी टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।सेवा भाव ने लौटाई मुस्कानरामप्रसाद की कहानी केवल एक सफल ऑपरेशन की कहानी नहीं, बल्कि सरकारी स्वास्थ्य सुविधा, चिकित्सकों के सेवा भाव और मानवीय संवेदना के साथ किसी जरूरतमंद के जीवन में बदलाव लाने की कहानी है। जिला अस्पताल की टीम ने विशेषज्ञता के साथ संवेदनशीलता का परिचय देते हुए रामप्रसाद को फिर से सामान्य जीवन की ओर लौटने का अवसर दिया।अपने पैरों पर दोबारा चलते हुए रामप्रसाद और उनके परिवार के चेहरों पर आई मुस्कान इस बात की गवाही दे रही थी कि सही समय पर मिला उपचार किसी परिवार के लिए कितनी बड़ी राहत बन सकता है।रामप्रसाद ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आयुष्मान भारत योजना जैसी स्वास्थ्य सुविधा ने उनके जैसे जरूरतमंद परिवार को महंगे उपचार की चिंता से मुक्त किया है।
- बालोद. महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न अभियानों और योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुँचाने के लिए बालोद में एक विशेष व्यापक प्रचार-प्रसार व प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। राज्य बाल संरक्षण समिति और महिला एवं बाल विकास विभाग रायपुर के निर्देशों के तहत,कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के मार्गदर्शन तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री अमित सिन्हा के नेतृत्व में इस कार्यक्रम को संपन्न कराया गया।45 बिहान समूहों की महिलाओं और कार्यकर्ताओं ने लिया भागसिवनी के बालोद बाजार में आयोजित इस शिविर का नेतृत्व जिला बाल संरक्षण अधिकारी श्री गजानंद साहू ने किया। इसमें जेंडर बी.आर.पी. और विभिन्न विकासखंडों (डौंडीलोहारा, डौंडी, गुण्डरदेही, गुरूर, बालोद) से आए कुल 45 बिहान समूह के लगभग 40 जिला व विकासखंड स्तरीय कार्यकर्ताओं को रिफ्रेशर प्रशिक्षण दिया गया।मुख्य योजनाएं और महत्वपूर्ण कानूनप्रशिक्षण के दौरान कार्यकर्ताओं को मिशन वात्सल्य, मिशन शक्ति, सखी वन स्टॉप सेंटर और चाइल्ड हेल्प लाइन 1098 के कार्यों की जानकारी दी गई। इसके साथ ही महत्वपूर्ण अधिनियम बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006, पॉक्सो एक्ट 2012 और किशोर न्याय अधिनियम 2015 के कानूनी प्रावधानों को विस्तार से समझाया गया।बाल सुरक्षा एवं देखरेख पर विशेष जोरकार्यक्रम में बच्चों की बेहतर देखरेख, सुरक्षा, शिक्षा, प्रशिक्षण और पुनर्वास के लिए काम कर रही वैधानिक इकाइयोंकृजैसे किशोर न्याय बोर्ड, बाल कल्याण समिति, विशेष किशोर पुलिस इकाई और जिला बाल संरक्षण इकाई की भूमिका के बारे में सारगर्भित जानकारी साझा की गई।इस दौरान जिला बाल संरक्षण अधिकारी श्री गजानंद साहू, परियोजना समन्वयक श्री वेदप्रकाश साहू, मिशन शक्ति जिला समन्वयक डॉ. एस. कुमार और आउटरीच वर्कर श्री अखिलेश कुमार डहरे ने उपस्थित रहकर मार्गदर्शन व विस्तृत जानकारी प्रदान की।
- बालोद. शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था गुरूर में संचालित कोपा व्यवसाय (एससीवीटी) के उत्तीर्ण पूर्व प्रशिक्षणार्थियों को उनका मूल राज्य व्यवसाय प्रमाण पत्र प्राप्त करने हेतु सूचना जारी किया गया है। शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था गुरूर के प्राचार्य ने बताया कि सत्र 2015-16 से सत्र 2018-2019 तक के उत्तीर्ण पूर्व प्रशिक्षणार्थियों द्वारा विभिन्न माध्यमों से दी गई सूचना के उपरांत भी अब तक अपना मूल राज्य व्यवसाय प्रमाण पत्र (एसटीसी) संस्था से प्राप्त नहीं किया गया है।उल्लेखनीय है कि उत्तीर्ण प्रशिक्षणार्थियों का मूल राज्य व्यवसाय प्रमाण पत्र (एसटीसी) संस्था में वितरण हेतु काफी समय से उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि संबंधित सभी पूर्व प्रशिक्षणार्थी अपना कोई भी वैध शासकीय पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, मतदाता परिचय पत्र आदि) साथ लेकर 05 अक्टूबर 2026 तक कार्यालयीन दिवस एवं समय में शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था गुरूर में अनिवार्य रूप से उपस्थित होकर अपना मूल प्रमाण पत्र प्राप्त कर लें।
- बालोद. राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा संचालित योजनाओं की क्रियान्वयन एवं प्रचार प्रसार हेतु छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा जारी प्लान ऑफ एक्शन के अंतर्गत प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बालोद के अध्यक्ष श्री श्यामलाल नवरत्न के निर्देशानुसार आज 25 सितंबर 2026 को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बालोद द्वारा ’वन्दे मातरम’ सामूहिक गायन कार्यक्रम में सहभागिता दी गई। कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रभक्ति, राष्ट्रीय एकता एवं देश की अखंडता की भावना को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से किया गया।सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बालोद सुश्री भारती कुलदीप के द्वारा कार्यक्रम में राष्ट्रगीत ’वन्दे मातरम’ का गायन किया गया। इस अवसर पर उपस्थित स्कूल के शिक्षकों, कर्मचारियों एवं बच्चों के द्वारा भी उत्साहपूर्वक सामूहिक गायन में सहभागिता दी गई। कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रगीत के माध्यम से देश के प्रति सम्मान, समर्पण एवं नागरिकों में राष्ट्रीय चेतना की भावना को जागृत करने का संदेश दिया गया। उनके द्वारा कहा गया कि ’वन्दे मातरम’ केवल एक राष्ट्रगीत नहीं, बल्कि भारत की स्वतंत्रता, मातृभूमि के प्रति प्रेम और राष्ट्रीय एकता की भावना का प्रतीक है। ऐसे सामूहिक कार्यक्रम नागरिकों में देशभक्ति एवं राष्ट्रीय मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस अवसर पर सभी ने राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं गौरव को बनाए रखने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। इस कार्यक्रम में प्राधिकरण के पैरालीगल वालिंटियर्स उपस्थित होकर कार्यक्रम में अपना-अपना योगदान प्रदान किया गया।
























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