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- -भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने मातृशक्ति को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की बधाई दीरायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर प्रदेश की समस्त माताओं, बहनों और बेटियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दी हैं। श्री देव ने कहा कि आज का दिन नारी शक्ति के अदम्य साहस, समर्पण और राष्ट्र निर्माण में उनकी अतुलनीय भूमिका को नमन करने का दिन है।भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री देव ने इस मौके पर नारी शक्ति के राजनीतिक, आर्थिक और सामाजिक सशक्तीकरण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि श्री मोदी के नेतृत्व में 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' पारित कर महिलाओं को लोकतंत्र में उनकी सही भागीदारी सुनिश्चित की गई है। उज्ज्वला योजना, स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण और मुद्रा योजना के जरिए केंद्र सरकार ने महिलाओं के जीवन स्तर को ऊँचा उठाने का ऐतिहासिक कार्य किया है। श्री देव ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए आभार माना और कहा कि छत्तीसगढ़ में श्री साय की सरकार ने 'महतारी वंदन योजना' के माध्यम से प्रदेश की लाखों विवाहित महिलाओं को आर्थिक संबल प्रदान किया है। यह योजना केवल वित्तीय सहायता नहीं, बल्कि महिलाओं के प्रति सम्मान का प्रतीक है। प्रदेश में स्व-सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को 'लखपति दीदी' बनाने का लक्ष्य महिला सशक्तीकरण के आर्थिक आयाम को नई ऊँचाई दे रहा है। भाजपा की डबल इंजन सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वावलम्बन— इन चारों स्तम्भों पर ध्यान केंद्रित किया है। श्री देव ने विश्वास दिलाया कि प्रदेश भाजपा संगठन और सरकार कंधे-से-कंधा मिलाकर छत्तीसगढ़ की महिलाओं के सर्वांगीण विकास के लिए संकल्पित है। श्री देव ने आह्वान किया कि हम सब मिलकर एक ऐसे समाज का निर्माण करें जहाँ हर बेटी को अपनी उड़ान भरने के लिए खुला आसमान मिले और हर महिला सम्मान के साथ राष्ट्र के विकास में भागीदार बने।
- -तीसरी बार विश्वकप का खिताब जीतना भारतीय क्रिकेट के नए युग की उद्घोषणारायपुर। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव सिंह ने अहमदाबाद में खेले गए फाइनल मुकाबले में भारतीय क्रिकेट टीम द्वारा शानदार प्रदर्शन करते हुए आईसीसी में टी20 विश्व कप 2026 का खिताब अपने नाम करने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दी है। उन्होंने कहा कि तीसरी बार टी 20 विश्वकप का खिताब जीतना भारतीय क्रिकेट के नए युग की उद्घोषणा है। फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड पर टीम इंडिया की यह शानदार जीत हर भारतीय को गौरवान्वित करने वाली है। उन्होने कहा कि भारतीय टीम को मेहनत, समर्पण और उत्कृष्ट खेल प्रदर्शन ने 140 करोड़ देशवासियों को उत्सव मनाने का अवसर दिया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर भारतीय टीम के सभी सदस्यों को हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएं। यह मेहनत, अनुशासन और देश के लिए कुछ कर गुजरने की भावना हम सभी के लिए प्रेरणादायक है।
- रायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने टी20 विश्वकप के फाइनल मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत द्वारा विश्व कप का खिताब जीतने पर टीम इंडिया को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ दी हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि टी20 विश्वकप के फाइनल मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए टीम इंडिया के हमारे धुरंधरों ने एक बार फिर विश्व कप का खिताब जीतकर हर भारतवासी को गौरवान्वित किया है। इस जीत के साथ ही भारत यह खिताब 3 बार जीतने वाला पहला देश बन गया है। उन्होंने इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर पूरी टीम को हार्दिक बधाई देते हुए आशा व्यक्ति की कि भविष्य में भी हमारा तिरंगा यूँ ही विश्व मंच पर शान से लहराता रहे और भारत का गौरव निरंतर बढ़ता रहे।
- रायपुर / उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने भारतीय क्रिकेट टीम को टी20 विश्वकप जीतने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा "आईसीसी T20 वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले में न्यूज़ीलैंड को पराजित कर भारतीय क्रिकेट टीम ने विश्व कप जीतते हुए पूरे देश को गौरवान्वित किया है। यह ऐतिहासिक जीत खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत, समर्पण और अटूट संकल्प का प्रतिफल है। भारतीय टीम के सभी प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को इस शानदार उपलब्धि के लिए हृदय से बधाई एवं समस्त देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं।"भारतीय खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। यह जीत देश के करोड़ों क्रिकेट प्रेमियों के लिए गर्व और खुशी का क्षण है। भारतीय खिलाड़ियों की मेहनत, समर्पण और संघर्ष का ही परिणाम है कि आज भारत ने विश्व क्रिकेट में एक बार फिर अपना परचम लहराया है। उन्होंने टीम के सभी खिलाड़ियों, कोचिंग स्टाफ और सहयोगी दल को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए बधाई दी।
- रायपुर. प्रोजेक्ट दधीचि के तहत स्व. संतोष यादव के मरणोपरांत उनकी धर्मपत्नी श्रीमती सुरुज बाई यादव की सहमति से आंखें एवं स्किन दान की गई। रायपुर स्थित डीकेएस अस्पताल पहुंचकर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने श्रीमती सुरुज बाई को सम्मान पत्र प्रदान कर उनके इस मानवीय निर्णय की सराहना की तथा आर्थिक सहायता राशि के रूप में 21 हजार का चेक सौंपा। इस अवसर पर निगम आयुक्त श्री विश्वदीप, जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन, रायपुर एसडीएम श्री नंदकुमार चौबे, सीएमएचओ डॉ. मिथलेश चौधरी सहित अस्पताल के स्टॉफ उपस्थित रहे।
- 0- अपने दम पर खड़ा किया कारोबार, अब हर साल कमा रही 2 लाख रुपयेरायपुर. अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं की आत्मनिर्भरता की एक प्रेरणादायक मिसाल रायपुर जिले के आरंग ब्लॉक के ग्राम नगपूरा में देखने को मिली है। यहां की रहने वाली श्रीमती किरण निषाद अपने स्वयं के व्यवसाय के माध्यम से न केवल आत्मनिर्भर बनी हैं, बल्कि अपने परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन और कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार जिला प्रशासन द्वारा संचालित ‘प्रोजेक्ट बिजनेस दीदी’ के तहत महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें सशक्त बनाया जा रहा है। इसी पहल के तहत किरण निषाद ने अपने व्यवसाय की शुरुआत की और आज वे सफलता की नई कहानी लिख रही हैं।किरण निषाद वर्ष 2014 से बिहान समूह से जुड़ी हुई हैं और लगातार सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं। जिला प्रशासन के सहयोग से उन्होंने कपड़ों की दुकान के साथ-साथ ब्यूटी पार्लर का संचालन शुरू किया। उनके इस व्यवसाय से आसपास की महिलाओं को भी सुविधाएं मिल रही हैं।अपने व्यवसाय के बारे में किरण निषाद बताती हैं कि इससे उन्हें प्रतिवर्ष लगभग 1.5 से 2 लाख रुपये तक की आय हो जाती है। इस आय से वे अपने बच्चों की पढ़ाई अच्छे से करवा पा रही हैं और घर के खर्चों में भी सहयोग दे रही हैं।श्रीमती किरण निषाद ने कहा कि प्रोजेक्ट बिजनेस दीदी के माध्यम से उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिला है, जिसके लिए वे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आभार व्यक्त करती हैं। उनका कहना है कि सरकार द्वारा महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए किए जा रहे प्रयास समाज के लिए प्रेरणादायक हैं।
- भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय ने जोन-2 वैशाली नगर के अंतर्गत वार्ड क्रमांक 29 वृन्दा नगर क्षेत्र का सघन निरीक्षण वार्ड पार्षद संजय सिंह के उपस्थिति में किया। इस दौरान उन्होंने वृन्दा नगर, शासकीय प्राथमिक शाला बैक लाइन, छपरा मुहल्ला, गंदा तालाब क्षेत्र, अर्जुन नगर और चैता मैदान क्षेत्र में साफ-सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने जनहित को देखते हुए नालियों और सड़कों पर जिन लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा है, उन्हें तत्काल चिन्हित कर नोटिस जारी करने और कब्जा हटाने की कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं। सड़क पर निर्माण सामग्री या अन्य सामान रखकर आवागमन बाधित करने वालों पर कड़ी नाराजगी जताते हुए उन पर सड़क बाधा शुल्क (जुर्माना) लगाने के निर्देश दिए।क्षेत्र में कई स्थानों पर घरों के सामने गड्ढा खोदकर जल भराव की स्थिति और व्यर्थ बहते पानी को देखते हुए आयुक्त ने निर्देशित किया कि पाइप लाइन के नलों में अनिवार्य रूप से टोटी (टैब)लगवाई जाए ताकि जल की बर्बादी रोकी जा सके।निरीक्षण स्थलों पर कचरा संग्रहण के उपरांत सफाई सुनिश्चित कर चूना, ब्लीचिंग पाउडर और कीटनाशक दवाओं का छिड़काव करने के आदेश दिए गए ताकि मौसमी बीमारियों पर नियंत्रण पाया जा सके।निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य अधिकारी जावेद अली, उद्यान सह जनसंपर्क अधिकारी तिलेश्वर साहू, जोन स्वास्थ्य अधिकारी शंकर साहनी, जोन स्वच्छता निरीक्षक अंजनी सिंह एवं जोनल सुपरवाइजर मुख्य रूप से उपस्थित रहे।निगम आयुक्त ने स्पष्ट किया है कि स्वच्छता कार्यों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नागरिकों की सुविधाओं के लिए निगम प्रशासन निरंतर प्रयासरत है।--
- निगम ने गुटखा, सिगरेट, तम्बाकू, पान मसाला आदि के अनेक पाउच पैकेटस जप्त कर दुकान संचालकों को भविष्य के लिए दी गयी कड़ी कार्यवाही की चेतावनी दीरायपुर. आज रायपुर पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला और रायपुर जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह के आदेशानुसार और रायपुर नगर पालिक निगम आयुक्त श्री विश्वदीप के निर्देशानुसार रायपुर नगर निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग उड़न दस्ता द्वारा रायपुर नगर निगम जोन क्रमांक 1 के क्षेत्र के अंतर्गत खमतराई, भनपुरी, जनता कॉलोनी, गोगांव क्षेत्र में स्वामी आत्मानंद स्कूल गोगांव, शंकराचार्य स्कूल जनता कॉलोनी,पण्डित काशीराम शर्मा स्कूल भनपुरी, खमतराई स्कूल, गोगांव स्कूल आदि भिन्न शिक्षण संस्थाओं के आसपास संचालित पान दुकानों का औचक निरीक्षण कर सम्बंधित पान दुकान संचालकों के पास से दुकान में विक्रय हेतु रखे गए गुटखा, तम्बाकू, सिगरेट, पान मसाला आदि नशे से सम्बंधित वस्तुओं के अनेक पाउच पैकेटस को स्थल पर तत्काल जप्त करने की कार्यवाही शासन के कोटपा एक्ट के प्रावधान अनुसार नगर निगम जोन 1 नगर निवेश विभाग की टीम और निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग उड़न दस्ता की टीम द्वारा मिलकर की गयी और कोटपा एक्ट प्रावधान के अनुसार सम्बंधित पान दुकान संचालकों को भविष्य के लिए नियमानुसार कड़ी कार्यवाही की चेतावनी नगर निगम जोन 1 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा सीनियर के मार्गनिर्देशन और कार्यपालन अभियंता श्री द्रोनी कुमार पैकरा और सहायक अभियंता श्री शरद देशमुख एवं अन्य सम्बंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की उपस्थिति में दी गयी.दोबारा स्कूलों के आसपास नशे की वस्तुओं को विक्रय किये जाने पर शासन के कोटपा एक्ट के प्रावधान अनुसार नियमानुसार कड़ी कार्यवाही करने की स्पष्ट चेतावनी स्कूलों के आसपास लगाए जा रहे समस्त पान ठेलों के सम्बंधित संचालकों को दी गयी है.--
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के हिंदी नाटक ‘मैं अनिकेत हूं’ का पांचवीं बार मंचन शनिवार, 21 मार्च को कोरबा में होने जा रहा है। 90 मिनट के मूल मराठी नाटक के हिंदी रूपांतरित ‘मैं अनिकेत हूं में अनिकेत की केंद्रीय भूमिका वरिष्ठ रंगसाधक शशि वरवंडकर ने और उनकी पत्नी मीनाक्षी शर्मा का रोल डॉ. अनुराधा दुबे निभा रही हैं। महाराष्ट्र मंडल कोरबा और रोटरी क्लब ऑफ कोरबा के सहयोग से चर्चित हिंदी नाटक “मैं अनिकेत हूं” का मंचन शनिवार, 21 मार्च को कोरबा में किया जाएगा।नाटक में चेतन दंडवते, दिलीप लांबे, प्रकाश खांडेकर, रंजन मोडक, रविंद्र ठेंगड़ी, समीर टुल्लू, भारती पलसोदकर, विनोद राखुंडे, पंकज सराफ और श्याम सुंदर खंगन की अहम भूमिकाएं हैं। इस नाटक के अब तक हुए चार मंचन में से इस बार दो कलाकार डॉ. प्रीता लाल और डॉ. अभया जोगलेकर कोरबा के मंचन में नहीं रहेंगी। उनकी जगह सुमीता रायजादा को स्थान दिया गया है। बताते चलें कि नाटक ‘मैं अनिकेत हूं’ अपने गहन संवादों, सजीव अभिनय और विचारोत्तेजक कथ्य के माध्यम से एक व्यक्ति के पहचान को तलाशने की संवेदनशील कोशिश है, जो दर्शकों से भी सवाल करती है।हाल ही में रोटरी क्लब ऑफ कोरबा और महाराष्ट्र मंडल की हुई संयुक्त बैठक में नाटक के मंचन को लेकर अहम निर्णय लिया गया। रोटरी क्लब ने यह भी निर्णय लिया गया है कि नाटक से प्राप्त आय समाज कल्याण के कार्यों में उपयोग की जाएगी। विशेष रूप से आर्थिक कठिनाइयों के कारण अपनी शिक्षा जारी रखने में असमर्थ मेधावी विद्यार्थियों को सहयोग प्रदान किया जाएगा। बताते चलें कि अभी तक इस नाटक का मंचन महाराष्ट्र मंडल रायपुर, एम्स रायपुर, नूतन कला निकेतन बालाघाट और महाराष्ट्र मंडल धमतरी में किया जा चुका है।
- 0- संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने पर निर्मित प्रेरणादायी फिल्म शतक का प्रदर्शनदुर्ग। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गौरवशाली 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में निर्मित प्रेरणादायी फिल्म शतक की गौरव गाथा के विशेष प्रदर्शन केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव के नेतृत्व में आयोजन शनिवार को दुर्ग के स्वरूप सिनेमा टॉकीज में किया गया। दोपहर 3 बजे आयोजित इस विशेष प्रदर्शन में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी तथा विभिन्न प्रकोष्ठों के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।फिल्म प्रदर्शन में मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश के कैबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव शामिल हुए और दुर्गवासियों के साथ पूरा फिल्म देखे। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने पिछले एक शताब्दी में राष्ट्र निर्माण, सामाजिक समरसता, सांस्कृतिक जागरण और सेवा कार्यों के माध्यम से देश को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। संघ का कार्य निस्वार्थ सेवा, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की भावना से प्रेरित रहा है, जिसने समाज के हर वर्ग को जोड़ने का कार्य किया है।प्रदर्शित फिल्म शतक की गौरव गाथा में संघ की स्थापना से लेकर उसके उद्देश्य, संगठनात्मक विस्तार, स्वतंत्रता संग्राम के समय राष्ट्र के प्रति योगदान तथा विभिन्न आपदाओं और विपरीत परिस्थितियों में स्वयंसेवकों द्वारा किए गए सेवा कार्यों का प्रभावशाली चित्रण किया गया है। फिल्म में यह भी दर्शाया गया कि किस प्रकार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवकों ने समाज सेवा, राष्ट्र जागरण और सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के लिए समर्पित भाव से कार्य किया है।केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि संघ के स्वयंसेवकों ने बिना किसी प्रचार-प्रसार की अपेक्षा के समाज के अंतिम व्यक्ति तक सेवा पहुँचाने का कार्य किया है। शिक्षा, सेवा, संस्कार और राष्ट्रभक्ति की भावना से प्रेरित यह संगठन आज विश्व का सबसे बड़ा स्वयंसेवी संगठन बन चुका है। संघ की कार्यपद्धति और विचारधारा ने देश के करोड़ों युवाओं को राष्ट्रहित में कार्य करने की प्रेरणा दी है।इस अवसर पर दुर्ग के जनप्रतिनिधि, मंडल अध्यक्षगण, भाजपा के पदाधिकारी, कार्यकर्ता, युवा मोर्चा, महिला मोर्चा सहित विभिन्न प्रकोष्ठों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने फिल्म के माध्यम से संघ के गौरवशाली इतिहास और सेवा कार्यों से प्रेरणा प्राप्त की। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने संघ के सेवा, समर्पण और राष्ट्र निर्माण के संकल्प को आगे बढ़ाने का संकल्प लिये।--
- 0- बिहान योजना ने बदला जीवन0- प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का जताया आभारबिलासपुर. जिले के मस्तूरी विकासखंड के ग्राम बरदर्रा की निवासी श्रीमती अनीता पटेल आज गांव की महिलाओं के लिए प्रेरक बन चुकी हैं। कभी सिर्फ घरेलू कार्यों तक सीमित रहने वाली अनीता पटेल ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) से जुड़कर अपने जीवन की दिशा ही बदल दी है, अनीता प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए कहती है कि सरकारी योजनाओं ने हजारों ग्रामीण महिलाओं के जीवन में बड़ा बदलाव लेकर आई है।अनीता पटेल महालक्ष्मी महिला स्व सहायता समूह से जुड़ीं और समूह के माध्यम से उन्हें बचत, ऋण और स्वरोजगार के अवसर प्राप्त हुए। शुरुआत में उन्होंने बैंक से 5 हजार रुपये का ऋण तथा 15 हजार रुपये की सीआईएफ राशि प्राप्त कर छोटे स्तर पर कार्य शुरू किया। धीरे-धीरे उन्होंने अपनी मेहनत और लगन से कई प्रकार के व्यवसाय शुरू किए। आज अनीता पटेल अपने गांव में सब्जी बाड़ी, फैंसी स्टोर, चॉइस सेंटर, टेंट हाउस और कृषि कार्य का सफल संचालन कर रही हैं। चॉइस सेंटर के माध्यम से ग्रामीणों को विभिन्न शासकीय योजनाओं और ऑनलाइन सेवाओं का लाभ मिल रहा है, वहीं टेंट हाउस के माध्यम से गांव में होने वाले कार्यक्रमों में सेवाएं प्रदान कर अतिरिक्त आय अर्जित की जा रही है।इन सभी गतिविधियों से अनीता पटेल की वार्षिक आय लगभग 3.30 लाख रुपये तक पहुंच गई है। इससे उनका परिवार आर्थिक रूप से मजबूत हुआ है और बच्चों की शिक्षा तथा घर की आवश्यकताओं को आसानी से पूरा किया जा रहा है। महतारी वंदन योजना की राशि भी अनीता को मिल रही है जिससे छोटे घरेलू खर्च आसानी से पूरे हो रहे हैं।अनीता पटेल की सफलता ने गांव की अन्य महिलाओं को भी प्रेरित किया है। वे नियमित रूप से समूह की बैठकों में अपने अनुभव साझा कर अन्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित करती हैं। अनीता प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा संचालित योजनाओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि इन योजनाओं ने ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने की नई राह दिखाई है। आज अनीता पटेल सच मायनों में “लखपति दीदी” बनकर ग्रामीण विकास और महिला सशक्तिकरण की सशक्त मिसाल बन गई हैं।--
- 0- 17 मार्च को रिफ्रेशर प्रशिक्षण कार्यक्रम का होगा आयोजनबालोद. कलेक्टर एवं प्रमुख जनगणना अधिकारी श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के मार्गदर्शन में भारत की जनगणना 2027 को पूर्णतः डिजिटल माध्यम से संपन्न कराने की तैयारी जिले में शुरू हो गई है। इसी तारतम्य में आज संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में जिला स्तरीय दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हुई। प्रशिक्षण कार्यक्रम में जनगणना के प्रथम चरण के कार्यों को लेकर रूपरेखा तैयार की गई। प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि छत्तीसगढ़ राज्य में जनगणना 2027 के प्रथम चरण में 01 मई से 30 मई 2026 तक मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य किया जाएगा। इस कार्य को त्रुटिहीन और सुव्यवस्थित ढंग से डिजिटल माध्यम से पूरा करने के लिए अधिकारी-कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया गया। बैठक में जिला जनगणना अधिकारी श्री अजय किशोर लकरा, अतिरिक्त जिला जनगणना अधिकारी, अनुविभागीय अधिकारी, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी सहित नगरीय निकायों के मुख्य नगरपालिका अधिकारी और ग्रामीण क्षेत्रों के चार्ज अधिकारी उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि संयुक्त जिला कार्यालय सभाकक्ष में 17 मार्च 2026 को सुबह 10.30 बजे से शाम 05 बजे तक एक दिवसीय रिफ्रेशर प्रशिक्षण का आयोजन किया जाएगा।--
- बालोद. प्रधान जिला एवं सत्र न्यायालय बालोद में 08 मार्च 2026 को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर के निर्देशानुसार अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का आयोजन किया गया, जिसमें जिला एवं बाह्य न्यायालयों के महिला न्यायिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों को स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया गया। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मुख्य अतिथि श्री श्यामलाल नवरत्न द्वारा समस्त उपस्थित महिला न्यायिक अधिकारियों एवं महिला कर्मचारियों को महिला दिवस की शुभकामनाएं दी। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि आज का दिन समानता के लिये संघर्ष कर रहे नारी शक्ति का सम्मान करने और महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिये मनाया जाता है। यह दिन महिलाओं के प्रति सम्मान, प्रशंसा और स्नेह प्रकट करने का अवसर है।शास्त्रों में भी कहा गया है कि जहाँ नारियों की पूजा होती है, वहाँ देवताओं का वास होता है। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का शुभारंभ मुख्य अतिथि द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा में माल्यार्पण एवं दीप प्रज्जवल कर किया गया। इस अवसर राष्ट्रगान तथा राज्यगीत ‘‘अरपा पैरी के धार‘‘ भी सम्मान के साथ महिला कर्मचारियों के द्वारा प्रस्तुत किया गया। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर सतप्रीत कौर छाबड़ा, श्रीमती श्रद्धा सिंह श्रीवास्तव, न्यायिक मजिस्ट्रेट एवं श्रीमती अंगेश्वरी गोस्वामी, स्टेनोग्राफर द्वारा संबोधन प्रस्तुत किया गया। महिला न्यायिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा इस मौके पर गीत, कविता, हास्य एवं नाट्य की प्रस्तुति की गई। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, एफटीसी श्री ताजुद्दीन आसीफ ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को शुभकामनायें देते हुए कहा कि 08 मार्च को दुनिया भर में इंटरनेशनल विमेंस डे मनाया जाता है। यह दिन महिलाओं की उपलब्धियों, संघर्षो और समाज में उनके योगदान को सम्मान देने के लिये हैं।इस अवसर पर उपस्थित योग ट्रेनर डाॅ. रंजिता उपाध्याय ने योग के महत्व को रेखांकित करते हुए महिलाओं को योग करने हेतु प्रेरित किया तथा योग के टिप्स भी बताये। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री संजय कुमार सोनी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कु. भारती कुलदीप, सचिव, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, डौंडीलोहारा सतप्रीत कौर छाबड़ा, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, दल्लीराजहरा श्रीमती श्रद्धा सिंह श्रीवास्तव, न्यायिक मजिस्टेªट द्वितीय श्रेणी श्रीमती हीरा सिन्हा, श्रीमती होमिन लक्ष्मी साहू, प्रशासनिक अधिकारी श्री उदेराम नेताम, श्री देवलाल चैधरी, डिप्टीचीफ लीगल डिफेंस कौंसिल, लेखापाल सुजीत कुमार साहू, जिला नाजिर श्री संदीप गिरी गोस्वामी, वरिष्ठ कर्मचारी श्रीमती अंगेश्वरी गोस्वामी, स्टेनोग्राफर ग्रेड-1, श्रीमती उषा पिस्दा, रीडर ग्रेड-3, श्रीमती गुंजन बघेल, रीडर ग्रेड-3, श्रीमती उमा देवांगन, सहायक ग्रेड-2, श्रीमती अल्का देवांगन, देयक लिपिक, श्रीमती सोनाली बुराडे, आॅफिस टायपिस्ट, श्रीमती प्रीति मंडावी, निष्पादन लिपिक, श्रीमती मेनका साहू, रीडर ग्रेड-3, कु. प्रीति साहू, स्टेनोग्राफर, कु. धनेश्वरी साहू, श्रीमती देवश्री देवांगन, श्रीमती हेमलता राठिया, श्रीमती सुलक्षणा ठाकुर, स्टेनोग्राफर, श्रीमती उमेश्वरी, कु. निरूपा खाखा, कु. हेमलता साहू, प्रस्तुतकार, कु. योगिता, श्रीमती अंजली, श्रीमती रानी नेताम, कु. लक्ष्मी साहू, कु. अर्चना साहू, कु. प्रियंका, कु. दीप्ति, कु. जीतू महंत, श्रीमती रेणुका देवांगन, श्रीमती अमरीका, श्रीमती मेनका निर्मलकर, श्रीमती मंगलीन बाई सेमरे, श्रीमती हेमलता, श्रीमती तनुजा नेताम, श्रीमती रीतु राणा, श्रीमती आमना बेगम, श्रीमती ललिता चुरेन्द्र, श्रीमती प्रीति साहू, कु. नीलम उपस्थित रहे। कार्यक्रम का सफल संचालन न्यायिक मजिस्टेªट श्रीमती हीरा सिन्हा तथा श्रीमती होमिन लक्ष्मी साहू द्वारा किया गया। इस अवसर पर सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कु. भारती कुलदीप द्वारा आभार व्यक्त किया गया।--
- 0- मुख्यमंत्री ने 68 लाख महिलाओं के खातों में भेजी 25वीं किश्त बालोद जिले की महिलाओं ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति जताया आभारबालोद. अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण का एक नया अध्याय लिखा गया। प्रदेशभर में आयोजित महिला सम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने वर्चुअल माध्यम से प्रदेश की 68 लाख से अधिक महिलाओं को शुभकामनाएँ देते हुए उनके खातों में 641 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे अंतरित की। यह राशि महतारी वंदन योजना की 25वीं किश्त के रूप में जारी की गई है, जिसने प्रदेश की लाखों महिलाओं के जीवन में खुशहाली और आत्मविश्वास का संचार किया है।सम्मेलन के दौरान बालोद जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों से आईं महिलाओं ने अपनी खुशियाँ साझा कीं, जो यह दर्शाती हैं कि यह योजना केवल एक आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि महिलाओं के सपनों को पंख देने का माध्यम बन गई है। अर्जुंदा की टिकेश्वरी साहू के लिए यह योजना वरदान साबित हुई। शादी के बाद आर्थिक तंगी के कारण वे अपना पीजीडीसीए कोर्स पूरा नहीं कर पा रही थीं। महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि का संचय कर उन्होंने अपनी पढ़ाई पूरी की। उन्होंने मुख्यमंत्री को अपने बड़े भईया के रूप में धन्यवाद दिया। ग्राम खपरी की ननकी बाई ने बताया कि उनकी बेटी के थायराइड के इलाज में इस योजना की राशि ने बहुत मदद की। वहीं ग्राम मड़ियापार की संतोषी बाई साहू अब अपनी स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों के लिए किसी पर निर्भर नहीं हैं। ग्राम चाराचार की कल्पना टंडन ने बताया कि महतारी वंदन योजना की राशि का उपयोग वे अपने बच्चे के स्वास्थ्य और घर की छोटी-मोटी जरूरतों को पूरा करने में कर रही हैं। जिले की इन महिलाओं ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना की राशि महिलाओं के सुख और दुख, दोनों समय में एक सच्चे साथी की तरह काम आ रही है।
- दुर्ग। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर दुर्ग के गंजपारा स्थित क्षेत्रीय कार्यालय में क्षेत्र की महिलाओं और कार्यकर्ताओं का सम्मान किये। इस अवसर पर केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने उपस्थित मातृशक्ति को शॉल भेंट कर उनका सम्मान कर और उनके प्रति आभार व्यक्त किये।केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि मातृशक्ति का समर्पण, परिश्रम और समाज निर्माण में उनका योगदान सदैव प्रेरणादायी रहा है। उन्होंने कहा कि परिवार से लेकर समाज और राष्ट्र निर्माण तक महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रदेश की भाजपा सरकार महिलाओं के उत्थान, सम्मान और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए निरंतर प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है तथा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को सशक्त बनाने का कार्य कर रही है।इसके पश्चात मंत्री गजेन्द्र यादव महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित महतारी वंदन सम्मेलन में भी शामिल हुए। कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली दुर्ग की नारी शक्तियों को सम्मानित किये। मंत्री यादव ने उन्हें आगे बढ़ने, समाज में सकारात्मक योगदान देने तथा बेटियों को शिक्षित और संस्कारवान बनाने के लिए प्रेरित किये।
- बिलासपुर. rajya शासन के ग्रामोद्योग विभाग के अंतर्गत जिला हाथकरघा कार्यालय बिलासपुर द्वारा “कोसा एवं कॉटन ऑफ छत्तीसगढ़” हाथकरघा वस्त्र प्रदर्शनी-सह-विक्रय का आयोजन 8 मार्च से 15 मार्च 2026 तक राघवेंद्र राव सभा भवन, कंपनी गार्डन के पास बिलासपुर में किया जा रहा है। प्रदर्शनी का शुभारंभ aaz महापौर श्रीमती पूजा विधानी ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया।इस अवसर पर महापौर श्रीमती पूजा विधानी ने प्रदेश के हाथकरघा वस्त्र उत्पादक बुनकरों एवं सहकारी समितियों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की बधाई दी और बुनकरों द्वारा तैयार किए गए कोसा एवं सूती वस्त्रों की कलात्मक डिजाइनों की सराहना की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ का कोसा वस्त्र देश-विदेश में अपनी विशिष्ट पहचान बना चुका है और यह आम लोगों के बीच काफी लोकप्रिय है। उन्होंने प्रदर्शनी में शामिल बुनकरों एवं कारीगरों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से बुनकरों को अपने उत्पादों के विपणन का बेहतर अवसर मिलता है। मुख्य अतिथि ने प्रदर्शनी में लगे विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन कर छत्तीसगढ़ के हाथकरघा, हस्तशिल्प और खादी उत्पादों की कलात्मकता को देखा।प्रदर्शनी के आयोजन का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के हाथकरघा बुनकरों, हस्तशिल्प कारीगरों और खादी उत्पादकों को अपने उत्पादों के विपणन के लिए उपयुक्त मंच उपलब्ध कराना तथा उनकी कला को आम नागरिकों तक सीधे पहुंचाना है। इसके माध्यम से उपभोक्ताओं से नए-नए डिजाइनों के लिए सुझाव प्राप्त कर उत्पादों में नवाचार को भी बढ़ावा मिलेगा। साथ ही बुनकरों और कारीगरों के लिए रोजगार के अवसरों में वृद्धि होगी।प्रदर्शनी में रायगढ़, चांपा, बिलासपुर, चंद्रपुर, छुरी, सिवनी, लोफंदी एवं बिलाईगढ़ क्षेत्र की बुनकर समितियों के 24 प्रतिनिधियों सहित हस्तशिल्प और खादी ग्रामोद्योग से जुड़े कारीगरों ने भाग लिया है। यहां कोसा साड़ियां, कोसा मलमल, कोसा ड्रेस मटेरियल, कोसा सलवार सूट, कोसा बाफटा, सूती साड़ियां, कॉटन शर्टिंग-सूटिंग, दुपट्टे, बेडशीट, बेड कवर, पिलो कवर, तौलिए, नैपकिन और गमछा जैसे आकर्षक उत्पादों का प्रदर्शन और विक्रय किया जा रहा है। कार्यक्रम में नोडल अधिकारी एवं उप संचालक हाथकरघा बिलासपुर श्री डोमेश्वर धकाते ने आभार व्यक्त किया। यह प्रदर्शनी 8 मार्च से 15 मार्च 2026 तक प्रतिदिन सुबह 11 बजे से रात 10 बजे तक आम नागरिकों के लिए खुली रहेगी। नागरिकों से अपील की गई है कि वे प्रदर्शनी में पहुंचकर छत्तीसगढ़ की बुनाई कला, हस्तशिल्प एवं खादी उत्पादों का अवलोकन कर बुनकरों को प्रोत्साहित करें।
- बिलासपुर. अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बालिकाओं एवं महिलाओं को खेलों के प्रति प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से स्व. बी.आर. यादव राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई, बिलासपुर में एक दिवसीय महिला खेल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में 12 वर्ष से अधिक आयु वर्ग की बालिकाओं एवं महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।प्रतियोगिता में कबड्डी, तीरंदाजी, बास्केटबॉल, वॉलीबॉल तथा हॉकी खेलों का आयोजन किया गया। कबड्डी प्रतियोगिता में बालिका आवासीय कबड्डी अकादमी, बिलासपुर विजेता तथा बालिका आवासीय कबड्डी अकादमी, बिलासपुर उपविजेता रही। तृतीय स्थान वीर शिवाजी कबड्डी अकादमी, बिलासपुर और चतुर्थ स्थान बिलासा कन्या महाविद्यालय, बिलासपुर को प्राप्त हुआ।तीरंदाजी प्रतियोगिता के सीनियर वर्ग में सुलोचना राज प्रथम, पायल मरावी द्वितीय और माया बघेल तृतीय स्थान पर रहीं। जूनियर वर्ग में नंदनी पोर्ते प्रथम, यामिनी धीवर द्वितीय तथा सिमरन खुसरो तृतीय स्थान पर रहीं। सब-जूनियर वर्ग में स्नेहा प्रथम, निकिता द्वितीय और विनीता नेताम तृतीय स्थान पर रहीं, जबकि मिनी वर्ग में एकता ध्रुव प्रथम, नेहा यादव द्वितीय तथा स्मृति नेताम तृतीय स्थान पर रहीं।बास्केटबॉल प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ बास्केटबॉल टीम, बिलासपुर विजेता तथा बिलासा कन्या महाविद्यालय, बिलासपुर उपविजेता रही। वॉलीबॉल प्रतियोगिता में पुलिस लाइन, बिलासपुर की टीम विजेता तथा राजकिशोर नगर, बिलासपुर की टीम उपविजेता रही। बिलासा कन्या महाविद्यालय, बिलासपुर को सांत्वना पुरस्कार प्रदान किया गया।हॉकी प्रतियोगिता में टीम ‘ए’ स्व. बी.आर. यादव राज्य हॉकी, बिलासपुर विजेता रही, जबकि टीम ‘बी’ खेलो इंडिया हॉकी, बिलासपुर उपविजेता रही। टीम ‘सी’ हॉकी बिलासपुर ने तृतीय स्थान प्राप्त किया तथा टीम ‘डी’ हॉकी बिलासपुर को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।प्रतियोगिता के समापन अवसर पर प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त प्रतिभागियों को पुरस्कार राशि प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहायक संचालक श्री ए. एक्का, क्रीड़ा अधिकारी डॉ. सुनील गौरहा, हॉकी हेड कोच श्री अजीत ई. लकड़ा, वरिष्ठ प्रशिक्षक श्री राकेश टोप्पो, कबड्डी प्रशिक्षक श्री दिल कुमार राठौर, वॉलीबॉल प्रशिक्षक श्री हरगुलशन सिंह, श्री श्रीनिवास नायर, तीरंदाजी सहायक प्रशिक्षक ए.पी.सी. श्री ईतवारी राज, श्री मनमोहन पटेल सहित स्व. बी.आर. यादव राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।--
- 0- सकरी उपसंभाग में 81 कनेक्शन काटे, 5 लाख से अधिक की वसूलीबिलासपुर. बिजली बिल बकाया रखने वाले उपभोक्ताओं के खिलाफ विद्युत विभाग द्वारा सकरी उपसंभाग में विशेष अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई की गई। अभियान के तहत 81 उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन विच्छेदित किए गए और 46 बकायादारों से 5 लाख 9 हजार 828 रुपए की वसूली की गई। यह कार्रवाई बिलासपुर क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक ए.के.अंबष्ट के निर्देश तथा अधीक्षण यंत्री सुरेश कुमार जांगड़े के मार्गदर्शन में की गई।बिजली विभाग के जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि बकाया राशि की वसूली और लाइन विच्छेदन के लिए कुल 8 टीमों का गठन किया गया था। अभियान के दौरान जिन उपभोक्ताओं पर अधिक बकाया था, उनमें असमा कॉलोनी के 7 कनेक्शन शामिल हैं, जिन पर कुल 15 लाख 36 हजार रुपए बकाया था। इसके अलावा ग्राम मेंड्रा के राजकुमार पर 83,974 रुपए, संस्कृति विहार की साधना सूर्यवंशी पर 64,731 रुपए, पंकज कुमार पर 62,164 रुपए, असमा सिटी के राजेश वर्मा पर 51,006 रुपए, सकरी की पूजा साहू पर 44,233 रुपए, श्यामा साहू पर 44,016 रुपए, ग्राम सईदा के दीपक कुमार सूर्यवंशी पर 40,837 रुपए, सागरदीप के अनिल कुमार गुप्ता पर 39,120 रुपए, ग्राम सईदा की श्याम बाई पर 37,458 रुपए, रामा लाइफ सिटी के तरुण कुमार त्रिवेदी पर 37,116 रुपए तथा सकरी के परदेशी पर 35,779 रुपए बकाया पाए जाने पर उनके कनेक्शन काटे गए। विद्युत विभाग ने स्पष्ट किया है कि बकाया राशि का भुगतान नहीं करने वाले उपभोक्ताओं के खिलाफ आगे भी इसी प्रकार की कार्रवाई जारी रहेगी।इस अभियान में कार्यपालन यंत्री सिटी विजिलेंस सी.पी. गढ़ेवाल, एस.के. मुख्तार, श्रीमती पूर्णिमा सिंह, अनुपम सरकार, सहायक यंत्री, प्रमोद कुमार चौबे, जीतेश दिव्य, वरदान खलखो, कनिष्ठ यंत्री कु. कंचन खूंटे सहित सकरी उपसंभाग के कर्मचारी उपस्थित रहे।--
- बिलासपुर. बदलते दौर में महिलाएं अब केवल घर की जिम्मेदारियोंद तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समाज और विकास की मजबूत भागीदार बनकर उभर रही हैं। जिले में महिलाओं के स्वास्थ्य, आर्थिक स्वावलंबन, सामाजिक भागीदारी और मातृत्व सम्मान को ध्यान में रखते हुए विभिन्न योजनाएं और पहलें संचालित की जा रही हैं। इन प्रयासों से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और जीवन के हर क्षेत्र में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रही हैं। गर्भवती एवं धात्री माताओं के पोषण स्तर में सुधार के उद्देश्य से प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना संचालित की जा रही है। योजना के अंतर्गत प्रथम संतान के जन्म पर महिलाओं को दो किश्तों में 5 हजार रुपये तथा द्वितीय बालिका संतान के जन्म पर 6 हजार रुपये की सहायता दी जाती है।अप्रैल 2024 से दिसंबर 2025 तक जिले में 22 हजार 392 हितग्राहियों को लगभग 10 करोड़ 78 लाख 78 हजार रुपये की राशि से लाभान्वित किया जा चुका है। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए महतारी वंदन योजना भी प्रभावी रूप से लागू है। इस योजना के तहत जिले की लगभग 4 लाख 20 हजार महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की वित्तीय सहायता डीबीटी के माध्यम से उनके बैंक खातों में दी जा रही है, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त हो रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को सामूहिक गतिविधियों और संवाद का मंच प्रदान करने के लिए महतारी सदन का निर्माण किया जा रहा है। वर्ष 2024-25 में 11 महतारी सदनों की स्वीकृति दी गई थी, जिनमें से 8 का निर्माण पूर्ण हो चुका है और शेष कार्य मार्च 2026 तक पूर्ण किए जाएंगे। इसके अलावा वर्ष 2025-26 में 9 और महतारी सदनों की स्वीकृति प्रदान की गई है, जिनमें से अधिकांश कार्य प्रगति पर हैं। महिलाओं और बालिकाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ने के लिए बिलासपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा बिलासा गर्ल्स कॉलेज मैदान में प्रदेश का पहला पिंक प्ले ग्राउंड विकसित किया गया है। लगभग 4 करोड़ 34 लाख रुपये की लागत से तैयार इस मैदान में एथलेटिक ट्रैक, बैडमिंटन, बास्केटबॉल, वॉलीबॉल, कबड्डी मैदान, इंडोर जिम और मल्टीएक्टिविटी हॉल जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।मातृत्व और कार्य के बीच संतुलन के लिए वात्सल्य कक्ष महिलाओं के मातृत्व और कार्यस्थल के बीच संतुलन को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने कलेक्टोरेट परिसर में “वात्सल्य कक्ष” की शुरुआत की है। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 8 मार्च 2025 को प्रारंभ किए गए इस कक्ष में महिला कर्मचारियों के छोटे बच्चों के लिए सुरक्षित और स्नेहिल वातावरण उपलब्ध कराया गया है। यहां बच्चों के लिए खिलौने, शैक्षणिक सामग्री और आरामदायक सुविधाएं उपलब्ध हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका बच्चों की देखरेख करती हैं, जिससे महिला कर्मचारी निश्चिंत होकर अपने कार्यों का निर्वहन कर पा रही हैं।इन योजनाओं और पहलों के माध्यम से बिलासपुर जिले में महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव दिखाई दे रहा है। स्वास्थ्य सुरक्षा, आर्थिक संबल, सामाजिक मंच और मातृत्व सम्मान मिलने से महिलाएं आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रही हैं और समाज के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
- 0- परितोष नहीं बता सके अपनी ही पत्नी का नाम, होली के गीतों को दिया सुमधुर स्वर, थिरके भीरायपुर। महाराष्ट्र मंडल के सियान गुड़ी- दिव्यांग बालिका विकास गृह में शनिवार को रोचक स्पर्धाओं, संगीतमय प्रस्तुतियों और जबर्दस्त डांस नंबर के साथ होली मिलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। युवा समिति के पदाधिकारियों की सहभागिता से आयोजित होली मिलन समारोह में रेपिड फायर गेम और एक शब्द को लेकर गाना गाकर सदस्यों ने एंजाॅय किया। होली के हिंदी और मराठी गीतों की सुमधुर प्रस्तुतियों और शानदार डांस ने भी कार्यक्रम को खास बना दिया।अपने अध्यक्षीय संबोधन में मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले ने सभी को होली की शुभकामनाएं देते हुए युवा पीढ़ी को स्वतंत्र होकर कार्यक्रम संचालित करने की बधाई दी। उन्होंने कहा कि मंडल की युवा पीढ़ी और नई समितियां समाजसेवा के कार्यों में आगे आ रही है। इनकी सहभागिता इस ओर इंगित करती है कि हम अपनी भावी पीढ़ी को उन संस्कारों को देने में सफल हो रहे है, जिन संस्कारों को हमें हमारे बुजुर्गों ने दिया है।मंडल सचिव चेतन दंडवते ने बताया कि युवा समिति की प्रमुख डा. शुचिता देशमुख, प्रमुख अजय पोतदार, श्रुति सराफ, मेघा पोतदार और श्रावणी मुकादम ने होली मिलन की कमान संभाली। कार्यक्रम की शुरुआत म्यूजिकल गेम 'हर सदस्य को एक- एक पर्ची उठाकर उस पर लिखे एक शब्द पर आधारित गाना गाने से हुई। सभी ने पर्ची पर लिखे शब्द पर आधारित नये- पुराने फिल्मों के गाने गाए।रंगोत्सव की रोचकता को बनाए रखने के लिए रेपिड फायर राउंड काफी रोचक रहा। इसमें हर सवाल का उल्टा या गलत जवाब देना था। कुछ ने ठिठकर, तो कुछ ने तत्परता के साथ गलत जवाब दिया। इसके बाद निखिल मुकादम ने माउथ आर्गन से फिल्मी धुन बजाकर तालियां बटोरीं। वहीं प्रशांत बक्षी और राजेंद्र बोरकर ने गानों की सुमधुर प्रस्तुति देकर संगीतमय महौल बना दिया। दिव्या पात्रीकार और दीपांजलि भालेराव ने मराठी होली गीत ‘आज गोकुळात रंग खेळतो हरी... राधिके, जरा जपून जा तुझ्या घरी’ गाकर सभी को झूमने पर मजबूर कर दिया। अंत में सभी ने मिलकर एक साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया।बॉक्स: बुरे फंसे परितोष....संत ज्ञानेश्वर स्कूल के प्रभारी परितोष डोनगांवकर गलत जवाब देने वाले गेम में उस समय बुरी तरह फंसे, जब उनसे उनकी पत्नी का नाम पूछा गया। खेल के नियमानुसार सही जवाब दे नहीं सकते और गलत जवाब देकर किसी महिला का नाम ले नहीं सकते।इस मौके पर उपाध्यक्ष गीता दलाल, महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले, मुख्य समन्वयक श्याम सुंदर खंगन, भवन प्रभारी निरंजन पंडित, बृहन्महाराष्ट्र मंडल के छत्तीसगढ़ प्रभारी सुबोध टोले, वरिष्ठ सभासद अनिल श्रीराम कालेले, दीपक पात्रीकर, विभिन्न समितियों के पदाधिकारी अभय भागवतकर, विनोद राखुंडे, अंजलि काले, सृष्टि दंडवते, संध्या खंगन, अक्षता पंडित, श्याम दलाल, अपर्णा कालेले, आकांक्षा गद्रे, प्रवीण क्षीरसागर, वैभव बर्वे, गौरी क्षीरसागर, भगीरथ कालेले, प्रिया बक्षी, कुंतल कालेले, रंजन मोड़क, पंकज सराफ, अतुल गद्रे, सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।
- 0- सतनाम भवन कसारीडीह में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का हुआ आयोजनदुर्ग. अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आज महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा सतनाम भवन कसारीडीह में महिला दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेन्द्र यादव उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता महापौर श्रीमती अलका बाघमार ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में महिला एवं बाल विकास समिति की प्रभारी श्रीमती शशि साहू उपस्थित रहीं।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेन्द्र यादव ने प्रदेश की सभी महिलाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में प्राचीन काल से ही महिलाओं को विशेष सम्मान दिया जाता रहा है। हमारी सनातन परंपरा में भी भगवानों के साथ माता का नाम पहले लिया जाता है, जो समाज में नारी के महत्व को दर्शाता है। मंत्री श्री यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए लगातार कार्य कर रही है। इसी कड़ी में महतारी वंदन योजना के तहत जिले की लगभग 52 हजार महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की जा रही है। उन्होंने बताया कि आज मुख्यमंत्री बस्तर जिले से इस योजना की राशि का अंतरण करेंगे, जो प्रदेश के लिए गर्व की बात है।उन्होंने सुकन्या समृद्धि योजना का उल्लेख करते हुए बताया कि यह योजना बालिकाओं के उज्ज्वल भविष्य को ध्यान में रखते हुए शुरू की गई है। इस योजना के तहत बच्चियों के नाम से बैंक खाता खोला जाता है, जिसमें नियमित बचत की जाती है। जब बच्ची 18 वर्ष की आयु पूर्ण करती है, तब उसे इस बचत का लाभ मिलता है। उन्होंने कहा कि यह योजना प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की दूरदर्शी सोच का परिणाम है। इस योजना के तहत 0 से 5 वर्ष तक की बच्चियों के नाम से खाता खोलकर उनके भविष्य को सुरक्षित किया जा सकता है। मंत्री श्री यादव ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा नारी दुर्गावती योजना भी प्रारंभ की गई है। इस योजना के अंतर्गत बेटियों को उनके जन्म के समय ही जोड़ा जाएगा और 18 वर्ष की आयु पूरी होने पर उन्हें डेढ़ लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी, जिससे उनके भविष्य को मजबूत आधार मिल सके। उन्होंने बताया कि प्रदेश में लगभग 70 लाख महिलाओं के खातों में महतारी वंदन योजना के तहत हर महीने एक हजार रुपये की राशि सीधे जमा की जा रही है। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत पिछले दो वर्षों में 26 लाख से अधिक आवासों का निर्माण किया जा चुका है, जिससे बड़ी संख्या में जरूरतमंद परिवारों को पक्का घर मिल सका है। मंत्री श्री यादव ने कहा कि महिलाओं और बेटियों को आर्थिक एवं सामाजिक रूप से सशक्त बनाने के लिए सरकार अनेक योजनाएं संचालित कर रही है। समाज के हर क्षेत्र में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। आंगनबाड़ी संचालन, बच्चों की देखभाल और परिवार तथा समाज के विकास में महिलाओं का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महापौर श्रीमती अलका बाघमार ने सभी महिलाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि आज सरकार द्वारा महिलाओं के हित में अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका लाभ लेकर महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बन रही हैं। महापौर ने कहा कि वर्तमान समय में महिलाएं समाज के हर क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। परिवार के स्वास्थ्य और देखभाल में महिलाओं की भूमिका अत्यंत अहम होती है। उन्होंने कहा कि महिलाएं परिवार की सेहत की मजबूत आधारशिला हैं। महिलाएं परिवार की सबसे महत्वपूर्ण इकाई हैं और उनके सशक्त होने से ही समाज और राष्ट्र का समग्र विकास संभव है।कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने कहा कि महिलाओं की भूमिका हर क्षेत्र में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि भारतीय समाज, संस्कृति और परंपरा में महिलाओं को सदैव सम्मान दिया गया है, जो दुनिया के कई अन्य देशों में देखने को नहीं मिलता। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि भारत उन देशों में शामिल है जहां महिलाओं को लोकतांत्रिक अधिकारों के साथ मतदान का अधिकार भी मिला है। उन्होंने बताया कि आजादी के समय देश में साक्षरता दर काफी कम थी, लेकिन आज शिक्षा के प्रसार के साथ साक्षरता कई गुना बढ़ चुकी है, जिसमें महिलाओं की भागीदारी भी लगातार बढ़ रही है। महतारी वंदन योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि केन्द्र सरकार और राज्य सरकार दोनों ही महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक विकास के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रही हैं। सरकार का प्रयास है कि समाज की हर महिला चाहे वह छोटी बच्ची हो, युवा महिला हो या वृद्ध महिला सभी को योजनाओं का लाभ मिले और वे आत्मनिर्भर बन सकें। इस दौरान उन्होंने एक श्लोक कहा-“यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते, रमन्ते तत्र देवताः” जहां नारी का सम्मान होता है, वहां देवताओं का वास होता है।इस दौरान महिला स्व सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं ने अपने-अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि सरकारी योजनाओं से उन्हें आत्मनिर्भर बनने और अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करने में सहायता मिली है। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करने वाली महिलाओं को सम्मानित भी किया गया और विभिन्न महिला स्व सहायता समूहों को चेक भी वितरित किए गए। इस अवसर पर जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी श्री आर.के. जाम्बुलकर, जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री अजय साहू सहित विभागीय अधिकारी, पार्षद व जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित थीं।
- दुर्ग. अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर शासकीय बाल संप्रेक्षण गृह, दुर्ग में महिलाओं के सशक्तिकरण एवं उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम माननीय छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर के आदेश के पालन में तथा माननीय मुख्य न्यायाधिपति श्री रमेश सिन्हा के प्रेरणादायी विचारों से प्रेरित होकर आयोजित किया गया।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला एवं सत्र न्यायालय के न्यायाधीश, अधिवक्ता, महिला पुलिस कर्मी एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।इस कार्यशाला का उद्देश्य महिला कर्मचारियों, महिला पुलिस, अधिवक्ताओं तथा मितानिनों के योगदान को रेखांकित करना तथा उन्हें उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना था। साथ ही महिला सशक्तिकरण के प्रति समाज में जागरूकता को बढ़ावा देना भी इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य रहा।कार्यक्रम के दौरान द्वितीय व्यवहार न्यायाधीश वरिष्ठ श्रेणी, दुर्ग ने अपने संबोधन में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए महिलाओं के अधिकारों एवं सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विधिक प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, 2005 का उल्लेख करते हुए कहा कि यह कानून महिलाओं को घरेलू हिंसा से संरक्षण प्रदान करने तथा उन्हें सम्मानपूर्वक जीवन जीने का अधिकार सुनिश्चित करता है।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एफ.टी.सी.), दुर्ग ने अपने संदेश में कहा कि महिलाओं का सम्मान, सुरक्षा और समान अवसर सुनिश्चित करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने राष्ट्रकवि मैथिली शरण गुप्त की कुछ पंक्तियों के माध्यम से महिला सशक्तिकरण के अधिकार और कर्तव्यों को समझाया। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सक्रिय सहभागिता से समाज और न्याय व्यवस्था अधिक संवेदनशील एवं सशक्त बनती है। साथ ही उन्होंने महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक रहने की आवश्यकता पर बल दिया।इस अवसर पर दुर्ग अधिवक्ता संघ की महिला प्रतिनिधि ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस महिलाओं के सम्मान, अधिकारों और समान अवसरों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर है और अधिवक्ता समुदाय महिलाओं को न्याय दिलाने के लिए सदैव प्रतिबद्ध है।कार्यक्रम के अंत में सभी न्यायिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने महिला सम्मान और समानता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। इस अवसर पर शासकीय बाल संप्रेक्षण गृह के सदस्यों द्वारा उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को गुलाब का फूल भेंट कर सम्मानित किया गया। साथ ही महिला दिवस की थीम "Give to Gain" को प्रदर्शित करने के लिए एक सेल्फी जोन भी तैयार किया गया इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पीएलवी, दुर्ग जिले की मितानिनें, अधिवक्ता तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
- 0- समाज के लिए सामुदायिक भवन हेतु 50 लाख और पारागांव में सीसी रोड निर्माण के लिए 20 लाख रुपये देने की घोषणारायपुर. जब समाज स्वयं अपने बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी लेता है, तब नई पीढ़ी और अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ती है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज रायपुर जिले के पारागांव में आयोजित चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के दो दिवसीय वार्षिक अधिवेशन को संबोधित करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने समाज के विकास के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं करते हुए सामुदायिक भवन निर्माण के लिए 50 लाख रुपये देने की घोषणा की। साथ ही पारागांव में सीसी रोड निर्माण के लिए 20 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान की।मुख्यमंत्री श्री साय ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर उपस्थित सभी माताओं-बहनों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आज महतारी वंदन योजना को दो वर्ष पूर्ण हो गए हैं और इस अवसर पर प्रदेश की लगभग 70 लाख महिलाओं के खातों में योजना की 25वीं किश्त की राशि अंतरित की गई है। उन्होंने कहा कि यह योजना महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज का गौरवशाली इतिहास रहा है और इस समाज ने देश और प्रदेश को अनेक प्रतिभाशाली व्यक्तित्व दिए हैं। उन्होंने समाज द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि समाज के माध्यम से 2000 से अधिक विद्यार्थियों को शिक्षा का अवसर मिल रहा है, जो अत्यंत सराहनीय है।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ को देश का धान का कटोरा कहा जाता है और किसानों के हित में राज्य सरकार लगातार निर्णय ले रही है। उन्होंने कहा कि होली पर्व के पूर्व 25.28 लाख किसानों के खातों में कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत 10 हजार 324 करोड़ रुपये की राशि अंतरित की गई है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रामलला दर्शन योजना के माध्यम से पिछले दो वर्षों में 42 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या जाकर भगवान श्रीराम के दर्शन कर चुके हैं। इसके साथ ही मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को भी पुनः प्रारंभ किया गया है, जिससे बुजुर्गों और श्रद्धालुओं को विभिन्न तीर्थस्थलों के दर्शन का अवसर मिल रहा है।मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2026 के बजट में राज्य के सभी वर्गों के विकास को ध्यान में रखते हुए प्रावधान किए गए हैं। उन्होंने समाज के युवाओं से आग्रह किया कि जो बेटा-बेटी उद्यम करना चाहते हैं, वे राज्य की नई उद्योग नीति का अध्ययन करें। मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ को लगभग 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं और इन निवेश प्रस्तावों को जमीन पर उतारने की दिशा में कार्य प्रारंभ हो चुका है।इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धि प्राप्त करने वाले प्रतिभावान व्यक्तियों को सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में श्री दीपक चंद्राकर (सिविल जज में चयनित), कु. लक्ष्मी चंद्राकर (पीएससी में चयनित, वाणिज्यिक कर अधिकारी), डॉ. प्रीति करण चंद्राकर (हेड ऑफ डिपार्टमेंट, कंप्यूटर एंड साइंस, एनआईटी रायपुर), डॉ. करण चंद्राकर (आईआईटी दिल्ली से टेक्सटाइल एवं फाइबर इंजीनियरिंग में पीएचडी), कु. लक्ष्मी चंद्राकर (इंडो-नेपाल टेस्ट सीरीज बॉल बैडमिंटन में गोल्ड मेडल), डॉ. दिव्या चंद्राकर एवं डॉ. राहुल चंद्राकर (एमबीबीएस, शासकीय चिकित्सालय महासमुंद) शामिल हैं।कार्यक्रम को केबिनेट मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक श्री ललित चंद्राकर तथा विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा ने भी संबोधित किया और समाज के संगठन, शिक्षा और सामाजिक विकास में योगदान की सराहना की। इस अवसर पर समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित थे।
- 0- आदिम जाति विभाग के योजनाओं का मिला लाभ0- यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण होने पर विभाग द्वारा आगे की पढ़ाई के लिए दी गई थी एक लाख रुपए की सहायता0- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, मंत्रीरामविचार नेताम और प्रमुख सचिवसोनमणि बोरा ने दी बधाईरायपुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित क्षेत्र भैरमगढ़ के निवासी अंकित सकनी ने संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) सिविल सेवा परीक्षा 2025 में 816वीं रैंक प्राप्त कर क्षेत्र और राज्य का नाम रोशन किया है। सीमित संसाधनों और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपने परिश्रम, धैर्य और संकल्प के बल पर यह महत्वपूर्ण सफलता हासिल की।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय, मंत्री श्री रामविचार नेताम और विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने अंकित के इस सफलता के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।आदिम जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री बोरा ने चर्चा के दौरान बताया कि 24 वर्षीय अंकित सकनी का जन्म 04 जुलाई 2001 को ग्राम गुडमा, तहसील कुतु, जिला बीजापुर में हुआ। उनके पिता का नाम चंद्रिया सकनी तथा माता का नाम जमुना सकनी है। प्रारंभिक शिक्षा उन्होंने सरस्वती शिशु मंदिर भैरमगढ़ में कक्षा 1 से 5 तक प्राप्त की। इसके बाद कक्षा 6 से 8 तक अलोंस पब्लिक स्कूल तथा कक्षा 9 से 12 तक कृष्णा पब्लिक स्कूल रायपुर में अध्ययन किया, जहां उनका चयन विभाग की जवाहर उत्कर्ष योजना के अंतर्गत हुआ था। आगे की पढ़ाई उन्होंने भिलाई इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से बीटेक (2018-2022) के रूप में पूरी की।स्नातक के बाद वर्ष 2022 से अंकित लगातार यूपीएससी की तैयारी में जुटे रहे। उन्हें यूपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद विभाग द्वारा उन्हें एक लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई थी। इस आर्थिक सहयोग ने उन्हें मुख्य परीक्षा और साक्षात्कार की तैयारी में महत्वपूर्ण सहायता दी, जिसका परिणाम अब अंतिम चयन के रूप में सामने आया है। अंकित सकनी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के संघर्ष और सहयोग को दिया है। उनकी इस उपलब्धि पर बीजापुर के विधायक श्री विक्रम मंडावी ने उन्हें सम्मानित करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।आदिम जाति कल्याण विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने अंकित सकनी को इस ऐतिहासिक सफलता पर बधाई देते हुए कहा कि विभाग की योजनाएं नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के प्रतिभाशाली युवाओं को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। अंकित सकनी की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे बस्तर क्षेत्र और देश के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बन गई है। इसी तरह धमतरी निवासी श्री डायमंड सिंह धु्रव को भी यूपीएससी की परीक्षा में बड़ी सफलता मिली हैं। श्री डायमंड सिंह धु्रव वर्तमान में छत्तीसगढ़ शासन में डीएसपी के पद पर पदस्थ है। वे आदिम जाति विकास विभाग के जवाहर उत्कर्ष योजना के तहत 6वीं से 12वीं तक वर्ष 2010 से 2017 तक रेडियड पब्लिक स्कूल से पढ़ाई की है।
- 0- मजदूरी और दोना-पत्तल बनाकर चला रही घर, योजना के 1000 रुपये से मिल रही बड़ी राहतरायपुर. जिंदगी कभी-कभी ऐसे मोड़ पर ला खड़ा करती है, जहां हिम्मत ही सबसे बड़ा सहारा बन जाती है। रायपुर स्थित पुरानी बस्ती की श्रीमती नंदिनी यदु की कहानी भी कुछ ऐसी ही है। पति के अचानक लकवाग्रस्त हो जाने के बाद पूरे परिवार की जिम्मेदारी उनके कंधों पर आ गई, लेकिन उन्होंने हार मानने के बजाय संघर्ष का रास्ता चुना।नंदिनी बताती हैं कि उनके पति पहले एक निजी बैंक में गार्ड की नौकरी करते थे। परिवार की आय का यही मुख्य साधन था। लेकिन अचानक आए लकवे ने सब कुछ बदल दिया। पति काम करने की स्थिति में नहीं रहे और घर की आर्थिक स्थिति डगमगा गई।ऐसे कठिन समय में नंदिनी ने घर की जिम्मेदारी संभालते हुए मजदूरी शुरू कर दी। वे घर निर्माण के कार्य में मजदूरी करती हैं और जब काम नहीं मिलता तो दोना-पत्तल बनाकर कुछ आमदनी जुटा लेती हैं। उनकी मेहनत से घर का खर्च तो चलने लगा, लेकिन पति के इलाज और दवाइयों का खर्च हमेशा चिंता बना रहता था।नंदिनी कहती हैं कि महतारी वंदन योजना उनके लिए मुश्किल समय में सहारा बनकर आई है। योजना के तहत मिलने वाली प्रति माह 1000 रुपये की राशि से अब पति की दवाइयों और अन्य खर्चों में मदद मिल जाती है। नंदिनी के दो बच्चें है, तमाम कठिनाइयों के बीच भी नंदिनी अपने बच्चों की जिम्मेदारी बखूबी निभा रही हैं और हर दिन संघर्ष करते हुए परिवार को संभाल रही हैं।वे भावुक होकर कहती हैं, “हजार रुपये भले ही किसी को कम लगें, लेकिन हमारे जैसे परिवार के लिए यह बड़ी राहत है। इससे हमें हर महीने थोड़ी आर्थिक सुरक्षा मिल जाती है।” नंदिनी ने बताया कि उनकी सास को भी इस योजना का लाभ मिल रहा है, जिससे वे अपनी दवाइयों का खर्च खुद उठा लेती हैं। इस तरह परिवार को हर महीने मिलने वाली राशि से मुश्किल समय में मजबूती मिल रही है। नंदिनी मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि "विष्णु भैय्या की यह योजना गरीब परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।"























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