ब्रेकिंग न्यूज़

 शरीर के लिए विटामिन K क्यों जरूरी होता है? जानें इसकी कमी के लक्षण

 विटामिन K वसा में घुलनशील (Fat-soluble) विटामिन है। यह शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्वों में से एक है। विटामिन K कई खाद्य पदार्थों में पाया जाता है, लेकिन इसकी जरूरत पड़ने पर सप्लीमेंट भी लिया जा सकता है। विटामिन K, मुख्य रूप से 2 प्रकार का होता है- फाइलोक्विनोन (Vitamin K1) और मेनाक्विनोन (Vitamin K2)। विटामिन K1 मुख्य रूप से हरी पत्तेदार सब्जियों, जैसे- पालक, मेथी, सरसों, केल और ब्रोकली आदि में पाया जाता है। वहीं, विटामिन K2 मुख्य रूप से फर्मेंटेड खाद्य पदार्थों और कुछ पशु-आधारित खाद्य पदार्थों में पाया जाता है। इसके अलावा, आंतों में मौजूद गुड बैक्टीरिया भी विटामिन K2 का उत्पादन करते हैं।
 शरीर में विटामिन K क्या काम करता है?
National Institute of Health (NIH) के अनुसार, विटामिन K शरीर में कोएंजाइम के रूप में काम करता है। यह कई एंजाइमों को एक्टिव करता है, जो जरूरी प्रोटीन बनाने में मदद करते हैं। ये प्रोटीन मुख्य रूप से इन कार्यों के लिए जिम्मेदार होते हैं-
-खून का थक्का (Blood Clot) बनने में मदद करता है विटामिन K
-विटामिन K हड्डियों को मजबूत बनाए रखने में मदद करता है।
-यह कैल्शियम के सही उपयोग में सहायता करता है
-विटामिन K कई शारीरिक प्रक्रियाओं को सुचारु रूप से चलाने का कार्य करता है
विटामिन K के सोर्स क्या हैं?
आरोग्य डाइट और न्यूट्रिशन क्लीनिक के अनुसार, फाइलोक्विनोन (विटामिन K1) के प्रमुख सोर्स में हरी पत्तेदार सब्जियां, वेजिटेबल ऑयल और कुछ फल शामिल हैं। सोयाबीन तेल और कैनोला तेल में भी विटामिन K पाया जाता है।
हर दिन विटामिन K की कितनी जरूरत होती है?
NIH के अनुसार, विटामिन K की दैनिक जरूरत उम्र, लिंग, प्रेग्नेंसी और स्तनपान के अनुसार अलग-अलग होती है। हालांकि, विटामिन K के लिए अभी पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध न होने के कारण Recommended Dietary Allowance (RDA) निर्धारित नहीं की गई है। इसकी जगह Adequate Intake (AI) तय की गई है। AI वह मात्रा है, जिसे ज्यादातर स्वस्थ लोगों की पोषण संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त माना जाता है।
विटामिन K की कमी के क्या लक्षण हैं?
विटामिन K की कमी होने पर शरीर में खून का थक्का (Blood Clot) बनने की प्रक्रिया प्रभावित हो जाती है। ऐसे में अगर शरीर में विटामिन K की कमी होती है, तो चोट लगने पर खून देर तक बह सकता है और शरीर से आसानी से रक्तस्त्राव हो सकता है। इसकी कमी होने पर कई लक्षण नजर आ सकते हैं-
-चोट लगने पर लंबे समय तक खून बहना
-मामूली चोट पर भी आसानी से नीले निशान  पड़ जाना
-महिलाओं में सामान्य से अधिक मासिक धर्म रक्तस्राव
-गंभीर मामलों में शरीर के अंदर रक्तस्राव
-नाक से बार-बार खून आना
-मसूड़ों से बार-बार खून आना
-मल या पेशाब में खून आना
किन लोगों में रहता है विटामिन K की कमी का ज्यादा खतरा?
-जो लोग लंबे समय तक एंटीबायोटिक दवाइयों का सेवन करते हैं, उनमें इसका खतरा ज्यादा हो सकता है।
-सीलिएक रोग, क्रोहन रोग या सिस्टिक फाइब्रोसिस के मरीजों में भी विटामिन के की कमी पाई जा सकती है।
-लिवर की गंभीर बीमारी वाले लोगों में विटामिन के कम पाया जा सकता है।
-लंबे समय तक बहुत कम वसा वाला आहार लेने वाले लोगों में विटामिन K कम हो सकता है।
-नवजात शिशुओं में विटामिन K की मात्रा कम पाई जा सकती है।

Related Post

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Chhattisgarh Aaj

Chhattisgarh Aaj News

Today News

Today News Hindi

Latest News India

Today Breaking News Headlines News
the news in hindi
Latest News, Breaking News Today
breaking news in india today live, latest news today, india news, breaking news in india today in english