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- -कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने ली राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठकबालोद । कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री कुलदीप शर्मा ने बालोद जिले के सभी राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को आपसी समन्वय एवं सद्भावना के साथ निर्वाचन संपन्न कराने में सहयोग करने को कहा है। जिससे की बालोद जिले में निर्विघ्न एवं शांतिपूर्ण ढंग से निर्वाचन कार्य संपन्न हो सके। श्री शर्मा विधानसभा आम निर्वाचन 2023 के अंतर्गत आज संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में जिले के राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक ली। इस दौरान उन्होंने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों से भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए जिले में सफलतापूर्वक चुनाव संपन्न कराने में सहयोग करने की अपील की। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री चंद्रकांत कौशिक, अपर कलेक्टर श्री शशांक पाण्डेय, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुशील नायक एवं रिटर्निंग अधिकारियों के अलावा अन्य अधिकारी तथा राजनैतिक दल के प्रतिनिधि उपस्थित थे।कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि बालोद जिले के राजनैतिक दलों के द्वारा पूर्व के निर्वाचनों के दौरान आपसी सौहार्द एवं परस्पर सहयोग का उत्कृष्ट परंपरा स्थापित की है। उन्होेंने सभी राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों से उक्त परंपरा को आगामी विधानसभा आम निर्वाचन के दौरान भी कायम रखने को कहा है। श्री शर्मा ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के द्वारा सोमवार 09 अक्टूबर को राज्य में विधानसभा आम निर्वाचन हेतु कार्यक्रम जारी कर दी गई है। इसके पश्चात् आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गई है। बैठक में श्री शर्मा ने राजनैतिक दल के प्रतिनिधियों को आदर्श आचार संहिता के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी किए गए विधानसभा आम निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार जिले के तीनांे विधानसभा क्षेत्रों केे लिए उम्मीदवारों के नाम निर्देशन पत्र प्रस्तुत करने की तिथि 21 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक निर्धारित की गई है। इसी तरह नाम निर्देशन पत्रों की स्क्रूटनी की तिथि 31 अक्टूबर तथा अभ्यर्थीयों की नाम वापसी की अंतिम तिथि 02 नवंबर तथा मतदान की तिथि 17 नवंबर को निर्धारित की गई है। इसी तरह मतगणना की तिथि 03 दिसंबर को निर्धारित की गई है।श्री शर्मा ने बताया कि जिले के कुल मतदाताओं की संख्या 06 लाख 88 हजार 281 है। जिसमें 03 लाख 38 हजार 582 पुरूष मतदाता, 03 लाख 49 हजार 688 महिला मतदाता और 11 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। सर्विस वोटर्स की संख्या 2669, 18 से 19 वर्ष के नये मतदाताओं की संख्या 26 हजार 25, दिव्यांग मतदाताओं की संख्या 6360, 80 वर्ष से अधिक उम्र के बुजूर्ग मतदाताआंें की संख्या 4554 है। उन्होंने बताया कि जिले में कुल 814 मतदान केन्द्र बनाए गए हैं। जिसमें विधानसभा 59-संजारी बालोद के 258 मतदान केन्द्र, विधानसभा 60-डौण्डीलोहारा के 270 मतदान केन्द्र और विधानसभा 61-गुण्डरदेही के 286 मतदान केन्द्र शामिल हंै। पूर्व में जिले में 815 मतदान केन्द्र थे, जिसमें युक्तियुक्तकरण के पश्चात डौण्डीलोहारा विधानसभा के दल्लीराजहरा स्थित एक मतदान केन्द्र का विलोपन किया गया है। उन्होंने बताया कि आगामी विधानसभा निर्वाचन में जिले के 50 प्रतिशत मतदान केन्द्रों (407 मतदान केन्द्रों) में वेबकास्टिंग किया जाएगा। जिले के प्रत्येक विकासखण्ड में 01-01 मतदान केन्द्रों का संचालन महिला मतदान कर्मियों के द्वारा किया जाएगा। जिले के 01-01 मतदान केन्द्र का संचालन दिव्यांग मतदान कर्मियों एवं सबसे युवा मतदान कर्मियों के द्वारा किया जाएगा। आयोग अधिनियम, 1959 की धारा 17 उपधारा 3 के उपक्लॉज (बी) एवं धारा 21 तथा सशस्त्र नियम 2016 के तहत बालोद राजस्व जिला अंतर्गत समस्त लाइसेंसधारियों की आगनेय अस्त्र-शस्त्र जमा किये जाने निर्देश जारी किया गया है, ताकि चुनाव प्रक्रिया के दौरान जिला में भय एवं आतंक का वातावरण निर्मित न हो तथा इन अस्त्र-शस्त्रों का दुरूपयोग न किया जा सके। संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया के दौरान जिले में परिशांति बनाये रखने दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए प्रतिबंधात्मक निषेधाज्ञा जारी किया गया है। घातक अस्त्र-शस्त्रों का प्रदर्शन सार्वजनिक स्थलों पर प्रतिबंधित है। कोई भी राजनीतिक दल या अभ्यर्थी सशस्त्र जुलुस नहीं निकालेगा और न ही आपत्तिजनक नारे लगायेगा। मतदान केन्द्र, मतगणना स्थल जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय, अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय, तहसील कार्यालय आदि में धरना प्रदर्शन प्रतिबंधित किया गया है। इस आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति, संगठन के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत दण्डनीय कार्यवाही किया जायेगा। छत्तीसगढ़ कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 की धारा 4 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जिला दण्डाधिकारी जिला बालोद के द्वारा ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग रात्रि 10 बजे से प्रातः 06 बजे तक निषेध किया गया है। शेष समय में प्राधिकृत अधिकारी के द्वारा अनुमति प्राप्त होने पर ही अनुमेय ध्वनि में ही ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग किया जा सकेगा। वाहनों में भी ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग प्राधिकृत अधिकारी से अनुमति पश्चात ही कर सकेंगे।श्री शर्मा ने बताया कि नाम-निर्देशन हेतु फार्म भारत निर्वाचन आयोग द्वारा 21 अक्टूबर 2023 से 30 अक्टूबर 2023 तक प्रातः 11 बजे से अपरान्ह 03 बजे के मध्य लिया जायेगा। नाम-निर्देशन फार्म आयोग के द्वारा दिये गये निर्देशानुसार शासकीय अवकाश एवं द्वितीय व चतुर्थ शनिवार को नहीं लिया जायेगा। प्रत्येक अभ्यर्थी को अपने नाम से अथवा निर्वाचन अभिकर्ता के साथ संयुक्त खाता बैंक में चुनाव व्यय हेतु खुलवायेंगे। सहकारी बैंक में भी खाता खुलवा सकते हैं। एक अभ्यर्थी अधिकतम 40 लाख रुपये खर्च कर सकते हैं। प्रत्येक अभ्यर्थी को फार्म 26 में शपथ-पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य है। जिले के नियंत्रण कक्ष में टोल फ्री नंबर 1950 पर कॉल करके आवश्यक सुझाव अथवा शिकायत दर्ज करा सकते हैं। केवायसी एप के माध्यम से विधानसभा अंतर्गत चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों के संबंध में जानकारी प्राप्त की जा सकती हैं। मतदान कर्मियों के लिए पोस्टल बैलेट के द्वारा मतदान किये जाने हेतु मतदान कर्मियों के प्रशिक्षण केन्द्र परिसर में सुविधा केन्द्र स्थापित किया जायेगा। साथ ही दिव्यांग (40 प्रतिशत से अधिक) एवं 80़ ऐसे मतदाता जो कि मतदान किये जाने मतदान केन्द्र में जाने में अक्षम है, उन्हें मतदान कर्मी उनके घर जाकर मतदान करायेंगे। नाम-निर्देशन फार्म प्रस्तुत करते समय अभ्यर्थी व उनके साथ चार अन्य लोग ही नाम निर्देशन कक्ष में प्रवेश कर सकते हैं। इसी प्रकार नाम निर्देशन कक्ष के 100 मीटर के दायरें में एक अभ्यर्थी केवल तीन वाहन ही ला सकते हैं। नाम-निर्देशन फार्म अभ्यर्थी अथवा उनके प्रस्तावक प्रस्तुत कर सकते हैं। एक अभ्यर्थी अधिकतम चार नाम-निर्देशन प्रस्तुत कर सकते हैं। राष्ट्रीय मान्यता प्राप्त व छत्तीसगढ़ राज्य अथवा अन्य राज्य में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल के प्रत्याशी के अलावा अन्य प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह का विकल्प देना होगा। सामान्य वर्ग के अभ्यर्थी को 10000 रुपये व अनुसूचित जाति एवं जनजाति वर्ग के अभ्यर्थी को 5000 रुपये की सुरक्षा निधि जमा करना होगा। सुरक्षा निधि ऑनलाईन अथवा चेक के द्वारा ग्राह्य नहीं होगा। अनुसूचित जाति एवं जनजाति वर्ग के अभ्यर्थी को सक्षम अधिकारी द्वारा जारी जाति प्रमाण-पत्र अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करना होगा। नामनिर्देशन फार्म में सभी प्रविष्टियांे को अनिवार्य रूप से भरना आवश्यक है। जो लागू न हो वहां निरंक अथवा नील अंकित करना आवश्यक है। इसके साथ ही आवश्यकतानुसार अभ्यर्थी, प्रस्ताव अभिकर्ता का हस्ताक्षर अनिवार्य है। मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के अभ्यर्थी को फार्म-ए एवं फार्म-बी नाम निर्देशन के अंतिम तिथि को दोपहर 03 बजे के पूर्व अनिवार्य तौर पर प्रस्तुत करना होगा। जिले में चुनाव संबंधित शिकायतों के निराकरण एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु 27 एफएसटी एवं 27 एसएसटी का गठन किया गया है। इस दौरान श्री शर्मा ने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों की जिज्ञासाओं का समाधान भी किया।
- बालोद,। जिला मुख्यालय बालोद में राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण कार्य में पोल शिफ्टिंग का कार्य किया निरंतर जारी है। जिसमें 33/11 के.व्ही. उपकेंद्र से निकलने वाली 11 के.व्ही. टाउन फीडर में 11 से 14 अक्टूबर को सुबह 09 बजे से दोपहर 03 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग के कार्यपालन अभियंता ने बताया कि प्रभावित क्षेत्र में जिला अस्तपताल बालोद से सुमीत बाजार, गंजपारा एवं जुर्रीपारा शामिल है।
- बालोद । कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री कुलदीप शर्मा ने आदेश जारी कर जिले में विधानसभा निर्वाचन 2023 के अंतर्गत निर्वाचन प्रशिक्षण कार्यक्रम हेतु तिथि व समय निर्धारित किया है। जारी आदेश के अनुसार 17 अक्टूबर 2023 को प्रातः 11 बजे से शाम 05 बजे तक महिला मतदान कर्मीयों एवं युवा मतदान कर्मीयों का परिचयात्मक प्रशिक्षण होगा। इसी प्रकार 18 अक्टूबर को हैण्ड्स आॅन ट्रेनिंग आॅफ कमीशनिंग स्टाफ, 19 अक्टूबर को अनुपस्थित मतदाताओं 80 वर्ष से अधिक आयु के अशक्त मतदाताओं के मतदान के लिए मतदान कर्मीयों का प्रशिक्षण, 27 अक्टूबर को माइक्रो आब्र्जवर ट्रेनिंग, 01 नवंबर को सामग्री वितरण एवं वापसी हेतु प्रशिक्षण जिला पंचायत के सभाकक्ष में रखा गया है।इसी प्रकार 03 नवंबर को पीठासीन अधिकारी एवं मतदान अधिकारी क्रमांक 01 का स्पेशल ओरियंेटेशन प्रशिक्षण शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त महाविद्यालय बालोद, स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल आमापारा बालोद, शासकीय एकलव्य महाविद्यालय डौण्डीलोहारा, शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण बटेरा, शासकीय शहीद कौशल यादव महाविद्यालय गुण्डरदेही, शासकीय उच्चतर महाविद्यालय गुण्डरदेही में प्रातः 11 बजे से रखा गया है। 04 नवंबर को वाहन प्रभारी का प्रशिक्षण जिला पंचायत के सभाकक्ष में रखा गया है। 06 नवंबर को महिला मतदान कर्मीयों एवं दिव्यांग मतदान कर्मीयों एवं युवा मतदान कर्मीयों का प्रथम प्रशिक्षण स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल आमापारा बालोद में रखा गया है। 08 नवंबर को मतदान दिवस की व्यवस्था हेतु मतदान केंद्र संयोजक का प्रशिक्षण शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त महाविद्यालय बालोद, स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल आमापारा बालोद, शासकीय एकलव्य महाविद्यालय डौण्डीलोहारा, शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण बटेरा, शासकीय शहीद कौशल यादव महाविद्यालय गुण्डरदेही, शासकीय उच्चतर महाविद्यालय गुण्डरदेही में प्रातः 11 बजे से रखा गया है। 09 नवंबर को पीठासीन अधिकारी एवं पी-1, पी-2, पी-3 का द्वितीय प्रशिक्षण शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त महाविद्यालय बालोद, स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल आमापारा बालोद, शासकीय एकलव्य महाविद्यालय डौण्डीलोहारा, शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण बटेरा, शासकीय शहीद कौशल यादव महाविद्यालय गुण्डरदेही, शासकीय उच्चतर महाविद्यालय गुण्डरदेही में प्रातः 11 बजे से रखा गया है। 11 नवंबर को महिला मतदान कर्मीयों एवं दिव्यांग मतदान कर्मीयों एवं युवा मतदान कर्मीयों का द्वितीय प्रशिक्षण स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल आमापारा बालोद में रखा गया है। 15 नवंबर को मतदान सामग्री के वितरण एवं वापसी दलों का ड्रील रिहर्सल हेतु लाइवलीहुड काॅलेज पाकुरभाट में प्रातः 11 बजे से रखा गया है। उपरोक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम मंे प्रशिक्षण दिए जाने की संपूर्ण जिम्मेदारी जिला शिक्षा अधिकारी एवं नोडल प्रशिक्षण श्री मुकुल के.पी. साॅव को दी गई है। प्रत्येक प्रशिक्षण में प्रशिक्षण पश्चात् प्रशिक्षणार्थियों के मुल्यांकन हेतु टेस्ट पेपर लिया जाना सुनिश्चित करेंगे।
- -कलेक्टर ने ली राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठकरायपुर / कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने कहा है कि सभी राजनीतिक दलों एवं अभ्यर्थियों को निर्वाचन आयोग की आदर्श आचरण संहिता के प्रति प्रतिबद्धता आवश्यक है तथा आदर्श आचरण संहिता के तहत दिए गए दिशा निर्देशों एवं मार्गदर्शन के अनुरूप ही चुनाव संबंधी सभी कार्यवाही संपादित की जानी चाहिए। विधानसभा निर्वाचन 2023 के संदर्भ में आज कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ भुरे द्वारा विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक कलेक्टोरेट परिसर स्थित रेडक्रास सभाकक्ष में ली गई। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत अग्रवाल उपस्थित थे |बैठक के दौरान आदर्श आचरण संहिता के संबंध में विस्तार से जानकारी प्रतिनिधियों को उपलब्ध कराई तथा संहिता का आवश्यक रूप से पालन करने की अपेक्षा राजनीतिक दलों से की। कलेक्टर डॉ भुरे ने कहा कि नामांकन के समया किसी प्रत्याशी एवं उसके समर्थकों के तीन से अधिक वाहन आरओ/एआरओ कार्यालय क 100 मीटर के दायरे के भीतर नही आएंगे। मतदान के दिन प्रत्याशियों को केवल तीन वाहनों की संचालन की अनुमति होगी-एक स्वयं के लिए एक निर्वाचन अभिकर्ता के लिए और एक कार्यकर्ताओं के लिए। इन वाहनों के लिए अनुमति पत्र आरओ जारी करेंगे और यह अनुमति पत्र वाहनों के सामने शीशे पर प्रदर्शित किया जाएगा। प्रचार में लगे वाहन किसी भी स्थिति में तीन से अधिक के काफिले में नही चलेंगे।उन्होंने कहा कि प्रत्येक राजनीतिक दल एवं अभ्यर्थी को जातीय, धार्मिक विषयों से बचकर अपना प्रचार-प्रसार करना चाहिए। वोट के लिए अपील करते समय धार्मिक स्थल या संस्थान का उपयोग नही किया जाए। कोई दल या प्रत्याशी स्वयं किसी की निजी संपत्ति पर (भवन, भुमि अथवा परिसर), झंडे, पोस्टर बैनर आदि उसकी पूर्वानुमति के बिना नही लगाएगा और न ही अपने समर्थको को ऐसा करने दें।कलेक्टर ने कहा कि निर्वाचन के दौरान सक्षम स्वीकृति प्राप्त कर ही जुलूस, रैली एवं सभा का आयोजन किया जाए। उन्होंने बताया कि निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों के अनुसार सभा आदि के आयोजन में की जाने वाली टेंट, कुर्सी, माईक, पण्डाल तथा अन्य सामग्रियों की संख्या आदि की जानकारी अनिवार्य रूप से निर्वाचन कार्यालय को दी जानी चाहिए। जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा इसकी वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी।उन्होंने कहा कि जुलूस आदि के दौरान यदि किसी व्यक्ति द्वारा बाधा पहुंचायी जाती है तो राजनीतिक दल स्वंय उस पर कार्यवाही न करें तथा कानून अपने हाथ में न लें, इसकी सूचना पुलिस को दें साथ ही जुलूस के दौरान उपस्थित पुलिस बल इस पर कार्यवाही करेगा। चुनावी सभा या जुजूस के आयोजन के पूर्व स्थानीय पुलिस को सूचित किया जाएगां। यदि कोई प्रतिबंधात्मक प्रावधान लागू हो तो उनका पालन किया जाए, यदि आयोजक उससे छूट जाए तो पर्याप्त समय रहते उसके लिए आवेदन किया जाए। यदि ऐसे सभा या जुलूस में ध्वनिविस्तारक आदि का उपयोग किया जाना हो तो उसकी अनुमति ली जाए। इस अवसर पर उप निर्वाचन अधिकारी श्री गजेन्द्र ठाकुर, एसडीएम श्री देवेन्द्र पटेल, मास्टर टेªनर सहित संबंधित उपस्थित थे।
- -निर्वाचन संबंधी शिकायतों, सूचना के लिए किया जा सकता है संपर्करायपुर / विधानसभा निर्वाचन 2023 के तहत जिला निर्वाचन कार्यालय (सामान्य शाखा) रायपुर में कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। कंट्रोल रूम के प्रभारी अधिकारी अपर कलेक्टर होंगे तथा यह कंट्रोल रूम 24 घंटे संचालित होगा। कंट्रोल रूम का नंबर 07712445785 और 1950 है। यह कंट्रोल रूम 24 घंटे संचालित रहेगा। इस नंबर में निर्वाचन संबंधी शिकायत, जानकारीके लिए संपर्क किया जा सकता है। सूचना मिलने पर संबंधित टीमों द्वारा जल्द निवारण किया जाएगा।जारी आदेश के अनुसार कंट्रोल रूम में पंचायत इंस्पेक्टर श्रीमती अनिता ठाकुर, सहा. मानचित्रकार श्री नेमीचंद साहू, स्टेनोग्राफर श्री सुशील कुमार साहु, वरिष्ठ सहा. श्री विवेक यदु, प्रथम श्रेणी लिपिक श्री चमन लाल, सहा.ग्रेड-03 श्री अजय श्रीवास्तव, सहा.ग्रेड-03 श्री विकास अग्रवाल, सहा.ग्रेड-03 श्री विजेन्द्र नन्द, सहा.ग्रेड-03 श्री अभिषेक कुमार दास, डाटा एण्ट्री ऑपरेटर श्री धीरेन्द्र शुक्ला, सहा.ग्रेड-02 श्री राजन सिंह ठाकुर, सहा.ग्रेड-03 श्री अखिलेश देवांगन और सहा.ग्रेड-03 श्री अभिषेक कुमार दास की ड्यूटी लगाई गई है। यह समस्त कर्मचारी तीन पालियों मे कंट्रोल रूम में उपस्थित रहेंगे।
- -जिला दण्डाधिकारी ने जारी किया आदेशरायपुर /कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी डॉ सर्वेश्वर भुरे ने जनप्रतिनिधियों को आबंटित वाहन वापस लेने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में आदेश जारी किया गया है। इसमें कहा गया है कि जिले में आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गई है। अतः निर्वाचन की घोषणा की दिनांक से निर्वाचन कि परिणाम घोषित होनेे के दिनांक तक केन्द्र राज्य शासन के उपक्रम, संयुक्त क्षेत्र के उपक्रमों स्वायत्तशासी संस्थाओं, जिला पंचायतों, जनपद पंचायतो, ग्राम पंचायतों, नगर पंचायतों, विपणन बोर्ड, विपणन संस्थाओं, कृषि उपज मंडी समिति प्राधिकरणों या अन्य ऐसे निकाय जिनमें सरकारी धन का कितना भी छोटा अंश निवेश किया गया हो, के वाहनों के उपयोग के किसी भी प्रकरण की अनुमति संसद सदस्य, विधानसभा सदस्य या राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों अथवा अभ्यर्थियों या निर्वाचन से संबंधित किसी व्यक्ति को नहीं दिए जाने के आदेश है। अतएव उल्लेखित जनप्रतिनिधियों को आबंटित वाहन वापस ले कर सूचना प्रदान करें।
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रायपुर / भारत निर्वाचन आयोग विधानसभा निर्वाचन की घोषणा के बाद रायपुर जिला में भी आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गयी है। आचार संहिता के प्रभावी क्रियांन्वयन के अंतर्गत रायपुर शहर में संपत्ति विरुपण के लिए कार्रवाई शुरु कर दी गई है। इसके अंतर्गत सभी सरकारी कार्यालयों और परिसरों में सभी दीवार लेखन, पोस्टर, स्टीकर्स, कटआउट, होर्डिंग्स, बैनर, झंडे को हटाने की कार्रवाई शुरु कर दी गई है। इस हेतु जारी आदेश में किसी अन्य रूप में विरूपण आदि को चुनाव की घोषणा के साथ ही हटाया जा रहा है।सभी सार्वजनिक स्थलों, जिनमें रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, हवाई अड्डे, रेलवे पुल, सड़क मार्ग, सरकारी बसें, बिजली/टेलीफोन के खंभे, नगरपालिका/स्थानीय निकायों के भवन आदि सम्मिलित हैं, से अनाधिकृत राजनैतिक विज्ञापन, दीवार लेखन/पोस्टर/स्टीकर्स, कटआउट/होर्डिंग्स, बैनर झंडे आदि निर्वाचन आयोग के निर्देश पर भीतर हटाए जा रहे हैं।
इसी प्रकार रायपुर शहर में विभिन्न् स्थानों पर निजी संपत्तियों पर स्थानीय विधि और अदालत के निर्देशों के अधीन रहते हुये प्रदर्शित किए गए सभी अनधिकृत राजनैतिक विज्ञापन को जिला प्रशासन व नगर पालिक निगम द्वारा हटाया जा रहा है। - दुर्ग /कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री पुष्पेन्द्र कुमार मीणा ने विधानसभा निर्वाचन-2023 हेतु कार्यक्रम की घोषणा एवं आदर्श आचरण संहिता के प्रभावशील होने के फलस्वरूप निष्पक्ष तथा शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने तथा लोक शांति की सुरक्षा, आम व्यक्ति की सुरक्षा हेतु सीमित अवधि के लिए दुर्ग जिला सीमा क्षेत्र में आग्नेय अस्त्र लायसेंसियों से जमा कराने कहा है, ताकि चुनाव प्रक्रिया के दौरान भय एवं आतंक का वातावरण न हो सके तथा इन अस्त्रों का दुरूपयोग होने से रोका जा सके। उन्होंने आयुध अधिनियम 1959 की धारा 17 उपधारा (3) के उप क्लाज (बी), धारा 21 के तहत दुर्ग जिला सीमा क्षेत्र के भीतर रहने वाले समस्त शस्त्र लायसंेसियों को आदेशित किया कि वे अपने-अपने आग्नेय अस्त्र-शस्त्र नजदीकी पुलिस स्टेशन में 7 दिनों के भीतर जमा कराये। लायसेंसी अपने शस्त्र दुर्ग नगर के शस्त्र डीलर, जिनके पास शस्त्र डिपॉजित करने, अनुज्ञप्ति है वहां भी जमा कर सकंेगे। जो व्यक्ति शस्त्र डीलर के पास शस्त्र जमा करेंगे, इसकी सूचना संबंधित थाना में देना होगा। संबंधित शस्त्र डीलर थानेवार जानकारी तैयार कर संबंधित थाने एवं जिला दण्डाधिकारी कार्यालय को प्रस्तुत करेगा।यह आदेश जिले में निवासरत् सभी लायसेंसी तथा बाहर के जिले से आये लायसेंसी पर भी लागू होगा। सभी लायसेंसी आचार संहिता समाप्त होने के बाद अपने शस्त्र वापस प्राप्त कर सकेंगे। इसके लिए गठित जिला कमेटी द्वारा लिये गये निर्णय के अनुसार इस आदेश से सभी मान्यता प्राप्त बैंकों के सुरक्षा गार्ड/वित्तीय संस्थाओं के सुरक्षा गार्ड, संवैधानिक पदों पर आसीन व्यक्ति, राष्ट्रीय रायफल संघ व जिला रायफल संघ तथा इस जिले के औद्योगिक संस्थानों, शैक्षणिक संस्थानों एवं महत्वपूर्ण शासकीय संस्थानों के सुरक्षा हेतु तैनात सुरक्षा गार्ड मुक्त रहेंगे। साथ ही ऐसे अनुज्ञप्तिधारी व्यक्ति, जिनके पास सुरक्षा के लिहाज से शस्त्र होना अति आवश्यक है।अनुज्ञप्तिधारी के आवेदन पर कमेटी द्वारा विचार के बाद इस आदेश से मुक्त रखने अथवा नहीं रखने के संबंध में निर्णय लिया जा सकेगा। जिला कमेटी को दिये जाने वाले आवेदन कलेक्ट्रेट परिसर में अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी दुर्ग के कक्ष क्रमांक 31 में दिया जा सकेगा। सभी अनुज्ञप्तिधारी, जिन्हें इस आदेश से मुक्त रखा गया है, को भी अपने अस्त्र-शस्त्र की सूचना संबंधित थाने में आवश्यक रूप से तत्काल देनी होगी तथा अपने अस्त्र बिना थाना प्रभारी की अनुमति के अपने परिसर की सीमा क्षेत्र से बाहर नहीं ले जा सकेंगे।निर्वाचन प्रक्रिया के समाप्ति तक के लिए दुर्ग जिला सीमा क्षेत्र के भीतर रहने वाले शस्त्र लायसंेसियों के शस्त्र लायसेंस निलंबित किए गये हैं। इसके अलावा संबंधित थाना प्रभारी यह सुनिश्चित करेंगे कि इस तरह जमा किये जाने वाले शस्त्र का उचित रूप से पंजी बनाकर उसमें जमा किये जाने वाले शस्त्रों का इंद्राज करेंगे और शस्त्र जमा करने वालों को इस संबंध में पावती देंगे। जमा कराये गये शस्त्रों को समुचित रूप से अपने अभिरक्षा में सुरक्षित रखेंगे एवं निर्वाचन प्रक्रिया के समाप्ति के पश्चात् एक सप्ताह के अंदर संबंधित अनुज्ञप्तिधारियों को शस्त्र लौटाना सुनिश्चित करेंगे।
- दुर्ग / भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली द्वारा 9 अक्टूबर 2023 को विधानसभा आम निर्वाचन-2023 की घोषणा की जा चुकी है तथा घोषणा की तिथि से जिले में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री पुष्पेन्द्र कुमार मीणा ने निर्वाचन की घोषणा के साथ जिले में आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील होने पर निर्माण कार्य एजेंसी विभागों को निर्माण कार्य पर प्रतिबंध लगाने आदेशित किया है। जिला दण्डाधिकारी की आदेशानुसार निर्वाचन की घोषणा की दिनांक से कोई भी ऐसा निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं होगा, जिसके संबंध में कार्यादेश जारी कर दिया गया है परन्तु वास्तव में स्थल पर कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है, वे कार्य निर्वाचन समाप्ति के पश्चात् ही प्रारंभ किये जा सकते हैं। यदि कोई कार्य वास्तव में प्रारंभ हो चुका तो उसे जारी रखा जा सकता है। यह प्रतिबंध निर्वाचन समाप्ति तक संपूर्ण दुर्ग जिले में प्रभावशील रहेगा।
- दुर्ग / दुर्ग जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जिनमें से भिलाई नगर निगम क्षेत्र व दुर्ग नगर निगम क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग व नगर निगम के अमले द्वारा डेंगू से संबंधित नियंत्रण व रोकथाम का कार्य निरंतर किया जा रहा है। आज 10 अक्टूबर 2023 को डेंगू एलिजा पॉजिटिव के 05 नये प्रकरण मिले। वर्तमान में 9 मरीज भती है एवं कोई भी मरीज की गंभीर स्थिति नहीं है। मरीजों के निवास क्षेत्रों में घर-घर जाकर स्वास्थ्य विभाग के मैदानी अमले द्वारा मास्किटो सोर्स रिडक्शन का कार्य दैनिक रूप से किया गया है। डेंगू एलिजा पॉजिटिव के नये मरीज 05 में से मालवीय नगर दुर्ग से 01, उतई से 01, भिलाई-3 से 01, वैशाली नगर से 01 एवं स्टेशन मरोदा से 01 के रहवासी है। नगर निगम भिलाई, चरोदा रिसाली जनस्वास्थ्य विभाग, भिलाई इस्पात संयंत्र एवं नगर निगम दुर्ग की टीम के द्वारा लगातार डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में लार्वा नष्टीकरण के लिए टेमीफॉस एवं एडिस मच्छर को नष्ट करने के लिए मेलाथियॉन से फागिंग का कार्य किया जा रहा है।मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे. पी. मेश्राम के अनुसार डेंगू नियंत्रण एवं रोकथाम हेतु दुर्ग, भिलाई, चरोदा, रिसाली नगर निगम जनस्वास्थ्य विभाग, भिलाई इस्पात संयंत्र स्वास्थ्य विभाग ग्रामीण/शहरीय की टीम द्वारा कुल 131093 घरों का सर्वेक्षण किया जा चुका है, जांच किये कुलर पानी टंकी व अन्य कंटेनर की संख्या-167955 जिनमें से 64044 खाली कराये गये। सभी कटेनरों में 99278 स्थानों में टेमीफास डालकर लार्वा का नष्टीकरण किया गया, 133833 पाम्पलेट के माध्यम से डेंगू व मलेरिया से बचाव के लिए स्वास्थ्य शिक्षा दी गयी। जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला मलेरिया अधिकारी, सभी नगर निगम एवं मीडिया के द्वारा लगातार लोगों से यह अपील की जा रही है कि सप्ताह में एक दिन शुष्क दिवस के रूप में मनाया जाना डेंगू की रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए उचित होगा। उस दिन घर के सारे कन्टेनर जैसे कुलर, पानी टंकी व अन्य जिसमें बारिश का पानी एकत्रित हो उत्तको समतल जगह में उस पानी की निकासी की जाये। सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग डेंगू एवं मलेरिया की रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए कारगर होगा। अपील नही मानने पर यदि किसी घर मे पहली बार लार्वा मिलता है तो नगर निगम के कर्मचारियों द्वारा समझाईश दी जाएगी और दुसरी बार लार्वा मिलने पर 500 रू. से लेकर 5000रू. तक का अर्थदंड वसूला जाएगा जिसकी जवाबदारी स्वयं की होगी। जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे. पी. मेश्राम एवं जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. सी. बी. एस. बंजारे के द्वारा लोगो से यह अपील की गई है, कि बुखार आने पर मलेरिया एवं डेंगू की जाँच की जाये। डेंगू एवं मलेरिया की जाँच जिला चिकित्सालय, सिविल अस्पताल, सभी सामु.स्वा. केन्द्र / प्राथ. स्वा.के. शहरी प्राथ. स्वा. केन्द्र, उपस्वास्थ्य केन्द्र, हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर में जॉच निःशुल्क किया जा रहा है। जाँच के उपरान्त ही डॉक्टर के परामर्श से दवा लेना उचित होगा।
- भिलाईनगर । मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़ द्वारा जारी पत्र के परिपालन में निगम आयुक्त रोहित व्यास ने विधानसभा निर्वाचन 2023 के निर्वाचन कार्य हेतु निर्वाचन शाखा नगर पालिक निगम कार्यालय सुपेला में भूपेन्द्र देशमुख, बंछोर लाल कोसरे, महेश देवांगन, सुनील निमोड़े, दिनेश बेलचंदन, नम्रता गाडपल्लीवार, राहूल बोरकर, गजेन्द्र कुमार, चौधरी महानंद, अलख यादव की ड्यूटी लगाई गई है। उक्त सभी कर्मचारी निगम के जनगणना शाखा में उपस्थित होकर निर्वाचन अधिकारी द्वारा आदेशित कार्यो का संपादन करेगें।
- -भिलाई निगम के सभी कार्यालयों सहित निगम क्षेत्र का निरीक्षण कर उतरवाये बैनर पोस्टरभिलाईनगर । निगम क्षेत्र में आदर्श आचार संहिता प्रभावशील होने के बाद आयुक्त रोहित व्यास सोमवार शाम निगम मुख्यालय सुपेला सभी जोन कार्यालय तथा शहर के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत निगम द्वारा उतारे जा रहे राजनैतिक बैनर, पोस्टर, फ्लेक्स एवं दीवार लेखन का मौका मुआयना किये और विज्ञापन एजेंसी द्वारा यूनिपोल में लगे राजनैतिक प्रचार सामग्री को तत्काल हटाने के निर्देश दिए।भारत सरकार निर्वाचन आयोग द्वारा लगाए गए आचार संहिता के तहत संपत्ति विरूपण को सख्ती से पालन कराने भिलाई निगम का अमला पूरी मुस्तैदी से कार्य कर रहा है। राजस्व विभाग, तोड़फोड़ दस्ता और स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों की अलग अलग टीम बनाकर नेताओ की फोटो लगे हुए बैनर, पोस्टर, फ्लेक्स आदि को उतरवाया जा रहा है, साथ ही दीवार पर प्रचार प्रसार के लिए किए गए दीवार लेखन को भी मिटाया जा रहा है। निगम क्षेत्र में चल रही गतिविधियों का निगम आयुक्त ने देर शाम तक निरीक्षण किया। उन्होंने सर्वप्रथम निगम के मुख्य कार्यालय के सभी विभागों में पहुंचे और शासकीय कैलेण्डर, टेबल कैलेण्डर, शासकीय योजनाओं के प्रचार सामग्री जहां भी पाया गया तत्काल मौके से हटवाया गया। इसके पश्चात आयुक्त निगम के सभी जोन कार्यालय पहुंचे और जोन आयुक्त, अभियंताओं के कक्ष, स्वास्थ्य विभाग, राजस्व विभाग सहित पूरे जोन परिसर का निरीक्षण करते हुए आचार संहिता का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए।देर शाम तक घूमते रहे आयुक्त -निगम क्षेत्र में लगे बैनर, पोस्टर, फ्लेक्स, दीवार लेखन सहित संपत्ति विरूपण की कार्यवाही का निरीक्षण करने देर शाम तक आयुक्त रोहित व्यास घूमते रहे इस दौरान उनके साथ अपर आयुक्त अशोक द्विवेदी, स्वास्थ्य अधिकारी धर्मेन्द्र मिश्रा,सहायक राजस्व अधिकारी बालकृष्ण नायडू, अनिल मेश्राम, धीरज साहू, मलखान सोरी, जगदीश तिवारी भी उपस्थित रहे। उन्होंने सुपेला , गदा चौक, गौरव पथ, छावनी चौक, शिवाजी नगर, पाॅवर हाउस, नेहरू नगर, स्मृति नगर का निरीक्षण किया इस दौरान सड़क किनारे लगे हुए छोटे होर्डिंग्स, पोस्टर का स्वंय मौके पर खड़े होकर उतरवाये, मुख्यमंत्री स्मल योजना, धनवंतरी मेडिकल में लगे फोटो पर स्टीकर लगवाया गया है। जगह जगह दीवारों पर प्रचार प्रसार के लिए चुनावी दीवार लेखन को भी मिटाया जा रहा है। इसके अलावा निगम की टीम जीई रोड, ओवर ब्रिज, सड़क किनारे बिजली पोल पर लगे छोटे होर्डिंग्स सहित संपूर्ण निगम क्षेत्र में घूम घूम कर संपत्ति विरूपण की कार्यवाही कर रहे है।
- भिलाईनगर । निगम क्षेत्र में विधानसभा निर्वाचन हेतु प्रभावशील आदर्श आचार संहिता उल्लंघन करते हुए निगम भूमि में किये जा रहे अवैध बोर खनन कार्य को बंद करवा कर बोर खनन मशीन को निगम ने पकड कर थाना खुर्सीपार के सुर्पुद किया गया।खुर्सीपार वार्ड 46 में सरजू किराना स्टोर्स के पास सड़क पर बिना अनुमति के बोर खनन का कार्य किया जा रहा था, जिसकी सूचना मिलने पर निगम का दल वहां पहुंचा और वाहन चालक कृष्णा मरकाम से बोर खनन हेतु अनुमति पत्र प्रस्तुत करने को कहा जिस पर वाहन चालक ने अपनी असर्मथता व्यक्त किया। निगम की टीम बोर खनन कार्य में लगे वाहन क्रमांक टी.एन.18 ए.ए. 5744 को पकडकर थाना खुर्सीपार मे जमा करवाया और इसकी सूचना उच्चाधिकारी को दिया गया है।इधर जोन 5 सेक्टर 7 मे ओवर ब्रिज के नीचे पिल्लर मे किये गये राजनैतिक प्रचार के दीवर लेखन की पोताई करने गये निगम के जोन अधिकारी कर्मचारियों के साथ कुछ युवक विरोध करते हुए गाली गलोच एवं हाथापाई करने गये जिसकी सूचना निगम टीम ने उच्चाधिकारियों को देकर कोतवाली थाना सेक्टर 6 मे शासकीय कार्य मे बाधा के तहत प्राथमिकी दर्ज करने आवेदन प्रस्तुत किया है।
- -आदर्श आचार संहिता, निर्वाचन व्यय, नामांकन दाखिले की प्रक्रिया और ईसीआई के दिशा-निर्देशों की राजनीतिक दलों को दी गई जानकारीरायपुर। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने आज प्रदेश के मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक ली। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय में आयोजित बैठक में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को आदर्श आचरण संहिता और निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। निर्वाचन अवधि के दौरान वाहनों व रैलियों की अनुमति की प्रक्रिया तथा इस संबंध में भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों से भी उन्हें अवगत कराया गया।बैठक में विधानसभा आम निर्वाचन के दौरान अभ्यर्थियों द्वारा नामांकन पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया के संबंध में विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। राजनीतिक दलों एवं अभ्यर्थियों द्वारा निर्वाचन के दौरान व्यय के संबंध में आयोग के निर्देशों से भी उन्हें अवगत कराया गया। साथ ही राजनीतिक दलों को मतदान के दोनों चरणों में निर्वाचक नामावली में नाम जोड़े जाने की अंतिम तिथि की भी जानकारी दी गई।बैठक में राजनीतिक दलों को अनुपस्थित श्रेणी के मतदाता (80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग एवं 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले मतदाता) के लिए डाक मतपत्र के माध्यम से घर-घर जाकर अपनाई जाने वाली मतदान की प्रक्रिया के बारे में बताया गया। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अधिकारियों ने जानकारी दी कि इस बार आयोग द्वारा कानून में किए गए संशोधन के अनुसार निर्वाचन ड्यूटी में तैनात कर्मचारियों को केवल सुविधा केंद्र पर ही मतदान करना अनिवार्य होगा। बैठक में राजनीतिक दलों एवं अभ्यर्थियों द्वारा निर्वाचन के दौरान व्यय किए जाने की सीमा तथा इनके लेखों (Accounts) के संधारण के संबंध में आयोग के निर्देशों की भी जानकारी राजनीतिक दलों को दी गई।
- -मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय रायपुर में होगा प्रशिक्षण-सभी विभागों के नोडल अधिकारियों को उपस्थित होने के निर्देशरायपुर, /विधानसभा निर्वाचन-2023 के दौरान विभिन्न माध्यमों से प्राप्त होने वाली शिकायतों के साफ्टवेयर के माध्यम से त्वरित निराकरण करने हेतु मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़, रायपुर के कार्यालय के सभागृह में 12 अक्टूबर 2023 को दोपहर 12 बजे प्रशिक्षण आयोजित किया गया है। शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय द्वारा साफ्टवेयर तैयार किया गया है। प्रशिक्षण के दौरान सभी विभागों के नोडल अधिकारियों को साफ्टवेयर के संचालन का प्रशिक्षण दिया जाएगा।मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने सभी विभाग प्रमुखों को विधानसभा निर्वाचन-2023 के दौरान प्राप्त होने वाली शिकायतों के निराकरण हेतु अपने विभाग-कार्यालय के लिए नियुक्त नोडल अधिकारी को इस प्रशिक्षण में नियत तिथि एवं स्थान पर उपस्थित होने हेतु निर्देशित करने को कहा है।
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आदर्श आचरण संहिता एवं चुनाव संबंधी नियम-कायदों से अवगत कराया गया
बिलासपुर/कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री संजीव झा ने चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के बाद आज यहां जिला कार्यालय के सभाकक्ष में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने बैठक में निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित चुनाव कार्यक्रम, आदर्श आचरण संहिता सहित चुनाव संबंधी अन्य नियम-कायदों से अवगत कराकर स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं सद्भावपूर्ण चुनाव संपन्न कराने में पूर्व की तरह सहयोग करने का आग्रह किया। सभी दलों ने आचरण संहिता का पालन करते हुए चुनाव मैदान में उतरने एवं जिला प्रशासन को सहयोग करने का भरोसा दिलाया। बैठक में निगम आयुक्त श्री कुणाल दुदावत, एडीएम आरए कुरूवंशी, एडीएम शिव कुमार बनर्जी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री महेश शर्मा उपस्थित थे।
कलेक्टर श्री झा ने बताया कि बिलासपुर जिले की छहांे विधानसभा क्षेत्रों में दूसरे चरण में 17 नवम्बर को मतदान होगा। इसके लिए 21 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक नाम निर्देशन पत्र लिए जाएंगे। जिला कार्यालय के विभिन्न कक्षों में रिटर्निंग अफसरों द्वारा नामांकन स्वीकार किए जाएंगे। इस दफा आयोग द्वारा एडीएम एवे एसडीएम को रिटर्निंग अफसर बनाये गये हैं। कोटा एवं बिल्हा विधानसभा क्षेत्रों के कुछ बूथ अन्य जिलों की सीमा में आते हैं, लेेकिन नामांकन की प्रक्रिया बिलासपुर से ही संपन्न होगी। नामांकन दाखिला के समय अभ्यर्थी सहित कुल 5 लोग ही रिटर्निंग अफसर के कक्ष में जाने की अनुमति होगी।
कलेक्टर ने बताया कि सभी उम्मीदवारों एवं राजनीतिक दलों को आदर्श आचरण संहिता का पालन करते हुए चुनाव लड़ना होगा। प्रचार-प्रसार का कार्य सद्भावना पूर्ण होने चाहिए। धार्मिक स्थलों पर प्रचार-प्रचार की अनुमति नहीं होगी। मतदाताओं को शराब अथवा अन्य किसी तरह का प्रलोभन करते हुए पकड़े जाने पर कड़ी कार्रवाई होगी। शासकीय सम्पति पर बैनर, झण्डा लगाने पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया गया है। निजी सम्पति का चुनाव कार्य में उपयोग मालिक की लिखित सहमति उपरांत ही किया जा सकेगा। सभा एवं जुलूस के लिए संबंधित इलाके के एसडीएम से अनुमति लेनी होगी। चुनाव वाहनों की अनुमति जिला कार्यालय में संयुक्त कलेक्टर श्री वैभव क्षेत्रज्ञ को अधिकृत किया गया है। प्रथम आओ, प्रथम पाओ के आधार पर सभास्थलों की अनुमति राजनीतिक दलों को दी जायेगी।
सरकारी तंत्र के अलावा आम नागरिक भी सीविजिल एप्प के जरिए आचरण संहिता के उल्लंघन की शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इस पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी। जिले में 352 मतदान केन्द्र संवेदनशील के रूप में चिन्हित किये गये हैं। यहां विशेष व्यवस्था की जायेगी। चुनाव के दिन अथवा इसके पूर्व उम्मीदवारों द्वारा मतदाताओं की सादे पर्ची दी जा सकती है। पर्ची में किसी प्रकार के चुनाव चिन्ह अथवा अन्य कोई पहचान नहीं होने चाहिए। आयोग द्वारा बीएलओं के जरिए एक सप्ताह पर्ची बांटन की व्यवस्था की गई है। मतदान केन्द्र के 200 मीटर की दूरी पर उम्मीदवार अपने टेबल कुर्सी लगा सकते हैं। इनमें झण्डा, बैनर अथवा अन्य कोई प्रचार सामग्री नहीं रहेगी।
चुनाव के दौरान मीडिया पर भी आयोग की कड़ी नजर रहेगी। सोशल मीडिया पर जारी किये गये विज्ञापनों को एमसीएमसी कमेटी से सर्टिफिकेशन कराना होगा। पेड न्यूज की भी जांच कमेटी द्वारा की जायेगी। नाम दाखिल करने के पूर्व अभ्यर्थी को किसी बैंक में जीरो बैलेंस खाता खुलवाना होगा। पूरे अभियान के दौरान इसी खाते के जरिए लेन-देन करना होगा। समय-समय पर अभ्यर्थी के खर्चे की जांच की जायेगी। बिल्हा एवं बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र को चुनाव आयोग द्वारा खर्च के दृष्टिकोण से संवेदनशील माना गया है। चुनाव प्रचार के लिए छपाये गये बैनर पोस्टर में प्रकाशक एवं मुद्रक का नाम एवं प्रतियों की संख्या जरूर दर्ज होने चाहिए। इसकी प्रतियां भी जिला निर्वाचन कार्यालय में जमा करानी होगी। वाहनों के अनुमति की उपरी कोई संख्या नहीं रहेगी। मतदान के 48 घण्टे पूर्व केवल 3 वाहनों की अनुमति अभ्यर्थी को दी जायेगी। उन्होंने अनुमति पत्र सामने के विन्ड स्क्रीन में चस्पा कर प्रदर्शित करना होगा। -
उद्योगपति श्री नवीन जिन्दल के संकल्प से प्रेरित होकर फिलहाल प्रतिवर्ष 50 लाख पौष्टिक आहार उपलब्ध करा रहा है फाउंडेशन
ओडिशा, छत्तीसगढ़ और झारखंड के अनेक जिलों में योजना के विस्तार की तैयारी
रायपुर। जिन्दल स्टील एंड पावर (जेएसपी) के चेयरमैन श्री नवीन जिन्दल ने भूख-मुक्त भारत का जो संकल्प लिया है, उससे प्रेरित होकर जेएसपी फाउंडेशन ने एक व्यापक योजना बनाई है। पूरे देश में फिलहाल प्रतिवर्ष 50 लाख पौष्टिक आहार उपलब्ध करा रहे फाउंडेशन ने प्रतिवर्ष 1 करोड़ भोजन और राशन पहुंचाने की तैयारी की है। ओडिशा, छत्तीसगढ़ और झारखंड के अनेक जिलों में इस योजना के विस्तार की रूपरेखा तैयार कर ली गई है।
गौरतलब है कि हरियाणा के कुरुक्षेत्र से सांसद रहते हुए श्री नवीन जिन्दल ने 2006 में भूख-मुक्त भारत के लिए लोकसभा में एक निजी विधेयक पेश किया था, जिसकी परिणति खाद्य सुरक्षा कानून के रूप में हुई थी। श्री जिन्दल के उन प्रयासों से प्रेरित जेएसपी फाउंडेशन निरंतर मिशन जीरो हंगर कार्यक्रम चला रहा है और कोविड-19 के प्रकोप के समय उसके इस अभियान की राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक सराहना भी हुई थी।
जेएसपी फाउंडेशन की चेयरपर्सन श्रीमती शालू जिन्दल के नेतृत्व में इस मिशन के तहत विशेष रूप से निर्धनों, सामाजिक रूप से वंचित समुदायों, कुपोषण से पीड़ित बच्चों, गर्भवती माताओं और एनीमिया ग्रस्त महिलाओं-किशोरियों और प्रवासी श्रमिकों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्हें पका-पकाया भोजन और सूखा राशन उपलब्ध कराया जाएगा।
श्रीमती शालू जिन्दल ने पहले चरण में ओडिशा, छत्तीसगढ़ और झारखंड से इस अभियान की शुरुआत कर धीरे-धीरे पूरे भारत में भूख और कुपोषण समाप्त करने के लिए मिशन जीरो हंगर लागू करने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की है। ओडिशा के अलावा इसे छत्तीसगढ़ के रायपुर, राजनंदगांव, दुर्ग और झारखंड के रामगढ़ एवं रांची जिले में लागू किया जाएगा।
जेएसपी फाउंडेशन यह महत्वाकांक्षी लक्ष्य प्राप्त करने के लिए सीएसआर कार्यक्रम में पात्रता संबंधी केंद्रीय कंपनी मामलों के मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप समान विचारधारा वाले उन गैर-सरकारी व नागरिक संगठनों एवं प्रोफेशनल एजेंसियों के साथ तालमेल करेगा, जो पंक्ति के आखिरी व्यक्ति तक पहुंचकर भूख और कुपोषण उन्मूलन के लिए प्रतिबद्ध हैं।
जेएसपी फाउंडेशन अपेक्षा करता है कि इस पवित्र मिशन में भागीदारी के इच्छुक संगठन क्षमतावान होंगे और उनके पास प्रशिक्षित कार्यबल होगा ही लेकिन इनसे भी बढ़कर उनकी भावना जरूरतमंदों के प्रति करुणा और उनके कल्याण की होगी। भूख और कुपोषण उन्मूलन की प्रतिबद्धता वाले ऐसे संगठन [email protected] या जेएसपी फाउंडेशन की वेबसाइट www.jspfoundation.co.in के माध्यम से जुड़ सकते हैं। वेबसाइट पर योजना का विवरण और आवेदन उपलब्ध है।
जेएसपी फाउंडेशन का मानना है कि मिशन जीरो हंगर के महत्वाकांक्षी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सामूहिक और परस्पर सहयोग आवश्यक है। समाजसेवा के लिए दृढ़संकल्पित भागीदारों के साथ मिलकर फाउंडेशन का उद्देश्य देश भर में वंचित और कमजोर समुदायों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना है। -
बिलासपुर/भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली द्वारा 9 अक्टूबर को विधानसभा आम निर्वाचन 2023 की घोषणा कर दी गई है। निर्वाचन की घोषणा तिथि के साथ ही जिले में आदर्श आचरण संहित प्रभावशील हो गई है। आदर्श आचार संहिता के प्रभावशील होने के फलस्वरूप आदर्श आचार संहिता का भलीभांति पालन कराने एवं निर्वाचन संबंधी विभिन्न कार्याें के संपादनार्थ, आवश्यक चर्चा हेतु 10 अक्टूबर को दोपहर 1 बजे जिला कार्यालय के मंथन सभाकक्ष में बैठक रखी गई है। इसके पूर्व मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों की बैठक दोपहर 12 बजे होगी।
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कलेक्टर ने जारी किये आदेश
बिलासपुर/जिले में निर्वाचन की घोषणा तिथि के पश्चात आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है जो कि निर्वाचन समाप्त तिथि तक लागू रहेगी। कलेक्टर श्री संजीव कुमार द्वारा आदेश जारी करते हुए निर्वाचन जैसे लोक महत्व के कार्य को दृष्टिगत रखते हुए विधानसभा आम निर्वाचन 2023 की कार्यवाही सम्पन्न होते तक जिले के सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय केंद्रीय कार्यालयों एवं भारत सरकार के उपक्रमों में कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सभी प्रकार के अवकाश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
जारी आदेश के अनुसार निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान जिले में पदस्थ कोई भी अधिकारी, कर्मचारी बिना कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी बिलासपुर अथवा उनके द्वारा अधिकृत अधिकारी के अनुमति के बिना, किसी प्रकार के अवकाश पर प्रस्थान नहीं करेंगे और न ही मुख्यालय परित्याग करेंगे। किसी भी अधिकारी, कर्मचारी द्वारा बिना अनुमति के अवकाश पर जाने अथवा बिना अनुमति के अवकाश पर जाने अथवा मुख्यालय छोड़ने की दशा में संबंधित कार्यालय प्रमुख या नियंत्रण अधिकारी भी जिम्मेदार होंगे। -
जिला दण्डाधिकारी संजीव कुमार झा ने जारी किये आदेश
बिलासपुर/भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली द्वारा छत्तीसगढ़ विधानसभा आम निर्वाचन 2023 के लिए कार्यक्रम जारी करने के साथ ही आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गई है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री संजीव कुमार झा ने जारी आदेश में बताया कि जिले में लोक परिशांति बनाए रखने एवं निर्वाचन प्रक्रिया एवं मतदान निर्विघ्न, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने अन्य उपायों के साथ साथ प्रतिबंधात्मक उपाय आवश्यक है। उन्होंने दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा-144 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए निम्नलिखित प्रतिबंधात्मक निषेधाज्ञा जारी किया हैः- बिलासपुर जिले के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार का घातक अस्त्र-शस्त्र यथा बंदूक, रायफल, पिस्टल, रिवाल्वर, भाला, बल्लम, बरछा, लाठी एवं अन्य प्रकार के घातक हथियार तथा विस्फोटक सामाग्री को किसी भी सार्वजनिक स्थान आम सड़क, रास्ता, सार्वजनिक सभाएँ एवं अन्य स्थानों पर लेकर नहीं चलेगा। कोई भी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी सशस्त्र जुलूस नहीं निकालेगा और न ही आपत्तिजनक नारे लगायेगा और न ही आपत्तिजनक पोस्टर वितरित करेगा।
यह आदेश उन शासकीय अधिकारियों, कर्मचारियों पर लागू नहीं होगा जिन्हें अपने कार्य के सम्पादन के लिये लाठी या शस्त्र रखना आवश्यक है। यह आदेश उन शासकीय कर्मचारियों पर भी लागू नहीं होगा जिन्हें चुनाव, मतदान के दौरान कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिये पुलिस अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह आदेश उन व्यक्तियों पर भी लागू नहीं होगा जिन्हें शारीरिक दुर्बलता, वृद्धावस्था तथा लंगडापन होने के कारण लाठी रखना आवश्यक है। इस आदेश का उल्लंघन करने वाला व्यक्ति अथवा दल भारतीय दण्ड विधान की धारा-188 के अंतर्गत दण्डनीय होगा। प्रकरण के तथ्यों एवं परिस्थितियों को देखते हुए इस आदेश के संबंध में संबंधितों को सूचना पत्र जारी कर सुनवाई, सम्यक रूप से संभव नहीं है। अतः यह आदेश एकपक्षीय पारित किया जाता है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से निर्वाचन प्रक्रिया समाप्ति तक संपूर्ण बिलासपुर जिले में प्रभावशील रहेगा।
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रायपुर / कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे द्वारा छत्तीसगढ़ विधान सभा निर्वाचन 2023 के कार्यक्रम की घोषणा किये जाने के साथ ही जुलूस आमसभा और धरना इत्यादि के लिए निर्देश जारी किया गया है। इसके अनुसार निर्वाचन की प्रक्रिया प्रारंभ होने से जिला के अंदर कोई भी व्यक्ति या व्यक्तियों का समूह बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के न तो कोई सभा करेगा न ही कोई रैली या जुलूस निकाल सकेगा तथा न ही कोई धरना देगा। इस आदेश का उल्लंघन करने वाले समूह/व्यक्ति के विरूद्ध धारा 188 भारतीय दण्ड संहिता के अंतर्गत कार्यवाही की जाएगी। यह आदेश आज से आगामी आदेश तक प्रभावशील रहेगा।
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रायपुर/ जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित कर कहा है कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधान सभा निर्वाचन 2023 के कार्यक्रम की घोषणा किये जाने के साथ ही निर्वाचन की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है, इस दृष्टिकोंण से यह सुनिश्चित किया जावे कि जिले में किसी संपत्ति का विरूपण न हो। इस संबंध में आदेश जारी करते हुए कहा गया है कि छत्तीसगढ़ संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम 1994 के प्रावधानों को कठोरतापूर्वक अनुपालन सुनिश्चित करें।
इसके अनुसार छत्तीसगढ संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम 1994 की धारा 03 में निहित प्रावधानानुसार कोई भी व्यक्ति जो संपत्ति के स्वामी की लिखित अनुज्ञा के बिना सार्वजनिक दृष्टि में आने वाली किसी संपत्ति को स्याही, खडिया, रंग या किसी अन्य पदार्थ से लिख कर या चिन्हित कर के उसे विरूपित करेगा, वह जुर्माने से जो एक हजार रूपये तक का हो सकेगा, दण्डनीय होगा। इस अधिनियम के अधीन दण्डानीय कोई भी अपराध संज्ञेय होगा। इस संबंध में टीम गठित की जाएगी, जिसमें नगरीय निकाय, लोक निर्माण विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस विभाग के कर्मचारी-अधिकारी शामिल रहेंगे। यह टीम नियंत्रण भ्रमण कर जांच कर अधिनियम के प्रावधानों के अंतर्गत आवश्यक कार्रवाई करेगी। -
रायपुर /कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने आदेश जारी कर कहा है कि विधानसभा आम निर्वाचन 2023 हेतु समस्त अधिकारी-कर्मचारियों को आदेशित किया जाता है कि वे कलेक्टर या जिला निर्वाचन अधिकारी के पूर्वानुमति के न तो अवकाश पर रहेंगे और न ही मुख्यालय छोड़ेंगे। इस संबंध में आदेश जारी किया गया है। इसके अनुसार जिला स्तर पर तथा जिले अंतर्गत समस्त शासकीय एवं राज्य शासन के विभागीय इकाईयों/उपक्रमों के अमले के अवकाशों की स्वीकृति हेतु जिला कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अवकाश स्वीकृत करने हेतु सक्षम अधिकारी होंगे।
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विधानसभा निर्वाचन की घोषणा के साथ ही आचार संहिता तत्काल प्रभावशील
रायपुर/ रायपुर जिले में विधानसभा निर्वाचन 2023 की घोषणा के साथ ही आदर्श आचरण संहिता तत्काल प्रभावशाील हो गई है। जिले की सात विधानसभा क्रमशः 47 धरसींवा, 48-रायपुर (ग्रामीण), 49-रायपुर (पश्चिम), 50-रायपुर (उत्तर), 51-रायपुर (दक्षिण), 52-आरंग और 53-अभनपुर के चुनाव हेतु 21 अक्टूबर को अधिसूचना जारी की जायेगी। नामांकन की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर, नाम वापसी की अंतिम तिथि 02 नवंबर, मतदान की तिथि 17 नवंबर और मतगणना 03 दिसंबर को की जायेगी। विधानसभा चुनाव की संपूर्ण प्रक्रिया 05 दिसंबर तक पूर्ण होगी। इस संबंध में कलेक्टर ने नोडल अधिकारियों की बैठक ली और आवश्यक निर्देश भी दिए।
आदर्श आचरण संहिता का पालन करें- भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधानसभा चुनाव की घोषणा के साथ ही जिले में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने सभी शासकीय सेवकों, राजनैतिक दलों को आदर्श आचरण संहिता का पालन करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि सभी कर्मी निष्पक्ष रहें और निष्पक्ष भाव से चुनाव कार्य संपादित करें।
राजनैतिक दल तथा अभ्यर्थियों के लिए साधारण आचरण-
किसी दल या अभ्यर्थी को ऐसा कोई कार्य नहीं करना चाहिए, जो विभिन्न जातियों और धार्मिक या भाषायी समुदायों के बीच विद्यमान मतभेदों को बढ़ाये या घृणा की भावना उत्पन्न करे या तनाव पैदा करे। जब अन्य राजनैतिक दलों की आलोचना की जाय, तब वह उनकी नीतियों और कार्यक्रम, पुराने आचरण और कार्य तक ही सीमित होनी चाहिए, यह भी आवश्यक है कि व्यक्तिगत जीवन के ऐसे सभी पहलुओं की आलोचना नहीं की जानी चाहिए जिनका संबंध अन्य दलों के नेताओं या कार्यकर्ताओं के सार्वजनिक क्रियाकलाप से न हो, अन्य दलों या उनके कार्यकर्ताओं के बारे में कोई ऐसी आलोचना नहीं की जानी चाहिए जो ऐसे आरोपों पर जिनकी सत्यता प्रमाणित न हुई हो या तोड़-मरोड़ कर कही गई बातों पर आधारित हो। मत प्राप्त करने के लिए जातीय या साम्प्रदायिक भावनाओं की दुहाई नहीं दी जानी चाहिए। मस्जिदों, गिरजाघरों, मंदिरों या पूजा के अन्य स्थानों का चुनाव प्रचार के लिए मंच के रूप में उपयोग नहीं किया जाना चाहिए।
सभी दलों और अभ्यर्थियों को ऐसे सभी कार्यों से ईमानदारी के साथ बचना चाहिए, जो निर्वाचन विधि के अधीन ’’भ्रष्ट आचरण’’ और अपराध हैं- जैसे कि मतदाताओं को रिश्वत देना, मतदाताओं को अभित्रस्त करना, मतदाताओं का प्रतिरूपण, मतदान केंद्र के 100 मीटर के भीतर मत संयाचना (चुनाव प्रचार) करना, मतदान की समाप्ति के लिए नियत समय को खत्म होने वाली 48 घंटे की अवधि के दौरान सार्वजनिक सभाएं करना और मतदाताओं को सवारी से मतदान केंद्रों तक ले जाना और वहां से वापस लाना। सभी राजनैतिक दलों या अभ्यर्थियों को इस बात का प्रयास करना चाहिए कि वे प्रत्येक व्यक्ति के शांतिपूर्ण और विघ्नरहित घरेलू जिन्दगी के अधिकार का आदर करें चाहे वे उसके राजनैतिक विचारों या कार्यों के कितने ही विरूद्ध क्यों न हों, व्यक्तियों के विचारों या कार्यों का विरोध करने के लिए उनके घरों के सामने प्रदर्शन आयोजित करने या धरना देने के तरीकों का सहारा किसी भी परिस्थिति में नहीं लेना चाहिए।
किसी भी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी को झण्डा खड़ा करने, बैनर टांगने, सूचनाएं चिपकाने, नारे लिखने आदि के लिए किसी व्यक्ति की भूमि, भवन, अहाते, दीवार आदि का उसकी सहमति के बिना उपयोग करने की अनुमति अपने अनुयायियों को नहीं देनी चाहिए। राजनैतिक दलों और अभ्यर्थियों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके समर्थक अन्य दलों द्वारा आयोजित सभाओं जुलूसों आदि में बाधाएं उत्पन्न न करें या उन्हें भंग न करें। एक राजनैतिक दल के कार्यकर्ताओं या शुभचिंतकों को दूसरे राजनैतिक दल द्वारा आयोजित सार्वजनिक सभाओं में मौखिक रूप से या लिखित रूप में प्रश्न पूछ कर या अपने दल के परचे वितरित करके गड़बड़ी पैदा नहीं करना चाहिए, किसी दल द्वारा जूलूस उन स्थानों से होकर नहीं ले जाने चाहिए जिन स्थानों पर दूसरे दल द्वारा सभाएं की जा रही हों, एक दल द्वारा निकाले गये पोस्टर दूसरे दल के कार्यकर्ता द्वारा हटाये नहीं जाने चाहिए।
इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत अग्रवाल, जिला पंचायत के सीईओ श्री अबिनाश मिश्रा, सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। -
दुर्ग/ कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री पुष्पेन्द्र कुमार मीणा ने सोमवार को मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के जिला पदाधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने विधानसभा निर्वाचन-2023 अंतर्गत आदर्श आचरण संहिता एवं निर्वाचन की विभिन्न प्रक्रियाओं से जनप्रतिनिधियों को अवगत कराया। बैठक में अपर कलेक्टर श्री अरविंद एक्का, उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री बी.के. दुबे एवं विभिन्न राजनैतिक दलों के पदाधिकारी उपस्थित थे। विधानसभा निर्वाचन-2023 के अंतर्गत अधिसूचना जारी की तिथि 21 अक्टूबर 2023 शनिवार को, नामांकन की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर 2023 सोमवार को, नामांकन की संवीक्षा की तिथि 31 अक्टूबर 2023 मंगलवार को, नामांकन वापस लेने की तिथि 02 नवम्बर 2023 गुरूवार को, मतदान की तिथि शुक्रवार 17 नवम्बर 2023 को, मतगणना की तिथि रविवार 03 दिसम्बर 2023 को निर्धारित की गई है। सामान्य सांख्यिकी जानकारी - कुल संसदीय निर्वाचन क्षेत्र - 01 (07 दुर्ग)
कुल विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र -06 और 02 आंशिक (62 पाटन, 63 दुर्ग ग्रामीण, 64 दुर्ग शहर, 65 भिलाई नगर, 66 वैशाली नगर, 67 अहिवारा, 68 साजा (आंशिक) तथा 69 बेमेतरा (आंशिक)
वर्तमान में विधानसभा मतदान केन्द्रों की संख्या -
विधानसभा क्षेत्र 62 पाटन में 246, 63 दुर्ग ग्रामीण में 227, 64 दुर्ग शहर में 215, 65 भिलाई नगर में 167, 66 वैशाली नगर 242, 67 अहिवारा में 259, 68 साजा (आंशिक) में 101, 69 बेमेतरा (आंशिक) 22 मतदान केन्द्र है। इस तरह कुल मतदान केन्द्र 1479 है।
फोटोयुक्त निर्वाचन नामावलियों का द्वितीय विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण-2023 अर्हता तिथि 01 अक्टूबर 2023 की जानकारी के अनुसार प्रारंभिक प्रकाशन 02 अगस्त 2023 की स्थिति में पुरूष 694894 एवं महिला 697039 तथा तृतीय लिंग 53 है। जिनमें कुल मतदाता 1391986 है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन में 4 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 712067 एवं महिला 719228 तथा तृतीय लिंग 55 है। जिनमें कुल मतदाता 1431350 है।
प्रारंभिक प्रकाश दिनांक 02 अक्टूबर 2023 एवं अंतिम प्रकाशन दिनांक 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में मतदाताओं की जानकारी-
विधानसभा निर्वाचन-2023 के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र 62 पाटन के प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थ्ािित में पुरूष 105743 एवं महिला 106837 तथा अन्य 1 मतदाता जिनमें कुल 212581 है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन में पुरूष 107574 एवं महिला 109086 तथा अन्य 1 जिनमें मतदाता कुल 216661 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 4080 है।
विधानसभा क्षेत्र 63 दुर्ग ग्रामीण में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 107422 एवं महिला 107459 तथा अन्य 6 है। जिनमें कुल 214887 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 109526 एवं महिला 110447 तथा अन्य 5 जिनमें कुल मतदाता 219978 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 5091 है।
विधानसभा क्षेत्र 64 दुर्ग शहर में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 107933 एवं महिला 111321 तथा अन्य 21 है। जिनमें कुल 219275 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 111426 एवं महिला 115797 तथा अन्य 21 जिनमें कुल मतदाता 227244 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 7969 है।
विधानसभा क्षेत्र 65 भिलाई नगर में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 82661 एवं महिला 81169 तथा अन्य 1 है। जिनमें कुल 163831 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 84500 एवं महिला 83842 तथा अन्य 3 जिनमें कुल मतदाता 168345 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 4514 है।
विधानसभा क्षेत्र 66 वैशाली नगर में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 122246 एवं महिला 120924 तथा अन्य 7 है। जिनमें कुल 243177 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 125410 एवं महिला 125050 तथा अन्य 11 जिनमें कुल मतदाता 250471 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 7294 है।
विधानसभा क्षेत्र 67 अहिवारा में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 117785 एवं महिला 119271 तथा अन्य 14 है। जिनमें कुल 237070 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 120942 एवं महिला 123301 तथा अन्य 12 जिनमें कुल मतदाता 244255 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 7185 है।
विधानसभा क्षेत्र 68 साजा (आंशिक) में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 42266 एवं महिला 41369 तथा अन्य 3 है। जिनमें कुल 83638 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 43510 एवं महिला 42653 तथा अन्य 2 जिनमें कुल मतदाता 86165 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 2527 है।
विधानसभा क्षेत्र 69 बेमेतरा (आंशिक) में प्रारंभिक प्रकाशन 02 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 8838 एवं महिला 8689 है। जिनमें कुल 17527 मतदाता है। इसी प्रकार अंतिम प्रकाशन 04 अक्टूबर 2023 की स्थिति में पुरूष 9179 एवं महिला 9052 मतदाता है, जिनमें कुल मतदाता 18231 है। बढ़ोत्तरी मतदाता 704 है।
मतदाता सूची में पीडब्ल्यूडी चिन्हांकित मतदाताओं की संख्या प्रारंभिक प्रकाशन-6619 से बढ़कर अंतिम प्रकाशन में कुल 7752 है। 18-19 आयुवर्ग समूह में 40062 मतदाता पंजीकृत है। प्रारंभिक में 18-19 आयुवर्ग के कुल मतदाता 23914 थे, इस प्रकार इस आयुवर्ग में पुनरीक्षण अवधि के दौरान कुल 16148 मतदाताओं की संख्या में वृद्धि हुई है। वरिष्ठ नागरिक मतदाता (80$ आयु वर्ग) 14805 है। जिले में निर्वाचन नामावली के अंतिम प्रकाशन तिथि 04 अक्टूबर 2023 को सर्विस वोटर्स की कुल संख्या 1937 दर्ज है।
अंतिम प्रकाशन दिनांक 04 अक्टूबर 2023 की फोटोरहित मतदाता सूची इस कार्यालय के वेबसाईट के साथ-साथ सीईओछत्तीसगढ़डाटएनआईसीडाटइन में होस्ट कर दी गई है। आम जनता मतदान केन्द्रवार मतदाता सूची डाउनलोड कर इसका अवलोकन कर सकते हैं। जिले में संक्षिप्त पुनरीक्षण-2023 (प्रथम चरण), सतत अद्यतनीकरण एवं संक्षिप्त पुनरीक्षण-2023 (द्वितीय चरण) में अब तक कुल 187109 मतदाता फोटो पहचान पत्र (एपिक कार्ड) की प्रिंटिंग एवं वितरण का कार्य डाक विभाग के माध्यम से कराया जा चुका है। एम.टेक पुणे वंेडर को 62952 डेटा पिं्रट हेतु प्रेषित किया गया है, पिं्रट होने के उपरांत वितरण डाक विभाग द्वारा किया जाएगा। मतदाता सूची में आपका नाम एवं मोबाईल नंबर दर्ज होने पर आयोग द्वारा संचालित वोटर सर्विस पोर्टल (एचटीटीचीएसः//वोटर्सडाटइसीआईडाटजीओभीडाटइन) में जाकर आप ई-एपिक डाउन लोड कर सकते हैं। निर्वाचनक नामावली में फार्म-6 के माध्यम से नये नाम जोड़ने की कार्यवाही एवं फार्म-8 के माध्मय से शिफ्टिंग वाले आवेदन नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि के 10 दिवस पूर्व तक प्राप्त किये जाएंगे तथा ऐसे सभी आवेदन की प्रोसेसिंग इन 10 दिवसों में ही जाकर नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि को मतदाता सूची फ्रीज हो जाएगी। निर्वाचन की घोषणा होने के उपरांत प्राप्त फार्म-7 के माध्यम से नाम विलोपन एवं फार्म-8 के माध्यम से शिफ्टिंग केटेगरी के आवेदनों को छोड़कर अन्य श्रेणियांें के आवेदनों (संशोधन, पीडब्ल्यूडी मार्किंग एवं रिप्लेंसमेंट एपिक) की प्रोसेसिंग पूर्णतः बंद हो जाएगी एवं इनका निर्वाचन संपन्न होने के उपरांत अतिशीघ्र किया जाएगा।


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