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- 0- मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय करेंगे शुभारंभ, उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव समारोह की अध्यक्षता करेंगे0- तीन दिवसीय आयोजन में 14 विधाओं में 3000 युवा दिखाएंगे प्रतिभा, लोकनृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, चित्रकला और कविता लेखन के विजेता प्रतिभागी राष्ट्रीय युवा उत्सव में करेंगे भागीदारी0- 8 दलीय और 6 एकल विधाओं में होंगी प्रतियोगिताएं, दलीय विधाओं की विजेता टीम को 20 हजार और एकल स्पर्धाओं के विजेता को 5 हजार की पुरस्कार राशि0- केन्द्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के विशिष्ट आतिथ्य में होगा युवा महोत्सव का शुभारंभ0- छत्तीसगढ़ की मेजबानी में होने वाले पहले 'खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स' की भी होगी लॉन्चिंगबिलासपुर. राज्य शासन के खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा 23 दिसम्बर से 25 दिसम्बर तक बिलासपुर के राज्य खेल प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में राज्य युवा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 23 दिसम्बर को इसका शुभारंभ करेंगे। महोत्सव में 14 सांस्कृतिक और साहित्यिक विधाओं में प्रदेश के 3000 युवा अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। शुभारंभ समारोह में छत्तीसगढ़ की मेजबानी में होने वाले पहले 'खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स' की लॉन्चिंग भी की जाएगी। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव शुभारंभ समारोह की अध्यक्षता करेंगे। केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा अति विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शामिल होंगे। राज्यपाल श्री रमेन डेका 25 दिसम्बर को समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।छत्तीसगढ़ के युवाओं को सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ने, उनकी प्रतिभा को निखारने तथा राष्ट्रीय स्तर पर उनके प्रतिभा के प्रदर्शन के लिए मंच प्रदान करने राष्ट्रीय युवा महोत्सव-2026 के तारतम्य में खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसमें 14 विधाओं में प्रतियोगिताएं होंगी, जिनमें आठ दलीय विधाएं औ छह 6 एकल विधाएं शामिल हैं। दलीय विधाओं में लोकनृत्य, पंथी नृत्य, राउत नाचा, सुआ नृत्य, करमा नृत्य, लोकगीत, रॉक बैंड और एकांकी की प्रतियोगिताएं होंगी। वहीं एकल विधाओं में वाद-विवाद, कहानी लेखन, चित्रकला, कविता लेखन, नवाचार (साइंस मेला) और पारंपरिक वेशभूषा शामिल हैं। सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं की पांच विधाओं लोकनृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, चित्रकला और कविता लेखन के विजेता प्रतिभागी नई दिल्ली में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय युवा उत्सव-2026 में छत्तीसगढ़ की ओर से भागीदारी करेंगे।राज्य युवा महोत्सव में दलीय विधाओं में प्रथम स्थान हासिल करने वाले प्रतिभागियों को 20 हजार रुपए, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वालों को 15 हजार रुपए एवं तृतीय स्थान पर रहने वाले प्रतिभागियों को 10 हजार रुपए की पुरस्कार राशि दी जाएगी। एकल विधाओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को क्रमशः 5 हजार रुपए, 3 हजार रुपए एवं 2 हजार रुपए प्रदान किए जाएंगे। महोत्सव में भाग लेने वाले हर प्रतिभागी को एक-एक हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।राज्य युवा महोत्सव के दौरान प्रसिद्ध कलाकारों के गायन, बैण्ड परफॉर्मेंस, कवि सम्मेलन जैसे विविध आयोजन भी होंगे। 23 दिसम्बर को उद्घाटन समारोह के दिन राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई में शाम 5 बजे से रात्रि 8 बजे तक आरूग बैण्ड (श्री अनुज शर्मा) की प्रस्तुति तथा नारायणपुर के प्रसिद्ध मल्लखंब का प्रदर्शन किया जाएगा। 23 दिसम्बर को ही बिलासपुर पुलिस ग्राउंण्ड में रात साढ़े 8 बजे से कवि सम्मेलन होगा, जिसमें प्रसिद्ध कवि डॉ. कुमार विश्वास एवं अन्य कवि कविता पाठ करेंगे। राज्य युवा महोत्सव के दूसरे दिन 24 दिसम्बर को राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई में शाम 6 बजे से काफिला बैण्ड एवं स्वप्निल लाइव बैण्ड की प्रस्तुति होगी। अंतिम दिन 25 दिसम्बर को शाम 6 बजे से सुश्री आरू साहू तथा दायरा (बस्तर) बैण्ड की प्रस्तुति होगी। समापन समारोह में विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरित किए जाएंगे।--
- भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई मुख्य कार्यालय सभागार कक्ष में आत्मनिर्भर भारत संगोष्ठी का आयोजन किया जाना है। संगोष्ठी में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पाण्डेय, आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय, नेता प्रतिपक्ष भोजराज सिन्हा, जिला भाजपा अध्यक्ष पुरूषोत्तम सिन्हा के उपस्थिति में आत्मनिर्भरता के संबंध में विस्तार से चर्चा किया गया।मुख्य वक्ता पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पाण्डेय द्वारा अपने वक्तव्य में स्वदेशी को जनहितैषी एवं देश हितैषी बताया गया। उन्होने कहा कि हम भारतीय नागरिको को स्वदेशी उत्पादों का उपयोग को विशेष प्राथमिकता देना चाहिए। पुराने पारंपरिक व्यवसाय जिससे पीढ़ी दर पीढ़ी व्यवसाय को नये पीढ़ी को सौंपा जाता है। जिसके लिए कोई भी प्रशिक्षण देने की आवश्यकता नहीं होती है, स्वमेव उच्च पीढ़ी से नीचे पीढ़ी को व्यवसाय का प्रशिक्षण मिल जाता है जो कि अदभूत है। ज्यादातर सामग्री पहले विदेशों से मंगाये जाते थे, आज की स्थिति में दुर्लभ सामग्रीयों का निर्माण भारत में होता है। कोविड महामारी के समय वेक्सिन का निर्माण भारत में हुआ, जो कि इसका बहुत बड़ा उदाहरण है। जो सामग्री हम अपने घरो में निर्माण करेगें, उसका लागत बाहर निर्माण से निश्चित ही कम होगा। जिसका कई उदाहरण प्रस्तुत करते हुए बताया गया। आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय द्वारा स्वागत भाषण दिया गया, जिसमें परमाणु परीक्षण 13 मई 1998 में हुए संयुक्त राज्य अमेरिका और जापान सहित अन्य देशो के दबाव के बारे में बताया गया। आत्म निर्भरता को गांव, शहर, प्रदेश एवं देश सभी के लिए अनिवार्य बताया गया।नेता प्रतिपक्ष भोजराज सिन्हा, जिला भाजपा अध्यक्ष पुरूषोत्तम सिन्हा एवं पूर्व महापौर चंद्रकांता मांडले सभी के द्वारा एकमतेन कहा गया कि स्वदेशी एवं लोकल फाॅर वोकल को प्राथमिकता दें, जिससे देश की आर्थिक स्थिति मजबूत रहे। भारतीय सामग्रीयों के उपयोग को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए व्यवसाय और खरीदारी करें। जिससे देश का पैसा देश में रहे और आर्थिक संपन्नता बना रहे। स्वीटी कौशिक द्वारा कार्यक्रम में सम्मिलित सभी जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों का आभार व्यक्त किया गया।संगोष्ठी में उपस्थित विधायक प्रतिनिधि शैलेन्द्र सिंह, पार्षद नोहर वर्मा, प्रदीप सेन, अनिता साहू, स्वीटी कौशिक, स्वास्थ्य अधिकारी जावेद अली, सहायक राजस्व अधिकारी शरद दुबे, नटवर ताम्रकार, पूनम शुक्ला, रश्मि, निगम के सभी अधिकारी एवं कर्मचारीगण संगोष्ठी में शामिल होकर अपने दैनिक जीवन में अधिकतम भारतीय उत्पादों का उपयोग करने, घरों में भारतीय उत्पादों को प्राथमिकता देने, स्थानीय उद्योगो को बढ़ावा देने, युवाओं और बच्चों को स्वदेशी अपनाने के लिए प्रेरित करने, पारिवारिक और सामाजिक जीवन में भारतीय भाषाओं का प्रयोग करने, प्रकृति के अनुकूल उत्पादों का प्रयोग करने एवं देश के पर्यटन स्थालों को प्राथमिकता देने शपथ लिये।
- भिलाईनगर। संचालक नगरीय प्रशासन एवं विकास के निर्देशानुसार छत्तीसगढ़ राज्य के 115 नगरीय निकायों में अटल परिसर निर्माण कार्य का लोकार्पण कार्यक्रम कराया जाना है। माननीय मुख्यमंत्री, माननीय उप मुख्यमंत्री एवं भारसाधक मंत्री एवं अन्य विशिष्टि अतिथियों के द्वारा दिनांक 25.12.2025 समय पूर्वान्ह 10.00 बजे स्थान - फुण्डहर चौंक रायपुर से नगर निगम रायपुर के अटल परिसर एवं अन्य 114 नगरीय निकायों के अटल परिसर का लोकार्पण किया जाना है। अटल परिसर निर्माण कार्य के लोकार्पण कार्यक्रम के पूर्व निम्नलिखित आवश्यक तैयारियां कराये जाने के निर्देश प्राप्त हुए हैं।लोकार्पण कार्यक्रम दिनांक के पूर्व अटल परिसर निर्माण कार्य पूर्ण कराया जाना है। लोकार्पण स्थल की साफ-सफाई एवं साजवट की उचित व्यवस्था कराना है। लोकार्पण हेतु वीडियो लाईव स्ट्रीमिंग तकनीकी उपकरण, जैसे प्रोजेक्टर/स्क्रीन, लैपटाॅप/कम्प्युटर, इंटरनेट कलेक्शन, साउण्ड सिस्टम, माईक आदि की व्यवस्था कराना है। अटल परिसर लोकार्पण कार्यक्रम स्थल पर जनप्रतिनिधियों के लिए मंच एवं नागरिको की बैठक व्यवस्था किया जाना है। कार्यक्रम की सूचना स्थानीय माननीय मंत्री, माननीय सांसद, माननीय विधायक, महापौर, अध्यक्ष, पार्षदगण, जनप्रतिनिधियों एवं नगर के गणमान्य नागरिकों तथा संबंधित अधिकारियों को सूचित किया जाना है। कार्यक्रम हेतु प्रोटोकाल अनुसार विशिष्ट अतिथियों और जनप्रतिनिधियों की सूची तैयार कर समस्त अतिथियों एवं जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाना है। सम्पूर्ण कार्यक्रम आयोजन की उचित फोटोग्राफी एवं वीडियोग्राफी की व्यवस्था किया जाना है।
- 0- कलेक्टर ने शुभकामनाएं देते हुए हरी झंडी दिखाकर दल को रवाना किया0- जिले से लगभग 110 युवा कलाकार इस महोत्सव में भाग ले रहेंरायपुर। राज्य स्तरीय युवा महोत्सव वर्ष 2025-26 का आयोजन बिलासपुर में 23 से 25 दिसंबर 2025 तक किया जा रहा है। इस अवसर पर जिला स्तर पर रायपुर के चयनित युवा कलाकारों के दल को कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने आज हरी झंडी दिखाकर रायपुर से बिलासपुर के लिए रवाना किया। राज्य स्तरीय युवा महोत्सव में जिले के युवा कलाकार लोकनृत्य, पंथी नृत्य, राउत नाचा, सुआ नृत्य, करमा नृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, कहानी लेखन, चित्रकला, कविता लेखन, नवाचार, एकांकी नाटक, पारंपरिक वेशभूषा एवं रॉक बैंड सहित कुल 14 विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। रायपुर जिले से लगभग 110 युवा कलाकार इस महोत्सव में भाग ले रहे हैं।कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह मंच युवाओं को अपनी कला, सृजनशीलता एवं सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है। उन्होंने विश्वास जताया कि रायपुर जिले के युवा कलाकार राज्य स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन करेंगे।बिलासपुर में आयोजित राज्य स्तरीय युवा महोत्सव के विजेता प्रतिभागियों को आगामी राष्ट्रीय युवा महोत्सव में भाग लेने का अवसर मिलेगा, जिसका आयोजन 12 जनवरी से 14 जनवरी 2026 तक किया जाएगा। इस अवसर पर जिला खेल अधिकारी श्री प्रवेश जोशी भी उपस्थित थे। दल के साथ नोडल अधिकारी श्री संतोष चंद्राकर एवं सहायक नोडल अधिकारी श्री रमेश ठाकुर भी बिलासपुर के लिए रवाना हुए।
- 0- “प्रोजेक्ट आओ बाँटें खुशियाँ” के तहत शासकीय कर्मचारी बच्चों संग साझा कर रहे हैं खुशियाँरायपुर. जिले में शासकीय कर्मचारियों के जन्मदिन अब केवल व्यक्तिगत आयोजन नहीं रह गए हैं, बल्कि समाज सेवा का माध्यम बनते जा रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशानुसार प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना और न्योता भोज के अंतर्गत संचालित “प्रोजेक्ट आओ बाँटें खुशियाँ” का उद्देश्य ही है - खुशियों को बाँटना, और इस पहल को शासकीय कर्मचारी पूरे उत्साह के साथ अपना रहे हैं।इसी क्रम में आज मेडिकल ऑफिसर्स डॉ महावीर सिंह ने आंगनबाड़ी केंद्र भाटागांव, टेकनीशियन लबोरर्टी श्री निथिलेश धिवर ने आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 1 धरसीवां, एमपीडब्ल्यू श्री अश्वनी कुमार साहू ने गवर्नमेंट हायर सेकेंडरी स्कूल कोसारी आरंग, शिक्षक श्रीमती बिंदा साहू ने गवर्नमेंट हायर सेकेंडरी स्कूल कोरासी आरंग, लेक्चरर श्रीमती रमा जांगड़ा ने शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल ऊपरवारा, शिक्षक श्री गिरीश कुमार ने आंगनबाड़ी केंद्र सारागांव धरसीवां के बच्चों के साथ अपना जन्मदिन केक काटकर तथा फल और पौष्टिक आहार वितरित कर मनाया।
- रायपुर. कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार जिले में राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम अंतर्गत पल्स पोलियो अभियान को प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है। अभियान के द्वितीय दिवस आज जिलेभर में घर-घर भ्रमण कर पोलियो की दवा पिलाई गई। आज कुल 2 लाख 91 हजार 671 घरों का भ्रमण किया गया। इस दौरान 1491 घरों में ताला बंद पाए जाने पर X मार्किंग की गई, जबकि 648 घरों को X से P में परिवर्तित किया गया। टीकाकरण अधिकारी डॉ. श्वेता सोनवानी ने बताया कि आज 33 हजार 258 बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई गई।अभियान के दोनों दिवसों में अब तक जिले में कुल 3 लाख 32 हजार 838 बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जा चुकी है, जो कि जिले के कुल लक्ष्य का 96 प्रतिशत है। शेष बचे लगभग 12 हजार 800 बच्चों को अभियान के अंतिम दिवस घर-घर भ्रमण कर कवर किया जाएगा।कलेक्टर के निर्देशानुसार मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश चौधरी के मार्गदर्शन में जिला स्तरीय मॉनिटरिंग टीम द्वारा जिले के चारों विकासखंडों एवं शहरी क्षेत्रों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के पश्चात शाम को इवनिंग ब्रिफिंग मीटिंग आयोजित की गई, जिसमें सभी विकासखंड चिकित्सा अधिकारी ऑनलाइन जुड़े।बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने शहरी क्षेत्रों में कार्यरत टीमों को अभियान के तीसरे दिवस में शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के निर्देश दिए।--
- -24 दिसम्बर को ढांक महासमुंद, लमकेनी बागबाहरा एवं बड़ेढाबा बसना में शिविर आयोजितमहासमुंद, / सुशासन सप्ताह 2025 के अंतर्गत जिले में प्रशासन गांव की ओर अभियान का आयोजन 19 दिसंबर 2025 से 26 दिसंबर 2025 तक किया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी सीधे गांव-गांव तक पहुंचाना तथा आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित निराकरण करना है।इसी क्रम में आज महासमुंद विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम पंचायत मोंगरा के पूर्व माध्यमिक शाला में शिविर आयोजित किया गया। इस अवसर पर जनपद उपाध्यक्ष श्रीमती हुलसी चंद्राकर, जनपद सदस्य श्रीमती नीता साहू, एसडीएम अक्षा गुप्ता, डिप्टी कलेक्टर शुभम देव, जनपद सीईओ बी एस मंडावी, तहसीलदार जुगल किशोर पटेल, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। शिविर में 30 ग्राम पंचायतों के ग्रामीण शामिल हुए। शिविर में 2 बच्चों का अन्नप्राशन एवं 2 गर्भवती महिलाओं का गोद भराई की रश्म कराया गया। साथ ही विभागों द्वारा योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई। परिवहन विभाग द्वारा ड्राइविंग लाइसेंस हेतु शिविर लगाया गया। इसके अलावा निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर और विभागों द्वारा स्टॉल लगाया गया। मोंगरा शिविर में कुल 96 आवेदन प्राप्त हुए, इनमें 81 आवेदनों का त्वरित निराकरण किया गया। इसी तरह आज बसना विकासखण्ड अंतर्गत हाई स्कूल चनाट के शिविर में 51 आवेदन प्राप्त हुए एवं 23 निराकृत किया गया। सरायपाली विकासखण्ड अंतर्गत उच्चतर माध्यमिक शाला तोषगांव शिविर में 63 आवेदन प्राप्त हुए। जिसमें 42 आवेदन निराकृत किया गया। इसी तरह बागबाहरा विकासखण्ड अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला तुसदा में एवं पिथौरा विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम पंचायत भवन परिसर गड़बेड़ा में भी शिविर का आयोजन हुआ।अभियान के तहत आयोजित होने वाले शिविरों में विकासखण्ड स्तर के अधिकारी विभाग से संबंधित स्टॉल लगाकर अपने-अपने विभागों की योजनाओं की जानकारी प्रदान कर रहे हैं, वहीं आम जनता से प्राप्त आवेदनों का शिविर स्थल पर ही निराकरण किया जा रहा है। इसके साथ ही पात्र हितग्राहियों को विभागीय योजनाओं के अंतर्गत सामग्री वितरण की कार्यवाही भी सुनिश्चित किया जा रहा है। जिले के महासमुंद, बागबाहरा, बसना, पिथौरा, सरायपाली विकासखण्डों के अंतर्गत विभिन्न ग्रामों एवं शासकीय विद्यालय परिसरों, पंचायत भवनों एवं सामुदायिक स्थलों पर शिविर आयोजित किया जा रहा है। सभी शिविरों का समय प्रातः 11ः00 बजे से अपराह्न 3ः00 बजे तक निर्धारित है।महासमुंद विकासखण्ड महासमुंद अंतर्गत 23 दिसम्बर को उच्चतर माध्यमिक शाला मालीडीह में शिविर का आयोजन किया जाएगा। इसी प्रकार, 24 दिसम्बर को शासकीय प्राथमिक शाला ढांक में, 26 दिसम्बर को ग्राम पंचायत भवन बनपचरी में आयोजित होगा। इसी तरह बागबाहरा विकासखण्ड अंतर्गत 23 दिसम्बर को शासकीय हाई स्कूल बकमा, 24 दिसम्बर को शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला लमकेनी, 26 दिसम्बर को शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला खैरटखुर्द में, बसना विकासखण्ड अंतर्गत 23 दिसम्बर को हाई स्कूल रोहिना, 24 दिसम्बर को शहीद गगनदीप सामुदायिक शेड बढ़ेढाबा में, पिथौरा विकासखण्ड अंतर्गत 23 दिसम्बर को हाई स्कूल परिसर अरण्ड में तथा सरायपाली विकासखण्ड अंतर्गत 23 दिसम्बर को उच्चतर माध्यमिक शाल केंदुवा एवं 26 दिसम्बर को हाई स्कूल टेमरी में शिविर का आयोजन किया जाएगा। जिला प्रशासन द्वारा आम नागरिकों से शिविरों में अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर लाभ लेने की अपील की गई है।
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-प्रेस कांफ्रेंस 23 दिसम्बर को शाम 4 बजे
महासमुंद / निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम अंतर्गत अर्हता तिथि 01 जनवरी 2026 के संदर्भ में जिला महासमुंद के चारों विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों का प्रारूप प्रकाशन किया जाएगा। इनमें विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 39 सराईपाली, 40 बसना, 41 खल्लारी एवं 42 महासमुंद शामिल हैं।कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री विनय कुमार लंगेह ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मंगलवार 23 दिसंबर 2025 को इन सभी विधानसभा क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों का प्रारूप प्रकाशन किया जाना है। इस अवसर पर निर्वाचक सूची से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी आम नागरिकों तक पहुंचाने एवं मीडिया को अवगत कराने हेतु प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई है। प्रेस कॉन्फ्रेंस 23 दिसंबर 2025 को सायं 04ः00 बजे कलेक्टर कार्यालय महासमुंद के सभाकक्ष में आयोजित होगी। कलेक्टर श्री लंगेह ने समस्त प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के प्रतिनिधियों से नियत तिथि, समय एवं स्थान पर अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने का आग्रह किया है। file photo - -पीड़ित परिवार को 5 लाख की सहायता, पार्थिव शरीर सम्मानपूर्वक गृह ग्राम लाने की व्यवस्थारायपुर /केरल के पलक्कड़ जिले में छत्तीसगढ़ के प्रवासी मजदूर श्री रामनारायण बघेल, निवासी ग्राम करही, तहसील हसौद, जिला सक्ती, के साथ हुई दुर्भाग्यपूर्ण और अमानवीय घटना पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने गहरा शोक और संवेदना व्यक्त की है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि किसी भी निर्दोष नागरिक के साथ इस प्रकार की हिंसा सभ्य समाज के मूल्यों के विपरीत है और मानवता को शर्मसार करने वाली है। उन्होंने इस घटना को अत्यंत पीड़ादायक बताते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार पीड़ित परिवार के साथ पूरी संवेदनशीलता के साथ मजबूती से खड़ी है।मुख्यमंत्री श्री साय ने पीड़ित परिवार को ₹5 लाख की आर्थिक सहायता राशि देने की घोषणा की है। साथ ही मृतक के परिजनों को तत्काल केरल भेजने की व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर रामनारायण बघेल का पार्थिव शरीर सम्मानपूर्वक उनके गृह ग्राम लाने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। पार्थिव शरीर कल हवाई जहाज़ से छत्तीसगढ़ लाया जाएगा।मुख्यमंत्री श्री साय ने केरल सरकार से अनुरोध किया है कि इस जघन्य अपराध में शामिल सभी दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की अमानवीय घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा, सम्मान और न्याय के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है और इस कठिन समय में पीड़ित परिवार को हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।
- -मातृशक्ति के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए सरकार दृढ़संकल्पित : मुख्यमंत्री श्री सायरायपुर /मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में सेवा का पहला वर्ष ‘विश्वास वर्ष’ के रूप में समर्पित किया गया था, जिसमें शासन और जनता के बीच विश्वास की पुनर्स्थापना का लक्ष्य सफलतापूर्वक प्राप्त हुआ। लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ करते हुए सरकार ने पारदर्शिता, संवेदनशीलता और संवाद के माध्यम से जनता का भरोसा फिर से अर्जित किया।उन्होंने कहा कि सेवा का दूसरा वर्ष भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को समर्पित ‘अटल निर्माण वर्ष’ के रूप में मनाया गया। इस दौरान प्रदेश के आधारभूत ढांचे, सामाजिक विकास और जनकल्याण से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण कार्य पूरे हुए। इन उपलब्धियों का विस्तृत ‘रिपोर्ट कार्ड’ आज जनता के समक्ष सीधे प्रस्तुत किया गया, जो सरकार की जवाबदेही और पारदर्शिता का परिचायक है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश को सबसे अधिक आशीर्वाद मातृशक्ति से मिलता है। माताओं और बहनों के स्नेह, विश्वास और समर्थन से ही सरकार को जनसेवा की ऊर्जा प्राप्त होती है। इसी भाव से प्रेरित होकर राज्य सरकार ने आगामी वर्ष को ‘महतारी गौरव वर्ष’ के रूप में घोषित किया है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि ‘महतारी गौरव वर्ष’ के दौरान राज्य की सभी प्रमुख योजनाओं और कार्यक्रमों का केंद्रबिंदु माताएँ और बहनें होंगी। यह वर्ष न केवल मातृशक्ति के सम्मान का प्रतीक होगा, बल्कि उनके सशक्तिकरण, सुरक्षा, स्वास्थ्य, स्वावलंबन और सामाजिक गरिमा को नई ऊँचाई देने का संकल्प भी सिद्ध होगा।उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि महतारी गौरव वर्ष के माध्यम से छत्तीसगढ़ में मातृशक्ति के नेतृत्व, सहभागिता और सम्मान का एक नया अध्याय लिखा जाएगा, जो विकसित और समरस छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव बनेगा।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने प्रदेश के जांजगीर में ‘जनादेश परब’ के अवसर पर आयोजित ऐतिहासिक जनसभा में उमड़े जनसमर्थन के लिए प्रदेशवासियों के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने जनसभा में उपस्थित केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके प्रेरणास्पद उद्बोधन ने कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे मार्गदर्शक विचार छत्तीसगढ़ महतारी की सेवा के संकल्प को और अधिक दृढ़ बनाते हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह विशाल सहभागिता लोकतंत्र में जनता के अटूट विश्वास और सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों की स्वीकृति का सशक्त प्रमाण है।
- -आयोजन की तैयारियों को लेकर कलेक्टर ने ली बैठक, अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देशमहासमुंद / लोकसभा स्तरीय सांसद खेल महोत्सव 2025 का आयोजन आगामी 24 एवं 25 दिसम्बर’ को जिला मुख्यालय महासमुंद में किया जा रहा है। इस दो दिवसीय खेल महोत्सव को सफलतापूर्वक एवं सुव्यवस्थित रूप से संपन्न कराए जाने हेतु कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज शाम संबंधित विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर तैयारियों को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में शिक्षा विभाग, जिला पंचायत, आदिवासी विकास विभाग, लोक निर्माण विभाग एवं अन्य संबंधित विभाग के अधिकारी मौजूद थे।कलेक्टर श्री लंगेह ने कहा कि सांसद खेल महोत्सव युवाओं में खेल भावना विकसित करने, प्रतिभाओं को मंच देने और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश देते हुए कहा कि आयोजन के प्रत्येक पहलू पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि प्रतिभागियों एवं दर्शकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।बैठक में खेल मैदानों की तैयारी, पंजीयन व्यवस्था, खेल सामग्री की उपलब्धता, निर्णायकों की नियुक्ति, खिलाड़ियों के आवागमन, पेयजल, स्वच्छता, चिकित्सा सुविधा, विद्युत व्यवस्था, सुरक्षा एवं यातायात प्रबंधन सहित अन्य व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग को आयोजन स्थल पर एम्बुलेंस एवं मेडिकल टीम की व्यवस्था सुनिश्चित करने, वहीं पुलिस विभाग को सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था सुदृढ़ रखने के निर्देश दिए। उन्होंने नगर पालिका एवं लोक निर्माण विभाग को खेल स्थलों की साफ-सफाई, मंच, बैठक व्यवस्था तथा आवश्यक मरम्मत कार्य समय पर पूर्ण करने को कहा। साथ ही, शिक्षा एवं खेल विभाग को प्रतियोगिताओं के सुचारू संचालन, समय-सारिणी निर्धारण तथा प्रतिभागियों के समन्वय की जिम्मेदारी सौंपी गई।कलेक्टर ने कहा कि सांसद खेल महोत्सव जिले के खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का सुनहरा अवसर है, इसलिए आयोजन को उत्सव के रूप में मनाया जाए। उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि निर्धारित समय-सीमा में सभी तैयारियां पूर्ण कर ली जाएं और आयोजन के दौरान निरंतर निगरानी रखी जाए।
- - किसान देवदास ने धान विक्रय की राशि से अपने सपनों के घर को करेंगे पूरा- शासन की धान खरीदी कार्य में डिजिटल व्यवस्था से किसानों को मिली बड़ी राहतराजनांदगांव । राज्य शासन की पारदर्शी और सुव्यवस्थित नीति से किसानों का जीवन बदल रहा है। शासन द्वारा समर्थन मूल्य एवं कृषक उन्नति योजना से किसान आर्थिक रूप से मजबूत हो रहे है। जिससे वे अपने सपनों को पूरा करने में समक्ष हो रहे हैं। किसानों से 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी की जा रही है। राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम खपरीकला के किसान श्री देवदास वर्मा ने धान उपार्जन केन्द्र भानपुरी में 146 क्ंिवटल धान का विक्रय किया है। किसान श्री देवदास बहुत खुश दिखाई दे रहे थे। उन्होंने कहा कि वे शासन द्वारा धान खरीदी कार्य का इंतजार कर रहे थे। समर्थन मूल्य पर धान खरीदी से उनका सपना पूरा होगा। उन्होंने कहा कि बहुत दिनों से इच्छा थी कि वे एक नया घर बनाएंगे। इस वर्ष की धान बिक्री से उनका नया घर का कार्य पूर्ण हो जाएगा। उन्होंने बताया कि उनके पास 18 एकड़ खेती जमीन है। उन्होंने ऑनलाईन के माध्यम से घर बैठे टोकन तुंहर हाथ एप्प से दूसरी बार टोकन कटवाया था। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा 24 घंटे ऑनलाईन टोकन की सुविधा प्रदान की गई है, जिससे किसानों को बहुत अच्छा फायदा मिल रहा है। पिछले वर्ष की धान खरीदी से उन्हें अच्छा लाभ मिला था। किसान देवदास ने कहा कि शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी से किसान आधुनिक और तकनीकी कृषि को अपना रहे हैं। इसके साथ ही अपने खेती-किसानी कार्य में राशि को निवेश कर रहे है। उन्होंने बताया कि फसलचक्र का उपयोग करते हुए धान की फसल के बाद रबी मौसम में चना, तिवड़ा, गेंहू एवं बटरी मटर की फसल लेते है। किसानों को सोसायटी के माध्यम से समय पर कृषि कार्य के लिए पर्याप्त मात्रा में खाद-बीज और अन्य कार्यों के लिए ऋण मिल जाता है। इससे किसानों के फसल उत्पादन क्षमता में लगातार वृद्धि हो रही है।किसान श्री देवदास ने कहा कि किसानों की आर्थिक मजबूती से अपने इच्छाओं और अपने परिवार को अच्छी सुख-समृद्धि देने के लिए सक्षम हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि धान खरीदी केन्द्र भानपुरी में पारदर्शी और सुगमता से खरीदी होने से किसान बहुत संतुष्ट है। उन्होंने कहा कि टोकन तुंहर हाथ मोबाइल ऐप के माध्यम से घर बैठे 24 घंटे ऑनलाइन टोकन मिलने से धान बिक्री करना आसान हो गया है। पहले टोकन जारी होने के लिए सोसायटी में घंटों इंतजार करना पड़ता था, अब डिजिटल व्यवस्था से किसानों को बड़ी राहत मिली है। उन्होंने बताया कि खरीदी केंद्र में नमी परीक्षण, बारदाना उपलब्धता, धान भराई, इलेक्ट्रानिक मशीन से तौल और पर्ची सभी प्रक्रियाएँ समयबद्ध और बिना किसी परेशानी के संपन्न हुई है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को धन्यवाद दिया।
- - अब तक जिले में 53149 पंजीकृत किसानों से 651 करोड़ 06 लाख 62 हजार रूपए मूल्य का 2741899.20 क्विंटल धान की खरीदी- अब तक धान उपार्जन केन्द्रों से 408342.98 क्विंटल धान का उठावराजनांदगांव । जिले में धान खरीदी अभियान से किसानों में हर्ष व्याप्त है। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 अंतर्गत धान खरीदी महाभियान के तहत शासन द्वारा समर्थन मूल्य एवं कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों से 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर और प्रति एकड़ 21 क्विंटल तक के मान से धान खरीदी की जा रही है। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशन में धान खरीदी सुचारू संचालन के लिए अच्छी व्यवस्था की गई है। धान खरीदी कार्य के लिए इलेक्ट्रानिक तौल मशीन, पेयजल, छांव, बायोमैट्रिक डिवाईस मशीन, श्रमिक एवं अन्य व्यवस्था की गई है। आर्द्रता मापी यंत्र से किसानों के धान का परीक्षण किया जा रहा है। जिले के सभी 96 धान खरीदी केन्द्रों में धान खरीदी की दर एवं सूची व फ्लैक्स लगाए गए है। कलेक्टर ने धान खरीदी केन्द्रों की सतत निगरानी रखने तथा कोचियों एवं बिचौलियों से अवैध धान की खरीदी पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए है। धान बिक्री के लिए किसान टोकन तुंहर हाथ मोबाईल एप के माध्यम से टोकन प्राप्त कर रहे है। जिससे उनके समय की बचत हो रही है और उन्हें सुविधा मिल रही है। उल्लेखनीय है कि अब तक जिले में 53149 पंजीकृत किसानों से 651 करोड़ 06 लाख 62 हजार रूपए मूल्य का 2741899.20 क्विंटल धान की खरीदी की गई है। धान का उठाव भी लगातार जारी है। अब तक धान उपार्जन केन्द्रों से 408342.98 क्विंटल धान का उठाव किया गया है।
- - किसान भोलाराम इस वर्ष धान बिक्री की राशि से शुरू करेंगे नए घर का निर्माण कार्य- किसानों की उपज का उचित मूल्य मिलने से शासन के प्रति बढ़ा विश्वास- धान खरीदी कार्य डिजिटाईजेशन, पारदर्शिता और सुविधाजनक होने से धान बिक्री करना हुआ आसानराजनांदगांव । खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में जिले के धान उपार्जन केन्द्रों में तेजी से धान खरीदी की जा रही है। शासन किसानों की उपज को समर्थन मूल्य में खरीदी कर उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बना रही है। आर्थिक मजबूती से किसान अपने सपने पूरा करने के लिए सक्षम हो रहे है। राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम तुमड़ीलेवा के किसान श्री भोलाराम पटेल ने बताया कि वे धान उपार्जन केन्द्र गठुला में 30 क्विंटल धान बिक्री करने आए हैं। उनके पास 9 एकड़ खेती जमीन है। जिसमें परंपरागत खेती करते हुए धान की फसल लेते हैं। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा 3100 रूपए प्रति क्ंिवटल की दर से धान खरीदी करने से उनकी उपज का उचित दाम मिल रहा है और राशि भी 24 घंटे के भीतर सीधे ऑनलाईन खाते में मिल रही है। किसान श्री भोलाराम ने बताया कि इस वर्ष धान बिक्री की राशि से अपने सपनों के घर को बनाने के लिए कार्ययोजना बनाया है। वे धान बिक्री की राशि प्राप्त होने के बाद नए घर के निर्माण कार्य शुरू करने का सोचा है। उन्होंने कहा कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी से शासन के प्रति विश्वास बढ़ा है। उन्होंने कहा कि प्राप्त राशि से अपनी जरूरतों के साथ-साथ खेती-किसानी कार्य, बच्चों की पढ़ाई-लिखाई के लिए उपयोग करने में मदद मिलती है।किसान श्री भोलाराम पटेल ने बताया कि धान उपार्जन केन्द्र में पर्याप्त मात्रा में बारदाने की उपलब्धता, पारदर्शिता तरीके से इलेक्ट्रानिक तौलाई, ऑनलाईन खाते में राशि अंतरण किया जा रहा है। धान उपार्जन केन्द्र गठुला में किसानों के लिए बहुत अच्छी व्यवस्था रखी गई है। धान उपार्जन केन्द्र में पेयजल, छांव, चिकित्सा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध है। इसके लिए उन्होंने राज्य शासन को धन्यवाद ज्ञापित किया है।
- - टाईप-1 डायबिटीज बच्चे बिना किसी तनाव के अपने परिवार एवं समाज के सहयोग से जी सकते हैं अपना जीवन : कलेक्टर- टाइप-1 डायबिटीज (बाल मधुमेह) से पीडि़त बच्चे सावधानी रखें ध्यान तथा अपने पढ़ाई पर दें ध्यान- परिजनों को सही चिकित्सकीय जानकारी, भावनात्मक समर्थन, उपचार प्रबंधन और दैनिक देखभाल के लिए दिया गया आवश्यक मार्गदर्शन- परिवारों ने अपने अनुभव, चुनौतियां और सफलता की साझाराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव की अध्यक्षता में आज जिला पंचायत सभाकक्ष में टाईप-1 डायबिटीज से पीडि़त बच्चों एवं उनके परिवारों के लिए पहली बार रोगी सहायता समूह की राज्य स्तरीय बैठक आयोजित की गई। कलेक्टर ने कहा कि टाईप-1 डायबिटीज एक चुनौती है। जिसका सामना आप कर सकते है और बिना किसी तनाव के अपने परिवार एवं समाज के सहयोग से मजबूती के साथ अपना जीवन जी सकते है। बीमारियों पर हमेशा अनुसंधान होते रहे हैं और बहुत सी धारणाएं एवं भ्रांतियां टूटते जा रही है। विज्ञान के साथ ही नवीन अविष्कार हुए है। जिससे इन बीमारियों के उपचार के साथ मरीज एक सामान्य जीवन जी सकते है। उन्होंने कहा कि टाइप-1 डायबिटीज (बाल मधुमेह) से पीडि़त बच्चे सावधानी का ध्यान रखें तथा अपने पढ़ाई पर ध्यान दें।मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने कहा कि टाइप-1 डायबिटीज (बाल मधुमेह) से पीडि़त बच्चे एक सामान्य जीवन जी सकते है। उनकी यह बीमारी सही उपचार एवं प्रबंधन से ठीक हो सकती है। उन्होंने बच्चों की अच्छी देखभाल करने तथा काउंसलिंग करने कहा।उल्लेखनीय है कि टाइप-1 डायबिटीज से जूझ रहे बच्चों व उनके परिजनों को सही चिकित्सकीय जानकारी, भावनात्मक समर्थन, उपचार प्रबंधन और दैनिक देखभाल के लिए आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए बैठक का आयोजन किया गया था। बैठक में विशेषज्ञों ने टाइप-1 डायबिटीज के कारण, लक्षण, इंसुलिन प्रबंधन, बच्चों के खानपान, स्कूल में देखभाल एवं दैनिक जीवन में जरूरी सावधानी पर विस्तार से जानकारी दी। परिवारों ने भी अपने अनुभव, चुनौतियां और सफलताए साझा की। जिससे उपस्थित अन्य परिवारों में आत्मविश्वास बढ़ा और एक-दूसरे से सीखने का अवसर मिला। इस दौरान बच्चों और अभिभावकों के लिए संवाद आधारित चर्चा भी आयोजित की गई।कार्यक्रम के दौरान अभिभावकों एवं मरीजों द्वारा अपने अनुभव, प्रेरणादायक संवाद और विशेषज्ञों द्वारा दिए गए सरल व व्यवहारिक समाधान ने बच्चों और परिवारों को बड़ी राहत प्रदान की। कार्यक्रम के अंत में लिए गए फीडबैक में अधिकांश परिवारों ने इस बैठक को अत्यंत उपयोगी बताया और भविष्य में इसे नियमित रूप से आयोजित करने की मांग की। साथ ही मरीजों एवं उनके परिजनों की समस्या भी दूर की गई। यह रोगी सहायता समूह बैठक राजनांदगांव जिले में बाल मधुमेह के प्रति जागरूकता बढ़ाने, गलत धारणाएं दूर करने और परिवारों के बीच एक मजबूत सपोर्ट नेटवर्क तैयार करने की दिशा में एक प्रभावशाली और आवश्यक पहल सिद्ध हुई। बैठक में जिले के कुल 21 टाइप-1 डायबिटीज के मरीज एवं उनके परिवारजन शामिल हुए। बैठक में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती किरण साहू, जिला पंचायत सभापति श्रीमती अनिता मंडावी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरत्न, राज्य एनसीडी नोडल डॉ. अभिजीत बैनर्जी, सिविल सर्जन डॉ. यूएस चन्द्रवंशी, यूनिसेफ स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉ. गजेंद्र सिंह, सहित शिशु रोग विशेषज्ञ, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, आरएमएनसीएचए सलाहकार, सलाहकार एनसीडी, सचिवालय सहायक उपस्थित थे।
- - 17 हजार 269 रूपए प्रति हेक्टेयर का दिया जा रहा अनुदान- 3 लाख 20 रूपए हेक्टेयर की होगी आमदनीराजनांदगांव । उद्यानिकी विभाग एवं अम्मा पॉम प्लान्टेशन लिमिटेड द्वारा डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम लभानिनभाठा में कृषकों को आयल पॉम की खेती के विषय पर प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में आयल पॉम की खेती के साथ-साथ तेल का उपयोग, महत्व एवं खाद्य मूल्य के साथ-साथ इसकी खेती की तकनीकी जानकारी कृषकों को प्रदान की गई। कम्पनी के प्रतिनिधि श्री सिद्धार्थ चन्द्राकर द्वारा पौधरोपण से लेकर पौधों की देखरेख, सिंचाई, उत्पादन एवं कुल शुद्ध आय के बारे में विस्तार से प्रशिक्षण दिया गया। वरिष्ठ उद्यान विकास अधिकारी श्री आरके मेहरा द्वारा ऑयल पॉम की खेती हेतु अनुदान के विषय में विस्तार से जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि ऑयल पॉम की खेती हेतु उद्यानिकी विभाग से शत-प्रतिशत अनुदान पर पौधे कृषकों के प्रक्षेत्र तक उपलब्ध कराये जा रहे हंै। साथ ही पौधों के रखरखाव हेतु 21 हजार रूपए तथा अंतवर्तीय फसल रोपण हेतु 21 हजार रूपए एवं ड्रिप स्थापना हेतु 17 हजार 269 रूपए प्रति हेक्टेयर का अनुदान दिया जा रहा है। यदि कृषक 2 हेक्टेयर तक पौधरोपण करता है, तो उसे अतिरिक्त अनुदान नलकूप खनन हेतु 50 हजार रूपए साथ ही पम्प प्रतिस्थापन हेतु 27 हजार 500 रूपए का अनुदान दिया जा रहा है।यदि कृषक रोपण के पश्चात फलन उपरांत 3 वर्ष तक आयल पॉम की खेती करता है, तो उसे अतिरिक्त ट्रेक्टर के लिए अनुदान राशि 2 लाख रूपए देय होगा। आयल पॉम का उत्पादन एवं आय अर्जन के विषय में बताया गया कि प्रति हेक्टेयर143 पौधे के रोपण करने पर प्रति हेक्टेयर 20 टन की उपज होगी, जिसका बाजार मूल्य वर्तमान में 16-22 रूपए प्रति किलो है, इस हिसाब से 3 लाख 20 रूपए हेक्टेयर की आमदनी होगी। प्रशिक्षण के दौरान प्रगतिशील कृषक श्री एनेश्वर वर्मा, श्री मनीराम लिल्हारे, श्री गैंदलाल देवांगन, श्री ओम प्रकाश देवांगन, श्री नवीन परमार अन्य कृषकों के साथ-साथ उद्यानिकी विभाग से श्री जीएस सोनकुसले, श्री गिरजाशंकर राणा, श्रीमती श्वेता सिंह, श्रीमती दीपिका खाण्डेकर एवं अम्मा आयल पॉम प्लांटेशन कम्पनी से श्री हेमंत साहू एवं श्री लेखराज साहू उपस्थित रहे।
- महासमुंद / अवैध धान परिवहन में संलिप्तता पाए जाने पर प्रधानपाठक श्री ओमप्रकाश चन्द्राकर, शासकीय प्राथमिक शाला बसूलाडबरी, विकासखण्ड बागबाहरा के विरूद्ध कलेक्टर श्री विनय लंगेह के निर्देश में निलंबन की कारवाई की गई है। अनुविभागीय अधिकारी राजस्व ,बागबाहरा के प्रतिवेदन अनुसार श्री ओमप्रकाश चन्द्राकर, प्रधानपाठक, शासकीय प्राथमिक शाला बसूलाडबरी द्वारा वाहन 407 मे धान भरकर ग्राम लिटियादादर से गांजर मार्ग पर अज्ञात घर के पीछे छिपाने एवं मंडी नियमों का उल्लंघन करते हुये जब्त अवैध धान को शाम 6:00 बजे कुछ ग्रामवासियों के माध्यम से शासकीय कार्य में बाधा डालते हुये बलपूर्वक ले जाने संबंधी शिकायत प्राप्त हुई। उक्त संबंध में श्री ओमप्रकाश चन्द्राकर, प्रधानपाठक को जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय स्पष्टीकरण जारी किया गया। जिसका जवाब परीक्षण उपरांत संतोषप्रद प्राप्त नही पाया गया। उक्त कारण से श्री ओमप्रकाश चन्द्राकर, प्रधानपाठक को छ.ग. सिविल सेवा वर्गीकरण, नियंत्रण, तथा अपील 1966 के नियम 9 के तहत् तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है एवं निलंबन अवधि मे इनका मुख्यालय कार्यालय विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी बागबाहरा निर्धारित किया गया है।जिला शिक्षा अधिकारी श्री विजय लहरे द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि इन्हें निलंबन अवधि मे नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी। यह आदेश तत्काल प्रभावशील होगा।
- - प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण अंतर्गत नवीन स्वीकृत आवास हितग्राहियों को प्रदान किया गया स्वीकृति पत्र- प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत नव-निर्मित पूर्ण आवासों में कराया गया गृह प्रवेशराजनांदगांव । सुशासन सप्ताह - प्रशासन गांव की ओर अभियान के तहत केन्द्र एवं राज्य शासन की शासकीय योजनाओं का लाभ जिले के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। सुशासन सप्ताह-प्रशासन गांव की ओर अभियान के तहत राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम पंचायत बघेरा में शिविर का आयोजन किया गया। जिले में सुशासन सप्ताह प्रशासन गांव की ओर 2025 के अंतर्गत शिविर आयोजित किया जा रहा है। शिविर में प्राप्त होने वाले आवेदनों का निराकरण संबंधित विभागों द्वारा किया जा रहा है। शिविर में शासकीय योजनाओं का ग्रामीणजनों तक पहुंच सुनिश्चित करना है। शिविर में 27 ग्राम पंचायतों के ग्रामीण शामिल हुए। शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा विभागीय योजनाओं की जानकारी देने एवं लाभान्वित करने के उद्देश्य से स्टॉल लगाया गया।शिविर में महिला एवं बाल विकास विभाग ने गोदभराई और अन्नप्राशन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण अंतर्गत नवीन स्वीकृत आवास हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र प्रदान किया गया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत नव-निर्मित पूर्ण आवासों में गृह प्रवेश कराया गया। कार्यक्रम में ग्रामीणों को जागरूक करते हुए बाल विवाह रोकथाम के लिए शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही खाद्य विभाग, कृषि विभाग, राजस्व विभाग, उद्यानिकी विभाग, मत्स्य विभाग, विद्युत विभाग, लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, स्वास्थ्य विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, पशुधन विकास विभाग, शिक्षा विभाग, श्रम विभाग के अधिकारियों द्वारा विभाग में संचालित योजनाओं के संबंध में विस्तार पूर्वक जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर अध्यक्ष जनपद पंचायत श्रीमती प्रतिमा चंद्राकर, सदस्य जिला पंचायत श्री अंगेश्वर देशमुख, श्री साकेत वैष्णव, श्री मोहनीश धनकर, श्री शुभम पांडे, सीईओ श्री मनीष साहू, ग्राम पंचायतों के सरपंच, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधिगण, ग्रामीणजन उपस्थित थे।
- दुर्ग / नगर पालिका परिषद जामुल क्षेत्रांतर्गत एकीकृत बाल विकास परियोजना कार्यालय भिलाई 02 जिला दुर्ग के तहत नवीन स्वीकृत देवनगर जामुल वार्ड क्रमांक 17 में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका के 1-1 पद के नियुक्ति हेतु आवेदन आमंत्रित किया गया था, जिसके लिए 31 दिसम्बर 2025 तक दावा आपत्ति आमंत्रित किया गया है। दावा आपत्ति हेतु प्राप्त आवेदनों की अनन्तिम सूची परियोजना कार्यालय अधिकारी, एकीकृत बाल विकास परियोजना भिलाई-02 व मुख्य नगर पालिका अधिकारी नगर पालिक परिषद जामुल जिला-दुर्ग के सूचना पटल पर अवलोकन हेतु चस्पा की गई है। उक्त अवधि में कार्यालय परियोजना अधिकारी एकीकृत बाल विकास परियोजना भिलाई 02 में कार्यालयीन समय पर प्रस्तुत दावा आपत्ति ही मान्य किया जाएगा।
- रायपुर । स्थानीय शांति विहार कॉलोनी , डंगनिया निवासी श्रीमती कौशिल्या देवी शुक्ला का आज सोमवार 93 वर्ष की आयु में आकस्मिक निधन हो गया। वे सुनील शुक्ला , वरिष्ठ अधिवक्ता व महामाया देवी सार्वजनिक ट्रस्ट के ट्रस्टी उपेन्द्र शुक्ला , सतीश , संजय , सुषमा शुक्ला व साधना शर्मा की माता थीं। उनकी अंतिम यात्रा कल मंगलवार को उनके निवास स्थान से पूर्वाह्न 9 बजे महादेव घाट स्थित मुक्तिधाम के लिए निकलेगी।
- -बिना प्रीमियम मिलेगा 1.60 करोड़ तक का बीमा कवररायपुर ।छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के नियमित शासकीय कर्मचारियों को सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। राज्य शासन और भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के बीच स्टेट गवर्नमेंट सैलरी पैकेज को लेकर समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस एमओयू के तहत एसबीआई में वेतन खाता रखने वाले कर्मचारियों को करोड़ों रुपये का बीमा कवर पूरी तरह निःशुल्क मिलेगा।एमओयू के अनुसार कर्मचारियों को एक करोड़ रुपए का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा, एक करोड़ 60 लाख रुपए का हवाई दुर्घटना बीमा, एक करोड़ रुपए का स्थायी पूर्ण दिव्यांगता बीमा, 80 लाख रुपए का आंशिक दिव्यांगता बीमा और 10 लाख रुपए का समूह जीवन बीमा दिया जाएगा। खास बात यह है कि इन सभी बीमा सुविधाओं के लिए कर्मचारियों को कोई अतिरिक्त प्रीमियम नहीं देना होगा। इसके अलावा एसबीआई रुपे कार्ड पर 1 करोड़ रुपए के बीमा कवर में अतिरिक्त 10 लाख रुपए का लाभ भी मिलेगा। स्वास्थ्य बीमा टॉप-अप जैसी सुविधाएँ रियायती दरों पर उपलब्ध कराई जाएंगी।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों की सुरक्षा और कल्याण के लिए लगातार ठोस फैसले ले रही है। एसबीआई के साथ यह एमओयू कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए मजबूत सुरक्षा कवच साबित होगा।वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने कहा कि यह समझौता कर्मचारियों को आर्थिक जोखिम से बचाने की दिशा में अहम पहल है। बिना किसी अतिरिक्त खर्च के इतनी व्यापक बीमा सुविधाएँ मिलना राज्य सरकार की कर्मचारी-हितैषी नीति को दर्शाता है।यह एमओयू 22 दिसंबर 2025 को वित्त सचिव, छत्तीसगढ़ शासन की उपस्थिति में संपन्न हुआ। इस समझौते से राज्य के नियमित कर्मचारियों को न सिर्फ बेहतर बैंकिंग सुविधाएँ मिलेंगी, बल्कि दुर्घटना या आकस्मिक स्थिति में उन्हें और उनके परिवार को बड़ी आर्थिक राहत भी सुनिश्चित होगी।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय करेंगे शुभारंभ, 14 विधाओं में 3000 युवा दिखाएंगे प्रतिभा-लोकनृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, चित्रकला और कविता लेखन के विजेता प्रतिभागी राष्ट्रीय युवा उत्सव में करेंगे भागीदारी-8 दलीय और 6 एकल विधाओं में होंगी प्रतियोगिताएं, दलीय विधाओं की विजेता टीम को 20 हजार और एकल स्पर्धाओं के विजेता को 5 हजार की पुरस्कार राशि-उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव शुभारंभ समारोह की करेंगे अध्यक्षता, केन्द्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में होंगे शामिल-छत्तीसगढ़ की मेजबानी में होने वाले पहले 'खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स' की भी होगी लॉन्चिंगरायपुर। राज्य शासन के खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा 23 दिसम्बर से 25 दिसम्बर तक बिलासपुर के राज्य खेल प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में राज्य युवा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 23 दिसम्बर को इसका शुभारंभ करेंगे। महोत्सव में 14 सांस्कृतिक और साहित्यिक विधाओं में प्रदेश के 3000 युवा अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। शुभारंभ समारोह में छत्तीसगढ़ की मेजबानी में होने वाले पहले 'खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स' की लॉन्चिंग भी की जाएगी। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव शुभारंभ समारोह की अध्यक्षता करेंगे। केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा अति विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शामिल होंगे। राज्यपाल श्री रमेन डेका 25 दिसम्बर को समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।छत्तीसगढ़ के युवाओं को सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ने, उनकी प्रतिभा को निखारने तथा राष्ट्रीय स्तर पर उनके प्रतिभा के प्रदर्शन के लिए मंच प्रदान करने राष्ट्रीय युवा महोत्सव-2026 के तारतम्य में खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसमें 14 विधाओं में प्रतियोगिताएं होंगी, जिनमें आठ दलीय विधाएं औ छह 6 एकल विधाएं शामिल हैं। दलीय विधाओं में लोकनृत्य, पंथी नृत्य, राउत नाचा, सुआ नृत्य, करमा नृत्य, लोकगीत, रॉक बैंड और एकांकी की प्रतियोगिताएं होंगी। वहीं एकल विधाओं में वाद-विवाद, कहानी लेखन, चित्रकला, कविता लेखन, नवाचार (साइंस मेला) और पारंपरिक वेशभूषा शामिल हैं। सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं की पांच विधाओं लोकनृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, चित्रकला और कविता लेखन के विजेता प्रतिभागी नई दिल्ली में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय युवा उत्सव-2026 में छत्तीसगढ़ की ओर से भागीदारी करेंगे।राज्य युवा महोत्सव में दलीय विधाओं में प्रथम स्थान हासिल करने वाले प्रतिभागियों को 20 हजार रुपए, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वालों को 15 हजार रुपए एवं तृतीय स्थान पर रहने वाले प्रतिभागियों को 10 हजार रुपए की पुरस्कार राशि दी जाएगी। एकल विधाओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को क्रमशः 5 हजार रुपए, 3 हजार रुपए एवं 2 हजार रुपए प्रदान किए जाएंगे। महोत्सव में भाग लेने वाले हर प्रतिभागी को एक-एक हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।राज्य युवा महोत्सव के दौरान प्रसिद्ध कलाकारों के गायन, बैण्ड परफॉर्मेंस, कवि सम्मेलन जैसे विविध आयोजन भी होंगे। 23 दिसम्बर को उद्घाटन समारोह के दिन राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई में शाम 5 बजे से रात्रि 8 बजे तक आरूग बैण्ड (श्री अनुज शर्मा) की प्रस्तुति तथा नारायणपुर के प्रसिद्ध मल्लखंब का प्रदर्शन किया जाएगा। 23 दिसम्बर को ही बिलासपुर पुलिस ग्राउंण्ड में रात साढ़े 8 बजे से कवि सम्मेलन होगा, जिसमें प्रसिद्ध कवि डॉ. कुमार विश्वास एवं अन्य कवि कविता पाठ करेंगे। राज्य युवा महोत्सव के दूसरे दिन 24 दिसम्बर को राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र बहतराई में शाम 6 बजे से काफिला बैण्ड एवं स्वप्निल लाइव बैण्ड की प्रस्तुति होगी। अंतिम दिन 25 दिसम्बर को शाम 6 बजे से सुश्री आरू साहू तथा दायरा (बस्तर) बैण्ड की प्रस्तुति होगी। समापन समारोह में विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरित किए जाएंगे।
- रायपुर। भारत में सामाजिक सुरक्षा को तकनीक से जोड़ते हुए छत्तीसगढ़ शासन के समाज कल्याण विभाग ने डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट (DLC) अभियान के माध्यम से एक उल्लेखनीय राष्ट्रीय उपलब्धि दर्ज की है। केंद्र प्रायोजित सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं से जुड़े 73 प्रतिशत से अधिक लाभार्थियों का आधार-आधारित बायोमेट्रिक जीवन प्रमाणन सफलतापूर्वक पूर्ण कराए गए है। यह प्रशासनिक दक्षता का प्रमाण तो है ही साथ ही यह दर्शाता है कि डिजिटल नवाचार को मानवीय संवेदनशीलता के साथ लागू किया जाए तो अंतिम व्यक्ति तक लाभ तेज़ी और पारदर्शिता से पहुँचता है।राज्य में वृद्धजन, विधवा एवं परित्यक्ता महिलाएं तथा दिव्यांगजन, यह वे वर्ग हैं जिनके लिए पेंशन आर्थिक संबल का मूल आधार है। वर्तमान में छह पेंशन योजनाएं संचालित हैं तीन केंद्र प्रायोजित (जिन पर राज्य का अतिरिक्त टॉप-अप) और तीन पूर्णतः राज्य योजनाएं। सभी पात्र लाभार्थियों को मासिक 500 रुपये की पेंशन नियमित रूप से प्रदान की जा रही है, जिससे उनकी दैनिक आवश्यकताओं में स्थिरता आती है।DLC अभियान की सबसे बड़ी उपलब्धि आधार-आधारित बायोमेट्रिक सत्यापन को अनिवार्य बनाना है। इससे यह सुनिश्चित हुआ कि पेंशन केवल जीवित और वास्तविक हितग्राहियों तक ही पहुँचे। डुप्लीकेट, अपात्र और फर्जी मामलों पर प्रभावी अंकुश लगने से सार्वजनिक धन का दुरुपयोग रुका और भरोसेमंद वितरण प्रणाली सुदृढ़ हुई ऐसी चुनौती जिसे कई राज्य आज भी जटिल मानते हैं।वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए राज्य ने जनसेवा केंद्रों, सहकारी संस्थाओं और विशेष शिविरों के माध्यम से घर के निकट सत्यापन की व्यवस्था की। परिणामस्वरूप, सरकारी दफ्तरों के चक्कर घटे और सहभागिता बढ़ी। कई जिलों में प्रगति 80 प्रतिशत से अधिक तक पहुँच चुकी है, जबकि शेष क्षेत्रों में विशेष ड्राइव के ज़रिये 100 प्रतिशत लक्ष्य साधने का प्रयास जारी है।पेंशन वितरण में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) को प्राथमिकता देकर राज्य ने पारदर्शिता को नई ऊँचाई दी है। वर्तमान में करीब 98 प्रतिशत पेंशन राशि सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर हो रही है। साथ ही 75 प्रतिशत पेंशनधारकों के खाते आधार से लिंक हो चुके हैं, जिससे भुगतान त्रुटियाँ न्यूनतम और निगरानी अधिक प्रभावी हुई है।फिलहाल DLC अभियान केंद्र योजनाओं के लगभग 8 लाख लाभार्थियों तक सीमित है। अगले चरण में राज्य योजनाओं को भी शामिल किया जाएगा, जिससे कुल करीब 21 लाख पेंशनधारकों का डिजिटल सत्यापन संभव होगा। यह विस्तार सामाजिक सुरक्षा के दायरे को व्यापक और मजबूत बनाएगा।डिजिटलीकरण, सामाजिक सुरक्षा और सुशासन इन तीनों के समन्वय से छत्तीसगढ़ ने यह सिद्ध किया है कि तकनीक का संवेदनशील और समावेशी उपयोग शासन को अधिक उत्तरदायी बनाता है। DLC, DBT और आधार लिंकिंग का यह संयोजन देशभर के लिए नीति-स्तरीय ब्लूप्रिंट प्रस्तुत करता है जहाँ लाभ समयबद्ध, पारदर्शी और सम्मानजनक ढंग से अंतिम व्यक्ति तक पहुँचता है। छत्तीसगढ़ की यह पहल केवल एक प्रशासनिक उपलब्धि नहीं, बल्कि डिजिटल भारत के सामाजिक सुरक्षा विज़न की ठोस अभिव्यक्ति है, जो राज्यों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और नवाचार को प्रेरित करती है।
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- किसान जेठूराम बंजारे ने जताया संतोष, मुख्यमंत्री के प्रति व्यक्त किया आभार
रायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के कुशल नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा लागू की गई सुव्यवस्थित, पारदर्शी एवं किसान-हितैषी धान खरीदी व्यवस्था से किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 के अंतर्गत 15 नवम्बर 2025 से प्रारंभ हुई धान खरीदी के तहत सक्ती जिले के 125 धान खरीदी केंद्रों में सुचारु रूप से धान का उपार्जन किया जा रहा है।जिला कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन में जिले के सभी धान खरीदी केंद्रों का नियमित निरीक्षण एवं सतत निगरानी की जा रही है, जिससे किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो और खरीदी प्रक्रिया पूर्णतः पारदर्शी एवं व्यवस्थित बनी रहे।इसी क्रम में सक्ती जिले के लवसरा धान खरीदी केंद्र में ग्राम बेल्हाडीह के किसान श्री जेठूराम बंजारे द्वारा 20.80 क्विंटल धान का सफलतापूर्वक विक्रय किया गया। धान खरीदी प्रक्रिया पर संतोष व्यक्त करते हुए किसान श्री जेठूराम बंजारे ने बताया कि वर्तमान व्यवस्था पहले की तुलना में कहीं अधिक सरल, तेज़ और पारदर्शी हो गई है। उन्होंने कहा कि पूर्व में टोकन प्राप्त करने के लिए लंबी कतारों में घंटों खड़ा रहना पड़ता था, जिससे पूरा दिन व्यर्थ हो जाता था। लेकिन अब 24×7 ऑनलाइन टोकन सुविधा शुरू होने से यह समस्या पूरी तरह समाप्त हो गई है।श्री बंजारे ने बताया कि ‘तुहर टोकन’ मोबाइल ऐप के माध्यम से उन्हें घर बैठे ऑनलाइन टोकन प्राप्त हो गया। टोकन मिलने के बाद न तो लाइन में लगने की आवश्यकता पड़ी और न ही समय की बर्बादी हुई। खरीदी केंद्र पहुँचते ही सीधे धान की तौलाई प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई।धान खरीदी केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन के माध्यम से सटीक तौलाई की गई तथा हमालों की भी पर्याप्त व्यवस्था उपलब्ध रही, जिससे पूरी प्रक्रिया सुचारु रूप से संपन्न हुई।श्री बंजारे ने बताया कि शासन द्वारा निर्धारित 3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य मिलने से किसानों को अच्छा आर्थिक लाभ प्राप्त हो रहा है। साथ ही समय पर भुगतान होने से किसानों को बड़ी राहत मिली है। ऑनलाइन टोकन प्रणाली से समय और श्रम दोनों की बचत हो रही है तथा खरीदी केंद्रों पर भीड़ प्रबंधन में भी उल्लेखनीय सुधार आया है।जेठूराम बंजारे की तरह जिले के अधिकांश किसान अब इन सुविधाओं का लाभ उठा रहे हैं। किसान श्री बंजारे ने किसान-हित में लागू इस अभिनव व्यवस्था के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। - रायपुर ।शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर की जा रही धान खरीदी की सुव्यवस्थित और पारदर्शी व्यवस्था किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। चालू खरीफ विपणन वर्ष में 15 नवंबर से प्रारंभ हुई इस व्यवस्था ने किसानों का भरोसा मजबूत किया है। जिले के खरतुली ग्राम निवासी प्रगतिशील किसान श्री बलवंत मेश्राम की सफलता की कहानी इसका सशक्त उदाहरण है, जहाँ सरकारी योजनाओं का सही उपयोग और वैज्ञानिक खेती ने उनकी तक़दीर बदल दी।श्री मेश्राम ने इस वर्ष अपने 4.42 एकड़ खेत में उत्पादित लगभग 50 क्विंटल धान को नजदीकी धान उपार्जन केंद्र में समर्थन मूल्य पर बेचा। उन्होंने बताया कि टोकन कटवाने से लेकर धान की तौल और खरीदी तक की पूरी प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और समयबद्ध रही। उपार्जन केंद्र में छाया, पेयजल और बैठने जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता से किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई, जिसके लिए उन्होंने शासन की व्यवस्थाओं की सराहना की।धान उत्पादन के साथ-साथ श्री मेश्राम फसल चक्र परिवर्तन को अपनाने वाले जागरूक किसान हैं। पिछले वर्ष उन्होंने 60 क्विंटल धान का विक्रय किया था, जिससे प्राप्त राशि का उपयोग उन्होंने बेहतर बीज, खाद, कृषि सुधार और आधुनिक तकनीकों में किया। इसका परिणाम यह हुआ कि उनकी खेती अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनती गई।रबी मौसम में वे चना की खेती को प्राथमिकता देते हैं। पिछले वर्ष 4 एकड़ में चना की खेती से उन्हें लगभग 36 हजार रुपये की अतिरिक्त आमदनी हुई। चना की फसल कम लागत में बेहतर मुनाफा देने के साथ-साथ मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने और जल संरक्षण में भी सहायक है। स्वयं के बोर की सुविधा होने से सिंचाई व्यवस्था भी सुचारू रहती है।श्री बलवंत मेश्राम की यह कहानी दर्शाती है कि यदि किसान सरकारी योजनाओं का सही लाभ उठाएँ और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से खेती करें, तो कृषि केवल आजीविका का साधन नहीं बल्कि समृद्धि का मजबूत आधार बन सकती है। समर्थन मूल्य पर धान खरीदी जैसी योजनाएँ किसानों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान कर आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।








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