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- -मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अंतर्राष्ट्रीय पृथ्वी दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएँरायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अंतर्राष्ट्रीय पृथ्वी दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ देते हुए धरती के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने के लिए जन-सहभागिता का आह्वान किया है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक विविधता से भरपूर प्रदेश है। यहाँ की संस्कृति, आजीविका और जीवनशैली सीधे तौर पर प्रकृति से जुड़ी है। इसी भावना के साथ राज्य सरकार वृक्षारोपण, जल-संरक्षण, नदी-नालों का पुनर्जीवन, सामुदायिक वन प्रबंधन और पर्यावरणीय रूप से संतुलित औद्योगिक विकास को प्राथमिकता दे रही है।उन्होंने बताया कि सरकार की योजनाओं में पर्यावरण संरक्षण को एक केन्द्रीय तत्व बनाया गया है, ताकि प्रकृति के साथ सामंजस्य बिठाते हुए आर्थिक प्रगति को सुनिश्चित किया जा सके। स्थानीय समुदायों को भी इन प्रयासों से जोड़ा जा रहा है, जिससे उनका जीवन स्तर सुधरे और प्राकृतिक धरोहरें भी सुरक्षित रहें।मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेशवासियों से अपील करते हुए कहा कि हर व्यक्ति एक वृक्ष लगाए, उसकी देखभाल करे और अपने आसपास के पर्यावरण को स्वच्छ रखने का संकल्प ले। जल और ऊर्जा जैसे संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करें तथा हरसंभव अक्षय ऊर्जा का प्रयोग कर पृथ्वी को प्रदूषण-मुक्त बनाने में योगदान दें।
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भिलाईनगर। आज कलेक्टर दुर्ग अभिजीत सिंह के आदेशानुसार नगर पालिक निगम भिलाई के सभागार में अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल का प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। उददेश्य था कि निगम के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अप्रत्याशित रूप से आए आपदा के समय किस प्रकार से प्रारंभिक बचाव किया जाए। कोई भी समस्या बताकर नहीं आती है लेकिन सर्तकता एवं जानकारी रहने से बहुत कुछ कंट्रोल किया जा सकता है। समस्याएं कुछ प्राकृतिक होती है जैसे बाढ़, भूकंप, सुनामी, बिजली चमकना एवं मानव निर्मित समस्या जैसे आगजनी, दुर्घटना, हार्ट टेक, पानी में डूबना, लू लगना इत्यादि ऐसे समय में क्या बचाव किया जाए।
प्रशिक्षण में बताया गया कि अगर किसी को हृदय घात के लक्षण दिखे तो सीपीआर कैसे देना चाहिए उन्हे सर्वप्रथम देखना कि गले के नीचे सांस चल रहा है कि नहीं। यदि नहीं चल रहा तो उसे मुंह से सांस देने की प्रक्रिया, किस प्रकार से इंसान को लेटाकर छाती के नीचे हाथों से 30-30 बार दबाना इस प्रकार कुल 5 बार दबाना चाहिए। जिससे व्यक्ति को होस आने की संभावना बढ़ जाती है, उसके बाद उसे तुरंत डाॅक्टर को बुलाना चाहिए। प्रारंभिक उपचार कर देने से जीवन बचने की संभावना बढ़ जाता है। इसी प्रकार यदि दुर्घटना हो जाए तो कहीं से खून बह रहा है तो उसे साफ कपड़े से डेटाल, साबुन जो भी उपलब्ध हो उससे अंदर से बाहर के तरफ साफ करके कपड़े से दबा देना चाहिए। उससे भी न रूके तो और कपड़ा लगाकर पटटी बांध देना चाहिए। यदि बिजली गिरने की संभावना है तो यह प्रयास करना चाहिए कि पानी, पेड़, विघुत उपकरण, मोबाईल, टीवी इत्यादि से दूर रहना चाहिए। घर सबसे सुरक्षित स्थल है, अपने आप को संकुचित करके बचा लेना चाहिए। पुरा प्रयास हो कि शरीर से जमीन का अर्थिगं न मिले। संयोग से यदि कार में बैठे हो तो उसके अंदर ही रहना चाहिए, बाहर नहीं निकलना चाहिए।घर में यदि एलपीजी सिलेण्डर में आग लगे तो घबराना नहीं चाहिए। घर में कंबल को गीला करके ढक देना चाहिए। बिजली का उपकरण से सार्ट सर्किट हो तो सर्वप्रथम मेन कनेक्शन से कट आउट निकाल देना चाहिए। भूलकर भी पानी नहीं डालना है और हो सके तो उस पर रेत फेंकर बुझा देना चाहिए। अगर कोई पानी में डूब रहा है तो उसे बचाने के लिए रस्सी, लकड़ी या अन्य उपकरण को उसको पकड़ाकर बचाना चाहिए। सांप, कुत्ते के काटने पर घबराना नहीं चाहिए, लगभग 11 प्रकार के सांपो की प्रजाती होती है उसमें 2 प्रजाती के सांप ही जहरीले होते है, घबराहत से इंसान को ज्यादा नुकसान होता है। झाड़ फूक, बैगा आदि से बचना चाहिए। जहां तक हो सके रोगी को सम्बल प्रदान करना चाहिए। घबराहत से ही जहर फैलता है, जितना जल्दी हो सके उस जगह को बलड सर्कुलेशन को बांध देना चाहिए और डाॅक्टर से संपर्क करना चाहिए।प्रशिक्षण देने वाले राष्ट्रीय आपदा मोचन बल के एसआई विकास शर्मा, हेड कांस्टेबल के मधुसुदन, आसदीप त्रिपाठी, दीपक डंगडन, कृष्ण कुमार द्वारा प्रदान किया गया। प्रमुख रूप से निगम आयुक्त, उपायुक्त, मुख्यअभियंता, अधीक्षण अभियंता, जोन आयुक्त, कार्यपालन अभियंता एवं सभी विभाग के अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित रहे। कर्मचारियो से प्रेक्टीकल भी करवाया गया। आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय ने कहा यह शिविर सबके लिए उपयोगी है, समाधान शिविर के दौरान नागरिको के बीच भी यह शिविर करवायेगे। - बिलासपुर /उप संचालक कृषि विभाग द्वारा नेशनल मिशन ऑन एडिबल ऑयल-ऑयलसीड्स योजना के अंतर्गत वीसीपी चयन के लिए 24 अप्रैल तक आवेदन (रूचि की अभिव्यक्ति) आमंत्रित किए गए हैं। योजना के अंतर्गत जिले में कार्यरत एफपीओ एवं बीज सहकारी समिति योजना का लाभ उठाने के लिए अर्हता रखते हैं। तिलहन फसल को बढ़ावा देने के लिए कृषि विभाग द्वारा यह पहल की जा रही है। इस संबंध में और विस्तृत जानकारी उप संचालक कृषि एवं विकासखण्ड स्तर पर एसएडीओ कार्यालय से ली जा सकती है।
- भिलाई । नगर निगम भिलाई क्षेत्र में चौक चौराहों पर सड़क के बीच में लगे बिजली पोलों या सरकारी दीवारों पर अवैध होर्डिंग बैनर पोस्टर लगा दिए गए हैं। जिसके कारण शहर की सुंदरता खराब हो रही है। आंधी पानी चलने पर बैनर पोस्टर गिर जाते हैं। जिसके कारण कभी-कभी इससे बड़ी दुर्घटनाएं भी हो जाती हैं। आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय के निर्देश पर सभी जोन में अवैध बैनर पोस्टर होडिंग निकालने का कार्य चल रहा है।इसके साथ ही उन एजेंसी का नाम नोट किया जा रहा है, जिनके द्वारा बैनर पोस्टर लगाया जाता है। उन्हीं एजेंटीयों को नोटिस जारी की जाएगी, उनके ऊपर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। ऐसी जानकारी मिली है कि एजेंसी के लोगों द्वारा ही ठेका लिया जाता है। बैनर पोस्टर लगवाने वाला व्यक्ति उनको पैसा दे देता है। वह कहीं भी सरकारी जगह पर अपना बनाया पोस्टर लगा देते हैं। एक तरफ देखने में आ रहा है कि लोगों में को होड लगी है बैनर पोस्टर लगाने में। नगर निगम भिलाई सभी लोगों से अपील करता है कि नगर को साफ सुथरा सुंदर बनाने में सहयोग करें। यह शहर सबका है सबको मिलकर के साफ सुथरा रखने की जिम्मेदारी है।
- -लंबे समय से श्रम विभाग की योजनाओं से वंचित रही श्रीमती मोनिका सोना का बना मजदूर कार्ड-शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का मिलेगा लाभ, श्रीमती सोना ने जताया मुख्यमंत्री के प्रति आभाररायपुर, । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जिले में सुशासन तिहार का आयोजन किया जा रहा है। इसके अंतर्गत समस्त विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है कि उन्हें सुशासन तिहार के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का त्वरित निराकरण करना है। सुशासन तिहार के प्रथम चरण में आम जनता से उनकी मांग और शिकायतों को ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से मंगाया गया। वहीं, दूसरे चरण में आमजनों के प्राप्त आवेदनों को त्वरित निराकरण किया जा रहा है।सुशासन तिहार के अंतर्गत जिले की निवासी श्रीमती मोनिका सोना का मजदूर कार्ड बनाया गया। मजदूर कार्ड पाकर श्रीमती सोना काफी खुश नजर आई। उन्होंने बताया कि लंबे समय से उन्हें मजदूर कार्ड बनवाने के लिए काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। मजदूर कार्ड के अभाव में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ उनको नहीं मिल रहा था। फिर उन्हें टेलीविजन और समाचार पत्रों के माध्यम से सुशासन तिहार की जानकारी मिली। उन्होंने अपनी मांग सुशासन तिहार के माध्यम से सरकारी अमले तक पहुंचाई।श्रीमती मोनिका सोना ने जैसे ही अपना आवेदन पत्र समाधान पेटी तक पहुंचाया, उसके दूसरे ही दिन जिला श्रम विभाग ने उनसे संपर्क किया। उन्हें कार्यालय बुलाया गया और सभी मूलभूत दस्तावेज मंगाए गए। विभाग के अधिकारियों ने उनके दस्तावेजों का परीक्षण किया और उन्हें मजदूर कार्ड बनाकर दिया गया। साथ ही उन्हें श्रम विभाग की ओर से शासन की जनकल्याकारी योजनाओं की जानकारी दी गई।श्रीमती मोनिका सोना ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार जताते हुए कहा कि अब मजदूरी कार्ड के माध्यम से मुझे मंडल में संचालित योजनाओं का लाभ मिलेगा। काफी दिनों से जिन योजनाओं से वंचित रही, मुख्यमंत्री जी की इस पहल से अब वह मुझे आसानी से मिलने लगेगी।
- -ग्राम जोता में चला बुलडोजर, अवैध प्लॉटिंग पर लगाई रोक-ग्रामवासियों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति जताया आभाररायपुर, । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर प्रदेशभर में सुशासन तिहार का आयोजन हो रहा है। सुशासन तिहार के प्रथम चरण में आमजनों से उनकी समस्याओं और मांग संबंधी आवेदन मंगाए गए। वहीं, द्वितीय चरण में उनका समाधान किया जा रहा है। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के मार्गदर्शन में जिले के अधिकारी-कर्मचारी सजगता के साथ आवेदनों का निराकरण कर रहे हैं।सुशासन तिहार के अंतर्गत ब्लॉक तिल्दा के ग्राम गोता में अवैध प्लॉटिंग, काले धुंए से प्रदूषण, शासकीय जमीन पर कब्जा और मेन रोड पर ब्रेकर होने की शिकायत प्राप्त हुई। ग्रामवासी लंबे समय इन समस्याओं से ग्रसित थे और शिकायत कर रहे थे। आवेदन में उन्होंने बताया कि ग्राम जोता में अवैध प्लाटिंग कर राजस्व का नुकसान किया जा रहा है।सुशासन तिहार के अंतर्गत यह आवेदन मिलते ही नायब तहसीलदार श्री विपिन पटेल सहित राजस्व अमले ने बुलडोजर अवैध प्लॉटिंग पर बुलडोजर चलवाकर रोक लगवाई। तहसीलदार श्री पटेल ने बताया कि सुशासन तिहार के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों पर कार्रवाई करते हुए आज अवैध प्लॉटिंग को रोका गया।ग्रामवासियों ने इस कार्रवाई पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कि सुशासन तिहार एक अच्छी पहल है जिससे आमजनों को राहत मिल रही है।
- दुर्ग, / अनुसूचित जाति, जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम 1995 एवं संशोधन नियम 2016 के क्रियान्वयन की समीक्षा हेतु जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक 22 अप्रैल 2025 को शाम 4 बजे कलेक्टर सभाकक्ष में आयोजित की गई है। आयोजित बैठक में समिति के संबंधित अधिकारियों को उपस्थिति सुनिश्चित करने कहा गया है।
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दुर्ग, / कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति के कार्यों की समीक्षा एवं एजेंडा पर चर्चा हेतु 22 अप्रैल 2025 को अपरान्ह 1.00 बजे कलेक्टोरेट सभाकक्ष में बैठक आयोजित की गई है। उक्त बैठक में समिति से संबंधित सभी अधिकारियों को आवश्यक जानकारी के साथ उपस्थिति सुनिश्चित करने कहा गया है।
- -औद्योगिक निवेश और श्रमिक कल्याण की प्रभावी पहल-श्रमिकों के लिए कारखाना परिसर में ही आवासीय सुविधा का रास्ता खुला-साय सरकार के निर्णय से बढ़ेगी औद्योगिक उत्पादकता एवं कार्यक्षमतारायपुर / छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व वाली सरकार ने राज्य में औद्योगिक विकास को गति देने और श्रमिकों के कल्याण को सुनिश्चित करने के लिए छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम, 2015 में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। यह संशोधन, जो 27 फरवरी 2025 को अधिसूचित किया गया, औद्योगिक इकाइयों के लिए पट्टे पर दी गई भूमि के उपयोग और औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिक आवास निर्माण को लेकर नए अवसर प्रदान करता है। इस कदम को राज्य की औद्योगिक नीति को और अधिक निवेशक-अनुकूल बनाने और स्थानीय श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।पट्टे पर दी गई भूमि का 15 प्रतिशत नियमितीकरणमुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर किए गए नए संशोधन के तहत, औद्योगिक इकाइयों को पट्टे पर दी गई कुल भूमि का 15 प्रतिशत हिस्सा गैर-औद्योगिक गतिविधियों, जैसे प्रशासनिक भवन, कैंटीन, या अन्य सुविधाओं के लिए नियमित करने की अनुमति दी गई है। पहले यह सीमा सख्त थी, जिसके कारण कई इकाइयों को परिचालन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। अब इस छूट से उद्यमी अपनी इकाइयों की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए लचीले ढंग से भूमि का उपयोग कर सकेंगे।औद्योगिक श्रमिक आवास निर्माण की अनुमतिसंशोधन का दूसरा महत्वपूर्ण पहलू औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिकों के लिए आवास निर्माण की अनुमति है। यह कदम न केवल श्रमिकों को बेहतर रहन-सहन की सुविधा प्रदान करेगा, बल्कि औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिकों की उपलब्धता को भी बढ़ाएगा। इससे श्रमिकों को कार्यस्थल के नजदीक रहने का अवसर मिलेगा, जिससे उनकी यात्रा लागत और समय की बचत होगी।संशोधन के लाभ15 प्रतिशत भूमि के नियमितीकरण की अनुमति से उद्यमी अपनी इकाइयों में बुनियादी ढांचे को बेहतर बना सकेंगे। इससे उत्पादकता और कार्यक्षमता में वृद्धि होगी। औद्योगिक क्षेत्रों में आवास सुविधा शुरू होने से श्रमिकों को सुरक्षित और सुविधाजनक आवास मिलेगा। यह उनकी कार्यक्षमता और जीवन स्तर को बढ़ाने में मदद करेगा। अनुकूल नीतियों के कारण छत्तीसगढ़ में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा मिलेगा। यह विशेष रूप से छोटे और मझोले उद्यमों के लिए लाभकारी होगा। श्रमिक आवास और औद्योगिक विस्तार से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा। औद्योगिक क्षेत्रों में आवास सुविधा से शहरी क्षेत्रों पर जनसंख्या का दबाव कम होगा, क्योंकि श्रमिकों को औद्योगिक क्षेत्रों में ही रहने का विकल्प मिलेगा।गौरतलब है कि पहले औद्योगिक इकाइयों को पट्टे पर दी गई भूमि का उपयोग केवल विशिष्ट औद्योगिक गतिविधियों के लिए करना होता था। गैर-औद्योगिक उपयोग, जैसे कार्यालय भवन या कर्मचारी सुविधाओं के लिए, अनुमति लेना जटिल और समय लेने वाला था। नए नियम के तहत, 15 प्रतिशत भूमि को बिना किसी जटिल प्रक्रिया के नियमित करने की अनुमति दी गई है। यह उद्यमियों को परिचालन लागत कम करने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने में मदद करेगा। उदाहरण के लिए, एक इकाई अब इस 15 प्रतिशत भूमि पर कर्मचारी कल्याण केंद्र, प्रशिक्षण सुविधा, या गोदाम बना सकती है।छत्तीसगढ़ में औद्योगिक क्षेत्र अक्सर ग्रामीण या अर्ध-शहरी इलाकों में स्थित हैं, जहां श्रमिकों के लिए आवास की कमी रहती है। इससे श्रमिकों को लंबी दूरी तय करनी पड़ती है, जिसका असर उनकी उत्पादकता पर पड़ता है। संशोधन के तहत, औद्योगिक इकाइयां अब अपने परिसर में या आसपास श्रमिकों के लिए आवास बना सकती हैं। यह सुविधा न केवल श्रमिकों के लिए लाभकारी होगी, बल्कि उद्यमियों को भी स्थिर और समर्पित कार्यबल उपलब्ध कराएगी।औद्योगिक विशेषज्ञों का मानना है कि यह संशोधन छत्तीसगढ़ को निवेश के लिए और अधिक आकर्षक बनाएगा। रायपुर के उद्योगपति, राजेश अग्रवाल ने कहा, 15 प्रतिशत भूमि के नियमितीकरण से हमें अपने परिसर में कर्मचारी सुविधाएं बढ़ाने में मदद मिलेगी। साथ ही, श्रमिक आवास की अनुमति से हमारे कर्मचारियों का मनोबल बढ़ेगा।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस संशोधन को विकसित छत्तीसगढ़ के विजन का हिस्सा बताया है। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य उद्योगों को बढ़ावा देना और साथ ही श्रमिकों के कल्याण को सुनिश्चित करना है। यह संशोधन दोनों उद्देश्यों को प्राप्त करने में मददगार साबित होगा। छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम, 2015 में संशोधन राज्य के औद्योगिक विकास और श्रमिक कल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 15 प्रतिशत भूमि के नियमितीकरण और श्रमिक आवास निर्माण की अनुमति से न केवल उद्यमियों को लाभ होगा, बल्कि श्रमिकों के जीवन में भी सकारात्मक बदलाव आएगा।
- रायपुर.। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दुर्ग ग्रामीण के विधायक तथा छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री ललित चन्द्राकर की माता श्रीमती पूर्णिमा चंद्राकर के निधन पर शोक जताया है। उन्होंने आज यहां जारी अपने शोक संदेश में कहा है कि श्री चन्द्राकर की माता के निधन का समाचार अत्यंत दु:खद है। माताजी का निधन पूरे परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। मेरी संवेदनाएं श्री चन्द्राकर और उनके परिवार के साथ हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने दिवंगत आत्मा की शांति एवं शोक संतप्त परिजनों को संबल प्रदान करने के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है।
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बिलासपुर/सुशासन तिहार में की गई शिकायतों के निराकरण से लोगों को काफी राहत मिल रही है। शिकायतों के प्रति आमतौर पर उदासीन रवैया दिखाने वाले अधिकारी सक्रिय होकर समाधान में लगे हैं। नगर निगम बिलासपुर में लाइट, नाली सफाई जैसी कई समस्याओं का त्वरित निदान होने से लोगों को काफी राहत मिल रही है। शहर में स्ट्रीट लाइट के संदर्भ में मिली शिकायतों का त्वरित निराकरण किया जा रहा है। प्रमुख तौर पर मुक्तिधाम सरकंडा में स्ट्रीट लाइट के नहीं जलने की शिकायत सुशासन तिहार में आयोजित शिविर में की गई थी। जिसके बाद तत्काल स्ट्रीट लाइटों का संधारण कर निराकरण किया गया। इसी तरह वार्ड क्रमांक 48 में बिसाहूदास महंत नगर वार्ड में स्ट्रीट लाइट खराब होने की शिकायत की गई थी,जिसे ठीक कर दिया गया है। लिंक रोड में भी स्ट्रीट लाइट में खराबी की शिकायत थी,जिसे सुधारा गया है। वार्ड नंबर 15, 27 खोली में कोल इंडिया ऑफिस के सामने सुशासन तिहर 2025 में जे एच शेम्स द्वारा शिकायत की गई कि आवासीय प्लाट में निस्तारी के तहत बनाई गई नाली की सफाई नहीं हो रही है। नाली जाम होने की वजह से गंदा पानी आवासीय प्लाट में जा रहा है। शिकायत मिलने के बाद तत्काल निराकरण करते हुए नाली की सफाई की गई।
- - सामूहिक आदर्श विवाह में 24 नवविवाहित जोड़ों को दिया आशीर्वाद=साहू समाज मेहनत और ईमानदारी की मिसाल है- उप मुख्यमंत्री श्री साव=सामाजिक भवन के लिए की 20 लाख रुपए की घोषणादुर्ग, /पाटन तहसील में आयोजित कर्मा जयंती महोत्सव एवं सामूहिक आदर्श विवाह कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस अवसर पर उन्होंने 24 नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया और उनके सुखमय जीवन की कामना की। समाज के पदाधिकारियों की मांग पर उप मुख्यमंत्री ने तहसील साहू समाज पाटन में भवन निर्माण के लिए 20 लाख रुपये की घोषणा कर समाज को बड़ी सौगात दी।समारोह को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि पाटन तहसील में साहू समाज द्वारा लगातार 22 वर्षों से सामूहिक आदर्श विवाह का आयोजन किया जा रहा है। यह परंपरा समाज में एकता, सहयोग और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक बन चुकी है। उन्होंने कहा कि जिन जोड़ों का विवाह सामूहिक रूप से होता है, उनका दांपत्य जीवन अधिक सफल और सुखद रहता है, क्योंकि इसमें पूरे समाज का आशीर्वाद और समर्थन शामिल होता है। उन्होंने साहू समाज की मेहनत और ईमानदारी की सराहना करते हुए कहा कि यह समाज कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी अपने मूल्यों से नहीं डगमगाता। साहू समाज की ईमानदारी और मेहनत का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि साहू समाज का व्यक्ति चाहे धूप में तप जाए, लेकिन गलत मार्ग नहीं अपनाता।उप मुख्यमंत्री ने गर्व के साथ कहा कि साहू समाज का ही एक बेटा आज तीसरी बार भारत के प्रधानमंत्री के रूप में देश की सेवा कर रहा है, और यह सब उसकी ईमानदारी और मेहनत का ही परिणाम है। पिछले 11 वर्षों से प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने गांव, गरीब, किसान और आम जनता के जीवन को बेहतर बनाने का कार्य किया है। उन्होंने आगे कहा कि साहू समाज केवल अपने विकास की बात नहीं करता, बल्कि यह समाज हर वर्ग और समाज को साथ लेकर चलने वाला है। इस समाज की मूल विशेषता ईमानदारी, मेहनत और एकता को बनाए रखते हुए सभी को साथ लेकर आगे बढ़ना है। इस दौरान उप मुख्यमंत्री श्री साव मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना, परियोजना पाटन जिला दुर्ग के अंतर्गत प्रत्येक जोड़े को 35 हजार रूपए का चेक प्रदान किया गया। साथ ही पदाधिकारियों को मोमेटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल, सांसद दुर्ग श्री विजय बघेल, जिला साहू संघ अध्यक्ष श्री नंदलाल साहू, तेलघानी बोर्ड अध्यक्ष श्री जितेन्द्र साहू, कार्यकारणीय प्रदेश साहू संघ अध्यक्ष श्री खिलावन साहू, जिला पंचायत सभापति श्रीमती कल्पना साहू, नगर पालिका अमलेश्वर अध्यक्ष श्री दयानंद सोनकर सहित बड़ी संख्या में समाजजन, स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
- - आध्यात्मिक समिति के आयोजन में शामिल होने वाली श्रद्धालु महिलाओं का उत्साह लगातार 68वें सप्ताह भी यथावतरायपुर। महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति की ओर से हर शनिवार होने वाला रामरक्षा स्त्रोत और हनुमान चालीसा पाठ 68वें सप्ताह भी पूरे उत्साह के साथ जारी रहा। इस सप्ताह वल्लभनगर, अमलीडीह, बूढ़ापारा, अवंती विहार सहित अन्य केंद्र की श्रद्धालु महिलाओं ने उत्साह के साथ रामरक्षा स्त्रोत और हनुमान चालीसा का एक साथ पाठ किया।आध्यात्मिक समिति की समन्वयक आस्था काले ने बताया कि वल्लभनगर केंद्र की महिलाओं ने मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में पाठ किया। इस दौरान मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले, अपर्णा देशमुख, अर्चना जतकर, कांचन पुसदकर, माधुरी गाडगिल, प्राजक्ता पुसदकर, मंजुषा चिलमवाल, अर्चना राखडे, श्वेता टोले, संगीता चांदोकर, शोभा पाटिल, अपर्णा पेंडसे, रोहिनी पेंडसे, अपर्णा आठले, सुहानी पवार समेत कई महिला सभासद प्रमुख रुप से उपस्थित थीं।मंडल उपाध्यक्ष गीता श्याम दलाल के अनुसार अवंती विहार केंद्र की महिलाओं शुभदा गिरजे, सविता महाजन, चारू पैडका, शिखा उपगाडे, अंजू, रेणुका, स्वर्णा, श्वेता, मनीषा, लीना, स्मिता, शिल्पा चौधरी, गीता हाटे, नीता भंडारकर समेत कई महिलाओं ने रामरक्षा स्त्रोत व हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ किया। शुरुआती हफ्तों में अवंती विहार केंद्र की महिलाओं ने शंकर नगर व देवेंद्र नगर केंद्र की महिला सभासदों के साथ संयुक्त रूप से सामूहिक पाठ किया। अब इसे लेकर इनकी संख्या इतनी बढ़ गई है कि यहां की श्रद्धालु महिलाएं बड़ी संख्या में स्वस्फूर्त ही रामरक्षा स्रोत और हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ करतीं हैं।आस्था ने आगे बताया कि इसी तरह अमलीडीह केंद्र में अर्चना भाखरे, अर्चना धर्माधिकारी, अल्पना देवरणकर, प्रेरणा मोरे, अक्षरा भागडे, मेघा जोशी, संध्या फुलघरे, प्रेरणा सप्रे, रितीका चानडील प्रमुख रूप से उपस्थित रहीं। बूढ़ापारा केंद्र की महिलाओं ने बूढ़ापारा स्थित हनुमान मंदिर परिसर में रामरक्षा व हनुमान चालीसा का जोश के साथ सामूहिक पाठ किया। इस दौरान बूढ़ापारा केंद्र की महिला उपस्थित थीं। इनके अलावा भी सड्डू- मोवा, तात्यापारा, सरोना सहित कई केंद्रों की महिलाओं ने भी शनिवार शाम को रामरक्षा स्रोत व हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ किया।
- - शिविर में स्कूली बच्चों के लिए खेलकूद, डांस, म्यूजिक, योगा, पेंटिंग- ड्राइंग के साथ बहुत कुछरायपुर। महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में समर कैंप का आयोजन सोमवार, 21 अप्रैल को सुबह आठ बजे से किया जा रहा है। समर कैंप का शुभारंभ अरविंद दीक्षित वार्ड के पार्षद और जोन 10 के अध्यक्ष सचिन मेघानी करेंगे। इस अवसर पर महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर काले, मुख्य समन्वयक श्याम सुंदर खंगन, स्कूल के प्रभारी परितोष डोनगांवकर और सहप्रभारी नवीन देशमुख विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे।प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने बताया कि स्कूल की ओर प्रति वर्षानुसार इस वर्ष भी समर कैंप का आयोजन किया जा रहा है। समर कैंप में न सिर्फ विद्यालय बल्कि आसपास के बच्चों में भी बहुत उत्साह है। शिविर में रजिस्ट्रेशन को लेकर अभिभावकों में भी खासी जिज्ञासा देखी जा रही है। कैंप में विभिन्न गतिविधियों, जिसमें खेलकूद, आर्ट एंड क्राफ्ट, फायरलैस कुकिंग, योगा, डांस, म्यूजिक इत्यादि सीखने में बच्चे एंजाय करेंगे। शानदार समारोह के साथ कैंप का समापन 27 अप्रैल को होगा। इसमें बच्चे कैंप में सीखे और विकसित किए अपने हुनर का प्रदर्शन करेंगे। प्रतिभागी बच्चों को प्रमाणपत्र वितरण के बाद शिविर के समापन की घोषणा की जाएगी।
- -सिविल सेवा – सुशासन की रीढ़, राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा : मुख्यमंत्रीरायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने राष्ट्रीय सिविल सेवा दिवस (21 अप्रैल) के अवसर पर देश सेवा में समर्पित सभी सिविल सेवकों एवं उनके परिवारजनों को हार्दिक शुभकामनाएँ दी हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह दिन न केवल सिविल सेवकों के अमूल्य योगदान को स्मरण करने का अवसर है, बल्कि यह भविष्य की चुनौतियों के संदर्भ में आत्ममंथन और नवचिंतन का भी दिवस है। यह अवसर हमें याद दिलाता है कि प्रशासनिक तंत्र राष्ट्र के विकास पथ का मूल आधार है, और सिविल सेवकों की दक्षता, निष्ठा और दूरदृष्टि ही नीतियों को ज़मीन तक पहुँचाने में सहायक होती है।मुख्यमंत्री ने कहा कि सिविल सेवक वह कड़ी हैं जो सरकार की योजनाओं और जनता की अपेक्षाओं के बीच सेतु का कार्य करते हैं। उन्होंने कहा सिविल सेवकों की प्रतिबद्धता और परिश्रम से ही देश और प्रदेश सुशासन के पथ पर अग्रसर होता है। उन्होंने सिविल सेवकों को निष्ठापूर्वक अपने कर्तव्यों का वहन करते हुए देश और प्रदेश की उन्नति में अपना बहुमूल्य योगदान देने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि आपकी प्रतिबद्धता एवं कर्मठता ही भारत को एक समर्थ, समावेशी और आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने की नींव है।
- -मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के शपथ ग्रहण समारोह में हुए शामिलरायपुर /विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की महत्वपूर्ण भूमिका है। प्रदेश में व्यापार, व्यवसाय और उद्योग तेजी से विकास कर रहे हैं, जिसके कारण जीएसटी कलेक्शन में छत्तीसगढ़ अग्रणी है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित देश बनाने का संकल्प लिया है। इसके लिए हम सबको मिलकर विकसित छत्तीसगढ़ बनाना होगा।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के शहीद स्मारक ऑडिटोरियम में आयोजित छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए यह बात कही। कार्यक्रम में चैंबर के अध्यक्ष श्री सतीश थौरानी, महामंत्री श्री अजय भसीन, कोषाध्यक्ष श्री निकेश बरड़िया सहित अन्य पदाधिकारियों ने शपथ ग्रहण किया।मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर कहा कि छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज 62 वर्षों से कार्यशील है, जिससे 12 लाख व्यापारी जुड़े हैं। प्रदेश के इस सबसे बड़े व्यापारी संगठन के इतिहास में पहली बार सर्वसम्मति से निर्वाचन संपन्न हुआ है, जो संगठन की एकजुटता का प्रमाण है। इस परंपरा को यह संगठन आगे भी कायम रखे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में उद्योग और व्यापार की उन्नति के लिए राज्य सरकार द्वारा महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने छोटे व्यापारियों को हमेशा प्राथमिकता दी है। ई-वे बिल की सीमा 50 हजार से बढ़ाकर 1 लाख रुपये कर दी गई है। हमने पेट्रोल पर वैट 1 रुपये प्रति लीटर कम किया है। व्यापारियों को राहत देते हुए 10 साल पुराने लंबित मामलों में 25 हजार रुपये तक की वैट देनदारी को माफ किया गया है। इसका लाभ प्रदेश के 40 हजार व्यापारियों को मिल रहा है।नई औद्योगिक नीति : प्रदेश में साढ़े चार लाख करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्तावमुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नई उद्योग नीति से उद्योगों के लिए प्रदेश में सकारात्मक वातावरण बना है। इसके लागू होने के बाद से अब तक प्रदेश में साढ़े चार लाख करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं। नवा रायपुर में सेमीकंडक्टर निर्माण के लिए हाल ही में प्लांट का भूमिपूजन हुआ है। हाल ही में हमने दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु में इन्वेस्टर मीट का आयोजन किया। देशभर के कारोबारियों और उद्योगपतियों में इसे लेकर गजब का उत्साह है। वे छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा में शामिल होना चाहते हैं।नई औद्योगिक नीति का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करने का आग्रहमुख्यमंत्री ने चैंबर के पदाधिकारियों से राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करने का आग्रह किया, जिससे प्रदेश में अधिक से अधिक निवेश आकर्षित हो सके। उन्होंने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई और शुभकामनाएं भी दीं।इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए बाजार में धन का प्रवाह आवश्यक है। किसान हमारी अर्थव्यवस्था की धुरी हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल और प्रति एकड़ 21 क्विंटल के मान से धान की रिकॉर्ड खरीदी की। दो साल का धान बोनस भी दिया गया। प्रदेश का बजट 6000 करोड़ से बढ़कर अब 1 लाख 60 हजार करोड़ रुपये का हो गया है। देश में सर्वाधिक ऑटोमोबाइल विक्रय छत्तीसगढ़ में हो रहा है, जो यह दर्शाता है कि हमारी अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है। वर्ष 2047 तक छत्तीसगढ़ देश के प्रथम तीन विकसित राज्यों में शामिल होगा। प्रदेश के विकास में चैंबर की भी उल्लेखनीय भागीदारी होगी।पूर्व सांसद और पूर्व राज्यपाल श्री रमेश बैस ने कहा कि छत्तीसगढ़ में राज्य सरकार उद्योग और व्यापार की उन्नति के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है। इसी प्रकार उद्योग जगत भी प्रदेश के विकास में अपना योगदान दे रहा है। जब दोनों पहिए साथ-साथ चलते हैं, तो विकास की रफ्तार तेजी से बढ़ती है। रायपुर सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि सर्वसम्मति से चैंबर के चुनाव होना यह दर्शाता है कि व्यापार जगत तेजी से आगे बढ़ेगा। जो देश व्यापार, व्यवसाय और उद्योग को बढ़ावा देता है, उसकी तरक्की को कोई नहीं रोक सकता। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री साय के नेतृत्व में यह कार्य कुशलता से किया जा रहा है। उन्होंने चैंबर के सदस्यों से आग्रह किया कि गर्मियों में लोगों को राहत पहुंचाने के लिए पानी, पना और मठा का वितरण करें।इस अवसर पर संत साईं उदय शदाणी, साईं लालदास, अम्मा महंत मीरा देवी, अनेक जनप्रतिनिधि, निगम-मंडलों के अध्यक्ष सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
- -प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत का सपना पूरा करेंगी यहां प्रशिक्षित महिलाएं - श्री अरुण सावरायपुर.। उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने आज रायपुर के चंगोराभाठा में महतारी सिलाई केंद्र का शुभारंभ किया। रायपुर नगर निगम द्वारा संचालित इस सिलाई केंद्र में महिलाओं को सिलाई का प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद सिलाई कार्य में दक्ष महिलाएं अपना स्वरोजगार शुरू कर सकेंगी।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने सिलाई केंद्र के शुभारंभ के बाद प्रशिक्षु महिलाओं से बात भी की। उन्होंने शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि महिलाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के लिए यह अच्छी पहल है। यहां प्रशिक्षण प्राप्त कर महिलाएं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत का सपना साकार करेंगी। उन्होंने कहा कि इस तरह का सिलाई केंद्र सिर्फ रायपुर में ही नहीं, पूरे प्रदेश में हो, इसकी कोशिश करेंगे।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन की टीम की सराहना करते हुए कहा कि टीम ने यहां सिलाई प्रशिक्षण की अच्छी व्यवस्था की है। इस केंद्र को मॉडल के रूप में विकसित किया जाना चाहिए, ताकि अन्य शहरों में भी महिलाओं के लिए इस तरह के केंद्र प्रारंभ किए जा सकें।महतारी सिलाई केंद्र के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने बताया कि उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव जब चंगोराभाठा में सांस्कृतिक कार्यक्रम में आए थे, तब उन्होंने उप मुख्यमंत्री से कहा था कि महिलाएं सिलाई सीखना चाहती हैं। आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने के कारण गरीब महिलाएं सिलाई मशीन नहीं खरीद पाती हैं। उन्होंने मेरी मांग पर सिलाई केंद्र खोलने की घोषणा की थी जो आज मूर्त रूप ले रहा है।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने कहा कि यहां सिलाई का काम सीखकर महिलाएं अपने पैरों पर खड़ी होंगी और अपने परिवार को आर्थिक मजबूती प्रदान करेंगी। इससे उनकी आर्थिक-सामाजिक स्थिति सुधरेगी और आत्मविश्वास बढ़ेगा। राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष श्री अमरजीत छाबड़ा, रायपुर नगर निगम के सभापति श्री सूर्यकान्त राठौर, आयुक्त श्री विश्वदीप, एमआईसी सदस्य, पार्षदगण और गणमान्य नागरिक भी बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।
- -परंपरागत खेती से आगे बढ़ते हुए तकनीक के सहारे मिली नई पहचानरायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है। इसी क्रम में उद्यानिकी विभाग की योजनाएं और तकनीकी सहायता किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। कुनकुरी विकासखंड के ग्राम बेहराखार निवासी किसान तोपचंद भंडारी की सफलता इसका प्रमाण है।तोपचंद भंडारी पूर्व में परंपरागत तरीके से सब्जी की खेती करते थे, जिससे उन्हें सीमित पैदावार और कम आमदनी हो पाती थी। लेकिन जब उन्होंने उद्यानिकी विभाग से संपर्क कर ग्राफ्टेड टमाटर और मिर्च की खेती की तकनीकी जानकारी ली, तो उनकी किस्मत ही बदल गई। उद्यान विभाग से मिली तकनीकी सहायता के माध्यम से तोपचंद भंडारी ने अपने खेत में मल्चिंग सीट के साथ ग्राफ्टेड टमाटर और मिर्च की खेती शुरू की। उन्होंने 1.2 हेक्टेयर में टमाटर और 0.300 हेक्टेयर में ग्राफ्टेड मिर्च का रोपण किया। इससे उन्हें कुल 225 क्विंटल टमाटर की उपज प्राप्त हुई, जिससे 6 लाख 75 हजार रुपए की आमदनी हुई। लागत निकालने के बाद उन्हें करीब 5 लाख 60 हजार रुपए का शुद्ध लाभ हुआ।तोपचंद भंडारी ने न केवल खुद की खेती में तकनीकी नवाचार अपनाया, बल्कि अपने अनुभवों को आस-पास के किसानों के साथ भी साझा किया। वे अब लगातार अन्य किसानों को भी उद्यानिकी विभाग की योजनाओं से जुड़कर उन्नत खेती करने और आमदनी बढ़ाने की सलाह देते हैं। उनका कहना है कि यदि किसान सही मार्गदर्शन और तकनीकी सहायता के साथ खेती करें, तो आर्थिक रूप से सशक्त बन सकते हैं। वर्तमान में वे दोबारा ग्राफ्टेड टमाटर की खेती कर रहे हैं और भविष्य में इससे भी बेहतर परिणाम की उम्मीद रखते हैं।
- -ग्राम बालसी के दो युवाओं को मिला लर्निंग लाइसेंसमहासमुंद / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार प्रदेशभर में सुशासन तिहार का आयोजन किया जा रहा है। यह जनकल्याणकारी अभियान राज्य के नागरिकों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता, प्रतिबद्धता और जवाबदेही का प्रतीक है। सुशासन तिहार का मूल उद्देश्य आम लोगों की समस्याओं का तुरंत समाधान सुनिश्चित करना, सरकारी सेवाओं को सरल और सुलभ बनाना तथा शासन को सीधे जनता तक पहुँचाना है। यह पहल "जनता के साथ, जनता के लिए" की सोच को धरातल पर उतारती है, जहाँ सरकार खुद लोगों के बीच पहुँचकर उनकी आवश्यकताओं और उम्मीदों को समझने का प्रयास कर रही है।अभियान के प्रथम चरण के अंतर्गत नागरिकों से उनकी समस्याओं एवं मांगों के संबंध में आवेदन आमंत्रित किए गए थे, जिन पर प्राथमिकता के आधार पर प्रभावी कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में विकासखंड बागबाहरा में सुशासन तिहार के तहत ग्राम पंचायत सुअरमार निवासी श्रीमती देव कुमारी, ग्राम पंचायत मोहंदी के श्री सतीश कुमार निषाद एवं श्रीमती अशोक बाई ध्रुव द्वारा जॉब कार्ड के लिए आवेदन प्रस्तुत किए गए थे।प्रशासन द्वारा इन आवेदनों को गंभीरता से लेते हुए त्वरित रूप से कार्यवाही की गई और सभी तीनों हितग्राहियों को शीघ्र जॉब कार्ड प्रदान किए गए। इसी प्रकार से सरायपाली विकासखंड के ग्राम बालसी के निवासी श्री तेजकुमार रात्रे एवं श्री ऋषिकेश रात्रे द्वारा सुशासन तिहार के अंतर्गत लर्निंग लाइसेंस प्राप्त करने हेतु आवेदन प्रस्तुत किए गए थे। परिवहन विभाग द्वारा इन आवेदनों को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर त्वरित कार्रवाई की गई, जिसके फलस्वरूप दोनों आवेदकों को शीघ्र ही लर्निंग लाइसेंस जारी कर दिया गया।जॉब कार्ड एवं लर्निंग लाइसेंस प्राप्त होने पर संबंधित परिवारों ने राज्य सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों एवं 'सुशासन तिहार' जैसे अभिनव अभियान की सराहना की और मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।
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नारायणपुर. जिले में चार महिला नक्सली समेत पांच इनामी नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के सामने आत्मसमर्पण किया है। पुलिस अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में पांच नक्सलियों दसरी ध्रुव (26), छन्नू गोटा (28), ज्योति वड्डे उर्फ कुटके (19), सीता वड्डे (19) और इरपे उर्फ सुनीता वड्डे (25) ने सुरक्षाबलों के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। अधिकारियों ने बताया कि नक्सली दसरी ध्रुव पर दो लाख रूपए का इनाम है। वहीं नक्सली छन्नू गोटा, ज्योति वड्डे, सीता और इरपे पर एक-एक लाख रूपए का इनाम है। उन्होंने बताया कि नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति और बड़े कैडर के नक्सलियों के आत्ससमर्पण के बाद सरकार द्वारा उन्हें दी जा रही विभिन्न सुविधाओं से प्रभावित होकर तथा संगठन के विचारों से निराश होकर आत्मसमर्पण करने का फैसला किया है। अधिकारियों ने बताया कि नक्सलियों को प्रोत्साहन राशि के रूप में 50 हजार रुपए का चेक प्रदान किया गया है। उन्हें पुनर्वास नीति के तहत मिलने वाली सभी प्रकार की सुविधाएं दी जाएगी। अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2025 में नारायणपुर जिले में अब तक कुल 97 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। -
रायपुर. प्रदेश सरकार ने राज्य के 11 जिलों के कलेक्टर समेत भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के 41 अधिकारियों का तबादला कर दिया है। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य शासन ने बिलासपुर जिले के कलेक्टर अवनीश कुमार शरण का तबादला आयुक्त नगर तथा ग्राम निवेश के पद पर कर दिया है। राज्य शासन ने शरण के स्थान पर राजनांदगांव जिले के कलेक्टर संजय अग्रवाल को बिलासपुर कलेक्टर के पद पर तैनात किया है। अधिकारियों ने बताया कि रायगढ़ जिले के कलेक्टर कार्तिकेय गोयल को संचालक खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण के पद पर पदस्थ करते हुए प्रबंध संचालक वेयरहाउसिंग कारपोरेशन का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। उन्होंने बताया कि राज्य शासन ने गोयल के स्थान पर दंतेवाड़ा जिले के कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी को रायगढ़ जिले के कलेक्टर के पद पर पदस्थ किया है। अधिकारियों ने बताया कि सारंगढ़-बिलाईगढ़ के कलेक्टर धर्मेश कुमार साहू का तबादला विशेष सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के पद पर कर दिया गया है। उनके स्थान पर जिला पंचायत बालोद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी संजय कन्नौजे सारंगढ़-बिलाईगढ़ के कलेक्टर होंगे। उन्होंने बताया कि राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव भूरे सर्वेश्वर नरेंद्र को कलेक्टर राजनांदगांव नियुक्त किया है। अधिकारियों ने बताया कि नागरिक आपूर्ति निगम के प्रबंध संचालक जन्मेजय महोबे को जांजगीर-चांपा जिले का कलेक्टर नियुक्त किया गया है। वहीं संचालक लोक शिक्षण दिव्या उमेश मिश्रा को बालोद जिला का कलेक्टर नियुक्त किया गया है। उन्होंने बताया कि राज्य शासन ने बालोद जिले के कलेक्टर इंद्रजीत सिंह चंद्रवाल का तबादला कलेक्टर खैरागढ़-छुईखदान-गंडई के पद पर किया है। वहीं गृह निर्माण मंडल के आयुक्त कुंदन कुमार का तबादला कलेक्टर मुंगेली के पद पर किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ राज्य जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन एजेंसी की मुख्य कार्यपालन अधिकारी नुपूर राशि पन्ना को कोंडागांव जिले का कलेक्टर नियुक्त किया है। वहीं मुंगेली जिले के कलेक्टर राहुल देव का तबादला संचालक कृषि के पद पर किया गया है। उन्होंने बताया कि गरियाबंद जिले के कलेक्टर दीपक कुमार अग्रवाल अब नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन होंगे। अग्रवाल के स्थान पर अंतागढ़ के अपर कलेक्टर भगवान सिंह उइके को गरियाबंद का कलेक्टर नियुक्त किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि जांजगीर-चांपा जिले के कलेक्टर आकाश छिकारा का तबादला उप सचिव आवास एवं पर्यावरण के पद पर किया गया है। वहीं, कोंडागांव जिले के कलेक्टर कुणाल दुदावत को कलेक्टर दंतेवाड़ा के पद पर नियुक्त किया गया है।
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बीजापुर. जिले की पहाड़ियों में सुरक्षाबलों ने नक्सलियों के बंकर से बड़ी संख्या में सोलर प्लेट और अन्य सामान बरामद किया है। पुलिस अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले के पामेड़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत मुर्कराजगुट्टा गांव की पहाड़ी में सुरक्षाबलों ने नक्सलियों के एक बंकर से छह सोलर प्लेट, माओवादियों की दो वर्दियां, दो छत के पंखे और अन्य सामान बरामद किया है। उन्होंने बताया कि जिले जीड़पल्ली गांव में स्थित शिविर से केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के कोबरा बटालियन के दल को नक्सल विरोधी अभियान पर रवाना किया गया था। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान मुर्कराजगुट्टा में नक्सलियों के द्वारा बंकरनुमा संरचना में छिपाया गया ‘डंप' बरामद किया गया। अधिकारियों ने बताया कि डंप को नक्सलियों ने कांक्रीट आरसीसी स्लेब से बने बंकरनुमा कमरे में छिपाकर रखा था। उन्होंने बताया कि कोबरा बटालियन के दल ने अभियान के दौरान नक्सलियों के 12 ठिकानों को नष्ट कर दिया।
अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले जिले के कोमटपल्ली और तुमरेल गांव के जंगलों में बनाए गए डंप से नक्सलियों का हथियार बनाने का उपकरण, औजार और विस्फोटक सामान बरामद किया गया था। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में नक्सलियों के खिलाफ अभियान जारी है। - -दुर्ग जिला अंतर्गत ग्राम जामगॉव (एम) में 110 एकड़ में स्थापित किया जा रहा है प्रसंस्करण ईकाईरायपुर, / प्रदेश के वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने आज दुर्ग जिले के पाटन विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम जामगांव (एम) में केन्द्रीय प्रसंस्करण इकाई का अवलोकन कर अद्यतन कार्यों का जायजा लिया। वनमंत्री ने यथाशीघ्र गुणवत्ता पूर्ण निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरा करने संबंधितों को निर्देशित किया। इस अवसर पर सांसद श्री विजय बघेल व जिला एवं जनपद पंचायत के प्रतिनिधि भी साथ मौजूद थे। लघु वनोपजों के प्रसंस्करण हेतु लगभग 23 करोड़ की लागत से 110 एकड़ क्षेत्र में विभिन्न प्रसंस्करण इकाई स्थापित किया जा रहा है।वन मंत्री श्री कश्यप ने इन इकाई में प्रसंस्करण होने वाले उत्पाद तथा गोदामों में भंडारित वनोपज, मिलेट्स फसल, प्रसंस्करण पश्चात् वितरण आदि की भी जानकारी ली। वन मंत्री श्री कश्यप ने सम्पूर्ण इकाई परिसर में स्थानीय जनप्रतिनिधियों को एक पेड़ माँ के नाम पर लोगों से पौध रोपण करने की अपील की। इस अवसर पर डीएफओ श्री चंद्रशेखर परदेशी, एसडीएम श्री लवकेश ध्रुव एवं अन्य विभाग के अधिकारी तथा स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
- रायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अगुवाई में छत्तीसगढ़ में शुरू हुआ सुशासन तिहार सरकारी योजनाओं को जनता तक पहुंचाने का एक प्रभावी माध्यम बनता जा रहा है। इस तिहार का उद्देश्य जनसरोकार से जुड़े मामलों, शिकायतों का त्वरित निराकरण करना और हितग्राहियों को योजनाओं का सीधा लाभ दिलाना है। महासमुंद जिले में कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के नेतृत्व में त्वरित कार्यवाही से जनता को राहत मिली है।महासमुंद शहर के वार्ड नं. 25 की दीपा साहू ने मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के तहत आवेदन किया था। पात्रता जांच के बाद उन्हें 20,000 रुपए की सहायता राशि मंजूर की गई है, जो एक मई को सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाएगी। यह राशि दीपा की शिक्षा में काम आएगी। उनका सपना है कि वह शिक्षिका बनकर समाज को नई दिशा दें।पिथौरा विकासखंड के ग्राम जंघोरा निवासी मनोहर सिंह पटेल को तकनीकी कारणों से पहले आयुष्मान कार्ड नहीं मिल पाया था। उन्होंने सुशासन शिविर में शिकायत दर्ज कराई, जिसे केवल 24 घंटे में सुलझाया गया। 16 अप्रैल को उन्हें उनका कार्ड मिल गया जिससे अब वे निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा का लाभ ले सकेंगे। इसी तरह सरायपाली के ग्राम राफेल की आसनी निषाद ने शिकायत की थी कि उन्हें महतारी वंदन योजना की कोई किस्त नहीं मिली। जांच में पाया गया कि उनका आधार इनएक्टिव था, जिससे भुगतान अटक गया था। आधार अपडेट के बाद अब उन्हें डीबीटी के माध्यम से राशि प्राप्त होगी।सिमगांव की किसान उषा बाई चौहान ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की राशि नहीं मिलने की शिकायत की थी। बैंक विवरण से पता चला कि राशि पहले से ही उनके पोस्ट ऑफिस खाते में जमा हो रही है। इसी तरह छह अन्य किसानों की शिकायतों का भी त्वरित निराकरण हुआ। सुशासन तिहार की सबसे बड़ी उपलब्धि है जनता की समस्याओं को सुनना और समाधान देना। इससे न सिर्फ सरकारी योजनाओं पर भरोसा बढ़ा है बल्कि शासन और जनता के बीच संवाद और विश्वास भी मजबूत हुआ है।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अगुवाई में प्रदेश में सुशासन तिहार की शुरुआत की गई है, जो सरकार की लोक-कल्याणकारी नीतियों और योजनाओं की व्यापक सफलता का प्रतीक बन चुका है। इस तिहार का उद्देश्य आम जनता तक सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुँचाना और उन्हें सशक्त बनाना है। वास्तव में, समस्याओं के त्वरित निराकरण से जनता के दिलों में खुशियों की बयार बहने लगी है। जनता से सरोकार और संवाद करने वाली सरकार नागरिकों के द्वारा प्रस्तुत आवेदनों का गंभीरता से निराकरण कर रही है, जिसका सकारात्मक असर पूरे प्रदेश में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है।पतेरापाली की युगेश्वरी को मिला नया आशियानामहासमुंद जिले के पिथौरा विकासखंड की ग्राम पंचायत अमलीडीह के आश्रित ग्राम पतेरापाली निवासी श्रीमती युगेश्वरी ध्रुव ने प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत पक्के मकान हेतु सुशासन तिहार के दौरान आवेदन प्रस्तुत किया। उनकी इस आवश्यक मांग को प्रशासन ने प्राथमिकता से संज्ञान में लिया। “मोर द्वार साय सरकार” अभियान के तहत जिले की टीम तत्क्षण उनके घर पहुँची। त्वरित सर्वेक्षण के पश्चात यह स्पष्ट हुआ कि वे योजना की पात्र हैं। उनका नाम आवास प्लस सर्वे 2.0 में दर्ज कर लिया गया है। अब शीघ्र ही उनके घर का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। वर्षों से एक पक्के घर का सपना संजोए बैठी श्रीमती ध्रुव की आँखों में अब उम्मीद की चमक है। जो सपना कभी दूर और धुंधला लगता था, वह अब सरकार की पहल से एक नई सुबह की तरह उनके जीवन में उजाला भरने को तैयार है। अब वह दिन दूर नहीं जब उनका आशियाना केवल एक कल्पना नहीं, बल्कि जीती-जागती सच्चाई होगी।दीपा को मिलेगा मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण योजना का लाभइसी दौरान सुशासन तिहार 2025 के अंतर्गत आयोजित एक शिविर में महासमुंद के वार्ड क्रमांक 25 कुम्हारपारा निवासी कु. दीपा साहू ने मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के अंतर्गत आवेदन प्रस्तुत किया, जिसमें पात्रता की जांच करने पर वे योजना से लाभान्वित होने हेतु पात्र पाई गईं। जिले के श्रम पदाधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा संचालित इस विशेष योजना के अंतर्गत दीपा को ₹20,000 की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है, जो डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में जमा की जाएगी। इस सहायता से अब दीपा अपनी आगे की पढ़ाई जारी रख पाएंगी। उनका सपना है कि वे शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ें और भविष्य में एक प्रेरणादायक शिक्षिका बनें, ताकि अन्य बेटियों को भी शिक्षा के महत्व से जोड़ सकें।गौरतलब है कि सुशासन तिहार के माध्यम से शासन की योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है। शहरी और ग्रामीण दोनों ही क्षेत्रों में आम जनता की समस्याओं के समाधान हेतु प्रशासन पूरी सजगता और तत्परता के साथ कार्य कर रहा है।



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