- Home
- छत्तीसगढ़
- 0- अनुकरणीय पहल: महाराष्ट्र मंडल के वल्लभ नगर केंद्र की महिलाओं ने पर्यावरण संरक्षण के लिए लिया संकल्परायपुर। प्लास्टिक की थैलियों से पर्यावरण को होने वाले नुकसान को रोकने के लिए महाराष्ट्र मंडल हमेशा से लोगों को जागरूक करता रहा। मंडल के वल्लभ नगर महिला केंद्र की सभासदों ने अब प्लास्टिक की थैलियों का उपयोग नहीं करने का प्रण लिया है। उन्होंने यह संकल्प विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर संत ज्ञानेश्वर स्कूल प्रांगण में आयोजित केंद्र की मासिक बैठक में लिया।महाराष्ट्र मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले ने बताया कि विश्व पर्यावरण दिवस पर केंद्र ने संत ज्ञानेश्वर विद्यालय प्रांगण में बैठक आहूत की। बैठक हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ के साथ शुरू हुई। वहीं ‘नो प्लास्टिक अभियान’ की ब्रांड एंबेसडर व केंद्र की सदस्य शुभांगी आप्टे ने सभी सभासदों को कपड़े की थैलियां वितरित की। सभी ने इस अवसर पर यह प्रण लिया कि आज से वे प्लास्टिक- पॉलिथीन के कैरी बेग व थैलियों का उपयोग बिल्कुल नहीं करेंगे।वृक्ष पहचानने की स्पर्धा में मंजूषा सबसे आगेबैठक में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए वृक्ष के पत्तों पर आधारित रोचक गेम खेलाया गया। इसमें महिला प्रतिभागियों को वृक्षों को पहचानना था। इसमें प्रथम मंजूषा चिलमवार, द्वितीय मानसी विट्ठालकर, तीसरी अपर्णा आठले रहीं। बैठक में सह महिला प्रमुख अपर्णा देशमुख, अपर्णा पेंडसे, दीपाली इंगले, मानसी विठालकर, विजया चौधरी, स्मिता चांडोलकर, मंजूषा चिलमवार, सुहानी पवार, सीमा तिग्गा, माधुरी गाडगिल, अर्चना राखड़े, प्राजक्ता पुसदकर , अर्चना जतक, अपर्णा पेंडसे, दीपाली इंगले, प्रीति केसकर सहित अनेक महिला सभासद उपस्थित रहीं।
- 0- बुजुर्गों की संस्था ‘सहयोग’ का हर सदस्य करेगा मोबाइल उपवास, बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया निर्णयरायपुर। वर्तमान युग में मोबाइल के बिना जीवन की कल्पना असंभव प्रतीत होती है, लेकिन ऐसा नहीं है। हम उस युग के लोग हैं, जिन्होंने अपने युवावस्था में मोबाइल जैसे संसाधन नहीं देखे। जब मोबाइल आया, तो हम लोग युवावस्था के अंतिम पड़ाव पर हुआ करते थे, ऐसे में बिना मोबाइल के भी हमारा कार्य चलता था, फिर आज हम इसके आदी क्यों हो रहे हैं। कहीं न कहीं हमें देखकर हमारे नाती- पोते भी मोबाइल देखते हैं। ज्यादातर घरों पर बच्चे अपने दादा-दादी का मोबाइल ही देखते हैं। वरिष्ठ नागरिकों की संस्था ‘सहयोग’ की मासिक बैठक में अध्यक्ष अपर्णा कालेले ने इस आशय के विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर सभी सदस्यों ने सप्ताह में एक दिन मोबाइल उपवास करने का संकल्प लिया।महाराष्ट्र मंडल की सहयोगी संस्था ‘सहयोग’ के सचिव श्याम सुंदर खंगन ने बताया कि संस्था की मासिक बैठक भगिनी मंडल चौबे कॉलोनी में हुई। बैठक की शुरुआत गणेश वंदना और फिर सदस्यों के स्वागत से हुई। इस बीच संस्था के नवीन सदस्यों का अन्य सदस्यों से परिचय कराया गया। तत्पश्चात कोषाध्यक्ष दीपक पात्रीकर ने संस्था की वार्षिक सदस्यता शुल्क एवं आय-व्यय की जानकारी दी। जिन सदस्यों का जन्मदिन इस माह होता है, उन्हें शुभकामना दी गई। साथ ही कार्ड और श्रीफल देकर सम्मानित किया गया।डॉ. नलिनी राजिमवाले ने इस भीषण गर्मी में वरिष्ठ जनों को अत्यावश्यक सावधानियां बरतने को कहा। उन्होंने कहा कि अति आवश्यक कार्य होने पर ही घर से बाहर निकलना चाहिए। बाहर निकलने से पहले पर्याप्त पानी पीये। सिर और चेहरा पूरी तरह ढकें। संभव हो तो अपने पहने हुए कपड़े में शरीर से चिपककर प्याज रखें। जहां भी जाएं, अपने साथ पानी जरूर रखें। डॉ. राजिमवाले ने कहा कि गर्मी के मौसम में जितना सादा व हल्का भोजन हो सके, करना चाहिए। मसाले, तले आहार से दूरी बनाकर रखना चाहिए और मांसाहार से पूरी तरह तौबा करना ही चाहिए।वरिष्ठ सदस्य संजय आप्टे ने पुणे में तैयार हो रहे शिवाजी महाराज के जीवन पर आधारित स्मारक ‘शिव सृष्टि’ की जानकारी दी। सचिव श्याम सुंदर खंगन ने जीवन को आनंददायक कैसे बनाया जाये, इस पर अपने विचार रखे। सभी सदस्यों ने अंत में गीत ‘जगत में कोई न परमानेंट’ का पाठ किया। आभार प्रदर्शन उपाध्यक्ष भाटे ने किया।
- 0- संत ज्ञानेश्वर विद्यालय के छात्र ने तमिलनाडु के खिलाड़ी को हराकर हासिल की उपलब्धिरायपुर। आडिशा खुरदा के केटी ग्लोबल स्कूल में 30 मई से 3 जून तक हुए जूनियर नेशनल किक बॉक्सिंग खेल स्पर्धा में संत ज्ञानेश्वर विद्यालय के छात्र योगेश यादव ने ब्रांज मेडल जीता। प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने कहा कि महाराष्ट्र मंडल की ओर से संचालित संत ज्ञानेश्वर विद्यालय के छात्र की इस उपलब्धि से बाकी खिलाड़ियों को भी प्रेरणा मिलेगी।उप प्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार ने बताया कि नेशनल जूनियर किक बॉक्सिंग स्पर्धा में स्कूल में अध्ययनरत 12वीं के छात्र योगेश ने दो इवेंट में क्वालीफाई किया। किक लाइट इवेंट में दिल्ली, राजस्थान और ओडिशा के खिलाड़ी को परास्त करते हुए योगेश ने क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। क्वार्टर फाइनल में तमिलनाडु के खिलाड़ी को हराकर ब्रांड मेडल अपने नाम किया। इस प्रतियोगिता में देशभर के 700 से ज्यादा प्रतिभागियों ने भाग लिया था।मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले, उपाध्यक्ष गीता दलाल, सचिव चेतन दंडवते, संत ज्ञानेश्वर स्कूल के प्रभारी परितोष डोनगांवकर सहित समूची कार्यकारिणी ने योगेश की इस उपलब्धि को ऐतिहासिक व प्रेरक बताया और उन्हें बधाई व शुभकामनाएं दीं। प्राचार्य मनीष गोवर्धन, उपप्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार सहित शिक्षक स्टाफ योगेश में किक बॉक्सिंग की अपार संभावनाएं देखते हैं। उन्होंने योगेश को शुभकामनाएं दीं और किक बॉक्सिंग में हरसंभव मदद का भरोसा दिया।
- 0- महाराष्ट्र मंडल में शिवाजी महाराज की सिंहासनस्थ प्रतिमा को प्रतिष्ठित करने की कहानीरायपुर। छत्रपति शिवाजी महाराज का व्यक्तित्व जितना भव्य, उतनी की भारी भरकम उनकी प्रतिमा। जी हां... बात हो रही है महाराष्ट्र मंडल भवन में शिवाजी राज्याभिषेक दिवस पर प्रतिष्ठित की गई छत्रपति शिवाजी की संगमरमर के एक पत्थर पर तराशी गई खूबसूरत प्रतिमा की, जिसका वजन करीब 600 किलो है। इस प्रतिमा को राजस्थान से यहां लाकर किसी तरह मंडल भवन के प्रथम तल तक क्रेन की मदद से पहुंचाया तो गया, लेकिन बाद जब इसी प्रतिमा को निर्धारित प्लेटफार्म पर रखने की आई तो, एक तरह से सारी इंजीनियरिंग फेल लग रही थी।महाराष्ट्र मंडल भवन के सह प्रभारी शचिंद्र देखमुख ने बताया कि दिनभर बिजली के ट्रांसफार्मर चढ़ाने- उतारने पर उन्हें फिट करने का काम करने वाले अनुभवी 10 कामगार को विशेष रूप से बुलाया गया। इनके साथ महाराष्ट्र मंडल के कर्मचारियों ने भी प्रतिमा को सिर्फ तीन फिट ऊपर चढ़ाने के लिए तकरीबन पांच घंटे भारी मशक्कत की। देशमुख के अनुसार भिलाई से ट्रक पर लोडकर 600 किलो वजनी मूर्ति को महाराष्ट्र मंडल परिसर लाया गया। यहां क्रेन की मदद से मूर्ति को प्रथम तल के लॉन एरिया तक पहुंचा दिया गया।शचिंद्र के अनुसार लॉन एरिया से प्रतिमा स्थापित होने वाले स्थल तक मूर्ति को पाइप और लकड़ी के बेलन के सहारे एक घंटे की मशक्त के साथ लाया गया। घंटेभर की जी तोड़ मेहनत के बाद शिवाजी प्रतिमा को 10 लोग मात्र 20 फीट ही खिसका पाए। फिर शुरू हुआ प्रतिमा को सुनिश्चित प्लेटफार्म पर रखने का टास्क। शचिंद्र ने बताया कि लकड़ी के बॉक्स को खोलकर प्रतिमा को बाहर निकाला गया। एक पीस संगमरमर पत्थर में तैयार 600 किलो की इस प्रतिमा को पूरी नजाकत व सावधानी के साथ जमीन से तीन फीट उठाना था। इसके लिए बृहन्महाराष्ट्र मंडल के छत्तीसगढ़ कार्यवाह सुबोध टोले, दिव्य महाराष्ट्र मंडल के सह प्रभारी कुणाल दत्त मिश्रा, प्रकाश गुरव, नारायण सहित अन्य सदस्यों और 10 अनुभवी कामगारों ने यह जिम्मा अपने कंधों पर लिया। मूर्ति को शिफ्ट करने के लिए पहले मूर्ति को रस्सी से बांधकर कांवर की तरह उठाकर रखने की योजना बनीं, लेकिन जगह और बल की कमी के कारण यह प्रयास कारगर कार्य नहीं हो सका।सुबोध टोले ने बताया कि इसके बाद मूर्ति का निर्माण करने वाले शिल्पकार कुशल उजाला भी दुर्ग से यहां पहुंच गए। फिर नए सिरे से मूर्ति को चढ़ाने की योजना बनी। इस बार पेवर ब्लाक, ईंट और ट्रकों में इस्तेमाल होने वाले हाइड्रोलिक जेक का इस्तेमाल किया गया। मूर्ति को तिरछा कर पहले एक सिरे पर कुछ ईंटें रखी गई। फिर मूर्ति को दूसरी ओर झुकाकर दूसरी ओर ईंट रखी गई। इस आधे घंटे के प्रयास के बाद मूर्ति जमीन से छह इंच ऊपर पहुंच गई।टोले के मुताबिक प्रतिमा को चढ़ाने के लिए यहां से शुरू हुआ हाइड्रोलिक जेक के काम। भारी वजन (ट्रक के एक हिस्से) को उठाने की क्षमता वाले दो जेक को मूर्ति के ठीक नीचे लगाया गया। एक जेक को सुबोध टोले औऱ दूसरे को कुणाल मिश्रा ने नियंत्रित कर प्रतिमा को उठाना शुरू किया। अन्य सहयोगी जेक के साथ उठती प्रतिमा के नीचे ईंटे के ऊपर ईट लगाते रहे। काफी मशक्कत के बाद प्रतिमा ढाई फिट ऊंचाई पर आई तो उसे टिकाने के लिए एक तखत लाया गया, जिस पर प्रतिमा का सैकड़ों किलो का वजन पड़ते ही तखत आगे बढ़ने लगा। तत्काल उस पर कई पदाधिकारी सवार हो गए। तत्पश्चात प्रतिमा को शेष छह इंच और ऊपर उठाने के लिए खासी मशक्कत करनी पड़ी।टोले के अनुसार इस दौरान मूर्ति पर बैलेंस बनाए रखने का पूरा जिम्मा शचिंद्र और उनकी टीम ने बखूबी निभाया। फिर ‘जय भवानी जय शिवाजी’ जयघोष के साथ शिवाजी प्रतिमा को निर्धारित प्लेटफार्म पर चढ़ाकर पीछे की ओर खिसका कर तय स्थान पर स्थापित किया गया। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर काले वहां पूरी जीवटता के साथ खड़े रहे और ईंट देने में मदद करने के साथ हौसला आफजाई करते रहे।
- 0- रायपुर के डॉ. प्रशांत भागवत पहुंचे महाराजी अस्पताल जगदलपुररायपुर। छत्तीसगढ़ का अबूझमाड़ लाल आतंक के साये से मुक्त हो गया हो, लेकिन उस लाल साये की पीड़ा आत्मसमर्पित नक्सलियों के साथ अब भी है। आत्मसमर्पित नक्सलियों के जीवन में अब नया सबेरा आ रहा है। सामान्य जीवन जीने की चाह रखने वाले इन लड़ाकों की नसबंदी शीर्ष नक्सलियों ने करा दी थी। अब वेस्ट ज़ोन यूरोलॉजी सोसाइटी, छत्तीसगढ़ यूरोलॉजी सोसाइटी और बस्तर पुलिस के सहयोग से नसबंदी करा चुके आत्मसमर्पित नक्सलियों की रिवर्सल नसबंदी कराई जा रही है।रायपुर के प्रसिद्ध डाक्टर और महाराष्ट्र मंडल के आजीवन सभासद डॉ. प्रशांत भागवत ने कहा कि यह उनके लिए खुशी की बात है कि वे जगदलपुर के महारानी अस्पताल में हुए चैरिटी सर्जिकल वर्कशाॅप का हिस्सा बने। डाॅ. भागवत ने हाल ही में जगदलपुर में 33 आत्मसमर्पित नक्सलियों की रिवर्सल नसबंदी की। यह कार्यक्रम बस्तर आईजी पी. सुंदरराज की पहल पर आयोजित किया गया था।डॉ. प्रशांत भागवत ने बताया कि वहां जाकर पीड़ितों से बात कर हमें भी पता चला कि बस्तर संभाग के दंतेवाड़ा, सुकमा, बीजापुर और बस्तर जिले में आत्मसमर्पण करने वाले जोड़ों में से कई संगठन की क्रूर नसबंदी की दंश झेल रहे थे। वहां पिछले दिनों शिविर के लिए 70 पूर्व नक्सलियों ने पंजीयन कराया गया था। इसमें से 33 पुरुषों का माइक्रो सर्जिकल ऑपरेशन किया गया।
- 0- संत ज्ञानेश्वर स्कूल में शिक्षकों के लिए आयोजित किया गया मार्गदर्शन कार्यक्रमरायपुर। भारत के मिसाइल मैन पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम हमेशा पांच बातें कहा करते थे। वे कहते थे: आई एम द बेस्ट, गॉड इज ऑलवेज विथ मी, आई कैन डू एवरीथिंग, आई एम द विनर और टुडे इज माय डे। इन बातों को सभी को अपने जीवन में उतारना चाहिए। उक्त बातें समाजसेवी, गोसेवक हरीश जोशी ने महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में वाणिज्य विभाग की ओर से शिक्षकों के लिए आयोजित मार्गदर्शन कार्यक्रम के दौरान कहीं।हरीश जोशी ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षकों को अपना शिक्षण कार्य धारदार बनाना चाहिए। शिक्षकों को क्लास रूम में हमेशा खड़े होकर पढ़ाना चाहिए, ताकि पीछे तक बैठे सभी विद्यार्थियों पर आपकी नजर जा सके। वहीं शिक्षक बच्चों के लिए आदर्श होते हैं, इसलिए शिक्षकों को अपनी वेशभूषा का भी विशेष ध्यान रखना चाहिए। शिक्षक को अपना कार्य समर्पण और जिम्मेदारी के साथ करना चाहिए।जोशी ने कहा कि एक शिक्षक को हमेशा लोगों को धन्यवाद देते रहना चाहिए। दूसरों की प्रशंसा करिए, विद्यार्थियों की प्रशंसा करिए, उनका उत्साहवर्धन कीजिए। गलतियों पर बच्चों से किसी प्रकार का द्वेष नहीं रखना चाहिए। उन्हें माफ कीजिए सही रास्ता दिखाइए।कार्यक्रम में वाणिज्य संकाय के निभा रानी दास, रंजना ठाकुर, शांतनु मुखर्जी और विवेक उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने की। इस अवसर पर उप प्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार, आराधना लाल, अपर्णा आठले, सुनिधि रोकड़े, अस्मित कुसरे, रचना तिवारी, सरिता पांडे, वर्षा गिरीभट्ट, चित्रा जावलेकर सहित सभी शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं।--
- 0- महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति के बड़ी संख्या में सभासदों ने ऑनलाडन मोड पर किया सामूहिक पाठरायपुर। महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति की ओर से प्रत्येक एकादशी को होने वाला विष्णु सहस्त्रनाम पाठ शुक्रवार को इस एकादशी यानी शुक्रवार को सुबह ऑनलाइन मोड पर समिति के सदस्यों ने पूरे उत्साह के साथ किया। इस बीच मंडल के सियान गुड़ी में वरिष्ठजनों ने श्रीराम नाम का लेखन किया।आध्यात्मिक समिति की समन्वयक आस्था काले ने बताया कि महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति द्वारा प्रत्येक एकादशी पर ऑनलाइन मोड पर होने वाले विष्णु सहस्त्रनाम पाठ को इस एकादशी पर सभासद मंजूषा मरकले ने करवाया। इसके बाद दीपांजलि भालेराव, प्रणिता नलगुंडवार, चारुशीला देव और मानिक मैराल ने श्री कृष्ण के सुंदर भजन प्रस्तुत कर सभी आध्यात्म की गंगा में डुबकी लगाने का अवसर प्रदान किया। इस अवसर पर अंजलि नलगुंडवार, अनुजा महाडिक, अर्चना जतकर, वर्षा करंजगांवकर, सोनल फडनविस, संजय मैराल, संध्या खंगन, राजेश्वरी पाध्ये, प्राची पराड़कर शामिल हुईं।इधर समाज कल्याण विभाग की ओर से अनुदानित और महाराष्ट्र मंडल द्वारा संचालित सियान गुड़ी में शुक्रवार को सुबह से ही एकादशी होने के कारण वरिष्ठजनों ने हनुमान चालीसा पाठ किया। साथ ही राम नाम का लेखन किया। सियान गुड़ी के प्रभारी श्याम सुंदर खंगन के अनुसार यह लेखन कार्य वहां हर एकादशी को स्वेच्छा से किया जाता है।
- 0- महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर स्कूल को सभासद डॉ. चंद्रकांत वाघ ने भेंट किया सूक्ष्मदर्शी यंत्ररायपुर। महाराष्ट्र मंडल की ओर से संचालित संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में अभनपुर के चिकित्सक और महाराष्ट्र मंडल के आजीवन सभासद डॉ. चंद्रकांत वाघ ने विज्ञान की पढ़ाई के लिए शिक्षकों का मार्गदर्शन किया और बच्चों की पढ़ाई के लिए स्कूल को सूक्ष्मदर्शी यंत्र भेंट किया। वैसे भी संत ज्ञानेश्वर स्कूल खुलने से पहले शिक्षकों के लिए आवश्यक मार्गदर्शन क्लासेस लगाए जा रहे हैं।स्कूल के उपप्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार ने बताया कि डॉ. चंद्रकांत वाघ ने शिक्षकों के प्रश्नों का उत्तर देते हुए उनका मार्गदर्शन किया। विज्ञान की अध्यापिका दीपन्विता सेन के प्रश्न 'विज्ञान को पढ़ने- पढ़ाने में रोचक कैसे बनाएं', का उत्तर देते हुए चंद्रकांत बाघ ने कहा हमें विज्ञान याद न करते हुए समझाने पर जोर देना चाहिए। बच्चे इसे समझेंगे, तो ज्यादा अच्छे से उत्तर लिख पाएंगे।शिक्षिका आराधना लाल के प्रश्न 'सामाजिक मूल्यों का अवमूल्यन हो रहा है, इसे कैसे रोका जाए', पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि हमें अपने आसपास के वातावरण और व्यवहार में शालीनता लानी चाहिए, जिसे देखकर विद्यार्थी सामाजिक मूल्य सीखें। शिक्षिका मेघा जैन के प्रश्न 'विद्यार्थियों का सही संतुलित भोजन कैसा होना चाहिए' के उत्तर में डॉ. वाघ ने संतुलित भोजन का संपूर्ण चार्ट सबको समझाया। शिक्षिका वंदना व प्रतीक्षा मैडम के प्रश्नों का भी उत्तर देते हुए बच्चों को समझाने पर जोर देना चाहिए, न कि उन पर याद करने की प्रवृत्ति डालनी चाहिए।इस अवसर पर डॉ. वाघ ने विद्यालय को सूक्ष्मदर्शी यंत्र भेंट किया। इससे विज्ञान के छात्रों व शिक्षकों, दोनों का ही लाभ होगा और उन्हें प्रयोग विज्ञान की शिक्षा देने में सहयोग मिलेगा। इससे पूर्व कार्यक्रम के प्रारंभ में विद्यालय के प्राचार्य मनीष गोवर्धन, उप प्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार ने डॉ. वाघ का सूत माला से स्वागत करते हुए विद्यालय की ओर से उन्हें स्मृति चिन्ह दिया।
- 0- नारकोटिक्स नियंत्रण अभियान के संबंध में जिला स्तरीय समिति की बैठकदुर्ग. जिले में नारकोटिक्स नियंत्रण अभियान को प्रभावी बनाने बुधवार 10 जून को कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गयी। कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में जिले में मादक पदार्थों के रोकथाम, नशा मुक्ति केन्द्रों की व्यवस्थाओं तथा संबंधित विभागों द्वारा की जा रही र्कारवाहियों की समीक्षा की गई। बैठक में वरिष्ट पुलिस अधीक्षक श्री विजय अग्रवाल शामिल हुए। पुलिस अधीक्षक श्री अग्रवाल ने अवगत कराया कि खुर्सीपार, कुम्हारी, सिकोलाभाठा एवं अन्य चिन्हित स्थानों पर नशीली पदार्थों के आदतन तस्करों पर विशेष नजर रखी जा रही है। साथ ही नारकोटिक्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर कार्यवाहियां भी की जा रही है।तस्क्रों एवं सार्वजनिक स्थानों पर नशे का सेवन कर व्यवधान करने वालों की सूचना देने हेतु विभाग द्वारा टोल फ्री नं. 1933 जारी की गई है। आम जनता उक्त टोल फ्री नं. पर सूचना दे सकते है। विभाग द्वारा सूचना देने वालों का नाम गोपनीय रखा जाएगा। एसएसपी ने ड्रग लाइसेंसी कंपनियॉं एवं ई-कामर्स कंपनियों द्वारा ड्रग की सप्लाई पर चिंता जाहिर करते हुए औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारियों को इस पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए। औषधि प्रसाधन अधिकारी ने अवगत कराया कि उनकी टीम द्वारा सभी मेडिकल दुकानों की जांच की जा रही है। साथ ही बिक्री किए जा रही मेडिसिन्स की रिकार्ड रखने के निर्देश दिए गए है। वहीं नारकोटिक्स दवाइयों के रिकार्ड में गड़बड़ी मिलने पर मेडिकल दुकानों के खिलाफ कार्यवाही भी की गई है। शिक्षा विभाग द्वारा स्कूलों से संबंधित स्पोटर््स आफिसरों को खेल मैदान एवं परिसर के आस-पास मादक पदार्थों के बिक्री पर नजर रखने के निर्देश दिए गए है। कलेक्टर श्री सिंह ने जिले में नारकोटिक्स एवं नशा मुक्ति अभियान के सफल क्रियान्वयन हेतु अधिकारियों को विभागीय समन्वय के साथ कार्य करने कहा। बैठक में सीएसपी श्री आर.के. तिवारी, डिप्टी कलेक्टर श्री उत्तम ध्रुव एवं समाज कल्याण, उद्योग एवं व्यापार, आबकारी व शिक्षा विभाग के अधिकारीगण उपस्थित थे।
- 0- विभागों द्वारा की गयी कार्यों के अद्यतन प्रगति की समीक्षादुर्ग. जिले में यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने और सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बुधवार 10 जून को जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गयी। कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में वरिष्ट पुलिस अधीक्षक श्री विजय अग्रवाल भी शामिल हुए। बैठक के प्रारंभ में विगत बैठक के पालन प्रतिवेदन की विभागवार समीक्षा की गयी। जिसमें अधिकारियों ने कार्य पूर्ण होने, अद्यतन प्रगति एवं की गयी विभागीय कार्यवाहियों की जानकारी दी। साथ ही जिले की सड़कों में यातायात सुरक्षा को और सुदृढ़ बनाने के लिए विभिन्न सुझावों पर विचार-विमर्श कर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिये गए। कलेक्टर श्री सिंह ने यातायात नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने तथा सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए प्रभावी उपाय अपनाने के निर्देश दिए।उन्होंने दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में आवश्यकता अनुसार अधिकारियों को सौंपे गए विभागीय कार्य, रिफ्लेक्टर, स्पीड ब्रेकर एवं स्ट्रीट लाईट लगवाने के निर्देश दिए। उन्होंने एनएचएआई, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग संभाग, लोक निर्माण विभाग (भ./स. एवं वि./या.) को दुर्घटनाजन्य स्थलों का निरीक्षण कर आवश्यक त्वरित कार्यवाही करने के निर्देश दिए। इसके अलावा भिलाई इस्पता संयंत्र वाहनों के लिए भारतमाला सड़क से जोड़ने, भारतमाला सड़क पर पुरई के पास बोगदा की हाइट बढ़ाने, भिलाई में केनाल रोड निर्माण तथा बारिश के पूर्व सभी अण्डरब्रिजों की सफाई एवं आवश्यक मरम्मत पर भी चर्चा की गयी। बैठक में एडीएम श्री वीरेन्द्र सिंह, एएसपी यातायात सुश्री ऋचा मिश्रा, नगर निगम आयुक्त भिलाई श्री राजीव पाण्डेय, नगर निगम आयुक्त दुर्ग श्री सुमीत अग्रवाल, एसडीएम दुर्ग श्री हरवंश सिंह मिरी, एसडीएम भिलाई/भिलाई-03 श्री महेश राजपूत, एसडीएम धमधा श्री सोनल डेविड सहित लोक निर्माण विभाग, परिवहन, विद्युत विभाग, एनएचएआई, एनएचआई, पुलिस विभाग और बीएसपी के अधिकारीगण उपस्थित थे।
- दुर्ग. छत्तीसगढ़ शासन के आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा छुआछूत निवारणार्थ संचालित ’अंतर्जातीय विवाह प्रोत्साहन योजना’ के तहत जिले के कुल 65 दंपत्तियों के लिए 1 करोड़ 62 लाख 50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि स्वीकृत की गई है। सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास से मिली जानकारी के अनुसार, इस योजना के तहत प्रत्येक पात्र दंपत्ति को कुल ₹2.50 लाख की नकद प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है। इस राशि में से ₹1.00 लाख सीधे हितग्राही के खाते में हस्तांतरित (डीबीटी) कर दिए जाते हैं, जबकि शेष ₹1.50 लाख की राशि को तीन वर्ष के लिए संयुक्त सावधि जमा (फिक्स डिपोजिट) के रूप में सुरक्षित रखा जाता है। दंपत्ति के तीन वर्ष का सफल वैवाहिक जीवन पूर्ण करने के उपरांत इस शेष राशि का भुगतान भी उन्हें कर दिया जाता है।
- दुर्ग. किर्गिस्तान के इसिक-कुल में आयोजित प्रतिष्ठित 'एशियन पैरा-आर्मरेसलिंग चैंपियनशिप 2026' में छत्तीसगढ़ के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी श्रीमंत झा ने भारत के लिए रजत पदक (सिल्वर मेडल) जीतकर देश और प्रदेश का नाम रोशन किया है। उन्होंने यह सफलता 08 से 13 जून तक चलने वाली इस प्रतियोगिता की अत्यंत कड़े मुकाबले वाली 'पीआईयूएच-85 किलोग्राम' श्रेणी में कजाकिस्तान के मजबूत खिलाड़ी जानिबेक राखातोव को शिकस्त देकर हासिल की। इस नए पदक के साथ श्रीमंत झा के अंतरराष्ट्रीय मेडलों की कुल संख्या अब 65 हो गई है, जो वैश्विक मंच पर उनकी खेल क्षमता को प्रमाणित करती है। अपनी इस ऐतिहासिक कामयाबी पर भावुक होते हुए श्रीमंत झा ने इस रजत पदक को देश की सुरक्षा में प्राण न्योछावर करने वाले वीर शहीद जवानों को समर्पित किया है। उन्होंने कहा कि देश के सैनिक ही उनकी प्रेरणा हैं और उनका अगला लक्ष्य आगामी प्रतियोगिताओं में स्वर्ण पदक जीतना है। श्रीमंत झा की इस गौरवशाली उपलब्धि पर छत्तीसगढ़ प्रदेश आर्म रेसलिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष जी. सुरेश बाबू, सचिव श्रीकांत और कृष्ण साहू सहित खेल विभाग के अधिकारियों ने उन्हें बधाई दी है तथा भविष्य के लिए अपनी शुभकामनाएं प्रेषित की हैं।
- दुर्ग. कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह के मार्गदर्शन में कृषि विभाग द्वारा जिले में किसान भाईयों को उनकी आवश्यकता के अनुसार रासायनिक उर्वरक उपलब्ध कराने हेतु सतत् भंडारण एवं वितरण की कार्यवाही की जा रही है। जिले में खरीफ 2026 हेतु कुल 67880 मीट्रिक टन उर्वरक वितरण का लक्ष्य रखा गया है। वर्तमान में सहकारी एवं निजी क्षेत्र को मिलाकर जिले में 19842 मीट्रिक टन यूरिया, 3781 मीट्रिक टन डीएपी, 3331 मीट्रिक टन एनपीके, 5248 मीट्रिक टन एमओपी तथा 7187 मीट्रिक टन सिंगल सुपर फॉस्फेट कुल 39390 मीट्रिक टन उर्वरक भंडारण किया गया है एवं सेवा सहकारी समितियों एवं निजी विक्रेताओं के माध्यम से किसानों को लगातार उर्वरकों का वितरण किया जा रहा है। अब तक 7778 मीट्रिक टन यूरिया, 2416 मीट्रिक टन डीएपी, 2496 मीट्रिक टन एनपीके, 2521 मीट्रिक टन एमओपी तथा 4473 मीट्रिक टन सिंगल सुपर फॉस्फेट कुल 19683 मि.टन उर्वरक का वितरण किया जा चुका है तथा वर्तमान में जिले में 12064 मीट्रिक टन यूरिया, 1365 मीट्रिक टन डीएपी, 1026 मीट्रिक टन एनपीके, 2727 मीट्रिक टन एमओपी तथा 2714 मीट्रिक टन सिंगल सुपर फॉस्फेट कुल 19707 मि.टन उर्वरक शेष है। जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता है तथा किसी प्रकार की कमी की स्थिति नहीं है।उप संचालक कृषि से प्राप्त जानकारी अनुसार जिले की सहकारी समितियों में धान एवं अन्य खरीफ फसलों के प्रमाणित बीजों का भण्डारण एवं वितरण सुचारू रूप से जारी है। वर्तमान में जिले के सहकारी संस्था के लिए 29827 क्वि. प्रमाणित बीज वितरण का लक्ष्य है। बीज निगम (सहकारी) एवं निजी संस्थाओं में 35758.35 क्वि. बीज की उपलब्धता है, एवं 29845.80 क्वि. बीज का भण्डारण किया गया है जिसमें से 19078.02 क्वि. बीज वितरण किया जा चुका है। सहकारी समितियों में केवल वही बीज भंडारण और वितरण के लिए भेजे जाते हैं जो पूर्णतः प्रमाणित होते हैं और प्रयोगशालाओं में गुणवत्ता परीक्षण में मानक स्तर के होते हैं। किसानों की मांग अनुरुप सरना के अलवा अन्य धान के किस्म महामया, स्वर्णा सब 1, विक्रम टी.सी.आर., एमटीयू-1001, एमटीयू-1153, एमटीयू-1156 एवं अन्य किस्मों का भी सहकारी समितियों में भण्डारण किया गया है, साथ ही भण्डारण एवं वितरण कार्य जारी है। विभाग द्वारा नकली एंव घटिया खाद-बीज की बिक्री को रोकने के लिये उड़नदस्ता टीम का गठन किया गया है जो निजी विक्रेताओं और समितियों की निरंतर जांच कर रही है, ताकि कृषकों को गुणवत्ता युक्त बीज/उर्वरक उपलब्ध कराया जा सके। कृषि विभाग द्वारा किसान भाईयों से अपील की गई है कि वे किसी भी प्रकार की भ्रामक खबरों या अफवाहों पर ध्यान न दें। जिले की सहकारी समितियों में खाद एंव प्रमाणित बीज की कोई कमी नहीं है। किसान अपनी आवश्यकता अनुसार सुगमता से समितियों में जाकर खाद-बीज प्राप्त कर सकते है।
- भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई के आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय ने जोन-4 खुर्सीपार अंतर्गत सिवरेज लाइन संधारण, नाला सफाई, पेयजल आपूर्ति, स्ट्रीट लाइट एवं प्रस्तावित विकास कार्यों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने तथा नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।निगम आयुक्त, स्थानीय पार्षद सह उप नेता प्रतिपक्ष दया सिंह के साथ वार्ड क्रमांक-44 लक्ष्मी नारायण वार्ड में चल रहे सिवरेज लाइन संधारण कार्य का जायजा लेने पहुंचे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कार्य शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। साथ ही जिन घरों के समीप से सिवरेज लाइन गुजर रही है और मरम्मत की आवश्यकता है, उसे तत्काल ठीक कराने कहा। आयुक्त ने स्पष्ट किया कि यदि संबंधित पक्ष स्वयं कार्य नहीं कराते हैं तो निगम द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण के दौरान हाल ही में कराई गई नाला सफाई व्यवस्था का भी अवलोकन किया गया। आयुक्त ने सफाई कार्यों को नियमित रूप से जारी रखने तथा बरसात के मौसम को देखते हुए जलभराव की स्थिति से बचने के लिए विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। केनाल रोड क्षेत्र का निरीक्षण करते हुए आयुक्त ने प्रस्तावित सर्विस रोड निर्माण स्थल का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण से क्षेत्र के नागरिकों को सुगम एवं सुरक्षित यातायात सुविधा उपलब्ध होगी तथा आवागमन में होने वाली परेशानियां कम होंगी।आयुक्त ने वार्ड स्थित सामुदायिक भवन का भी निरीक्षण किया। लगभग तीन वर्ष पूर्व निर्मित इस भवन को निगम के अधीन लेकर स्थानीय नागरिकों के सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए उपयोग में लाने के निर्देश अधिकारियों को दिए। निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने स्थानीय रहवासियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को नियमित एवं शुद्ध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त कर क्षेत्र में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था बनाए रखने पर जोर दिया। इस अवसर पर जोन आयुक्त अमरनाथ दुबे, कार्यपालन अभियंता संजय वर्मा, सहायक अभियंता चंद्रकांत साहू, उप अभियंता बसंत साहू, सहायक राजस्व अधिकारी बालकृष्ण नायडू, जोन स्वास्थ्य अधिकारी हेमंत मांझी, राजस्व निरीक्षक विजेंद्र परिहार, स्वच्छता निरीक्षक अतुल यादव सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी एवं वार्डवासी उपस्थित रहे।
-
नगर पालिका परिषद कार्यालय बालोद के परिसर में स्थित टाउन हाल में 12 से 14 जून तक आयोजित किया जाएगा छायाचित्र प्रदर्शनी
बालोद/ देश में मोदी सरकार के सफलतापूर्वक 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जनसंपर्क विभाग द्वारा नगर पालिका परिषद कार्यालय बालोद के परिसर में स्थित टाउन हाॅल में 12 से 14 जून तक 03 दिवसीय छायाचित्र प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा। इस तीन दिवसीय प्रदर्शनी का शुभारंभ शुक्रवार 12 जून को सुबह 11 बजे अतिथियों के द्वारा किया जाएगा। -
विभिन्न पदों पर की जाएगी नियोजकों द्वारा भर्ती
बालोद/जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केंद्र बालोद में 12 जून 2026 को प्लेसमंेट कैंप का आयोजन किया जाएगा। जिला रोजगार अधिकारी बालोद ने बताया कि प्लेसमंेट में कुल 04 नियोजकों द्वारा विभिन्न पदों पर भर्ती की जाएगी। उन्होंने बताया कि प्लेसमंेट कैंप में स्वतंत्र माइक्रो फायनेंस लिमिटेड रायपुर द्वारा फील्ड आॅफिसर के 30 एवं कलेक्शन आॅफिसर के 10 पदों पर भर्ती की जाएगी। जिसमें फील्ड आॅफिसर के पद हेतु शैक्षणिक योग्यता 10वीं एवं 12वीं पास तथा आयु 18 से 30 वर्ष निर्धारित की गई है तथा कलेक्शन आॅफिसर के लिए शैक्षणिक योग्यता 12वीं एवं ग्रेजुएट तथा आयु 18 से 35 वर्ष निर्धारित की गई है। इसी तरह नियोजक श्रम इन टैलेंट प्रायवेट लिमिटेड नोएडा द्वारा इलेक्ट्रिक मेट्रो टेक्निशियन के 50 पद हेतु शैक्षणिक योग्यता 12वीं, आईटीआई एवं स्नातक उत्तीर्ण तथा अभ्यर्थी की आयु 18 से 30 वर्ष निर्धारित की गई है।
इसी तरह सेफ इंटेलीजेंट सिक्यूरीटी सर्विसेस भिलाई के द्वारा सिक्यूरिटी गार्ड पुरूष के 150 पद हेतु शैक्षणिक योग्यता पांचवी एवं आठवीं तथा आयु 20 से 40 वर्ष निर्धारित है। इसी तरह मार्केटिंग मैनेजर के 02 पद हेतु हेतु शैक्षणिक योग्यता ग्रेजुएट एवं एमबीए तथा आयु 20 से 40 वर्ष निर्धारित है। सिक्यूरिटी सुपरवाईजर पुरूष के 50 पद हेतु 02 वर्ष कार्य अनुभव के साथ शैक्षणिक योग्यता 12वीं या ग्रेजुएट तथा आयु 25 से 40 वर्ष निर्धारित है। इसी तरह सिक्यूरिटी ट्रेनिंग के 03 पद हेतु साथ शैक्षणिक योग्यता ग्रेजुएट तथा आयु 20 से 40 वर्ष निर्धारित है।
इसी तरह नियोजक ग्लोबल एचआर साॅल्यूशन विराट नगर बोरसी दुर्ग में सिक्यूरिटी गार्ड के 100 पद हेतु शैक्षणिक योग्यता 10वीं पास एवं आयु 18 से 45 वर्ष निर्धारित है। जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि इच्छुक अभ्यर्थी मूल प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, रोजगार पंजीयन एवं अन्य आवश्यक दस्तावेजों के साथ उपस्थित हो सकते हंै। इसके साथ ही उक्त संबंध में अधिक जानकारी वेबसाईट ई रोजगार सीजी डाॅट जीओवी डाॅट इन या जिला रोजगार कार्यालय बालोद अथवा कार्यालय के दूरभाष क्रमांक 07749-299509 पर प्राप्त की जा सकती है। -
कलेक्टर ने घोषित किया "नो-फ्लाई जोन"
बिलासपुर/ केंद्रीय जेल बिलासपुर की सुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी संजय अग्रवाल ने केंद्रीय जेल परिसर तथा उसकी परिधि से 500 मीटर की सीमा तक के क्षेत्र को तत्काल प्रभाव से आगामी आदेश तक "नो-फ्लाई जोन" घोषित कर दिया है। इस क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति अथवा संस्था द्वारा ड्रोन संचालन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
कलेक्टर द्वारा जारी आदेश के अनुसार केंद्रीय जेल बिलासपुर एक अत्यंत संवेदनशील एवं सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण शासकीय संस्थान है। जेल परिसर एवं उसके आसपास अनाधिकृत ड्रोन संचालन से जेल सुरक्षा, बंदियों की निगरानी व्यवस्था तथा सार्वजनिक सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। यह कार्रवाई जेल प्रशासन के अनुरोध एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की सहमति के आधार पर की गई है।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि विशेष परिस्थितियों में सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति प्राप्त होने पर ही ड्रोन संचालन की अनुमति दी जा सकेगी। बिना अनुमति ड्रोन उड़ाने अथवा आदेश का उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्टर द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर तथा केंद्रीय जेल अधीक्षक को आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। -
फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने राज्य सरकार की बड़ी पहल
किसानों की आय बढ़ाने और जल संरक्षण में मिलेगी मदद
बिलासपुर/ राज्य सरकार ने खरीफ 2026 से किसानों को फसल विविधीकरण के लिए प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। अब धान के स्थान पर दलहन, तिलहन, मक्का, कोदो, कुटकी, रागी और कपास जैसी वैकल्पिक फसलों की खेती करने वाले किसानों को 15 हजार रुपये प्रति एकड़ की आदान सहायता राशि प्रदान की जाएगी। इस निर्णय से किसानों को अधिक लाभकारी खेती अपनाने का अवसर मिलेगा तथा कृषि क्षेत्र में संतुलित विकास को बढ़ावा मिलेगा।
कृषि विभाग के उप संचालक पीडी हाथेश्वर के अनुसार योजना का उद्देश्य धान पर अत्यधिक निर्भरता को कम करना, किसानों की आय में वृद्धि करना तथा जल संरक्षण को प्रोत्साहित करना है। प्रदेश में लगातार फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के प्रयास किए जा रहे हैं, जिसके तहत अब वैकल्पिक फसलों को अपनाने वाले किसानों को सीधा आर्थिक प्रोत्साहन दिया जाएगा। योजना के अंतर्गत किसानों को एकीकृत किसान पोर्टल एवं एग्रीस्टैक में पंजीयन कराने के साथ डिजिटल क्रॉप सर्वे में अपनी फसल की जानकारी दर्ज करानी होगी। पात्रता की पुष्टि के बाद सहायता राशि सीधे किसानों को उपलब्ध कराई जाएगी।
कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि दलहन एवं तिलहन फसलें न केवल किसानों को बेहतर आर्थिक प्रतिफल देती हैं, बल्कि भूमि की उर्वरा शक्ति बनाए रखने में भी सहायक होती हैं। वहीं मोटे अनाज एवं अन्य वैकल्पिक फसलें कम पानी में भी बेहतर उत्पादन देने में सक्षम हैं। इससे भूजल संरक्षण और टिकाऊ कृषि व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे धान के स्थान पर दलहन, तिलहन, मक्का, कपास तथा पोषक अनाज (मिलेट्स) की खेती अपनाकर शासन की इस महत्वाकांक्षी योजना का अधिकतम लाभ उठाएं। विभाग का विश्वास है कि इस पहल से जिले में वैकल्पिक फसलों का रकबा बढ़ेगा, किसानों की आमदनी में वृद्धि होगी और कृषि अधिक लाभकारी एवं टिकाऊ बन सकेगी। -
- नए मेडिकल कॉलेज की मान्यता में कोई दिक्कत नहीं
- सभी पत्राचार केवल प्रक्रियाओं का एक हिस्सा मात्र
रायपुर। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. विजय शंकर मिश्रा ने राज्य के पांच नए मेडिकल कॉलेज की मान्यता को लेकर कांग्रेस द्वारा एनएमसी के रोक के दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि एनएमसी ने पांच मेडिकल कॉलेज के निरीक्षण के दौरान दिसंबर माह में कुछ कमियां पाई थी, इसमें भवन और उपकरण शामिल है। राज्य शासन को पहले से यह मालूम था कि कमियां मिलेगी, इसलिए उन कमियों को अब दूर कर लिया गया है। यह संस्थागत प्रक्रिया का एक हिस्सा हैं। डॉ. मिश्रा ने कहा कि हर बार नए कॉलेज के निरीक्षण के दौरान इस तरह की कठिनाईयां आती है, जिसे समय रहते सरकार ने दूर कर लिया है,बुधवार को एनएमसी का जो पत्र आया है,उसमें केवल कमियां बताई गई है और उन कमियों को दूर करने के लिए कहा गया है,ऐसे में यह कहना उचित नहीं है कि एनएमसी ने नए मेडिकल कॉलेज की मान्यता पर रोक लगा दी है, जबकि अभी नीट का एक्जाम भी नहीं हुआ है और न ही नतीजे घोषित हुए है। डॉ. मिश्रा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं को इस बात की खुशी हैं कि एनएमसी मान्यता पर रोक लगा रही है,जबकि भाजपा नए मेडिकल कॉलेज राज्य में खोलने के लिए लगातार काम कर रही है। अधूरी जानकारी में कांग्रेस के नेता बेबुनियाद आरोप लगाते हैं, इसे प्रदेश की जनता भलीभांति समझती है। -
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री अखिलेश सोनी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कार्यकाल के सफल 12 वर्ष पूर्ण होने पर बधाई देते हुए कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का यह कार्यकाल भारत के इतिहास में 'सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण' के स्वर्णिम युग के रूप में दर्ज हो चुका है। साल 2014 से शुरू हुई यह विकास यात्रा आज भारत को विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ा रही है।
भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री सोनी ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश ने बुनियादी ढाँचे के क्षेत्र में क्रांतिकारी प्रगति देखी है। आज देश के गाँवों तक पक्की सड़कें, 24 घंटे बिजली और डिजिटल कनेक्टिविटी पहुँच चुकी है। 'डिजिटल इंडिया' अभियान ने देश के अन्तिम व्यक्ति को बैंकिंग और सरकारी सेवाओं से सीधे जोड़ा है, जिससे भ्रष्टाचार पर लगाम लगी है और पारदर्शिता सुनिश्चित हुई है। आयुष्मान भारत योजना के तहत करोड़ों गरीबों को मुफ्त इलाज, पीएम आवास योजना से पक्के मकान और जल जीवन मिशन के जरिए हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुँचाना मोदी सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाता है। मोदी सरकार की नीतियां केवल कागजों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि उनका सीधा लाभ धरातल पर जनता को मिल रहा है। आने वाले समय में यह विकास यात्रा भारत को एक पूर्ण 'विकसित राष्ट्र' बनाने के संकल्प को सिद्ध करेगी। श्री सोनी ने कहा कि आज अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की आवाज को सम्मान से सुना जाता है। पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत न केवल आत्मनिर्भर बना है, बल्कि वैश्विक संकटों में एक संकटमोचक की भूमिका निभा रहा है। -
निगम आयुक्त एवं जिला पंचायत सीईओ पहुंचे घटना स्थल लिया जायजा : स्थिति सामान्य, कोई जनहानि नहीं
रायपुर। एमजी रोड स्थित जया आटोमोबाइल्स में आज सुबह आग लग गई। सूचना मिलते ही दमकल और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची और त्वरित कार्रवाई कर आग पर काबू पा लिया गया।
नगर निगम आयुक्त श्री संबित मिश्रा एवं जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिया गया है और अब स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
बचाव कार्य में एडीएम श्री उमाशंकर बंदे, अपर कलेक्टर श्री कीर्तिमान सिंह राठौर, एसडीएम श्री नंद कुमार चौबे, जिला सेनानी नगर सेना श्री पुष्पराज सिंह, अतिरिक्त तहसीलदार श्री राकेश देवांगन एवं नायब तहसीलदार श्री सौरभ कश्यप सहित संबंधित अधिकारी भी सक्रिय थे। - भिलाईनगर । नेहरू नगर पश्चिम स्थित एक सूने मकान में लाखों रुपये की चोरी के मामले का दुर्ग पुलिस ने खुलासा करते हुए अंतरराज्यीय गिरोह के छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी गए सोने-चांदी के आभूषण, नगदी रकम, वाहन, मोबाइल फोन तथा वारदात में इस्तेमाल किए गए औजार बरामद किए हैं।पुलिस के अनुसार नेहरू नगर पश्चिम निवासी विनय कुमार अग्रवाल ने थाना सुपेला में शिकायत दर्ज कराई थी कि 4 मई 2026 को वे अपने परिवार के साथ घर में ताला लगाकर एक धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। अगले दिन लौटने पर मकान का मुख्य ताला और अलमारी के लॉक टूटे मिले। अज्ञात चोर घर से सोना, हीरा, चांदी के आभूषण तथा करीब 3.40 लाख रुपये नकद चोरी कर ले गए थे।मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना सुपेला पुलिस ने विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की। घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए तथा तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी हारिम और मोहम्मद नासिर हुसैन अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर सूने मकानों की रेकी करते थे और मौका मिलते ही चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि चोरी के आभूषणों को मेरठ के एक ज्वेलर्स को बेच दिया गया था तथा प्राप्त रकम को आपस में बांट लिया गया था। इसके बाद पुलिस टीम ने उत्तर प्रदेश और दिल्ली सहित विभिन्न स्थानों पर दबिश देकर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार आरोपीहारिम, निवासी मेरठ (उत्तर प्रदेश)मोहम्मद नासिर हुसैन, निवासी नई दिल्लीमोहम्मद कासिम, निवासी मेरठ (उत्तर प्रदेश)सलीम, निवासी मेरठ (उत्तर प्रदेश)मोहम्मद बिलाल, निवासी मेरठ (उत्तर प्रदेश)दिन मोहम्मद, निवासी मेरठ (उत्तर प्रदेश)पुलिस ने किया यह सामान बरामदचोरी के सोने, हीरे और चांदी के आभूषणनगदी रकमजुपिटर वाहनसेल्टोस कारमोबाइल फोनताला तोड़ने के औजारअन्य दस्तावेज एवं साक्ष्य सामग्रीरेकी कर बनाते थे निशानापुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी पहले सूने मकानों की रेकी करते थे और परिवार के बाहर जाने की जानकारी मिलने पर चोरी की योजना बनाते थे। इसके बाद सुनियोजित तरीके से ताला तोड़कर नकदी और कीमती सामान लेकर फरार हो जाते थे।सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस मामले में अन्य संभावित वारदातों और आरोपियों की संलिप्तता की भी जांच कर रही है।दुर्ग पुलिस की अपीलदुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि घर को लंबे समय तक खाली छोड़ने की स्थिति में पड़ोसियों या विश्वसनीय व्यक्तियों को इसकी जानकारी दें, सीसीटीवी और सुरक्षा उपकरणों का उपयोग करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि संपत्ति संबंधी अपराधों में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी।
- -स्वस्थ छत्तीसगढ़ परामर्श में विशेषज्ञों ने सुझाए ठोस कदम; स्वास्थ्य तंत्र सुदृढ़ीकरण, मानव संसाधन और तकनीक आधारित सेवाओं को मिलेगी नई गतिरायपुर । छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी, सुलभ और जनकेंद्रित बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने नई पहल शुरू की है। इसी कड़ी में गुरुवार को स्वास्थ्य भवन, नवा रायपुर में आयोजित ‘स्वस्थ छत्तीसगढ़ परामर्श’ में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने राज्य की स्वास्थ्य चुनौतियों और संभावनाओं पर मंथन किया। बैठक में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी, दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाओं की बेहतर पहुंच, स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता और डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार को प्रमुख प्राथमिकताओं के रूप में चिन्हित किया गया।बैठक की अध्यक्षता स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव श्री अमित कटारिया ने की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक नागरिक तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। इसके लिए स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को और मजबूत बनाने तथा सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार पर काम किया जा रहा है। इस दौरान आयुक्त सह संचालक स्वास्थ्य सेवाएं श्री संजीव कुमार झा भी उपस्थित थे।बैठक में विशेषज्ञों ने बताया कि मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में और कमी लाने के लिए गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान, नियमित जांच, सुरक्षित प्रसव और प्रभावी रेफरल व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है। विशेष रूप से दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं को समय पर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उपायों पर चर्चा की गई।सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा देने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और जिला अस्पतालों के पास बर्थ वेटिंग होम स्थापित करने, आपातकालीन परिवहन सेवाओं को और मजबूत करने तथा प्रसूति सेवाओं से जुड़े स्वास्थ्यकर्मियों के कौशल विकास पर भी जोर दिया गया।बाल स्वास्थ्य से जुड़े सत्रों में नवजात मृत्यु, निमोनिया, डायरिया और कुपोषण जैसी चुनौतियों पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने जन्म के तुरंत बाद स्तनपान, नवजात शिशुओं की बेहतर देखभाल और समुदाय स्तर पर स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने को महत्वपूर्ण बताया।बैठक में यह भी बताया गया कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए आंकड़ों और तकनीक का बेहतर उपयोग किया जाना चाहिए। स्वास्थ्य योजनाओं की निगरानी, संसाधनों के प्रभावी उपयोग और जरूरत के अनुसार सेवाओं के विस्तार के लिए डेटा आधारित निर्णयों पर जोर दिया गया। दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए भर्ती, प्रशिक्षण और स्वास्थ्यकर्मियों को लंबे समय तक सेवाएं देने के लिए प्रोत्साहन संबंधी उपायों पर भी चर्चा हुई।बैठक के दौरान मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान की उपलब्धियों को भी साझा किया गया। बताया गया कि व्यापक स्वास्थ्य जांच, गांव-गांव तक पहुंच और तकनीक के उपयोग से बस्तर क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने में सकारात्मक परिणाम मिले हैं।डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी व्यापक चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने ई-संजीवनी, डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड, ABHA आधारित सेवाओं और ऑनलाइन रेफरल व्यवस्था के विस्तार को भविष्य की महत्वपूर्ण आवश्यकता बताया। इससे मरीजों को बेहतर और त्वरित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।परामर्श के अंत में स्वास्थ्य क्षेत्र की प्रमुख प्राथमिकताओं पर व्यापक सहमति बनी। विशेषज्ञों ने कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार, स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच बढ़ाने, मानव संसाधनों को मजबूत करने और डिजिटल तकनीकों के अधिक उपयोग से छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य क्षेत्र में नई ऊंचाइयां हासिल कर सकता है। बैठक से प्राप्त सुझावों के आधार पर राज्य के लिए एक सशक्त स्वास्थ्य रोडमैप तैयार किया जाएगा, जो बेहतर स्वास्थ्य संकेतकों और सभी नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में मार्गदर्शक बनेगा।
- बासीन ग्राम में मनरेगा का असर: 99% पौधे जीवित, किसानों के लिए नई उम्मीदरायपुर / महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत नारायणपुर जिले के ओरछा जनपद अंतर्गत ग्राम पंचायत कुंदला के आश्रित ग्राम बासीन में किसानों की आय बढ़ाने और हरित विकास को बढ़ावा देने की एक उल्लेखनीय पहल सामने आई है। यहां किसानों के खेतों में लगाए गए फलदार वृक्षों में लगभग 99 प्रतिशत पौधे जीवित एवं स्वस्थ पाए गए हैं, जो योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का सफल उदाहरण बनकर उभरा है। मनरेगा के अंतर्गत स्वीकृत नर्सरी में उद्यान विभाग द्वारा उच्च गुणवत्ता वाले ग्राफ्टेड आम के पौधे तैयार किए गए और वित्तीय वर्ष 2025-26 में चयनित किसानों के खेतों में उनका रोपण कराया गया। इस पहल का उद्देश्य किसानों को दीर्घकालिक आर्थिक लाभ उपलब्ध कराना, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना और ग्रामीण क्षेत्रों में फलदार वृक्षों का विस्तार करना है। योजना के तहत केवल पौधारोपण ही नहीं, बल्कि पौधों के संरक्षण और संवर्धन के लिए एक वर्ष तक रखरखाव की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई। साथ ही उद्यान विभाग द्वारा किसानों को सामूहिक फेंसिंग (बाड़बंदी) का लाभ दिया गया, जिससे पौधों को नुकसान से बचाया जा सका। किसानों ने भी सिंचाई और देखभाल में सक्रिय भूमिका निभाई। हाल ही में किए गए क्षेत्रीय निरीक्षण में लगाए गए पौधों की 99 प्रतिशत जीवितता दर दर्ज की गई, जो किसानों की भागीदारी, विभागीय समन्वय और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन का परिणाम माना जा रहा है। इस पहल से आने वाले वर्षों में किसानों को आम उत्पादन के माध्यम से अतिरिक्त आय प्राप्त होगी, वहीं क्षेत्र में हरित आवरण बढ़ने से पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी। ग्राम बासीन का यह मॉडल अब अन्य ग्राम पंचायतों के लिए भी प्रेरणा बन रहा है। “रोजगार के साथ हरियाली और आय वृद्धि” की अवधारणा को साकार करती यह पहल ग्रामीण विकास का एक सफल मॉडल बनकर उभर रहा है।
- -राजस्व मंत्री का कड़ा रुख : 15 अगस्त तक पूरा करें नगरीय पट्टा वितरण सर्वे-3 साल से जमे तहसीलदारों व पटवारियों की सूची तलबरायपुर / राजस्व एवं आपदा प्रबंधन तथा पुनर्वास मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने आज अपने निवास कार्यालय में विभाग के आला अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में आम जनता को राहत देने और शासकीय योजनाओं में तेजी लाने के लिए मंत्री श्री वर्मा ने कड़े तेवर दिखाते हुए कई बड़े फैसले किए। इस बैठक में सचिव सुश्री शम्मी आबिदी, संचालक श्री विनीत नंदनवार सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। जमीन संबंधी रिकॉर्ड में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या साइबर खतरे को रोकने के लिए सरकार अब सख्त कदम उठाने जा रही है। बैठक में मंत्री श्री वर्मा ने डिजिटल भू-अभिलेखों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के लिए एक अभेद्य कार्ययोजना तैयार करने की बात कही, जिससे जनता का डेटा पूरी तरह सुरक्षित रहे। राजस्व विभाग के समस्त अधिकारी-कर्मचारियों की कार्यप्रणाली को ट्रैक करने के लिए EHRMS(इलेक्ट्रॉनिक ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट सिस्टम) पोर्टल बनाया जाएगा। इस पोर्टल पर उनकी पदस्थापना, अवकाश, विभागीय जांच, गोपनीय प्रतिवेदन और अचल संपत्ति की पूरी जानकारी हर वक्त अपडेट रहेगी।राजस्व प्रशासन में पारदर्शिता लाने के लिए मंत्री श्री वर्मा ने प्रदेश भर के जिलों में 3 वर्ष या उससे अधिक समय से एक ही स्थान पर पदस्थ तहसीलदार, नायब तहसीलदार, अधीक्षक/सहायक अधीक्षक (भू-अभिलेख) और राजस्व निरीक्षकों की सूची तलब की है. इसके साथ ही, एक ही हल्का में 3 साल से ज्यादा समय से जमे पटवारियों का भी पूरा ब्यौरा तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। नगरीय क्षेत्रों में रहने वाले गरीब और पात्र हितग्राहियों को पट्टा देने की प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने समय-सीमा तय कर दी है। उन्होंने कड़े निर्देश दिए हैं कि नगरीय क्षेत्रों में पात्र हितग्राहियों को पट्टा वितरण करने हेतु सभी आवश्यक सर्वे कार्य आगामी 15 अगस्त तक अनिवार्य रूप से पूरे कर लिए जाएं, ताकि समय पर उन्हें मालिकाना हक मिल सके।बैठक में राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने शासकीय जमीनों के प्रबंधन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन शासकीय भूमियों की लीज समाप्त हो चुकी है, तत्काल नवीनीकरण की प्रकिया हेतु संबंधित को सूचित किया जाए। इसके साथ ही, शासन द्वारा लीज पर दी गई जमीनों की समीक्षा कर नियमों के तहत उचित शुल्क निर्धारण करने को कहा गया, जिससे राज्य के राजस्व में वृद्धि होगी। इसके साथ ही एजेंडे में जमीन आबंटन, आकाशीय बिजली से बचाव, रायगढ़ के घरघोड़ा में SECL भू-अर्जन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने प्रदेश में जियोरिफ्रेसिंग, डिजिटल क्रॉप सर्वे और फार्मर रजिस्ट्री के कार्यों को तेजी से निपटाने के निर्देश दिए। उन्होंने राजस्व अदालतों एसडीएम और तहसीलदार कोर्ट में लंबित नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन और त्रुटि सुधार के मामलों को जिलेवार समीक्षा कर जल्द सुलझाने को कहा। बैठक में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना और स्वामित्व योजना के तहत कार्ड वितरण की स्थिति की भी गहन समीक्षा की गई।



























.jpg)