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- -सेवा संकल्प अभियान के तहत युवाओं को मानव सेवा के लिए किया प्रेरितरायपुर । प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के सफल 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 17 सितंबर से पूरे देश और प्रदेश में सेवा संकल्प अभियान की शुरुआत की गई है। प्रधानमंत्री श्री मोदी की जनसेवा और समर्पण की भावना से प्रेरित होकर यह विशेष अभियान पूरे एक माह तक संचालित किया जाएगा। इस दौरान माह भर समाज और जनसरोकार से जुड़े विभिन्न सेवा कार्यों का आयोजन किया जाएगा। इसी कड़ी में जनसेवा की अनूठी मिसाल पेश करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने गुरूवार को अपने बस्तर प्रवास के दौरान महारानी अस्पताल जगदलपुर पहुँचकर स्वयं रक्तदान किया। इस दौरान वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप भी उपस्थित रहे। स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती प्रदान करने और जरूरतमंदों के लिए रक्त की सतत उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से महारानी अस्पताल तथा शासकीय मेडिकल कॉलेज, डिमरापाल में वृहद रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने शिविर में मौजूद अन्य रक्तदाताओं से आत्मीय भेंट कर उनका हालचाल जाना। उन्होंने समाज के प्रति युवाओं की इस संवेदनशीलता और निस्वार्थ सेवा भाव की मुक्तकंठ से सराहना की। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि एक यूनिट रक्त आपातकालीन स्थितियों, गंभीर बीमारियों और दुर्घटनाओं में घायलों के लिए जीवनरक्षक साबित होता है। इसके साथ ही उन्होंने शिविर में दिन-रात सेवा दे रहे चिकित्सकों, स्वास्थ्य कर्मियों और स्वयंसेवकों के समर्पण की भी प्रशंसा की। उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का सार्वजनिक जीवन जनसेवा, राष्ट्र निर्माण और समर्पण का उत्कृष्ट उदाहरण रहा है। उनके 25 वर्षों के इस सेवा पथ से प्रेरणा लेकर ही सेवा संकल्प अभियान शुरू किया गया है, जिसके तहत अगले एक महीने तक समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिए विविध कार्य किए जाएंगे। उन्होंने प्रदेश के युवाओं से आह्वान किया कि वे भी इस अभियान से जुड़कर नियमित रक्तदान को अपनी आदत बनाएं और पीड़ित मानवता की सेवा में अग्रणी भूमिका निभाएं। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने महारानी अस्पताल में एड्स के प्रति जागरूकता, बचाव और इसके उपचार के आधुनिक संसाधनों पर आधारित एक ज्ञानवर्धक नाटक का मंचन भी देखा। कलाकारों द्वारा प्रस्तुत इस नाटक के माध्यम से बीमारी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों को दूर करने और समय पर आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों को अपनाने का संदेश दिया गया। उप मुख्यमंत्री ने कलाकारों की प्रस्तुति की सराहना करते हुए कहा कि जनजागरूकता स्वास्थ्य अभियानों की सफलता की सबसे मजबूत कड़ी है। महारानी अस्पताल और मेडिकल कॉलेज डिमरापाल में आयोजित शिविरों में आम नागरिकों, सामाजिक संगठनों और युवाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। उप मुख्यमंत्री के स्वयं रक्तदान करने से शिविर में मौजूद युवाओं का उत्साह दोगुना हो गया। दिनभर चले इस शिविर में बड़ी संख्या में रक्त यूनिट एकत्रित की गई, जिससे स्थानीय ब्लड बैंकों में रक्त की उपलब्धता और अधिक सुदृढ़ होगी।इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और एक पेड़ माँ के नाम की भावना को बढ़ावा देते हुए उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा तथा वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप ने महारानी अस्पताल परिसर में विधिवत पौधरोपण किया। दोनों जनप्रतिनिधियों ने पौधों की सुरक्षा और देखभाल का संकल्प दोहराते हुए आमजनों से भी पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने की अपील की। इस कार्यक्रम में महापौर श्री संजय पांडेय, युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्व विजय सिंह तोमर, पूर्व विधायक डाॅ. सुभाऊ कश्यप, कलेक्टर श्री आकाश छिकारा, पुलिस अधीक्षक श्री शलभ सिन्हा सहित जनप्रतिनिधिगण, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं जागरूक रक्तदातागण उपस्थित थे।
- -सेवा संकल्प अभियान के तहत बड़ी संख्या में जलाए गए 'आशीर्वाद का दीया'रायपुर। सेवा संकल्प अभियान के तहत प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के सेवा काल के 25 वर्ष पूरे होने पर गुरुवार को कांकेर में जिलेभर में ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला मुख्यालय कांकेर के ऐतिहासिक पीएमश्री शासकीय नरहरदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मैदान में भारत का मानचित्र तैयार कर उस पर एक साथ 51 हजार दीप प्रज्वलित किए गए। दीपों से जगमगाता भारत का मानचित्र आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि विधायक श्री विक्रम देव उसेंडी ने किया। अध्यक्षता विधायक कांकेर श्री आशाराम नेताम ने की।इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती किरण नरेटी, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरूण कौशिक, सीसीएफ श्री विवेकानंद झा, कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार, पुलिस अधीक्षक श्री निखिल राखेचा, श्री सतीश लाटिया, श्री महेश जैन सहित जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। जनप्रतिनिधियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया तथा भारत के मानचित्र पर जलाए गए 51 हजार दीपों का अवलोकन किया।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्री विक्रम देव उसेंडी ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और देश के विकास एवं जनकल्याण के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ की भावना के साथ सरकार की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री जन-धन योजना, आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना सहित विभिन्न योजनाओं से आमजन को मिल रही सुविधाओं का उल्लेख किया। कोरोना महामारी के दौरान टीकाकरण तथा जरूरतमंद परिवारों को सहायता उपलब्ध कराने के प्रयासों की भी जानकारी दी।श्री उसेंडी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के लिए ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाना उनके प्रति शुभकामना एवं सम्मान की भावना का प्रतीक है। उन्होंने प्रधानमंत्री के स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन तथा देश के निरंतर विकास की कामना की।कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विधायक कांकेर आशाराम नेताम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के पूरे 140 करोड़ जनता को अपना परिवार मानते हैं। एक परिवार के मुखिया की जिम्मेदारी होती है कि वह अपने परिवार की जरूरतों को समझे और उनके हित में कार्य करे। इसी सोच के अनुरूप प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरकार की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से हर परिवार तक आवश्यक सुविधाएं पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों को पक्का मकान, जल जीवन मिशन के माध्यम से घर-घर पानी, स्वच्छता अभियान के माध्यम से स्वच्छ वातावरण, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से किसानों को आर्थिक सहायता और आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराने का कार्य किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से गांवों को सड़क सुविधा से जोड़ने तथा उज्ज्वला एवं बिजली से जुड़ी योजनाओं के माध्यम से घरों में सुविधा और रोशनी पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। खाद्यान्न सहायता योजना के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों को खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार ने सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत एक माह तक आयोजित होने वाली विभिन्न गतिविधियों एवं 13 प्रमुख पहलों की जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के 25 वर्षों की सेवा यात्रा से संबंधित वीडियो का प्रदर्शन किया गया तथा अभियान से संबंधित कैलेंडर का विमोचन भी किया गया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की वेशभूषा में पहुंचे बच्चों ने जनप्रतिनिधियों को गुलाब के फूल भेंट किए और भारत माता के जयकारे लगाए। पूरे परिसर में देशभक्ति एवं उत्साह का वातावरण रहा।इस अवसर पर पूर्व विधायक श्री देवलाल दुग्गा, श्रीमती सुमित्रा मारकोले, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री हरेश मंडावी, अपर कलेक्टर श्री जितेन्द्र कुर्रे, श्री राजा पाण्डेय, श्री बृजमोहन तिवारी, श्री अशोक वालेचा, श्री टंकेश्वर जैन सहित जनप्रतिनिधि-पदाधिकारी, अधिकारी-कर्मचारी, छात्र-छात्राएं, गणमान्य नागरिक एवं मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
- -खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया श्आशीर्वाद का दीयाश् कार्यक्रम का शुभारंभरायपुर। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सेवा काल के 25 वर्ष होने के पावन अवसर पर आज बेमेतरा जिला दीपों की दिव्य आभा से जगमगा उठा। जिला मुख्यालय स्थित माता भद्रकाली मंदिर परिसर में 11,101 दीयों को प्रज्ज्वलित कर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के चिरायु, दीर्घायु एवं शतायु जीवन की कामना की गई।जिला स्तरीय मुख्य कार्यक्रम ’आशीर्वाद का दीया’ का शुभारंभ खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री माननीय श्री दयाल दास बघेल ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर मंदिर में पूजा अर्चना कर प्रधानमंत्री श्री मोदी के यशस्वी जीवन की कामना की गई। मंदिर परिसर में हजारों दीयों की आकर्षक रंगोली और जय श्री राम के उद्घोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।मंत्री श्री बघेल ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने अपने सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष राष्ट्र सेवा में समर्पित किए हैं। उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए निरंतर कार्य किया है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में गरीब कल्याण योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, जल जीवन मिशन - नल जल योजना, उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत जैसी अनेक महत्वाकांक्षी योजनाओं से देश के अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचा है और देश का मान वैश्विक पटल पर बढ़ा है। आज पूरा भारत विकसित राष्ट्र बनने की ओर तेजी से अग्रसर है, जिसका श्रेय प्रधानमंत्री की दूरदर्शी सोच को जाता है।श्री बघेल ने कहा कि आज का यह श्आशीर्वाद का दीयाश् केवल एक दीप नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों की ओर से प्रधानमंत्री के प्रति कृतज्ञता और सम्मान का प्रतीक है।इस अवसर पर विधायक श्री दीपेश साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने यशस्वी जीवन की कामना करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का संकल्प के साथ देश सेवा का 25 वर्ष पूर्ण हो रहा है, यह देश के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि इस मौके पर आज जिले में स्वच्छता कार्यक्रम, वृक्षारोपण कार्यक्रम, रक्तदान जैसे कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं।बेमेतरा जिले में आज कुल 6 लाख 30 हजार 877 से अधिक आशीर्वाद के दीये प्रज्ज्वलित किए गए।’प्रमुख आकर्षण’- नगर पालिका के सभी चौक-चौराहों में 51 हजार दीये प्रज्वलित किया गया- सभी नगरीय निकायों, स्कूलों एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों में 73 हजार दीये जलाये गये।- प्रत्येक ग्राम पंचायत में 521 दीयों के साथ कुल 2.25 लाख दीये प्रज्वलित किया गया।- 27 चिन्हांकित गांवों में 100 प्रतिशत घरों में दीया जलाया गया।- अमृत सरोवरों, हॉफ और शिवनाथ नदी के एनीकटों, राशन दुकानों, शासकीय कार्यालयों, पीएम आवास एवं लखपति दीदी के घरों में दीप प्रज्ज्वलन किया गया।विकासखंड मुख्यालयों बेमेतरा के जोंग में 11 हजार, बेरला के संडी मंदिर, साजा के बिरनपुर शक्ति मंदिर एवं नवागढ़ के मावली मंदिर में 21-21 हजार दीयों का भव्य प्रज्ज्वलन हुआ।लखपति दीदी ग्राम माटरा में थीम आधारित ड्रोन शॉट और अंधियारखोर-जेवरा में हॉफ नदी धार अपार थीम पर ड्रोन वीडियोग्राफी कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रही।कार्यक्रम में रजककार विकास बोर्ड के अध्यक्ष श्री प्रहलाद रजक, नगर पालिका अध्यक्ष श्री विजय सिन्हा, कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाईं, जिला पंचायत सीईओ सुश्री प्रेमलता पद्माकर, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि अजय साहू, अन्य जनप्रतिनिधि सहित अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।
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-भारत की जीत में निभाई अहम भूमिका
-बहतराई खेल अकादमी में दोनों खिलाड़ी ले रहीं प्रशिक्षण*
बिलासपुर/ चीन के मोकी शहर में आयोजित जूनियर महिला हॉकी एशिया कप में छत्तीसगढ़ की गीता यादव और मधु सिदार ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई है। बिलासपुर के राज्य खेल प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में खेल एवं युवा कल्याण विभाग की आवासीय हॉकी अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहीं दोनों खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट में प्रभावी खेल दिखाते हुए चार-चार गोल दागे। उनके इस प्रदर्शन से बिलासपुर आवासीय हॉकी अकादमी के साथ ही छत्तीसगढ़ का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित हुआ है।
टूर्नामेंट में भारतीय टीम के मुकाबलों के दौरान दोनों खिलाड़ियों ने लगातार अपनी छाप छोड़ी। दक्षिण कोरिया के खिलाफ मुकाबले में मधु सिदार ने एक गोल कर भारत की जीत में योगदान दिया। इसके बाद मलेशिया के खिलाफ भारत ने 11-1 से शानदार जीत दर्ज की, जिसमें गीता यादव ने दो गोल दागे।
भारत और पाकिस्तान के बीच हुए मुकाबले में भी छत्तीसगढ़ की दोनों बेटियों का शानदार प्रदर्शन जारी रहा। भारत ने पाकिस्तान को 19-0 से शिकस्त दी। इस मुकाबले में गीता यादव और मधु सिदार ने दो-दो गोल कर भारतीय आक्रमण को मजबूती दी। प्रतियोगिता में दोनों खिलाड़ियों ने चार-चार गोल दागे।
खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक सुश्री आकांक्षा शिक्षा खलखो ने आज दोनों खिलाड़ियों से मिलकर शानदार प्रदर्शन पर बधाई देते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि गीता यादव और मधु सिदार ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपने खेल कौशल से छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को भविष्य में भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़ने के लिए शुभकामनाएं दीं और विभाग की ओर से उन्हें हरसंभव सहयोग उपलब्ध कराने की बात कही।
इस अवसर पर बिलासपुर आवासीय हॉकी अकादमी के वरिष्ठ प्रशिक्षक श्री राकेश टोप्पो, खेलो इंडिया एक्सीलेंस सेंटर बिलासपुर के हाई परफॉर्मेंस मैनेजर श्री कुलदीप बरार तथा बिलासपुर के खेल अधिकारी श्री सुशील भी मौजूद थे। - -सेवा संकल्प अभियान के तहत जनभागीदारी से गूंजा सेवा, सुशासन और संकल्प का संदेशरायपुर / प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की 25 वर्ष की सेवा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए गुरुवार को छत्तीसगढ़ में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत ‘आशीर्वाद के दीये’ कार्यक्रम का व्यापक आयोजन किया गया। प्रदेशभर में नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाते हुए 1.50 करोड़ से अधिक दीये प्रज्वलित किए। गांव से लेकर शहर तक विभिन्न स्थानों पर दीप प्रज्वलन के माध्यम से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दीर्घ सार्वजनिक जीवन, सेवा भावना और राष्ट्र निर्माण के संकल्प के प्रति जनभावनाएं व्यक्त की गईं।‘आशीर्वाद के दीये’ कार्यक्रम में समाज के विभिन्न वर्गों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। महिलाओं, युवाओं, किसानों, श्रमिकों, विद्यार्थियों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों ने सामूहिक रूप से दीये जलाकर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को शुभकामनाएं दीं। अनेक स्थानों पर दीपों से आकर्षक आकृतियां एवं संदेश भी बनाए गए।प्रदेश के विभिन्न जिलों में आयोजित कार्यक्रमों में सेवा और जनभागीदारी का विशेष वातावरण देखने को मिला। मंदिरों, चौक-चौराहों, सार्वजनिक स्थलों और प्रमुख मैदानों में बड़ी संख्या में नागरिक एकत्रित हुए और दीप प्रज्वलित किए। कार्यक्रमों के माध्यम से समाज में सेवा, सहयोग और सकारात्मक बदलाव के संकल्प को आगे बढ़ाने का संदेश दिया गया।‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत छत्तीसगढ़ में 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक विभिन्न जनसेवा एवं जनभागीदारी से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। अभियान का उद्देश्य सेवा और सुशासन की भावना को जन-जन तक पहुंचाना तथा समाज के विभिन्न वर्गों को रचनात्मक एवं जनकल्याणकारी गतिविधियों से जोड़ना है।प्रदेशभर में ‘आशीर्वाद के दीये’ का यह आयोजन जनभागीदारी और सामूहिक उत्साह का प्रतीक बना। हजारों स्थानों पर एक साथ प्रज्वलित हुए दीपों ने सेवा और संकल्प के संदेश को व्यापक स्वरूप दिया।
- -बहतराई खेल अकादमी में दोनों खिलाड़ी ले रहीं प्रशिक्षणरायपुर । चीन के मोकी शहर में आयोजित जूनियर महिला हॉकी एशिया कप में छत्तीसगढ़ की गीता यादव और मधु सिदार ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई है। बिलासपुर के राज्य खेल प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में खेल एवं युवा कल्याण विभाग की आवासीय हॉकी अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहीं दोनों खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट में प्रभावी खेल दिखाते हुए चार-चार गोल दागे। उनके इस प्रदर्शन से बिलासपुर आवासीय हॉकी अकादमी के साथ ही छत्तीसगढ़ का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित हुआ है।टूर्नामेंट में भारतीय टीम के मुकाबलों के दौरान दोनों खिलाड़ियों ने लगातार अपनी छाप छोड़ी। दक्षिण कोरिया के खिलाफ मुकाबले में मधु सिदार ने एक गोल कर भारत की जीत में योगदान दिया। इसके बाद मलेशिया के खिलाफ भारत ने 11-1 से शानदार जीत दर्ज की, जिसमें गीता यादव ने दो गोल दागे।भारत और पाकिस्तान के बीच हुए मुकाबले में भी छत्तीसगढ़ की दोनों बेटियों का शानदार प्रदर्शन जारी रहा। भारत ने पाकिस्तान को 19-0 से शिकस्त दी। इस मुकाबले में गीता यादव और मधु सिदार ने दो-दो गोल कर भारतीय आक्रमण को मजबूती दी। प्रतियोगिता में दोनों खिलाड़ियों ने चार-चार गोल दागे।खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक सुश्री आकांक्षा शिक्षा खलखो ने आज दोनों खिलाड़ियों से मिलकर शानदार प्रदर्शन पर बधाई देते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि गीता यादव और मधु सिदार ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपने खेल कौशल से छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को भविष्य में भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़ने के लिए शुभकामनाएं दीं और विभाग की ओर से उन्हें हरसंभव सहयोग उपलब्ध कराने की बात कही।इस अवसर पर बिलासपुर आवासीय हॉकी अकादमी के वरिष्ठ प्रशिक्षक श्री राकेश टोप्पो, खेलो इंडिया एक्सीलेंस सेंटर बिलासपुर के हाई परफॉर्मेंस मैनेजर श्री कुलदीप बरार तथा बिलासपुर के खेल अधिकारी श्री सुशील भी मौजूद थे।
- -शिक्षा की गुणवत्ता सुधार के लिए तैयार होगा AI आधारित रोडमैपरायपुर / स्कूल शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा समग्र शिक्षा के अंतर्गत विद्यालयीन शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और विद्यार्थियों के समग्र विकास के उद्देश्य से राजधानी रायपुर के पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में राज्य स्तरीय AI Conclave (ए.आई. कॉन्क्लेव) का भव्य आयोजन किया गया। विद्यालयीन शिक्षा के स्तर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का सार्थक एवं प्रभावी उपयोग करने वाला छत्तीसगढ़ देश का प्रथम राज्य बन गया है।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, स्कूल शिक्षा मंत्री माननीय श्री गजेंद्र यादव ने शाला त्यागी (ड्रॉपआउट) बच्चों को पुनः स्कूल से जोड़ने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा विकसित ‘लाईका चिन्हारी’ ऐप का आधिकारिक विमोचन किया। इस अवसर पर उन्होंने विश्वकर्मा जयंती और प्रधानमंत्री के जन्मदिवस की बधाई देते हुए कहा कि इस कॉन्क्लेव से प्राप्त निष्कर्ष शिक्षकों के लिए एक सशक्त सहायक के रूप में कार्य करेंगे और विद्यार्थियों में कौशल विकास को बढ़ावा देंगे।डॉ. कमलजीत सिंह (सचिव, स्कूल शिक्षा): उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि हम तकनीकी युग में अनजाने ही AI का उपयोग कर रहे हैं। स्थानीय आवश्यकताओं और उपलब्ध संसाधनों के बेहतर तालमेल से शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में यह एक बड़ा कदम है। उन्होंने स्पष्ट किया कि AI शिक्षकों का स्थान नहीं लेगा, बल्कि उनके सहायक साथी के रूप में काम करेगा।डॉ. किरण कौशल (आयुक्त, समग्र शिक्षा): उन्होंने स्वागत उद्बोधन में कहा कि इस कॉन्क्लेव से प्रदेश में स्मार्ट क्लास और ICT लैब का AI की मदद से और अधिक प्रभावी उपयोग किया जा सकेगा, जिससे सरल और सुगम शिक्षा हर बच्चे तक पहुँचेगी। इस कॉन्क्लेव में देश और दुनिया के कई प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों और कंपनियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में गूगल, वाधवानी एआई, अमेजन, माइक्रोसॉफ्ट, एडोब, खान एकेडमी, फिजिक्स वाला, आईआईटी भिलाई, आईआईएम रायपुर, एनआईटी रायपुर और चिप्स सहित कई संस्थानों के विशेषज्ञों ने अपने विचार और प्रस्तुतियां दीं।कार्यक्रम के अंत में यह रेखांकित किया गया कि कॉन्क्लेव के दौरान आए नवाचारों और तकनीकी समाधानों का अध्ययन कर छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग के लिए एक व्यापक AI रोडमैप तैयार किया जाएगा। यह रोडमैप शिक्षकों के लिए सहायक संसाधन विकसित करने और शिक्षा व्यवस्था को तकनीकी रूप से और अधिक मजबूत बनाने का मुख्य आधार बनेगा।
- - राजस्व मंत्री ने रक्तदाताओं को किया सम्मानितरायपुर / प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक सेवा में सफल 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में सेवा संकल्प अभियान के तहत बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। जिला अस्पताल बलौदाबाजार और सिविल अस्पताल भाटापारा में आयोजित इस मानवीय पहल में युवाओं और जनप्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिसके परिणामस्वरूप कुल 94 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया। राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा कि रक्तदान एक स्वस्थ व्यक्ति द्वारा किया जाने वाला वह पुनीत कार्य है जो किसी जरूरतमंद को नया जीवन प्रदान कर सकता है। आपके द्वारा दान की गई एक यूनिट रक्त से अधिकतम तीन लोगों की जान बचाई जा सकती है। आपका रक्त किसी को जीवन दे सकता है। रक्त अमूल्य है, इसका दान अवश्य करें।रक्तदान शिविर का निरीक्षण करने पहुंचे प्रदेश के राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने रक्तदान करने वाले युवाओं और नागरिकों को गुलाब का फूल और प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया। मंत्री वर्मा ने कहा कि रक्तदान एक ऐसा महादान है जो असमय संकट में पड़े किसी व्यक्ति को नया जीवन दे सकता है। समाज के हर सक्षम नागरिक को इस पुनीत कार्य में आगे आना चाहिए।शिविर में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। जिला पंचायत अध्यक्ष आकांक्षा जायसवाल और उपाध्यक्ष पवन साहू ने स्वयं रक्तदान कर युवाओं के सामने अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया। एकत्रित किए गए 94 यूनिट रक्त में से 51 यूनिट भाटापारा सिविल अस्पताल तथा 43 यूनिट बलौदाबाजार जिला अस्पताल में दर्ज किया गया। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, एकत्रित रक्त का उपयोग सड़क दुर्घटनाओं में गंभीर रूप से घायलों, सिकलसेल पीड़ितों, गर्भवती महिलाओं और आपातकालीन शल्य चिकित्सा के दौरान जरूरतमंद मरीजों के उपचार के लिए किया जाएगा।इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जैन, पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा, पूर्व विधायक प्रमोद शर्मा, जनपद अध्यक्ष सुलोचना यदु, भारत स्काउट एंड गाइड के राज्य उपाध्यक्ष विजय केशरवानी सहित मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी और सिविल सर्जन विशेष रूप से उपस्थित रहे।
- -पेसमेकर प्रत्यारोपण के लिए 8.91 लाख रुपये की सहायता, एम्स रायपुर में सफल उपचार-गंभीर हृदय बीमारी के उपचार में आर्थिक संकट बना था बाधा, शासकीय सहायता से मिली नई उम्मीदरायपुर / मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना जरूरतमंद परिवारों के लिए गंभीर बीमारियों के उपचार में आर्थिक संबल बन रही है। योजना के माध्यम से उपचार के लिए मिली सहायता ने रायगढ़ जिले के खरसिया विकासखंड के ग्राम महुंआपाली निवासी श्री मुकेश कुमार शर्मा के लिए मुश्किल समय में नई उम्मीद जगाई। हृदय संबंधी गंभीर बीमारी के उपचार एवं पेसमेकर प्रत्यारोपण के लिए उन्हें योजना के तहत 8 लाख 91 हजार 778 रुपये की सहायता स्वीकृत की गई। इसके बाद एम्स रायपुर में उनका सफल उपचार किया गया और पेसमेकर प्रत्यारोपित किया गया।श्री मुकेश कुमार शर्मा को अचानक सीने में तेज दर्द की शिकायत हुई। परिजन उन्हें उपचार के लिए रायपुर लेकर पहुंचे। चिकित्सकों द्वारा आवश्यक जांच किए जाने पर ईसीजी और इको में हृदय संबंधी गंभीर समस्या सामने आई। चिकित्सकों ने तत्काल उपचार की आवश्यकता बताई और उनका उपचार एम्स रायपुर में शुरू किया गया।मुकेश का उपचार 18 जुलाई 2024 से अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), रायपुर में शुरू हुआ। उपचार के दौरान परिजनों को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय, रायगढ़ की आयुष्मान शाखा के माध्यम से मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना की जानकारी मिली। पात्रता के अनुसार परिजनों ने योजना के तहत आवेदन प्रस्तुत किया। आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद पेसमेकर प्रत्यारोपण के लिए 8 लाख 91 हजार 778 रुपये की सहायता राशि स्वीकृत की गई।शासकीय सहायता मिलने से उपचार का आर्थिक बोझ कम हुआ और एम्स रायपुर में विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में मुकेश का सफल उपचार एवं पेसमेकर प्रत्यारोपण किया गया।उपचार के बाद श्री मुकेश कुमार शर्मा अब स्वस्थ होकर सामान्य जीवन की ओर लौट रहे हैं। सेवा संकल्प अभियान के दौरान अपने अनुभव साझा करते हुए उन्होंने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के लिए गंभीर बीमारी का उपचार कराना बड़ी चुनौती होता है। ऐसे कठिन समय में मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना से मिली आर्थिक मदद उनके परिवार के लिए बड़ा संबल बनी।मुकेश ने उपचार के लिए मिली सहायता के प्रति राज्य शासन और स्वास्थ्य विभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस सहयोग से उन्हें समय पर उपचार मिल सका और उनके जीवन में नई उम्मीद जगी। मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना उनके जैसे जरूरतमंद परिवारों के लिए कठिन परिस्थितियों में सहारा बन रही है।
- -विकसित भारत के संकल्प में छत्तीसगढ़ पूरी प्रतिबद्धता के साथ देता रहेगा अपना सशक्त योगदान : मुख्यमंत्री श्री साय-प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने की मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के आलेख की सराहना: मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रधानमंत्री के प्रति व्यक्त किया हृदय से आभाररायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के प्रति हृदय से आभार व्यक्त करते हुए लिखा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी का स्नेह और मार्गदर्शन छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा को निरंतर नई ऊर्जा और दिशा देता रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा उनके आलेख के माध्यम से छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा, विशेषकर बस्तर में आए परिवर्तन और विकसित भारत के निर्माण में प्रदेश की भूमिका को रेखांकित किए जाने के संदर्भ में आभार व्यक्त किया है।मुख्यमंत्री श्री साय ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स में लिखा है कि आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी का स्नेह और मार्गदर्शन छत्तीसगढ़ को सदैव मिलता रहा है। उनके विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए छत्तीसगढ़ पूरी प्रतिबद्धता के साथ विकास की नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है और राष्ट्र की प्रगति में अपना सशक्त योगदान देता रहेगा।उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री कार्यालय ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के आलेख को साझा करते हुए छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा और विशेष रूप से बस्तर में आए परिवर्तन को रेखांकित किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने कहा है कि छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा इस बात का बड़ा उदाहरण है कि आज देश की प्रगति केवल महानगरों और बड़े शहरों तक सीमित नहीं है। बस्तर में आया बड़ा बदलाव इसकी जीवंत तस्वीर है और यह बताता है कि विकास की मुख्यधारा से जुड़कर जनजातीय समाज भी तेजी से आगे बढ़ रहा है।प्रधानमंत्री कार्यालय ने मुख्यमंत्री श्री साय के आलेख का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें विकसित भारत के निर्माण में छत्तीसगढ़ की महत्वपूर्ण भूमिका को विस्तार से रेखांकित किया गया है।उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अपने आलेख में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों की यात्रा को सेवा, सुशासन, अंत्योदय और राष्ट्र निर्माण के संकल्प से जोड़ते हुए गुजरात के पुनर्निर्माण से लेकर विकसित भारत के व्यापक लक्ष्य तक की यात्रा का उल्लेख किया है। उन्होंने लिखा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास की अवधारणा गांव, गरीब, किसान, महिलाओं और जनजातीय समाज की आकांक्षाओं से जुड़ी है।मुख्यमंत्री श्री साय ने आलेख में छत्तीसगढ़ और विशेष रूप से बस्तर में हो रहे बदलाव का उल्लेख करते हुए कहा है कि कभी हिंसा और पिछड़ेपन के कारण चुनौतियों से जूझने वाला बस्तर आज शांति, विकास, पर्यटन और नई संभावनाओं की ओर आगे बढ़ रहा है। सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य और डिजिटल सुविधाओं के विस्तार से दूरस्थ जनजातीय अंचल भी विकास की मुख्यधारा से तेजी से जुड़ रहे हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने आलेख में कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के कर्मयोग ने भारत को नया आत्मविश्वास दिया है और अब देश के सामने विकसित भारत का लक्ष्य है। इस राष्ट्रीय संकल्प में छत्तीसगढ़ केवल सहभागी नहीं, बल्कि अपनी मेहनत, प्राकृतिक संसाधनों और प्रतिभा के बल पर एक मजबूत भागीदार की भूमिका निभाएगा।उन्होंने कहा है कि गांव से शहर तक विकास की ऐसी यात्रा को आगे बढ़ाना छत्तीसगढ़ का संकल्प है, जिसमें समृद्धि के साथ संस्कृति, आधुनिकता के साथ परंपरा तथा प्रगति के साथ प्रकृति का संतुलन बना रहे।मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने आलेख के माध्यम से यह संकल्प व्यक्त किया है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा और मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ विकसित भारत के निर्माण के महायज्ञ में पूरी शक्ति और सामर्थ्य के साथ अपना योगदान देगा। प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के बीते 25 वर्ष सेवा और राष्ट्र निर्माण को समर्पित रहे हैं तथा आने वाला समय विकसित भारत और समृद्ध छत्तीसगढ़ के निर्माण के संकल्प को सिद्धि तक पहुंचाने का है।
- रायपुर / छत्तीसगढ़ शासन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा आज गुरुवार को ‘आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन’ विषय पर एक-दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य राज्य शासन के अधिकारियों- कर्मचारियों को आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन की तकनीकी प्रक्रियाओं, ऑफलाइन सत्यापन, फेस ऑथेंटिकेशन तथा आधार सेवाओं के सुरक्षित उपयोग से संबंधित व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था।कार्यशाला की मुख्य अतिथि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले रहीं। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ सही हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए आधार प्रमाणीकरण एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसके प्रभावी क्रियान्वयन में कुछ व्यावहारिक चुनौतियां भी सामने आती हैं। ऐसे में आधार की ऑफलाइन सत्यापन व्यवस्था की जानकारी अधिकारियों एवं संबंधित विभागों के लिए महत्वपूर्ण और उपयोगी है।श्रीमती कंगाले ने हितग्राही सत्यापन से जुड़ी चुनौतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि फिंगरप्रिंट आधारित आधार प्रमाणीकरण के माध्यम से हितग्राहियों की पहचान सुनिश्चित करने से छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाने और पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने की प्रक्रिया को मजबूती मिली है। उन्होंने कहा कि कार्यशाला से अधिकारियों एवं विभागीय प्रतिनिधियों को आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन की प्रक्रियाओं की बेहतर समझ मिलेगी तथा वे निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप इसका प्रभावी उपयोग सुनिश्चित कर सकेंगे। कार्यशाला में छत्तीसगढ़ इन्फोटेक प्रमोशन सोसाइटी (चिप्स) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री मयंक अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़ के सभी 33 जिलों में इन-हाउस मॉडल के तहत 1,100 से अधिक आधार सेवा केंद्र शासकीय परिसरों में संचालित किए जा रहे हैं । इन केंद्रों के माध्यम से नागरिकों को आधार नामांकन एवं अद्यतन की सुरक्षित, सुगम और विश्वसनीय सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है । उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक 3 करोड़ 17 लाख 33 हजार से अधिक आधार पंजीकरण किए जा चुके हैं। श्री अग्रवाल ने बताया कि नागरिकों तक आधार सेवाओं की सहज पहुँच सुनिश्चित करने के लिए राज्य के विभिन्न जिलों में विशेष आधार शिविरों का आयोजन किया गया है। विशेष रूप से 5-15 वर्ष तथा 15-17 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के अनिवार्य बायोमेट्रिक अद्यतन पर विशेष ध्यान देते हुए, इन शिविरों के माध्यम से अब तक 7 लाख से अधिक बच्चों का अनिवार्य बायोमेट्रिक अद्यतन सफलतापूर्वक किया जा चुका है।श्री अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़़ राज्य के नागरिकों की सुविधा के लिए भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण ने राज्य में 14 नये आधार सेवा केंद्र खोलने की अनुमति प्रदान की है, जिसमें से 5 जिलों दुर्ग, महासमुंद, रायपुर, बिलासपुर और जांजगीर-चांपा में आधार सेवा केंद्र का संचालन भी प्रारम्भ कर दिया गया है शेष स्थानों पर कार्य प्रगतिरत है । चिप्स द्वारा इन 14 स्थानों के अतिरिक्त 7 अन्य जिलों में आधार सेवा केंद्र खोलने का प्रस्ताव भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण को प्रेषित किया है।कार्यशाला में वक्ता के रूप में नई दिल्ली से आये भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण के आधार उपयोग प्रभाग एवं मीडिया के निदेशक लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने कहा कि आधार अधिनियम के प्रावधानों के तहत आधार से संबंधित विभिन्न प्रक्रियाओं के लिए स्पष्ट नियम एवं निर्धारित व्यवस्थाएं लागू हैं। उन्होंने कहा कि आधार का उपयोग नागरिकों की पहचान के सत्यापन को सुगम और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से किया जा रहा है। लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने बताया कि नागरिक स्वयं भी अपने आधार का सत्यापन कर सकते हैं, जिसके लिए ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन माध्यम की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने आधार के सुरक्षित उपयोग, सत्यापन की निर्धारित प्रक्रियाओं, नागरिक सुविधा तथा डेटा सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि आधार सेवाओं का उपयोग निर्धारित नियमों एवं प्रक्रियाओं के अनुरूप किया जाना आवश्यक है। लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने बताया कि ऑफलाइन आधार सत्यापन का उपयोग व्यवसायिक संस्थाएं, बैंक आदि निजी संस्थाओं द्वारा आधार के मोबाइल एप के माध्यम से भी किया जा सकेगा।कार्यशाला में वक्ता के रूप में भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण, क्षेत्रीय कार्यालय, हैदराबाद के निदेशक श्री टी. रामकृष्ण उपस्थित रहे। उन्होंने देश में आधार व्यवस्था के क्रमिक विस्तार तथा इसके लिए विकसित की गई तकनीकी एवं संस्थागत अधोसंरचना की विस्तृत जानकारी दी । उन्होंने बताया कि आधार सेवा केंद्रों के निरंतर विस्तार के साथ नागरिकों के लिए नामांकन, अद्यतन एवं प्रमाणीकरण जैसी सेवाओं की पहुंच भी लगातार बढ़ी है। उन्होंने आधार की तकनीकी संरचना, सेवा वितरण तंत्र तथा इसके सुचारू संचालन के लिए विभिन्न स्तरों पर कार्यरत व्यवस्थाओं और प्रक्रियाओं पर भी जानकारी दी।कार्यशाला के तकनीकी सत्रों में प्रतिभागियों को ऑफलाइन आधार सत्यापन, फेस ऑथेंटिकेशन तथा आधार सेवाओं के सुरक्षित उपयोग से संबंधित व्यावहारिक जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने सीमित नेटवर्क वाले क्षेत्रों में ऑफलाइन सत्यापन की उपयोगिता तथा फिंगरप्रिंट अथवा आइरिस प्रमाणीकरण में कठिनाई होने की स्थिति में फेस ऑथेंटिकेशन के उपयोग और लाभों के बारे में विस्तार से बताया।कार्यशाला में छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के प्रबंध संचालक श्री भास्कर विलास संदीपन, कोष एवं लेखा संचालनालय के संचालक श्री एस. जयवर्धन, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण संचालनालय की संचालक डॉ. फरिहा आलम, चिप्स के अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री शशांक पांडे, संयुक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अनुपम आशीष टोप्पो एवं श्री आशीष जायसवाल सहित विभिन्न विभागों के 150 से अधिक अधिकारियों ने भाग लिया।
- रायपुर / मुख्य सचिव श्री विकासशील ने आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मासिक सम्मान कार्यक्रम में ई-ऑफिस के माध्यम से नस्तियों के त्वरित एवं प्रभावी निराकरण तथा कार्यालयीन समयबद्ध उपस्थिति सुनिश्चित करने वाले मंत्रालयीन अधिकारी एवं कर्मचारियों को अगस्त माह के लिए प्रशंसा पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।मुख्य सचिव ने कहा कि मंत्रालय में 10 बजे से पूर्व आने वाले अधिकारी-कर्मचारियों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। मुख्य सचिव ने कहा कि अटेंडेंस एवं ई-ऑफिस में उत्कृष्ट कार्य करने पर प्रशंसा पत्र पाने में महिला अधिकारी अग्रणी है। मुख्य सचिव ने प्रशंसा पत्र प्राप्त करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी है। मुख्य सचिव ने बताया कि आगामी मूल्यांकन में 1 अप्रैल 2026 से 30 सितम्बर 2026 तक की अवधि का संचयी (क्यूमुलेटिव) आकलन किया जाएगा। इसके लिए ई-ऑफिस एवं कार्यालयीन उपस्थिति के आधार पर मंत्रालय में स्कोरबोर्ड तैयार किया जाएगा। जिससे सभी अपने प्रदर्शन का आकलन कर बेहतर कार्य के लिए प्रेरित हो सकें। मुख्य सचिव ने कहा कि प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, दक्षता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करने में ई-ऑफिस की महत्वपूर्ण भूमिका है।ई-ऑफिस पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए विभागों में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग प्रथम, आदिम जाति विकास विभाग द्वितीय तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग तृतीय स्थान पर रहा। मुख्य सचिव ने संयुक्त सचिव, उप सचिव, अवर सचिव, अनुभाग अधिकारी, सहायक अनुभाग अधिकारी, वरिष्ठ सचिवालय सहायक, कनिष्ठ सचिवालय सहायक तथा अन्य कर्मचारियों को भी ई-ऑफिस पर उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रशंसा पत्र प्रदान किए।संयुक्त सचिव श्रेणी में आदिम जाति विकास विभाग के श्री भूपेन्द्र कुमार राजपूत प्रथम, अनुसूचित जनजाति विकास विभाग के श्री अनुपम त्रिवेदी द्वितीय तथा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के श्री गजपाल सिंह सिकरवार तृतीय स्थान पर रहे।उप सचिव श्रेणी में वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के श्री दूरदेशी राम सोन्टापर प्रथम, सामान्य प्रशासन विभाग-1 के श्री किशोर कुमार भूआर्य द्वितीय तथा वाणिज्यिक कर (आबकारी एवं पंजीयन) विभाग के श्री शिव कुमार सिंह तृतीय स्थान पर रहे। अवर सचिव श्रेणी में सामान्य प्रशासन विभाग-1 के श्री कैलाश कुमार नेताम प्रथम, विधि एवं विधायी कार्य विभाग के श्री अरूण कुमार मिश्रा द्वितीय पर तथा वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के श्री मगन लाल पवार तृतीय स्थान पर रहे।अनुभाग अधिकारी श्रेणी में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के श्री मनीराम रात्रे प्रथम स्थान पर, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के श्री वीरेन्द्र कुमार द्वितीय स्थान पर तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के श्री लिलाम्बर ओहोदर तृतीय स्थान पर रहे। सहायक अनुभाग अधिकारी श्रेणी में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के मोहम्मद शाहिर अंसारी प्रथम स्थान पर, श्रम विभाग के श्री गोपाल प्रसाद चंद्रा द्वितीय स्थान पर तथा सामान्य प्रशासन विभाग-4 के श्री जलेश राम तृतीय स्थान पर रहे।वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्रेणी में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के श्री मुकेश राम प्रधान प्रथम स्थान पर, आदिम जाति विकास विभाग की सुश्री अंजू दत्ता द्वितीय स्थान पर तथा आदिम जाति विकास विभाग की सुश्री प्रमिला यादव तृतीय स्थान पर रहीं। कनिष्ठ सचिवालय सहायक श्रेणी में सामान्य प्रशासन विभाग-1 के श्री रामकुमार सिंह प्रथम स्थान पर, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के श्री प्रभु सिंह राठिया द्वितीय स्थान पर तथा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के श्री संदीप कुमार तारम तृतीय स्थान पर रहे।टेक्निकल सेक्शन में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के श्री जगन्नाथ साहू प्रथम स्थान पर, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की श्रीमती माया देवांगन द्वितीय स्थान पर तथा आदिम जाति विकास विभाग के श्री स्मीत कुमार गुप्ता तृतीय स्थान पर रहे। समयबद्ध कार्यालयीन उपस्थिति के लिए सहायक अनुभाग अधिकारी श्री आलोक जोशी, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री अमृत टोप्पो, संयुक्त सचिव श्री अनुपम त्रिवेद्वी, निज सचिव श्रीमती आराधना साहू, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री बागेश कुमार धु्रव, सहायक ग्रेड-2 श्री भूवनेश्वर साहू, उप सचिव श्रीमती क्लेमेनटिना लकड़ा, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री देवेन्द्र साहू, अवर सचिव श्रीमती दिव्या वैष्णव, निज सहायक श्री दुष्यंत कुमार साहू, उप सचिव श्रीमती हेमिन बाघे, सहायक अनुभाग अधिकारी श्रीमती कांती सूर्यवंशी, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री लोक नारायण शर्मा, सहायक अनुभाग अधिकारी सुश्री मीरा, वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्री मेलू राम धु्रव, कनिष्ठ सचिवालय सहायक श्री मोहन लाल यादव, अवर सचिव श्री ओम प्रकाश पात्रे, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री पवन कुमार साहू, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री पीयूष वैरागड़े, कनिष्ठ सचिवालय सहायक श्री प्रदीप राय, वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्रीमती प्रमिला यादव, भृत्य श्री राज कुमार सोरी, अवर सचिव श्री राजीव कुमार झड़े, वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्री राजेश कुमार टोप्पो, स्टेनोटायपिस्ट सुश्री राखी सिदार, अनुभाग अधिकारी श्री संदीप कुमार शेंडेे, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री संतोष महिलांग, अनुभाग अधिकारी श्री शिव कुमार गोड़, वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्री सोहन लाल साहू, सहायक अनुभाग अधिकारी श्रीमती सुधा शेंडे, अनुभाग अधिकारी श्री सुनील मैत्री, अनुभाग अधिकारी सुश्री सुनीता गौतम, भृत्य श्री सुरेन्द्र कुमार साहू, कनिष्ठ सचिवालय सहायक श्री विनित चंद्रवंशी, सहायक अनुभाग अधिकारी श्री विनोद कुमार अथंकर को सम्मानित किया गया।जून, जुलाई, अगस्त माह के ई-ऑफिस रैंकिंग में प्रथम स्थान पर लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, दूसरे स्थान पर आदिम जाति विकास विभाग तथा तीसरे स्थान पर गृह विभाग रहा।जून, जुलाई, अगस्त माह के ई-ऑफिस रैकिंग में प्रथम स्थान पर सामान्य प्रशासन विभाग-1 के अवर सचिव श्री कैलास कुमार नेताम, द्वितीय स्थान पर वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के उप सचिव श्री दूरदेशी राम सोनटापर, तृतीय स्थान पर लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के कनिष्ठ सचिवालय सहायक श्री प्रभु सिंह राठिया, चिकित्सा शिक्षा विभाग के अवर सचिव श्री पूरन लाल साहू चौथे स्थान पर तथा विधि एवं विधायी कार्य विभाग के श्री अरूण कुमार मिश्रा पांचवे स्थान पर रहें।जून, जुलाई, अगस्त माह के अटेंडेंश रैंकिंग में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अवर सचिव श्रीमती दिव्या वैष्णव, उच्च शिक्षा विभाग के सहायक अनुभाग अधिकारी श्री लोक नारायण शर्मा, सामान्य प्रशासन विभाग के वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्री मेलू राम धु्रव, सामान्य प्रशासन विभाग की स्टेनोटायपिस्ट सुश्री राखी सिदार, विमानन विभाग की सहायक अनुभाग अधिकारी श्रीमती सुधा शेंडे प्रथम स्थान पर रहें।
- -स्थानीय निकाय चुनावों को आसान, पारदर्शी और तकनीक-सक्षम बनाने पर हुआ मंथन-ईवीएम प्रबंधन, चुनावी डेटाबेस साझा करने और समय पर चुनाव कराने पर बनी सहमति-नवीन विधानसभा, नवा रायपुर और देश के पहले डिजिटल ट्राइबल म्यूजियम का किया भ्रमणरायपुर / राज्य निर्वाचन आयोग, छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर अटल नगर स्थित कार्यालय में आज राज्य निर्वाचन आयुक्तों की स्थायी समिति की अहम बैठक संपन्न हुई। 32वें अखिल भारतीय राज्य निर्वाचन आयुक्त सम्मेलन के तहत आयोजित इस बैठक में विभिन्न राज्यों के निर्वाचन आयुक्तों ने स्थानीय निकाय चुनावों को और अधिक सुगम, निष्पक्ष, आधुनिक तकनीक से लैस एवं समय पर कराने से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में स्थायी समिति द्वारा बनाई गई तीन उप-समितियों के कामकाज की प्रगति पर चर्चा की गई। इसमें राज्यों में लागू तकनीकी पहलों और ऑनलाइन व्यवस्थाओं पर चर्चा हुई, ताकि दूसरे राज्य भी इन्हें अपने यहां लागू कर चुनावी कामकाज को बेहतर बना सकें। इसी तरह जरूरत पड़ने पर राज्यों के बीच ईवीएम साझा करने के लिए एक 'ईवीएम प्रबंधन प्रणाली सॉफ्टवेयर' तैयार करने पर विमर्श हुआ, जिसकी जिम्मेदारी बिहार राज्य निर्वाचन आयोग संभाल रहा है। इसके साथ ही चुनावों के सफल संचालन के लिए अपनाए गए अच्छे तौर-तरीकों (बेस्ट प्रैक्टिसेज) के आदान-प्रदान और तय समय पर चुनाव कराने में आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों को दूर करने पर भी बात हुई।बैठक में राज्यों के बीच चुनावी डेटाबेस साझा करने पर विचार हुआ, जिसका सुझाव गुजरात और महाराष्ट्र राज्य निर्वाचन आयोग ने दिया था। इसके साथ ही जरूरत के समय राज्यों को M-3 मॉडल ईवीएम उपलब्ध कराने और उनके मिलकर इस्तेमाल करने की व्यवस्था पर भी सहमति बनी, जिसे पश्चिम बंगाल राज्य निर्वाचन आयोग ने प्रस्तावित किया था। अन्य राज्यों की चुनाव व्यवस्था और नवाचारों को समझने के लिए चुनाव कार्यक्रमों की जानकारी साझा करने और एक-दूसरे के यहां अध्ययन दौरे करने पर भी जोर दिया गया।बैठक में राज्य निर्वाचन आयुक्तों के ‘कोऑपरेटिव फेडरलिज्म और मल्टीलेवल गवर्नेंस’ विषय पर होने वाले आगामी राष्ट्रीय सम्मेलन के लिए पुणे को संभावित स्थल तय किया गया। वहीं नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री चंदन कुमार ने नवा रायपुर के विकास और आधुनिक स्वरूप पर एक प्रस्तुति दी।बैठक के बाद विभिन्न राज्यों के निर्वाचन आयुक्तों ने सपरिवार नवा रायपुर के सेक्टर-19 स्थित छत्तीसगढ़ के नवीन विधानसभा भवन का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने सदन के भीतर जाकर विधायी कामकाज और सदन चलाने की व्यवस्था की जानकारी ली। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर 1 नवंबर 2025 को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इस नए विधानसभा भवन का लोकार्पण किया था। उन्होंने नवा रायपुर के प्रमुख सेक्टरों का भी जायजा लिया। आयुक्तों ने यहां शिक्षा, स्वास्थ्य और नई तकनीक के क्षेत्र में तेजी से तैयार हो रही विश्वस्तरीय सुविधाओं को देखा तथा एक आधुनिक और सुनियोजित स्मार्ट शहर के रूप में नवा रायपुर के विकास मॉडल की सराहना की।भ्रमण के अंत में निर्वाचन आयुक्तों ने नवा रायपुर स्थित देश के पहले डिजिटल ट्राइबल म्यूजियम शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह-जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का सपरिवार अवलोकन किया। आयुक्तों ने संग्रहालय के 14 अलग-अलग सेक्टरों में डिजिटल तकनीक और स्क्रीन के जरिए दिखाए गए छत्तीसगढ़ के ऐतिहासिक आदिवासी आंदोलनों और आजादी की लड़ाई की प्रेरक गाथाओं को करीब से देखा और समझा। उन्होंने हल्बा विद्रोह, सरगुजा विद्रोह, भोपालपट्टनम, परलकोट, तारापुर, लिंगागिरी, कोई, मेरिया, मुरिया, रानी चौरिस, भूमकाल, सोनाखान विद्रोह, झंडा सत्याग्रह और जंगल सत्याग्रह जैसे ऐतिहासिक संघर्षों की जीवंत प्रस्तुतियों की जमकर तारीफ की। इसके पश्चात उन्होंने ट्राइबल म्यूजियम में आयोजित संध्याकालीन सांस्कृतिक कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध लोक कलाकारों की प्रस्तुतियों का आनंद लिया।
- महासमुन्द / भगवान विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर श्रम विभाग द्वारा श्रमिकों एवं हितग्राहियों को सम्मानित एवं विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित करने के उद्देश्य से श्रमिक महासम्मेलन 2026 का आयोजन आज सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम, रायपुर में किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर महासमुन्द जिले के श्रमिकों एवं हितग्राहियों को श्रम विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के तहत डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में सहायता राशि हस्तांतरित की गई। कार्यक्रम में महासमुन्द जिले से कुल 255 श्रमिक एवं हितग्राही शामिल हुए।महासमुन्द जिले के कुल 5,587 श्रमिकों एवं हितग्राहियों को 1 करोड़ 85 लाख 38 हजार 660 रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई। इनमें मिनीमाता महतारी जतन योजना के तहत 131 श्रमिकों को 26 लाख 20 हजार रुपये, मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के तहत 667 हितग्राहियों को 11 लाख 52 हजार 500 रुपये, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के तहत 61 श्रमिकों को 3 लाख 28 हजार रुपये तथा मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना के तहत 6 श्रमिकों को 6 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई।इसी प्रकार मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के तहत 298 श्रमिकों को 59 लाख 60 हजार रुपये, मुख्यमंत्री श्रमिक सियान सहायता योजना के तहत 24 श्रमिकों को 4 लाख 80 हजार रुपये, निर्माण श्रमिकों के बच्चों हेतु उत्कृष्ट खेल प्रोत्साहन योजना के तहत 4 श्रमिकों को 2 लाख रुपये तथा निर्माण श्रमिकों के बच्चों हेतु निःशुल्क गणवेश एवं पुस्तक-कॉपी सहायता योजना के तहत 3,392 श्रमिकों को 49 लाख 27 हजार रुपये की सहायता राशि डीबीटी के माध्यम से प्रदान की गई। वहीं मुख्यमंत्री श्रमिक औजार सहायता योजना के तहत 616 श्रमिकों को 9 लाख 24 हजार रुपये की सहायता राशि सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की गई।
- -नागरिक सेवाएं मिलेंगी और अधिक सरल और पारदर्शी रूप मेंरायपुर / छत्तीसगढ़ में नागरिक सेवाओं को अधिक सरल, पारदर्शी और त्वरित बनाने के लिए वसुंधरा परियोजना के तहत बड़े पैमाने पर कार्य शुरू हो गया है। इसके अंतर्गत जिला एवं तहसील स्तर के राजस्व रिकॉर्ड रूम का आधुनिकीकरण और राजस्व अभिलेखों का डिजिटलीकरण किया जाएगा। इस संबंध में आज मंत्रालय महानदी भवन में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।मुख्य सचिव श्री विकासशील ने बैठक के दौरान नामांतरण और अन्य राजस्व प्रक्रियाओं में स्पष्टता व एकरूपता लाने तथा अभिलेखों के व्यवस्थित संधारण पर विशेष जोर दिया। इस परियोजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। पहले चरण में कुछ चयनित जिलों के राजस्व अभिलेखों का पूर्ण डिजिटलीकरण होगा, जिसके बाद इसे प्रदेश के सभी 33 जिलों में विस्तारित किया जाएगा।राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की सचिव श्रीमती शम्मी आबिदी ने बताया कि डिजिटलीकरण के तहत अधिकार अभिलेख पंजी, बंदोबस्त एवं चकबंदी मिसल, निस्तार पत्रक, खसरा, राजस्व न्यायालय के आदेश, मूल ग्राम नक्शे, संशोधन पंजी, वर्ष 2020 से पूर्व के खसरा पंचशाला अभिलेख और किश्तबंदी खतौनी जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेजों की स्कैनिंग व डाटा एंट्री कर उन्हें डिजिटल रूप में सुरक्षित किया जाएगा।परियोजना के तहत तैयार किए जाने वाले डिजिटल रिकॉर्ड भंडार को सेवा सेतु से जोड़ा जाएगा। इससे नागरिकों को ऑनलाइन आवेदन करने, शुल्क भुगतान करने, प्रमाणित डिजिटल प्रतियां प्राप्त करने और आवेदन की स्थिति ट्रैक करने जैसी सुविधाएं आसानी से मिल सकेंगी।रिकॉर्ड रूम के भौतिक अभिलेखों को बारकोड आधारित वर्गीकरण और डिजिटल लोकेशन के जरिए व्यवस्थित किया जाएगा। इसके अलावा, पुरानी और हस्तलिखित दस्तावेजों को आसानी से खोजने के लिए ओसीआर (OCR) तकनीक और एआई (AI) आधारित खोज सुविधा विकसित करने की योजना है, जिससे दस्तावेजों के संरक्षण के साथ-साथ नागरिकों का काम बेहद आसान हो जाएगा।
- रायपुर / मुख्य सचिव श्री विकासशील की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस एक्ट-2026 के क्रियान्वयन के संबंध में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में एक्ट के प्रावधानों के अनुरूप विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने और इसके प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गहन चर्चा की गई।बैठक में जानकारी दी गई कि इस एक्ट के शेड्यूल-1 के अंतर्गत 43 सेवाएं, 9 शासकीय अधिनियम और 8 प्रशासनिक विभाग शामिल किए गए हैं। इसके क्रियान्वयन के लिए 27 अगस्त 2026 से 90 दिनों की विशेष कार्ययोजना तैयार की जा रही है। एक्ट के तहत तीन-स्तरीय निगरानी और समीक्षा प्रणाली निर्धारित की गई है। राज्य स्तर पर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एपेक्स काउंसिल, कार्यकारी स्तर पर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में कार्यकारी समिति, जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला सशक्त समिति बनाई गई है।मुख्य सचिव ने एक्ट का प्रथम प्रारूप (ड्राफ्ट) तैयार कर संबंधित विभागों से जल्द सुझाव प्राप्त करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आवश्यक संशोधन प्रस्ताव तैयार रखकर प्राप्त सुझावों के आधार पर इसे अंतिम रूप देने को कहा गया है। बैठक में डीम्ड अप्रूवल प्रमाण-पत्र के प्रावधानों पर भी चर्चा हुई। निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रमाण-पत्र जारी न होने के मामलों की समीक्षा करने, आवश्यक कार्रवाई करने और विलंब की स्थिति में नियमानुसार पेनाल्टी लगाने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य सचिव ने एक्ट का चरणबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, नोडल विभागों का निर्धारण करने और आवश्यक मानक कार्यप्रणाली (SOP) अधिसूचित करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा विभागवार सेवाओं की नियमित समीक्षा और त्रैमासिक (क्वार्टरली) मॉनिटरिंग पर भी जोर दिया गया है।बैठक में विधि एवं विधायी विभाग के प्रमुख सचिव श्री मनीष कुमार ठाकुर, माननीय मुख्यमंत्री के सचिव एवं वाणिज्यिक कर तथा लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री मुकेश कुमार, आवास एवं पर्यावरण विभाग के सचिव श्री अंकित आनंद, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
- -समूह से आर्थिक सहयोग लेकर शुरू किया किराना और मुर्गी व्यवसाय, आय में हुआ उल्लेखनीय इजाफारायपुर । जीपीएम जिले के मरवाही विकासखंड के ग्राम पंचायत गुदुमदेवरी की श्रीमती सीता मरावी की सफलता ग्रामीण महिला सशक्तिकरण की प्रेरक मिसाल बनकर सामने आई है। महिला स्वसहायता समूह से जुड़कर उन्होंने आर्थिक गतिविधियों की शुरुआत की और आज किराना दुकान तथा मुर्गी व्यवसाय के माध्यम से उनकी वार्षिक आय लगभग 2 से 2.5 लाख रुपये तक पहुंच गई है।श्रीमती सीता मरावी वंदना महिला स्वसहायता समूह से जुड़ी हैं। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत करने और स्वरोजगार शुरू करने का अवसर मिला। उन्होंने बैंक लोन तथा समूह के माध्यम से प्राप्त सीआईएफ एवं आरएफ की राशि से 25 हजार रुपये की सहायता लेकर गांव में किराना दुकान शुरू की। इसके बाद समूह के संकुल से 50 हजार रुपये की राशि प्राप्त कर मुर्गी व्यवसाय भी प्रारंभ किया।दोनों व्यवसायों को उन्होंने मेहनत, लगन और बेहतर प्रबंधन के साथ आगे बढ़ाया। अलग-अलग आजीविका गतिविधियों से होने वाली आय ने उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया और उन्हें आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर दिया। आज श्रीमती सीता मरावी अपने गांव में ‘लखपति दीदी’ के रूप में पहचान बना रही हैं।श्रीमती सीता मरावी की सफलता ग्रामीण महिलाओं को स्वसहायता समूहों से जोड़कर उनकी आजीविका और उद्यमिता को मजबूत करने की केन्द्र सरकार की पहल से भी जुड़ती है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन केन्द्र प्रायोजित योजना है, जिसे केन्द्र और राज्य सरकारों की साझेदारी से लागू किया जा रहा है। इसके माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को स्वसहायता समूहों से जोड़कर वित्तीय समावेशन, आजीविका और छोटे उद्यमों को बढ़ावा दिया जाता है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा महिला स्वसहायता समूहों की सदस्यों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए ‘लखपति दीदी’ के संकल्प को प्रमुखता दी गई है। इस पहल का उद्देश्य स्वसहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को टिकाऊ तरीके से कम से कम एक लाख रुपये की वार्षिक आय अर्जित करने में सक्षम बनाना है। इसके लिए प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता, बैंक ऋण, उद्यमिता और आजीविका गतिविधियों के विस्तार जैसी व्यवस्थाओं को जोड़ा गया है। केन्द्र सरकार के अनुसार जुलाई 2026 तक देशभर में 10.08 करोड़ ग्रामीण परिवार लगभग 92 लाख स्वसहायता समूहों से जुड़े थे और 3.46 करोड़ से अधिक स्वसहायता समूह सदस्यों को ‘लखपति दीदी’ के रूप में सक्षम बनाया जा चुका था।केन्द्र सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत 2.79 लाख स्वसहायता समूह सक्रिय हैं और लगभग 29.78 लाख महिलाएं इस कार्यक्रम से लाभान्वित हो रही हैं। स्वसहायता समूहों को मिलने वाले रिवॉल्विंग फंड (आरएफ), कम्युनिटी इन्वेस्टमेंट फंड (सीआईएफ) तथा बैंक लिंकेज जैसी व्यवस्थाएं महिलाओं को अपनी आजीविका गतिविधियों को शुरू करने और आगे बढ़ाने के लिए वित्तीय आधार उपलब्ध कराने में मदद करती हैं। केन्द्र सरकार के अनुसार राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत आरएफ और सीआईएफ के माध्यम से स्वसहायता समूहों को पूंजी उपलब्ध कराने का प्रावधान है। सीता मरावी की कहानी में भी समूह से मिली वित्तीय सहायता का उपयोग किराना दुकान और मुर्गी व्यवसाय शुरू करने में किया गया। इससे यह स्पष्ट होता है कि स्वसहायता समूह केवल महिलाओं को संगठित करने का माध्यम नहीं, बल्कि उन्हें आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने का आधार भी बन रहे हैं।सीता मरावी ने एक ही व्यवसाय पर निर्भर रहने के बजाय अपनी आय के अलग-अलग स्रोत विकसित किए। किराना दुकान ने उन्हें गांव में ही नियमित व्यवसाय का अवसर दिया, जबकि मुर्गी पालन ने उनकी आय में एक और स्रोत जोड़ा। दोनों गतिविधियों को उन्होंने निरंतर मेहनत और बेहतर प्रबंधन के साथ आगे बढ़ाया।सीता मरावी बताती हैं कि महिला स्वसहायता समूह से जुड़ना उनके जीवन का महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। समूह से मिले आर्थिक सहयोग और मार्गदर्शन से उन्हें स्वरोजगार शुरू करने का अवसर मिला। आज वह अपने पैरों पर खड़ी हैं और गांव की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा बन रही हैं।श्रीमती सीता मरावी को महतारी वंदन योजना के तहत 31वीं किस्त की राशि भी प्राप्त हो चुकी है। नियमित आर्थिक सहायता से घरेलू जरूरतों को पूरा करने में उन्हें सहयोग मिल रहा है। स्वसहायता समूह से मिली सहायता, विभिन्न आजीविका गतिविधियों और स्वयं की मेहनत के साथ उन्होंने आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में अपनी अलग पहचान बनाई है। अपनी जिंदगी में आए इस सकारात्मक बदलाव के लिए श्रीमती सीता मरावी ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद दिया है।सेवा संकल्प अभियान के तहत सामने आई श्रीमती सीता मरावी की कहानी बताती है कि जब ग्रामीण महिलाओं को संगठन, वित्तीय सहयोग, मार्गदर्शन और आजीविका के अवसर मिलते हैं, तो वे अपनी मेहनत और हुनर के बल पर परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत कर सकती हैं।सीता मरावी की यात्रा स्वसहायता समूह से शुरू होकर स्वरोजगार और लखपति दीदी बनने तक पहुंची है। केन्द्र सरकार के राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के ‘लखपति दीदी’ संकल्प और राज्य में संचालित बिहान की गतिविधियों के माध्यम से तैयार हो रहा यह वातावरण ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने के अवसर दे रहा है। देशभर में स्वसहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को वित्तीय समावेशन और उद्यमिता से जोड़ने पर केन्द्र सरकार लगातार जोर दे रही है।सीता मरावी अब केवल अपने परिवार की आर्थिक जरूरतों को पूरा करने वाली महिला नहीं, बल्कि अपने गांव में यह संदेश देने वाली प्रेरक महिला हैं कि अवसर और सहयोग मिलने पर ग्रामीण महिलाएं भी अपने हुनर को व्यवसाय में बदलकर आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिख सकती हैं।
- -जिला प्रशासन और खनिज विभाग की टीम ने की राजस्व सृजन एवं सुशासन की मिसालमहासमुंद / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देश पर जिला प्रशासन महासमुंद एवं खनिज विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व हितों के संरक्षण तथा अवैध खनिज उत्खनन एवं परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने के उद्देश्य से निरंतर कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में वित्तीय वर्ष 2025-26 में खनिज विभाग एवं राजस्व विभाग द्वारा संयुक्त कार्यवाही करते हुये ग्राम बरबसपुर, बडगांव, बिरकोनी एवं घोड़ारी में अवैध रूप से भण्डारित रेत मात्रा 2,53,303 घन मीटर जप्त की गई थी। जप्त रेत के सुरक्षित संरक्षण, वैज्ञानिक प्रबंधन एवं शासन को राजस्व प्राप्त कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा नियमानुसार बंद लिफाफा के माध्यम से नीलामी की कार्यवाही प्रारंभ की गई। संपूर्ण प्रक्रिया को पारदर्शी, प्रतिस्पर्धात्मक एवं नियमसम्मत तरीके से संपादित किया गया, जिससे अधिकाधिक पात्र निविदाकारों की भागीदारी सुनिश्चित हो सकी।नीलामी प्रक्रिया के सफल संपादन के परिणामस्वरूप लगभग 2,53,303 घन मीटर जप्त रेत का विक्रय किया गया, जिससे शासन को लगभग 7 करोड़ 19 हजार 566 का राजस्व प्राप्त हुआ। यह उपलब्धि जिले के लिए वित्तीय उपलब्धि के साथ खनिज संसाधनों के प्रभावी प्रबंधन का भी उत्कृष्ट उदाहरण है। इस पहल से शासन को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ प्राप्त होने के साथ- साथ अवैध खनिज गतिविधियों के विरुद्ध एक सशक्त संदेश भी गया। जिले में अवैध उत्खनन एवं परिवहन में संलिप्त व्यक्तियों के मध्य कानून के प्रति जागरूकता एवं उत्तरदायित्व की भावना विकसित हुई तथा खनिज नियमों के पालन को बढ़ावा मिला। महासमुंद जिले में जप्त रेत की यह सफल नीलामी सुशासन, पारदर्शिता एवं संसाधनों के कुशल प्रबंधन की एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। जिला प्रशासन और खनिज विभाग की टीम द्वारा खनिज संसाधनों के संरक्षण तथा अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए प्रभावी कार्यवाही निरंतर की जा रही है।
- - बिहान से जुड़कर हुनर को बनाया कारोबार का आधार, सिलाई से किराना और मुर्गी पालन से हैचरी तक कई गतिविधियों से सालाना 2 से 3 लाख रुपये की आयरायपुर । गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के मरवाही विकासखंड की ग्राम पंचायत अंडी निवासी श्रीमती रानू कैवर्त की सफलता ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की प्रेरक मिसाल बनकर सामने आई है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन-बिहान से जुड़कर श्रीमती रानू कैवर्त ने अपने हुनर, मेहनत और उपलब्ध संसाधनों को आजीविका के विभिन्न साधनों से जोड़ा और आज उनकी वार्षिक आय लगभग 2 से 3 लाख रुपये तक पहुंच गई है।श्रीमती रानू कैवर्त शिव गुरु महिला स्व-सहायता समूह की सचिव हैं। बिहान से जुड़ने के बाद उन्हें समूह के माध्यम से आर्थिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने का अवसर मिला। उन्होंने समूह से प्राप्त सहयोग और मार्गदर्शन का उपयोग करते हुए एक ही व्यवसाय पर निर्भर रहने के बजाय कई आजीविका गतिविधियों को अपनाया। सिलाई कार्य, कपड़ों की दुकान, किराना स्टोर, बटेर पालन, देशी मुर्गी पालन और हैचरी जैसे कार्यों को उन्होंने अपनी आर्थिक गतिविधियों का हिस्सा बनाया।इन प्रयासों ने न केवल उनकी आय के स्रोतों में विस्तार किया, बल्कि परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत किया। आज श्रीमती रानू कैवर्त अपनी मेहनत और बहुआयामी आजीविका गतिविधियों के माध्यम से सालाना लगभग 2 से 3 लाख रुपये की आय अर्जित कर रही हैं और लखपति दीदी के रूप में अपनी पहचान बना रही हैं।श्रीमती रानू कैवर्त की सफलता को ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की उस व्यापक पहल से जोड़कर देखा जा सकता है, जिसमें प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने ‘लखपति दीदी’ के संकल्प को प्रमुखता दी है। केन्द्र सरकार की राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन योजना के तहत स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को आजीविका, वित्तीय समावेशन, कौशल, उद्यमिता और संस्थागत ऋण तक पहुंच के लिए सहायता दी जाती है। लखपति दीदी पहल इसी मिशन का एक परिणाम है, जिसका उद्देश्य स्व-सहायता समूह की महिला सदस्यों को टिकाऊ आधार पर कम से कम एक लाख रुपये वार्षिक आय अर्जित करने में सक्षम बनाना है। केन्द्र सरकार के अनुसार जुलाई 2026 तक देशभर में 10.08 करोड़ ग्रामीण परिवारों को लगभग 92 लाख स्व-सहायता समूहों से जोड़ा जा चुका था और 3.46 करोड़ से अधिक महिलाएं लखपति दीदी के रूप में सक्षम हुई थीं।केन्द्र सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत 2.79 लाख स्व-सहायता समूह सक्रिय थे और लगभग 29.78 लाख महिलाएं इस कार्यक्रम से लाभान्वित हो रही थीं।यह व्यवस्था महिलाओं को केवल समूह से जोड़ने तक सीमित नहीं है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्व-सहायता समूहों को वित्तीय समावेशन, टिकाऊ आजीविका और सामुदायिक संस्थाओं के सशक्तिकरण से जोड़ा जाता है। केन्द्र सरकार की ओर से समूहों को रिवॉल्विंग फंड और कम्युनिटी इन्वेस्टमेंट फंड जैसी सहायता उपलब्ध कराने का प्रावधान भी है, जिससे महिलाएं अपनी आजीविका गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए पूंजी और संस्थागत सहयोग प्राप्त कर सकें।रानू कैवर्त की कहानी की खासियत यह है कि उन्होंने अपनी आय के लिए एक ही साधन पर निर्भर रहने के बजाय कई गतिविधियों को जोड़ा। सिलाई और कपड़ों की दुकान से लेकर किराना व्यवसाय, बटेर पालन, देशी मुर्गी पालन और हैचरी तक के कार्यों ने उनके लिए आय के अलग-अलग अवसर तैयार किए हैं।रानू बताती हैं कि स्व-सहायता समूह से जुड़ने के बाद उन्हें आर्थिक गतिविधियों को विस्तार देने का अवसर मिला। बिहान समूह से प्राप्त सहयोग और मार्गदर्शन का बेहतर उपयोग करते हुए उन्होंने अलग-अलग आजीविका गतिविधियां अपनाईं। उनके अनुसार, समूह से जुड़ने से उनमें अपने दम पर आगे बढ़ने का आत्मविश्वास भी बढ़ा है।श्रीमती रानू कैवर्त को महतारी वंदन योजना के तहत प्रतिमाह मिलने वाली आर्थिक सहायता भी प्राप्त होती है। उनके अनुसार नियमित आर्थिक सहायता से घरेलू जरूरतों को पूरा करने में सहयोग मिलता है और आर्थिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए आत्मविश्वास मजबूत हुआ है। अपनी सफलता और आत्मनिर्भरता की दिशा में मिले अवसरों के लिए श्रीमती रानू कैवर्त ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है।श्रीमती रानू कैवर्त की कहानी यह बताती है कि जब ग्रामीण महिलाओं को संगठन, मार्गदर्शन, वित्तीय एवं आजीविका संबंधी अवसर मिलते हैं और वे अपनी मेहनत व हुनर को व्यवसाय से जोड़ती हैं, तो परिवार की आर्थिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।सेवा संकल्प अभियान के तहत सामने आई यह कहानी केन्द्र सरकार की राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन व्यवस्था, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के लखपति दीदी के संकल्प और राज्य में बिहान के माध्यम से महिला स्व-सहायता समूहों को मिल रहे सहयोग के बीच बने समन्वय की एक मिसाल है। रानू कैवर्त ने अपने हुनर और मेहनत को अवसर से जोड़कर आत्मनिर्भरता की राह बनाई है और अब गांव की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा बन रही हैं।
- रायपुर /लोकभवन में आज भगवान विश्वकर्मा की जयंती धूमधाम से मनाई गई। राज्यपाल श्री रमेन डेका एवं प्रथम महिला श्रीमती रानी डेका काकोटी ने भगवान विश्वकर्मा का विधि विधान से पूजा अर्चना कर देश-प्रदेश के खुशहाली के लिए कामना की। उन्होंने सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव डॉ. सी.आर. प्रसन्ना, विधिक सलाहकार श्रीमती सत्यभामा दुबे एवं लोक भवन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
- -‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम में उमड़ा जनसैलाब, जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने एक साथ प्रज्ज्वलित किए लाखों दीया-जनभागीदारी, गरीब कल्याण, सुशासन और विकसित भारत के संकल्प को साकार कर रहे हैं प्रधानमंत्री मोदी - सांसद रूपकुमारी चौधरीमहासमुंद / सेवा, समर्पण, सुशासन और जनभागीदारी की भावना को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से राष्ट्रव्यापी सेवा संकल्प अभियान के तहत आज महासमुंद जिले में ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। जिलेभर में शाम 7 बजे एक साथ 6 लाख दीप प्रज्ज्वलित कर नागरिकों ने सेवा, सुशासन और जनकल्याण के प्रति सामूहिक संकल्प व्यक्त किया। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा से जुड़े इस आयोजन में जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक जनभागीदारी देखने को मिली।अटल परिसर में मुख्य आयोजन, 8 हजार दीयों से जगमगाया परिसरकार्यक्रम का जिला स्तरीय मुख्य आयोजन महासमुंद के अटल परिसर में किया गया। यहां करीब 8 हजार दीपों की रोशनी से पूरा परिसर जगमगा उठा। सर्वप्रथम शहीद वीर नारायण सिंह एवं भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी बाजपेयी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। तत्पश्चात दीप प्रज्ज्वलन किया गया। साथ ही शहर में चौक-चौराहों में दीप जलाए गए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी शामिल हुईं। कार्यक्रम में छ.ग. राज्य बीज विकास निगम के अध्यक्ष श्री चंद्रहास चंद्राकर, पूर्व राज्य मंत्री श्री पूनम चंद्राकर, पूर्व विधायक डाॅ. विमल चोपड़ा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मोगरा पटेल, जिला स्काउट एवं गाइड संघ के अध्यक्ष श्री ऐतराम साहू, छ.ग. राज्य स्काउट गाईड के मुख्य आयुक्त श्री इंद्रजीत सिंह खालसा, पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष श्री पवन पटेल, नगरपालिका उपाध्यक्ष श्री देवीचंद राठी, जनपद उपाध्यक्ष श्रीमती हुलसी चंद्राकर, भारतीय रेडक्राॅस सोसायटी के सभापति श्री संदीप दीवान, सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, स्व-सहायता समूह की महिलाएं और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।इस अवसर पर सांसद श्रीमती रूपकुमारी चैधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा जनसेवा, सुशासन और राष्ट्र निर्माण के संकल्प की यात्रा है। वर्ष 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शासकीय जिम्मेदारी संभालने के बाद से वे निरंतर जनता की सेवा और देश के विकास के लिए कार्य करते आ रहे हैं। विषम परिस्थितियों के बावजूद विकास की गति को बनाए रखने, गरीब, किसान, युवा और महिलाओं सहित समाज के सभी वर्गों के कल्याण को प्राथमिकता देने पर विशेष जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उनकी प्रतिभा एवं क्षमता को अवसर देने के लिए अनेक पहल की गई हैं। ‘लखपति दीदी’ जैसे प्रयासों के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उन्हें आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने का कार्य हो रहा है। ड्रोन दीदी जैसी पहल के माध्यम से महिलाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ते हुए कृषि एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था में उनकी भागीदारी के नए अवसर विकसित किए जा रहे हैं। इसी तरह स्वच्छता, किसान कल्याण, युवा शक्ति और जनभागीदारी से जुड़े प्रयासों के माध्यम से विकास को व्यापक सामाजिक सहभागिता से जोड़ने का प्रयास किया गया है।श्रीमती चैधरी ने कहा कि आज महासमुंद जिले में हजारों स्थानों पर एक साथ प्रज्ज्वलित हो रहे दीप सेवा, समर्पण, आशा और संकल्प के प्रतीक हैं। जब शासन की योजनाओं और विकास कार्यों के साथ समाज की सक्रिय सहभागिता जुड़ती है, तो विकास का संकल्प जनआंदोलन का रूप ले लेता है। उन्होंने कहा कि ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम भी इसी सामूहिक सहभागिता और सेवा भावना का संदेश दे रहा है। उन्होंने कहा कि एक दीप से दूसरे दीप का प्रकाश जिस तरह फैलता है, उसी तरह सेवा, सुशासन और जनकल्याण का संदेश भी समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचे। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में प्रत्येक नागरिक की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने जिलेवासियों से आह्वान किया कि वे समाज के जरूरतमंद लोगों की सहायता, पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, शिक्षा और जनकल्याण के कार्यों में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं तथा विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपना योगदान दें।छ.ग. बीज विकास निगम के अध्यक्ष श्री चंद्रहास चंद्राकर ने कहा कि आशीर्वाद का दीया कार्यक्रम जिलेवासियों के सामूहिक संकल्प, एकजुटता और जनभागीदारी का प्रतीक है। एक साथ प्रज्ज्वलित किए जा रहे दीप सेवा, समर्पण, सुशासन और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना को मजबूत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की दीर्घ सार्वजनिक सेवा यात्रा से प्रेरणा लेते हुए हमें भी समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ निर्वहन करने का संकल्प लेना चाहिए। श्री सिन्हा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा में जनसेवा और राष्ट्र निर्माण की भावना प्रमुख रही है। इस अवसर पर प्रज्ज्वलित प्रत्येक दीप उस सेवा भावना को जन-जन तक पहुंचाने और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ तभी व्यापक रूप से लोगों तक पहुंचता है, जब उसमें समाज की सक्रिय भागीदारी जुड़ती है। महासमुंद जिले में बड़ी संख्या में नागरिकों द्वारा एक साथ दीप प्रज्ज्वलित किया जाना इसी जनभागीदारी और सामूहिक संकल्प की भावना को दर्शाता है।जिला स्काउट एवं गाइड संघ के अध्यक्ष श्री ऐतराम साहू ने अभियान के 12 पहलों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आशीर्वाद का दीया कार्यक्रम सेवा, अनुशासन, समर्पण और जनभागीदारी की भावना को मजबूत करने वाला आयोजन है। उन्होंने कहा कि समाज और राष्ट्र की सेवा के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपनी क्षमता के अनुसार योगदान देना चाहिए। युवाओं और विद्यार्थियों में सेवा, सहयोग, अनुशासन, नेतृत्व और राष्ट्रप्रेम की भावना विकसित करना समय की आवश्यकता है। आशीर्वाद का दीया इन मूल्यों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम हैं। श्री साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा से सेवा और राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा लेते हुए हम सभी को अपने सामाजिक दायित्वों के प्रति सजग रहना चाहिए।शाम 7 बजे जिला मुख्यालय सहित जिले के सभी चिन्हित स्थलों-शहरी चौक, ग्राम पंचायतों, शासकीय कार्यालयों और मोहल्लों में एक साथ दीप प्रज्ज्वलित किए गए। दीपों की सामूहिक रोशनी ने जिलेभर में सेवा, संकल्प, सुशासन और जनभागीदारी का संदेश प्रसारित किया। अनेक स्थानों पर नागरिकों ने अपने घरों और आसपास के सार्वजनिक स्थलों पर भी दीप प्रज्ज्वलित कर अभियान में सहभागिता निभाई। ग्रामीण क्षेत्रों में प्रत्येक शासकीय प्रतिष्ठान, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के आवास, अमृत सरोवर, पंचायत भवन, पीडीएस भवन तथा अन्य सार्वजनिक स्थलों पर दीप प्रज्ज्वलित किए गए। इससे गांवों में भी उत्सव और सामूहिक सहभागिता का वातावरण बना रहा।इस अवसर पर विकासखंड महासमुंद में लगभग 1 लाख 5 हजार, बसना में 1 लाख 2 हजार, पिथौरा में 1 लाख 26 हजार, बागबाहरा में 1 लाख 11 हजार तथा सरायपाली में 1 लाख 7 हजार दीप प्रज्ज्वलित किए गए। इस प्रकार ग्रामीण क्षेत्रों में लगभग 5 लाख 51 हजार दीपों से सेवा संकल्प की रोशनी बिखरी। इसी तरह नगरीय क्षेत्रों में महासमुंद में रेलवे स्टेशन, अस्पताल, अंबेडकर चौक एवं दीनदयाल उपाध्याय चौक खैरा में एक-एक हजार कुल 4000 दीप प्रज्ज्वलित किए गए। वहीं बसना, पिथौरा, तुमगांव एवं सरायपाली सहित विभिन्न स्थानों पर करीब 20 हजार दीप प्रज्ज्वलित किए गए।कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, स्व-सहायता समूहों की दीदियों, शासकीय कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई। महिलाओं ने सामूहिक रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर सेवा और जनकल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। ग्रामीण क्षेत्रों में स्व-सहायता समूहों की महिलाओं एवं ग्रामीणों की सहभागिता ने कार्यक्रम को जनभागीदारी का स्वरूप प्रदान किया।
- महापौर मीनल ने फुण्डहर गौधाम की व्यवस्था का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर व्यवस्था सुधारने कड़े निर्देश दिये थे, महापौर के निर्देश पर अस्थायी व्यवस्था हेतु तत्काल तालपत्री लगवायी गयी, अब स्थायी व्यवस्था शीघ्र की जायेगीरायपुर/ नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे की मांग पर रायपुर जिला प्रभारी मंत्री प्रदेश के वन एवं जलवायु परिवर्तन परिवहन, सहकारिता संसदीय कार्य मंत्री श्री केदार कश्यप ने रायपुर नगर पालिक निगम के जोन कमांक 9 अंतर्गत फुण्डहर गौधाम में गौवंश की सुरक्षा रखरखाव और शेड के शीघ्र निर्माण हेतु रायपुर नगर निगम के लिए तत्काल 25 लाख का स्वेच्छानुदान स्वीकृत किया है। इस पर महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने रायपुर जिला प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप को रायपुर नगर पालिक निगम की ओर से हार्दिक धन्यवाद दिया है।यहां यह उल्लेखनीय है कि विगत दिनों रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने जनप्रतिनिधि पार्षदों एवं अधिकारियों की उपस्थिति में नगर निगम जोन 9 अंतर्गत फुण्डहर गौधाम क्षेत्र की व्यवस्था का वहां पहुंचकर औचक निरीक्षण किया था एवं अव्यवस्था को दूर कर गौवंश की सुरक्षा रखरखाव और आवश्यक प्रबंधन तत्काल अस्थायी रूप से करवाने के कडे निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिये थे। महापौर के निर्देश पर नगर निगम जोन 9 क्षेत्र के फुण्डहर गौधाम में तत्काल अस्थायी प्रबंधन के रूप में गौवंश की सुरक्षा एवं रखरखाव हेतु गौधाम क्षेत्र में तालपत्री की व्यवस्था प्रशासनिक तौर पर की गई।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने इस संबंध में रायपुर जिला प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप से मिलकर उनसे रायपुर नगर निगम क्षेत्र के गौधामो में गौवंश की सुरक्षा रखरखाव एवं शेड निर्माण स्थायी रूप से करने आवश्यक राशि स्वीकृत करने की मांग पत्र लिखकर की एवं उन्हें मांगपत्र दिया।महापौर की मांग पर तत्काल रायपुर जिला प्रभारी मंत्री ने इस हेतु रायपुर नगर निगम को 25 लाख रूपए की स्वीकृति प्रदान की है। इससे अब नगर निगम क्षेत्र में गौधामो में गौवंश की सुरक्षा रखरखाव एवं शेड निर्माण स्थायी रूप से करने नियमानुसार प्रक्रिया के तहत आवश्यक कार्यवाही शीघ्र की जायेगी।
- नामचीन कविगण करेंगे रचनाओं का पाठसेवा संकल्प अभियान के तहत 18 सितंबर को होगा ‘भव्य काव्य संध्या’ का आयोजन, छत्तीसगढ़ के नामचीन कवियों के साथ लखनऊ और जबलपुर के रचनाकार भी देंगे प्रस्तुतिरायपुर। संस्कृति विभाग, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा सेवा संकल्प अभियान के तहत 18 सितंबर 2026 को रायपुर के महंत घासीदास स्मारक परिसर स्थित मुक्ताकाशी मंच में ‘भव्य काव्य संध्या’ का आयोजन किया जाएगा। शाम 7 बजे से आयोजित इस विशेष काव्य संध्या में छत्तीसगढ़ के नामचीन कविगण अपनी बहुचर्चित रचनाओं की प्रस्तुति देंगे।कार्यक्रम में देश के विभिन्न क्षेत्रों से आमंत्रित रचनाकार भी अपनी साहित्यिक प्रस्तुतियों से काव्य संध्या की गरिमा बढ़ाएंगे। लखनऊ की श्रृंगार रस की कवयित्री सुश्री सोनी मिश्रा अपनी रचनाओं की प्रस्तुति देंगी, वहीं जबलपुर के श्री विनोद नयन भी काव्य पाठ करेंगे। छत्तीसगढ़ के स्थानीय कवियों की सहभागिता के साथ यह आयोजन साहित्य और काव्य प्रेमियों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगा।सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित यह काव्य संध्या साहित्य, संस्कृति और रचनात्मक अभिव्यक्ति के माध्यम से जनभागीदारी को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक विशेष आयोजन है। मुक्ताकाशी मंच का वातावरण काव्य पाठ और साहित्यिक प्रस्तुतियों से सराबोर होगा, जहां श्रोताओं को विभिन्न रस और भावों से जुड़ी रचनाएं सुनने का अवसर मिलेगा।संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम का आयोजन 18 सितंबर को शाम 7 बजे से महंत घासीदास स्मारक परिसर, रायपुर के मुक्ताकाशी मंच में किया जाएगा। साहित्य एवं कविता प्रेमियों से इस काव्य संध्या में सहभागिता का आह्वान किया गया है।उल्लेखनीय है कि संस्कृति विभाग द्वारा सेवा संकल्प अभियान के तहत सांस्कृतिक एवं साहित्यिक गतिविधियों के माध्यम से जनभागीदारी को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। इसी क्रम में आयोजित ‘भव्य काव्य संध्या’ छत्तीसगढ़ की समृद्ध साहित्यिक एवं सांस्कृतिक परंपरा को मंच प्रदान करने का अवसर भी बनेगी।
- रायपुर/ राज्यपाल श्री रमेन डेका से आज लोक भवन में उच्च शिक्षा, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने सौजन्य भेंट की। इस दौरान विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
- पीएम जनमन आवास के हितग्राहियों से की आत्मीय मुलाकातलखपति दीदी श्रीमती भानुकला बैगा की सफलता को सराहाजनकल्याणकारी योजनाओं से बदली जिंदगी, सेवा संकल्प अभियान में सामने आईं सफलता की कहानियांरायपुर। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्षों की समर्पित जनसेवा के अवसर पर 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित सेवा संकल्प अभियान के तहत पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा कर हितग्राहियों से आत्मीय संवाद किया। उन्होंने गौरेला विकासखंड के ग्राम पंचायत धनौली पहुंचकर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित परिवारों से मुलाकात की और उनके जीवन में आए सकारात्मक बदलावों की जानकारी ली।मंत्री श्री अग्रवाल ने पीएम जनमन आवास योजना के हितग्राही श्री कार्तिक राम बैगा एवं श्री धीरपाल सिंह बैगा के नवनिर्मित आवासों का अवलोकन किया। उन्होंने दोनों परिवारों से चर्चा कर आवास मिलने के बाद उनके जीवन में आए बदलावों के बारे में जाना। हितग्राहियों ने पक्का आवास मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार जताया।सेवा संकल्प अभियान के दौरान ग्रामीणों से संवाद करते हुए मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने श्री धीरपाल सिंह बैगा की पत्नी श्रीमती भानुकला बैगा की सफलता की कहानी भी जानी। श्रीमती भानुकला बैगा ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान के महिला स्वसहायता समूह से जुड़ी हैं और बकरी पालन सहित विभिन्न आजीविका गतिविधियों के माध्यम से अपनी आय बढ़ा रही हैं।स्वसहायता समूह से जुड़कर निरंतर मेहनत और आजीविका गतिविधियों के विस्तार के माध्यम से उन्होंने लखपति दीदी बनने की उपलब्धि हासिल की है। मंत्री श्री अग्रवाल ने उनकी सफलता की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण महिलाओं का स्वसहायता समूहों से जुड़कर आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ना समाज के लिए प्रेरणादायी है। उन्होंने श्रीमती भानुकला बैगा को आगे भी अपनी आजीविका गतिविधियों को विस्तार देने के लिए प्रोत्साहित किया।आयुष्मान भारत योजना के हितग्राही से जाना योजना का लाभसेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों से संवाद की कड़ी में मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने आयुष्मान भारत योजना के हितग्राही श्री नेमचंद गुर्जर से भी मुलाकात की। उन्होंने श्री गुर्जर एवं उनके परिवार से स्वास्थ्य संबंधी जानकारी ली और आयुष्मान भारत योजना से मिले लाभ के बारे में जाना।श्री नेमचंद गुर्जर ने बताया कि उन्होंने आयुष्मान कार्ड के माध्यम से उपचार का लाभ लिया है। उन्होंने रेबीज का टीकाकरण भी कराया है। मंत्री श्री अग्रवाल ने योजना से मिले लाभ की जानकारी लेते हुए परिवार के स्वास्थ्य का हालचाल जाना।ग्रामीणों की आत्मीयता से अभिभूत हुए मंत्री श्री अग्रवालमुलाकात के दौरान गुर्जर परिवार ने मंत्री श्री राजेश अग्रवाल का आत्मीय स्वागत किया और उन्हें गरमा-गरम स्वादिष्ट भुट्टा खिलाया। ग्रामीण परिवार के इस सहज और आत्मीय आतिथ्य के लिए मंत्री श्री अग्रवाल ने परिवार का धन्यवाद किया। इस दौरान ग्रामीणों और मंत्री के बीच सहज संवाद का वातावरण बना रहा।मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने ग्रामीणों से सेवा संकल्प अभियान में अधिक से अधिक सहभागिता की अपील की। उन्होंने कहा कि यह अभियान सेवा, समर्पण और जनभागीदारी की भावना को मजबूत करने का अवसर है। उन्होंने ग्रामीणों से ‘आशीर्वाद का दीप’ जलाकर अभियान से जुड़ने और जनसेवा की भावना को आगे बढ़ाने का आग्रह किया।उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी सार्थक होता है, जब उनका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और लाभार्थी अपने अनुभव साझा कर दूसरे लोगों को भी योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित करें। सेवा संकल्प अभियान इसी जनभागीदारी और सेवा भावना को व्यापक बनाने का माध्यम है।इस अवसर पर विधायक श्री प्रणव कुमार मरपची, जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री समीरा पैकरा, कलेक्टर श्री विजय दयाराम के., जिला पंचायत सीईओ श्री मुकेश रावटे, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अविनाश मिश्रा सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।




























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