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- महासमुंद / छत्तीसगढ़ शासन द्वारा संचालित मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति तथा जनजाति विद्यार्थी उत्कर्ष योजना (पूर्व में जवाहर उत्कर्ष योजना) के अंतर्गत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के ग्रामीण प्रतिभावान विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने विद्यार्थियों को बेहतर कैरियर चयन के अवसर प्रदान करते हुए उन्हें प्रतिस्पर्धी बनाना तथा उनके बहुमुखी व्यक्तित्व का विकास करना है।सहायक आयुक्त आदिवासी विकास श्रीमती शिल्पा साय ने बताया कि इस योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को कक्षा 6वीं से 12वीं तक राज्य के उत्कृष्ट आवासीय विद्यालयों में निःशुल्क अध्ययन की सुविधा प्रदान की जाती है। इन विद्यालयों के लिए विभाग द्वारा निर्धारित शुल्क की प्रतिपूर्ति भी शासन द्वारा की जाएगी। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत इच्छुक संस्थाओं से रूचि की अभिव्यक्ति के प्रारूप में प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। संबंधित संस्थाओं को अपने प्रस्ताव जिले के सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास विभाग के कार्यालय में जमा करना होगा, जहां संस्था स्थित है। प्रस्ताव जमा करने की अंतिम तिथि 23 अप्रैल 2026, अपरान्ह 05ः00 बजे निर्धारित की गई है।योजना से संबंधित विस्तृत दिशा-निर्देश एवं संस्थाओं के लिए निर्धारित मापदण्ड विभाग की आधिकारिक वेबसाइट www.tribal.cg.gov.in पर उपलब्ध हैं, जहां से इच्छुक संस्थाएं आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
- -उड़ीसा को सीधे जोड़ेगी सड़क, नरसिंग़ नाथ की दूरी होगी 25 किमी कममहासमुंद / जिला महासमुंद के बहुप्रतीक्षित बिहाझर-गांजर-रेवा मार्ग के निर्माण हेतु राज्य शासन द्वारा आमजन की लंबे समय से चली आ रही मांग एवं जनभावनाओं के अनुरूप त्वरित निराकरण करते हुए कुल राशि 7415.29 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की संवेदनशील निर्णय से जिले में अधोसंरचना विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। मुख्यमंत्री के जनहित के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण के परिणामस्वरूप यह स्वीकृति प्राप्त हुई है। जिला प्रशासन की त्वरित पहल, जनप्रतिनिधियों की मांग एवं आम नागरिकों की आवश्यकता को देखते हुए इस परियोजना के क्रियान्वयन से क्षेत्र के समग्र विकास को नई दिशा एवं रफ्तार मिलेगी। इसके पूर्व केनाल लिंकिंग रोड 3 किलोमीटर एवं साराडीह-बरोंडा रोड 5 किलोमीटर को स्वीकृति मिल चुकी है।बिहाझर-गांजर-रेवा मार्ग की कुल लंबाई 25.9 किलोमीटर होगी, जिससे क्षेत्र में आवागमन सुगम एवं सुदृढ़ होगा। लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री चंद्रशेखर चंद्राकर ने जानकारी देते हुए बताया कि स्वीकृत योजना के तहत दो-लेन डामरीकृत सड़क का निर्माण किया जाएगा। सड़क की चौड़ाई 7.00 मीटर होगी, जिसके दोनों ओर 1.50 मीटर चौड़ी पटरी का प्रावधान रहेगा। इसके साथ ही ग्राम क्षेत्रों में सी.सी. रोड एवं आर.सी.सी. ड्रेन निर्माण भी किया जाएगा, जिससे ग्रामीण अधोसंरचना को मजबूती मिलेगी।इस परियोजना में भू-अर्जन एवं युटिलिटी शिफ्टिंग हेतु 1290.18 लाख रुपये तथा 76 नग पुल-पुलिया निर्माण के लिए 661.80 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है। यह मार्ग उड़ीसा राज्य से सीधा संपर्क स्थापित करेगा, जिससे अंतरराज्यीय आवागमन को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन स्थल नरसिंगनाथ जाने वाले यात्रियों की दूरी लगभग 25 किलोमीटर कम हो जाएगी। मार्ग के निर्माण से लगभग 40 ग्रामों के निवासियों को प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त होगा तथा व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पर्यटन गतिविधियों को नई गति मिलेगी। जल्द ही टेंडर की प्रक्रिया की जाएगी एवं कार्य प्रारम्भ किया जाएगा।
- पेयजल संकट से निपटने बड़ा फैसला, 30 जून तक नलकूप खनन पर रोकबिलासपुर/ जिले में गिरते भू-जल स्तर और संभावित पेयजल संकट को देखते हुए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए नए नलकूप एवं ट्यूबवेल खनन पर प्रतिबंध लगा दिया है। कलेक्टर द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह प्रतिबंध 6 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा।कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी संजय अग्रवाल द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि जिले के ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में नए नलकूप/ट्यूबवेल खनन पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाया जाता है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन के आधार पर यह निर्णय लिया गया है, जिसमें बताया गया है कि भू-जल स्तर में लगातार गिरावट आ रही है। इस स्थिति को नियंत्रित करने तथा पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ पेयजल परिरक्षण अधिनियम 1986 की धारा-3 के तहत यह आदेश जारी किया गया है।आदेश के तहत बिलासपुर जिले के विकासखंड बिल्हा, मस्तूरी, तखतपुर एवं कोटा को 6 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक जलाभावग्रस्त क्षेत्र घोषित किया गया है। इस अवधि में सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना कोई भी व्यक्ति या संस्था नए नलकूप खनन नहीं कर सकेगी। हालांकि, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, नगर निगम एवं नगर पंचायतों जैसी शासकीय एजेंसियों को केवल पेयजल आपूर्ति हेतु आवश्यकता अनुसार नलकूप खनन की अनुमति दी गई है। इसके लिए उन्हें पूर्व अनुमति की आवश्यकता नहीं होगी, लेकिन संबंधित कार्यों की जानकारी अधिकृत अधिकारियों को देना अनिवार्य होगा।जन सुविधा को ध्यान में रखते हुए अत्यंत आवश्यक परिस्थितियों में नलकूप खनन की अनुमति प्रदान करने के लिए अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) बिलासपुर, बिल्हा, मस्तूरी, तखतपुर एवं कोटा को अधिकृत किया गया है। ये अधिकारी अपने-अपने क्षेत्र में अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप अनुमति देने की प्रक्रिया सुनिश्चित करेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्ति या संस्था के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
- राजस्व शिविरों में नक्शा, खसरा व प्रमाण पत्र संबंधी कार्यों का त्वरित निपटाराराजस्व पखवाड़ा में शिविरों से ग्रामीणों को त्वरित राहतरायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन एवं कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशन में जिले में राजस्व पखवाड़ा का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान के तहत ग्राम पंचायत स्तर पर राजस्व शिविर लगाकर आमजन की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जा रहा है।इसी क्रम में आज आरंग एवं धरसीवां, अभनपुर तहसील के विभिन्न ग्रामों में राजस्व शिविर आयोजित किए गए। शिविरों में भैंसा, तुलसी, अमसेना, बाना, गुमा, गुल्लू, परसतराई, गिधौरी, कुकेरा, अकोली, मनोहरा, देवरी, चरौदा, रवेली, नेउरडीह, कुकरा, जरौड, गिधौरी, अकोली, सहित अन्य ग्रामों के ग्रामीणों ने भाग लेकर अपनी समस्याएं दर्ज कराईं।शिविर के दौरान नक्शा बटांकन, बी-1, खसरा संबंधित प्राप्त आवेदनों का निराकरण किया गया। साथ ही आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र से संबंधित आवेदनों की ऑनलाइन प्रविष्टि लोक सेवा केंद्र के माध्यम से की गई, ताकि निर्धारित समय-सीमा में उनका शत-प्रतिशत निराकरण सुनिश्चित किया जा सके।
- -तीसरा सफल सिजेरियन, स्वस्थ शिशु का जन्म-महासमुंद / सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरायपाली में सुरक्षित मातृत्व की दिशा में एक और सफलता हासिल की है। कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आई नागेश्वर राव ने इस सफलता पर चिकित्सा टीम को बधाई देते हुए कहा कि शासन की प्राथमिकता सुरक्षित मातृत्व और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है और सरायपाली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इस दिशा में उत्कृष्ट कार्य कर रहा है। यहां चिकित्सकों की टीम ने सफलतापूर्वक तीसरा सिजेरियन (C-section) ऑपरेशन करते हुए 26 वर्षीय महिला नरगिस का सुरक्षित प्रसव कराया, जिसमें उन्होंने 3.200 किलोग्राम वजनी स्वस्थ पुत्र को जन्म दिया।इस जटिल ऑपरेशन को डॉ. संजय अग्रवाल, डॉ. के. वी. किरण कुमार, डॉ. कुणाल नायक, स्टाफ नर्स प्रगति शर्मा एवं समीर पटेल की टीम ने कुशलतापूर्वक अंजाम दिया। ऑपरेशन की सफलता स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं की बढ़ती गुणवत्ता और विशेषज्ञता को दर्शाती है।प्रसव के बाद जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं और चिकित्सकों की निगरानी में सुरक्षित हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरायपाली में मिल रही बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सुविधाओं के मिलने से आमजन खुश हैं।
- अनुसूचित जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग प्राधिकरण एवं सांसद निधि कार्यों की समीक्षा बैठकरायपुर/ कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने निर्देश दिए हैं कि बारिश से पहले आवश्यक निर्माण कार्य से पूर्ण करने का प्रयास किया जाएं, ताकि वर्षा के दौरान किसी प्रकार की समस्या न हो। उन्होंने विशेष रूप से सीसी रोड, नाली एवं अन्य निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के साथ बारिश के पहले समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। कलेक्टर आज सभाकक्ष में अनुसूचित जाति, जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग प्राधिकरण एवं सांसद विकास निधि के अंतर्गत स्वीकृत निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक ले रहे थे। कलेक्टर ने कहा कि अन्य पिछड़ा वर्ग प्राधिकरण के निर्माण कार्यों में शीघ्र प्रगति लाई जाए। उन्होंने कहा कि रंग मंच एवं मंगल भवन के जो कार्य स्वीकृत हुए हैं, उन्हें जून माह तक पूर्ण किया जाए।कलेटर ने कहा कि कार्य पूर्ण होने पर निर्धारित समय पूर्णतः प्रमाण पत्र प्रदान करना सुनिश्चित किया। उन्होंने प्रधिकरण कार्य को गुणवत्तापूर्ण तरीके से किए जाने पर जोर दिया।इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
- -टी सहदेवभिलाई नगर। भारतीय जनता पार्टी के स्थापना दिवस पर सोमवार को तालपुरी में आयोजित एक कार्यक्रम में शिक्षाविद और भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ श्यामाप्रसाद मुखर्जी तथा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के चिंतक एवं भारतीय जनसंघ के अध्यक्ष पंडित दीनदयाल उपाध्याय को याद किया गया। स्थापना दिवस पर लोगों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए पार्षद सविता ढवस ने कहा कि निचले पायदान पर खड़े व्यक्तियों के उत्थान के लिए दिया गया उनका योगदान हम सभी को प्रेरित करते हैं। आज हम डॉ श्यामाप्रसाद मुखर्जी तथा पंडित दीनदयाल उपाध्याय की बदौलत ही भाजपा का स्थापना दिवस मना रहे हैं। वे भारत माता के गौरव थे।आरएसएस के जिला सेवा प्रमुख तोरणलाल सिन्हा ने इस अवसर पर जनसंघ की नींव डालने वाले दोनों पितृपुरुषों की प्रेरणा से भाजपा को खड़ा करने वाले भारत रत्न और भूतपूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी को भी याद किया। उन्होंने दीनदयाल के एकात्म मानववाद और संघ की पृष्ठभूमि पर अपने विचार रखे। पार्षद सविता ढवस ने तोरणलाल का सम्मान भी किया। कार्यक्रम की शुरुआत भारतमाता और जनसंघ के दोनों पितृपुरुषों के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन कर की गई। इस मौके पर विनोद अग्रवाल, नरेंद्र त्रिपाठी, बूथ अध्यक्ष इंद्रपाल कौर विरदी, नमिता गोयल, जयश्री अग्रवाल, झनक सिंग पवार, बीएल अग्रवाल, शरद बोखड़, केएस देशमुख, एमआर चोपकर, रविन्द्रकुमार धनेश्वर, विनय पवार, भावना देशमुख, मधु सिन्हा एवं अन्य उपस्थित थे।
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राजनांदगांव । कृषि विभाग की आत्मा योजना अंतर्गत तहसील कुमरदा क्षेत्र के कृषकों को अन्य जिलों में प्रगतिशील कृषकों के फार्म एवं खेतों का शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। इस दौरान किसानों को खैरागढ़-छुईखदान-गण्डई जिले के युवा किसान श्री सौरभ जंघेल के फार्म हाउस का भ्रमण कराया गया, जहां उन्हें मशरूम उत्पादन एवं जैविक खेती के माध्यम से आय बढ़ाने के तरीके बताए गए। साथ ही गण्डई क्षेत्र में पड़त भूमि पर की जा रही ड्रैगन फ्रुट की खेती का भी अवलोकन कराया गया तथा इसके उत्पादन से संबंधित आवश्यक जानकारी दी गई। किसानों को कबीरधाम जिले के कृषक श्री रूपेश जायसवाल के खेतों का भी भ्रमण कराया गया, जहां 27 एकड़ में खरबूजा, 12 एकड़ में पपीता एवं टमाटर सहित अन्य फसलों की उन्नत खेती की जा रही है। किसानों को बताया गया कि रबी सीजन में इन फसलों को धान के विकल्प के रूप में अपनाकर बेहतर आमदनी प्राप्त की जा सकती है। लोहारा विकासखंड के भ्रमण के दौरान किसान समूहों द्वारा सामूहिक खेती, बाजार सुविधा, कीट एवं रोग नियंत्रण आदि विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर नोडल अधिकारी श्री सुदेश कुमार पटेल सहित अन्य कृषि अधिकारी उपस्थित थे।
- राजनांदगांव । छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा महारानी लक्ष्मीबाई शासकीय उच्चतर माध्यमिक आदर्श कन्या शाला के भवन निर्माण हेतु 121.16 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। यह विद्यालय बालिकाओं को शिक्षा के क्षेत्र में सुदृढ़ बनाने हेतु जिले का एक पुराना एवं महत्वपूर्ण शिक्षण संस्थान है। नवीन भवन निर्माण से छात्राओं को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध हो सकेगा। लोक निर्माण विभाग संभाग राजनांदगांव द्वारा निविदा प्रक्रिया पूर्ण कर भवन निर्माण कार्य हेतु कार्यादेश जारी कर दिया गया है। निर्माण स्थल पर स्थित अत्यंत पुराने एवं जर्जर आवासीय भवन, जो कर्मचारियों के निवास के लिए अनुपयुक्त हो चुके थे, को वर्तमान में डिस्मेंटल किया जा रहा है। जर्जर भवनों के हटने के पश्चात शीघ्र ही नवीन स्कूल भवन का निर्माण कार्य प्रारंभ कराया जाएगा।
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राजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार आगामी खरीफ वर्ष 2026 में किसानों को निर्धारित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरकों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित कराने तथा उर्वरकों की कालाबाजारी, तस्करी, डायवर्सन, जमाखोरी, अधिक कीमत पर विक्रय एवं अमानक उर्वरकों के विक्रय सहित अन्य अवैध कार्यों को रोकने तथा संबंधित व्यक्ति व फर्म के विरूद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई के लिए जिला एवं विकासखंड स्तरीय उडऩदस्ता दल का गठन किया गया है। इसके साथ ही शिकायतों के निवारण के लिए जिले में उर्वरक कन्ट्रोल रूम बनाया गया हैं, जिसका टोल फ्री नम्बर 07744-224109 है।
उप संचालक कृषि श्री टीकम सिंह ठाकुर ने बताया कि राजनांदगांव विकासखंड उडऩदस्ता दल के नोडल अधिकारी सहायक संचालक कृषि डॉ. बीरेन्द्र अनंत, डोंगरगांव एवं छुरिया विकासखंड उडऩदस्ता दल के नोडल अधिकारी अनुविभागीय कृषि अधिकारी श्री संतलाल देशलहरे, डोंगरगढ़ विकासखंड उडऩदस्ता दल के नोडल अधिकारी सहायक संचालक कृषि श्रीमती संध्या कोचरे को नियुक्त किया गया है। उडऩदस्ता दल द्वारा उर्वरक से संबंधित शिकायतों, गोपनीय सूचना के निवारण एवं अवैध गतिविधियों की तत्काल सूचना प्राप्त होने पर एफसीओ 1985 के तहत त्वरित कार्रवाई की जाएगी। -
रायपुर। प्रेस क्लब द्वारा आयोजित “खेल मड़ई” श्रृंखला के अंतर्गत आज स्वर्गीय योगेश यदु स्मृति शतरंज प्रतियोगिता का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ राज्य जैव विविधता बोर्ड के अध्यक्ष राकेश चतुर्वेदी एवं प्रसिद्ध फोटोग्राफर राजकुमार बक्शी रहे। वहीं प्रेस क्लब परिवार के सदस्य वरिष्ठ फोटो जर्नलिस्ट गोकुल सोनी और नरेंद्र बंगाले तथा फोटो जर्नलिस्ट संगठन के अध्यक्ष दीपक पांडे विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
स्वर्गीय योगेश यदु की स्मृति में आयोजित इस प्रतियोगिता में कुल 48 प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं, जिनके बीच 24 मुकाबले खेले जाएंगे। प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला 14 अप्रैल को आयोजित किया जाएगा।
शुभारंभ अवसर पर मुख्य अतिथि राकेश चतुर्वेदी ने फोटोग्राफी को पत्रकारिता की आत्मा बताते हुए कहा कि एक प्रभावी तस्वीर ही खबर को जीवंत बनाती है। उन्होंने कहा कि शतरंज जैसे बौद्धिक खेल पत्रकारों की सोच और विश्लेषण क्षमता को मजबूत करते हैं, जिससे इस तरह के आयोजन अत्यंत सार्थक हैं।
कार्यक्रम में वरिष्ठ फोटो जर्नलिस्ट गोकुल सोनी ने स्वर्गीय योगेश यदु को याद करते हुए उन्हें एक जिंदादिल और उत्कृष्ट फोटो जर्नलिस्ट बताया। उन्होंने उनकी छत्तीसगढ़ी भाषा पर पकड़ और सरल स्वभाव को पत्रकारों के लिए प्रेरणादायक बताया।
विशिष्ट अतिथि नरेंद्र बंगाले और दीपक पांडे ने प्रेस क्लब में फोटो जर्नलिस्टों की बढ़ती सहभागिता पर प्रसन्नता जताते हुए ऐसे आयोजनों के लिए क्लब का आभार व्यक्त किया। उन्होंने पत्रकारिता की सभी विधाओं को साथ लेकर चलने की पहल की सराहना की।
कार्यक्रम में पूर्व प्रेस क्लब अध्यक्ष प्रकाश शर्मा ने प्रेस क्लब अध्यक्ष मोहन तिवारी एवं उनकी टीम की सराहना करते हुए कहा कि अल्प समय में नवनिर्वाचित कार्यकारिणी द्वारा किए जा रहे आयोजन सराहनीय और रिकॉर्ड स्थापित करने वाले हैं। उन्होंने पत्रकारों के हित और कल्याण के लिए हो रही गतिविधियों की प्रशंसा की।
इस अवसर पर स्वर्गीय योगेश यदु की पत्नी हेमा यदु, वरिष्ठ पत्रकार राजेश दुबे, प्रदीप दुबे सहित वरिष्ठ फोटो जर्नलिस्ट संतोष साहू (सीनियर), जावेद भाई, मनोज देवांगन, प्रदीप दास, हेमंत मानिकपुरी, त्रिलोचन एवं किशन सहित बड़ी संख्या में पत्रकार उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथियों द्वारा उद्घाटन मैच खेलकर प्रतियोगिता की शुरुआत की गई। प्रतियोगिता के पहले दिन कुल 6 मुकाबले खेले गए, जिनके विजेताओं के नाम इस प्रकार हैं:
1. संदीप तिवारी ने हिमांशु शर्मा को हराया।
2. राजेन्द्र निगम ने संजय वर्मा को हराया।
3. टीकम वर्मा, मनोज नायक, अमृतेश्वर सिंह व स्टार जैन को वाकओवर मिला। -
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष देव ने दी भाजपा स्थापना दिवस की बधाई
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रवेश अध्यक्ष किरण देव ने सभी कार्यकर्ताओं को भाजपा के स्थापना दिवस की बधाई दी है। श्री देव ने कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता राष्ट्र को पहली प्राथमिकता देता है। जन सेवा को प्रभु सेवा मानकर कार्य करता है। उन्होंने कहा कि हमारे पितृ पुरुषों ने राष्ट्र के विकास के लिए अपने प्राणों की आहुति दी है। उन्होंने डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी, पं. दीनदयाल उपाध्याय, कुशाभाऊ ठाकरे, राजमाता विजयाराजे सिंधिया, पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को नमन करते हुए कहा कि राष्ट्र के विकास में भाजपा के पितृ पुरुषों की सहभागिता महत्वपूर्ण रही है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री देव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का गठन 6 अप्रैल, 1980 को हुआ, परन्तु इसका इतिहास भारतीय जनसंघ से जुड़ा हुआ है। स्वतंत्रता प्राप्ति तथा देश विभाजन के साथ ही देश में एक नई राजनीतिक परिस्थिति उत्पन्न हुई। श्री देव ने कहा कि भाजपा का एक संविधान है जो अपने संविधान के तहत सालभर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करती है। हम दुनिया के सबसे बड़े राजनीतिक दल के कार्यकर्ता है। यह हमारे लिए गौरव का विषय है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री देव ने कहा है भारतीय जनता पार्टी एक सुदृढ़, सशक्त, समृद्ध, समर्थ एवं स्वावलम्बी भारत के निर्माण हेतु निरंतर सक्रिय है। पार्टी की कल्पना एक ऐसे राष्ट्र की है जो आधुनिक दृष्टिकोण से युक्त एक प्रगतिशील एवं प्रबुद्ध समाज का प्रतिनिधित्व करता हो तथा प्राचीन भारतीय सभ्यता एवं संस्कृति तथा उसके मूल्यों से प्रेरणा लेते हुए महान ‘विश्वशक्ति’ एवं ‘विश्व गुरू’ के रूप में विश्व पटल पर स्थापित हो। इसके साथ ही विश्व शांति तथा न्याययुक्त अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को स्थापित करने के लिए विश्व के राष्ट्रों को प्रभावित करने की क्षमता रखे। -
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कल 6 अप्रैल को प्रातः 11 बजे भाजपा प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में भाजपा के स्थापना दिवस के अवसर पर ध्वजारोहण करेंगे। भाजपा प्रदेश कार्यालय मंत्री अशोक बजाज ने बताया कि कल 6 अप्रैल को भाजपा के स्थापना दिवस कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता सभी जिलों में ध्वजारोहण कार्यक्रम में शामिल होंगे।
भाजपा कार्यालय एकात्म परिसर में सुबह 10 जिला अध्यक्ष रायपुर शहर रमेश सिंह ठाकुर ध्वजारोहण करेंगे। साथ ही 6 अप्रैल को शाम 05 बजे एकात्म परिसर में कार्यकर्ता सम्मेलन रखा गया है। इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। -
रायपुर/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जशपुर के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ समाजसेवी श्री जगेश्वर राम भगत के आकस्मिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा है कि स्वर्गीय भगत का जीवन समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान, सेवा और जनकल्याण के कार्यों के लिए पूर्णतः समर्पित रहा। वे वनवासी कल्याण आश्रम के समर्पित कार्यकर्ता थे। उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में सदैव जनहित को सर्वोपरि रखते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए ईश्वर से शोक संतप्त परिजनों को इस दुःख की घड़ी में संबल और धैर्य प्रदान करने की कामना की है। -
प्रदेश महामंत्री यशवन्त जैन ने दी कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी आगामी 6 अप्रैल को अपना 47वाँ स्थापना दिवस मनाने जा रही है। इस अवसर पर पार्टी द्वारा 6 अप्रैल से 12 अप्रैल तक एक विशेष सेवा सप्ताह और संगठनात्मक कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जाएगी। भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं कार्यक्रम प्रभारी यशवन्त जैन ने उक्त कार्यक्रमों की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि पार्टी नेतृत्व के निर्देशानुसार, बूथ स्तर से लेकर जिला और प्रदेश स्तर तक व्यापक तैयारियाँ पूर्ण कर ली गई हैं।
भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं कार्यक्रम प्रभारी श्री जैन ने बताया कि स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में पार्टी कार्यालयों और घरों में 5 से 7 तक अप्रैल को दीपोत्सव किया जाएगा। स्थापना दिवस को उत्सव के रूप में मनाते हुए 5 से 7 अप्रैल को प्रदेश एवं सभी जिला कार्यालयों में विशेष सजावट की जाएगी। कार्यालयों को झालर, दीपों और रंगोली से भव्य रूप दिया जाएगा। 6 अप्रैल को सभी कार्यालयों में विधिवत ध्वजारोहण होगा, जिसके पश्चात पार्टी के विकास और विचारधारा पर उद्बोधन एवं मिष्ठान्न व शरबत वितरण का कार्यक्रम होगा। इसी के साथ प्रत्येक कार्यकर्ता अपने घर पर गौरव के साथ पार्टी का ध्वज फहराएगा और 'सेल्फी' व फोटो सोशल मीडिया पर साझा कर अभियान को व्यापक रूप देगा।
भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं कार्यक्रम प्रभारी श्री जैन ने 6 और 7 अप्रैल को बूथ स्तर पर आयोजन के बारे में बताया कि पार्टी की शक्ति के केंद्र 'बूथ' पर प्राथमिक एवं सक्रिय सदस्य एकत्रित होकर स्थापना दिवस मनाएंगे। इस दौरान संगठनात्मक चर्चा के साथ-साथ पार्टी की मजबूती का संकल्प लिया जाएगा। 8 और 9 अप्रैल को जिला सम्मेलन होंगे जिनमें प्रत्येक जिले में सक्रिय सदस्यों का एक वृहद् सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इस सम्मेलन में संगठनात्मक विस्तार और भाजपा की विकास यात्रा व चुनावी सफलताओं की रणनीति पर चर्चा होगी। अंत्योदय, राष्ट्र प्रथम की भावना और सांस्कृतिक उत्थान (श्री राम मंदिर, काशी विश्वनाथ और उज्जैन कॉरिडोर का निर्माण) आदि विषयों के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा लिए गए ऐतिहासिक निर्णय और जनकल्याणकारी योजनाओं पर भी विमर्श होगा।
भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने बताया कि 7 से 12 अप्रैल तक पार्टी का ‘गाँव/बस्ती चलो अभियान’ चलाकर जनसंपर्क को नई ऊँचाई प्रदान करेगी। इस अभियान के तहत सांसद, विधायक, निगम-मंडल-बोर्ड के पदाधिकारी, पार्षद, पंचायत प्रतिनिधि और संगठन के सभी स्तर के पदाधिकारी अनिवार्य रूप से गाँवों और बस्तियों में प्रवास करेंगे। इस दौरान बड़ी विधानसभाओं में न्यूनतम 50 गाँव और छोटी विधानसभाओं में न्यूनतम 20 गाँवों में सघन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। श्री जैन ने बताया कि इसके अतिरिक्त सार्वजनिक स्थानों पर सफाई कर स्वच्छता का संदेश देने, वरिष्ठ कार्यकर्ताओं का सम्मान करना और समाज के प्रबुद्धजनों व गणमान्य व्यक्तियों से भेंट कर समन्वय स्थापित करने, लाभार्थी संवाद: केंद्र एवं प्रदेश सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों से प्रत्यक्ष चर्चा करने और उपलब्धियों पर व्यापक विमर्श करने के कार्यक्रम भी इस श्रृंखला में आयोजित किए जाएंगे। - हरित खाद, नीली-हरी शैवाल एवं जैव उर्वकों पर कृषि विभाग के अधिकारियों का प्रशिक्षण सम्पन्नरायपुर/पश्चिम एशिया, विशेषकर ईरान में पिछले एक माह से जारी संघर्ष के मद्देनज़र पेट्रोलियम उत्पादों तथा उर्वरक निर्माण में प्रयुक्त आवश्यक कच्चे माल के आयात में व्यवधान की आशंका उत्पन्न हो गई है। इस स्थिति के कारण निकट भविष्य में रासायनिक उर्वरकों की उपलब्धता प्रभावित होने की संभावना है। इस उभरती चुनौती को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ शासन की कृषि उत्पादन आयुक्त श्रीमती शहला निगार की परिकल्पना के तहत “हरित खाद, नीली-हरी शैवाल एवं जैव उर्वकों” पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन कृषि महाविद्यालय, रायपुर के सभागार में सफलतापूर्वक किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आगामी खरीफ मौसम की तैयारी के लिए सतत कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना तथा रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता को कम करना था। प्रशिक्षण का शुभारंभ मुख्य अतिथि श्रीमती शहला निगार तथा डॉ. गिरिश चंदेल, कुलपति, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय की अध्यक्षता में हुआ।अपने स्वागत उद्बोधन में डॉ. चंदेल ने मृदा स्वास्थ्य सुधार एवं दीर्घकालिक कृषि स्थिरता हेतु पर्यावरण अनुकूल पोषक तत्व प्रबंधन के महत्व पर प्रकाश डाला। प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए श्रीमती शहला निगार ने रासायनिक उर्वरकों की संभावित कमी पर चिंता व्यक्त की तथा हरित खाद, नीली-हरी शैवाल एवं जैव उर्वकों जैसे वैकल्पिक पोषक स्रोतों को अपनाने पर बल दिया। उन्होंने बताया कि ये जैविक स्रोत फसलों की पोषक आवश्यकता का लगभग 50 प्रतिशत तक पूरा कर सकते हैं। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को आगामी दो से तीन महीनों में इनके उत्पादन एवं उपयोग को बढ़ावा देने के निर्देश दिए तथा किसानों को पर्यावरण अनुकूल एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। तकनीकी सत्रों में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के विशेषज्ञ वैज्ञानिकों द्वारा व्याख्यान प्रस्तुत किए गए। डॉ. तापस चौधरी, विभागाध्यक्ष, सूक्ष्मजीव विज्ञान विभाग ने कृषि में नीली-हरी शैवाल एवं जैव उर्वकों की उपयोगिता पर विस्तृत जानकारी दी तथा नाइट्रोजन स्थिरीकरण एवं मृदा उर्वरता वृद्धि में उनकी भूमिका स्पष्ट की। उन्होंने धान उत्पादन में इनकी विशेष उपयोगिता एवं रासायनिक उर्वरकों की आवश्यकता को 50 प्रतिशत तक कम करने की क्षमता पर प्रकाश डाला। डॉ. ललित श्रीवास्तव, विभागाध्यक्ष, मृदा विज्ञान विभाग ने खरीफ फसलों के लिए रासायनिक उर्वरकों के विकल्पों पर चर्चा करते हुए समन्वित पोषक तत्व प्रबंधन पर बल दिया। डॉ. आदिकांत प्रधान, मुख्य वैज्ञानिक, सस्य विज्ञान विभाग ने हरित खाद के उपयोग से मृदा संरचना एवं पोषक तत्व उपलब्धता में सुधार के लाभों की जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान एक संवादात्मक सत्र का आयोजन भी किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए तथा विशेषज्ञों से मार्गदर्शन प्राप्त किया। इसके पश्चात डॉ. तापस चौधरी द्वारा नीली-हरी शैवाल उत्पादन तकनीक का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया, जिससे प्रतिभागियों को प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुआ। आगामी खरीफ मौसम हेतु हरित खाद, नीली-हरी शैवाल एवं जैव उर्वकों के उत्पादन एवं व्यापक उपयोग की रणनीति पर विचार-विमर्श किया गया। इस सत्र में किसानों के बीच इनके प्रसार एवं विस्तार गतिविधियों को सुदृढ़ करने पर विशेष ध्यान दिया गया। कार्यक्रम का मार्गदर्शन एवं संचालन वरिष्ठ अधिकारियों जैसे डॉ. विवेक कुमार त्रिपाठी, निदेशक अनुसंधान सेवाएँ, डॉ. एस. एस. टूटेजा, निदेशक विस्तार सेवाएं, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर, डॉ. आरती गुहे, अधिष्ठाता, कृषि महाविद्यालय, रायपुर, डॉ. कपिल देव दीपक, कुलसचिव, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर, श्री सी.बी. लोंडेकर, अतिरिक्त संचालक, कृषि संचालनालय, छत्तीसगढ़ शासन, श्री विकास मिश्रा, उप सचिव तथा श्री अमित सिंह, अवर सचिव, कृषि विभाग द्वारा किया गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में राज्य के विभिन्न जिलों से आए 150 से अधिक अधिकारियों, उप संचालकों, कृषि अधिकारियों, वैज्ञानिकों एवं कृषि विज्ञान केंद्र के अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का समापन सकारात्मक वातावरण में हुआ, जिसमें राज्य में सतत एवं पर्यावरण अनुकूल कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देने का सामूहिक संकल्प लिया गया।
- शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा– ग्रामीण शिक्षा को मिलेगा नया आयाम*वैदिक परंपरा और आधुनिक शिक्षा का संगम है डीएवी स्कूल*बिलासपुर/बिलासपुर जिले के कोटा स्थित रानीसागर में डीएवी पब्लिक स्कूल का उद्घाटन समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ के स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने शिरकत की और ग्रामीण क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के विस्तार को एक महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में कोटा विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री अटल श्रीवास्तव तथा नगर पंचायत कोटा की अध्यक्ष श्रीमती सरोज साहू उपस्थित रहीं।उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि शिक्षा मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने अपने संबोधन में कहा कि छत्तीसगढ़ में डीएवी संस्थाओं का आगमन पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की पहल से हुआ, जिसने शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव लाए हैं। उन्होंने कहा कि इन स्कूलों में सीबीएसई पाठ्यक्रम के माध्यम से छात्रों को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार किया जा रहा है और डीएवी विद्यालय इस दिशा में उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि नई शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन में डीएवी संस्थाओं की भूमिका अहम है। महापुरुषों की जीवनी, क्षेत्रीय भाषाओं और परंपराओं को शिक्षा से जोड़ना एक बड़ी उपलब्धि होगी। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए वरदान साबित होगा। इस पहल के लिए उन्होंने डीएवी प्रबंधन को शुभकामनाएं दीं।कार्यक्रम का नेतृत्व एवं मार्गदर्शन प्रशांत कुमार, क्षेत्रीय अधिकारी एवं प्रबंधन समिति सदस्य द्वारा किया गया। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी विजय टांडे , बीईओ श्री नरेंद्र पी मिश्रा सहित संभाग के सभी डीएवी पब्लिक स्कूल तथा डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल के प्राचार्य, नए स्कूल के विद्यार्थी अभिभावक और ग्रामीणजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक वैदिक हवन-यज्ञ से हुई, जिससे वातावरण आध्यात्मिक और सकारात्मक बना। छत्तीसगढ़ की राजगीत और डीएवी गान के साथ सांस्कृतिक प्रस्तुति की शुरुआत हुई, जिसमें कुमार प्रखर पाण्डेय एवं उनके समूह ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया। विद्यालय की प्रभारी प्राचार्या श्रीमती जसमीत कौर ने स्वागत भाषण देते हुए विद्यालय की भावी योजनाओं और उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन डीएवी गोढ़ी के प्राचार्य डॉ. एस.एन. पाण्डेय द्वारा किया गया, जिन्होंने हवन-यज्ञ का संचालन भी किया। समारोह का समापन शांति पाठ के साथ हुआ।*डीएवी स्कूलों का इतिहास*डीएवी (दयानंद एंग्लो वैदिक) संस्थाओं की स्थापना का उद्देश्य आधुनिक शिक्षा को भारतीय संस्कृति और वैदिक परंपराओं के साथ जोड़ना है। इसकी प्रेरणा स्वामी दयानंद सरस्वती के विचारों से मिली, जिन्होंने आर्य समाज की स्थापना की थी। वर्ष 1886 में लाहौर में पहले डीएवी विद्यालय की स्थापना के साथ शुरू हुआ यह आंदोलन आज देशभर में 1000 से अधिक विद्यालयों के विशाल नेटवर्क के रूप में विकसित हो चुका है।
- दुर्ग/ कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह के निर्देशानुसार, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज दानी के मार्गदर्शन में जिले में बालिकाओं को सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से एचपीवी टीकाकरण अभियान प्रारंभ किया जा रहा है। आगामी 06 अप्रैल 2026 से जिले के शासकीय स्वास्थ्य संस्थानों में एचपीवी टीकाकरण उपलब्ध रहेगा। इस संबंध में जिला टीकाकरण अधिकारी द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चिकित्सा अधिकारियों एवं स्टाफ नर्सों को आवश्यक प्रशिक्षण एवं दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. दिव्या श्रीवास्तव ने जानकारी देते हुए बताया कि महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के बाद सर्वाधिक होने वाला कैंसर सर्वाइकल कैंसर है, जिससे बचाव के लिए एचपीवी वैक्सीन अत्यंत प्रभावी है। यह वैक्सीन बालिकाओं को ह्यूमन पैपिलोमा वायरस के संक्रमण से बचाकर भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे को कम करने में सहायक होगी। उन्होंने बताया कि यह टीकाकरण 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं के लिए निर्धारित किया गया है तथा सभी शासकीय स्वास्थ्य संस्थानों में शासकीय अवकाश को छोड़कर प्रतिदिन प्रातः 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक टीकाकरण किया जाएगा। 14 वा जन्मदिन मना चुकी बच्ची इस वैक्सीन के लिए पात्र होंगी। टीकाकरण के समय अभिभावकों को बालिका का फोटोयुक्त पहचान पत्र एवं आधार से लिंक मोबाइल नंबर साथ लाना अनिवार्य होगा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभिभावकों से अपील की गई है कि वे अपनी बालिकाओं को एचपीवी टीकाकरण अवश्य लगवाएं, जिससे उन्हें भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखा जा सके।
- केंद्र सरकार ने लागू किए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026, थोक उत्पादकों के लिए ऑन-साइट प्रोसेसिंग अब अनिवार्यभिलाईनगर | पर्यावरण संरक्षण और 'जीरो वेस्ट' के लक्ष्य की ओर कदम बढ़ाते हुए केंद्र सरकार ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2026 अधिसूचित कर दिए हैं। 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी हुए ये नियम कचरा प्रबंधन की पूरी व्यवस्था को वैज्ञानिक और जवाबदेह बनाएंगे। नगर पालिक निगम भिलाई ने स्पष्ट किया है कि अब लैंडफिल (कचरा डंपिंग साइट) पर निर्भरता कम कर चक्रीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा दिया जाएगा।नए नियम 'अपशिष्ट सोपनिकी' (Waste Hierarchy) के सिद्धांत पर आधारित हैं, जिसमें कचरे के सुरक्षित निपटान से पहले उसके पुनः उपयोग और पुनर्चक्रण को प्राथमिकता दी गई है।अब केवल वही कचरा लैंडफिल में जाएगा जिसका पुनर्चक्रण संभव नहीं है। छटाई रहित कचरा फेंकने पर भारी लैंडफिल शुल्क देना होगा।कचरे को अब चार श्रेणियों में बांटना अनिवार्य है-ठोस अपशिष्ट यह घरों, कार्यालयों और दुकानों से निकलने वाला दैनिक कचरा है। इसमें प्लास्टिक, कागज, कांच, धातु और भोजन के अवशेष आदि शामिल होते हैं।तरल अपशिष्ट यह घरों, उद्योगों और व्यावसायिक गतिविधियों से निकलने वाला पानी या तरल पदार्थ है। उदाहरण के लिए, गंदा पानी, डिटर्जेंट युक्त पानी, या औद्योगिक रसायनों वाला तरल।खतरनाक अपशिष्ट यह कचरा स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए बहुत हानिकारक होता है। इसमें ज्वलनशील, संक्षारक या विषाक्त पदार्थ होते हैं, जैसे बैटरियां, पेंट, कीटनाशक, और पुराने इलेक्ट्रॉनिक उपकरण।कार्बनिक/जैविक अपशिष्ट यह रसोई के कचरे, फलों-सब्जियों के छिलके, बगीचे के सूखे पत्ते और पौधों के अवशेषों से बनता है। इसे खाद में बदला जा सकता है।इसके अलावा, चिकित्सा क्षेत्र से निकलने वाले कचरे को बायोमेडिकल वेस्ट के रूप में भी जाना जाता है। थोक अपशिष्ट उत्पादकों केनए नियमों के दायरे में 20,000 वर्ग मीटर से बड़े भवन, प्रतिदिन 100 किलोग्राम से अधिक कचरा उत्पन्न करने वाली इकाइयां और बड़े संस्थान शामिल हैं। उनकी जिम्मेदारियां निम्न प्रकार हैं:ऑन-साइट प्रोसेसिंग अंतर्गत गीले कचरे का निपटान संस्थान के भीतर ही करना अनिवार्य होगा। यदि मौके पर प्रसंस्करण संभव नहीं है, तो 'विस्तारित उत्तरदायित्व प्रमाणपत्र' प्राप्त करना आवश्यक होगा। नियमों के पालन की जांच के लिए एक केंद्रीकृत ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से रियल-टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी।नगर पालिक निगम भिलाई के अनुसार, इन नियमों से नगर निकायों पर पड़ने वाला वित्तीय बोझ कम होगा और कचरा प्रबंधन में जन-भागीदारी सुनिश्चित होगी। यह पहल न केवल शहरों को स्वच्छ बनाएगी, बल्कि कचरे से ऊर्जा और खाद बनाने की प्रक्रिया को भी गति देगी।"अपशिष्ट प्रबंधन अब केवल सफाई का मुद्दा नहीं, बल्कि पर्यावरण के प्रति हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।"
- -लगभग 106 घनमीटर ढलाई कार्य पूर्ण कर लिया गयारायपुर/ रायपुर पश्चिम विधायक और प्रदेश के पूर्व केबिनेट मन्त्री श्री राजेश मूणत और नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के निर्देश को तत्काल संज्ञान में लेकर नगर निगम रायपुर जोन क्रमांक 1 की टीम द्वारा जोन 1 क्षेत्र अंतर्गत ठक्करबापा वार्ड क्षेत्र के दीक्षा नगर गुढ़ियारी में निर्माणाधीन जलागार में ढलाई का कार्य तेज गति से प्रारम्भ कर दिया गया है और लगभग 106 घनमीटर ढलाई का कार्य कर लिया गया है. नगर निगम आयुक्त श्री विश्वदीप के निर्देश पर नगर निगम जोन 1 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा सीनियर, कार्यपालन अभियंता श्री द्रोनी कुमार पैकरा, सहायक अभियंता श्री शरद देशमुख, उपअभियंता श्री गोपाल प्रधान सहित दीक्षा नगर गुढ़ियारी में निर्माणाधीन जलागार में रायपुर पश्चिम विधायक श्री राजेश मूणत और महापौर श्रीमती मीनल चौबे द्वारा दिए गए निर्देश के अनुसार बारिश के पूर्व जलागार क्षेत्र में प्लीन्थ लेवल तक कार्य पूर्ण करने सतत मॉनिटरिंग निरीक्षण सहित कर रहे हैँ, ताकि बारिश में कार्य ना रुके और क्षेत्र में जलभराव ना होने पाए.
- -दुर्ग में विकास कार्यों की सौगातदुर्ग। हनुमान जयंती के पावन अवसर पर दुर्ग शहर को विकास कार्यों की एक महत्वपूर्ण सौगात प्राप्त हुई है। दुर्ग शहर के वार्ड क्रमांक 25 संतराबाड़ी में नवनिर्मित डोमशेड का लोकार्पण किया गया, वहीं वार्ड क्रमांक 46 पद्मनाभपुर में डोमशेड निर्माण कार्य का विधिवत भूमिपूजन सम्पन्न हुआ। दुर्ग शहर विधायक एवं केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव निरंतर शहर के सर्वांगीण विकास के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप विभिन्न क्षेत्रों में जनसुविधाओं का विस्तार हो रहा है।वार्ड क्रमांक 25 संतराबाड़ी स्थित गायत्री मंदिर परिसर में आयोजित लोकार्पण कार्यक्रम में केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने सहभागिता करते हुए वेदमाता गायत्री के चरणों में शीश नवाकर आशीर्वाद प्राप्त किये। इस अवसर पर उन्होंने क्षेत्रवासियों से आत्मीय संवाद किये और उनकी आवश्यकताओं एवं सुझावों को गंभीरता से सुने। मंत्री श्री यादव ने कहा कि यह भव्य डोमशेड क्षेत्र के धार्मिक एवं सामाजिक जीवन को नई दिशा देगा। अब यहां विवाह, धार्मिक अनुष्ठान, सामाजिक कार्यक्रम एवं अन्य सामुदायिक आयोजन सुव्यवस्थित और सुविधाजनक वातावरण में आयोजित किए जा सकेंगे।उन्होंने आगे कहा कि शासन की मंशा केवल निर्माण कार्य तक सीमित नहीं है, बल्कि नागरिकों को बेहतर सुविधा, सुरक्षा और सुगमता प्रदान करना है। डोमशेड निर्माण से न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि स्थानीय नागरिकों को भी विभिन्न आयोजनों के लिए एक स्थायी एवं संरक्षित स्थल उपलब्ध होगा। यह कार्य क्षेत्र के समग्र विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।इसी क्रम में वार्ड क्रमांक 46 पद्मनाभपुर में प्रस्तावित डोमशेड निर्माण कार्य के भूमिपूजन कार्यक्रम में भी मंत्री श्री यादव शामिल हुए। भूमि पूजन विधि-विधान के साथ सम्पन्न किया गया। यह कार्य लंबे समय से क्षेत्रवासियों की मांग रही थी, जिसके पूर्ण होने से स्थानीय नागरिकों में विशेष उत्साह और संतोष का वातावरण है। मंत्री श्री यादव ने कहा कि इस डोमशेड के निर्माण से क्षेत्र में धार्मिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों को नया मंच मिलेगा और स्थानीय स्तर पर सामुदायिक सहभागिता को भी बढ़ावा मिलेगा।कार्यक्रम के दौरान मंत्री श्री यादव ने उपस्थित नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा शहर के प्रत्येक वार्ड में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार प्राथमिकता के साथ किया जा रहा है। सड़क, पानी, बिजली, स्वास्थ्य एवं सामुदायिक संरचनाओं के विकास के माध्यम से नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने का सतत प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि आने वाले समय में भी इसी प्रतिबद्धता के साथ विकास कार्यों को गति दी जाएगी और दुर्ग शहर को एक आदर्श एवं सुव्यवस्थित शहर के रूप में विकसित किया जाएगा।इस अवसर पर सभापति श्री श्याम शर्मा, पार्षद श्रीमति मनीषा सोनी, श्री संजय अग्रवाल, श्री मनीष कोठारी, श्री गुलशन साहू, श्री युवराज कुंजाम, श्रीमति सविता साहू, भाजयुमो अध्यक्ष श्री हिमांशु सिंह, मंडल अध्यक्ष श्री बंटी चौहान, श्री कमलेश फेकर, श्री महेन्द्र लोढ़ा, श्री धीरजलाल टांक, श्री एसपी सिंह, आर.डी. महिलांग, श्री अभय सोनी, श्री राकेश झा सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उपस्थित नागरिकों ने इस विकास कार्य के लिए मंत्री श्री यादव का आभार व्यक्त किया और क्षेत्र के निरंतर विकास की अपेक्षा जताई।
- बालोद/ पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल ने बताया कि क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र जशपुर के द्वारा एसआईएस लिमिटेड की ओर से जिले के 10वीं पास अथवा फेल युवकों को रोजगार प्रदान करने रजिस्ट्रेशन कैंप का आयोजन किया गया है। उन्होंने बताया कि आवेदित उम्मीदवारों को पंजीकृत कर प्रशिक्षणोपरांत ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सुरक्षा गार्ड में स्थाई रोजगार दिया जाएगा। जिसके अंतर्गत पंजीयन शिविर का आयोजन थाना गुण्डरदेही में 01 अपै्रल, थाना अर्जुंदा में 02 अपै्रल, थाना डौण्डीलोहारा में 03 अपै्रल, थाना देवरी में 04 अपै्रल, थाना मंगचुवा में 05 अपै्रल, चैकी पिनकापार में 06 अपै्रल, थाना सुरेगांव में 07 अपै्रल, थाना पुरूर में 08 अपै्रल, थाना गुरूर में 09 अपै्रल, थाना रनचिरई में 10 अपै्रल एवं थाना बालोद में 11 अप्रैल 2026 को सुबह 10 बजे से शाम 04 बजे तक किया जाएगा। उन्होंने बताया कि आवेदक को भर्ती से संबंधित आवश्यक दस्तावेज, शैक्षणिक प्रमाण पत्र, दो पासपोर्ट साईज फोटो, आधार कार्ड की मूल एवं छायाप्रति के साथ उपस्थित होना अनिवार्य है।
- दिव्यांग हितैषी योजना के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का जताया आभारबालोद/अगर हौसला बुलंद हो और शासन का साथ मिल जाए, तो हर बाधा पार की जा सकती है। कुछ ऐसी ही कहानी है बालोद जिले के गुरूर विकासखंड के अंतर्गत आने वाले ग्राम छेड़िया के निवासी श्री मनीराम की। एक दर्दनाक दुर्घटना में अपना पैर गंवा देने वाले मनीराम के जीवन में आए अंधेरे को अब मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की श्दिव्यांग हितैषी योजनाश् ने नई रोशनी से भर दिया है।एक समय था जब मनीराम सामान्य जीवन जी रहे थे, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। एक सड़क दुर्घटना में अपना पैर गंवाने के बाद उनका जीवन बिस्तर तक ही सिमट कर रह गया था। चलने-फिरने में लाचारी के कारण उन्हें काम मिलना बंद हो गया, जिससे न केवल आर्थिक संकट गहराया, बल्कि मानसिक रूप से भी उन्होंने अपनी उम्मीदें छोड़ दी थीं। घर की चारदीवारी ही उनकी दुनिया बन गई थी।मनीराम की इस बेबसी को दूर करने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय सरकार की दिव्यांग हितैषी नीति और जिला प्रशासन बालोद के प्रयासों ने संजीवनी का काम किया। समाज कल्याण विभाग के माध्यम से मनीराम को निःशुल्क कृत्रिम पैर प्रदान किया गया।कृत्रिम पैर लगने के बाद मनीराम के चेहरे पर जो चमक लौटी है, वह शब्दों से परे है। अब वे बिना किसी सहारे के आसानी से चल-फिर पा रहे हैं। मनीराम का कहना है कि पैर कटने के बाद मुझे लगा था कि अब मेरा जीवन दूसरों पर बोझ बनकर ही बीतेगा, लेकिन मुख्यमंत्री जी की इस योजना ने मुझे फिर से खड़ा कर दिया है। अब मैं कहीं भी आ-जा सकता हूँ और काम भी कर सकता हूँ। मनीराम ने इस नई जिंदगी के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और जिला प्रशासन के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया है।
- बालोद/भारत सरकार की तिलहन प्रोत्साहन योजनाओं और जिला प्रशासन के नीर चेतना अभियान का सकारात्मक असर अब बालोद के खेतों में दिखने लगा है। कृषि विभाग द्वारा आयोजित कृषक चैपाल और फसल चक्र परिवर्तन के संदेश से प्रेरित होकर जिले के किसानों ने पारंपरिक खेती के साथ-साथ तिलहन उत्पादन, विशेषकर कुसुम की खेती की ओर कदम बढ़ाए हैं। कृषि विभाग के उप संचालक श्री आशीष चंद्राकर ने बताया कि जिले में कृषि विभाग के तकनीकी मार्गदर्शन और प्रशिक्षण का ही परिणाम है कि जिस कुसुम की खेती का रकबा पहले शून्य था, वह इस वर्ष बढ़कर 157 हेक्टेयर तक पहुंच गया है। उन्नत बीजों का चयन, कतार पद्धति से बुआई और संतुलित उर्वरक प्रबंधन के कारण वर्तमान में फसल की स्थिति अत्यंत उत्साहजनक है।स्थानीय किसानों के अनुसार, कुसुम की खेती कई मायनों में फायदेमंद है, कम जल खपत, इसे बहुत ही सीमित सिंचाई की आवश्यकता होती है। यह फसल कम समय में तैयार हो जाती है और लागत भी न्यूनतम आती है। कुसुम की खेती मिट्टी की उर्वरा शक्ति को बनाए रखने में सहायक मानी जाती है। मौसम अनुकूल रहने पर अच्छी पैदावार से किसानों की आय दोगुनी होने की प्रबल उम्मीद है। घरेलू तिलहन उत्पादन को बढ़ावा देने और किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से जिले के सभी विकासखंडों के 37 ग्रामों के 194 कृषकों ने पहली बार नवीन तिलहन फसल के रूप में कुसुम का प्रदर्शन लिया है। जिले में भविष्य में कुसुम की खेती के विस्तार हेतु बीज की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए विशेष प्रयास किए गए हैं। कुल कृषकों में से 79 कृषकों ने 101 हेक्टेयर क्षेत्र में बीज उत्पादन हेतु बीज निगम में पंजीयन कराया है। इससे आने वाले समय में जिले के किसानों को स्थानीय स्तर पर ही उन्नत बीज प्राप्त हो सकेंगे। कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा खेतों का नियमित निरीक्षण और कीट प्रबंधन की जानकारी दी जा रही है, जिससे फसल की गुणवत्ता बेहतर बनी हुई है। बालोद जिले के किसानों का यह सामूहिक प्रयास अब आसपास के क्षेत्रों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बन रहा है।
- -लोक निर्माण विभाग ने चारों फ्लाईओवर्स के लिए मंजूर किए हैं 360 करोड़रायपुर। राजधानी रायपुर में इस साल 4 फ्लाईओवर्स के काम शुरू होंगे। उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री श्री अरुण साव के निर्देश पर विभाग ने चारों फ्लाईओवर्स के लिए कुल 360 करोड़ 35 लाख 93 हजार रुपए मंजूर किए हैं। इन फ्लाईओवर्स के निर्माण से शहर के ब्यस्त यातायात को तेज, स्मूथ और सुव्यवस्थित करने में मदद मिलेगी। शहरवासी इनके निर्माण की मांग लंबे समय से कर रहे थे।लोक निर्माण विभाग ने शहर के बीच जी.ई. रोड पर गुरू तेज बहादुर उद्यान से तेलीबांधा के नेताजी सुभाष चौक तक फ्लाईओवर के लिए 172 करोड़ 86 लाख 28 हजार रुपए स्वीकृत किए हैं। रायपुर के रिंग रोड क्रमांक-2 में सोनडोंगरी चौक पर ओवरपास के लिए 43 करोड़ 89 लाख 17 हजार रुपए मंजूर किए गए हैं।विभाग ने रायपुर में वी.आई.पी. रोड के फुंडहर चौक में ओवरपास के निर्माण के लिए 56 करोड़ सात लाख 35 हजार रुपए की स्वीकृति दी है। शहर के अटल पथ एक्सप्रेस-वे पर फुंडहर चौक में ग्रेड सेपरेटर के निर्माण के लिए भी लोक निर्माण विभाग द्वारा 87 करोड़ 53 लाख 13 हजार रुपए मंजूर किए गए हैं।*”राज्य शासन रायपुर में यातायात को तेज, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के लिए पूरी गंभीरता से काम कर रही है। शहर में फ्लाईओवर्स और सड़कों के चौड़ीकरण के कार्य लगातार किए जा रहे हैं। इनसे ट्रैफिक-जॉम में कमी आएगी और लोगों की आवाजाही अधिक सहज होगी। हमारी प्राथमिकता है कि रायपुरवासियों और यहां आने वाले हर व्यक्ति को बेहतर और सुगम यातायात मिले।“- श्री अरुण साव, उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री









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