राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग ने रायपुर सेप्टिक टैंक हादसे का लिया संज्ञान, जांच के आदेश, दोषियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
रायपुर ।राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग ने 17 मार्च 2026 को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित रामकृष्ण केयर अस्पताल में सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान तीन सफाई कर्मियों की हुई मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त किया है। आयोग ने घटना का तत्काल संज्ञान लेते हुए स्थल निरीक्षण की घोषणा की है तथा दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग के उपाध्यक्ष हरदीप सिंह गिल ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की परिस्थितियों में हुई जनहानि अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और अस्वीकार्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले में जवाबदेही तय की जाएगी और किसी भी दोषी व्यक्ति या संस्था को बख्शा नहीं जाएगा।
आयोग ने निर्देश दिए हैं कि ‘मैनुअल स्कैवेंजर्स के नियोजन का प्रतिषेध एवं उनका पुनर्वास अधिनियम, 2013’ (Prohibition of Employment as Manual Scavengers and their Rehabilitation Act, 2013) के प्रावधानों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही, उच्चतम न्यायालय द्वारा निर्धारित दिशानिर्देशों का भी हवाला दिया गया है, जिनमें सेप्टिक टैंक की खतरनाक मैनुअल सफाई पर रोक, सुरक्षा उपकरणों का अनिवार्य उपयोग तथा यांत्रिक प्रक्रियाओं को अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मृतकों के परिजनों को त्वरित आर्थिक सहायता और पुनर्वास समर्थन उपलब्ध कराने के निर्देश पहले ही जारी कर दिए गए हैं। आयोग ने कहा कि ऐसे मामलों में त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि पीड़ित परिवारों को विधि अनुसार मुआवजा और दीर्घकालिक सहायता मिल सके।
राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग ने सफाई कर्मियों के अधिकारों और गरिमा की रक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन और जवाबदेही तय करना अनिवार्य है।










Leave A Comment