ब्रेकिंग न्यूज़

मप्र, छत्तीसगढ़ में हम पक्का जीत रहे हैं, राजस्थान में ‘करीबी मुकाबला’ हो सकता है : राहुल गांधी

 नयी दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आगामी विधानसभा चुनावों में पार्टी के अच्छा प्रदर्शन करने का विश्वास जताते हुए रविवार को कहा कि अभी की स्थिति के अनुसार कांग्रेस निश्चित रूप से मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव जीत रही है, संभवत: वह तेलंगाना में भी जीत दर्ज करेगी और राजस्थान में ‘‘बेहद करीबी’’ मुकाबला हो सकता है तथा पार्टी को भरोसा है कि वह वहां भी विजयी होगी।
राहुल ने लोकसभा में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के नेता दानिश अली के बारे में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद रमेश बिधूड़ी की टिप्पणियों को लेकर पैदा हुए विवाद का भी उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा जातीय जनगणना की मांग से ध्यान भटकाने के लिए ऐसे हथकंडे अपनाती है।उन्होंने कहा कि विपक्ष एकजुट होकर काम कर रहा है और भाजपा को 2024 के आम चुनाव में झटका लगेगा।असम के ‘प्रतिदिन मीडिया नेटवर्क’ द्वारा आयोजित सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि ‘एक देश, एक चुनाव’ के विचार का उद्देश्य लोगों का ध्यान असल मुद्दों से भटकाना है।
उन्होंने कहा, ‘‘यह ध्यान भटकाने की भाजपा की रणनीतियों में से एक है।’’कांग्रेस नेता ने कहा कि भारत के मुख्य मुद्दे- कुछ ही लोगों के पास पैसा होना, अमीर-गरीब के बीच भारी असमानता, बड़े पैमाने पर बेरोजगारी, निचली जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) और आदिवासी समुदायों के प्रति पक्षपात से संबंधित हैं।
राहुल गांधी ने कहा, ‘‘अब, भाजपा इनका मुकाबला नहीं कर सकती तो चलिए, ‘श्रीमान बिधूड़ी से एक बयान दिलवा दें। आओ एक साथ मिलकर इस तरह चुनाव लड़े। चलो, इंडिया का नाम बदल दें’। यह सब ध्यान भटकाना है। हम इसे जानते हैं, हम इसे समझते हैं और हम उन्हें ऐसा नहीं करने देंगे।’’कांग्रेस नेता ने कहा कि उनकी पार्टी आगामी विधानसभा चुनावों में किसी भी राज्य में जीत हासिल न करे, ये सवाल ही पैदा नहीं होता।
राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिजोरम में आने वाले कुछ महीनों में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं।कांग्रेस की संभावनाओं के बारे में पूछे जाने पर राहुल ने कहा, ‘‘मैं कहूंगा कि अभी हम संभवत: तेलंगाना जीत रहे हैं, हम निश्चित तौर पर मध्य प्रदेश जीत रहे हैं, हम निश्चित तौर पर छत्तीसगढ़ जीत रहे हैं। राजस्थान में बहुत करीबी मुकाबला है और हमें लगता है कि हम जीत जाएंगे। ऐसा ही लग भी रहा है और वैसे भाजपा भी अंदर खाने में यही कह रही है।’’उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने कर्नाटक में एक महत्वपूर्ण सबक सीखा है कि भाजपा ध्यान भटकाकर और हमें हमारी बात रखने से रोककर चुनाव जीतती है और इसलिए हमने अपनी बात प्रमुखता से रखकर चुनाव लड़ा।कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने कहा, ‘‘आप आज क्या देख रहे हैं, यह सज्जन श्री बिधूड़ी और फिर अचानक श्री निशिकांत दुबे, भाजपा यह सब करके जातीय जनगणना के मुद्दे से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है। वे जानते हैं कि जातीय जनगणना एक बुनियादी चीज है जो भारत के लोग चाहते हैं और वे नहीं चाहते कि इस पर चर्चा हो।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हर बार जब भी हम यह मुद्दा पेश करते हैं तो वे हमारा ध्यान भटकाने के लिए इस तरह की चीजों का इस्तेमाल करते हैं लेकिन अब हम सीख गए हैं कि इससे कैसे निपटें।’’उन्होंने कहा, ‘‘हमने कर्नाटक में जो किया वह यह है कि राज्य के लिए एक स्पष्ट दृष्टिकोण दिया ‘‘यह सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रम है जो हम आपके लिए बनाने जा रहे हैं और उसके बाद हम विमर्श को नियंत्रित करते हैं ।’’
राहुल ने कहा, ‘‘अगर आप तेलंगाना चुनाव देखें तो हम विमर्श को नियंत्रित कर रहे हैं जबकि भाजपा विमर्श में है ही नहीं। तेलंगाना में भाजपा का सफाया हो गया है और वह खत्म हो गयी है।’’
उन्होंने दावा कि कांग्रेस मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में चुनाव से पहले वहां विमर्श तय कर रही है।उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप राजस्थान में लोगों से बात करेंगे कि सत्ता विरोधी लहर के लिहाज से क्या मुद्दा है तो वे आपको बताएंगे कि वे सरकार को पसंद करते हैं।’’
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘हम ऐसी स्थिति में ढल रहे हैं जहां भाजपा मीडिया को नियंत्रित करती है। यह न सोचें कि विपक्षी इसके अनुसार ढलने में सक्षम नहीं है, हम ढल रहे हैं, हम एक साथ मिलकर काम रहे हैं, हम भारत की 60 प्रतिशत आबादी का प्रतिनिधित्व करते है। भाजपा को 2024 के लोकसभा में झटका लगेगा।’’उन्होंने यह भी कहा कि महिला आरक्षण विधेयक ‘‘कल सुबह’’ लागू हो सकता है, बस इतना कहना है लोकसभा और विधानसभाओं में 33 फीसदी सीटें आरक्षित होंगी।राहुल ने कहा कि महिला आरक्षण और जनगणना या महिला आरक्षण और परिसीमन के बीच कोई संबंध नहीं है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि सरकार ने अडाणी मामले पर फाइनेंशियल टाइम्स जैसे अखबारों में आयी खबरों से ध्यान भटकाने के लिए विशेष सत्र का विचार रखा।कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘पहले वे इंडिया का नाम बदलकर भारत करने की योजना बना रहे थे…लेकिन इसका काफी विरोध हुआ, उन्हें लगा कि लोगों को यह पसंद नहीं आएगा इसलिए इसे छोड़ दिया और फिर यह लेकर आए।’’उन्होंने कहा कि सरकार कह रही है कि महिलाओं को इस विधेयक का लाभ 10 साल बाद मिलेगा लेकिन कांग्रेस चाहती है कि अभी इसका फायदा मिले।
इस सम्मेलन में राहुल ने केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में मोटरसाइकिल पर अपनी हाल की यात्रा के बारे में भी बात की।उन्होंने कहा कि इससे वे भारत जोड़ो यात्रा को एक अलग तरीके से जारी रख पाए।
कन्याकुमारी से कश्मीर तक की 4,000 किलोमीटर से अधिक की अपनी ‘भारत जोड़ो’ यात्रा से मिली सीख के बारे में राहुल ने कहा कि 21वीं सदी के भारत में संचार व्यवस्था पर भाजपा ने इस कदर कब्जा कर लिया है कि उसके माध्यम से भारत के लोगों से बात करना व्यवहारिक रूप से असंभव है।उन्होंने कहा, ‘‘यह बिल्कुल स्पष्ट है कि मेरे यूट्यूब चैनल, मेरे ट्विटर अकाउंट, सभी को दबाया गया। यात्रा हमारे लिए जरूरी थी। विपक्ष कुछ भी कहे लेकिन राष्ट्रीय मीडिया में यह तोड़े-मरोड़े बिना पेश नहीं किया जाता है।’’
राहुल ने कहा, ‘‘सबसे बड़ी सीख यह मिली कि संचार का पुराना तरीका और लोगों से मिलना, जिसे महात्मा गांधी जी ने आधुनिक युग में शुरू किया था, अन्य लोगों ने भी पुराने युग में आगे बढ़ाया था, वह अब भी काम करता है।’’उन्होंने कहा कि चाहे भाजपा कितनी भी ऊर्जा लगा ले, चाहे मीडिया कितना भी तोड़-मरोड़कर पेश कर लें, यह काम नहीं करेगा क्योंकि अब लोगों से सीधा संवाद है।
राहुल गांधी ने कहा, ‘‘ मेरे लिए, निजी तौर पर मैंने जो सीखा, वह और भी रोचक था। आप सोचते हैं कि मेरी सीमा यहीं तक है, लेकिन आपकी सीमा वास्तव में कहीं नहीं होती। आपकी सीमा आपकी कल्पना से कहीं बहुत आगे है।’’

Related Post

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Chhattisgarh Aaj

Chhattisgarh Aaj News

Today News

Today News Hindi

Latest News India

Today Breaking News Headlines News
the news in hindi
Latest News, Breaking News Today
breaking news in india today live, latest news today, india news, breaking news in india today in english