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सारंगढ़ बिलाईगढ़। जनसंपर्क विभाग द्वारा जिलों में एलईडी प्रचार वाहन से छत्तीसगढ़ शासन की योजनाओं का प्रचार प्रसार गांव गांव शहर शहर में किया जा रहा है। जिले के बरमकेला विकासखंड के ग्राम बुदेली, सराइपाली, कुम्हारी, मल्दा, लेंधरा, दमदमा, झिकीपाली, कंचनपुर में एलईडी वैन से योजनाओं का प्रचार प्रसार किया गया। राज्य सरकार की अक्ती तिहार का कैलेंडर, योजनाओं के पाम्पलेट आदि का वितरण भी किया गया है। यह एलईडी प्रचार वाहन जिले के सारंगढ़ और बिलाईगढ़ विकासखंड के गावों शहरों में प्रचार प्रसार करेगा। एलईडी प्रचार वाहन से राजीव गांधी किसान न्याय योजना, मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना, मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लिनिक योजना, मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना, नई औद्योगिक नीति, राजीव युवा मितान क्लब, पौनी पसारी योजना, स्वामी आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूल योजना, शहीद महेंद्र कर्मा तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना, हाफ बिजली बिल, बेरोजगारी भत्ता, किसानों के कर्ज माफ, राम वन गमन पर्यटन परिपथ का विकास, मुख्यमंत्री सुगम सड़क योजना, राजीव गांधी भूमिहीन खेतिहर मजदूर न्याय योजना और सुराजी योजना नरवा, गरवा, घुरवा बाड़ी का वीडियो क्लिप के माध्यम से प्रचार किया जा रहा है।
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सारंगढ़-बिलाईगढ़। सारंगढ़ विकासखंड अंतर्गत स्वीप मतदाता जागरूकता अभियान के तहत राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) की महिलाओं द्वारा कई कार्यक्रम किए गए हैं। इसी क्रम में सारंगढ़ के रीपा- छिंद, रीपा- गोड़म और कोसीर गौठान में बिहान स्टाफ और बिहान संकुल संगठनों - माँ चंद्रहासिनी संकुल संगठन, रोशनी संकुल संगठन और उन्नति संकुल संगठन के कैडर्स द्वारा अलग अलग माध्यमों- मेहंदी, रंगोली, शपथ, रैली, कलश यात्रा के माध्यम से बड़ी संख्या में मतदाता जागरूकता अभियान कार्यक्रम किया गया है।
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महासमुंद। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार सभी निर्वाचनों में शत-प्रतिशत मतदाताओं की सहभागिता सुनिश्चित करने की दिशा में स्वीप कार्यक्रम के अंतर्गत वृहद स्तर पर मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तेंदुकोना में स्कूली छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक विशाल मानव श्रृंखला बनाकर मतदाताओं को सभी निर्वाचनों में शत प्रतिशत मतदान करने का संदेश दिया। इस दौरान सभी ने एक साथ मिलकर मानव श्रृंखला के जरिये "मतदान" की आकर्षक आकृति निर्मित की।स्वीप व्यवस्थित मतदाता शिक्षा और चुनावी भागीदारी के लिए एक संक्षिप्त नाम है। यह भारत में मतदाता शिक्षा, मतदाता जागरूकता बढ़ाने और मतदाता साक्षरता का समर्थन करने के लिए भारत के निर्वाचन आयोग का प्रमुख कार्यक्रम है।
- -शहीद कौशल की प्रतिमा तक नहीं लग पाई-कहीं सीढ़ियों के ग्रेनाइट दरके, तो कहीं चबूतरे के-केवल पुण्यतिथि कार्यक्रमों में ही मुस्तैदीटी सहदेवभिलाई नगर। शहीदों के सम्मान में लिखी गईं ये पंक्तियां 'शहीदों की चिताओं पर जुड़ेंगे हर बरस मेले, वतन पर मरने वालों का यही बाकी निशां होगा' शायद अमर जवानों की पुण्यतिथियों पर सिर्फ दोहराने के लिए ही रह गई हैं। हुडको स्थित शहीद स्मारक स्थल यही हकीकत बयां कर रहा है। यहां पर भारत माता की रक्षा करते हुए अपने प्राणों की आहुति देने वाले दो शहीदों कौशल यादव और प्रह्लाद सोनबोइर के स्मारक हैं, जो एक अरसे से बदहाली का शिकार हैं। ऐसा लगता है, मानो स्मारक स्थल के पुनरुद्धार में किसी की दिलचस्पी नहीं है। स्मरण रहे कि कौशल यादव कारगिल युद्ध में ऑपरेशन विजय के दौरान शहीद हुए थे, जबकि प्रह्लाद सोनबोइर ने भारत-पाक सीमा पर ऑपरेशन पराक्रम के दौरान अपनी शहादत दी थी।शहीद कौशल की प्रतिमा तक नहीं लग पाईयह कितनी अजीब बात है कि आज उनके स्मारक स्थल की सुध लेने वाला कोई नहीं। आलम यह है कि स्मारक स्थल की चहारदीवारी के अंदर और बाहर शहीदों के शौर्य को प्रदर्शित करते भित्ति चित्र और शिल्प जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। स्मारक स्थल में शहीद प्रह्लाद सोनबोइर की प्रतिमा तो स्थापित कर दी गई, लेकिन शहीद कौशल यादव की प्रतिमा आज तलक स्थापित नहीं की गई। शहीद कौशल के पुण्यतिथि कार्यक्रम में नजारा उस वक्त और भी गमगीन हो जाता है, जब चित्र रखकर उनका स्मरण किया जाता है और शाम को उसे हटा दिया जाता है।कहीं सीढ़ियों के ग्रेनाइट दरके, तो कहीं चबूतरे केतस्वीरों में साफ़ देखा जा सकता है कि स्मारक के ग्रेनाइट जगह-जगह टूटफूट हो चुके हैं। कहीं ये दरक गए हैं, तो कहीं उखड़ चुके हैं। चाहे स्मारक की सीढ़ियां हों, या फिर चबूतरा। हर जगह ग्रेनाइट का यही हाल है। स्मारक स्थल परिसर में झाड़-झंकार इतने ऊंचे हो गए हैं कि दीवारों पर उकेरी गईं जवानों की शौर्य-गाथाओं को रेखांकित करतीं चित्रकलाएं नजर नहीं आतीं। स्मारक स्थल की भीतरी और बाहरी दीवारों पर निर्मित शिल्पों पर लंबे समय से रंगरोगन नहीं होने के कारण वे इतने बदरंग हो गए हैं कि आंखें शर्म से झुक जाती हैं।केवल पुण्यतिथि कार्यक्रमों में ही मुस्तैदीक्षेत्र के सोशल एक्टिविस्ट टीजी नायुड़ु ने बताया कि परिसर में बिजली के खंभे तो कई लगे हैं, लेकिन एक ही बल्ब से रोशनी आती है, बाकी खंभों में से बल्ब नदारद हैं। जिसकी वजह से यहां अंधेरा पसरा रहता है। साफ-सफाई पर नगर निगम भी कोई खास ध्यान नहीं देता। केवल पुण्यतिथि कार्यक्रमों में ही निगम के अफसरों की मुस्तैदी नजर आती है। शेष दिनों में कोई भी जनप्रतिनिधि आसपास नहीं फटकता। यहां पर वाचनालय खोलने की भी घोषणा की गई, लेकिन उस पर भी अमल नहीं हुआ। बता दें कि तत्कालीन कैबिनेट मंत्री प्रेमप्रकाश पांडे की पहल पर दस वर्ष पूर्व दोनों स्मारकों के संधारण, चहारदीवारी के निर्माण, प्रकाश की व्यवस्था, ग्रेनाइट लगाने समेत सौंदर्यीकरण के लिए 43 लाख रुपए स्वीकृत हुए थे।
- - हृदय, फेफड़ों और किडनी की गंभीर बीमारियों में प्रदान की जाती हैं ये सेवाएं- बेमेतरा के 15 वर्षीय रोगी को ईसीएमओ की मदद से बचाया जा सकारायपुर। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स ) मध्य भारत के किसी सरकार चिकित्सा संस्थान में यह सेवाएं पहली बार प्रदान की जा रही हैं। ईसीएमओ में हृदय या किडनी की गंभीर बीमारी से पीड़ित रोगियों को अत्याधुनिक चिकित्सा सेवाएं प्रदान की जाती हैं। इसी प्रकार की एक समस्या से पीड़ित बेमेतरा के 15 वर्षीय रोगी को तीन डायलिसिस के बाद भी आराम नहीं मिल रहा था। इसे एम्स के क्रिटिकल केयर यूनिट में उपचार के लिए एडमिट किया गया था। यहां इसे ईसीएमओ की सेवाएं प्रदान की गई जिसके बाद रोगी की स्थिति स्थिर बनी हुई है। रोगी को जहरीले कीटनाशक के सेवन की वजह से हृदय और किडनी संबंधी कई दिक्कतें हो रही थी।ईसीएमओ के अंतर्गत हृदय और किडनी संबंधी कार्य को मैकेनिकल विधि से किया जाता है। इस दौरान शरीर को घातक बीमारी से उबरने के लिए समय प्रदान किया जाता है। आमतौर पर सीसीयू में उपलब्ध चिकित्सा उपकरणों की अपेक्षा यह अत्याधुनिक चिकित्सा विधि है। मध्य भारत के किसी सरकारी चिकित्सा संस्थान में यह पहली बार एम्स में उपलब्ध कराई गई है।निदेशक प्रो. (डॉ.) अजय सिंह ने रोगी का उपचार करने वाली टीम में शामिल एनेस्थिसिया विभागाध्यक्ष प्रो. एन.के. अग्रवाल, डॉ. चिन्मय कुमार पंडा, डॉ. नितिन कश्यप, डॉ. प्रणय मेश्री, डॉ. विनय राठौर और डॉ. जितेंद्र कलबंडे को बधाई दी है। डॉ. पंडा ने बताया कि इस प्रकार के रोगियों के बचने की सिर्फ 30 प्रतिशत संभावना होती है। ऐसे में ईसीएमओ की सेवाएं समय पर प्रदान किया जाना अत्यावश्यक है।टीम में डॉ. आदित्य, डॉ. प्रिया, डॉ. साईंनाथ, डॉ. भारत, डॉ. सुदीप, डॉ. हिमांशी, डॉ. संद्रा, डॉ. प्रीति, डॉ. सरवनी, नर्सिंग ऑफिसर महेश गोमे, जिबिन, गोविंद, सृष्टि, संतोष, इतिश्री और विजय शामिल थे।
- - 13 सितंबर को रेल रोको आंदोलन निकालेगी कांग्रेसदुर्ग ।लगातार रद्द होती ट्रेन एवं रेलवे को निजी हाथों में सौंपने के विरोध में छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी आगामी 13 सितंबर को रेल रोको आंदोलन निकालने जा रही है । इसी मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस सभी जिलों में प्रेस वार्ता कर रही है । इसी के तहत आज दुर्ग शहर के विधायक एवं छत्तीसगढ़ स्टेट वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन के अध्यक्ष अरुण वोरा ने राजीव भवन रायपुर में प्रेस वार्ता कर केंद्र की मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा । विधायक वोरा ने कहा कि मोदी सरकार ने आमजन को सिर्फ और सिर्फ ठगने का काम किया है उनकी हरकतों की वजह से आम जनता को परेशानी उठानी पड़ती है । जो भारतीय रेलवे करोड़ों भारतवासियों का सबसे भरोसेमंद व सस्ता परिवहन का साधन हुआ करता था उसे मोदी सरकार ने निजी हाथों में सौंप उसकी विश्वनीयता खत्म कर दी है । प्रेस वार्ता को संबोधित करतें हुए विधायक वोरा ने कहा बिना कोई ठोस कारण बताएं अचानक ट्रेन रद्द की कर दी जाती है जिससे बुजुर्ग ,महिलाएं पढ़ने वाले बच्चों को काफी तकलीफ हो रही है , पिछले 3 सालों में 67382 ट्रेनों को रद्द किया गया है । भाजपा द्वारा लगातार जो छूट आम जनता को दी गई थी उन्हें समाप्त किया जा रहा है ट्रेनों में किराया को बेतहाशा विधि की गई , प्लेटफार्म टिकट को भी कई गुना बढ़ा दिया गया, छात्रों को मिलने वाली रियायती भी समाप्त कर दी गई एवं बुजुर्गों को मिलने वाले छूट भी भाजपा द्वारा समाप्त कर दिया गया है ।मोदी शाह के अधिनायक वाद से डर से भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं जनप्रतिनिधि जनता के प्रति अपने कर्तव्य निभाने से भाग रहे हैं छत्तीसगढ़ की जनता ने भाजपा के नौ सांसदों को लोकसभा में चुनकर भेजा है ताकि वह जनता की आवाज संसद में उठा सके लेकिन आज छत्तीसगढ़ भाजपा के 9 सांसद मौन है उन्हें लोगों की समस्या दिखाई नही दे रही है वह केवल जी हुजूरी करने पर व्यस्त हैं माननीय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी ने पत्रों के माध्यम प्रधानमंत्री और रेल मंत्री को छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली ट्रेनिंग की संचालन व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग की है लेकिन छत्तीसगढ़ के प्रति केंद्र की अपेक्षा और भेदभाव और व्यवस्था लगातार जारी है ।प्रेसवार्ता के दौरान रायपुर शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष गिरीश दुबे एवं रायपुर शहर कांग्रेस के सभी ब्लॉक अध्यक्ष उपस्थित थे ।
- -आयुर्वेद महाविद्यालय चिकित्सालय में हर पुष्य नक्षत्र तिथि में 0-16 वर्ष के बच्चों को कराया जाता है स्वर्ण प्राशन-बच्चों के शारीरिक-मानसिक विकास में मददगार होने के साथ एकाग्रता और स्मरण शक्ति भी बढ़ाता हैरायपुर। रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने 10 सितम्बर को रायपुर के शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय चिकित्सालय में बच्चों को स्वर्ण प्राशन कराया जाएगा। आयुर्वेद महाविद्यालय चिकित्सालय में हर पुष्य नक्षत्र तिथि में शून्य से 16 वर्ष के बच्चों को स्वर्ण प्राशन कराया जाता है। चिकित्सालय के कौमारभृत्य बाल रोग विभाग में सवेरे नौ बजे से दोपहर तीन बजे तक इसका सेवन कराया जाता है। यह औषधि बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने, श्वसन संबंधी एवं अन्य रोगों से रक्षा करने के साथ ही एकाग्रता और स्मरण शक्ति बढ़ाने में अत्यंत लाभकारी है। यह बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में भी मदद करता है। शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय चिकित्सालय में हर पुष्य नक्षत्र तिथि में बच्चों के लिए स्वर्ण प्राशन का आयोजन किया जाता है। इस वर्ष की आगामी पुष्य नक्षत्र तिथियों 10 सितम्बर, 7 अक्टूबर, 4 नवम्बर, 1 दिसम्बर और 29 दिसम्बर को बच्चों को स्वर्ण प्राशन कराया जाएगा। स्वर्ण प्राशन हर महीने की पुष्य नक्षत्र तिथि में शून्य से 16 वर्ष के बच्चों को पिलाई जाने वाली औषधि है। file photo
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- यात्रियों की सुविधा के लिए गत वित्तीय से अब तक विभिन्न स्टेशनों में ट्रेनों के 53 ठहराव दिये गए ।
-यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए वित्तीय वर्ष 2022-23 एवं इस वर्ष के अप्रैल से अब तक विभिन्न ट्रेनों में 78 कोच स्थायी रूप से व 2550 कोच अस्थायी रूप से लगाए गए ।- इस वर्ष के अप्रैल माह से अब तक रेल विकास (नॉन-इंटरलाकिंग) कार्य के दौरान प्रतिदिन औसत चलने वाली यात्री गाड़ियों में से महज 1 प्रतिशत से भी कम को कैंसिल किया गया ।बिलासपुर । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में सभी यात्री गाड़ियों का नियमित परिचालन अपने निर्धारित समयानुसार किया जा रहा है । कोरोनाकाल के दौरान बंद किए गए सभी ट्रेनों का परिचालन शुरू कर दिया गया है । इसके साथ ही यात्रियों की सुविधा एवं मांग को देखते हुए गत वित्तीय से अब तक विभिन्न स्टेशनों में अलग-अलग ट्रेनों के 53 ठहराव दिये गए, जिनमें छोटे-छोटे स्टेशन भी शामिल है । रेल यात्रियों को अधिकाधिक कनफर्म बर्थ/ सीट की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु गत वित्तीय वर्ष 2022-23 एवं इस वर्ष के अप्रैल माह से अब तक विभिन्न ट्रेनों में 78 स्थायी रूप से लगाया गया । साथ ही भीड़भाड़, त्योहारों एवं छुट्टियों में 2550 अस्थायी अतिरिक्त कोच लगाए गए ।इसी प्रकार इस वर्ष के अप्रैल से सितंबर महीने तक रेल विकास कार्यों (नॉन-इंटरलाकिंग) के दौरान प्रतिदिन चलने वाली औसत यात्री गाड़ियों में से महज 1 प्रतिशत से भी कम को कैंसिल किया गया । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में प्रतिदिन औसत 247 मेल/एक्सप्रेस व पैसेंजर ट्रेनों का परिचालन किया जाता है । इन 6 महीनों में 35 दिनों के कार्य के दौरान कुल 28 ट्रेनों को कैंसिल किया गया, जो कि प्रतिदिन चलने वाली गाड़ियों का माज 1 प्रतिशत से भी कम है । अभी हाल ही में सक्ती यार्ड में किए जा रहे कार्य के दौरान रद्द किए गए 7 ट्रेनों को रक्षाबंधन पर्व को देखते हुए रेलवे द्वारा पुनः परिचालित किया गया ।समय के साथ रेल यात्रियों की संख्या व रेलों के माध्यम से परिवहन की जाने वाली आवश्यक वस्तुओं की मात्रा में काफी वृद्धि हो रही है । हमारे देश में परिवहन का सबसे बड़ा और लोकप्रिय माध्यम भारतीय रेल के ऊपर दिन प्रतिदिन यात्री एवं माल यातायात का दबाव बढ़ रहा है । आने वाले दिनों में बढ़ने वाली रेल ट्रैफिक की मांग व जरूरतों को ध्यान में रखकर दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में वृहद स्तर बुनियादी संरचना और क्षमता वृद्धि के कार्य निरंतर किए जा रहे है, जिसका लाभ आने वाले दिनों में इस क्षेत्र के निवासियों को निश्चित ही मिलेगा ।इसी कड़ी में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में तेजी से नई रेल लाइन, दोहरीकरण, तिहरीकरण एवं चौथी लाइन के कार्य किए जा रहे है । इन निर्माण कार्यों में केवल नॉन-इंटरलाकिंग कार्य के ही दौरान आवश्यकता होने पर ही कुछ ट्रेनों का परिचालन रद्द, मार्ग परिवर्तित या पुनर्निर्धारित कर कार्य को पूर्ण किया जाता है ।वर्तमान वित्तीय वर्ष 2023-24 में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में रेल विकास कार्यों (नॉन-इंटरलाकिंग) के दौरान अप्रैल माह में दुर्ग-भिलाई एवं एच केबिन, स्टेशनों में कुल 6 दिनों के कार्य में प्रतिदिन चलने वाली औसत ट्रेनों में से केवल 0.06 प्रतिशत ट्रेनों को कैंसिल किया गया । इसी प्रकार मई माह में रायपुर एवं आरवीएच स्टेशनों के मध्य 2 दिनों के कार्य में प्रतिदिन चलने वाली औसत ट्रेनों में से केवल 0.23 प्रतिशत, जून माह में झारीडीह स्टेशन यार्ड में 2 दिनों के कार्य में प्रतिदिन चलने वाली औसत ट्रेनों में से केवल 0.09 प्रतिशत, जुलाई माह में नैला, गुदमा एवं कांप्टी स्टेशनों में 10 दिनों के कार्य में प्रतिदिन चलने वाली औसत ट्रेनों में से केवल 0.47 प्रतिशत, अगस्त माह में सक्ती एवं जी केबिन स्टेशनों में 6 दिनों के कार्य में प्रतिदिन चलने वाली औसत ट्रेनों में से केवल 0.49 प्रतिशत, सितंबर माह में बधवावारा व कुम्हारी एवं भिलाई स्टेशनों में 9 दिनों के कार्य में केवल 2.23 प्रतिशत ट्रेनों को रद्द किया गया ।भविष्य की जरूरतों के लिए बुनियादी संरचना और क्षमता वृद्धि कार्य अत्यावश्यक है । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का हमेशा ही प्रयास रहता है कि इन कार्यों के दौरान आवश्यकता पड़ने पर ही कम से कम ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हो । - रायपुर। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान रायपुर के उद्यमिता सेल (ई-सेल) द्वारा, सेल के प्रभारी डॉ. चंद्रकांत ठाकुर के मार्गदर्शन में 9 सितंबर 2023 को स्वावलंबी भारत अभियान और थिंक इंडिया एनआईटीआरआर के सहयोग से "उद्यमिता विकास" पर एक वक्ता सत्र का आयोजन किया।इस कार्यक्रम में कई विशिष्ठ अतिथि उपस्थित रहे , जिसमें मुख्य अतिथि एनआईटी रायपुर के निदेशक डॉ. एन. वी रमना राव और सम्माननीय अतिथि वी. वाई. अस्पताल के निदेशक मंडल के सदस्य डॉ. आनंद पी. जोशी रहे | एनआईटी रायपुर के कैरियर डेवलपमेंट सेल (सी.डी.सी.) के प्रमुख डॉ. समीर बाजपेयी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। इस कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में आईआईएम रायपुर के प्रोफेसर श्री समीर पाराशर भी शामिल रहे। एनआईटीआरआरएफआई के सीईओ डॉ. अनुज कुमार शुक्ला और स्वावलंबी भारत अभियान की राज्य महिला समन्वयक सुश्री सुमन मुथा भी इस दौरान उपस्थित रही।कार्यक्रम की शुरुआत विशिष्ट अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इसके बाद, शिवम गोयल थिंक इंडिया एनआईटीआरआर के सदस्य ने मंच संभाला। उन्होंने भारत भर के प्रतिष्ठित संस्थानों के छात्रों द्वारा शुरू की गई एक पहल, थिंक इंडिया के बारे में बताया। अपने संबोधन के दौरान, श्री गोयल ने भारतीय रेलवे और इसरो के साथ थिंक इंडिया के सहयोग से आयोजित कार्यक्रमों पर प्रकाश डाला। इसके अतिरिक्त, उन्होंने स्टार्टअप्स को समर्थन देने के लिए डिज़ाइन किए गए थिंक इंडिया के इंटर्नशिप कार्यक्रम, "शुरुआत" के बारे में बताया ।सुश्री सुमन मुथा ने स्वावलंबी भारत अभियान पर चर्चा की, जो स्टार्ट-अप, उद्यमिता और नौकरी के प्रति जागरूकता को बढ़ावा देने पर केंद्रित है। इसका प्राथमिक लक्ष्य 2030 तक प्रत्येक भारतीय के लिए पूर्ण रोजगार प्राप्त करना, आत्मनिर्भरता और स्वतंत्रता को बढ़ावा देना है।अपने भाषण में, NITRRFIE के सीईओ डॉ. अनुज शुक्ला ने उद्यमिता पर चर्चा की, जिसमें प्राचीन काल में हुए उद्यमिता के उदाहरण शामिल रहे। उन्होंने भारत के स्टार्टअप इंडिया मिशन के साथ जुड़ने के महत्व पर जोर दिया और उपस्थित सदस्यों को नौकरी चाहने वालों के बजाय नौकरी प्रदाता बनने, व्यापार जगत में नवाचार और अवसरों को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहित किया।श्री संजीव पाराशर का जोशीला भाषण दर्शकों को बहुत पसंद आया क्योंकि उन्होंने वैश्विक अर्थव्यवस्था और उद्यमिता परिदृश्य में भारत की स्थिति पर बहुत ही प्रभावशाली ढंग से प्रकाश डाला। एक प्रभावशाली और प्रेरक भाव के साथ, उन्होंने छात्रों से उद्यमशीलता की यात्रा शुरू करने का आग्रह किया, उनके शब्द उपस्थित लोगों के लिए अपनी आकांक्षाओं पर ध्यान केंद्रित करने, बाहरी विकर्षणों और विचारों के सामने अटल रहने, आत्मनिर्णय और लचीलेपन की भावना को बढ़ावा देने में प्रभावी रहे ।अपने भाषण में, श्री आनंद ने हमें अपने जीवन को सही आकार देने में असफलताओं से सीखने को प्रोत्साहित किया। श्री आनंद ने अपने भाषण के माध्यम से समुदाय, मित्रता और निरंतर आत्म-सुधार के महत्व पर जोर दिया।निदेशक डॉ. एन.वी. रमना राव ने ई-सेल को कार्यक्रम के लिए बधाई दी और उद्यमियों के लिए प्रमुख विशेषताओं समस्या-समाधान, निर्णय लेने और संचार कौशल को रेखांकित किया । उन्होंने बुनियादी व्यावसायिक कौशल, एनईपी 2020 का उल्लेख किया और बिल गेट्स जैसे उदाहरणों का उद्यमिता में महत्व बताया । उन्होंने तय समय सीमा में कार्य पूरा करने के महत्व पर जोर दिया।अंत में सभी गणमान्य अतिथियों को मोमेंटो प्रदान किया गया और छात्रों की सक्रिय भागीदारी के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ।
- रायपुर, /राज्य की शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में प्रशिक्षण अधिकारी के विभिन्न रिक्त पदों की पूर्ति हेतु द्वितीय चरण की ऑनलाइन काउंसलिंग उपरांत दस्तावेज सत्यापन हेतु अभ्यर्थियों को दिनांक 12 से 14 सितंबर 2023 तक शासकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय, सेजबहार, रायपुर में बुलाया गया है। इस हेतु संबंधित अभ्यर्थी को एसएमएस पर भी सूचना भेजी जा रही है। तथापि सभी अभ्यर्थी अद्यतन जानकारी हेतु निरंतर संचालनालय की http://cgiti.cgstate.gov.in/ तथा अपने लॉगिन आईडी का नियमित अवलोकन करते रहें। दस्तावेज सत्यापन उपरांत संबंधित अभ्यर्थी आगामी दिवस सायं 5.00 बजे तक उसी स्थल पर पंजीयन प्रभारी के पास अपना दावा/आपत्ति भी प्रस्तुत कर सकते हैं।
- भिलाईनगर/ नगर पालिक निगम भिलाई के शहरी गौठान कोसा नगर तथा पशु आश्रय स्थल में रखे घुमन्तु मवेशियों का पशुधन पालन विभाग द्वारा एनिमल टेगिंग किया जा रहा है।निगम आयुक्त रोहित व्यास के निर्देश पर सम्पूर्ण निगम क्षेत्र में चल रहे रोका छेका संकल्प अभियान के तहत निगम के राजस्व अमले द्वारा सड़क तथा चौक चौराहों से पकड़कर गौठान में रखे गये 891 गाय, बैल एवं सांड का पशुधन विभाग द्वारा एनिमल टेगिंग का कार्य प्रारंभ किया गया है, शनिवार को शहरी गौठान कोसा नगर में रखे गये 416 गाय में से 100 का तथा डी-मार्ट के पास बनाये गये पशु आश्रय स्थल में रखे 475 सांड तथा बैल में से 100 पशुओं का टेगिंग किया गया है।आपको बता दे कि गत दिवस निगम सभागार में पशुपालकों की आयोजित बैठक में आयुक्त श्री व्यास ने पशुपालन विभाग के अधिकारी को निर्देश दिये थे कि भिलाई निगम क्षेत्र के सभी मवेशियों का एनिमल टेगिंग किया जाना है, जिसकी शुरूवात गौठान में रखे पशुओं से किया गया है। इसके पश्चात पशुपालन विभाग निगम क्षेत्र के सभी खटालों में पहुॅच कर मवेशियों का टेगिंग निःशुल्क करेगा।
- भिलाईनगर/ नगर पालिक निगम भिलाई द्वारा अवैध कब्जा करने वालों पर निगरानी करते हुए उनके विरूद्ध लगातार कार्यवाही की जा रही है, जोन 03 मदर टेरेसा नगर क्षेत्र में निगम के राजस्व विभाग की टीम ने पाॅवर हाउस ब्रिज के नीचे सड़क पर अवैध कब्जा कर व्यवसाय कर आवागमन को बाधित करने वालों को बेदखल कर सामग्री को जप्त किया गया। वही संतोषीपारा मे महिला के मकान पर किये गये अवैध कब्जा को मुक्त कराया। इसके अलावा बसंत टाॅकिज के समीप एक ही दुकान पर दो भाईयो द्वारा अवैध होने शिकायत पर दोनों पक्षों को भूमि स्वामित्व संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत करने कहा गया है।निगम क्षेत्र में अतिक्रमण, अवैध निर्माण करने वालों पर शिकंजा कसने निगम आयुक्त रोहित व्यास ने अधिकारी कर्मचारियों को निर्देशित किये है राजस्व अमला अपने क्षेत्र का निगरानी करते हुए उन पर कार्यवाही कर रहे है।जोन 03 के सहायक राजस्व अधिकारी अनिल मेश्राम ने बताया कि जोन आयुक्त के निर्देश पर निगम की टीम ने अलग अलग कार्यवाही की गई। उन्होंने बताया कि वार्ड 35 संतोषीपारा निवासी लच्छण बाई के मकान को उसके भाई संतलाल देशलहरे ने कब्जा कर लिया था, जिसकी शिकायत मिलने पर निगम की टीम मौके पर पहुंची जांच पश्चात महिला की शिकायत सही पाई गई जिस पर कब्जा करने वाले उसके भाई को समझाईश के साथ मकान का ताला खुलवाकर कब्जे से मुक्त कराया गया। इसी तरह बसंत टाॅकीज के समीप रमेश चौधरी एवं दुर्गेश चौधरी के दुकान को अवैध होने की शिकायत निगम मे दर्ज कराया गया है, निगम की टीम स्थल पर पहुंची तब दोनो पक्षों से दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाए जिस पर निगम आयुक्त के निर्देश पर दोनो पक्षों को 24 घंटे के भीतर भूस्वामित्व संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत करने का समय दिया गया है।सामान फैलाकर व्यवसाय करने वाले विरूद्ध हुई कार्रवाई -पाॅवर हाउस चौक पर ब्रिज के नीचे अव्यवस्थित तरीके से व्यवसाय करने वाले के विरूद्ध निगम की टीम ने बेदखली की कार्रवाई किए। गौरतलब है कि पाॅवर हाउस चौक में सड़क किनारे सामान बेचने वालों को व्यवस्थित तरीके व्यवसाय करने के लिए नई गुमटियां बनाकर आवंटित किया गया है, निगम से गुमटी आवंटित कराने के बावजूद उसे छोड़कर कुछ लोग सड़क पर सामान फैलाकर व्यवसाय कर रहे थे जिससे चौक पर आने जाने वाले वाहनों के आवागमन में परेशानी हो रही थी ।जिसे देखते हुए जूता चप्पल और आटो सर्विसिंग करने वालों को बेदखल कर उनके सामान को जप्त किया गया। कार्यवाही के दौरान केशव सोनारे, जयंत मेश्राम, मनहरण साहू, अनिल देशमुख, दिनेश चैहान सहित जोन 03 के कर्मचारी उपस्थित थे।
- रायपुर / छत्तीसगढ़ में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए चल रही छत्तीसगढ़िया ओलंपिक प्रतियोगिता अब 10 सितंबर से संभाग स्तर में प्रवेश करने जा रही है। संभाग स्तर में यह प्रतियोगिता 20 सितंबर तक चलेगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की पहल एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री उमेश पटेल के मार्गदर्शन में चल रही छत्तीसगढ़िया ओलंपिक को इस वर्ष भी अभूतपूर्व लोकप्रियता मिल रही है।छत्तीसगढ़िया ओलंपिक में युवाओं के साथ ही बूढ़े, बच्चें एवं महिलाएं भी इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए छत्तीसगढ़िया ओलंपिक के राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में लंबी कूद, 100 मीटर दौड़ एवं कुश्ती के खेल में 18 से 40 वर्ष की आयु वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को उत्कृष्ट खिलाड़ी घोषित करने की घोषणा की है। यह प्रावधान इसी सत्र से लागू होगा। संभाग स्तरीय प्रतियोगिता के समापन के पश्चात अंतिम चरण में राज्य स्तरीय छत्तीसगढ़िया ओलंपिक का आयोजन राजधानी रायपुर में 25 सितंबर से 27 सितंबर तक होगा।गौरतलब है कि छत्तीसगढ़िया ओलंपिक में राज्य के 16 पारम्परिक खेल प्रतियोगिताएं दलीय व एकल श्रेणी में आयोजित की जा रही है। दलीय श्रेणी में गिल्ली डंडा, पिट्टूल, संखली, लंगड़ी दौड़, कबड्डी, खो-खो, रस्साकसी और बांटी (कंचा) जैसी खेल विधाएं शामिल की गई हैं। वहीं एकल श्रेणी की खेल विधा में बिल्लस, फुगड़ी, गेड़ी दौड़, भंवरा, 100 मीटर दौड़, लम्बी कूद, रस्सी कूद एवं कुश्ती शामिल हैं।
- दुर्ग / दुर्ग जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जिनमें से भिलाई नगर निगम क्षेत्र व दुर्ग नगर निगम क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग व नगर निगम के अमले द्वारा डेंगू से संबंधित नियंत्रण व रोकथाम का कार्य निरंतर किया जा रहा है। विगत 8 सितम्बर 2023 को कुल 06 नये प्रकरण डेंगू एलिजा पॉजिटिव के मिले, जिसमें से भिलाई नगर निगम क्षेत्र से सेक्टर 1 से 02, सेक्टर-2 से 01, सेक्टर-4 से 01, मरोदा से 01, बजरंग पारा भिलाई 3 से 01 का रहवासी है। वर्तमान में 13 मरीज भर्ती है एवं कोई भी मरीज की गंभीर स्थिति नहीं है। मरीजों के निवास क्षेत्रों में घर-घर जाकर स्वास्थ्य विभाग के मैदानी अमले द्वारा मॉस्किटों सोर्स रिडक्शन का कार्य दैनिक रूप से किया जा रहा है। श्री के.के.यादव, महाप्रबंधक, श्री व्ही.के. भोंडेकर, वरि. प्रबंधक, श्री आर.के.गुप्ता, वरि. प्रबंधक, जनस्वास्थ्य विभाग, भिलाई इस्पात संयंत्र की टीम के द्वारा लगातार डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में लार्वा नष्टीकरण एवं एडिस मच्छर को नष्ट करने के लिए फागिंग का कार्य किया जा रहा है, इसके आलावा नगर निगम भिलाई की टीम द्वारा डेंगू प्रभावित क्षेत्र आनंद विहार, राधिका नगर में लार्वा नष्टीकरण एवं फागिंग का कार्य किया गया है। उसी प्रकार देवबलौदा चरोदा और बजरंगपारा भिलाई 3 में भी लार्वा का नष्टीकरण किया गया।मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी श्री जे.पी. मेश्राम से प्राप्त जानकारी अनुसार जिला मलेरिया कार्यालय की टीम द्वारा डेंगू प्रभावित क्षेत्र सेक्टर 1, 2, 4, मरोदा, बजरंग पारा भिलाई-3, के प्रभावित क्षेत्रों में नगर निगम एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा भ्रमण किया गया। जहां पर संयुक्त टीम द्वारा निरंतर घर-घर भ्रमण कर कुलर, टंकी की जांच की गयी व आम जनता को साफ-सफाई रखने एवं डेंगू से बचाव के बारे में समझाईश दी गयी एवं संभावित डेंगू प्रभावित क्षेत्र मे टेमीफॉस का छिड़काव और फॉगिंग का कार्य निरंतर किया जा रहा है। कुल 83990 घरों का सर्वेक्षण किया जा चुका है, जांच किये कुलर पानी टंकी व अन्य कंटेनर की संख्या-126981 जिनमें से 36765 खाली कराये गये। सभी कंटेनरों में 73067 स्थानों में टेमीफास डालकर लार्वा का नष्टीकरण किया गया। 86720 पाम्पलेट के माध्यम से डेंगू व मलेरिया से बचाव के लिए स्वास्थ्य शिक्षा दी गयी। ग्रामीण स्तर में स्कूली बच्चों को डेंगू एवं मलेरिया के रोकथाम बचाव के संबंध में लगातार स्वास्थ्य शिक्षा संबंधी जानकारी दी जा रही है। आम जनता में जन जागरूकता लाने स्वास्थ्य विभाग एवं नगर निगम के कर्मचारियों के द्वारा घर-घर सर्वे करते हुये व्यापक प्रचार प्रसार किया जा रहा है। डेंगू के लक्षण जैसे ठंड लगने के साथ अचानक बुखार आना, सिर व मांस पेशियों व जोड़ो में दर्द, ऑंखो के पिछले भाग में दर्द होना, जी मिचलाना एवं उल्टी होना, गंभीर मामलों में नाक मुंह तथा मसूड़ों से खून आना तथा त्वचा पर चकते उभरना के बारे में विस्तृत जानकारी आम जनता को दी गयी व रोकथाम एवं नियंत्रण के तरीके जैसे शरीर को पूरे तरीके से ढकने वाला पोशाक पहनें। मॉस्किटो रिपेलेन्ट का प्रयोग करें। सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें। लोगों से अपील की जा रही है कि सप्ताह में एक दिन घर के सारे कन्टेनर जैसे कुलर, पानी टंकी व अन्य पात्र को एक दिन खाली कर सुखने के पश्चात पानी का जल भराव करें। घरों के आसपास पानी जमा होने वाले वस्तुओं जैसे कि गमला, टायर, टूटे फूटे बर्तन आदि को तत्काल नष्ट करें। घर के आसपास पानी जमा होने पर गाड़ी का जला हुआ तेल डालें जिससे लार्वा के नष्टीकरण में सहायता मिलेगी। आम जनता यह आवश्यक सावधानी बरतें जैसे डेंगू के मच्छर केवल दिन में काटते हैं और साफ पानी में प्रजनन करते हैं। अधिकांश लोग रात के समय मच्छरदानी का उपयोग करते हैं, किन्तु दिन के समय किसी भी प्रकार की सावधानी नहीं बरती जाती है। सावधानी के रूप में फुल शर्ट, पेन्ट पहने एवं शरीर के अन्य भाग पर आडोमास का उपयोग कर डेंगू के मच्छरों के प्रकोप से बचा जा सकता है।
- -दो पालियों में होगा प्रशिक्षणदुर्ग / विधानसभा निर्वाचन-2023 के सुचारू संचालन हेतु जिले में ईईएम (एफएसटी, एसएसटी, वीएसटी, वीवीटी, एईओ, एकाउण्ट टीम) का गठन किया गया है। उक्त गठित दलों को श्री दिवाकर राठौर, संयुक्त संचालक, कोष लेखा एवं पेंशन एवं नोडल अधिकारी ईईएम द्वारा बीआईटी ऑडियोटोरियम में 13 सितम्बर को दो पालियों में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रथम पाली में प्रातः 11.30 बजे से दोपहर 12.45 तक एफएसटी, एसएसटी, वीएसटी दलों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। द्वितीय पाली में प्रातः 1 बजे से दोपहर 2.30 बजे तक वीवीटी, एईओ, एकाउण्ट टीम दलों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने स्पष्ट आदेश देते हुए प्रशिक्षण में समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी निर्धारित तिथि, समय व स्थान में उपस्थित होकर प्रशिक्षण प्राप्त करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है।
- -मुख्यमंत्री ने हीरक जंयती समारोह का किया शुभारंभ-छत्तीसगढ़ की स्वास्थ्य मशीनरी हर संकट से निपटने के लिए तैयार – भूपेश बघेल-रायपुर मेडिकल कॉलेज में जीनोम सिक्वेन्सिंग लैब शुरू होगारायपुर । मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज रायपुर के पंडित जवाहर लाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय में 700 बिस्तर क्षमता वाले नए एकीकृत चिकित्सालय भवन का भूमिपूजन किया। चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध अस्पताल के लिए 322 करोड़ रुपए की लागत से आधुनिक सर्वसुविधायुक्त चिकित्सालय भवन का निर्माण शीघ्र प्रारंभ होगा। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने मेडिकल कॉलेज ऑडिटोरियम में महाविद्यालय के हीरक जयंती समारोह का शुभारंभ भी किया। आज से ठीक 60 साल पहले 9 सितम्बर 1963 को रायपुर के शासकीय मेडिकल कॉलेज की स्थापना हुई थी। उप मुख्यमंत्री तथा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव, संसदीय सचिव श्री विकास उपाध्याय, छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेस कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष डॉ. प्रीतम राम, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष श्री कुलदीप जुनेजा, विधायक श्री सत्यनारायण शर्मा, महापौर श्री एजाज ढेबर, रायपुर नगर निगम के सभापति श्री प्रमोद शर्मा और रायपुर जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती डोमेश्वरी वर्मा दोनों कार्यक्रमों में शामिल हुईं।मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने भूमिपूजन कार्यक्रम और हीरक जंयती के शुभारंभ समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि रायपुर मेडिकल कॉलेज एवं इससे संबद्ध चिकित्सालय को आज की जरूरत के हिसाब से विकसित करना है। उन्होंने सभी प्राध्यापकों, स्टॉफ, छात्र-छात्राओं और भूतपूर्व विद्यार्थियों को मेडिकल कॉलेज के 60 वर्ष पूरे करने पर बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि आने वाले वर्षों में इस मेडिकल कॉलेज और चिकित्सालय की प्रतिष्ठा बढ़े, इसके लिए हम सबको मिल कर काम करना है।मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं में काफी बढ़ोतरी हुई है। स्वास्थ्य सुविधाओं का दायरा और गुणवत्ता दोनों बढ़ी है। सरकारी अस्पतालों पर लोगों का भरोसा बढ़ा है। दूरस्थ अंचलों के लोगों तक भी निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंची हैं। शासकीय अस्पतालों के माध्यम से लोगों को निःशुल्क उपचार, जांच और दवाई मिल रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की स्वास्थ्य मशीनरी हर संकट से निपटने के लिए तैयार है। वैश्विक महामारी कोरोना के समय हमारे डॉक्टर, नर्स और अन्य मेडिकल स्टॉफ ने बेहतर काम कर इसे साबित भी किया है। उन्होंने कहा कि बस्तर और सरगुजा जैसे दूरस्थ क्षेत्रों में मलेरिया और डायरिया फैलना अब बीते दिनों की बात हो गई है। हमारे मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान से मलेरिया के मामलों में काफी कमी आई है।उप मुख्यमंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि रायपुर मेडिकल कॉलेज का 60 साल का सफर शानदार रहा है। इससे संबद्ध अस्पताल प्रदेशवासियों के लिए बड़ी उम्मीद है। एशिया की सबसे एडवांस्ड मशीनरी भी यहां उपलब्ध है। आज नए चिकित्सालय भवन का भूमिपूजन हुआ है, जल्दी ही इसके लोकार्पण का समय आएगा। उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अस्वस्थता के बावजूद वे कार्यक्रम में मौजूद हैं। मुख्यमंत्री से स्वास्थ्य विभाग के लिए जितना मांगा है, उन्होंने उससे ज्यादा ही दिया है। श्री सिंहदेव ने बताया कि रायपुर मेडिकल कॉलेज में जीनोम सिक्वेसिंग लैब के लिए मंजूरी मिल गई है।चिकित्सा शिक्षा विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु जी. पिल्लै ने कार्यक्रम में कहा कि रायपुर मेडिकल कॉलेज प्रदेश का सबसे बड़ा टर्शरी केयर हॉस्पिटल है। यहां लगातार बढ़ रही मरीजों की संख्या को देखते हुए सर्वसुविधायुक्त एकीकृत चिकित्सालय भवन की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही थी। आज भूमिपूजन होने के बाद जल्दी ही इसका निर्माण भी शुरू हो जाएगा। डीन डॉ. तृप्ति नागरिया ने अपने स्वागत भाषण में रायपुर मेडिकल कॉलेज के 60 वर्ष के सफर की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 1963 में आज ही के दिन 60 विद्यार्थियों के साथ इसकी यात्रा शुरू हुई थी। अब यहां एमबीबीएस की 230 और पीजी की 150 सीटें हैं। उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज से संबद्ध अस्पताल की क्षमता 700 बिस्तरों से बढ़कर 1248 हो गई है। नए एकीकृत चिकित्सालय भवन में 700 बिस्तर बढ़ने से यहां बिस्तरों की संख्या करीब दो हजार हो जाएगी। दो हजार बिस्तर क्षमता वाला यह मध्य भारत का एकमात्र अस्पताल होगा। चिकित्सालय में सुविधा बढ़ने से लोगों को बेहतर इलाज मिलेगा।डीन डॉ. नागरिया ने महाविद्यालय के हीरक जयंती के मौके पर नए चिकित्सालय भवन के भूमिपूजन के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल एवं राज्य शासन को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि यह जन्मदिन पर उपहार मिलने जैसा है। उन्होंने बताया कि हीरक जयंती का मुख्य समारोह इस वर्ष 23 दिसम्बर और 24 दिसम्बर को मनाया जाएगा। इसमें देश-विदेश में सेवा दे रहे महाविद्यालय के पूर्व छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में भाग लेंगे। हीरक जयंती आयोजन समिति के सह-अध्यक्ष डॉ. ललित शाह, सचिव डॉ. राकेश गुप्ता, कोषाध्यक्ष डॉ. अनिल जैन और डॉ. भीमराव अंबेडकर स्मृति चिकित्सालय के अधीक्षक डॉ. एस.बी.एस. नेताम सहित रायपुर मेडिकल कॉलेज के प्राध्यापक, आयोजन समिति के पदाधिकारी एवं सदस्य तथा छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।ऐसा होगा नया एकीकृत चिकित्सालय भवनएकीकृत नवीन चिकित्सालय भवन में प्रदेशवासियों को आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। मरीजों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सभी बुनियादी सुविधाएं इस परिसर में उपलब्ध कराई जाएंगी। प्रदेशवासियों को अत्याधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ प्रदान करने की दिशा में राज्य सरकार का यह एक बड़ा कदम है। इसके बनने से राजधानी के नागरिकों को अत्याधुनिक सुपर स्पेशयलिटी अस्पताल की सुविधा मिल सकेगी।डॉ. भीमराव स्मृति चिकित्सालय रायपुर में बनने वाले 700 बिस्तर के इस अस्पताल में बेसमेंट फ्लोर, लोवर ग्राउंड फ्लोर तथा भूतल के अलावा सात तल होंगे। इस अस्पताल में सुपर स्पेशयलिटी अस्पताल की सभी सुविधाएं मरीजों को मिलेंगी। इस एकीकृत नवीन चिकित्सालय भवन का निर्माण 70 हजार 896 वर्ग मीटर में होगा। भवन में फायर फाइटिंग सिस्टम, एचवीएसी सिस्टम, आईबीएमएस सिस्टम आदि का प्रावधान किया गया है। भवन में बेसमेंट फ्लोर 8828 वर्ग मीटर का, भूतल 7500 वर्ग मीटर का, प्रथम तल से पंचम तल तक 7274 वर्ग मीटर, षष्ठम तल मय आट्रियम रूफ स्ट्रक्चर 8728 वर्ग मीटर, सातवां तल 640.57 वर्ग मीटर का होगा। नींव को इस रूप में तैयार किया गया है कि भविष्य में सातवें फ्लोर और आठवें फ्लोर को जरूरत के हिसाब से विकसित किया जा सकता है।
- -कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में ‘युवोदय वन मितान’ कार्यशाला संपन्नरायपुर / हरी-भरी वादियों के बीच प्राकृतिक खूबसूरती को समेटे बस्तर के कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान की एक अलग ही पहचान है। आज 09 सितम्बर को वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर के दिशा-निर्देश तथा प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही. श्रीनिवास राव के मार्गदर्शन में कोटमसर ग्राम में प्रकृति संरक्षण संबंधी एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस तारतम्य में प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्य प्राणी) श्री सुधीर अग्रवाल ने बताया कि हाल ही में कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल द्वारा इसके 15 गुफाओं पर आधारित कॉफी टेबल बुक का भी विमोचन हुआ है। कार्यशाला का आयोजन कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान प्रबंधन, यूनिसेफ, एफईएस और छत्तीसगढ़ एग्रिकॉन समिति के सयुक्त तत्वाधान में ‘युवोदय वन मितान’ (जन मन बन) किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुख्य वन संरक्षक वन्यजीव श्री राकेश पाण्डेय, वनमंडलाधिकारी कांगेर घाटी श्री धम्मशील गणवीर, यूनिसेफ चीफ छत्तीसगढ़ श्री जॉब जकारिया, यूनिसेफ स्पेशलिस्ट श्री अभिषेक सिंह, सुश्री मंजीत कौर बल, वरिष्ठ पत्रकार श्री सतीश जैन, यूनिसेफ सलाहकार श्री चंदन कुमार, सचिव छत्तीसगढ़ एग्रीकॉन समिति श्री मानस बनर्जी आदि उपस्थित रहे।यह कार्यक्रम, प्राकृतिक संरक्षण को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है और इसमें लोगों को प्राकृतिक संसाधनों के प्रति जागरूक बनाने का प्रयास किया गया। कार्यक्रम के तहत स्थानीय युवाओं को वन्यजीवों के संरक्षण के महत्व के बारे में जानकारी प्रदान की गई और उन्हें वन्यजीवों की सुरक्षा और संरक्षण में अपनी भूमिका निभाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। कार्यशाला में राष्ट्रीय उद्यान से आस-पास के लगभग 250 ग्रामीण युवा, स्थानीय इको विकास समिति के सदस्य और ग्रामीण जन उपस्थित रहे। राष्ट्रीय उद्यान के निदेशक श्री धम्मशील गणवीर ने बताया कि इस आयोजन के माध्यम से बस्तर के युवा पीढ़ी को ‘युवोदय वन मितान’ तैयार किए जा रहा है, जिससे वे ग्रामीणों को प्रकृति और संस्कृति संरक्षण के प्रति जागरूक कर सकेंगे।
- -राजधानी रायपुर के तेलीबांधा तालाब में आयोजित हुआ कार्यक्रम-पुनीत सागर अभियान से जुड़े एनसीसी कैडेट का हुआ सम्मान-पुनीत सागर अभियान के तहत एनसीसी कैडेट ने राज्य के 75 तालाबों को किया है प्लास्टिक कचरे से मुक्त-राज्य में एनसीसी की 16 इकाइयां पिछले एक साल से पुनीत सागर अभियान के माध्यम से आमजनों को कर रहे प्रेरित-अभियान के तहत एनसीसी देशभर में समुद्री किनारों, बीचों, झीलों, नदियों और तालाबों को कर रहे है कचरामुक्तरायपुर / एनसीसी केडिट्स के द्वारा पुनीत सागर अभियान के माध्यम से लोगो को तालाबों,नदियों और जलाशयों को स्वच्छ रखने का लगातार संदेश दिया जा रहा है । इसी कड़ी में आज सुबह राजधानी रायपुर के तेलीबांधा तालाब में पुनीत सागर अभियान का कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस मौके पर लोगो को तालाबों, नदियों और जलाशय को स्वच्छ रखने के लिए लोगो को प्रेरित करने के लिए एनसीसी कैडेटों को सम्मानित किया गया। इस दौरान एनसीसी कैडेटों द्वारा जल संरक्षण और उसके सदुपयोग से संबंधित नारे भी लगाए। आज के कार्यक्रम में एनसीसी रायपुर ग्रुप के विभिन्न संस्थाओं के 2000 से अधिक कैडेट्स ने भाग लिया।यह कार्यक्रम स्थानीय लोगों तथा भावी पीढ़ी को तालाबों, नदियों और जलाशयों को स्वच्छ रखने के लिए प्रेरित करने एवं इसके महत्व को रेखांकित करने पुनीत सागर अभियान के एक वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में एनसीसी केडिटस द्वारा आयोजित किया गया।स्वच्छ भारत मिशन का विस्तार करते हुए एनसीसी द्वारा देशभर में पुनीत सागर अभियान संचालित किया जा रहा है।इसका उद्देश्य समुद्री किनारों और बीचों, झीलों, नदियों तथा तालाबों को प्लास्टिक एवं अन्य कचरों से मुक्त करना है। पर्यावरण को प्लास्टिक कचरे से बचाने के लिए लोगों को जागरूक करना और इस संदेश का प्रचार-प्रसार करना भी इस अभियान का मकसद है। ज्ञात हो छत्तीसगढ़ राज्य में एनसीसी ग्रुप रायपुर और इसकी राज्य भर में फैली 16 इकाइयां पिछले एक साल से पुनीत सागर अभियान में शामिल है। रायपुर छत्तीसगढ़ में एनसीसी के पूरे राज्य भर के लगभग 253 स्कूलों और 100 कॉलेजों में लगभग 18 हजार कैडेट्स हैं। रायपुर ग्रुप के एनसीसी कैडैटस् द्वारा अब तक छत्तीसगढ़ के 75 जल ईकाईयो को प्लास्टिक मुक्त बनाया गया है। कुल 2400 किलोग्राम प्लास्टिक कचरा एकत्र कर रिसाईक्लिंग के लिए भेजा गया है। स्थानीय आबादी के बीच जल निकायो की सफाई और संरक्षण के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए छत्तीसगढ़ के एनसीसी कैडेटो द्वारा एक व्यापक जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। इस संबंध में एनसीसी ईकाईयो द्वारा स्थानीय आबादी, ग्राम पंचायत, नगर निगम और गैर सरकारी संगठनो (एन०जी०ओ०) के साथ जागरूकता रैलियां, नुक्कड नाटक, पेन्टिंग प्रतियोगिता और हस्ताक्षर अभियान जैसी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गई है।सम्मान कार्यक्रम में विधायकगण श्री कुलदीप जुनेजा, विकास उपाध्याय, श्री बृजमोहन अग्रवाल, श्रम विभाग के अध्यक्ष श्री सुशील सन्नी अग्रवाल, मुख्य अतिथि के रूप में मेजर जनरल संजय शर्मा, (सेवानिवृत्त) पूर्व एडीजी, मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़, ब्रिगेडियर विवेक शर्मा, व्हीएसएम (सेवानिवृत्त), कर्नल विष्णु शिकरवार, कर्नल संतोष रावत, कर्नल राकेश बुधानी सहित बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे।आज के इस मेगा इंवेन्ट में रायपुर शहर के नागरिक,स्वयं सेवको और एन.जी.ओ.के साथ 8 सीजी गर्ल्स बटा, 27 सीजी बटा, 5 सीजी सीजीआई 1 सीजी नेवल युनिट एवं 3 सीजी एयर स्क्वाड्रन के स्कूल और कॉलेजो के एनसीसी कैडेट ने भाग लिया। तेलीबांधा रायपुर में आयोजित सम्मान कार्यक्रम में एनसीसी कैडेट द्वारा नुक्कड़ नाटक, पुनीत सागर गीत, नृत्य और भाषण प्रस्तुत किये।इस अवसर पर स्थानीय छत्तीसगढ़ी कलाकार श्री सुनील तिवारी ने भी प्रस्तुति दी।ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर विक्रम सिंह चौहान, वाईएसएम ने एनसीसी कैडेटो द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में किये गये पुनीत सागर अभियान के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।ब्रिगेडियर चौहान ने ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ नशा मुक्ति अभियान, रक्तदान, मतदाता जागरूकता अभियान, वृक्षारोपण शहीदो की मूर्तियों की सफाई और रख रखाव, महिता सशक्तिकरण वोकल फॉर लोकल और बैन प्लास्टिक ड्राईव जैसी सामाज सेवा और सामुदायिक विकास गतिविधियों पर भी प्रकाश डाला जिनमे छत्तीसगढ़ में एनसीसी द्वारा जोरदार तरीके से कार्य किया जा रहा है।
- रायपुर / गणेश चतुर्थी त्योहार आ रहा है ऐसे में रीपा से जुड़ी स्व सहायता समूह की महिलाएं सुंदर और आकर्षक गणेश भगवान की प्रतिमा बना रही है। पूरे देश में धूम धाम से गणेश चतुर्थी मनाया जाता है और 10 दिनों तक घरों और पंडालों में गणेश भगवान विराजमान होते हैं। त्योहार के अवसर पर बड़ी संख्या में गणेश भगवान मूर्ति की मांग बनी रहती है अम्बिकापुर जिले के रीपा मेंड्राकला की गणेश की मूर्ति निर्माण उत्पादक समूह कर्मी और शक्ति ममूह की महिलाओं द्वारा गणेश प्रतिमा बना रही है। महिलाओं ने बताया कि त्यौहार को देखते हुए गणेश प्रतिमा बनाने की मांग अच्छी खासी बनी हुई है। अब तक 7000 रूपए के मूर्ति का विक्रय भी कर चुके हैं। डिमांड इतनी ज्यादा है कि लोगों के द्वारा एडवांस में मूर्ति आर्डर दिया जा रहा है। स्व सहायता समूह कि महिलाओं ने बताया कि शहरों में स्टॉल लगाकर गणेश मूर्ति का विक्रय किया जा रहा है।छत्तीसगढ़ शासन ने रीपा के माध्यम से युवाओं और महिलाओं को हुनरमंद बनाकर उघोग से जोड़ने का सार्थक प्रयास किया जा रहा है। रक्षाबंधन त्योहार के अवसर पर भी महिलाओं ने सुंदर और आकर्षक राखी बनाकर विक्रय किया जिससे उनको अच्छी आमदनी भी प्राप्त हुई।
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बिलासपुर,/एकीकृत बाल विकास परियोजना मस्तूरी अंतर्गत विकासखण्ड मस्तूरी के ग्राम सरगंवा, जोंधरा, कुकुर्दीकेरा, जयरामनगर, लोहर्सी, भदौरा, वेदपरसदा में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं ग्राम सरगंवा और गोबरी में मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पदों पर एवं ग्राम आमाकोनी, डोमगांव, विद्याडीह, हरदीगांव, बुढ़ीखार, भड़हा, गोबरी, मानिकचौरी, डगनिया, बिनैका, थेम्हापार, पाराघाट और कुकुर्दीकला में आंगनबाड़ी सहायिकाओं की भर्ती की जानी है। इन पदों के लिए प्राप्त आवेदनों के जांच उपरांत दावा आपत्ति 15 सितम्बर 2023 तक एकीकृत बाल विकास परियोजना कार्यालय मस्तूरी में कार्यालयीन समय में आमंत्रित किये गये है। -
*जिले के खिलाड़ी दिखाएंगे अपना दमखम*
*प्रतियोगिता के सुचारू संचालन के लिए अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारी*
बिलासपुर/मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी विभिन्न स्तरों पर छत्तीसगढ़िया ओलंपिक का आयोजन किया जा रहा है। हरेली तिहार के शुभ अवसर पर 17 जुलाई से पूरे प्रदेश में एक साथ छत्तीसगढ़िया ओलंपिक प्रारंभ हो गया है। इसी क्रम में जिला स्तरीय छत्तीसगढ़िया ओलम्पिक का आयोजन 12 से 13 सितम्बर तक स्व. बी.आर. यादव राज्य खेल प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में किया जाएगा। जहां जिले के युवा खिलाड़ियों के साथ ही हर आयु वर्ग के खिलाड़ी भाग लेंगे। प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ के पारम्परिक खेलों को शामिल किया गया है। इन खेलों में गिल्ली डंडा, पिट्टूल, संखली, लंगड़ी दौड़, कबड्डी, खो-खो, रस्साकसी एवं कंचा और एकल श्रेणी की खेल विधा में बिल्लस, फुगड़ी, गेड़ी दौड़, भंवरा, 100 मीटर दौड़, लम्बी कूद, रस्सी कूद एवं कुश्ती शामिल हैं। छत्तीसगढ़िया ओलम्पिक में प्रथम वर्ग में 18 वर्ष की आयु तक, दूसरे वर्ग में 18 से 40 वर्ष और तीसरे वर्ग में 40 वर्ष से अधिक उम्र के प्रतिभागी होंगे। जिला स्तर पर इन खेलों के आयोजन के लिए जिला प्रशासन द्वारा तैयारियां प्रारंभ कर दी गई है। इसके लिए खेल विभाग, पुलिस विभाग, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, बिजली विभाग सहित अन्य विभागों को दायित्व सौंपे गये है। इन विभागों के द्वारा खेलों के दौरान आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, साफ सफाई, भोजन, विद्युत एवं आदि व्यवस्थाएं की जाएगी। -
कड़ी मेहनत कर हिर्री के दीपक पटेल बनें नायब तहसीलदार*
बिलासपुर/कहते हैं सफलता एक दिन में नही मिलती, असफलता के बाद भी अगर लक्ष्य के प्रति निष्ठापूर्वक और समर्पणभाव से लगातार अभ्यास और मेहनत किया जाए तो एक दिन सफलता जरूर मिलती है। उक्त बातों को आज ग्राम हिर्री निवासी दीपक पटेल ने चरितार्थ किया है। विकासखंड मस्तूरी के ग्राम हिर्री निवासी श्री दीनबंधु पटेल के पुत्र श्री दीपक पटेल का नायब तहसीलदार के पद पर चयन हुआ है। परिजनों को श्री दीपक पटेल के चयन की जानकारी हुई तो घर में जश्न शुरू हो गया। श्री दीपक पटेल ने बताया उनकी प्रारंभिक शिक्षा सरस्वती शिशु मंदिर हिर्री में हुई। उसके बाद उन्होंने 9 से 12 की पढ़ाई संत जोसेफ स्कूल जयराम नगर एवं स्नातक की पढ़ाई बीएससी डीपी कॉलेज बिलासपुर में पूरी हुई। बीएससी के बाद ही उन्होंने छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की परीक्षा में 5 बार प्री, मेन्स एवं इंटरव्यू में शामिल हुए। हर बार किसी न किसी स्तर पर कठिनाई के कारण सफलता नहीं मिल पा रही थी। उन्होंने हार नही मानी लगातार अपने लक्ष्य में अडिग रहकर तैयारी करते रहे। अंततः सीजी पीएससी 2022 मंे उन्हें इस साल नायब तहसीलदार पद मिला है। उन्होंने अपने इस सफलता का श्रेय माता-पिता, शिक्षकों एवं मित्रों को दिया है। उन्होंने कहा कि तैयारी के दौरान उनकी दीदी ने उन्हें बहुत मॉरल सपोर्ट दिया। पिता श्री दीनबंधु पटेल एवं माता श्रीमती गंगमती ने बताया कि बेटे का चयन नायब तहसीलदार के पद पर होने से परिवार बेहद खुश है। श्री दीपक पटेल के नायब तहसीलदार पद पर चयन होने पर गांव के सरपंच, गणमान्य नागरिक, स्थानीय जनप्रतिनिधियों सहित उनके मित्र सहकारिता रजिस्टार श्री व्यास नारायण साहू, सहायक संचालक वित्त श्रीमती नीलिमा भोई, सहायक सूचना अधिकारी श्री नितेश चक्रधारी, सहपाठी श्री अश्विनी साहू, श्री प्रमिल कैवर्त्य, श्री दीपक प्रधान, श्री हितेश प्रधान ने भी बधाई दी है।
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आयुक्त ने पशुपालकों की ली बैठक
भिलाईनगर/निगम क्षेत्र के पशुपालकों के पशुओं का टेगिंग एक माह के भीतर किया जायेगा, बिना टेगिंग के मवेशी पाये जाने पर जप्ति की कार्यवाही की जावेगी। मवेशियों को सड़क पर आवारा न छोड़े इससे होने वाले वाहन दुर्घटना से जन हानि और पशुधन की हानि होती है।आयुक्त रोहित व्यास ने निगम सभागार में आहुत पशुपालको की बैठक में कहा कि राज्य शासन के निर्देश पर रोका छेका संकल्प अभियान चलाया जा रहा है। कलेक्टर ने सभी पशुपालाकों की बैठक बुलाकर यह सुनिश्चित करने कहा है कि कोई भी पशुपालक अपने मवेशी को सड़क पर नहीं छोड़े आप सब अपने पशुओं को चरवाहा के साथ सड़क के किनारे किनारे चराने के लिए ले जाये। पशु सड़क पर रहने से दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। उन्होने कहा कि शहर के सभी पशुपालको को अपने मवेशी का एनिमल टेगिंग करवाना अनिवार्य है। इसके लिए पशुपालन विभाग आपके खटाल में जाकर पशु मालिक की उपस्थिति में टेगिंग करेगा और आपके नाम पर पशु को पंजीकृत करेगा। जो पूर्णतः निःशुल्क होगा, इस कार्य में आपका सहयोग आवश्यक है। एक माह में सम्पूर्ण निगम क्षेत्र के खटाल मालिकों के मवेशियों का टेगिंग तथा पंजीयन होने के बाद जो जानवर बिना टेगिंग के सड़क पर पाया जायेगा, उसे आवारा मवेशी जानकर निगम जप्त करेगा।श्री व्यास ने कहा कि निगम द्वारा सड़क पर घूमने वाले तथा झुण्ड बनाकर बैठे मवेशियों को पकड़कर गौठान में रखा जा रहा है। एनिमल टेगिंग की शुरूवात गौठान में रखे गये 800 से अधिक गाय, बैल, सांड से किया जायेगा। उन्होने कहा कि यदाकदा यह शिकायत मिलता है कि निगम द्वारा चलाये जा रहे रोका छेका संकल्प अभियान में लगे कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया जाता है जो उचित नहीं है, ऐसी शिकायत पर निगम शासकीय कार्य में बाधा के तहत एफ.आई.आर. दर्ज करवाया जायेगा। खटाल संचालक अजय यादव, भूपेन्द्र यादव, मनोहर सिंग यादव एवं ज्योति शरण शर्मा द्वारा पूछे गये प्रश्नों का सार्थक जवाब भी उन्हे दिया गया।अपर आयुक्त अशोक द्विवेदी ने पशुपालकों से कहा कि जिनको गोकुल नगर में खटाल के एवज मेें भूमि आबंटित किया गया है तत्काल अपना खटाल घनी आबादी क्षेत्र में बंद कर गोकुल नगर में संचालित करे। उन्होने निगम के राजस्व एवं स्वास्थ्य अमले से कहा कि पुनः सर्वेक्षण कर पता लगाये कि कितने खटाल संचालक गोकुल नगर में आबंटन के बाद भी घनी बस्ती में अभी भी खटाल संचालित कर रहे है।बैठक में अपर आयुक्त अशोक द्विवेदी, उपसंचालक पशु चिकित्सा डाॅ. डी.डी.झा., पशु चिकित्सा सहायक शल्यज्ञ सुपेला, डाॅ. संजीव कुमार सिरमौर, जोन स्वास्थ्य अधिकारी, स्वास्थ्य सुपरवाइजर सहित निगम क्षेत्र के पशुपालक उपस्थित थे। - भिलाईनगर/ नगर पालिक निगम भिलाई के राजीवनगर व लक्ष्मीनगर क्षेत्र मे सीमेंटीकरण तथा नाली निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया गया।वार्ड 9 एवं 10 मे 20 लाख की लागत से बनने वाले इस सिमेंटीकरण सडक निर्माण को सभापति गिरवर बंटी साहू,जिला कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर, वार्डवासियों की उपस्थिति में वार्ड पार्षद चंद्रशेखर गंवई एवं पार्षद रानू राजू साहू ने भूमिपूजन कर कार्य को प्रारंभ कराया। वार्ड 10 लक्ष्मीनगर में 120 मीटर सीमेंटीकरण तथा वार्ड 09 में मुन्ना सिंह के घर लेकर महेंद्र वासनिक के घर तक सीमेंटिकरण सड़क का निर्माण किया जावेगा। जिसकी माँग क्षेत्र वासी लम्बे समय से कर रहे थे कार्य प्रारंभ होने से लक्ष्मीनगर एवं राजीवनगर के नागरिकों ने खुशी जाहिर करते हुए महापौर नीरज पाल व निगम प्रशासन का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में उपस्थित क्षेत्र के नागरिकों को सभापति गिरवर बंटी साहू ने संबोधित करते हुए कि कहा निगम प्रशासन पूरे निगम क्षेत्र में प्राथमिकता के साथ विकास कार्य कर रही है,निगम आयुक्त रोहित व्यास ने भिलाई निगम क्षेत्र अंतर्गत सभी सड़कों के डामरीकरण, सीमेंटीकरण एवं संधारण कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं, भूमि पूजन के दौरान जय प्रकाश सोनी, नंदकुमार कश्यप, इजराइल कुरैशी, चंद्रकांत कटारे, आजाद अंसारी, अशोक रामटेके, शोएब मो. खान, मुन्ना सिंह सहित बड़ी संख्या में वार्ड के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
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*महर्षि कॉलेज के विद्यार्थियों ने निकाली मतदाता जागरूकता रैली
बिलासपुर/जिले में मतदाता शिक्षा, मतदाता जागरूकता का प्रचार-प्रसार करने एवं लोगो के बीच मतदान की जानकारी बढ़ाने के लिए स्वीप कार्यक्रम के तहत विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। महर्षि यूनिवर्सिटी ऑफ़ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी मंगला में मतदाता जागरूकता अभियान के अंतर्गत रैली निकाली गई। रैली के माध्यम से लोगों को शत प्रतिशत मतदान के लिए जागरूक किया गया। महर्षि यूनिवर्सिटी के राष्ट्रीय स्वयं सेवक गांव, नगर एवं क्षेत्र में घर-घर जाकर मतदान के प्रति यह जागरूकता अभियान चला रहे हैं। इस अवसर पर कुलसचिव डॉ विजय गुरुडिक एवं संकायाध्यक्ष डॉ विकास माथुर ने इस मतदाता जागरूकता कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय परिवार के सभी शिक्षक, कर्मचारी, अधिकारी, राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी डॉ गरिमा ने किया।
*मतदान की रखो पूरी जानकारी, सतर्कता से वोट देना ही है सबसे बड़ी समझदारी -*
स्वीप के तहत शासकीय बिलासा कन्या महाविद्यालय में रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। साक्षरता सप्ताह के तहत महिला साक्षरता पर जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण और मार्मिक चेतना वेलफेयर सोसायटी द्वारा मतदान जागरूकता एवं महिला सशक्तिकरण पर चर्चा-परिचर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में सरकंडा थाना प्रभारी श्री गुप्ता द्वारा मतदाता जागरूकता एवं साक्षरता विषय पर अपने विचार रखे गये।





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