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- राजनांदगांव । खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों द्वारा प्रतिष्ठानों में विनिर्मित एवं क्षेत्र में विक्रय होने वाले पनीर एवं अन्य डेयरी उत्पादों पर सघन निगरानी रखी जा रही है। इसी कड़ी में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम द्वारा पनीर विनिर्माण करने वाले डेयरियों, पनीर का विक्रय करने वाले प्रतिष्ठानों, पनीर के विभिन्न व्यंजन बनाने वाले होटल-रेस्टोरेंट कुल 8 स्थलों का औचक निरीक्षण किया गया तथा जांच हेतु खाद्य नमूने संकलित किए गए। सभी संकलित खाद्य नमूनों को विश्लेषण हेतु खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। नमूनों में से कोई नमूना अवमानक, मिथ्याछाप या असुरक्षित पाए जाने पर संबंधित खाद्य कारोबार करने वालों के विरूद्ध खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही टीम द्वारा जिले में संचालित विभिन्न होटल- रेस्टोरेंट से टमाटर ग्रेवी, प्याज ग्रेवी, आटा एवं अन्य खाद्य उत्पादों की जांच हेतु नमूना संकलित किया गया है। होटल-रेस्टोरेंट संचालकों को परिसर एवं किचन क्षेत्र में साफ-सफाई, स्वच्छता बनाये रखने, किसी संक्रामक रोग से ग्रसित व्यक्ति को खाद्य कारोबार से पृथक रखने एवं सही गुणवत्ता का तेल उपयोग करने सहित अन्य आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। आकस्मिक निरीक्षण के दौरान मनगटा टूरिस्ट स्पॉट में संचालित प्रतिष्ठान नौटंकी रेस्टोरेंट में साफ-सफाई एवं स्वच्छता नहीं पाये जाने के कारण फर्म को नोटिस जारी किया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम द्वारा नागरिकों तक सही गुणवत्ता की खाद्य सामग्री पहुंचाने के लिए लगातार खाद्य प्रतिष्ठानों का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। खाद्य कारोबारियों से अपने प्रतिष्ठान में सुरक्षित और सही गुणवत्ता के खाद्य पदार्थ का विक्रय, भंडारण, प्रदर्शन, विनिर्माण करने की अपील की गई है।
- - पिछले 2 वर्षों में 11 सोलर पंपों, 61 सोलर हाईमास्ट संयंत्रों, 253 सोलर पंपों एवं 2 सोलर पॉवर प्लांट स्थापित किए गएराजनांदगांव । जिले में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति करते हुए क्रेडा विभाग द्वारा जल जीवन मिशन, सोलर हाई मास्ट, सौर सुजला एवं सोलर पावर प्लांट जैसी योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। इन योजनाओं से जहां एक ओर स्वच्छ पेयजल, सिंचाई और बिजली की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित हो रही है, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण जीवन स्तर में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे है।जल जीवन मिशन योजनाजल शक्ति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा देश के सभी ग्रामों के हर घर तक स्वच्छ पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए जल जीवन मिशन योजना की शुरूआत की गई। मिशन का लक्ष्य ग्रामीण भारत के सभी घरों में व्यक्तिगत घरेलू कनेक्शन के माध्यम से स्वच्छ गुणवत्तापूर्ण पानी उपलब्ध कराना है। क्रेडा विभाग द्वारा जल जीवन मिशन योजना अंतर्गत 9 मीटर एवं 12 मीटर स्ट्रक्चर ऊंचाई के साथ 10 हजार लीटर क्षमता की पानी टंकी स्थापित कर पेयजल की आपूर्ति की जाती है। जल जीवन मिशन योजना के तहत पिछले 2 वर्षों में अब तक कुल 11 नग सोलर पंपों की स्थापना की गई है।सोलर हाई मास्ट योजना-क्रेडा विभाग द्वारा विभिन्न ग्रामों, कस्बों, निकायों, शहरों के मुख्य चौक चौराहों एवं सार्वजनिक स्थलों में प्रकाश व्यवस्था उपलब्ध कराए जाने के लिए सोलर हाई मास्ट संयंत्रों की स्थापना की जा रही है। इन संयंत्रों की सुंदरता एवं बाधा रहित प्रकाश व्यवस्था के कारण यह संयंत्र अत्यंत लोकप्रिय हो चुका है। इससे रात्रिकालीन आवागमन सुरक्षित हो रही है तथा इन संयंत्रों की स्थापना से अंधकार के कारण होने वाली दुर्घटनाओं एवं अपराधों में कमी लाई जा सकती है। जिले में पिछले 2 वर्ष में कुल 61 नग सोलर हाईमास्ट संयंत्र स्थापित किया जा चुका है, जिससे नागरिकों को प्रकाश की व्यवस्था उपलब्ध हो रही है। अब गांव के चौक-चौराहों में लोग चौपाल लगाकर रात्रि में भी अपनी समस्याओं का निराकरण कर रहे हंै।सौर सुजला योजना-क्रेडा विभाग द्वारा विद्युत पहुंच विहीन क्षेत्रों के कृषकों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने के लिए सौर सुजला योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है। जिसमें कृषकों के कृषि भूमि के सिंचाई हेतु कम लागत में सोलर पंप संयंत्र का स्थापना कार्य किया जाता है। जिला अंतर्गत पिछले 2 वर्ष में सौर सुजला योजनांतर्गत 3 एचपी एवं 5 एचपी क्षमता के कुल 253 नग सोलर पंप का स्थापना कार्य किया जा चुका है। हितग्राही अंशदान 3 एचपी हेतु अनुसूचित जाति व जनजाति के लिए 10 हजार रूपए, अन्य पिछड़ा वर्ग हेतु 15 हजार रूपए एवं सामान्य वर्ग हेतु 21 हजार रूपए तथा 5 एचपी हेतु अनुसूचित जाति व जनजाति हेतु 14800 रूपए, अन्य पिछड़ा वर्ग हेतु 19800 रूपए एवं सामान्य वर्ग हेतु 24800 रूपए है। योजना का लाभ लेने से कृषकों को 12 माह सिंचाई की सुविधा उपलब्ध हो रही है तथा प्रति माह होने वाले विद्युत भार से मुक्त हो गये है।सोलर पॉवर प्लांट योजना-क्रेडा विभाग द्वारा विभिन्न शासकीय भवनों में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने हेतु विभिन्न क्षमताओं के सोलर पॉवर प्लाटों की स्थापना किया जाता है। जिला में क्रेडा द्वारा पिछले 2 वर्ष में कुल 2 नग सोलर पॉवर प्लांट स्थापित किया जा चुका है। सोलर पॉवर प्लांट क्षमता 2.4 किलोवॉट से 6 किलोवॉट तक का है।
- - सभी अधिकारयों को कार्यों में तेजी लाने के दिए निर्देश- स्टेकिंग एवं भौतिक सत्यापन का कार्य सजगता से करने के लिए कहाराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में धान खरीदी के मद्देनजर ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों, पटवारियों, समिति प्रबंधकों एवं डाटा एण्ट्री ऑपरेटर की बैठक ली। कलेक्टर ने कहा कि धान उपार्जन केन्द्रों में वास्तविक किसानों की उपज की ही खरीदी करना है। इसमें किसी प्रकार की गलती नहीं होनी चाहिए। किसानों को धान उपार्जन केन्द्रों में धान की बिक्री में दिक्कत नहीं होनी चाहिए और उनकी समस्याओं का समाधान होना चाहिए। उन्होंने सभी को सजगता के साथ ईमानदारी से कार्य करने को कहा। कलेक्टर ने अवैध धान खपाने का प्रयास करने वाले कोचियों एवं बिचौलियों पर निडर होकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने अंतर्राज्यीय सीमाओं पर अवैध धान के परिवहन को रोकने के लिए लगातार मानिटरिंग करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि किसी भी किसान को कोचियों एवं बिचौलियों की जानकारी मिलने पर फोन के माध्यम से सूचित कर सकते हैं। उनकी जानकारी गोपनीय रखी जाएगी। उन्होंने धान खरीदी केन्द्रों में भौतिक सत्यापन का कार्य सावधानी के साथ करने कहा। किसी भी प्रकार से बदलाव या अन्य कार्य करने पर पंचनामा अनिवार्य रूप से बनाने के निर्देश दिए और इसकी सूचना तत्काल उच्च अधिकारियों को देने के लिए कहा। उन्होंने स्टेकिंग के कार्य को अच्छे से कराने कहा। जिससे भौतिक सत्यापन सही तरीके से हो सके। उन्होंने बताया कि धान उपार्जन केन्द्रों से धान का उठाव प्रारंभ हो गया है।कलेक्टर ने सभी आरएईओ और पटवारियों से कहा कि धान उपार्जन केन्द्रों में किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि एवं आशंका होने पर तत्काल सूचना दें। उन्होंने लगातार फील्ड का निरीक्षण करने कहा। जिससे उन्हें वस्तुस्थिति की जानकारी रहेगी। उन्होंने सभी ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को बेहतर कार्य करने के निर्देश दिए। धान की एन्ट्री, भौतिक सत्यापन एवं निरीक्षण के कार्य लगातार करते रहे। उन्होंने सभी अधिकारयों को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। अपर कलेक्टर श्री प्रेम प्रकाश शर्मा ने कहा कि धान उपार्जन केन्द्रों में सतत निरीक्षण करें, ताकि सही तरीके से स्टेकिंग एवं अन्य कार्य हो सकें। उन्होंने एग्रीस्टेक पोर्टल अंतर्गत ऐसे किसान जो छूट गए है, उन्हे शीघ्र जोडऩे के लिए कहा। खाद्य अधिकारी श्री रविन्द्र सोनी ने कहा कि धान उपार्जन केन्द्रों में धान खरीदी कार्य बंद नहीं होनी चाहिए। किसी प्रकार की समस्या होने पर तत्काल सूचित करने कहा। इस दौरान ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों, पटवारियों, समिति के प्रबंधकों एवं ऑपरेटर को अपने-अपने कार्य क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने पर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उप संचालक कृषि श्री टीकम सिंह ठाकुर, डीएमओ श्रीमती हीना खान, सहायक खाद्य अधिकारी श्री द्रोण कामड़े एवं अन्य अधिकारी तथा सभी ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी उपस्थित रहेंगे।
- बालोद। राज्य शासन ने किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन व विवरण संशोधन की प्रक्रिया को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए है। जिसके अंतर्गत किसानों के पंजीयन उपरांत विवरण संशोधन की सुविधा अब 07 जनवरी तक उपलब्ध रहेगी। उल्लेखनीय है कि 15 दिसंबर 2025 तक केसीसी, ई-ऋण, वन पट्टाधारी किसानों समेत अन्य श्रेणी के किसानों के पंजीयन का प्रावधान संबंधित समिति के लॉगिन के माध्यम से किया गया था। एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन बाद विभिन्न किसानों द्वारा अपने विवरण में संशोधन के लिए आवेदन प्राप्त हो रहे हैं। राजस्व विभाग द्वारा किसानों के विवरण का भौतिक सत्यापन किए जाने के बाद विवरण संशोधन की सुविधा 07 जनवरी तक सभी समिति में लॉगिन के माध्यम से जारी रखेगी।
- - भारतीय ज्ञान परम्परा अतीत ही नहीं, वर्तमान और भविष्य की मार्गदर्शक - उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा- राष्ट्रीय शिक्षा नीति आने वाली पीढ़ी को आधुनिकता के साथ भारतीय संस्कृति से जोड़ना है- तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेबदुर्ग/ राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और भारतीय ज्ञान प्रणाली का एकीकरण एक समग्र शैक्षिक परिकल्पना” विषय पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का उद्घाटन आज राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, पुनर्वास तथा उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा और कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब द्वारा शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय में किया गया।इस अवसर पर उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 भारतीय सभ्यता और संस्कृति की महान परम्परा का प्रतिनिधित्व करती है। यह नीति केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि जीवन जीने की समग्र और समर्थ शैली प्रस्तुत करती है। भारतीय ज्ञान परम्परा वेद, उपनिषद, महाभारत, आयुर्वेद, गणित, योग, दर्शन, पुराण, ज्योतिष और खगोल शास्त्र जैसी विविध विधाओं में निहित है। उन्होंने कहा कि भारतीय परम्परा का मूल आधार अध्यात्म, नैतिकता और व्यवहारिकता है। गुरुकुल प्रणाली में शिक्षा केवल रोजगार उपलब्ध कराना नहीं था, बल्कि चरित्र निर्माण, अनुशासन और समाज सेवा की भावना को जागृत करना भी था। उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि आधुनिक युग में पाश्चात्य प्रभाव के कारण भारतीय ज्ञान परम्परा का महत्व कुछ हद तक कम हुआ है, लेकिन अब इसके संरक्षण और संवर्धन की पुनः आवश्यकता है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 में भारतीय ज्ञान प्रणाली के पुनरुत्थान पर विशेष बल दिया गया है। यह सेमिनार भी उसी प्रयास का हिस्सा है।उन्होंने कहा कि भारतीय ज्ञान परम्परा केवल अतीत की धरोहर नहीं, बल्कि वर्तमान और भविष्य के लिए भी मार्गदर्शक है। जब तक हम इसे अपने जीवन और शिक्षा प्रणाली में आत्मसात नहीं करेंगे, तब तक इसका संरक्षण संभव नहीं है। कार्यक्रम में उपस्थित विद्वानों के विचारों के आदान-प्रदान से राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को और अधिक समृद्ध बनाने में सहयोग मिलेगा। यह नीति भारत की दिशा और दशा तय करने वाली है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी के 2047 विकसित भारत के विजन को साकार करने में यह नीति महत्वपूर्ण योगदान देगी।राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि यह नीति हम सभी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके क्रियान्वयन को लेकर राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है, ताकि इसे बेहतर तरीके से लागू किया जा सके। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति आने वाली पीढ़ी को आधुनिकता के साथ-साथ भारतीय ज्ञान परम्परा, इतिहास और संस्कृति से जोड़ना है। इसके लिए विभाग लगातार इस दिशा में प्रयासरत है और निश्चित रूप से भविष्य में भारत को विश्वगुरु बनाने की दिशा में यह नीति महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।विशिष्ट अतिथि राष्ट्रीय सचिव, शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास (नई दिल्ली) डॉ. अतुल कोठारी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का गहन अध्ययन कर उसका प्रभावी क्रियान्वयन अत्यंत आवश्यक है और यह तभी संभव है, जब सभी विद्वानों मिलकर इस नीति को धरातल पर उतारने के लिए सामूहिक रूप से कार्य करें।इस अवसर पर गुरू घासीदास केन्द्रीय वि.वि. बिलासपुर के कुलपति प्रो.आलोक चक्रवाल, आयुक्त उच्च शिक्षा विभाग श्री संतोष कुमार देवांगन, शहीद महेन्द्र कर्मा विश्वविद्यालय बस्तर प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव, अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय बिलासपुर प्रो. ए.डी.एन.वाजपेई, पंडित सुंदर लाल शर्मा विश्वविद्यालय बिलासपुर प्रो. विरेन्द्र कुमार सारस्वत, छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय भिलाई डॉ.अरूण अरोरा, क्षेत्रीय अपर संचालक सहित राष्ट्रीय शिक्षा नीति के नोडल, आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के अधिकारी व बड़ी संख्या में सभी महाविद्यालयों के प्राचार्य उपस्थित थे।
- दुर्ग/ जनपद पंचायत पाटन के ग्राम करसा में आज प्रोजेक्ट उन्नति के अंतर्गत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) से जुड़े श्रमिकों एवं ग्रामीण महिला-पुरुषों को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने 30 दिवसीय रूरल मेसन (राजमिस्त्री) प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण बैंक ऑफ बड़ौदा ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी), दुर्ग द्वारा जनपद पंचायत पाटन के सहयोग से संचालित किया जा रहा है, जिसमें कुल 35 प्रतिभागी ने भाग लिया। यह पहल मनरेगा अंतर्गत 100 दिवस का कार्य पूर्ण कर चुके श्रमिकों को आत्मनिर्भर बनाने तथा प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत गुणवत्तापूर्ण आवास निर्माण हेतु कुशल राजमिस्त्रियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रारंभ की गई है।प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर श्रीमती अनीता चारभे द्वारा प्रतिभागियों को ईंट-पत्थर चिनाई, प्लास्टरिंग, टाइल एवं फर्श बिछाना, छत ढलाई, कंक्रीट मिश्रण, वॉटरप्रूफिंग तथा निर्माण कार्य से संबंधित सुरक्षा मानकों की विस्तृत जानकारी दी जा रही है। प्रशिक्षण अवधि के दौरान प्रतिभागियों को अकुशल श्रमिक की श्रेणी में 30 दिवस की मजदूरी राशि भी प्रदान की जाएगी। यह प्रशिक्षण ग्रामीण युवाओं को तकनीकी दक्षता प्रदान कर उन्हें स्वरोजगार एवं स्वावलंबन की दिशा में आगे बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगा। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में कुशल राजमिस्त्रियों की उपलब्धता बढ़ेगी, जिससे आवास निर्माण की गुणवत्ता एवं गति दोनों में सुधार आएगा और प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रमों को मजबूती मिलेगी। बैंक ऑफ बड़ौदा ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी), दुर्ग भारत सरकार समर्थित संस्थान है, जो ग्रामीण युवाओं को निःशुल्क आवासीय प्रशिक्षण के माध्यम से कौशल विकास, उद्यमिता एवं वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देता है।
- दुर्ग/ कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजनांतर्गत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए पाटन विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत विभिन्न निर्माण कार्यों के लिए 235.64 लाख रूपए (दो करोड़ पैंतीस लाख चौंसठ हजार आठ सौ उनसठ रूपए) की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है। पाटन विधायक श्री भूपेश बघेल द्वारा अनुशंसित इन कार्यों का संपादन क्रियान्वयन एजेंसी मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत पाटन द्वारा किया जाएगा। जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय से प्राप्त जानकारी अनुसार पाटन क्षेत्र के विभिन्न ग्रामों में विकास कार्यों के लिए राशि आवंटित की गई है। इस स्वीकृति के तहत ग्राम कौही में सभागार और सोनपुर में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 10-10 लाख रूपए स्वीकृत किए गए हैं। इसी प्रकार ग्राम बोहारडीह, ग्राम पंचायत मानिकचौरी, गुजरा, भनसुली (आर), निपानी, केसरा, कोपेडीह, नारधी, असोगा और कौही (किचन शेड) में निर्माण कार्यों हेतु प्रति कार्य 6.50 लाख रूपए तथा ग्राम खम्हरिया में आहता निर्माण हेतु 6 लाख रूपए स्वीकृत हुए हैं। इसी तरह ग्राम देमार, जामगांव (आर), बेल्हारी, चंगोरी, सुरपा, तर्रा, आगेसरा, कसही, कुम्हली, छाटा, जरवाय और ग्राम पंचायत केसरा में सीसी रोड, नाली व कांक्रीटीकरण कार्यों हेतु प्रति कार्य 5.20 लाख रूपए की मंजूरी दी गई है। इसके अतिरिक्त ग्राम बोदल में अहाता निर्माण व कलामंच व अतिरिक्त कक्ष निर्माण व ग्राम ऊफरा और सावनी में कलामंच निर्माण हेतु 5-5 लाख रूपए, ग्राम पंचायत मटंग, उमरपोटी और अमरीखुर्द में शमशान घाट में प्रतीक्षालय निर्माण हेतु 4.78 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। ग्राम सावनी, उफरा और गातापार में प्रतीक्षालय, कलामंच व शेड निर्माण हेतु 5 लाख रूपए व ग्राम सेलूद में सौंदर्यीकरण कार्य हेतु 5.13 लाख रूपए, ग्राम तर्रा में रेस्ट हाउस के सामने नाली निर्माण हेतु 3.94 लाख रूपए, ग्राम देमार व धौराभाठा में मंच निर्माण हेतु तथा ग्राम रानीतराई में पचरी निर्माण हेतु 3-3 लाख रूपए, ग्राम खर्रा में शाला प्रांगण में शौचालय निर्माण हेतु 2.99 लाख रूपए, ग्राम कानाकोट में चबुतरा निर्माण हेतु 2.50 लाख तथा ग्राम पतोरा में चेकर टाईल्स एवं बाउंड्रीवाल निर्माण हेतु 2 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।
- दुर्ग/ भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान भिलाई के विद्युत अभियांत्रिकी विभाग द्वारा आज 6वें IEEE अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन ऑन इलेक्ट्रिक पावर एंड रिन्यूएबल एनर्जी (EPREC 2026) का शुभारंभ किया गया। IEEE के तत्वावधान में आयोजित यह तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन 2 से 4 जनवरी 2026 तक आईआईटी भिलाई में संपन्न हो रहा है। सम्मेलन में देश-विदेश के शिक्षाविद्, शोधकर्ता एवं उद्योग विशेषज्ञ विद्युत शक्ति तथा नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियों में उभरती प्रवृत्तियों और चुनौतियों पर विचार-विमर्श कर रहे हैं।आईआईटी भिलाई में आयोजित उद्घाटन समारोह में संस्थान सहित देश के अन्य प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों के प्रतिष्ठित अतिथि, संकाय सदस्य, शोधकर्ता एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।समारोह के मुख्य अतिथि नारायण प्रसाद पाधी, निदेशक, मालवीय राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जयपुर रहे। अपने उद्घाटन संबोधन में उन्होंने विशेष रूप से छत्तीसगढ़ एवं अन्य खनिज-समृद्ध क्षेत्रों के लिए खनन मशीनरी में नवीकरणीय ऊर्जा आधारित समाधानों पर केंद्रित अनुसंधान की आवश्यकता पर बल देते हुए क्षेत्र-विशिष्ट, सतत एवं अनुप्रयोग-उन्मुख तकनीकी विकास की महत्ता को रेखांकित किया।इस अवसर पर उपस्थित अन्य विशिष्ट अतिथियों में राजीव प्रकाश, निदेशक, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान भिलाई ने शक्ति एवं ऊर्जा क्षेत्रों में उत्पाद-विकास तथा अनुप्रयोग-उन्मुख अनुसंधान पर बढ़ते फोकस की आवश्यकता बताई। गौतम सूत्रधार, निदेशक, राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जमशेदपुर ने बहु-संस्थागत सहयोग के माध्यम से ज्ञान-साझेदारी सुदृढ़ करने पर जोर दिया, जबकि रमेश बंसल, शारजाह विश्वविद्यालय ने उच्च-गुणवत्ता वाले शोध-आउटपुट को बनाए रखने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।संतोष बिस्वास, अधिष्ठाता (अनुसंधान एवं विकास), आईआईटी भिलाई ने संस्थान में चल रही अनुसंधान पहलों एवं प्रायोजित परियोजनाओं की जानकारी साझा की।सम्मेलन का आयोजन शैलेन्द्र कुमार के नेतृत्व में किया जा रहा है, जिन्होंने स्वागत भाषण में सम्मेलन के उद्देश्यों एवं कार्यक्षेत्र को रेखांकित किया। कृष्ण मुरारी, विभागाध्यक्ष, विद्युत अभियांत्रिकी, आईआईटी भिलाई ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। आयोजन अध्यक्षों के रूप में ओ. एच. गुप्ता एवं जितेन्द्र कुमार, राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जमशेदपुर भी सहयोग कर रहे हैं।सम्मेलन में कुल 500 से अधिक शोध-पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से कठोर सहकर्मी-समीक्षा प्रक्रिया के पश्चात 235 शोध-पत्र प्रस्तुति हेतु चयनित किए गए, जिससे उच्च स्तरीय शोध-गुणवत्ता एवं तकनीकी उत्कृष्टता सुनिश्चित हुई।EPREC 2026 के अंतर्गत मुख्य भाषण, तकनीकी शोध-पत्र प्रस्तुतियाँ तथा संवादात्मक सत्र आयोजित किए जा रहे हैं, जिनका उद्देश्य नवाचार को प्रोत्साहित करना, सहयोग को सुदृढ़ करना तथा विद्युत शक्ति एवं नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्रों में ज्ञान-विनिमय को बढ़ावा देना है।विद्युत अभियांत्रिकी विभाग, आईआईटी भिलाई ने IEEE एमपी सेक्शन, IEEE इंडस्ट्री एप्लिकेशन सोसाइटी, सभी विशिष्ट अतिथियों, आयोजन समिति के सदस्यों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया, जिनके सहयोग से उद्घाटन समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
- - बालाघाट के नूतन कला निकेतन में महाराष्ट्र मंडल के नाटक ‘मैं अनिकेत हूं’ का प्रभावशाली मंचनरायपुर। जख्मी जला हुआ चेहरा और नम आंखों के बीच ‘मैं अनिकेत हूं..... मैं अनिकेत हूं.... और मैं अनिकेत ही हूं…’ की चीखभरी संवाद अदायगी के बाद अनिकेत का संवेदशील अभिनय देखकर रंगप्रेमी दर्शक स्तब्ध रह गए। बालाघाट में नूतन कला निकेतन में हिंदी नाटक ‘मै अनिकेत हूं’ का मंचन प्रभावशाली रहा। इससे पहले महाराष्ट्र मंडल के इसी नाटक का मंचन संत ज्ञानेश्वर सभागृह और एम्स रायपुर के सभागृह में किया जा चुका है। बताते चले कि ‘मैं अनिकेत का हूं’ का चौथा मंचन 11 जनवरी को भिलाई के सिविल सेंटर स्थित महात्मा गांधी कला मंदिर में होगा।वरिष्ठ रंगसाधक शशि वरवंडकर ने ‘मैं अनिकेत हूं’ में न केवल केंद्रीय भूमिका अनिकेत को जीवंत किया, बल्कि इससे उन्होंने निर्देशन के रूप में भी प्रभावित किया। अनिकेत की पत्नी मीनाक्षी शर्मा के रोल में डॉ. अनुराधा दुबे प्रभावशाली रहीं। लगभग 90 मिनट के नाटक में अनिकेत के साथ बराबरी से टक्कर लेते हुए एड्वोकेट भारद्वाज के रूप में चेतन गोविंद दंडवते आकर्षक लगे।वरिष्ठ रंगसाधक प्रकाश खांडेकर, दिलीप लांबे, रंजन मोड़क, डा. प्रीता लाल, रविंद्र ठेंगड़ी अपनी- अपनी भूमिकाओें में जमे हैं। समीर टल्लू, भारती पलसोदकर, विनोद राखुंडे, पंकज सराफ, श्याम सुंदर खंगन, डा. अभया जोगलेकर भी अपनी- अपनी भूमिकाओं में जमे हैं। अजय पोतदार व प्रकाश गुरव की सेट डिजाइन पूरे नाटक में कोर्ट रूम का एहसास कराती रही। अजय पोतदार और रंजन मोडक की रूप सज्जा को लेकर की गई मेहनत मंच पर दिखती है।नूतन कला निकेतन के अध्यक्ष रूप कुमार बनवाले ने बताया कि नाटक ‘मैं अनिकेत हूं’ का अनुभव बालाघाट के रंगप्रेमियों के लिए चौंकाने वाला रहा। रायपुर की नाट्य टीम ने शशि वरवंडकर के नेतृत्व में नाटक की कमाल की प्रस्तुति दी। इस तरह हमारे चार दिवसीय सांस्कृतिक पर्व का आगाज ही जबर्दस्त रहा। आगामी दिनों में औरंगाबाद, नासिक से लेकर मुंबई की टीमों की ओर से रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देखने को मिलेंगी।
- - महाराष्ट्र मंडल के सियान गुड़ी में दूसरे दिन योग, गेम के साथ अंताक्षरी भीरायपुर। महाराष्ट्र मंडल की ओर से संचालित सियान गुड़ी में शुक्रवार को दूसरे दिन पहुंचे बुजुर्गों ने कई रोचक गेम खेले। अंताक्षरी का लुत्फ उठाकर महफिल को गीत और संगीत से पिरो दिया। वरिष्ठजनों ने कागज के टुकड़ों को फूंक मारकर उड़ाया और अपनी ब्रीदिंग पावर की जांच की। फिर हंसी और ठहाकों के बीच खुद को युवा बताने से कोई नहीं चूक रहा था।
महाराष्ट्र मंडल के समन्वयक श्याम सुंदर खंगन ने बताया कि दूसरे दिन मंडल की सभासद दिव्या पात्रीकर और संध्या खंगन ने वरिष्ठजनों को योग अभ्यास कराया। 30 मिनट के इस सेशन में योग की कई क्रियाकलापों का अभ्यास कराया गया। वहीं सुमिता रायजादा और रचना ठेंगड़ी ने रोचक गेम खिलाए। इनमें एक गेम में अखबार के पन्नों को कई भागों में फाड़कर टेबल पर फैला दिया। अब एक-एक वरिष्ठजन क्रमशः फूंक मारकर उसे उड़ा रहे हैं। इस एक्टिविटी से वरिष्ठजनों को अपने ब्रीदिंग पावर को जांचने का मौका मिला।डा. कमल वर्मा ने बताया कि ब्रीदिंग एक्टिविटी से शरीर में आक्सीजन का प्रवाह बढ़ता है और ऊर्जा महसूस होती है। यह फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है और हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है। डा. कमल वर्मा ने सभी को स्वास्थ्गत टिप्स देने के साथ प्रेरक कविता भी सुनाई। लंच के पूर्व सभी सदस्यों के ब्लड प्रेशर की जांच भी की गई। इस बीच सुमिता और रचना ने सभी को अंताक्षरी खिलवाई। इसमें सभी ने नए- पुरानों फिल्मी गीतों के साथ समां बांधे रखा।खंगन के अनुसार पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय के रिटायर्ड कर्मचारी-अधिकारी के साथ अन्य कई बुजुर्ग यहां पहुंचे थे। इसमें प्रदीप मिश्रा, सुरेंद्र कुमार वर्मा, अभय राम साहू, महेश सिंह ठाकुर, गंगा वर्मा, राकेश शुक्ला, अलखराम साहू, कृष्ण कुमार वर्मा सहित अनेक बुजुर्ग शामिल रहे। वहीं विजय दम्मानी, रमाशंकर पांडेय, संतोष शर्मा दूसरे दिन लगातार सियान गुड़ी पहुंचे। इसके साथ ओमप्रकाश सोनी, गोपाल प्रसाद जोशी, राकेश श्रीवास्तव, कौशल गुप्ता, ओपी भांगला सहित अनेक वरिष्ठ नागरिक शामिल रहे। - -रायपुर नगर निगम जोन 8 राजस्व विभाग द्वारा कई वर्षों से बकाया राशि जमा नहीं कर रहे 7 बड़े बकायादारो द्वारा डिमांड बिल डिमांड नोटिस और अंतिम नोटिस के बाद भी बकाया अदा नहीं करने पर सम्बंधित-वार्ड 70 में रायपुरा में बड़े बकायादार का पुष्प वाटिका मैरिज गार्डन 45 लाख 99 हजार 952 रूपये का बकाया नगर निगम को अदा नहीं किये जाने पर तत्काल किया गया सीलबंद0-कुल रू. 71 लाख 1056 का संबंधित 7 बड़े बकायादारो पर शेष बकाया वसूलने रायपुर नगर निगम जोन 8 राजस्व विभाग द्वारा कड़ी कार्यवाहीरायपुर/रायपुर नगर पालिक निगम के आयुक्त श्री विश्वदीप के आदेशानुसार और उपायुक्त राजस्व श्रीमती जागृति साहू और जोन 8 जोन कमिश्नर श्रीमती राजेश्वरी पटेल के निर्देशानुसार एवं जोन 8 सहायक राजस्व अधिकारी श्री महादेव रक्सेल के नेतृत्व और राजस्व निरीक्षक श्री राजेश मिश्रा, सहायक राजस्व निरीक्षक सर्वश्री खगेंद्र सोनी, राम कुमार अवसर, चंदन रगड़े की उपस्थिति में नगर पालिक निगम जोन 8 की राजस्व विभाग टीम द्वारा जोन 8 अंतर्गत संत रविदास वार्ड क्रमांक 70 और वीर सावरकर नगर वार्ड कमांक 1 अंतर्गत 7 बडे बकायादारो द्वारा विगत कई वर्षों से बकाया राशि नगर निगम द्वारा डिमांड बिल डिमांड नोटिस एवं अंतिम नोटिस जारी करने के उपरांत भी नगर निगम जोन 8 राजस्व विभाग को बकाया राशि अदा नहीं करने पर अभियान चलाकर संबंधित बड़े बकायादारो के 7 व्यवसायिक परिसरो को तत्काल ताला लगाकर सीलबंद करने की कडी कार्यवाही की गई है।जोन 8 जोन कमिश्नर श्रीमती राजेश्वरी पटेल एवं सहायक राजस्व अधिकारी श्री महादेव रक्सेल ने बताया कि रायपुर नगर पालिक निगम जोन 8 राजस्व विभाग द्वारा आज संत रविदास वार्ड क्रमांक 70 अंतर्गत रायपुरा में पुष्प वाटिका मैरिज गार्डन के 45 लाख 99 हजार 952 रूपये के बकायादार सत्येन्द्र बिसेन इंद्रजीत बिसेन, जोन अंतर्गत वीर सावरकर नगर वार्ड कमांक 1 अंतर्गत 523112 रू. के बकायेदार प्रितम सिंग, 223160 रू. के बकायेदार अशोक कुमार, विजय कुमार, विनोद कुमार नवानी, 446911 रू. के बकायेदार हरवंश सिंग, महेन्द्र सिंग, सुरजीत कौर वगैरह, 1817223 रू. के बकायेदार राहुल धारीवाल, रू. 139493 के बकायेदार आदिल खान, 1010705 रू. के बकायेदार देवीलाल शर्मा के संबंधित व्यवसायिक परिसर में तत्काल ताला लगाकर सीलबंदी की कार्यवाही बकायाराशि नगर निगम को अदा नहीं करने पर की गई है। इन बडे 7 बकायेदारों पर नगर निगम रायपुर जोन 8 राजस्व विभाग का 71 लाख 1056 रू. बकाया शेष है। शेष बकाया राशि नियमानुसार वसूलने नगर निगम जोन 8 राजस्व विभाग द्वारा अभियानपूर्वक ताला लगाकर सीलबंदी की कार्यवाही की गई है।
- रायपुर पश्चिम विधायक ने सुबह 8 बजे अधिकारियों संग किया कोटा में निर्माणाधीन ₹4.65 करोड़ के नवीन महाविद्यालय का निरीक्षणमैनपावर बढ़ाने और तत्काल 'वर्क प्लान' सौंपने कहा4786 वर्ग मीटर में आकार ले रहा है आधुनिक सुविधाओं से लैस भव्य कॉलेज भवन, हजारों छात्रों को मिलेगा लाभरायपुर/ रायपुर पश्चिम के विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री श्री राजेश मूणत आज सुबह ठ 8:00 बजे,नगर निगम और लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों के दल के साथ कोटा स्थित राम दरबार के पीछे निर्माणाधीन शासकीय नवीन महाविद्यालय के निरीक्षण पर पहुंचे।लगभग 4 करोड़ 65 लाख रुपये की लागत से 4786 वर्ग मीटर में बन रहे इस भव्य कॉलेज भवन के निरीक्षण के दौरान श्री मूणत ने कार्य की धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जिस उत्साह के साथ पिछले वर्ष की तुलना में निर्माण की प्रगति संतोषजनक नहीं है। उन्होंने मौके पर ही अधिकारियों को 'वर्क प्लान' तैयार करने और मानव संसाधन (Labour force) बढ़ाने के निर्देश दिए ताकि यह प्रोजेक्ट समय सीमा के भीतर पूरा हो सके।शिक्षा सत्र 2026 का लक्ष्यश्री मूणत ने कहा कि वर्तमान में महाविद्यालय के लगभग 500 छात्र संस्कृत कॉलेज के भवन में अध्ययन करने को मजबूर हैं। हमारा लक्ष्य है कि अगस्त 2026 तक यह भवन पूर्णतः तैयार हो जाए, ताकि नए शिक्षा सत्र में रामनगर, गुढ़ियारी और कोटा क्षेत्र के बच्चों को भटकना न पड़े। इस नवीन भवन में विज्ञान, कला और वाणिज्य संकाय की स्नातक कक्षाओं के साथ-साथ अत्याधुनिक फिजिक्स, केमिस्ट्री, कंप्यूटर और जियोलॉजी लैब, विशाल लाइब्रेरी और भव्य हॉल की सुविधा मिलेगी। उल्लेखनीय है कि इस महाविद्यालय की नींव श्री मूणत ने ही वर्ष 2018 में रखी थी। उन्होंने वर्ष 2024-25 के बजट में इस भवन हेतु विशेष प्रावधान करवायाश्री मूणत ने कहा कि"विकास मेरा संकल्प है। मैं कार्य को पूर्ण कर जनता को सौंपने में विश्वास करता हूँ। रायपुर पश्चिम के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधुनिक सुविधाएं देना मेरी प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि —कार्य की गति बढ़ाएं, गुणवत्ता बनाए रखें और 2026 के सत्र से पहले कॉलेज हैंडओवर करें। श्री मूणत ने कहा कि जनता की सेवा के लिए मैं हर सुबह 8 बजे सड़कों पर हूँ और यह अभियान अनवरत जारी रहेगा।कल सरोना और रायपुरा में चल रहे कार्यों का करेंगे निरीक्षणविधायक श्री मूणत का यह सघन निरीक्षण अभियान कल भी जारी रहेगा। कल सुबह 8:00 बजे से वे नगर निगम के अधिकारियों के साथ सरोना और रायपुरा क्षेत्र में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का जायजा लेंगे।
- एसडीएम द्वारा अनियमितता पाए जाने पर गोविंद राईस मिल बालोद को सील करने की कार्रवाईबालोद/कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देशानुसार समर्थन मूल्य पर धान खरीदी कार्य के अंतर्गत बालोद जिले में धान की अवैध खरीदी-बिक्री पर रोकथाम सुनिश्चित करने राजस्व, खाद्य, सहकारिता एवं कृषि उपज मंडी के जांच दल के द्वारा निरंतर कार्रवाई की जा रही है। इसके अंतर्गत गुरूर 01 जनवरी को एसडीएम बालोद श्री नूतन कंवर के द्वारा गोविंद राईस मिल द्वारा वर्ष 2025-26 के लिए कस्टम मीलिंग हेतु आॅनलाईन पंजीयन नही कराए जाने पर गोविंद राईस मिल को सील करने की कार्रवाई की गई है। तहसीलदार श्री आशुतोष शर्मा ने बताया कि गोविंद राईस मिल बालोद के द्वारा गत वर्ष भारतीय खाद्य निगम एवं पीडीएस गोदाम में 85 प्रतिशत चावल जमा करने के बावजूद वर्ष 2025-26 में कस्टम मीलिंग हेतु आॅनलाईन पंजीयन नही कराया गया है। जो कि छत्तीसगढ़ कस्टम मीलिंग चावल उपार्जन आदेश 2016 की कंडिका 4(1) का उल्लंघन एवं आदेश कंडिका 09 के तहत दंडनीय है। जिसके फलस्वरूप एसडीएम श्री नूतन कंवर के द्वारा गोविंद राईस मिल बालोद को सील करने की कार्रवाई की गई है। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान तहसीलदार श्री आशुतोष शर्मा, सहायक खाद्य अधिकारी श्री संतोष कुमार सहित राजस्व निरीक्षक एवं कृषि उपज मंडी के निरीक्षक उपस्थित थे।
- -राज्य प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में प्रशिक्षण ले रहे तीनों खिलाड़ी, असेसमेंट कैंप में भारतीय हॉकी कोच पी.आर. श्रीजेश परख रहे खिलाड़ियों कोरायपुर। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव ने बेंग्लुरू स्थित साई (Sports Authority of India) के नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में परफॉर्मेंस असेसमेंट के लिए चयनित खिलाड़ियों को हॉकी किट प्रदान किया। उन्होंने शुक्रवार को नवा रायपुर स्थित अपने शासकीय निवास कार्यालय में गोलकीपर अल्फाज खान को गोलकीपिंग का संपूर्ण किट तथा फॉरवर्ड पोजिशन में खेलने वाली मधु सिदार और दामिनी खुसरो को हाकी स्टिक प्रदान किया। ये तीनों खिलाड़ी बिलासपुर स्थित स्वर्गीय बी.आर. यादव राज्य प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में पिछले तीन सालों से हॉकी का प्रशिक्षण ले रहे हैं।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने तीनों खिलाड़ियों के साई के परफॉर्मेंस असेसमेंट कैंप में चयन पर खुशी जाहिर करते हुए बधाई दी। उन्होंने तीनों को भविष्य में अच्छे प्रदर्शन और उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। जून-2022 से खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा संचालित बहतराई के आवासीय प्रशिक्षण केंद्र में 67 खिलाड़ी अभी हॉकी का प्रशिक्षण ले रहे हैं। राज्य शासन और प्रशिक्षकों के सहयोग से यहां से लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार हो रहे हैं। हॉकी किट के वितरण के दौरान खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सहायक संचालक श्री ए. एक्का और राज्य प्रशिक्षण केंद्र बहतराई में हॉकी के वरिष्ठ कोच श्री राकेश टोप्पो भी मौजूद थे।रायपुर के अल्फाज खान हाल ही में 12 दिसम्बर से 19 दिसम्बर तक बेंग्लुरू के नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में परफॉर्मेंस असेसमेंट कैंप में शामिल हुए थे। वहां भारतीय हॉकी कोच श्री पी.आर. श्रीजेश ने देशभर के खिलाड़ियों के प्रदर्शन को परखा। जशपुर की मधु सिदार और बोड़ला (कबीरधाम) की दामिनी खुसरो इसी महीने 16 जनवरी से 23 जनवरी तक आयोजित परफॉर्मेंस असेसमेंट कैंप में शामिल होंगी। इन तीनों खिलाड़ियों ने 15वीं हॉकी इण्डिया जूनियर नेशनल चैम्पियनशिप में श्रेष्ठ प्रदर्शन किया था। इसी आधार पर उनका चयन राष्ट्रीय स्तर पर परफॉर्मेंस असेसमेंट कैंप के लिए हुआ है। दामिनी खुसरो और मधु सिदार पिछले वर्ष हुए वेस्ट जोन हॉकी चैम्पियनशिप में विजेता टीम का हिस्सा रही थी। इसमें मधु सिदार सर्वाधिक गोल कर टॉप स्कोरर रही थी।
- रायपुर । राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और भारतीय ज्ञान प्रणाली के एकीकरण पर केंद्रित “एक समग्र शैक्षिक परिकल्पना” विषयक दो दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ आज शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय, रायपुर में किया गया। कार्यशाला का उद्घाटन उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा एवं कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहब ने संयुक्त रूप से किया।भारतीय ज्ञान परम्परा अतीत नहीं, भविष्य की राह दिखाने वाली – श्री टंकराम वर्माउच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 भारतीय सभ्यता और संस्कृति की महान विरासत को सुदृढ़ करने वाली नीति है। यह केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं, बल्कि जीवन जीने की समग्र एवं संतुलित शैली प्रस्तुत करती है।उन्होंने कहा कि वेद, उपनिषद, महाभारत, आयुर्वेद, योग, गणित, दर्शन, ज्योतिष और खगोल शास्त्र जैसी भारतीय ज्ञान विधाएं हमारी सांस्कृतिक पहचान हैं। गुरुकुल परम्परा में शिक्षा का उद्देश्य केवल रोजगार नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, नैतिकता और समाज सेवा था।मंत्री श्री वर्मा ने कहा कि आधुनिक समय में भारतीय ज्ञान परम्परा को पुनः शिक्षा व्यवस्था में आत्मसात करने की आवश्यकता है और राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 इसी दिशा में सशक्त कदम है। यह नीति प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के 2047 विकसित भारत के विजन को साकार करने में अहम भूमिका निभाएगी।आधुनिकता और संस्कृति का संतुलन ही नई पीढ़ी का मार्ग – श्री गुरु खुशवंत साहेबकौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 आने वाली पीढ़ी को आधुनिक तकनीकी ज्ञान के साथ भारतीय इतिहास, संस्कृति और परम्पराओं से जोड़ने का कार्य करती है।उन्होंने बताया कि राज्य सरकार नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए निरंतर प्रयास कर रही है, ताकि शिक्षा व्यवस्था को व्यवहारिक, रोजगारोन्मुख और संस्कारयुक्त बनाया जा सके। यह नीति भारत को विश्वगुरु बनाने की दिशा में निर्णायक साबित होगी।राष्ट्रीय शिक्षा नीति का गहन अध्ययन और सामूहिक प्रयास आवश्यक – डॉ. अतुल कोठारीविशिष्ट अतिथि एवं राष्ट्रीय सचिव, शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास (नई दिल्ली) डॉ. अतुल कोठारी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का गहन अध्ययन कर उसका प्रभावी क्रियान्वयन समय की मांग है। सभी शिक्षाविदों को मिलकर इस नीति को धरातल पर उतारने के लिए सामूहिक प्रयास करने होंगे।शिक्षाविदों और कुलपतियों की गरिमामयी उपस्थितिकार्यक्रम में गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय बिलासपुर के कुलपति प्रो. आलोक चक्रवाल, आयुक्त उच्च शिक्षा विभाग डॉ. संतोष कुमार देवांगन, शहीद महेंद्र कर्मा विश्वविद्यालय बस्तर के कुलपति प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव, अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय बिलासपुर के कुलपति प्रो. ए.डी.एन. वाजपेई, पंडित सुंदरलाल शर्मा विश्वविद्यालय बिलासपुर के कुलपति प्रो. वीरेंद्र कुमार सारस्वत, छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय भिलाई के कुलपति डॉ. अरुण अरोरा सहित राष्ट्रीय शिक्षा नीति के नोडल अधिकारी, आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के प्रतिनिधि एवं प्रदेशभर के महाविद्यालयों के प्राचार्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
- रायपुर ।राज्यपाल श्री रमेन डेका से शुक्रवार को लोकभवन में स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग, विधि एवं विधायी कार्य मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने भेंट कर नववर्ष की शुभकामनाएं दी। राज्यपाल ने भी उन्हें नववर्ष की शुभकामनाएं दीं।
- रायपुर,। राज्यपाल श्री रमेन डेका ने शुक्रवार को लोकभवन में सरस्वती शिक्षा संस्थान छत्तीसगढ़ रायपुर को चार ई-रिक्शे प्रदान किए। उन्होंने लोकभवन परिसर में आयोजित कार्यक्रम में अपने स्वेच्छानुदान मद से चार ई-रिक्शे की चाबी वाहन चालकों को सौंपी और हरी झंडी दिखाकर वाहनों को रवाना किया। इन वाहनों का उपयोग विभिन्न सरस्वती शिक्षा संस्थानों में किया जाएगा। इस अवसर पर डॉ. पुर्णेन्द्रु सक्सेना सहित संस्थान के पदाधिकारी उपस्थित थे।
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13 जनवरी को होगा मतदान, कलेक्टरेट में नामांकन प्रक्रिया
रायपुर। रायपुर प्रेस क्लब की कार्यकारिणी का निर्वाचन कराए जाने के निर्देश जारी किए गए हैं। उक्त आदेशों के परिपालन में प्रेस क्लब रायपुर के पदाधिकारियों के निर्वाचन की समय-सारणी घोषित कर दी गई है।इस निर्वाचन के अंतर्गत अध्यक्ष (01), उपाध्यक्ष (01), महासचिव (01), संयुक्त सचिव (02) एवं कोषाध्यक्ष (01) पदों के लिए चुनाव कराया जाएगा।घोषित कार्यक्रम के अनुसार नाम निर्देशन पत्रों की प्राप्ति एवं जमा करने की प्रक्रिया 06 जनवरी 2026 से 08 जनवरी 2026 तक प्रातः 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक कलेक्टरेट परिसर रायपुर के कक्ष क्रमांक क-09 में होगी।नाम निर्देशन पत्रों की जांच (संवीक्षा) एवं वैध नामांकन पत्रों की सूची का प्रकाशन 09 जनवरी 2026 को प्रातः 11 बजे से कलेक्टरेट परिसर के कक्ष क-09 में किया जाएगा।नाम निर्देशन पत्रों की वापसी 10 जनवरी 2026 को प्रातः 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक कलेक्टरेट परिसर में होगी। इसी दिन अंतिम रूप से निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों की सूची का प्रकाशन दोपहर 3 बजे के बाद कक्ष क-09, कलेक्टरेट परिसर में किया जाएगा।मतदान 13 जनवरी 2026 को प्रातः 8 बजे से शाम 4 बजे तक प्रेस क्लब रायपुर में संपन्न होगा। मतदान समाप्ति के तत्काल पश्चात् उसी दिन मतगणना भी प्रेस क्लब रायपुर में की जाएगी।नाम निर्देशन पत्र कलेक्टरेट परिसर रायपुर के कक्ष क्रमांक क-09 से प्राप्त किए जा सकते हैं। मतदाता सूची का शुल्क 300 रुपये, अध्यक्ष पद के लिए नाम निर्देशन शुल्क 5000 रुपये तथा अन्य पदों के लिए 2000 रुपये निर्धारित किया गया है। -
बिलासपुर/राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत वर्ष 2025-26 के लिए विभिन्न रिक्त संविदा पदों पर भर्ती अपरिहार्य कारणों से निरस्त कर दी गई है। सीएमएचओ डॉ शुभा गरेवाल ने बताया कि रिक्त संविदा पदों पर भर्ती के लिए 29 अक्टूबर 2025 को विज्ञापन जारी किया गया था। जिसे अपरिहार्य कारणों से निरस्त कर दिया गया है।
- रायपुर ।राज्यपाल श्री रमेन डेका ने बालिकाओं की शिक्षा को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की दिशा में सराहनीय पहल करते हुए कस्तूबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय, राजपुर कला लखनपुर जिला सरगुजा की छात्राओं के लिए अपने स्वेच्छानुदान मद से पांच कम्प्यूटर प्रदान किए है।राज्यपाल ने सरगुजा जिले के प्रवास के दौरान उक्त आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्होंने छात्राओं की शैक्षणिक गतिविधियों का अवलोकन किया और विद्यालय में सुविधा बढ़ाने के उद्देश्य से अतिरिक्त कम्प्यूटर उपलब्ध कराने की स्वीकृति दी थी। जिसके फलस्वरूप आज विद्यालय को लोेकभवन में राज्यपाल के हाथों पांच कम्प्यूटर प्राप्त हुए। इस सुविधा से छात्राओं की पढ़ाई में गुणात्मक सुधार आएगा और वे डिजिटल शिक्षा से बेहतर रूप से जुड़ सकेंगी। इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव डॉ. सी.आर प्रसन्ना, विद्यालय की अधीक्षिका श्रीमती अनुराधा सिंह एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित थे।
- रायपुर । राज्यपाल श्री डेका ने शुक्रवार को समाज कल्याण विभाग, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन एवं हथकरघा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर गोद ग्रामों में योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।उल्लेखनीय है कि राज्यपाल द्वारा खैरागढ़- छुईखदान-गंडई जिले के ग्राम सोनपुरी, बेमेतरा जिले के ग्राम टेमरी तथा गरियाबंद जिले के ग्राम बिजली को गोद लिया गया है। इन ग्रामों में शासन की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा समावेशी विकास को बढ़ावा देने की पहल की है। राज्यपाल श्री डेका ने लाइवलीहुड मिशन के अंतर्गत कौशल विकास पर जोर देते हुए कहा कि गोद ग्रामों मे विस्तृत सर्वेक्षण कर स्थानीय आवश्यकता के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाए। दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण, पात्र हितग्राहियों को पेंशन तथा अन्य सामाजिक सुरक्षाओं का लाभ सुनिश्चित किया जाए। महिलाओं को स्व-सहायता समूहों से जोड़ने और आजीविका गतिविधियों में उनकी सहभागिता बढ़ाने के निर्देश दिए। राज्यपाल ने स्पष्ट कहा कि कौशल विकास के लिए गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए। उन्होंनेे गोद ग्रामों का भ्रमण कर जमीनी स्तर पर आवश्यकतानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। बैठक में समाज कल्याण विभाग की संचालक श्रीमती रोक्तिमा यादव, छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के संचालक श्री अश्वनी देवांगन एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
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- 132 केवी उपकेंद्र मसोरा में 8 करोड़ की लागत से लगा नया ट्रांसफार्मर
- डेढ़ लाख उपभोक्ताओं को मिलेगी लो-वोल्टेज से स्थायी राहत- कोंडागांव जिले को बड़ी सौगात, 63 एमवीए अतिरिक्त पावर ट्रांसफॉर्मर उर्जीकृतरायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज बिजली उपभोक्ताओं और किसानों के लिए अधोसंरचना को निरंतर अपग्रेड कर रही है। इस दिशा में ट्रांसमिशन कंपनी ने मसोरा स्थित 132 केवी अतिउच्च दाब उपकेंद्र में 63 एमवीए का अतिरिक्त ट्रांसफार्मर को ऊर्जीकृत किया। इसका लाभ कोंडागांव जिले के 21 हजार किसानों को मिलेगा, जो ग्रीष्मकाल में फसलचक्र परिवर्तन को अपनाकर मक्के की खेती कर रहे हैं। साथ ही आदिवासी क्षेत्र के डेढ़ लाख उपभोक्ताओं को निर्बाध एवं गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति हो सकेगी।छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री राजेश कुमार शुक्ला के इस मौके पर कहा कि माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में आदिवासी व वनांचल क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास को कार्य तीव्र गति से किये जा रहे हैं। इसी के तहत कोंडगांव जिले के 132/33 केवी उपकेंद्र मसोरा में 8.5 करोड़ की लागत से स्थापित 63 एमवीए क्षमता का अतिरिक्त पावर ट्रांसफॉर्मर सफलतापूर्वक उर्जीकृत किया गया। इस उपकेंद्र मसोरा में पूर्व से 40 एमवीए क्षमता के दो पावर ट्रांसफॉर्मर कार्यरत थे, जिनसे 33 केवी के कुल 8 फीडर निकलते हैं। इन फीडरों के माध्यम से कोंडागांव जिला के कोंडागांव, फरसगांव एवं माकड़ी ब्लॉक के संपूर्ण क्षेत्र तथा बड़ेराजपुर ब्लॉक के आंशिक क्षेत्र को विद्युत आपूर्ति की जाती है। वहीं, जिले के केशकाल ब्लॉक का संपूर्ण क्षेत्र एवं बड़ेराजपुर ब्लॉक का शेष भाग 132/33 केवी उपकेंद्र कांकेर से विद्युत आपूर्ति प्राप्त करता है।डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के मुख्य अभियंता (जगदलपुर क्षेत्र) श्री टीके मेश्राम ने बताया कि कोंडागांव जिले में रबी सीजन के दौरान मक्के की व्यापक खेती होने के कारण ग्रीष्म ऋतु में सिंचाई हेतु विद्युत मांग अत्यधिक बढ़ जाती थी। इसके परिणामस्वरूप उपकेंद्र मसोरा पर ओवरलोड की स्थिति उत्पन्न होती थी, जिससे पूरे जिले में लो वोल्टेज एवं विद्युत कटौती जैसी समस्याएँ सामने आती थीं। क्षेत्र के विद्युत उपभोक्ताओं, जनप्रतिनिधियों एवं जिला प्रशासन के समक्ष किसानों ने इस समस्या के निराकरण की मांग भी की थी। अब 63 एमवीए अतिरिक्त पावर ट्रांसफॉर्मर के उर्जीकृत होने से उपकेंद्र मसोरा की कुल क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। इससे जिले में विद्युत आपूर्ति स्थिर, विश्वसनीय एवं गुणवत्तापूर्ण होगी, ग्रीष्म ऋतु में होने वाली लो वोल्टेज एवं कटौती की समस्या से स्थायी निजात मिलेगी तथा कृषि, घरेलू एवं वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को बड़ा लाभ प्राप्त होगा। यह महत्वपूर्ण उपलब्धि कोंडागांव जिले के समग्र विकास, किसानों की सिंचाई सुविधा, तथा आम नागरिकों के बेहतर जीवन स्तर की दिशा में एक सशक्त कदम है। इस अवसर पर ट्रांसमिशन कंपनी के मुख्य अभियंता श्री अब्राहम वर्गीस, श्री संजय तिवारी, अधीक्षण अभियंता श्री एच के सूर्यवंशी, श्री कतलम, कार्यपालन अभियंता श्री पीवी राजेश सहित ट्रांसमिशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के अन्य अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। - रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध लोकपर्व छेरछेरा के पावन अवसर पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने इस अवसर पर प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और निरंतर प्रगति की मंगलकामना की।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छेरछेरा महादान, सामाजिक समरसता और दानशीलता का प्रतीक पर्व है, जो छत्तीसगढ़ की समृद्ध, गौरवशाली और मानवीय मूल्यों से ओत-प्रोत परंपरा को सजीव रूप में अभिव्यक्त करता है। नई फसल घर आने की खुशी में यह पर्व पौष मास की पूर्णिमा को बड़े हर्ष और उत्साह के साथ मनाया जाता है।मुख्यमंत्री ने कहा कि इसी दिन मां शाकंभरी जयंती भी मनाई जाती है, जो अन्न, प्रकृति और जीवन के संरक्षण का संदेश देती है। पौराणिक मान्यता के अनुसार इस दिन भगवान शिव ने माता अन्नपूर्णा से भिक्षा ग्रहण की थी। इसी परंपरा के अनुरूप छेरछेरा पर्व पर धान के साथ-साथ साग-भाजी, फल एवं अन्य अन्न का दान कर लोग परस्पर सहयोग, करुणा और मानवता का परिचय देते हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छेरछेरा पर्व हमें समाज में आपसी प्रेम, सौहार्द और साझा समृद्धि की भावना को सुदृढ़ करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों से इस लोकपर्व को सद्भाव, उल्लास और पारंपरिक मूल्यों के साथ मनाने का आह्वान किया।
- रायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने भारत की प्रथम महिला शिक्षिका महान समाज सुधारक एवं नारी सशक्तिकरण की अग्रदूत स्वर्गीय श्रीमती सावित्रीबाई फुले की जयंती (3 जनवरी) पर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सावित्रीबाई फुले ने उस दौर में महिला शिक्षा की अलख जगाई, जब समाज में अनेक कुरीतियाँ और बंधन व्याप्त थे। उन्होंने न केवल महिलाओं को शिक्षित होने के लिए प्रेरित किया, बल्कि स्वयं आगे बढ़कर उन्हें शिक्षा का अधिकार दिलाने के लिए आजीवन संघर्ष किया। छुआछूत, लैंगिक भेदभाव और सामाजिक असमानताओं के विरुद्ध उनका संघर्ष साहस, संकल्प और सामाजिक चेतना का अद्वितीय प्रतीक है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि स्त्री अधिकारों, समानता और शिक्षा के क्षेत्र में सावित्रीबाई फुले का योगदान अमूल्य तथा अविस्मरणीय है। उनके विचार और कर्म आज भी समाज को प्रगतिशील दिशा देने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे सावित्रीबाई फुले के जीवन से प्रेरणा लेते हुए शिक्षा, समानता और सामाजिक न्याय के मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करें।
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भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्रांतर्गत अवैध कब्जा एवं निर्माण को हटाने आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय द्वारा आदेश जारी किया गया है। आदेश के तारतम्य में सभी जोन क्षेत्र में अवैध कब्जा एवं निर्माण को हटाने की कार्यवाही निगम द्वारा लगातार की जा रही है।
कलेक्टर जनदर्शन में दर्ज शिकायत के आधार पर हाउसिंग बोर्ड कालीबाड़ी के सामने मुख्य मार्ग में नाली के उपर किये ढलाई तथा ईंट व पत्थर डाल कर नाली को जाम किया गया था, जिसके कारण नाली की सफाई करने में समस्या आ रही थी। निगम आयुक्त के निर्देशानुसार एवं प्राप्त शिकायत के आधार पर जोन-2 एवं 3 के राजस्व टीम द्वारा अवैध ढलाई को जेसीबी के माध्यम से हटाने की कार्यवाही की गई। कार्यवाही के दौरान सहायक राजस्व अधिकारी शरद दुबे, बसंत देवांगन, बेदखली प्रभारी विनय शर्मा, जोन स्वास्थ अधिकारी शंकर साहनी स्वच्छता निरीक्षक अंजनी सिंह अनिल शुक्ला, कृष्ण कुमार सुपैत, मदनमोहन तिवारी,समीर अहमद, कार्तिक सहित स्वास्थ्य एवं राजस्व टीम उपस्थित रहे।




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