- Home
- छत्तीसगढ़
- -गांव के चौपाल में ग्रामीणों ने बताया अब हो रहा ग्रामों में विकास-शासन क्षेत्र की सुख, शांति और समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध - उपमुख्यमंत्री श्री शर्मारायपुर। उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा आज अपने एकदिवसीय प्रवास पर सुकमा जिले के सुदूर वनांचल ग्राम दुलेड पहुंचे। जहां उन्होंने सीआरपीएफ के कैम्प का निरीक्षण किया। उन्होंने कैम्प में जवानों से मुलाकात कर उनका हाल जाना। उन्होंने जवानों को कठिन परिस्थितियों और मुश्किलों के बाद भी लाल आतंक को जड़ से उखाड़ने के लिए किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह आप लोगों के साहस और संवेदनशीलता का ही परिणाम है कि आज राज्य के कई जिले अब नक्सल आतंक से मुक्त हो गए हैं।ग्रामीणों को अब असल विकास का अहसासउप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने जनचौपाल लगाकर दुलेड के ग्रामीणों से सीधी चर्चा भी की। जहां उन्होंने कहा कि दुलेड में कैंप खुलने के बाद यहां आमूल चूल परिवर्तन आया है। कई सालों तक नक्सलियों ने गांव तक बिजली, पेयजल, सड़क जैसी आधारभूत सुविधाओं को आने से रोका, शिक्षा का प्रकाश फैलाने वाले शिक्षादूतों को मारा लेकिन अब हमारे ग्राम तैयार हैं, हम सभी को मिलकर गांव के विकास के लिए कार्य करना है। सरकार भी क्षेत्र के सुख, शांति और समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध होकर लगातार कार्य कर रही है ताकि यहां के लोगों को अपने वन उत्पादों का उचित मूल्य एवं शासन की योजनाओं का लाभ प्राप्त हो। इस अवसर पर ग्रामीणों ने बताया कि अब गांव में उन्हें असल विकास का अहसास हो रहा है। हमें सभी योजनाओं का लाभ भी मिल रहा है।शासन द्वारा वनांचल के विकास के लिए अनेक योजनाएंग्रामीण अब विकास की मुख्यधारा में जुड़ने के लिए अग्रसर हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि बस्तर संभाग के सभी जिलों में सभी जनप्रतिनिधि आदिम समाज से ही संबंधित हैं और संविधान के द्वारा प्रदत्त शक्तियों के अनुसार यहां केवल आदिवासी वर्ग के लोग ही यहां जनता का प्रतिनिधित्व करते हैं और सौभाग्य से हमारे राज्य का प्रतिनिधित्व करने वाले मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय भी आज आदिवासी वर्ग के ही हैं। ऐसे में यदि कोई भोले भाले ग्रामीणों को बहकाकर हिंसा के मार्ग पर ले जाता है, शिक्षा कार्य करने वाले शिक्षादूतों की हत्या करता है, तो वह आपको मार्ग से भटकाने का कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा वनांचल वासियों के विकास के लिए विभिन्न योजनाएं चलाई जा रहीं है।इलवद ग्राम योजना के लिए विकास कार्यों को प्राथमिकताउप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने लोगों से आह्वाहन किया कि वे अपने गांवों के भटके युवाओं को मुख्यधारा में आने के लिए प्रोत्साहित करें। विगत दिनों दो दिन में 300 से अधिक लोग हथियार त्याग कर मुख्यधारा में शामिल हुए हैं, जिनका उनके ग्राम के गायता, पुजारी, पटेल द्वारा पारम्परिक रूप से स्वागत किया गया। शासन ने भी समर्पण करने वालों के लिए खुशी से अपनी बाहों को खोल रखा है और उनके पुनर्वास के लिए संवेदनशील पुनर्वास नीति भी तैयार की है। उन्होंने सभी को बताया कि शासन की इलवद ग्राम योजना से अब नक्सल मुक्त ग्रामों के लिए एक करोड़ के विकास कार्यों की घोषणा की गई है, इससे गांव में बारहमासी सड़कें, पेयजल, परिवहन आदि की व्यवस्था की जाएगी। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने ग्रामीण युवाओं को खेल उपकरणों का भी वितरण किया।
- - अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने कहा – लैब तकनीशियन स्वास्थ्य सेवा की रीढ़ हैंबिलासपुर।छत्तीसगढ़ आयु विज्ञान संस्थान (सिम्स) बिलासपुर में आज मेडिकल लैब टेक्नीशियन दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सिम्स के अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति थे। उनके द्वारा सूक्ष्मजीव विज्ञान के जनक एंटोनी ल्यूवेनहॉक के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया।इस अवसर पर माइक्रोबायोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. रेखा बरापात्रे, पैथोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. रश्मि गुप्ता, बायोकेमेस्ट्री विभागाध्यक्षडॉ. मनीष साहू सहित लैब टेक्नीशियन देव सिंह मार्को, संजय दुबे, देवेंद्र शर्मा, जया शाह, पिंकी वाधवानी, रविंद्र पांडे, दुष्यंत राय, अरुण मैरोलिया, शेवता वर्मा, वर्षा राय, आबिद बेगम एवं अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।अपने संबोधन में अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने कहा —> “स्वास्थ्य सेवा व्यवस्था में मेडिकल लैब टेक्नीशियन की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। किसी भी रोग की सटीक पहचान, उपचार की दिशा और मरीज के जीवन की रक्षा में प्रयोगशाला कर्मियों का अमूल्य योगदान रहता है। यह वह वर्ग है जो पर्दे के पीछे रहकर भी हर चिकित्सक का सबसे भरोसेमंद सहयोगी होता है। इनकी निष्ठा, परिश्रम और तकनीकी दक्षता से ही सटीक निदान संभव हो पाता है।”उन्होंने आगे कहा कि सिम्स संस्थान लगातार अपनी प्रयोगशालाओं को आधुनिक उपकरणों और नवीनतम तकनीकों से सुसज्जित कर रहा है, जिससे प्रदेशवासियों को उच्च गुणवत्ता की जांच सेवाएँ उपलब्ध कराई जा सकें।कार्यक्रम में वक्ताओं ने मेडिकल लैब टेक्नीशियन दिवस के ऐतिहासिक महत्व पर भी प्रकाश डाला और एंटोनी ल्यूवेनहॉक के वैज्ञानिक योगदान को नमन किया।समारोह के अंत में धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए डॉ. रेखा बरापात्रे ने अधिष्ठाता महोदय सहित सभी अतिथियों, तकनीशियनों एवं सहयोगी कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन सामूहिक अभिनंदन समारोह और समूह छायाचित्र के साथ किया गया, जिसमें उपस्थित सभी सदस्यों ने एकजुट होकर सेवा, समर्पण और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
- - 28 अक्टूबर से शुरू होगी विकासखण्ड स्तरीय प्रतियोगिताबिलासपुर /आदिम जाति एवं अनुसूचित विकास विभाग द्वारा करमा महोत्सव 2025 के लिए कार्यक्रम जारी किया गया है। जिसके अनुसार 28 अक्टूबर से लेकर 31 अक्टूबर तक विकासखण्ड स्तरीय करमा नृत्य महोत्सव आयोजित होगा। खण्ड स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के लिए जनपद पंचायतों में 27 अक्टूबर तक इच्छुक दलों को पंजीयन कराना होगा। खण्ड स्तरीय आयोजन बिल्हा में 28 अक्टूबर, मस्तुरी में 29 अक्टूबर, तखतपुर में 30 अक्टूबर एवं कोटा में 31 अक्टूबर को किया जाएगा।सहायक आयुक्त आदिवासी विकास ने बताया कि राज्य शासन के निर्देशानुसार करमा महोत्सव का आयोजन ग्राम स्तर से लेकर जनपद, जिला एवं राज्य स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। राज्य स्तरीय कार्यक्रम 15 नवम्बर को होगा। उन्होंने बताया कि विकासखण्ड स्तर पर करमा नृत्य, करमा गीत, जनजातीय लोक गायकों का प्रतिनिधित्व एवं जनजातीय समुदायों में प्रचलित परम्परागत वाद्य यंत्रों के प्रदर्शन पर आधारित प्रतिस्पर्धा कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। विकासखण्ड के ग्राम स्तर पर नर्तक दल अपना पंजीयन जनपद पंचायतों में दर्ज कराकर कार्यक्रम में भाग ले सकते हैं। जिला स्तरीय करम महोत्सव 1 नवम्बर से 7 नवम्बर 2025 तक आयोजित होगा, जिसमें चयनित एक करम नर्तक दल को राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रतिनिधित्व का अवसर मिलेगा। राज्य स्तरीय आयोजन 8 नवम्बर से 15 नवम्बर 2025 तक किया जाएगा। कार्यक्रम में भाग लेने वाले चयनित ग्रामों के करमा नर्तक दलों को प्रति ग्राम 2 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि जनपद पंचायतों के माध्यम से प्रदान की जाएगी। वहीं, विकासखण्ड स्तरीय कार्यक्रमों के संचालन हेतु प्रति विकासखण्ड 1 लाख रुपये की राशि निर्धारित की गई है। file photo
- बिलासपुर/ राज्य गठन के 25 वीं वर्षगांठ पर कृषि विभाग द्वारा कृषि महाविद्यालय परिसर में रजत जयंती महोत्सव सह परम्परागत कृषि विकास योजनांतर्गत जिलास्तरीय जैविक कृषि मेला का आयोजन किया गया। इस महोत्सव के आयोजन का उद्देश्य राज्य की उपलब्धियों को प्रदेश के कोने-कोने तक पहुंचाना है। आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में युवा, महिला, किसान समेत समस्त नागरिक आदि केन्द्र बिन्दु रहे। इनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करते हुए वर्ष 2050 के भावी छत्तीसगढ़ CG@50 के निर्माण में योगदान के लिए प्रेरित करना है। कार्यक्रम में जैविक प्रदर्शनी कृषि संर्वगीय विभागों के द्वारा स्टाल लगाकर किया गया तथा कार्यक्रम में ड्रोन का प्रदर्शन कर किसानों को खेती में ड्रोन का उपयोग करने प्रोत्साहित किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों के करकमलों से छ.ग. महतारी के छायाचित्र मे दीप प्रज्जवलन कर कृषि महाविद्यालय परिसर सभागार में किया गया। कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केन्द्र बिलासपुर के प्रमुख वैज्ञानिक डां.गीत शर्मा द्वारा किसानों को जैविक खेती की तकनीकी की जानकारी देते हुए कृषि उत्पादकता बढ़ानें, जैविक उत्पादन हेतु नवाचार एवं नवीन वैज्ञानिक पध्दतियों की विस्तृत जानकारी दी गई।उप संचालक कृषि श्री पी.डी. हथेश्वर द्वारा रजत जयंती महोत्सव सह जिलास्तरीय जैविक कृषि मेला में वर्ष 2000 से वर्ष 2025 के बीच जिलें में कृषि एवं संवर्गीय विभाग की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से कृषकों की खेती में हुए नवाचार, आधुनिक वैज्ञानिक तकनीकी का उपयोग, फसलों का विविधीकरण इत्यादि के माध्यम से किसानों के फसल उत्पादन एवं उनकी आर्थिक स्थिति में हुई वृध्दि का प्रदर्शन एवं प्रचार प्रसार किया जाकर कार्यक्रम में योजनाओं के लाभार्थीयों, महिलाओं, किसानों, श्रमिकों, भूमिहीन मजदूरों एवं कृषि आदान विक्रेताओं आदि को विशेष रूप से शामिल किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री राजेश सुर्यवशीं, अध्यक्ष जिला पंचायत बिलासपुर द्वारा बताया गया कि 01 नवम्बर 2000 को छ.ग. राज्य की स्थापना से लेकर अब तक किसान हितैसी राज्य सरकार द्वारा किसानों के विकास के लिए अनेक योजनाएं संचालित की जा रही है। इन 25 वर्षों में जिले के किसानों द्वारा कृषि क्षेत्रों में अनेक नवीन तकनीकों और वैज्ञानिक सोंच को अपनाया है, जिसे आज रजत जयंती महोत्सव कार्यक्रम के माध्यम से प्रदर्शित किया जा रहा है। साथ ही इस कार्यक्रम में कृषि, उद्याानिकी, पशुपालन, मतस्य पालन, कृषि महाविद्यालय, कृषि विज्ञान केन्द्र, किसान बीज उत्पादक संस्था रिस्दा एवं महिला स्व सहायता समूहों द्वारा निर्मित कृषि तथा जैविक उत्पादों का प्रदर्शन तथा योजनाओं का प्रचार प्र्रसार किसानों के मध्य किया जा रहा है। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमति अनुसुईया जागेन्द्र कश्यप, सभापति कृषि स्थाई समिति द्वारा किया गया।कार्यक्रम में मुख्य रूप से श्री राजेश सुर्यवशीं, अध्यक्ष जिला पंचायत, श्री जागेन्द्र कश्यप, प्रतिनिधी सभापति कृषि स्थाई समिति, श्री चंद्रप्रकाश सुर्या, प्रतिनिधी सदस्य, कृषि स्थाई समिति, श्री उमेश गौराहा, बेलतरा विधायक प्रतिनिधी, डां. एन.के.चौरे, अधिष्ठाता कृषि महाविद्यालय, श्री पी.डी. हथेश्वर, उप संचालक कृषि, डां. गीत शर्मा, प्रमुख वैज्ञानिक, कृषि विज्ञान केन्द्र, डां. संजय वर्मा, प्रमुख वैज्ञानिक, क्षेत्रिय कृषि अनुसंधान, श्री ए.के.शुक्ला, सहायक संचालक कृषि कृषि वैज्ञानिकगण, कृषि संर्वगीय अधिकारी एवं कर्मचारीगण, स्व सहायता समूह की महिलांएं एवं जिलें के लगभग 695 कृषकगण उपस्थित रहे तथा कार्यक्रम का संचालन श्री अनिल वर्मा, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी ने किया।
- - घर - घर जाकर आंख की बीमारी का करेंगे सर्वेबिलासपुर /शासन के निर्देशानुसार संपूर्ण नेत्र सुरक्षा कार्यक्रम का शुभारंभ तखतपुर में किया गया। यह कार्यकम मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं जिला नोडल अधिकारी डॉ. शुभा गरेवाल के मार्गदर्शन तथा सहायक नोडल अधिकारी लिए श्री राजेन्द्र शर्मा के निर्देशन में संचालित किया जा रहा है। कार्यक्रम के अंतर्गत जिले के सभी नेत्र सहायक अधिकारी 24 अक्टूबर से 01 नवंबर तक घर-घर जाकर नेत्र सर्वेक्षण करेंगे। इस दौरान आरएचओ द्वारा पूर्व में तैयार सर्वे सूची का सत्यापन सुपरवाईजर, मितानिन एवं आरएचओ के सहयोग से किया जायेगा। खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. उमेश कुमार साहू, नेत्र सहायक अधिकारी, ब्लाक नोडल, एनपीसीबी, श्री आर के साहू, श्री संजय शुक्ला, श्री पंच राम बंजारे, श्री अनिल दूबे, श्री शिव प्रसाद ध्रुव, श्रीमति संजू आदित्य, श्री जे आर ध्रुव, श्री अनुप सिंह, श्रीमति निधी गुप्ता, श्री पवन चौहान, श्री राजेन्द्र उजागर के नेतृत्व में अभियान नियोजित कार्ययोजना के तहत संचालित हो रहा है। तय कार्यक्रम के अनुसार शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सर्वे कार्य किया जायेगा। जिला नोडल अधिकारी एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शुभा गरेवाल ने बताया कि यह सत्यापन कार्य पूरे राज्य में एक साथ आयोजित किया जा रहा है। बिलासपुर जिले में इसका शुभारंभ मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा ग्राम भरनी, सैदा एवं अमसेना में किया गया। इस दौरान सर्वे टीम घर घर जाकर नेत्र रोगों से पीड़ित व्यक्ति की पहचान कर उनकी जानकारी एकत्र करेंगे। पहचान किये गये मोतियाबिंद मरीजों का ऑपरेशन जिला अस्पताल एवं सिम्स चिकित्सालय बिलासपुर में किया जायेगा। वहीं अन्य नेत्र रोग जैसे ग्लूकोमा, डायबिटीक, रैटिनोपैथी, दृष्टिदोष, लो विजन, कंजेक्टीवाइटिस आदि से पीड़ित व्यक्तियों की सूचीबद्ध कर कार्यालय को रिपोर्ट भेजी जायेगी, ताकि उन्हें समूचित उपचार मिल सके। इस सर्वे का उददेश्य उन लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएँ पहुंचाना है जो अस्पताल नहीं पहुँच पाते। नेत्र परीक्षण कार्य में जिले के सभी नेत्र सहायक अधिकारी सक्रिय रूप से भाग ले रहें है।
- रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा 5000 शिक्षकों की भर्ती की प्रक्रिया को वित्तीय स्वीकृति प्रदान किया गया है। मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने कहा कि यह निर्णय प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा और मजबूती प्रदान करेगा। मंत्री श्री यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की प्राथमिकता हमेशा से ही गुणवत्तापूर्ण और सुलभ शिक्षा सुनिश्चित करना रही है। शिक्षकों की कमी लंबे समय से शिक्षा प्रणाली को प्रभावित कर रही थी, ऐसे में यह भर्ती न केवल स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था को सुदृढ़ करेगी बल्कि प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के हजारों नए अवसर भी उपलब्ध कराएगी। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी का आभार व्यक्त किया।उन्होंने आगे कहा कि इस भर्ती प्रक्रिया को पूर्ण पारदर्शिता और योग्यता आधारित प्रणाली से संचालित किया जाएगा। ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षकों की उपलब्धता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि प्रदेश के हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अधिकार प्राप्त हो सके। शिक्षा मंत्री श्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल पदों की पूर्ति नहीं, बल्कि एक मजबूत, सक्षम और प्रेरणादायी शिक्षण तंत्र का निर्माण करना है। उन्होंने सभी अभ्यर्थियों से आग्रह किया कि वे उत्साह और विश्वास के साथ तैयारी करें, क्योंकि यह भर्ती प्रदेश के शैक्षणिक भविष्य को नई ऊँचाइयों तक ले जाने वाली सिद्ध होगी।
- बिलासपुर /छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर के मुख्य न्यायाधीश श्री रमेश सिन्हा आज दिनांक 24.10.2025 को निरीक्षण हेतु रायगढ़ पहुंचे। रायगढ़ से वापसी के समय उनके द्वारा खरसिया, सक्ती न्यायालय के साथ ही जिला न्यायालय जांजगीर-चांपा का भी निरीक्षण किया गया।उल्लेखनीय है कि वर्तमान में उच्च न्यायालय में दीपावली पर्व के अवकाश चल रहे हैं। अवकाश के दौरान भी मुख्य न्यायाधीश द्वारा विभिन्न जरूरी प्रकरणों पर सुनवाई की जा रही है तथा सुदृढ व सुचारू न्यायालयीन व्यवस्था हेतु विभिन्न न्यायालयों का आकस्मिक निरीक्षण भी किया गया।निरीक्षण के दौरान जिला न्यायालय, रायगढ़ के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री जितेन्द्र कुमार व अन्य न्यायिक अधिकारीगण उपस्थित रहे। साथ ही जिले के अन्य प्रशासनिक अधिकारीगण भी उपस्थित थे। विदित हो कि मुख्य न्यायाधीश श्री सिन्हा जी द्वारा पूर्व में भी जिला रायगढ़ का निरीक्षण किया जा चुका है। पूर्व निरीक्षण में पायी गयी कमियों के निराकरण पर उनके द्वारा संतोष व्यक्त किया गया।मुख्य न्यायाधीश ने रायगढ़ में अधिवक्ताओं से भी मुलाकात की। अधिवक्ताओं द्वारा उनके आगमन पर हर्ष व्यक्त किया गया। तदुपरांत माननीय मुख्य न्यायाधीश ने न्यायिक अधिकारियों के साथ बैठक की। उनके न्यायालय में पुराने लंबित प्रकरणों की जानकारी ली और जन प्रकरणों की नियमानुसार निराकृत करने के निर्देश दिये गये।इसके बाद उनके द्वारा सिविल कोर्ट खरसिया के कोर्ट भवन का निरीक्षण किया गया। खरसिया में जनके द्वारा अधिवक्ताओं से मां की गई। न्यायिक अधिकारियों की भी बैठक ली गई। पार्किंग में उचित प्रकाश व्यवस्था हेतु निर्देश दिये गये।इसके उपरांत सक्ती न्यायालय का भी निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान सभी न्यायालयों की शाखाओं का अवलोकन किया गया तथा सभी व्यवस्था संतोषजनक पायी गयी। अधिवक्तामणों द्वारा बहुत ही हर्षोल्लास के साथ उनका स्वागत किया गया।अंत में माननीय मुख्य न्यायाधीश महोदय द्वारा जिला न्यायालय जांजगीर-चांपा का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान न्यायिक अधिकारीगण व प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। न्यायिक अधिकारीगणों को न्यायालयीन प्रकरणों के निराकरण हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये। न्यायालय भवन में साफ सफाई पर संतोष व्यक्त किया गया। अधिवक्तागण भी उपस्थित रहे तथा उनसे चर्चा की गई।औचक निरीक्षण में मुख्य न्यायाधीश के साथ रजिस्ट्रार जनरल रजनीश श्रीवास्तव, संयुक्त रजिस्ट्रार कम पीपीएस एमवी एलएन सुबहमन्यन एवं प्रोटोकॉल ऑफिसर आर. एस. नेगी भी उपस्थित रहे। मुख्य न्यायाधीश श्री रमेश सिंहा के निरंतर प्रयासों से राज्य की न्यायालयीन व्यवस्था में सकारात्मक परिवर्तन हो रहा है।
- - आत्मसमर्पित नक्सलियों के कल्याण एवं पुनर्वास हेतु दिए आवश्यक दिशा निर्देशरायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री श्री विजय शर्मा ने आज अपने बीजापुर प्रवास के दौरान सर्किट हाउस में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने पुनर्वास नीति के तहत आत्मसमर्पित नक्सलियों को पुनर्वास केंद्र में उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की विस्तारपूर्वक समीक्षा की।श्री शर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुनर्वास केंद्र में रह रहे आत्मसमर्पित नक्सलियों की बुनियादी आवश्यकताओं का संवेदनशीलता के साथ ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि उनके दैनिक जरूरतों जैसे नाश्ता, भोजन, वस्त्र, खेलकूद की सामग्री, योगाभ्यास और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की समुचित व्यवस्था होनी चाहिए साथ ही उनके लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शासन-प्रशासन के वरिष्ठ जनों से नियमित संवाद की व्यवस्था करने के निर्देश दिए।उपमुख्यमंत्री ने कहा कि पुनर्वास केंद्र में रह रहे लोगों के कौशल विकास पर विशेष ध्यान दिया जाए। उनकी रुचि एवं योग्यता के अनुसार उन्हें प्रशिक्षण प्रदान किया जाए, जिससे वे मुख्यधारा में सम्मानजनक जीवन व्यतीत कर सकें।उन्होंने आत्मसमर्पित नक्सलियों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए परिजनों से मिलने की तिथि तय करने एवं यदि उनके परिवारजन किसी जेल में बंद हैं, तो उनसे मिलने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। श्री शर्मा ने कहा कि सभी पुनर्वासित व्यक्तियों को कम से कम एक बार रायपुर भ्रमण (एक्सपोज़र विज़िट) पर ले जाया जाए, ताकि वे समाज और विकास की मुख्यधारा से जुड़ सकें। इसके साथ ही उन्होंने पुनर्वास केंद्र के प्रत्येक सदस्य को निःशुल्क मोबाइल फोन उपलब्ध कराकर परिवार नियमित संपर्क बनाए रखने में सहयोग करने को कहा।बैठक में दंतेवाड़ा विधायक श्री चैतराम अटामी, एडीजी नक्सल ऑपरेशन श्री विवेकानंद सिन्हा, बस्तर संभाग आयुक्त श्री डोमन सिंह, आईजी बस्तर श्री सुंदरराज पी., डीआईजी श्री कमलोचन कश्यप, कलेक्टर श्री संबित मिश्रा, पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेंद्र यादव, डीएफओ श्री रंगानाथन रामाकृष्णन वाय सहित अन्य जिला स्तरीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
-
08 से 11 नवंबर तक आयोजित की जाएगी प्रतियोगिता
बालोद/लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के आयोजन की तिथि में आंशिक संशोधन की गई है। इसके अंतर्गत वर्ष 2025-26 में जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के आयोजन की तिथि 01 से 04 नवंबर को संशोधित कर 08 से 11 नवंबर तक कर दी गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला मुख्यालय बालोद में 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के अंतर्गत खो-खो बालक-बालिका 14 वर्ष, फुटबाल बालक-बालिका 14 वर्ष एवं नेटबाल बालक-बालिका 19 वर्ष का आयोजन 08 से 11 नवंबर तक जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित की जाएगी। - -केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने वितरित किए नियुक्ति पत्र, प्रधानमंत्री मोदी ने वर्चुअल माध्यम से युवाओं को दी शुभकामनाएँरायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चल रहे रोजगार सृजन अभियान के तहत आज देशभर में 40 स्थानों पर एक साथ आयोजित 17वें रोजगार मेला (Rozgar Mela) के दौरान राजधानी रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में 95 चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। यह कार्यक्रम अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) रायपुर के सभागार में आयोजित किया गया, जिसकी मेजबानी छत्तीसगढ़ डाक मंडल (Chhattisgarh Postal Circle) ने की।इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री (गृह एवं शहरी कार्य मंत्रालय) श्री तोखन साहू ने चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। कार्यक्रम में श्री मोतीलाल साहू, विधायक रायपुर ग्रामीण, श्री सुवेंदु स्वैन, मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल (छत्तीसगढ़ परिमंडल) तथा लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) अशोक जिंदल, कार्यकारी निदेशक, एम्स रायपुर सहित अनेक अधिकारी एवं गणमान्य उपस्थित रहे।रायपुर के इस रोजगार मेले में 7 केंद्रीय विभागों — डाक विभाग, गृह मंत्रालय (सीआरपीएफ), रेल मंत्रालय, एम्स रायपुर, वित्तीय सेवा विभाग/एसएलबीसी, भारतीय खाद्य निगम तथा भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण — के अंतर्गत चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए गए। इनमें से 54 उम्मीदवार छत्तीसगढ़ राज्य से तथा शेष अन्य राज्यों से हैं।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से देशभर के चयनित युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि यह रोजगार मेला देश के युवाओं को “आत्मनिर्भर भारत” के निर्माण में नई ऊर्जा प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के निरंतर प्रयासों से अब तक 11 लाख से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए जा चुके हैं।केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में यह 17वां रोजगार मेला देशभर में एक साथ आयोजित हुआ है, जिसके अंतर्गत आज 51 हजार से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि यह “प्रधानमंत्री का विकास मॉडल” और “विकसित भारत 2047” की दिशा में एक ठोस कदम है। श्री साहू ने कहा कि युवाओं को रोजगार देना और अवसर सृजन करना केंद्र सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।उन्होंने आगे कहा — “रायपुर में आयोजित इस रोजगार मेले में आकर मुझे अत्यंत हर्ष हो रहा है, जहाँ हमारे युवा साथी अपनी कड़ी मेहनत के फलस्वरूप नियुक्ति पत्र प्राप्त कर रहे हैं। यह पल न केवल उनके लिए, बल्कि हम सबके लिए गर्व का क्षण है। हमारी सरकार युवाओं को रोजगार देने और रोजगार सृजन के प्रति पूरी तरह समर्पित है।”कार्यक्रम के दौरान चयनित युवाओं के चेहरों पर उत्साह और गर्व झलक रहा था। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्र सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया और इस पहल को अपने सपनों को साकार करने वाला क्षण बताया।रायपुर एम्स का यह आयोजन न केवल युवाओं के सपनों को साकार करने का प्रतीक बना, बल्कि केंद्र सरकार के रोजगार सृजन अभियान की सफलता की एक और मजबूत मिसाल साबित हुआ।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने स्थल निरीक्षण कर तैयारियों का लिया जायजा-राज्योत्सव पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी करेंगे देश के पहले डिजीटल संग्रहालय का लोकार्पण-आदिवासियों के 14 विद्रोहों और जंगल सत्याग्रह एवं झंडा सत्याग्रह के दृश्य का जीवंत प्रदर्शनरायपुर। नवा रायपुर अटल नगर के आदिवासी अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान परिसर में छत्तीसगढ़ के जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के विद्रोहों पर बन रहे स्मारक सह-संग्रहालय जल्द ही लोगों के लिए समर्पित किया जाएगा। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी राज्योत्सव के मौके पर देश के पहले डिजीटल संग्रहालय का लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज निर्माणाधीन संग्रहालय स्थल का निरीक्षण कर लोकार्पण की तैयारियों का जायजा लिया एवं अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।गौरतलब है कि राज्य सरकार इस वर्ष छत्तीसगढ़ निर्माण के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती के रूप में मना रहा हैं। नवा रायपुर में बन रहे शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्मारक सह-संग्रहालय के निर्माण कार्यों का निरीक्षण के दौरान मुख्य मंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि आगंतुकों एवं पर्यटकों के हिसाब से संग्रहालय में आडियो-विडीयो विजुवल की व्यवस्था होनी चाहिए ताकि आगंतुक स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के संबंध में भंलिभांति परिचित हो सके।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की परिकल्पना का परिणाम है कि जल्द ही छत्तीसगढ़ में जनजातीय वर्गों के ऐतिहासिक गौरव गाथा, शौर्य और बलिदान का प्रतीक स्मारक सह-संग्रहालय धरातल पर दिखाई देगा। यह निर्माणाधीन संग्रहालय सदियों के लिए आने वाली नई पीढ़ियों को पुरखों का याद दिलाता रहेगा। उन्होंने कहा कि यह संग्रहालय न सिर्फ आदिवासी वर्गों के लिए बल्कि सभी वर्गों सहित देश-विदेश के लोगों के लिए भी प्रेरणाप्रद बनेगा।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस जीवंत संग्रहालय के माध्यम से लोगों में बड़ी से बड़ी ताकतों के अन्याय, अत्याचार के खिलाफ विद्रोह करने का साहस पैदा होगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की दूरदृष्टि सोच का परिणाम है कि आज प्रदेश का पहला संग्रहालय है जो छत्तीसगढ़ के आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की शौर्य गाथा एवं बलिदान को समर्पित है।मुख्यमंत्री श्री साय ने आगामी राज्योत्सव के मौके पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा प्रस्तावित उद्घाटन के मद्देनजर सभी आवश्यक तैयारियां व निर्माण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने संग्रहालय में डिजीटलीकरण कार्य, पार्किंग व्यवस्था, सॉवेनियर शॉप, गार्डनिंग, वॉटर सप्लाई की स्थिति की जानकारी ली।प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को संग्रहालय में निर्माणाधीन 14 गैलरियों सहित झंडा सत्याग्रह, जंगल सत्याग्रह, जनजातीय संस्कृतियों पर बने गैलरियों आदि के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। निरीक्षण के दौरान उनके साथ वन एवं जलवायु परिर्वतन मंत्री श्री केदार कश्यप, मुख्य सचिव श्री विकासशील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, रायपुर संभाग के कमिश्नर श्री महादेव कावरे, आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, मुख्यमंत्री के संयुक्त सचिव एवं जनसंपर्क विभाग के आयुक्त डॉ रवि मित्तल, कलेक्टर श्री गौरव सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह, टीआरटीआई संचालक श्रीमती हिना अनिमेष नेताम सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।वीएफएक्स टेक्नोलॉजी और प्रोजेक्शन वर्क से तैयार हो रहा है संग्रहालयगौरतलब है कि यह स्मारक सह- संग्रहालय छत्तीसगढ़ के आदिवासियों के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर बारिकी के साथ अध्ययन व रिसर्च के बाद वीएफएक्स टेक्नोलॉजी और प्रोजेक्शन वर्क के साथ तैयार किया रहा है। संग्रहालय देखने वाले आगंतुकों को आदिवासी विद्रोह का वर्णन स्टैच्यू के पास ही लगे डिजिटल बोर्ड पर उपलब्ध रहेगा। आगंतुक संग्रहालय में आदिवासी विद्रोह को जीवंत महसूस कर सकेगा। वहीं आगंतुक प्रत्येक गैलरी में बनाई गई जीवंत प्रस्तुति के सामने स्कैनर से मोबाईल द्वारा स्कैन कर संबंधित जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकेंगे।16 गैलेरियों में तैयार हो रहा है संग्रहालयउल्लेखनीय है कि शहीद वीर नारायण सिंह संग्रहालय में स्वतंत्रता आंदोलन के समय छत्तीसगढ़ में हुए विभिन्न आदिवासी विद्रोहों जैसे - हल्बा विद्रोह, सरगुजा विद्रेाह, भोपालपट्टनम विद्रोह, परलकोट विद्रोह, तारापुर विद्रोह, लिंगागिरी विद्रोह, कोई विद्रोह, मेरिया विद्रोह, मुरिया विद्रोह, रानी चौरिस विद्रोह, भूमकाल विद्रोह, सोनाखान विद्रोह, झण्डा सत्याग्रह एवं जंगल सत्याग्रह के वीर आदिवासी नायकों के संघर्ष एवं शौर्य के दृश्य का जीवंत प्रदर्शन 14 गैलेरियों में किया जा रहा है। वहीं जंगल सत्याग्रह और झंडा सत्याग्रह पर एक-एक गैलेरियों का भी निर्माण किया जा रहा है।
-
दुर्ग/ कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में नगरीय निकाय और जनपद पंचायत के अधिकारियों की बैठक में छठ पर्व की तैयारी, पीएम आवास हेतु राशि आवंटन और राज्योत्सव के तैयारियों की समीक्षा की। साथ ही आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने आगामी छठ पर्व को ध्यान में रखते हुए सभी नगरीय निकायों में तालाबों की साफ-सफाई करने और छठ घाट पर प्रकाश आदि की समुचित प्रबंध करने अधिकारियों को निर्देशित किया। कलेक्टर ने कहा कि छठ पर्व पर स्नान स्थल में सुरक्षा का भी पुख्ता प्रबंध किया जाए। कलेक्टर ने कहा कि पीएम आवास योजना अंतर्गत मैपिंग कर एफ.टी.ओ. राशि 31 अक्टूबर तक जारी हो जाए, अधिकारी यह सुनिश्चित करें। नगरीय निकायों में पात्र हितग्राही पीएम आवास से वंचित न हो, इस हेतु डोर-टू-डोर सर्वे कर पूरक प्रस्ताव स्वीकृति हेतु शासन को भेजी जाए। बैठक में राज्योत्सव के संबंध में विस्तारपूर्वक चर्चा की गई, इस हेतु अधिकारियों को सौंपे गये दायित्व समय पर पूर्ण कर लेने के निर्देश दिये गये। बैठक में जिला पंचायत के सीईओ श्री बजरंग दुबे, नगर निगम भिलाई के आयुक्त श्री राजीव पाण्डेय, ए.एस.पी. सुश्री ऋचा मिश्रा, सभी एसडीएम, सभी जनपद सीईओ एवं नगरीय निकायों के अधिकारी उपस्थित थे।
- -9 नए नर्सिंग कॉलेजों के भवन निर्माण को मिली 78 करोड़ 15 लाख रुपए की प्रशासकीय स्वीकृतिरायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की एक और महत्वपूर्ण घोषणा को राज्य सरकार ने मूर्त रूप दे दिया है। राज्य बजट में शामिल 9 नवीन नर्सिंग महाविद्यालयों के भवन निर्माण कार्य के लिए 78 करोड़ 15 लाख रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति जारी कर दी गई है। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस स्वीकृति के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा को नई दिशा देगा और स्वास्थ्य क्षेत्र में कुशल मानव संसाधन तैयार करने में मदद करेगा।प्रत्येक नर्सिंग महाविद्यालय के भवन निर्माण के लिए 8 करोड़ 68 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की गई है। ये नवीन नर्सिंग कॉलेज दंतेवाड़ा, बैकुंठपुर, बीजापुर, बलरामपुर, जशपुर, रायगढ़, धमतरी, जांजगीर-चांपा और नवा रायपुर (अटल नगर) में स्थापित किए जाएंगे। इन संस्थानों की स्थापना से प्रदेश के दूरस्थ और जनजातीय अंचलों के विद्यार्थियों को भी गुणवत्तापूर्ण नर्सिंग शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए द्वार खुलेंगे और राज्य के स्वास्थ्य क्षेत्र में प्रशिक्षित मानव संसाधन की उपलब्धता और सुदृढ़ होगी।"हमारा उद्देश्य है कि प्रदेश के हर युवा को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य शिक्षा मिले और हर जिले में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए कुशल मानव संसाधन भी तैयार हो। 9 नए नर्सिंग कॉलेजों के भवन निर्माण की स्वीकृति प्रदेश के स्वास्थ्य शिक्षा क्षेत्र में एक नया अध्याय जोड़ेगी। यह पहल न केवल स्वास्थ्य व्यवस्था को सशक्त बनाएगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार और आत्मनिर्भरता के अवसर भी बढ़ाएगी।" -मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय"मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के दूरदर्शी नेतृत्व में राज्य सरकार ने स्वास्थ्य शिक्षा को नई दिशा देने वाला ऐतिहासिक निर्णय लिया है। 9 नए नर्सिंग कॉलेजों के भवन निर्माण की स्वीकृति से प्रदेश के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण नर्सिंग शिक्षा के साथ ही रोजगार और आत्मनिर्भरता के बेहतर अवसर प्राप्त होंगे। यह पहल छत्तीसगढ़ को स्वास्थ्य सेवाओं और मानव संसाधन विकास के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करने में मदद करेगी।" - स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल"मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी क्षेत्रों को प्राथमिकता दे रही है। 9 नए नर्सिंग कॉलेजों के भवन निर्माण के लिए 78 करोड़ 15 लाख रुपए की स्वीकृति इस बात का प्रतीक है कि सरकार प्रदेश के युवाओं के लिए अवसर सृजन और सेवा क्षेत्र को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।" - वित्त मंत्री श्री ओ पी चौधरी
-
08 से 11 नवंबर तक आयोजित की जाएगी प्रतियोगिता
बालोद/लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के आयोजन की तिथि में आंशिक संशोधन की गई है। इसके अंतर्गत वर्ष 2025-26 में जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के आयोजन की तिथि 01 से 04 नवंबर को संशोधित कर 08 से 11 नवंबर तक कर दी गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला मुख्यालय बालोद में 25वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता के अंतर्गत खो-खो बालक-बालिका 14 वर्ष, फुटबाल बालक-बालिका 14 वर्ष एवं नेटबाल बालक-बालिका 19 वर्ष का आयोजन 08 से 11 नवंबर तक जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित की जाएगी। -
बालोद/छत्तीसगढ़ शासन समाज कल्याण द्वारा संचालित मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना अंतर्गत आवेदन आमंत्रित की गई है। समाज कल्याण विभाग के उप संचालक श्री अजय गेडाम ने बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना अंतर्गत विधवा, परित्यक्त महिला, दिव्यांगजन एवं 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक 30 अक्टूबर तक जिला कार्यालय समाज कल्याण विभाग बालोद में आवेदन कर सकते है। उन्होंने बताया कि आवेदन ग्राम पंचायत एवं नगरीय निकाय के माध्यम से प्राप्त किया जा सकता है। आवेदन दो प्रतियों में हिन्दी में ही भरा जाएगा। आवेदन के साथ पासपोर्ट आकार का नवीनतम रंगीन फोटो निर्धारित स्थान पर फ्रंट पेज में लगाना होगा। आवेदन के साथ निवास के साक्ष्य के लिए आधार कार्ड, राशन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, मतदाता पहचान या राज्य शासन द्वारा स्वीकार्य कोई अन्य प्रमाण अथवा अभिलेख इत्यादि दस्तावेज के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायत द्वारा व्यक्तियों से आवेदन प्राप्त कर, जनपद पंचायत के माध्यम से एवं शहरी क्षेत्रों में नगरीय निकाय के माध्यम से जिला कार्यालय समाज कल्याण विभाग जिला बालोद को प्रेषित किया जाएगा।
-
बालोद/कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के आदेशानुसार बालोद जिले में 02 से 04 नवंबर तक आयोजित होने वाली राज्योत्सव समारोह के सफल आयोजन सुनिश्चित करने हेतु अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। जारी आदेश में समारोह के सफल आयोजन हेतु अपर कलेक्टर श्री चंद्रकांत कौशिक को नोडल अधिकारी एवं डिप्टी कलेक्टर श्रीमती प्राची ठाकुर को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसी तरह पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल को सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। लोक निर्माण विभाग एवं ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के कार्यपालन अभियंता को मंचीय व्यवस्था, फ्लैक्स एवं आवश्यक टेंट पंडाल, दो स्वागत द्वार की व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह कार्यपालन अभियंता छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण मण्डल एवं अनुविभागीय अधिकारी लोक निर्माण विभाग (विद्युत यांत्रिकी) को विद्युत व्यवस्था, लाईटिंग, माईक व्यवस्था, सहायक संचालक उद्यानिकी एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग को फुलमाला, गुलदस्ता, गमला, स्वागत द्वार व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को स्वास्थ्य सुविधा, जिला सेनानी होमगार्ड को फायर ब्रिगेड, मुख्य नगरपालिका अधिकारी बालोद को साफ-सफाई की व्यवस्था, जिला खनिज अधिकारी को मुख्य कार्यक्रम स्थल पर मैदान समतलीकरण की जिम्मेदारी सौपीं गई है। इसी तरह सहायक आयुक्त आदिवासी विकास एवं जिला शिक्षा अधिकारी को सांस्कृतिक कार्यक्रम, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी बालोद को कलाकारों के ठहरने की व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह जिला आबकारी अधिकारी, जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता को सांस्कृतिक कार्यक्रम के कलाकारों की भोजन व्यवस्था, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना बालोद के कार्यपालन अभियंता को सांस्कृतिक दल मोमेंटो, प्रमाण पत्र, प्रशस्ति पत्र की व्यवस्था, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास, जिला परिवहन विभाग एवं जिला मिशन समन्वयक को कलाकारों को लाने व ले जाने हेतु वाहन की व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह जिला खाद्य अधिकारी को मंच पर स्वल्पाहार, उप संचालक, पंचायत को आमंत्रण पत्र, छपाई, वितरण, सभी तहसीलदारों को आमंत्रण पत्र वितरण, जिला मिशन समन्वयक राजीव गांधी शिक्षा मिशन को मंच संचालन, उद्घोषक, वन मंडलाधिकारी को कार्यक्रम स्थल पर आवश्यक बास-बल्ली की व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह कृषि विभाग एवं उद्यानिकी विभाग, जिला पंचायत एवं ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, स्वास्थ्य विभाग, आदिम जाति कल्याण विभाग, शिक्षा विभाग, श्रम विभाग, सी.एस.एस.डी.ए. विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, खाद्य विभाग, समाज कल्याण विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, जल संसाधन विभाग, जिला पंचायत एन.आर.एल.एम., पशु चिकित्सा विभाग, शक्कर कारखाना, खादी ग्रामोद्योग हथकरघा, राजस्व विभाग, उद्योग विभाग, जिला अंत्यावसायी विभाग, नगरपालिका परिषद बालोद, वन विभाग, जनसम्पर्क विभाग को प्रदर्शनी हेतु स्टाॅल की व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी बालोद को कार्यपालिक मजिस्टेªट ड्यूटी लगाने, कार्यपालन अभियंता लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को पेयजल की संपूर्ण व्यवस्था, जिला शिक्षा अधिकारी बालोद को मंच पर मां सरस्वती की फोटो, दीप प्रज्ज्वलन की व्यवस्था, उप संचालक पंचायत जिला पंचायत को स्टाल का वितरण, मुख्य नगर पालिका अधिकारी बालोद को फुड जोन एवं सभी विभाग प्रमुखों को विभागीय योजनाओं के बैनर, फ्लैक्स, पोस्टर लगाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
-
दुर्ग/ कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह के निर्देशन में जिला मुख्यालय दुर्ग में 2 से 4 नवंबर 2025 तक तीन दिवसीय राज्योत्सव कार्यक्रम का आयोजन पुराना गंज मंडी गंजपारा परिसर दुर्ग में किया जा रहा है। राज्योत्सव के सुचारू संचालन हेतु कलेक्टर श्री सिंह की अध्यक्षता में तीन सदस्य कार्यक्रम संचालन समिति का गठन किया गया है। उपयुक्त समिति में जिला पंचायत दुर्ग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री बजरंग कुमार दुबे, अपर कलेक्टर श्रीमती योगिता देवांगन एवं श्री वीरेंद्र सिंह शामिल है। अपर कलेक्टर श्री वीरेंद्र सिंह को संपूर्ण कार्यक्रम हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है तथा अनुविभागीय अधिकारी श्री हरवंश मिरी एवं दंडाधिकारी दुर्ग श्री उत्तम ध्रुव को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा विभिन्न अधिकारियों को अलग-अलग दायित्व सौंपे गए हैं। जिसके अंतर्गत कलेक्टर से अनुमोदन प्राप्त कर आमंत्रण पत्र की छपाई एवं वितरण हेतु जिला पंचायत सीईओ श्री दुबे, मंत्रीगण/सदस्यीय सचिव एवं गणमान्य अतिथियों को आमंत्रण पत्र वितरण हेतु अनुविभागीय अधिकारी श्री हरवंश मिरी, तहसीलदार श्री प्रफुल्ल गुप्ता और अतिरिक्त तहसीलदार श्रीमती क्षमा यदु को दायित्व दिया गया है। इसी क्रम में प्रतिदिन कार्य स्थल की साफ सफाई, डस्टबिन व्यवस्था तथा फूड स्टॉल आबंटन का दायित्व नगर निगम दुर्ग आयुक्त श्री सुमित अग्रवाल को, मंच, स्टॉल, बैरिकेटिंग, सोफा, कुर्सी, माइक लाइटिंग आदि की संपूर्ण व्यवस्था का दायित्व लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री आशीष भट्टाचार्य, तांदुला जल संसाधन के कार्यपालिका अभियंता श्री आशुतोष सारस्वत, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा संभाग के कार्यपालन अभियंता श्री जे.के. मेश्राम और लोक निर्माण विभाग (ई एंड एम) के कार्यपालन अभियंता श्री आर.एल. गायकवाड को दिया गया है। सांस्कृतिक दलों कलाकारों का चयन, सांस्कृतिक कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने एवं मंच की समस्त व्यवस्था का दायित्व नगर निगम रिसाली आयुक्त सुश्री मोनिका वर्मा, डिप्टी कलेक्टर दुर्ग श्री हितेश पिस्दा, जिला शिक्षा अधिकारी श्री अरविंद मिश्रा और आदिवासी विकास विभाग दुर्ग के सहायक आयुक्त श्री राजेश श्रीवास को, कार्यस्थल पर वाहन पार्किंग पहुंच एवं निगम स्थल पर यातायात व्यवस्था का दायित्व यातायात अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुश्री ऋचा मिश्रा को, अतिथियों हेतु शाल, श्रीफल एवं मोमेंटो की व्यवस्था का दायित्व क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी श्री एस.एल. लकड़ा को, स्थानीय कलाकार को रुकवाने एवं ठहरने की व्यवस्था का दायित्व खाद्य नियंत्रक श्री अनुराग भदौरिया, आदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त श्री राजेश श्रीवास और सहायक आयुक्त आबकारी श्री सी.आर. साहू को दिया गया है। कार्यस्थल पर फर्स्ट एड किट एवं एंबुलेंस व्यवस्था का कार्य मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज दानी और सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक डॉ. अशीषन मिंज करेंगे। आवश्यकतानुसार फूलमाला, गुलदस्ता इत्यादि की व्यवस्था, मंच पर कलाकारों के सम्मान हेतु शाल, श्रीफल, मोमेंटो इत्यादि की व्यवस्था एवं महत्वपूर्ण अतिथियों तथा कलाकारों के सत्कार की व्यवस्था का दायित्व उपसंचालक कृषि श्री संदीप कुमार भोई, खनिज अधिकारी श्री दीपक मिश्रा, उप संचालक उद्यानिकी श्री नारायण सिंह लहरे और तहसीलदार श्री प्रफुल्ल गुप्ता का होगा। मंच संचालन हेतु उद्घोषकों की व्यवस्था जिला शिक्षा अधिकारी श्री अरविंद मिश्रा, पानी टैंकर एवं पेयजल की व्यवस्था नगर निगम आयुक्त श्री सुमित अग्रवाल और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री उत्कर्ष पांडेय करेंगे। राज्योत्सव का प्रेस एवं मीडिया के माध्यम से कार्यक्रम का प्रचार प्रसार करने एवं प्रेस/मीडिया की बैठक की व्यवस्था का दायित्व जनसंपर्क विभाग के संयुक्त संचालक श्री एम.एस. सोरी का होगा। जिला व्यापार एवं उद्योग के मुख्य महाप्रबंधक श्री बी.आर. निकुंज और श्रम पदाधिकारी श्री विकास सरोदे, अपर कलेक्टर के निर्देशानुसार स्टॉल आवंटन का दायित्व संभालेंगे। अग्निशमन यंत्र एवं फायर ब्रिगेड की व्यवस्था जिला सेनानी नगर सेनानी श्री नागेंद्र कुमार सिंह, कार्यक्रम स्थल पर अबाध विद्युत व्यवस्था एवं जनरेटर की व्यवस्था विद्युत मंडल के कार्यपालन अभियंता श्री आर.के. दानी करेंगे। विभाग के अंतर्गत 25 वर्षों की विकास यात्रा (जर्नी ऑफ़ 25 ईयर्स) की थीम पर योजनाओं तथा उपलब्धियों के पोस्टर, बैनर अथवा लाइव प्रदर्शन एवं प्रदर्शनी स्टॉल की व्यवस्था का दायित्व सर्व विभाग प्रमुखों का होगा। संबंधित सभी अधिकारियों को सौंपे गए दायित्वों की गंभीरता एवं तत्परतापूर्वक संपादन सुनिश्चित करने कहा गया है।
-
*- एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन की ली जानकारी, दिये आवश्यक निर्देश*
*- पटवारी और समिति प्रबंधक को कारण बताओं नोटिस*दुर्ग/ जिले के किसानों के एग्रीस्टैक पोर्टल में पंजीयन हेतु सभी सेवा सहकारी समितियों में 24 से 26 अक्टूबर तक शिविर आयोजित किये जा रहे है। शिविर के प्रथम दिवस कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने सेवा सहकारी समिति मर्यादित सिरसाखुर्द, करंजा-भिलाई, कोड़िया और अहिवारा का आकस्मिक निरीक्षण किया। उन्हांेने शिविर में एग्रीस्टैक पर किसानों के पंजीयन और अब तक पंजीयन नहीं होने संबंधी कारणों की जानकारी ली। कलेक्टर ने उक्त शिविर को गंभीरतापूर्वक नहीं लेने पर सीबीसी के अधिकारियों, समिति प्रबंधकों और कम्प्यूटर ऑपरेटर को कड़ी फटकार भी लगाई। उन्होेंने करंजा-भिलाई की पटवारी सुश्री अनिता साहू और सेवा सहकारी समिति अहिवारा के समिति प्रबंधक श्री देवेन्द्र साहू को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने समितियों के निरीक्षण के दौरान कहा कि पंजीयन हेतु व्यक्तिगत जानकारी के अभाव में किसानों की सूचीबद्ध पंजी संधारित कर उनके मोबाईल नंबरों पर पंजीयन की जानकारी उपलब्ध कराये। साथ ही ऋण पुस्तिका, आधार नंबर एवं आधार से लिंकेड मोबाईल नंबर के साथ शिविर में उपस्थित होकर पंजीयन कराने प्रेरित किया जाए। शिविर स्थल पर पंजीयन हेतु थम्ब, आधार नंबर एवं लिंकेड मोबाईल नंबर की आवश्यकता संबंधी फ्लैक्स के माध्यम से सूचना प्रदर्शित की जाए। शिविर के दौरान फौती, नामांतरण, आधार में नाम त्रुटि, मृत्यु प्रमाण पत्र आदि की उपलब्धता अधिकारी अपने स्तर से सुनिश्चित कर कृषकों का पंजीयन कराये। राजस्व पटवारी फौती-नामांतरण नहीं कराने वालों किसानों को प्रेरित कर फौती-नामांतरण कराये ताकि किसान अपने नाम से धान का विक्रय कर सकें।कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने समितियों में कृषक पंजीयन प्रक्रिया का अवलोकन किया। उन्होंने मौके पर पंजीयन हेतु पहुंचे किसानों का रू-ब-रू चर्चा कर धान विक्रय हेतु एग्रीस्टैक पोर्टल में पंजीयन की आवश्यकता के संबंध में अवगत कराया। कलेक्टर को समिति प्रबंधकों ने अवगत कराया कि सेवा सहकारी समिति सिरसाखुर्द में 1196 पंजीकृत कृषक है। जिसमें 1090 का पंजीयन हो चुका है। व्यक्तिगत जानकारी के अभाव में 106 शेष है। सेवा समिति करंजा भिलाई में 1161 पंजीकृत किसानों में से 24 का पंजीयन होना शेष है। सेवा सहकारी समिति कोड़िया में पंजीकृत 2037 कृषकों मंे से 17 कृषकों का एग्रीस्टैक पोर्टल में पंजीयन होना शेष है। इसी प्रकार सेवा सहकारी समिति अहिवारा में पंजीकृत 1616 कृषकों में 1600 का पंजीयन हो चुका है, 16 किसान पंजीयन हेतु शेष है। यहां पर 152 कृषकों का व्यक्तिगत जानकारी अप्राप्त है। उक्त कृषकों से जानकारी प्राप्त करने और शिविर के माध्यम से पंजीयन कराने में उदासीनता बरतने पर कलेक्टर ने समिति प्रबंधक श्री देवेन्द्र साहू को कारण बताओ नोटिस जारी करने सीबीसी के नोडल अधिकारी को निर्देशित किया। उन्होंने उक्त सभी कृषकों से जानकारी प्राप्त कर पंजीयन कराने के कड़े निर्देश समिति प्रबंधक को दिये हैं। इसी प्रकार मृत्यु प्रमाण पत्र होने के बावजूद भी मृत कृषक के फौती उठाने के कार्यवाही लंबित रखने पर करंजा भिलाई की पटवारी सुश्री अनिता साहू को नोटिस जारी करने तहसीलदार श्री गुप्ता को निर्देशित किया है। इस अवसर पर एसडीएम दुर्ग नगर श्री उत्तम ध्रुव, एसडीएम भिलाई-3 श्री महेश राजपूत, तहसीलदार श्री प्रफुल्ल कुमार गुप्ता एवं सीबीसी के अधिकारी, समिति प्रबंधक और पंजीयन शिविर में पहुंचे कृषकबंधु उपस्थित थे। -
रायपुर/ कलेक्टर कार्यालय रायपुर की नाजरात शाखा द्वारा जिला रायपुर अंतर्गत निष्प्रयोज्य (अनुपयोगी) सामग्रियों की सार्वजनिक नीलामी आयोजित की जाएगी। यह नीलामी दिनांक 30 अक्टूबर 2025 (गुरुवार) को प्रातः 11:00 बजे, रेडकॉस भवन सभा कक्ष, कलेक्टोरेट परिसर रायपुर में संपन्न होगी।
नीलामी में लकड़ी, लोहा एवं प्लास्टिक/रबर श्रेणी की वस्तुएँ सम्मिलित हैं, जिनका विवरण इस प्रकार है - लकड़ी की वस्तुएँ :- चेयर (गद्दा वाला) – 07 नग, चेयर (केनिन वाला) – 09 नग, दरवाजा – 02 नग, टेबल – 04 नग, लकड़ी का काँच लगा रैक – 01 नगलोहा की वस्तुएँ :- 1. चेयर – 03 नग, 2. टेबल – 04 नग, 3. फोटो कॉपी मशीन – 01 नगप्लास्टिक/रबर सामग्री :- टायर – 30 नगइच्छुक व्यक्ति या संस्थान निर्धारित दिनांक एवं समय पर उपस्थित होकर बोली लगाकर नीलामी में भाग ले सकते हैं। सर्वोच्च बोली लगाने वाले को तत्काल राशि जमा करनी होगी तथा सामग्री का उठाव अपने व्यय पर करना होगा। अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें नाजिर शाखा, कलेक्टर कार्यालय | -
रायपुर/ 25 अक्टूबर 2025 से होने जा रहे छठ पूजा पर्व के पूर्व स्वच्छता कायम करने नगर पालिक निगम रायपुर के स्वास्थ्य विभाग और सभी जोनों के स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा राजधानी शहर रायपुर के तालाबों की सफाई का विशेष अभियान महापौर श्रीमती मीनल चौबे, स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष श्रीमती गायत्री सुनील चंद्राकर, आयुक्त श्री विश्वदीप के निर्देश पर चलाया जा रहा है.
इसके अंतर्गत नगर पालिक निगम जोन 9 जोन अध्यक्ष श्री गोपेश साहू, एमआईसी सदस्य और कुशाभाऊ ठाकरे वार्ड क्रमांक 7 के पार्षद श्री खेम कुमार सेन, जोन 9 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा के निर्देश पर नगर निगम जोन 9 की टीम द्वारा जोन क्षेत्र अंतर्गत कुशाभाऊ ठाकरे वार्ड क्रमांक 7 अंतर्गत सड्डू तालाब की छठ पूजा पूर्व लगातार की जा रही विशेष सफाई के अभियान का औचक निरीक्षण नगर निगम जोन 9 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा सीनियर ने कार्यपालन अभियंता श्री शरद ध्रुव, उप अभियंता श्री आशुतोष पाण्डेय, जोन स्वास्थ्य अधिकारी श्री बारोन बंजारे, स्वच्छता निरीक्षक श्री भोला तिवारी की उपस्थिति में छठ पूजा आयोजन समिति के पदाधिकारियों सहित नगर निगम जोन 9 के अन्य सम्बंधित अधिकारियों की उपस्थिति में किया और सम्बंधित जोन अधिकारियों को छठ पूजा समिति पदाधिकारियों के साथ प्रत्यक्ष चर्चा और सड्डू तालाब के सफाई अभियान का निरीक्षण करने के पश्चात सड्डू तालाब की छठ पूजा पूर्व विशेष सफाई अभियान के सम्बन्ध में जोन के सम्बंधित अधिकारियों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ प्रभावी तरीके से विशेष सफाई अभियान चलाने के सम्बन्ध में आवश्यक निर्देश दिए.नगर निगम जोन 9 द्वारा जेसीबी मशीन और 50 सफाई कामगारों की सहायता से सड्डू तालाब की अभियानपूर्वक विशेष सफाई करवाई गयी. अभियान में भारी मात्रा में कचरा और गन्दगी तालाब से बाहर निकालकर उसका तत्काल परिवहन करवाकर सूर्य छठ पूजा पर्व पूर्व स्वच्छता कायम की गयी.सड्डू तालाब के किनारे सभी घाटों में स्वच्छता कचरा उठवाकर कायम की गयी. जोन 9 जोन कमिश्नर के निर्देश पर जोन 9 विद्युत विभाग की टीम ने सड्डू तालाब के चारों ओर समुचित प्रकाश व्यवस्था का तत्काल प्रबंध करवाया. सड्डू तालाब के किनारे सुन्दर वाल रायटिंग करवाकर स्वच्छ पर्यावरण और स्वच्छ सरोवर का सकारात्मक स्वच्छता सन्देश दिया गया. -
रायपुर .समता कॉलोनी रायपुर निवासी श्रीमती इंद्रमोहिनी नैयर (धर्म पत्नी स्व. श्री रमेश नैयर) उम्र 85 वर्ष का आज यहां आकस्मिक निधन हो गया. वो संजय और संदीप नैयर की मां थी. उनका अंतिम संस्कार रविवार 26 अक्टूबर को प्रातः 11 बजे मारवाड़ी श्मशान घाट में किया जाएगा.
-
*‘‘बिलासापेक्स’’ 2025 में डाक टिकटों के इतिहास की दिखेगी झलक*
बिलासपुर/बिलासपुर डाक संभाग द्वारा 31 अक्टूबर से 1 नवम्बर 2025 तक दो दिवसीय जिला स्तरीय डाक टिकट प्रदर्शनी ‘‘बिलासापेक्स-2025’’ का आयोजन राघवेन्द्र राव सभा भवन, कंपनी गार्डन के पास सवेरे 10 बजे से किया जाएगा। प्रदर्शनी में डाक संभाग के सभी डाक टिकट संग्रहकर्ता भाग लेंगे। उक्त प्रदर्शनी के माध्यम से डाक टिकट के क्रमशः विकास एवं समग्र इतिहास की झलक, राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय ऐतिहासिक घटनाक्रम इत्यादि की जानकारी प्राप्त होगी। साथ ही साथ शालेय छात्र-छात्राओं को प्रदर्शनी में महापुरूषों, खेल, ज्ञान-विज्ञान, प्रकृति, पर्यावरण, वन्य जीव-जन्तु, विभिन्न देश-विदेशों की कला संस्कृति आदि की रोचक जानकारी प्राप्त होगी। उक्त रोचक व ज्ञानवर्धक डाक टिकट प्रदर्शनी का अवलोकन विद्यार्थी के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत लाभदायक होगा।विभाग द्वारा प्रदर्शनी स्थल पर ही माई स्टेम्प योजना की सुविधा भी प्रदान की जाएगी। इस येाजना के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति अपनी फोटो डाक टिकट के साथ छपवा सकता है। माई स्टेम्प योजना के डाक टिकट विभिन्न प्रकार के शीटों में उपलब्ध है। इच्छुक व्यक्ति अपना स्वयं का फोटो एवं परिचय पत्र के साथ आवेदन पत्र भर कर निर्धारित शुल्क 300 रूपए अदा कर उक्त डाक टिकट की सुविधा प्राप्त कर सकते है। आवेदक को 5 रूपये मूल्यवर्ग के कुल 12 टिकटों का एक सेट प्रदान किया जाता है। डाकघर अधीक्षक ने नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे इस दो दिवसीय डाक टिकट प्रदर्शनी का अवलोकन कर रोचक एवं ज्ञानवर्धक जानकारी प्राप्त करें। -
रायपुर / 25 अक्टूबर 2025 से होने जा रहे सूर्य उपासना के विशेष पर्व छठ पूजा के पूर्व राजधानी शहर के महादेवघाट को नगर निगम रायपुर के जोन क्रमांक 8 स्वास्थ्य विभाग द्वारा महापौर श्रीमती मीनल चौबे, स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष श्रीमती गायत्री सुनील चंद्राकर, आयुक्त श्री विश्वदीप के निर्देश पर सूर्य उपासना हेतु स्वच्छता कायम करते हुए तैयार किया जा रहा है. विशेष सफाई अभियान पोकलेन मशीन की सहायता से विशेष सफाई गैंग भेजकर लगातार चलाया जा रहा है.
छठ पूजा पूर्व महादेवघाट में विशेष सफाई अभियान महादेवघाट छठ पूजा समिति के पदाधिकारियों के अनुरोध पर भगवान सूर्यनारायण के भक्तों की विशेष पूजा आराधना की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नगर निगम रायपुर जोन 8 स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा जोन 8 जोन अध्यक्ष श्री प्रीतम सिंह ठाकुर, माधव राव सप्रे वार्ड क्रमांक 69 के पार्षद श्री महेन्द्र औसर, संत रविदास वार्ड क्रमांक 70 के पार्षद श्री अर्जुन यादव, जोन 8 जोन कमिश्नर श्रीमती राजेश्वरी पटेल और कार्यपालन अभियंता श्री अतुल चोपड़ा के निर्देश पर चलाया जा रहा है, महादेवघाट में छठ पूजा पूर्व विशेष सफाई अभियान का निरीक्षण और सतत मॉनिटरिंग जोन 8 जोन स्वास्थ्य अधिकारी श्री गोपीचंद देवांगन और स्वच्छता निरीक्षक श्री रितेश झा द्वारा की जा रही है. जोन 8 जोन अध्यक्ष और जोन 8 जोन कमिश्नर और जोन 8 कार्यपालन अभियंता ने छठ पूजा के पूर्व महादेवघाट में सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर स्वच्छता कायम करना सुनिश्चित करवाने जोन 8 जोन स्वास्थ्य अधिकारी और स्वच्छता निरीक्षक को निर्देशित किया है. - 0- महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर स्कूल में दीपावली पर बच्चों की मोहक प्रस्तुतियों ने किया प्रभावितरायपुर। महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में दीपावली के पूर्व सुआ नृत्य, लंका विजय के बाद भगवान श्रीराम की अयोध्या वापसी की मोहक प्रस्तुतियों के साथ दीप सजाओ स्पर्धा में सभी वर्ग के बच्चों ने उत्साह से भाग लिया। प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने बताया कि बच्चों को हमारी संस्कृति से जोड़े रखने के लिए स्कूल में लगभग सभी तीज- त्योहारों को उत्साह के साथ मनाया जाता है। इसी क्रम में अलग- अलग क्लास के बच्चों ने दीपावली से संबंधित अलग- अलग प्रस्तुतियां दी। मिडिल क्लास के बच्चों ने असेंबली में सुआ नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी। नृत्य पेश करने वालों में समृद्धि मिश्रा, प्राची टांगल, हंसिका भारद्वाज और रागिनी टोंडर शामिल रहीं। वहीं लंका विजय के बाद भगवान श्रीराम की अयोध्या वापसी का मंत्रमुग्ध करने वाला मंचन भी बच्चों ने किया। इसमें भगवान श्रीराम के वेश में आदित्य साहू, लक्ष्मण बने प्रदीप साहू, सिद्धांत सिंह हनुमान की वेशभूषा में और सीता माता की वेश में पूनम पटेल का मंचन प्रशंसनीय रहा।प्री पाइमरी के बच्चों ने दीया की आकृति में आकर्षक प्रस्तुति दी। बच्चों का ड्रेस कोड और कलर काम्बिनेशन जोरदार रहा। प्री प्राइमरी इंचार्ज अस्मिता कुसरे, हार्दिक बोबडे, शिखा गुप्ता और सुरेखा नायक ने बच्चों को सुंदर दीये की आकृति में बिठाकर बच्चों को दीप व दीप महोत्सव का महत्व समझाया।सुबह प्रार्थना सभा में शिक्षिका रेणुका शुक्ला ने धनतेरस का महत्व बताते हुए कहा कि यह पर्व दिवाली के दो दिन पहले मनाया जाता हैं। इस दिन भगवान धन्वंतरी और मां लक्ष्मी की पूजा की जाती हैं। मान्यता है कि इस दिन सोना, चांदी या बर्तन खरीदने से घर में सुख-समृद्धि आती है। प्रार्थना सभा का संचालन चौथी के छात्र लव पाठक ने किया। सौरव राउत, ध्रुविता प्रसाद माता लक्ष्मी बनकर आईं थीं। इसके साथ स्कूल में "दीया डेकोरेशन" एवं "हैंडराइटिंग" प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। इसमें बच्चों ने बड़े उत्साह से भाग लिया।
- 0- दिव्यांग बालिका विकास गृह के सहायतार्थ मेस प्रकल्प के प्रयास को मंडल के सभासदों सहित अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थाओं से लेकर कार्पोरेट आफिसों तक में रही जोरदार डिमांडरायपुर। महाराष्ट्र मंडल के दिवाली व्यंजनों को लगभग हर क्षेत्र व वर्ग का जोरदार प्रतिसाद मिला। मंडल के मेस प्रकल्प की ओर से दिव्यांग बालिका विकास गृह के सहायतार्थ बनाए जाने वाले दीपावली फराळ (व्यंजनों) की मांग इस वर्ष भी कार्पोरेट सेक्टर, शैक्षणिक संस्थानों, आटो मोबाइल कंपनियों से लेकर अस्पतालों में तक उत्साहवर्धक रही।मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले, मेस प्रभारी दीपक किरवईवाले ने बताया कि करीब नौ साल पहले शुरू किया गया दीपावली व्यंजनों का यह प्रयास आजीवन सभासदों के अलावा गैर मराठी भाषी लोगों और व्यापारिक, शैक्षणिक, स्वास्थ्य संस्थाओं की ओर से लगातार मिल रहे जोरदार प्रतिसाद के कारण बढ़ते जा रहा है। इसका एक प्रत्यक्ष असर तो यह है कि दीपावली व्यंजनों की बिक्री से दिव्यांग बालिका विकास गृह को संचालित करने में आसानी हो रही है। वहीं दूसरा अप्रत्यक्ष प्रभाव यह है कि जो कंपनियां, संस्थाओं के साथ आमजन महाराष्ट्र मंडल के दीपावली व्यंजनों को खरीदते हैं, वे अप्रत्यक्ष रूप से ही सही, दिव्यांग बालिकाओं की रहन-सहन, शिक्षा, स्वास्थ्य आदि में सहयोग करते हैं। महाराष्ट्र मंडल की इसी सेवा भावना से प्रेरित होकर यहां के व्यंजन खरीदने वालों की संख्या और मांग सतत बढ़ रही है।काले ने बताया कि देश में पोलियो उन्मूलन के कारण अब पोलियो ग्रस्त बालिकाएं नहीं मिलती इसलिए महाराष्ट्र मंडल ने पहले ही किसी भी तरह की अस्थि बाधित दिव्यांग बालिका को पूरी जिम्मेदारी के साथ रखना शुरू किया है। अब शासन के नए निर्देशानुसार महाराष्ट्र मंडल ने मूक-बधिर बच्चियों को भी अपने साथ आवास, शिक्षा-दीक्षा और स्वास्थ्यगत समस्याओं के समाधान के लिए रखना प्रारंभ कर दिया है। इसलिए दिव्यांग बालिका विकास गृह में दिव्यांग बच्चियों की संख्या फिर बढ़ने लगी है। इसके साथ ही जिम्मेदारी और खर्च भी बढ़ने लगे हैं।सचिव चेतन गोविंद दंडवते ने बताया कि दिव्यांग बच्चियों की बेहतर देखभाल करने के लिए मंडल ने अपने मेस प्रकल्प के माध्यम से दीपावली व्यंजनों का उपक्रम शुरू किया है। इस महाअभियान में जिन सभासदों, आमजन और संस्थाओं ने दिवाली व्यंजन लेकर सहयोग प्रदान किया है उसका अध्यक्ष काले, सचिव दंडवते, प्रेम प्रभारी किरवाईवाले ने अपनी पूरी कार्यकारिणी के साथ आभार व्यक्त किया है।






.jpg)


.jpeg)


.jpg)
.jpg)

.jpeg)
.jpeg)


.jpeg)


.jpeg)




