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- दंतेवाड़ा। स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार जिले में सघन पल्स पोलियो राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम का आयोजन 21 दिसंबर से 23 दिसंबर 2025 तक किया जाएगा। यह अभियान कलेक्टर श्री देवेश कुमार ध्रुव के निर्देशन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अजय रामटेके के मार्गदर्शन में संचालित होगा। इस अभियान के अंतर्गत जिले के 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के कुल 41,441 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस तरह विकासखंडवार लक्ष्य के अनुसार दंतेवाड़ा में 13,463, गीदम में 11,723, कटेकल्याण में 6,585 तथा कुआकोंडा में 9,670 बच्चों को पोलियो ड्रॉप पिलाई जाएगी, ताकि बच्चों को पोलियो जैसी घातक बीमारी से सुरक्षित रखा जा सके।कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन के लिए जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पोलियो बूथ, मोबाइल टीमें एवं ट्रांजिट टीमें तैनात की जाएंगी। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, हाट-बाजार, ईंट-भट्टों सहित अन्य भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर विशेष व्यवस्था की जाएगी, जिससे कोई भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे। इस संबंध में जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभियान की सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। अभियान के दौरान स्वास्थ्य कर्मियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, मितानिनों एवं स्वयंसेवी संगठनों के सहयोग से घर-घर जाकर बच्चों को पोलियो ड्रॉप पिलाई जाएंगी। इस संबंध में कलेक्टर श्री देवेश कुमार ध्रुव ने जिले वासियों से अपील की है कि वे अपने पांच वर्ष से कम आयु के सभी बच्चों को अनिवार्य रूप से पोलियो की खुराक पिलाएं एवं स्वास्थ्य कर्मियों को पूरा सहयोग प्रदान करें, ताकि जिले को पोलियो मुक्त बनाने का लक्ष्य हासिल किया जा सके।
- 0- 31 दिसंबर 2025 तक कराया जा सकेगा बीमादंतेवाड़ा। कार्यालय उद्यानिकी विभाग द्वारा जारी विज्ञप्ति अनुसार शासन की अधिसूचना के अनुरूप वर्ष 2025-26 के लिए राज्य में पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना लागू कर दी गई है। इस योजना का उद्देश्य रबी मौसम में उद्यानिकी फसल उत्पादक किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से सुरक्षा प्रदान करना है। योजना के अंतर्गत रबी मौसम की प्रमुख उद्यानिकी फसलें टमाटर, बैंगन, फूलगोभी, पत्तागोभी, आलू एवं प्याज को शामिल किया गया है। इस संबंध में दंतेवाड़ा जिले के इच्छुक एवं पात्र कृषक 31 दिसंबर 2025 तक कृषि सेवा केंद्र, संबंधित बैंक शाखा, सहकारी समिति अथवा एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी के प्रतिनिधियों के माध्यम से अपनी फसलों का बीमा करा सकते हैं। इसके अलावा बीमा कंपनी के जिला स्तरीय प्रतिनिधि श्री चंदन कुमार निषाद से मोबाइल नंबर 9109258253 पर सीधे संपर्क भी किया जा सकता है। सहायक संचालक उद्यान, ने इस संबंध में जानकारी दी कि योजना में शामिल होने के लिए कृषकों को भू-अधिकार अथवा पट्टाधारक होने का प्रमाण पत्र, फसल बुआई प्रमाण पत्र या प्रस्तावित फसल बोने के आशय का स्व-घोषणा पत्र सहित आवश्यक दस्तावेज जमा करना होगा। चयनित उद्यानिकी फसलों के बीमा हेतु किसानों को निर्धारित बीमित राशि का केवल पांच प्रतिशत प्रीमियम देना होगा, जबकि शेष प्रीमियम राशि राज्य एवं केंद्र सरकार द्वारा वहन की जाएगी।फसल बीमा से संबंधित जानकारी एवं बीमा कराने के लिए कृषक अपने-अपने विकासखंड स्तर पर संबंधित उद्यान अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त जिला स्तर पर सहायक संचालक उद्यान कार्यालय से भी आवश्यक मार्गदर्शन एवं सहयोग प्राप्त किया जा सकता है। इस योजना के तहत तापमान में अत्यधिक उतार-चढ़ाव, कम या अधिक वर्षा, बेमौसम वर्षा, कीट एवं व्याधि के अनुकूल मौसम, ओलावृष्टि, चक्रवाती हवाएं तथा तेज हवा की गति जैसी प्राकृतिक आपदाओं से फसलों को होने वाले नुकसान पर बीमा लाभ प्रदान किया जाएगा। रबी मौसम में ओलावृष्टि अथवा चक्रवाती हवाओं से फसल क्षति की स्थिति में किसान 72 घंटे के भीतर बीमा कंपनी के टोल फ्री नंबर पर सूचना दे सकते हैं अथवा लिखित रूप में संबंधित बैंक, स्थानीय राजस्व, उद्यानिकी या कृषि अधिकारी अथवा जिला उद्यान अधिकारी को अवगत करा सकते हैं। उद्यान विभाग ने जिले के किसानों से अपील की है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर फसल बीमा कराकर प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले संभावित आर्थिक नुकसान से बच सकते है। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि एक ही कृषक द्वारा एक से अधिक बार बीमा कराए जाने की स्थिति में बीमा कंपनी द्वारा सभी दावे निरस्त कर दिए जाएंगे। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए किसान कार्यालय सहायक संचालक उद्यान, दंतेवाड़ा से संपर्क कर सकते हैं।
- भिलाई। क्षेत्रीय आधारभूत संरचना को सुदृढ़ करने और सार्वजनिक आवागमन को नई गति देने की दिशा में भिलाई इस्पात संयंत्र ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। राजहरा–महामाया क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित मांग को साकार करते हुए महामाया माइंस से गोटूलमुंडा चौक तक 13.40 किलोमीटर लंबी सीमेंट कंक्रीट सड़क निर्माण परियोजना का औपचारिक शुभारंभ किया गया।इस महत्वाकांक्षी परियोजना का भूमिपूजन समारोह 18 दिसंबर, 2025 को स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) के कार्यपालक निदेशक (माइंस – छत्तीसगढ़ माइंस ओडिशा, सेंट्रल माइंस लॉजिस्टिक्स ऑफिस) श्री कमल भास्कर द्वारा विधिवत पूजा-अर्चना के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक (रावघाट) श्री अरुण कुमार तथा मुख्य महाप्रबंधक (लौह अयस्क समूह – छत्तीसगढ़ माइंस ओडिशा, सेंट्रल माइंस लॉजिस्टिक्स ऑफिस) श्री आर. बी. गहरवार विशेष रूप से उपस्थित रहे।परियोजना के कार्यान्वयन से जुड़े ठेकेदार मेसर्स जी. पी. खेतान कंपनी के प्रतिनिधि श्री मयंक उपाध्याय सहित भिलाई इस्पात संयंत्र एवं राजहरा माइंस ग्रुप के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी भी इस अवसर पर मौजूद थे।उल्लेखनीय है कि उक्त सड़क का निर्माण राजहरा क्षेत्र की आम जनता तथा महामाया खनन क्षेत्र से जुड़े ग्रामीणों की लंबे समय से चली आ रही मांग रही है। स्थानीय समुदायों के लिए सुरक्षित, सुदृढ़ और सुगम सड़क संपर्क की आवश्यकता को दृष्टिगत रखते हुए भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन द्वारा इस परियोजना को उच्च प्राथमिकता प्रदान की गई। मुख्य महाप्रबंधक श्री आर. बी. गहरवार के मार्गदर्शन में राजहरा माइंस ग्रुप प्रबंधन द्वारा टेंडरिंग से लेकर कार्यान्वयन तक की समस्त प्रक्रियाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण कर परियोजना की शुरुआत सुनिश्चित की गई।शिलान्यास एवं निर्माण कार्य प्रारंभ कार्यक्रम के दौरान राजहरा माइंस ग्रुप के अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें महाप्रबंधक श्री जयप्रकाश, श्री अरुण कुमार, श्री अनुपम स्वरूप एवं श्री शिवेश कुमार; उप महाप्रबंधक श्री राकेश सिंह एवं श्री मंगेश शेलकर; सहायक महाप्रबंधक श्री रमेश हेडौ, श्री दुर्गेश मजगाहे एवं श्री विनीत सिन्हा; उप प्रबंधक श्री गिरीश मढ़ारिया, श्री सोमित दत्ता एवं श्री हिमांशु जोशी; सहायक प्रबंधक श्री महेंद्र कचुवाहा एवं श्री शिरीष ओखड़े; जूनियर मैनेजर श्री राजेश पांडे, श्री संतराम साहू एवं श्री घनश्याम पारकर सहित संबंधित ठेकेदार के प्रतिनिधि एवं कर्मचारी शामिल थे।परियोजना के पूर्ण होने के उपरांत इस सीमेंट कंक्रीट सड़क से क्षेत्र में परिवहन सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है। इससे न केवल स्थानीय निवासियों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी, बल्कि खनन गतिविधियों से जुड़े परिवहन को भी गति मिलेगी। यह सड़क राजहरा–महामाया क्षेत्र के समग्र सामाजिक-आर्थिक विकास में एक महत्वपूर्ण कड़ी सिद्ध होगी।
- महासमुंद. नगर पालिका क्षेत्र महासमुंद अंतर्गत कुल 30 वार्ड हैं, जिनमें वर्तमान में 23 शासकीय उचित मूल्य की दुकानें संचालित हो रही हैं। मुख्य नगर पालिका अधिकारी, महासमुंद से प्राप्त संयुक्त प्रस्ताव के अनुसार शहर के 7 वार्डों में नवीन शासकीय उचित मूल्य दुकानें खोले जाने की आवश्यकता बताई गई है। इस संबंध में शासकीय उचित मूल्य दुकानों के युक्तियुक्तकरण की कार्यवाही प्रारंभ की जा रही है।खाद्य अधिकारी ने बताया कि छत्तीसगढ़ सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश 2016 की कंडिका 9.(7) के अंतर्गत नगर पालिका क्षेत्र महासमुंद के वार्ड क्रमांक 02 यतियतन लाल वार्ड, वार्ड क्रमांक 08 ठाकुर प्यारे लाल वार्ड, वार्ड क्रमांक 09 विश्वकर्मा वार्ड, वार्ड क्रमांक 10 डॉ. सुशील सेमुएल वार्ड, वार्ड क्रमांक 12 सरदार वल्लभ भाई पटेल वार्ड, वार्ड क्रमांक 22 पं. जयलाल प्रसाद वार्ड तथा वार्ड क्रमांक 29 पं. जवाहर लाल नेहरू वार्ड में नवीन शासकीय उचित मूल्य दुकान के संचालन हेतु आवेदन आमंत्रित किए गए हैं।इन वार्डों में दुकान संचालन के लिए स्थानीय नगरीय निकाय, महिला स्व-सहायता समूह, प्राथमिक कृषि साख समितियां, छत्तीसगढ़ सहकारी सोसायटी अधिनियम 1960 अथवा छत्तीसगढ़ स्वायत्त सहकारिता अधिनियम 1999 के अंतर्गत पंजीकृत अन्य सहकारी समितियां, राज्य शासन द्वारा विनिर्दिष्ट उपक्रम तथा पात्र वन सुरक्षा समितियां आवेदन कर सकती हैं। वन सुरक्षा समितियों का आवेदन की तिथि से कम से कम तीन माह पूर्व पंजीकृत एवं कार्यरत होना तथा सामाजिक-आर्थिक क्षेत्र में कार्य का अनुभव होना अनिवार्य होगा।उक्त वार्डों में नवीन शासकीय उचित मूल्य दुकान संचालन हेतु इच्छुक पात्र संस्थाएं विहित प्रारूप-1 में आवश्यक दस्तावेजों सहित अपना आवेदन पत्र 02 जनवरी 2026 तक कार्यालय कलेक्टर, खाद्य शाखा, महासमुंद में कार्यालयीन समय में प्रस्तुत कर सकते हैं। नगर पालिका क्षेत्र महासमुंद अंतर्गत उपरोक्त वार्डों में नवीन शासकीय उचित मूल्य दुकानों के युक्तियुक्तकरण तथा नई संचालन एजेंसियों की नियुक्ति की कार्यवाही छत्तीसगढ़ सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश 2016 के प्रावधानों के तहत की जाएगी।
- 0- अब तक 258 प्रकरणों से 30,126.24 क्विंटल धान जप्तमहासमुंद. कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के निर्देशन में जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी व्यवस्था को पूरी पारदर्शिता एवं सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से अवैध धान परिवहन, भंडारण एवं विक्रय पर लगातार कड़ी कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन द्वारा गठित संयुक्त टीमों के माध्यम से जिलेभर में व्यापक जांच एवं निगरानी अभियान चलाया जा रहा है।इस अभियान के तहत अब तक जिले में कुल 258 प्रकरण दर्ज किए गए हैं, जिनसे 30,126.24 क्विंटल धान जप्त किया गया है। जो कि राज्य में सर्वाधिक है। इनमें अवैध धान परिवहन, अवैध भंडारण एवं नियमों के विरुद्ध विक्रय से जुड़े 240 प्रकरण शामिल हैं। इसके अलावा जिले की 18 राइस मिलों का भौतिक सत्यापन कर अनियमितताएं पाए जाने पर उनके विरुद्ध भी प्रकरण दर्ज किए गए हैं। संयुक्त टीम में राजस्व, मंडी, सहकारिता एवं पुलिस विभाग के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हैं, जो जिले के प्रमुख मार्गों, अंतर्राज्यीय जांच चौकियों, राइस मिलों एवं धान उपार्जन केंद्रों पर लगातार निरीक्षण कर रहे हैं। धान खरीदी अवधि के दौरान विशेष सतर्कता बरती जा रही है ताकि किसानों के हितों की रक्षा हो सके। कलेक्टर श्री लंगेह ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि निगरानी अभियान में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा नियमित रूप से जांच कर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
- रायपुर। देश में विद्यालय शिक्षा की गुणवत्ता को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान रायपुर में आयोजित पीएम–श्री स्कूल्स शिक्षकों का पन्द्रह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह कार्यक्रम शिक्षकों के शैक्षणिक, तकनीकी एवं नवाचार आधारित अध्यापन कौशल को सशक्त बनाने में एक प्रभावी मंच सिद्ध हुआ।राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर में 8 दिसंबर 2025 से 19 दिसंबर 2025 तक आयोजित पीएम–श्री स्कूल्स टीचर्स’ ट्रेनिंग प्रोग्राम का समापन गरिमामय एवं प्रेरक वातावरण में किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश के विभिन्न पीएम–श्री स्कूल्स के शिक्षकों को दो चरणों में गहन प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रथम समूह को 8 से 12 दिसंबर तथा द्वितीय समूह को 15 से 19 दिसंबर 2025 तक प्रशिक्षण दिया गया। भारत सरकार की इस महत्वपूर्ण योजना के अंतर्गत प्रदेश के लगभग 100 पीएम–श्री स्कूल्स शिक्षकों ने प्रशिक्षण का लाभ प्राप्त किया तथा सफलतापूर्वक प्रमाण पत्र अर्जित किए।समापन समारोह में डॉ. एस. सान्याल, डीन, कॉर्पोरेट रिलेशन एवं रिसोर्स मोबिलाइजेशन; डॉ. श्रीश वर्मा, प्रोफेसर (हायर एडमिनिस्ट्रेटिव ग्रेड), इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग; तथा डॉ. एस. घोष, अध्यक्ष, कंटीन्यूइंग एजुकेशन सेल सहित संस्थान के फैकल्टी सदस्य, स्टाफ एवं प्रतिभागी शिक्षक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समन्वयक के रूप में भौतिकी विभाग से प्रोफेसर डॉ. आयुष खरे, रसायन विज्ञान विभाग से प्रोफेसर डॉ. एस. पी. महापात्रा तथा कंप्यूटर एप्लीकेशन विभाग से प्रोफेसर डॉ. प्रियंका त्रिपाठी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।इस अवसर पर संबोधित करते हुए डॉ. श्रीश वर्मा ने कहा कि शिक्षण एक सतत सीखने की प्रक्रिया है। उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण अवधि के दौरान उपयोगी ज्ञान अर्जित किया। उन्होंने कहा कि यदि विद्यालय स्तर पर बच्चों के लिए मजबूत आधार तैयार किया जाता है तो उच्च शिक्षा संस्थानों का कार्य स्वतः ही अधिक प्रभावी हो जाता है। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि एक अच्छा विद्यार्थी एक अच्छे शिक्षक के निर्माण में अहम भूमिका निभाता है तथा आज के तेज़ी से सीखने वाले विद्यार्थियों के अनुरूप शिक्षकों को स्वयं को निरंतर अद्यतन रखना आवश्यक है।डॉ. एस. सान्याल ने प्रतिभागियों की अपेक्षाओं की पूर्ति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यालय शिक्षकों और उच्च शिक्षण संस्थानों के शिक्षकों के दायित्वों में मूलतः कोई बड़ा अंतर नहीं है। उन्होंने शिक्षकों की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि वे जमीनी स्तर पर कार्य करते हैं और वर्तमान परिवेश में निरंतर सीखना अनिवार्य हो गया है। उन्होंने शिक्षकों को विद्यार्थियों के लिए आदर्श बताते हुए कक्षा के भीतर और बाहर दोनों स्तरों पर उनसे जुड़ाव बनाए रखने का आह्वान किया।कार्यक्रम के अंत में प्रोफेसर डॉ. प्रियंका त्रिपाठी द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया। प्रतिभागी शिक्षकों ने प्रशिक्षण के दौरान अपने अनुभव साझा करते हुए कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी, ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक बताया। उन्होंने भविष्य में इस प्रकार के कार्यक्रमों को और अधिक प्रभावी बनाने हेतु महत्वपूर्ण सुझाव भी प्रस्तुत किए।प्रशिक्षण सत्रों के दौरान आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, इक्कीसवीं सदी के कौशल, राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन, नवाचार, डिजिटल टूल्स के उपयोग तथा समग्र शैक्षिक विकास से संबंधित विषयों पर व्यापक एवं व्यावहारिक चर्चा की गई।
- 0- 1 लाख से ज्यादा मूल्य के 1350 किग्रा भुना चना जब्तबिलासपुर. नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला बिलासपुर की टीम द्वारा सिरगिट्टी क्षेत्र में स्थित भुना चना निर्माता फर्मों का छापामार शैली में निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान संदेह के आधार पर 1 लाख से ज्यादा मूल्य के 1350 किलोग्राम भुना चना बरामद किया गया। गुणवत्ता जांच के लिए सैंपल लेकर परीक्षण के लिए रायपुर प्रयोगशाला भेजा गया।जिला खाद्य एवं सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि संदेह के आधार पर सिरगिट्टी स्थित अमित फूड प्रोडक्ट से 600 किलोग्राम भुना चना (अनुमानित मूल्य 48 हजार रुपये) तथा जय भोले इंडस्ट्रीज से 750 किलोग्राम भुना चना (अनुमानित मूल्य 60 हजार रुपये) जब्त किया गया। साथ ही शिवशक्ति दाल मिल से भुना चना का नमूना जांच हेतु लिया गया। सभी संबंधित फर्मों को खाद्य सुरक्षा मानकों में सुधार के लिए नोटिस जारी किया गया है। जब्त किए गए एवं संकलित नमूनों को राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, रायपुर भेजा गया है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरांत खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के प्रावधानों के अंतर्गत आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है तथा इस प्रकार की जांच एवं निरीक्षण की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।
- 0- एक ही दिन में 22 प्रकरणों पर की गई सुनवाई एवं समीक्षा पहली बार विडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के माध्यम से दिया गया सुनवाई का अवसररायपुर। आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा की अध्यक्षता में शुक्रवार को उच्च स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति की महत्वपूर्ण बैठक आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान के सभाकक्ष, नवा रायपुर में संपन्न हुई। आज बैठक की विशेषता यह रही कि एक ही दिन में कुल 22 प्रकरणों की सुनवाई एवं समीक्षा की गई। इसके साथ ही समिति द्वारा पहली बार पक्षकार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सुनवाई का अवसर प्रदान किया गया। समिति की इस पहल से प्रक्रिया को और अधिक सुगम, पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाने में मदद मिलेगी।बैठक में 12 प्रकरणों की सुनवाई की गई। इनमें जाति जांच प्रकरण से संबंधित 10 प्रकरणों में पक्षकार समिति के समक्ष उपस्थित हुए। एक प्रकरण में पक्षकार अंबिकापुर, सरगुजा से वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के माध्यम से शामिल हुआ एवं अपना पक्ष रखा, वहीं एक प्रकरण में पक्षकार अनुपस्थित रहा। इसके अतिरिक्त समिति के समक्ष 10 प्रकरण विचारार्थ प्रस्तुत किए गए। इस प्रकार एक ही दिन में समिति ने कुल 22 प्रकरणों की सुनवाई एवं समीक्षा करते हुए 05 प्रकरणों की सुनवाई पूर्ण कर आदेश जारी करने के निर्देश दिए, जबकि 17 प्रकरणों में जाति प्रमाण पत्र धारकों को सुनवाई का एक और अंतिम अवसर प्रदान करते हुए आगामी बैठक में उपस्थित होने के निर्देश दिए गए।विदित हो समिति द्वारा लगातार बैठक आयोजित कर जाति प्रमाण पत्र एवं सामाजिक प्रस्थिति से संबंधी प्रकरणों की सुनवाई की जा रही है। माननीय सर्वाेच्च न्यायालय तथा उच्च न्यायालय से संबद्ध प्रकरणों पर भी नियमानुसारं पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से सुनवाई कर प्रकरणों का शीघ्र निपटारा किया जा रहा है। आज की बैठक में बड़ी संख्या में पक्षकार एवं अधिवक्ता अपना पक्ष प्रस्तुत करने हेतु उपस्थित हुए।बैठक में आयुक्त, आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास डॉ. सारांश मित्तर (सदस्य), संचालक, आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान श्रीमती हिना अनिमेष नेताम (सदस्य सचिव), संचालक, लोक शिक्षण संचालनालय श्री ऋतुराज रघुवंशी (सदस्य) उपस्थित थे, वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संचालक, भू-अभिलेख श्री विनीत नंदनवार (सदस्य) भी जुड़े हुए थे। इसके अलावा संयुक्त संचालक, टीआरटीआई श्रीमती गायत्री नेताम (प्रभारी अधिकारी, जाति जांच प्रकोष्ठ), श्रीमती रमा उइके (सदस्य), डॉ. अनिल विरूलकर (सदस्य) सहित जाति जाँच प्रकोष्ठ के श्री जितेन्द्र गुप्ता, श्रीमती अंजनी भगत, श्री ईश्वर साहू एवं श्रीमती सुमन बंजारे उपस्थित थे।उल्लेखनीय है कि माननीय सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश में दिये गये मार्गदर्शी निर्देश एवं छत्तीसगढ़ अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग (सामाजिक प्रास्थिति के प्रमाणीकरण का विनियमन) अधिनियम 2013 में विहित प्रावधानों के अंतर्गत कुल 07 सदस्यीय उच्च स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति का गठन किया गया है। समिति अर्द्ध न्यायिक स्वरूप में कार्य करते हुए निष्पक्ष एवं समयबद्ध निर्णय सुनिश्चित कर रही है।--
- रायपुर. छत्तीसगढ़ राज्य ओपन स्कूल द्वारा आयोजित हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी परीक्षा नवंबर 2025 का परिणाम दिनांक 19 दिसंबर 2025 को घोषित किया गया। छात्र अपने परीक्षा परिणाम आधिकारिक वेबसाइट https://www.sos.cg.nic.in एवं https://www.result.cg nic.in पर देख सकते हैं। हाई स्कूल परीक्षा में कुल 12694 छात्रों का पंजीयन हुआ, जिसमें से 11665 परीक्षार्थी परीक्षा में सम्मिलित हुए। 03 परीक्षार्थियों का परीक्षाफल विभिन्न कारणों से रोका गया है। इस प्रकार 11662 परीक्षार्थियों का परिणाम जारी किया गया।हायर सेकेंडरी परीक्षा में कुल 9681 छात्रों का पंजीयन हुआ, जिनमें से 9034 परीक्षार्थी परीक्षा में सम्मिलित हुए। इनमें से 1733 छात्र RTD योजना के अंतर्गत सम्मिलित हुए। 04 परीक्षार्थियों का परीक्षाफल विभिन्न कारणों से रोका गया है, जबकि 7297 परीक्षार्थियों का परिणाम जारी किया गया। हाई स्कूल परीक्षा में 43.44 प्रतिशत तथा हायर सेकेंडरी परीक्षा में 59.44 प्रतिशत छात्र सफल घोषित किए गए हैं।अनुत्तीर्ण छात्र आगामी परीक्षा मार्च अप्रैल 2026 के आवेदन फार्म अपने अध्ययन केंद्र में सामान्य शुल्क के साथ दिनांक 15 जनवरी 2026 तक एवं विलंब शुल्क के साथ दिनांक 18 जनवरी 2026 से 25 जनवरी 2026 तक जमा कर परीक्षा में सम्मिलित हो सकते हैं |
- 0- जनप्रतिनिधियों की सहभागिता से बढ़ा जनविश्वास, आमजन हो रहे हैं प्रेरितरायपुर। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुक्त बिजली योजना के अंतर्गत जिले में सोलर प्लांट स्थापित कराने वाले उपभोक्ताओं की संख्या में निरंतर वृद्धि दर्ज की जा रही है। कलेक्टर श्री डॉ. गौरव सिंह के मार्गदर्शन में आज जनप्रतिनिधियों एवं नगर निगम के पदाधिकारियों के लिए एक जागरूकता कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं व्यापक जनजागरूकता के उद्देश्य से कार्यपालन अभियंता, उरला संभाग श्री प्रवीण कुमार शर्मा द्वारा कार्यशाला के दौरान पीएम सूर्यघर मुक्त बिजली योजना की विशेषताएं, लाभ, अनुदान व्यवस्था एवं आवेदन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यशाला के पश्चात कई जनप्रतिनिधियों द्वारा अपने निजी निवासों पर सोलर प्लांट स्थापित करने में रुचि व्यक्त की गई, जिससे योजना को लेकर आमजन के बीच सकारात्मक संदेश प्रसारित हुआ।योजना के प्रचार-प्रसार को सुदृढ़ करने हेतु उरला संभाग अंतर्गत विगत 11 माह की अवधि में 41 से अधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया जा चुका है। इसके साथ ही उपभोक्ताओं को समयबद्ध एवं सरल प्रक्रिया के माध्यम से योजना का लाभ दिलाने के लिए वेंडर एवं बैंक प्रतिनिधियों के साथ नियमित समन्वय बैठकें भी आयोजित की जा रही हैं।इसी क्रम में श्री नंदलाल देवांगन, महापौर, बीरगांव नगर निगम द्वारा अपने निजी निवास पर पीएम सूर्यघर मुक्त बिजली योजना के अंतर्गत सोलर प्लांट स्थापित कराया गया है। जनप्रतिनिधि द्वारा की गई यह पहल प्रेरणास्पद सिद्ध हो रही है, जिससे अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं आम नागरिक भी योजना से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित हो रहे हैं।जनप्रतिनिधियों की सहभागिता एवं सतत जागरूकता प्रयासों के फलस्वरूप विगत दो माह में सोलर प्लांट स्थापित कराने वाले उपभोक्ताओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। साथ ही, आम नागरिकों में स्वच्छ ऊर्जा के प्रति जागरूकता एवं रुचि लगातार बढ़ रही है।
- रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जिला प्रशासन व महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रोजेक्ट आंगन के अंतर्गत परियोजना रायपुर वन के श्यामनगर सेक्टर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में ईसीसीई (अर्ली चाइल्डहुड केयर एंड एजुकेशन) मेले का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छोटे बच्चों के सर्वांगीण विकास को बढ़ावा देना तथा अभिभावकों में प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।ईसीसीई मेले का आयोजन परियोजना अधिकारी श्रीमती प्रीति प्रसाद एवं पर्यवेक्षक श्रीमती कविता सिन्हा के कुशल मार्गदर्शन में किया गया। मेले के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा बच्चों एवं उनके पालकों को एक साथ शिक्षाप्रद एवं मनोरंजक गतिविधियों में सहभागी बनाया गया। इन गतिविधियों में 3 से 6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के माता-पिता एवं अभिभावकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को नजदीक से समझा।कार्यक्रम के दौरान बच्चों के शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक विकास से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्रदान की गईं। साथ ही अभिभावकों को बच्चों के पोषण, स्वच्छता, नियमित देखभाल एवं सकारात्मक पालन-पोषण के महत्व के प्रति जागरूक किया गया।ईसीसीई मेले में क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, मितानिन, गर्भवती एवं शिशुवती महिलाएं तथा स्व-सहायता समूह की महिलाएं भी उपस्थित रहीं, जिन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सक्रिय सहभागिता निभाई। यह आयोजन बच्चों के समग्र विकास के साथ-साथ समुदाय की सहभागिता को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं सराहनीय पहल सिद्ध हुआ।
- रायपुर। धान खरीदी के सीजन में बिचैलियों द्वारा पड़ोसी राज्यों से अवैध धान खपाने की कोशिशों पर जिला प्रशासन लगातार कार्यवाही कर रही है। प्रशासन की इसी सतर्कता के चलते शुक्रवार सुबह तहसील नानगुर में एक बड़ी सफलता देखने को मिली, जहाँ राजस्व और मंडी विभाग की संयुक्त टीम ने ओडिशा के चांदली से आ रहे धान के अवैध परिवहन के विरूद्ध कार्यवाही की।घटना शुक्रवार सुबह करीब 6 बजे की है। प्रशासन को सूचना मिली थी कि सीमावर्ती रास्ते से अवैध धान की खेप लाई जा रही है। मुस्तैदी दिखाते हुए जांच दल ने नाकेबंदी की और संदेह के आधार पर मिनी ट्रक क्रमांक सीजी 06 एम 0155 को रोका। वाहन की तलाशी लेने पर उसमें लगभग 100 बोरी धान लदा पाया गया। जब वाहन चालक से इस धान के परिवहन और खरीदी संबंधित वैध दस्तावेज मांगे गए, तो वह कोई भी कागज प्रस्तुत करने में असमर्थ रहा। यह स्पष्ट होते ही कि धान अवैध रूप से पड़ोसी राज्य से लाया गया है, टीम ने तत्काल मंडी अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए धान और वाहन को जब्त कर लिया तथा उसे अग्रिम वैधानिक कार्यवाही हेतु नानगुर थाना के सुपुर्द कर दिया है।इस पूरी कार्रवाई में नायब तहसीलदार श्री लखीराम पांडे, श्री रोहन कुमार बीसी और श्री डोमन लाल, मंडी निरीक्षक बीके दिल्लीवार तथा पटवारी शंकर बैद, सोमेश नागेश और दिनेश सिंह ने सक्रिय भूमिका निभाते हुए इस अवैध परिवहन को पकड़ा और अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में ऐसी सख्ती आगे भी निरंतर जारी रहेगी।सिंगसारी में अवैध धान परिवहन पर 27 क्विंटल धान के साथ पिकअप जब्तइस संबंध में एसडीएम मनीष वर्मा ने बताया कि ग्रामीणों के माध्यम से सटीक सूचना से सिंगसारी क्षेत्र से अवैध रूप से धान को खपाने के लिए बस्तर की ओर लाये जा रहे धान पर कार्रवाई की गई। टीम ने बंगला डोंगरी के पास नाकाबंदी कर संदिग्ध वाहनों पर नजर रखते हुए एक पिकअप वाहन क्रमांक ओआर 24 ए 7629 की घेराबंदी कर चालक सिंगसारी निवासी नित्यानंद चौधरी के वाहन की तलाशी ली, जिसमें बोरियों में भरकर भारी मात्रा में धान पाया गया, चालक से धान परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे गए, तो वह कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत करने में असमर्थ रहा। जांच में कुल 27 क्विंटल अवैध धान पाया गया। प्रशासन ने मौके पर ही कार्रवाई करते हुए धान सहित पिकअप वाहन को जब्त कर लिया और उसे अग्रिम कानूनी कार्रवाई के लिए करपावंड थाना में सुरक्षित रखवा दिया है।--
- 0- एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की कुंजी :- डॉ. गौरव सिंह0- उत्कृष्ट कार्य करने वाले विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को मुख्य अतिथि ने किया सम्मानितरायपुर. पीएम श्री केन्द्रीय विद्यालय, नया रायपुर में शैक्षणिक सत्र 2025–26 का वार्षिक समारोह आज हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रायपुर कलेक्टर एवं विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ. गौरव सिंह रहे। मुख्य अतिथि डॉ. गौरव सिंह ने विद्यार्थियों को आशीर्वचन देते हुए कहा कि सभी विद्यालयों में एक्स्ट्रा करिकुलर गतिविधियों का आयोजन अवश्य किया जाना चाहिए। इससे बच्चों को अपनी प्रतिभा पहचानने एवं निखारने का अवसर मिलता है। कोई बच्चा खेलकूद में, कोई भारत स्काउट एवं गाइड में, तो कोई विज्ञान परियोजनाओं के माध्यम से अपनी अलग-अलग प्रतिभाओं का प्रदर्शन करता है। वहीं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में नृत्य एवं गायन करने वाले विद्यार्थियों के लिए ऐसे अवसर जीवन भर की यादगार बन जाते हैं।डॉ. सिंह ने कहा कि जब वे स्वयं विद्यालय में अध्ययनरत थे, उस समय उन्होंने जो प्रबंधन एवं अनुशासन सीखा, वही अनुभव आज भी उनके कार्य में सहायक सिद्ध हो रहा है। विद्यालय में सीखी गई बातें जीवन भर काम आती हैं। जीवन की प्रत्येक चुनौती में केवल पढ़ाई ही नहीं, बल्कि टीमवर्क, सहयोग और नेतृत्व क्षमता अधिक उपयोगी सिद्ध होती है। ये सभी गुण विद्यार्थियों को विद्यालय स्तर पर मित्रों के साथ मिलकर कार्य करने से प्राप्त होते हैं, और टीम मैनेजमेंट का यह अनुभव जीवन भर मार्गदर्शन करता है।कार्यक्रम का शुभारंभ भारत स्काउट एवं गाइड्स की कलर पार्टी द्वारा अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इसके पश्चात दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का औपचारिक उद्घाटन किया गया। अतिथियों का हरित स्वागत किया गया तथा मधुर स्वागत गीत की प्रस्तुति दी गई।विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती सुनीता खिरबत ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए विद्यालय की शैक्षणिक उपलब्धियों, सह-शैक्षणिक गतिविधियों एवं समग्र प्रगति की जानकारी दी। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अंतर्गत विद्यार्थियों द्वारा सरस्वती वंदना, समूह गीत तथा गढ़वाली, राजस्थानी, छत्तीसगढ़ी एवं कालबेलिया लोकनृत्यों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं, जिसने भारतीय सांस्कृतिक विविधता को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया।कार्यक्रम में विद्यार्थियों द्वारा अनुशासित योग प्रदर्शन एवं भ्रष्टाचार जैसे गंभीर विषय पर आधारित प्रभावशाली नाट्य प्रस्तुति को दर्शकों द्वारा विशेष सराहना मिली। इसके साथ ही खेलकूद, भारत स्काउट एंड गाइड एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि कलेक्टर डॉ गौरव सिंह ने पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य, अभिभावकगण, शिक्षक एवं विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
- 0- सभी पात्र हितग्राही को जल्द मिले योजना का लाभ- सीईओ जिला पंचायतरायपुर. कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार सीईओ जिला पंचायत श्री कुमार बिश्वरंजन ने कलेक्टर सभाकक्ष में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर सीएसपीडीसीएल एवं बैंक अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में सीईओ ने बैंक प्रतिनिधियों को पूर्व में दिए गए निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने निर्देशित किया कि योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों का चयन कर उन्हें लाभ दिलाया जाए। साथ ही सभी संबंधित जानकारियां ग्रुप्स में साझा करने को कहा, जिससे अन्य विभाग समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई कर सकें।सीईओ श्री बिश्वरंजन ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों से जुड़ी एक महत्वपूर्ण योजना है, इसलिए सभी अधिकारी इसे प्राथमिकता के साथ क्रियान्वित करें और लोगों को योजना का लाभ लेने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने तथा लक्ष्य की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि नागरिकों को निर्बाध रूप से लाभ मिल सके।उन्होंने बैंक अधिकारियों से कहा कि योजना से संबंधित प्रकरणों को गंभीरता से लेते हुए हितग्राहियों का पूर्ण सहयोग करें। छोटे-छोटे कारणों से प्रकरण निरस्त न किए जाएं। साथ ही पूरी जानकारी के साथ बैठकों में शत प्रतिशत उपस्थित रहें। बैठक में बिजली विभाग को भी निर्देशित किया गया कि योजना से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं शीघ्र पूर्ण कर लक्ष्य हासिल किया जाए। इस अवसर पर एलडीएम श्री मोहम्मद मोफीज सहित सीएसपीडीसीएल एवं बैंक के अधिकारी उपस्थित थे।
- रायपुर। प्रदेश में राज्य स्तरीय युवा महोत्सव की तैयारियां शुरू हो गई है। शुक्रवार को यहां मंत्रालय महानदी भवन में मुख्य सचिव श्री विकासशील की अध्यक्षता में राज्य युवा महोत्सव की तैयारियों को लेकर विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक सम्पन्न हुई। राज्य युवा महोत्सव का आयोजन 23 से 25 दिसम्बर 2025 तक बिलासपुर में आयोजित किया जाना है। बिलासपुर के राज्य खेल परिसर बहतराई और पुलिस ग्राउंड बिलासपुर में राज्य युवा महोत्सव के अंतर्गत विभिन्न विद्याओं के प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। जिला स्तरीय युवा महोत्सवों के विजेता प्रतिभागी एवं दल राज्य स्तरीय युवा महोत्सव में सम्मिलित हो रहे है। भारत सरकार द्वारा निर्धारित विद्याओं में राज्य स्तरीय युवा महोत्सव के विजेता प्रतिभागी राष्ट्रीय युवा महोत्सव में राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे। मुख्य सचिव ने युवा महोत्सव के वृहद एवं भव्य आयोजन हेतु शासन के विभिन्न अधिकारियों को समन्वय एवं सहयोग से कार्य करने के निर्देश दिए है। मुख्य सचिव ने कलेक्टर बिलासपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए राज्य युवा महोत्सव के आयोजन के संबंध में जरूरी व्यवस्था के संबंध में विस्तार से निर्देश दिए।राज्य युवा महोत्सव में जिलों के प्रतिभागी, निर्णायक, अधिकारी-कर्मचारी को मिलाकर करीब 4000 लोग शामिल होंगे। राज्य स्तरीय युवा महोत्सव में करीब 14 विद्याओं के साथ सांस्कृतिक गतिविधियां, प्रसिद्ध कलाकारों का गायन और कवि सम्मेलन बैंड की प्रस्तुतियां के मंचीय कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। विभिन्न विद्याओं में लोक नृत्य, पंथी नृत्य, राउत नाचा, सुआ नृत्य, कर्मा नृत्य, लोक गीत, वाद-विवाद, कहानी लेखन, चित्रकला, कविता लेखन, नवाचार, प्रारंपरिक वेशभूषा, रॉकबैंड आदि शामिल हैं। इन प्रतियोगिताओं में 15 से 29 वर्ष आयु वर्ग के युवा भाग लेंगे। अधिकारियों ने जानकारी दी कि 23 दिसम्बर 2025 को राज्य युवा महोत्सव के उद्घाटन के साथ खेलो इंडिया ट्रायबल गेम्स का लॉचिंग सेरेमनी और समापन समारोह इत्यादि कार्यक्रम आयोजित होंगे।राज्य स्तरीय युवा महोत्सव मुख्य समारोह स्थल पर राज्य के युवाओं के लिए विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं के स्टॉल लगाए जाएंगे। जिसमें रोजगार एवं पंजीयन, ग्रामद्योग, परिवहन, पंचायत, वन एवं समाज कल्याण सहित अन्य विभागों द्वारा युवाओं के लिए संचालित योजनाओं के स्टॉल लगेंगे। मुख्य सचिव ने युवा महोत्सव के आयेाजन के लिए समूचित व्यवस्थाएं करने के लिए विभागीय अधिकारियों से आवश्यक सहयोग एवं समन्वय करने के निर्देश दिए है। उन्होंने आयोजन के संचालन, निगरानी एवं समुचित समन्वय हेतु विभिन्न विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की है।उद्घाटन एवं समापन समारोह में भाग लेने वाले खिलाड़ियों को परिधान, प्रत्येक प्रतिभागियों को प्रोत्साहन राशि, खेल एवं युवा कल्याण विभाग, लोक निर्माण विभाग तथा कलेक्टर बिलासपुर द्वारा की जाएगी। आवास एवं समारोह स्थल पर प्रोटोकॉल व्यवस्था जिला प्रशासन बिलासपुर, यातायात एवं पार्किंग व्यवस्था जिला प्रशासन बिलासपुर और नगर निगम बिलासपुर द्वारा की जाएगी। प्रतिभागियों के लिए वेलकम किट खेल विभाग द्वारा प्रदान की जाएगी। स्वास्थ्य व्यवस्था स्वास्थ्य विभाग, विद्युत व्यवस्था सीएसपीडीसीएल, मुख्य कार्यक्रम में विभागीय अधोसंरचनाओं का रंग-रोगन एवं मरम्मत का कार्य लोक निर्माण विभाग द्वारा किया जाएगा। आयोजन में भाग लेने के लिए आने वाले खिलाड़ियों के आवास व्यवस्था, परिवहन व्यवस्था, कलेक्टर बिलासपुर, इसी तरह से अन्य व्यवस्थाओं के लिए विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की गई है।बैठक में सचिव कृषि एवं पशुपालन श्रीमती शहला निगार, सचिव लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी श्री मोहम्मद कैसर अब्दुलहक, सचिव खेल एवं युवा कल्याण श्री यशवंत कुमार, ग्रामोद्योग विभाग के सचिव श्री श्याम धावड़े, संयुक्त सचिव खेल एवं युवा कल्याण विभाग श्री सुखनाथ अहिरवार, स्कूल शिक्षा विभाग के संयुक्त सचिव डॉ. फरिहा आलम, संचालक खेल एवं युवा कल्याण श्रीमती तनुजा सलाम सहित अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
- रायपुर। वाणिज्य, उद्योग एवं श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन आज कोरबा के बालको के विभिन्न वार्डों में 2 करोड़ 70 लाख 5 हजार रूपए के विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन करेंगे। मंत्री श्री देवांगन दोपहर 2 बजे कोरबा जिले के चेकपोस्ट बालको सामुदायिक भवन के पास पहुंचकर वार्ड क्र. 38 लालघाट चेकपोस्ट में 8 लाख रूपए की लागत से निर्मित सामुदायिक मंच का लोकार्पण एवं वार्ड क्र. 38 अंतर्गत रिस्दा में सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 30 लाख रूपए, वार्ड क्र. 38 चेकपोस्ट भदरापारा ईश्वर साहू मोहल्ला में लूड़ी हेम्ब्रों घर से स्व. पवन पटेल घर तक सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 10 लाख रूपए, वार्ड क्र. 38 अंतर्गत अमर सिंह होटल के पास सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 08 लाख रूपए, वार्ड क्र. 38 अंतर्गत चेकपोस्ट भदरापारा ईश्वर साहू मोहल्ला में माखन यादव घर से नदी तक सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 14.50 लाख रूपए, वार्ड क्र. 39 अंतर्गत विभिन्न स्थानों में सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 30 लाख रूपए, वार्ड क्र. 46 परसाभाठा बालको नवधा पंडाल के पास किचन शेड व कक्ष निर्माण कार्य राशि 15 लाख रूपए के निर्माण कार्यों का भूमिपूजन करेंगे।तत्पश्चात् मंत्री श्री देवांगन अपरान्ह 3 बजे बालको के भदरापारा, बरगद चौक के पास विभिन्न निर्माण कार्यों की भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होंगे, जिसमें वार्ड क्र. 40 पाड़ीमार क्र. 01 शा.प्रा. शाला परसाभाठा एवं प्रा. शाला रिस्दा में अहाता निर्माण कार्य राशि 20 लाख रूपए, वार्ड क्र. 40 अंतर्गत पाड़ीमार बालको चिंतामणी साहू के घर से स्वास्थ्य केन्द्र तक सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 05 लाख रूपए, वार्ड क्र. 36 पाड़ीमार बालकोनगर (जे.एन. दुबे मोहल्ला) में सामुदायिक भवन निर्माण कार्य राशि 10 लाख रूपए, वार्ड क्र. 41 अंतर्गत विभिन्न स्थानों में सी.सी. रोड एवं नाली निर्माण कार्य राशि 25 लाख रूपए, वार्ड क्र. 41 अंतर्गत पाड़ीमार क्र. 02 पार्षद घर के पीछे तालाब के चारो ओर सी.सी. रोड एवं उन्नयन कार्य राशि 15 लाख रूपए के निर्माण कार्यों का भूमिपूजन करेंगे।उद्योग मंत्री श्री देवांगन शाम 4 बजे बालको के दैहानपारा राधा कृष्ण मंदिर के पास (कॉफी पाईंट रोड) विभिन्न निर्माण कार्यों की भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होंगे, जिसमें वार्ड क्र. 42 अंतर्गत बालको नगर दैहानपारा स्थित शिव मंदिर के पास मिश्रा तालाब का जीर्णाेद्धार कार्य राशि 15 लाख रूपए, वार्ड क्र. 42 दैहानपारा राखड़ डेम के पास एसएलआरएम सेंटर का निर्माण कार्य राशि 27.70 लाख रूपए, वार्ड क्र. 43 कैलाश नगर में सी.सी. रोड एवं आर.सी.सी. नाली निर्माण कार्य राशि 20 लाख रूपए, वार्ड क्र. 47 अंतर्गत स्थित शासकीय माध्यमिक शाला रूमगरा में नवीन शाला भवन का निर्माण कार्य लागत राशि 16.85 लाख रूपए शामिल हैं। मंत्री श्री देवांगन शाम 5 बजे होटल 4 सीजन, नहर रोड कोरबा पहुंचकर यूरो किड्स स्कूल के वार्षिक उत्सव कार्यक्रम में शामिल होकर शाम 6 बजे अयोध्यापुरी, जैलगांव, जमनीपाली पहुंचकर श्री मनहरण लाल यादव के यहाँ पारिवारिक (शोक) कार्यक्रम में शामिल होने के उपरांत निवास चारपारा कोहड़िया कोरबा के लिए प्रस्थान करेंगे।
- -केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय तथा राज्यों के बीच मिशन अमृत, स्वच्छ भारत मिशन, पीएम आवास योजना, शहरी परिवहन और अंगीकार अभियान पर होगी चर्चारायपुर। उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव आज भोपाल में आयोजित देश के उत्तर-मध्य राज्यों के शहरी विकास मंत्रियों की क्षेत्रीय बैठक में शामिल होंगे। बैठक में केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय तथा उत्तर-मध्य राज्यों के बीच मिशन अमृत, स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, शहरी परिवहन और अंगीकार अभियान के क्रियान्वयन पर चर्चा होगी। बैठक में स्वच्छ सर्वेक्षण-2026 का टूलकिट भी लॉन्च किया जाएगा।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव बैठक में भाग लेने के लिए 20 दिसम्बर को सवेरे साढ़े आठ बजे रायपुर से शासकीय विमान से भोपाल के लिए रवाना होंगे। वे सवेरे दस बजे भोपाल पहुंचेंगे। वे सवेरे साढ़े दस बजे भोपाल के मिन्टो हॉल में आयोजित शहरी विकास मंत्रियों की बैठक में शामिल होंगे। श्री साव बैठक की समाप्ति के बाद शाम पांच बजे भोपाल से रायपुर के लिए प्रस्थान करेंगे। वे शाम सवा छह बजे वापस रायपुर पहुंचेंगे।
- -दो वर्षों में बदली जिले की तस्वीर, आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं की मिली बड़ी सौगातरायपुर,। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीते दो वर्षों में जशपुर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं ने ऐतिहासिक परिवर्तन का साक्षी बना है। कभी सीमित संसाधनों और बुनियादी सुविधाओं की कमी से जूझने वाला यह जिला आज आधुनिक चिकित्सा ढांचे, सुदृढ़ आपात सेवाओं और जनकल्याणकारी योजनाओं के कारण प्रदेश के अग्रणी जिलों में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से जशपुर की तस्वीर पूरी तरह बदल गई है। पहले जहां दूरस्थ अंचलों के लोगों को सामान्य उपचार और सुरक्षित प्रसव के लिए भी लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी, वहीं अब जिले में ही उच्च स्तरीय उपचार की सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। डायलिसिस जैसी जटिल सेवाएं, जो कभी कल्पना से परे थीं, अब जिलेवासियों के लिए सुलभ होती जा रही हैं।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने के लिए अनेक बड़े निर्णय लिए गए हैं। जशपुर में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए वित्त विभाग से 359 करोड़ रुपये की सैद्धांतिक स्वीकृति मिलना जिले के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा। इसके साथ ही 220 बिस्तरों वाले अत्याधुनिक अस्पताल के निर्माण के लिए 32 करोड़ रुपये की मंजूरी ने जिले में उच्च स्तरीय चिकित्सा व्यवस्था की नींव रख दी है।अखिल भारतीय कल्याण आश्रम परिसर में 35 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक चिकित्सालय का निर्माण कार्य तीव्र गति से जारी है, जो भविष्य में जशपुर को एक प्रमुख स्वास्थ्य केंद्र के रूप में स्थापित करेगा। वहीं नर्सिंग शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 8.78 करोड़ रुपये की लागत से नर्सिंग कॉलेज भवन निर्माण को स्वीकृति दी गई है, जिससे जिले को प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की स्थायी उपलब्धता सुनिश्चित होगी।मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करते हुए कुनकुरी में 50 बिस्तरों वाले मातृ-शिशु अस्पताल का निर्माण 8.77 करोड़ रुपये की लागत से प्रगति पर है। इसके अतिरिक्त जिले में 14 करोड़ रुपये की लागत से फिजियोथेरेपी महाविद्यालय तथा कुनकुरी में 2 करोड़ 62 लाख रुपये से नेचुरोपैथी भवन निर्माण की स्वीकृति ने स्वास्थ्य सेवाओं को बहुआयामी बनाया है।वहीं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर जिले के फरसाबहार मुख्यालय में बहुत जल्द सत्य साईं मातृत्व शिशु चिकित्सालय की स्थापना होगी जो जिले वासियों के साथ पड़ोसी राज्यों को भी इसकी सुविधाएं मुहैया होगी। यह नागलोग क्षेत्र वासियों के लिए बड़ी सौगात है।अब स्वास्थय के क्षेत्र में लोगों के लिए यह वरदान साबित होगी।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जिले में आपात चिकित्सा सेवाओं का उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। स्वास्थ्य आपात स्थितियों में त्वरित सहायता सुनिश्चित करने के लिए जिले को 10 नई 108 संजीवनी एंबुलेंस उपलब्ध कराई गई हैं। अब जिले में कुल 24 संजीवनी एक्सप्रेस एंबुलेंस जीवनरक्षक सेवा प्रदान कर रही हैं। इसके अलावा 102 महतारी एक्सप्रेस की 18 एंबुलेंस गर्भवती महिलाओं को समय पर अस्पताल पहुंचाकर सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित कर रही हैं। प्रत्येक विकासखंड में शव वाहन की उपलब्धता ने कठिन समय में ग्रामीण परिवारों को बड़ी राहत दी है।जिले के स्वास्थ्य ढांचे को जमीनी स्तर पर मजबूत करते हुए कोतबा में 4 करोड़ 37 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवन निर्माण की स्वीकृति दी गई है। साथ ही जिले के फरसाबहार तहसील के पेटामारा (अंकिरा) एवं गांझियाडीह, दुलदुला तहसील के करडेगा एवं सीरिमकेला तथा कुनकुरी तहसील के केराडीह में 5 नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की स्थापना को मंजूरी मिली है,जो ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ जाएगी। आज जशपुर स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नए युग में प्रवेश कर चुका है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीते दो वर्षों में किए गए ये ऐतिहासिक प्रयास जिले को एक मजबूत, सक्षम और आधुनिक स्वास्थ्य मॉडल के रूप में स्थापित कर रहे हैं। यह परिवर्तन केवल अधोसंरचना का नहीं, बल्कि जनता के विश्वास और सुरक्षित भविष्य की ओर बढ़ते कदमों का प्रतीक है।
- -एम्स ने जारी किया स्वास्थ्य बुलेटिनरायपुर। प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार एवं भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित श्री विनोद कुमार शुक्ल (89 वर्ष) वर्तमान में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), रायपुर में उपचाराधीन हैं। उन्हें 02 दिसंबर 2025 को स्वास्थ्य में गिरावट, विशेषकर सांस लेने में कठिनाई के कारण भर्ती किया गया था। इससे पूर्व अक्टूबर माह में श्वसन संबंधी शिकायतों के कारण उनका उपचार एक निजी अस्पताल में हुआ था। वर्तमान में वे एमआईसीयू में भर्ती हैं, जहां उन्हें वेंटिलेटर तथा ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है।एम्स रायपुर के कार्यकारी निदेशक एवं सीईओ लेफ्टिनेंट जनरल अशोक जिंदल (सेवानिवृत्त) तथा चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रेणु राजगुरु स्वयं श्री शुक्ल की चिकित्सकीय स्थिति की निगरानी कर रहे हैं। उनके उपचार हेतु चिकित्सा, कार्डियोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, रूमेटोलॉजी, पल्मोनोलॉजी, प्लास्टिक सर्जरी एवं भौतिक चिकित्सा एवं पुनर्वास (पीएमआर) विभागों के विशेषज्ञों एवं सुपर-स्पेशलिस्ट्स की एक समन्वित बहुविषयक टीम गठित की गई है। इस टीम का नेतृत्व चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विनय आर. पंडित कर रहे हैं।08 दिसंबर की संध्या को छत्तीसगढ़ के माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने एम्स रायपुर का दौरा कर श्री विनोद कुमार शुक्ल से भेंट की, उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली तथा उपचाररत चिकित्सकों से बातचीत कर उन्हें सर्वोत्तम संभव चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।श्री शुक्ल मधुमेह, इस्कीमिक हृदय रोग, पूर्व में फीमर फ्रैक्चर तथा हाल ही में निदान की गई इंटरस्टिशियल लंग डिजीज (आईएलडी) जैसी अनेक सह-रुग्णताओं से ग्रसित हैं। वर्तमान में उनका उपचार गंभीर द्विपक्षीय निमोनिया के लिए किया जा रहा है। उनकी स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है तथा उन्नत जीवनरक्षक उपचार के माध्यम से उन्हें स्थिर करने और स्वास्थ्य में सुधार के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।वर्तमान में उनकी स्थिति अत्यंत गंभीर किंतु स्थिर है, और एम्स रायपुर के चिकित्सक एवं नर्सिंग स्टाफ की टीम निरंतर उनकी निगरानी कर रही है। file photo
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- महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय के एनुअल स्पोर्ट्स का शुभारंभ
- दौड़, स्लो साइकिल, म्यूजिकल चेयर, क्रिकेट, वाॅलीबाल की हुईं स्पर्धाएंरायपुर। जीवन में खेलों का बड़ा महत्व है। शालेय जीवन में तो इसका महत्व और अधिक बढ़ जाता है। खेलों के माध्यम से नेतृत्व क्षमता, धैर्य, समन्वय, प्रेरणा और टीम भावना जैसे गुण विकसित होते हैं। व्यक्तित्व निर्माण में भी खेलों का बहुत महत्व है। कुछ लोगों के लिए, यह केवल शारीरिक गतिविधि या खेल की रणनीति नहीं, बल्कि जीवन दर्शन है। उक्ताशय के विचार महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय के एनुअल स्पोर्ट्स के शुभारंभ पर स्कूल के सह प्रभारी नवीन देशमुख ने व्यक्त किए।शुभारंभ अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए नवीन ने कहा कि स्कूलों में खेलकूद बेहद ज़रूरी हैं। ये शारीरिक फिटनेस, टीम वर्क और अनुशासन को बढ़ावा देते हैं और स्वस्थ्य प्रतिस्पर्धा के मूल्यों का संचार करते हैं। खेलों को केवल पाठ्येतर गतिविधियों के रूप में देखने के बजाय, पाठ्यक्रम का एक अभिन्न अंग माना जाना चाहिए।बच्चों को संबोधित करते हुए स्कूल के प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने कहा कि खेल खेलने वाले बच्चे न केवल अपनी उम्र के बच्चों के साथ, बल्कि टीम के बड़े और छोटे खिलाड़ियों, कोच, खेल अधिकारियों आदि के साथ भी बातचीत करना सीखते हैं। उनमें अपनेपन की भावना भी विकसित होती है और उन्हें नए दोस्त बनाने का मौका मिलता है। ये संवाद और सामाजिक कौशल उनके भविष्य के रिश्तों और कैरियर में मददगार साबित होते हैं। खेल का पहला तत्व जिस पर हम ध्यान केंद्रित करेंगे, वह है संतुलन। संतुलन खेल के मैदान के कई क्षेत्रों में होता है और पढ़ने-लिखने के कौशल के विकास के लिए आवश्यक है।स्कूल के उप प्राचार्य राहुल वोड़ितेलवार ने कहा कि दो दिवसीय वार्षिक खेलकूद स्पर्धा में सभी क्लास के बच्चे भाग ले रहे है। बच्चों के लिए स्लो साइकिल रेस, म्यूजिकल चेयर, निडल और थ्रेड, टंग आफ वार, लेमन एंड स्पून रेस, क्रिकेट और वाॅलीवाल जैसे खेल का आयोजन किया जा रहा है। स्पर्धा के शुभारंभ के साथ पहले दिन लगभग सभी वर्गों की क्रीड़ा स्पर्धाएं आयोजित की गई। -
बिलासपुर/शासकीय महिला आईटीआई कोनी द्वारा महिलाओं के उत्थान के लिए रोजगार एवं स्वरोजगारमुखी शुल्क आधारित लघु अवधि प्रशिक्षण कोर्स में प्रवेश हेतु विभिन्न कोर्स में आवेदन फार्म जमा किये जा रहे है। इच्छुक आवेदिका जनरल ड्यूटी असिस्टेंट, ब्यूटी पार्लर एवं फैशन डिजाइनिंग एवं सिलाई कोर्स हेतु आवेदन कर सकती है। प्रवेश हेतु आवदेन फार्म एवं विस्तृत जानकारी हेतु संस्था कार्यालय में कार्यालयीन समय में संपर्क कर सकते है। प्रवेश हेतु आवेदन की अंतिम तिथि 29 दिसमबर 2025 तक है।
- - प्रशासन गांव की ओर अभियान के तहत विकासखंड अंबागढ़ चौकी में आयोजित हुआ जिला स्तरीय शिविर- विभागीय अधिकारियों ने दी योजनाओं की जानकारी, पात्र हितग्राही हुए लाभांवित- लाभार्थियों ने योजनाओं से मिले लाभ और जीवन में आए बदलाव साझा किएमोहला । शासन की जनकल्याणकारी एवं किसान-हितैषी व्यवस्था के अनुरूप सुशासन सप्ताह-2025 के अंतर्गत जिले में प्रशासन गांव की ओर अभियान का आयोजन किया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य शासन की विभिन्न योजनाओं और सेवाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना तथा आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करना है। जिसके तहत आज विकासखंड अंबागढ़ चौकी के ग्राम पंचायत आमाटोला में प्रशासन गांव की ओर का जिला स्तरीय शिविर का आयोजन किया गया। इस अवसर पर अंबागढ़ चौकी के जनपद पंचायत अध्यक्ष श्री पुनऊ राम फुलकावरे, उपाध्यक्ष श्री शंकर तिवारी, जनपद सदस्य श्री पवन कुमार तुलावी, श्री मुकुन्द जनबन्दु, श्रीमती देवकी बाई यादव, अपर कलेक्टर श्री जीआर मारकाम, डिप्टी कलेक्टर डीआर धु्रव, एसडीएम मोहला श्री हेमेंन्द्र भुआर्य, सीईओ जनपद पंचायत अंबागढ़ चौकी श्रीमती प्रियांवदा रामटेके सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहें।जनपद पंचायत अध्यक्ष श्री पुनऊ राम फुलकावरे ने जनसामान्य को संबोधित करते हुए कहा कि जिला प्रशासन द्वारा प्रशासन गांव की ओर जिला स्तरीय शिविर का आयोजन किया जा रहा है, जिसके माध्यम से सभी जिला स्तरीय विभागीय अधिकारी एक ही स्थान पर मौजूद है। उन्होंने जनसामान्य से आग्रह किया कि विभाग द्वारा लगाए सभी विभागीय स्टॉल का भम्रण करें एवं विभागीय योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें। साथ ही योजनाओं का लाभ लेने के लिए आवेदन करें। अपर कलेक्टर श्री जीआर मारकाम ने कहा कि शासन के निर्देशानुसार जनसामान्य के समस्या, शिकायत एवं मांगों के त्वरित निराकरण हेतु जिला प्रशासन द्वारा जिला स्तरीय शिविर प्रशासन गांव की ओर का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर विभागीय योजनाओं की जानकारी देने के साथ ही आवेदन प्राप्त किए जा रहें है। प्राप्त आवेदनों के पश्चात पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं से लाभांवित किया जाएगा।ग्राम आमाटोला में आयोजित शिविर में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, श्रम विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, विद्युत विभाग, लोक निर्माण विभाग, राजस्व विभाग, खाद्य विभाग, हथकरघा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, प्रधानमंत्री ग्राम संड़क योजना विभाग, कृषि विभाग, शिक्षा विभाग, मछली पालन विभाग सहित विभिन्न जिला स्तरीय विभागों ने स्टॉल लगाकर लोगों को विभागीय योजनओं की जानकारी दी। इस दौरान विभिन्न मांगों एवं शिकायतों से संबंधित 200 से अधिक आवेदन प्राप्त किए गए। शिविर में विभागीय योजनाओं से संबंधित पात्र हितग्राहियों को समाज कल्याण विभाग द्वारा ट्राईसायकल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र जैसे सहायक उपकरण वितरित किए गए। इसी प्रकार स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयुष्मान कार्ड, जनपद द्वारा आवास, शौचालय स्वीकृत पत्र प्रदाय किए गए। इस दौरान विभागीय योजनाओं से लाभांवित हितग्राहियों ने योजना के लाभ पश्चात अपने जीवन में आए बदलाव को साझा भी किया।उल्लेखनीय है कि, राज्य शासन पारदर्शिता, प्रभावशीलता और जन-हितैषी प्रशासन की स्थापना को लेकर कटिबद्ध है। इस शिविर के माध्यम से शासन-प्रशासन सीधे आम जनता से जुड़कर, उनकी समस्याओं को समयबद्ध ढंग से सुलझाने का कार्य करेगा। सुशासन सप्ताह-2025 के तहत जनसमस्याओं के त्वरित समाधान, जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा की जाएगी। जिससे शासकीय योजनाओं और कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित होगा, इसका लाभ समाज के उन वर्गों को तत्परता से मिलेगा जिनके लिए योजनाएं संचालित की जा रही हैं। जिला स्तरीय शिविर की अगली कड़ी में 20 दिसंबर को विकासखंड मानपुर में रामायण मंच के सामने, मानपुर तथा 22 दिसम्बर को विकासखंड मोहला में शा. पूर्व मा. शा. मैदान, मडिंगपीडिंग भुर्सा में आयोजित होगा। शिविर पूर्वान्ह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक आयोजित किया जाएगा। शिविरों में विभिन्न विभागों द्वारा एक ही स्थान पर नागरिकों की शिकायतों का समाधान, आवेदन प्राप्त करना तथा आवश्यकतानुसार ऑनलाइन पंजीयन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
- - अपर कलेक्टर जीआर मरकाम ने किया शुभारंभमोहला । विकासखंड अंबागढ़ चौकी के ग्राम पंचायत मांगाटोला में जिले की प्रथम बिहान दीदी की दुकान का शुभारंभ अपर कलेक्टर श्री जीआर मरकाम ने किया। इस अवसर पर डिप्टी कलेक्टर श्री डीआर ध्रुव, एसडीएम मोहला श्री हेमेन्द्र भुआर्य, सीईओ जनपद श्रीमती प्रियंवदा रामटेके तथा तहसीलदार अंबागढ़ चौकी श्रीमती अनुरिमा टोप्पो उपस्थिति रही। अतिथियों द्वारा प्रथम खरीदी कर दीदी को उज्ज्वल भविष्य हेतु शुभकामनाएं दी।ग्राम मांगाटोला निवासी श्रीमती पिंकी साहू, पदम कल्याणी माँ स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हुई हैं। वे पूर्व में खेती एवं घरेलू कार्यों पर निर्भर थीं, जिससे आय सीमित थी। शासन की बिहान योजना तथा कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति के निर्देश पर जिले के ऐसे ग्रामों में जहाँ किराना दुकान उपलब्ध नहीं है। वहां बिहान दीदी की दुकान खोलने के निर्देश दिए गए थे। इसी क्रम में श्रीमती पिंकी साहू ने अपने गाँव में किराना दुकान खोलने का निर्णय लिया। श्रीमती पिंकी साहू ने बिहान योजना के संकुल से 50 हजार का ऋण लेकर किराना दुकान की शुरुआत की। इस निर्णय में उनके परिवार का पूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ। गाँव में पहले कोई किराना दुकान न होने के कारण अब ग्रामीणों को दैनिक उपयोग की सामग्री स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो रही है। जिससे स्थानीय लोगों की समय और संसाधनों की बचत के साथ ही दुकान से अच्छी आमदनी की संभावना है।आज श्रीमती पिंकी साहू स्वरोजगार के साथ ही आर्थिक रूप से सशक्त हुई है। साथ ही गांव की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा स्त्रोत बन गई हैं। शासकीय योजना, सही मार्गदर्शन और आत्मविश्वास के माध्यम से ग्रामीण महिलाएं भी आत्मनिर्भर बनकर अपने परिवार एवं समाज के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
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-24 घंटे टोकन सुविधा की सराहना, कहा किसानों के हित में अच्छी पहल
मोहला । राज्य सरकार द्वारा किसानों की सुविधा और हित को ध्यान में रखते हुए धान खरीदी व्यवस्था को लगातार सरल, पारदर्शी और किसान-अनुकूल बनाया जा रहा है। इसी व्यवस्था की सफलता को दर्शाते हुए जिले के ग्राम पांडरीतराई निवासी बुजुर्ग किसान श्री लक्ष्मण सिंह ने अपनी सुविधा के अनुसार अंबागढ़ चौकी धान उपार्जन केंद्र पहुंचकर टोकन कटवाया।
किसान श्री लक्ष्मण सिंह ने सुलभ टोकन व्यवस्था के कारण आसानी से कुल डेढ़ सौ कट्टा धान विक्रय के लिए टोकन प्राप्त किया। वही राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई 24 घंटे टोकन सुविधा की सराहना करते हुए कहा कि यह किसानों के हित में अच्छी पहल है। जिससे किसान किसी भी समय ऑनलाइन टोकन प्राप्त कर सकते है। वही ऑफलाइन टोकन में भी भीड़ कम हो गई हैं। जिससे किसानों को आसानी से टोकन मिल रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्थाएं किसानों को सम्मान और भरोसा देती हैं। राज्य में धान खरीदी व्यवस्था वास्तव में किसान हितैषी, सुव्यवस्थित और तकनीक आधारित बन रहा है, जिससे किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है वहीं उनकी मेहनत का उचित मूल्य मिल रहा है। -
बिलासपुर/बिलासपुर नागरिक सहकारी बैंक लिमिटेड का निर्वाचन कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। जारी कार्यक्रम के अनुसार सोसाइटी कार्यालय में 26 दिसम्बर को नामांकन प्रस्तुत किये जाएंगे। 29 दिसम्बर को नामांकन पत्रों की जांच, नामांकन पत्रों की वापसी, अंतिम सूची का प्रकाशन तथा प्रतीक चिन्हों का आबंटन 30 दिसम्बर को किया जाएगा। विशेष साधारण सम्मिलन में मतदान 4 जनवरी, रिक्त पदों हेतु सहयोजन 5 जनवरी, अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं प्रतिनिधियों के निर्वाचन के लिए बैठक की सूचना 6 जनवरी को एवं 10 जनवरी 2026 को मतगणना होगी।
















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