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- -शासन की प्राथमिकता वाली सभी योजनाओं का क्रियान्वयन हो बेहतर-उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा-समाज के अंतिम व्यक्ति को योजनाओं से लाभान्वित करने संवेदनशील पहल करें- आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री मोहन मरकाम-नारायणपुर में पहली बार हुई बस्तर क्षेत्र विकास प्राधिकरण की बैठकरायपुर / बस्तर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री लखेश्वर बघेल ने कहा कि संभाग के सभी जिलों में मुख्यमंत्री की घोषणाओं, वनाधिकार मान्यता पत्र देवगुड़ियों को सामुदायिक वनाधिकार मान्यता पत्र देने में बहुत अच्छा कार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और प्राधिकरण के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका के फलस्वरूप बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण ने विगत साढ़े 4 वर्षों के दौरान बस्तर के विकास में नये आयाम स्थापित किया है। बविप्रा अध्यक्ष श्री बघेल सोमवार को नारायणपुर जिले के जिला पंचायत के सभाकक्ष में आयोजित बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की बैठक को संबोधित कर रहे थे।इस अवसर पर उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा ने कहा कि सभी जिलों के कलेक्टर ने प्राधिकरण के अनुशंसित कार्यों को बेहतर ढंग से सम्पादित कर महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने देवगुड़ी, घोटुल निर्माण सहित उचित मूल्य दुकान, आंगनबाड़ी केंद्र भवन निर्माण, सामाजिक भवन निर्माण कार्यों को जल्द पूर्ण करने पर बल देते हुए कहा कि बस्तर की जनता के हित में शासन की प्राथमिकता वाली सभी योजनाओं का क्रियान्वयन धरातल में स्पष्ट परिलक्षित होनी चाहिए। इस दौरान आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री मोहन मरकाम ने कहा कि प्राधिकरण के निर्णयों और कार्यों को समय पर क्रियान्वयन करने के साथ ही राज्य सरकार की योजनाओं से समाज के अंतिम व्यक्ति को लाभान्वित किये जाने के लिए संवेदनशीलता के साथ प्रयास किया जाये। उन्होंने बारिश के बाद सड़क निर्माण तथा सड़क मरम्मत कार्यो को प्राथमिकता के साथ सुनिश्चित किये जाने कहा। बैठक को बस्तर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री विक्रम मंडावी और श्री संतराम नेताम ने भी संबोधित कर विकास कार्यों में गति देने और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर जोर दिया। इस दौरान विधायक नारायणपुर श्री चंदन कश्यप ने नारायणपुर जिले की सड़कों की मरम्मत शीघ्र करने पर बल दिया। बैठक में आयुक्त एवं सदस्य सचिव बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण श्री श्याम धावड़े ने बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के माध्यम से अब तक किए गये विकास कार्यों को रेखांकित करते हुए बस्तर की सामाजिक-सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की दिशा में पुरखती कागजात एवं सामाजिक ताना-बाना पुस्तकों के प्रकाशन की जानकारी दी। संसदीय सचिव व जगदलपुर विधायक श्री रेखचन्द जैन, हस्तशिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष व विधायक नारायणपुर श्री चंदन कश्यप, दंतेवाड़ा विधायक श्रीमती देवती कर्मा,चित्रकोट विधायक श्री राजमन बेंजाम,अंतागढ़ विधायक श्री अनूप नाग, भानुप्रतापपुर विधायक श्रीमती सावित्री मंडावी, सभी जिलों के जिला पंचायत अध्यक्ष, प्राधिकरण के मनोनीत सदस्य, कमिश्नर और बस्तर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के सदस्य सचिव श्री श्याम धावड़े, आई जी श्री सुंदरराज पी.,कांकेर, बस्तर, सुकमा, बीजापुर एवं नारायणपुर जिलों के कलेक्टर, सभी सातों जिले के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, वन मंडलाधिकारी, संभाग स्तरीय अधिकारी और एनएमडीसी के अधिकारी उपस्थित थे।बैठक के दौरान विगत बैठक के निर्णयों के क्रियान्वयन स्थिति की समीक्षा की गई। वहीं बस्तर संभागीय मुख्यालय जगदलपुर में अंत्यावसायी प्रशिक्षण केन्द्र परिसर में सभी जिलों से ऐतिहासिक बस्तर दशहरा पर्व के दौरान आने वाले देव विग्रहों सहित लोगों के ठहरने हेतु पृथक-पृथक विश्रामगृह बनाने का निर्णय लिया गया। वहीं नगरीय निकायों के अंतर्गत स्थित देवगुड़ी एवं मातागुड़ी का सामुदायिक वनाधिकार मान्यता पत्र प्रदाय करने की सहमति व्यक्त की गई। इसके साथ ही विधायकों तथा सदस्यों द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों पर विचार कर स्वीकृति प्रदान करने की सहमति जताई गई।एजेंडानुसार आदिवासी संग्रहालय के लिए गीदम रोड में स्थित आदिम जाति कल्याण विभाग के रिक्त जमीन को विकसित करने पर चर्चा किया गया। दन्तेवाड़ा जिले के लाल पानी प्रभावित ग्रामों में जलप्रदाय कार्य की आगामी बैठक से पूर्व निराकरण करने के निर्देश दिए। राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिकारी को राष्ट्रीय राजमार्ग के मरम्मत सहित राजमार्ग में स्थित शहरों में लाईटिंग की व्यवस्था को दूरूस्त करवाने और अंतागढ़ से नारायणपुर राज्यमार्ग निर्माण के लिए आवश्यक निविदा प्रक्रिया पूर्ण कर निर्माण शुरू करने के निर्देश दिए गए। सदस्यों ने बैगा, सिरहा, गुनिया, मांझी, पुजारी लोगों का राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत प्रोत्साहन राशि प्रदाय स्थिति की जानकारी पंचायत सचिव एवं सरपंच-कोटवारों के जरिये दिये जाने कहा। वहीं स्कूलों में दर्ज संख्या के अनुरूप शिक्षकों की पदस्थापना किये जाने पर बल दिया। एजेंडावार समीक्षा की गई।
- रायपुर । लगातार यात्री ट्रेनों को रद्द किये जाने और ट्रेनों की लेटलतीफी के विरोध में तथा यात्री ट्रेनों की सुविधाओं की बहाली की मांग को लेकर कांग्रेस 13 सितंबर को प्रदेश के सभी जिलों में रेल रोको आंदोलन करेगी। जहां रेलवे ट्रेक नहीं हैं, वहां पर आंदोलन- प्रदर्शन कर जिलाधीश को ज्ञापन देकर विरोध किया जायेगा।प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद दीपक बैज ने आरोप लगाया कि केंद्र का रेलवे को लेकर रवैय्या जन विरोधी है। यात्री गाडिय़ा अचानक रद्द कर दी जाती है, यात्री गाडिय़ां घंटों नहीं दो-दो दिन लेट चल रही हैं।श्री बैज ने कहा कि बीते कुछ महीनों से 2600 से अधिक जो ट्रेन बंद हुई थीं, जिस के चलते प्रदेश के ट्रेन यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। अचानक ट्रेन रद्द कर दी जाती है महीनों पहले यात्रा के लिए आरक्षित टिकटों को रद्द कर दिया जाता है । श्री बैज ने कहा कि कांग्रेस जनता के हित में रेलवे को बर्बाद करने के केंद्र सरकार के निर्णय के खिलाफ लगातार जन आंदोलन चलायेगी।
- रायपुर। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक असम राजधानी गुवाहाटी में संपन्न हुई। भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्य समिति बैठक में राष्ट्रीय संगठन महामंत्री शिव प्रकाश, असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा, असम भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भाबेश केलिता, महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष असम श्रीमती अंगूरलता डेका उपस्थिति रही। इस दौरान छत्तीसगढ़ भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष के शालिनी राजपूत नेतृत्व में भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्य समिति सदस्य पूजा विधानी, महामंत्री द्वय विभा अवस्थी, चम्पादेवी पावले, प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती मीनल चौबे, डॉ संध्या तिवारी ने भी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यसमिति बैठक में शिरकत की।भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्य समिति बैठक बताया गया कि हमें केंद्रीय योजनाओं का लाभ ले रहे लाभार्थियों के साथ मिलकर लाभार्थी सम्मेलन करना है। नव मतदाता सम्मलेन के माध्यम से नए मतदाताओं से संपर्क करना सहित आगामी कार्य योजना को लेकर चर्चा हुई। इस दौरान 10 राज्यों के विधायकों का प्रवास देश के भिन्न- भिन्न राज्यों में किया गया। छत्तीसगढ़ में भी महिला विधायकों का दो दिवसीय प्रवास किया गया। अन्य राज्यों से महिला विधायकों ने घर- घर जाकर महिला मतदाताओं से समर्थन मांगी और छत्तीसगढ़ में फिर से कमल खिलाने की अपील की। इसके साथी परिवर्तन यात्रा में अधिक से अधिक महिलाओं से शामिल होने की अपील की। महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यसमिति बैठक के पश्चात मां कामाख्या देवी के मंदिर में जाकर दर्शन कर छत्तीसगढ़ वासियों की खुशहाली या उन्नति की कामना की।
- -कांग्रेस सरकार को उखाड़ फेंकें- अरुण साव-भाजपा सरकार के कार्यों का स्मरण कराने आया हूं- डॉ. रमन सिंह-भाजपा प्रदेश प्रभारी माथुर ने दिखाई रथ को हरी झंडीजगदलपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव में विजय के संकल्प के साथ मंगलवार को बस्तर के दंतेवाड़ा में मां दंतेश्वरी की आराधना और विशाल आम सभा के बाद भाजपा की परिवर्तन यात्रा के रथ को छत्तीसगढ़ प्रदेश भाजपा के प्रभारी ओम माथुर ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव के नेतृत्व में दंतेवाड़ा से आरंभ हुई परिवर्तन यात्रा में श्री साव ने अपने जोशीले भाषण में कांग्रेस सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि बस्तर को विकास की यात्रा में फिर से शामिल करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 5 साल से बस्तर का विकास ठप है। क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं का अकाल है। श्री साव ने आरोप लगाया कि बस्तर के लोगों को प्रधानमंत्री आवास से वंचित रखा गया है। नौजवानों को रोजगार नहीं मिल रहा। यदि बस्तर के लोग बिजली, पानी, स्वास्थ्य सुविधा, सडक़ चाहते हैं तो यह सिर्फ भाजपा दे सकती है। 15 साल तक भाजपा ने बस्तर को वह सब दिया है। जो कांग्रेस 50 साल में नहीं दे सकी। श्री साव ने लोगों से अपील की कि बस्तर की 12 की 12 सीट भाजपा की झोली में दें।भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा कि सीधी बात करने आया हूं। आपके आशीर्वाद से डॉ. रमन तीन बार मुख्यमंत्री रहा है। आपके साथ कंधे से कंधे मिलाकर विकास की कल्पना को साकार करने का काम किया है। बस्तर के कई मुद्दे थे। 2003 में मेरे मुख्यमंत्री बनने के पहले बस्तर की सबसे बड़ी समस्या थी नमक। नमक के बदले हमारे वनवासियों की कीमती वनोपजों को लूटा जाता था। नमक शोषण का औजार बन गया था। उससे मुक्ति दिलाने का काम भाजपा की सरकार ने किया। भारतीय जनता पार्टी ने नि:शुल्क नमक दिया। नमक बस्तर के स्वाभिमान से जुड़ा है। आदिवासियों को कोदो, कुटकी पेज, पसिया के सहारे जीवन यापन करना पड़ता था। भूख से मौत होती थी। ऐसे में भाजपा सरकार ने एक बड़ा निर्णय लिया। भाजपा की सरकार के मुखिया के नाते गरीबों को 1 रुपये किलो चावल दिया तो उससे बड़ी कोई बात हो सकती है क्या?डॉ. सिंह ने आगे कहा कि भाजपा सरकार की उपलब्धि का चिंतन आपको करना पड़ेगा। चमचमाती सडक़ का जाल बिछाने का काम भाजपा की सरकार ने किया। बस्तर में जितने भी पुल-पुलिया, स्कूल, अस्पताल बने हैं, यह सारे के सारे निर्माण कार्य भाजपा की सरकार ने किए हैं।वहीं छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने विशाल आम सभा को संबोधित करते हुए कहा कि मां दंतेश्वरी का आशीर्वाद लेकर आज परिवर्तन यात्रा का शुभारंभ हुआ है। यह यात्रा विजय के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है और यह संकल्प मां दंतेश्वरी के आशीर्वाद से पूर्ण होगा। श्री चंदेल ने कहा कि आने वाले समय में कमल खिलाना है और बस्तर के विकास को आगे बढ़ाना है। बस्तर की सभी 12 सीटें भारतीय जनता पार्टी को सौंप कर ऐसी सरकार बनाएं जो जनता की भावनाओं के अनुरूप बस्तर और प्रदेश का विकास कर सके।वहीं भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सांसद सरोज पांडेय ने आम सभा को संबोधित करते हुए कहा कि परिवर्तन यात्रा का मतलब है सत्ता का परिवर्तन। आज हम परिवर्तन यात्रा की शुरुआत कर रहे हैं। कांग्रेस पार्टी की सरकार की विफलता से जुड़े विभिन्न विषयों को लेकर भाजपा के नेता जनता के बीच जा रहे हैं।केंद्रीय राज्य मंत्री रेणुका सिंह ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ की सरकार ने भ्रष्टाचार के अलावा कुछ नहीं किया। आदिवासियों के शोषण और भ्रष्टाचार के अलावा सरकार का कोई काम सामने नहीं आया है। 5 साल से जनता का शोषण चल रहा है। अब हद हो चुकी है। इस सरकार से छुटकारा चाहिए। यह तभी संभव है जब आने वाले चुनाव में कमल खिलाएं और भाजपा की सरकार बनाएं।इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह, प्रदेश भाजपा सह प्रभारी नितिन नबीन, नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल, केंद्रीय राज्य मंत्री रेणुका सिंह, भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडे, लता उसेंडी, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदेव साय, विक्रम उसेंडी, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक, पूर्व सांसद दिनेश कश्यप, पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल, सांसद एवं बस्तर संभाग प्रभारी संतोष पांडेय, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल, कांकेर सांसद मोहन मंडावी, प्रदेश महामंत्री केदार कश्यप, प्रथम यात्रा के संयोजक एवं विधायक शिवरतन शर्मा, महेश गागड़ा, निरंजन सिन्हा, प्रदेश मंत्री ओजस्वी मंडावी जिलाध्यक्ष चैतराम अटामी, हुंगाराम मरकाम, सहित सभी वरिष्ठ नेता उपस्थित थे।
- - मुख्यमंत्री की घोषणा पर त्वरित अमलरायपुर /मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल द्वारा सीधी भर्ती के पदों पर तीन वर्ष की परिवीक्षा अवधि के दौरान प्रथम तीन वर्ष में क्रमशः वेतनमान के न्यूनतम 70, 80 और 90 प्रतिशत स्टायपेण्ड दिए जाने के प्रावधान को समाप्त करने की घोषणा के परिपालन में वित्त विभाग द्वारा आज आदेश जारी कर दिया गया है। वित्त निर्देश के उपरोक्त प्रावधान शासकीय विभाग, कार्यालयों के साथ सभी निगम, मंडल, आयोग, प्राधिकरण, विश्वविद्यालय, अनुदान प्राप्त स्वशासी संस्थाओं आदि में भी सीधी भर्ती के पद पर भर्ती पर लागू होगा। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री श्री बघेल ने 2 सितम्बर 2023 को नवा रायपुर में आयोजित राजीव युवा मितान सम्मेलन में सीधी भर्ती के पदों पर स्टायपेण्ड समाप्त करने की घोषणा की थी।राज्य शासन द्वारा सीधी भर्ती से नियुक्ति पर परिवीक्षा अवधि में स्टायपेण्ड के प्रावधान को समाप्त कर, उस पद के वेतनमान के न्यूनतम वेतन पर वेतन निर्धारित किये जाने का निर्णय लिया गया है, जिसके लिए निम्नानुसार प्रावधान किये गए हैं-सीधी भर्ती पर परिवीक्षावधि में उस पद के वेतनमान के न्यूनतम वेतन दिये जाने का प्रावधान वित्त विभाग की पूर्व अधिसूचना 28 जुलाई 2020 से भूतलक्षी प्रभाव से लागू होंगे। 28 जुलाई 2020 से इस आदेश के जारी होने के मध्य नियुक्त शासकीय सेवकों का वेतन निर्धारण नियुक्ति दिनांक से काल्पनिक (Notional) आधार पर किया जाकर वास्तविक आर्थिक लाभ इस आदेश दिनांक से प्राप्त होगा। इस प्रकार काल्पनिक (Notional) आधार पर किये गये वेतन निर्धारण के फलस्वरूप किसी प्रकार के एरियर्स की राशि देय नहीं होगी।इसी प्रकार विधिवत् विभागीय अनुमति प्राप्त कर, अन्य सेवा में आने वाले शासकीय सेवकों को जिनके द्वारा पूर्व पद से तकनीकी त्याग पत्र दिया गया है, को वेतन संरक्षण का लाभ मूलभूत नियमों के प्रावधानों के अनुरूप पूर्ववत् प्राप्त होगा। ऐसे प्रकरणों में सक्षम प्राधिकारी द्वारा नियुक्ति दिनांक से वेतन संरक्षण का लाभ दिया जा सकेगा किन्तु दिनांक 28 जुलाई 2020 से इस आदेश के जारी होने के मध्य नियुक्त शासकीय सेवकों के प्रकरणों में वेतन संरक्षण का निर्धारण काल्पनिक (Notional) आधार पर किया जाकर वास्तविक आर्थिक लाभ इस आदेश दिनांक से प्राप्त होगा। इस प्रकार काल्पनिक (Notional) आधार पर वेतन संरक्षण हेतु किये गये वेतन निर्धारण के फलस्वरूप किसी प्रकार के एरियर्स की राशि देय नहीं होगी।स्पष्ट किया जाता है कि, सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा सीधी भर्ती के प्रकरणों में 03 वर्ष की परिवीक्षा अवधि के प्रावधान यथावत् लागू है। इस आदेश के प्रावधान शासकीय विभाग, कार्यालयों के साथ सभी निगम, मंडल, आयोग, प्राधिकरण, विश्वविद्यालय, अनुदान प्राप्त स्वशासी संस्थाओं आदि में भी सीधी भर्ती पद पर भर्ती पर लागू होंगे।
- -वर्ष 2020-21 के लिए 21 एवं 22 सितम्बर तथा वर्ष 2021-22 के लिए 25 एवं 26 सितम्बर को दावा के लिए खुलेगा पोर्टलरायपुर / निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) अन्तर्गत जिन विद्यालयों के द्वारा विगत वर्ष 2020-21 एवं वर्ष 2021-22 दोनो वर्षों का दावा नही किया गया है उनके लिये विभाग द्वारा आरटीई पोर्टल खोलने का निर्णय लिया गया है। वर्ष 2020-21 के लंबित भुगतान दावा के लिए 21 एवं 22 सितम्बर 2023 को तथा वर्ष 2021-22 के लंबित भुगतान दावा के लिए 25 एवं 26 सितम्बर 2023 तक पोर्टल को खोला जाएगा। लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा इस संबंध में समस्त निजी विद्यालयों को सूचित किया गया है, ताकि वे निर्धारित तिथियों में दावा करें। संबंधित निजी विद्यालयों के दावा राशि के सत्यापन उपरांत पात्र विद्यालयों के खाते में राशि अन्तरित करने की कार्यवाही की जाएगी।उल्लेखनीय है कि निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम अन्तर्गत शुल्क प्रतिपूर्ति के संबंध में छत्तीसगढ़ प्राईवेट स्कूल एसोसियेशन के द्वारा स्कूल शिक्षा मंत्री श्री रविन्द्र चौबे को ज्ञापन सौंपा गया है, जिसमें कंडिका-5 में उल्लेख किया गया है कि, शुल्क प्रतिपूर्ति की लगभग 250 करोड़ रूपए की राशि लंबित है, जिसका भुगतान किया जाए।प्रकरण के संबंध में वस्तुस्थिति यह है कि जिन निजी विद्यालयों का भुगतान लंबित है उनके स्वयं के द्वारा निर्धारित समय पर दावा नहीं किया गया है, या उनके द्वारा नोडल अधिकारी से सत्यापन करा कर आवश्यक दस्तावेज समय पर जिला कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है। यथा वर्ष 2020-21 में सेन्ट्रल हेड (कक्षा 1 से 8वीं) में 162 निजी विद्यालय एवं स्टेट हेड (कक्षा 9वीं से 12वीं) में 147 निजी विद्यालयों के द्वारा समय पर दावा नहीं किया गया है, जिनका भुगतान लंबित है। इसी प्रकार वर्ष 2021-22 में सेन्ट्रल हेड (कक्षा 1 से 8वीं) में 62 निजी विद्यालय एवं स्टेट हेड (कक्षा 9वीं से 12वीं) में 103 निजी विद्यालयों के द्वारा समय पर दावा नहीं किया गया है। परिणामस्वरूप उन विद्यालयों का भुगतान नहीं हुआ है। इस कार्य हेतु विभाग द्वारा बार-बार तिथि निर्धारित किए जाने के उपरांत भी शुल्क प्रतिपूर्ति राशि की मांग नहीं की जाती है। परिणामस्वरूप आगामी वर्ष का देयक जनरेट नहीं हो पाता है एवं भुगतान लंबित होता है। जिन निजी विद्यालयों के द्वारा निर्धारित समय में दावा किया गया है उन विद्यालयों के खाते में राशि अन्तरण किया जा चुका है।निर्धारित तिथि उपरांत किसी भी जिले के द्वारा या निजी विद्यालय के द्वारा शिक्षण शुल्क की प्रतिपूर्ति राशि की मांग की जाती है तो उसे विभाग द्वारा मान्य नहीं किया जावेगा।
- -टीम द्वारा जशपुर वनमंडल के भू-जल उपचार के कार्यों का अवलोकनरायपुर /राज्य सरकार की नवाचारी पहल ‘नरवा विकास’ के तहत छत्तीसगढ़ में भू-जल उपचार संबंधी हो रहे कार्यों की सराहना झारखण्ड राज्य के अधिकारियों की टीम द्वारा अवलोकन करते हुए की गई है। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप वन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर के मार्गदर्शन में वनांचल में भू-जल उपचार के लिए कैम्पा के तहत काफी तादाद में नरवा विकास के कार्य कराए जा रहे हैं। इस तारतम्य में प्रधान मुख्य वन संरक्षक श्री व्ही. श्रीनिवास राव ने बताया कि झारखण्ड की मनरेगा टीम द्वारा विगत दिवस छत्तीसगढ़ में प्रवास के दौरान जशपुर वन परिक्षेत्र के लोदाम बीट अंतर्गत 01 करोड़ 35 लाख रूपए की लागत से निर्मित नरवा जामझरिया नाला में क्षेत्र उपचार एवं मिट्टी बांध का निरीक्षण किया गया। मिट्टी बांध निर्माण के सभी तकनीकी पहलुओं से वनमण्डलाधिकारी जशपुर श्री जितेन्द्र उपाध्याय द्वारा झारखण्ड की टीम को अवगत कराया गया। जिससे विशालकाय मिट्टी बांध का निर्माण किया गया है, अवलोकन के दौरान झारखण्ड से आये टीम द्वारा मिट्टी बांध की विशालता, आकार एवं जल भराव को देख कर काफी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कार्य की प्रशंसा की गई। मिट्टी बांध में लगभग 3 मीटर गहरी एवं 800 मीटर लम्बाई में पानी का भराव है।निरीक्षण टीम द्वारा स्थानीय कृषकों से भी वार्तालाप किया गया। स्थानीय कृषकों ने बताया कि बांध निर्माण से आस-पास के 4 ग्रामों के लगभग 100 कृषकों को 4 से 5 माह के लिए रोजगार उपलब्ध हुआ एवं ग्रामीणों को लगभग 20 एकड़ खेती हेतु द्विफसलीय खेती हेतु जल की उपलब्धता हुई है, जिससे ग्रामीण अत्यंत खुश हैं। साथ ही उनके वनों की सुरक्षा में भी उत्साह वर्धन हुआ है एवं सहभागीता बढ़ रही है। वन प्रबंधन समिति द्वारा माह जुलाई में बांध में मछली बीज छोड़ा गया है, जिससे आय के अन्य स्त्रोत के रूप में उसका उपयोग किया जा सके। जामझरिया नाला का कुल कैचमेंट एरिया 760 हेक्टयर है।जामझरिया नाला निरीक्षण के पश्चात् निरीक्षण दल द्वारा मनरेगा योजना अंतर्गत हुए सड़क किनारे वृक्षारोपण कार्य का निरीक्षण किया गया। पौधों की सुरक्षा एवं बांस के ट्री गार्ड को देख कर प्रसन्नता व्यक्त की गई। मनरेगा योजना अंतर्गत जशपुर परिक्षेत्र के बालाछापर नर्सरी में तैयार किये गये छायादार फल एवं फुलदार, औषधीय पौधों का अवलोकन किया गया तथा पौधों की गुणवत्ता एवं रख-रखाव को देख कर निरीक्षण दल द्वारा सराहना की गई।उल्लेखनीय है कि झारखण्ड राज्य के वरिष्ठ अधिकारीयों द्वारा जशपुर का दौरा विगत दिवस 11.09.2023 को किया गया। इनमें झारखण्ड राज्य सरकार से आये सचिव ग्रामीण विकास विभाग श्री चंद्रशेखर, मुख्य वन संरक्षक रिर्सच वन एवं पर्यावरण जलवायु परिवर्तन विभाग श्री सिदार्थ त्रिपाठी, आयुक्त मनरेगा श्रीमती राजेश्वरी बी, स्टेट प्रोग्राम ऑफिसर मनरेगा श्री राजीव रंजन, स्टेट प्रोग्राम ऑफिसर मनरेगा श्री निहार रंजन, सहायक इंजीनियर मनरेगा श्री प्रेम शेखर गुप्ता की टीम छत्तीसगढ़ राज्य के जशपुर वनमण्डल अंतर्गत मनरेगा एवं नरवा योजना अंतर्गत हुए कार्यों के अवलोकन हेतु आये थे। राज्य में प्रवेश करते ही उनका स्वागत कलेक्टर जशपुर श्री रवि मित्तल, वनमण्डलाधिकरी जशपुर श्री जितेन्द्र कुमार उपाध्याय, मुख्य कार्यापालन अधिकरी जिला पंचायत जशपुर श्री सम्बित मिश्रा द्वारा किया गया।
- रायपुर / जनसंपर्क विभाग द्वारा आज 5 अधिकारियों के उप संचालक से संयुक्त संचालक के पद पर और 14 अधिकारियों के सहायक संचालक से उप संचालक के पद पर पदोन्नति के आदेश जारी किए गए हैं। 5 उप संचालक जिन्हें संयुक्त संचालक के पद पर पदोन्नत किया गया है, उनमें श्री जितेन्द्र नागेश जिला जनसंपर्क कार्यालय रायपुर, सुश्री इस्मत जहां दानी प्रतिनियुक्ति पर राज्य निर्वाचन आयोग रायपुर, श्रीमती अंजू नायक मंत्रालय प्रेस प्रकोष्ठ नवा रायपुर अटलनगर रायपुर, श्री जयंत देवांगन विशेष कर्त्तव्यस्थ अधिकारी उद्योग मंत्री और श्री सुरेन्द्र कुमार ठाकुर जिला जनसंपर्क कार्यालय कांकेर शामिल हैं। श्री ठाकुर की नवीन पदस्थापना जनसंपर्क संचालनालय रायपुर की गई है।सहायक संचालक से उप संचालक के पद पर पदोन्नत अधिकारियों में श्री सुरेन्द्र शुक्ला जिला जनसंपर्क कार्यालय राजनांदगांव नवीन पदस्थापना यथावत, श्री सौरभ शर्मा, श्री नसीम अहमद खान, श्री मनराखन मरकाम, श्री संतकुमार चन्द्राकर, श्री प्रेमलाल पटेल, श्री लक्ष्मीकांत कोसरिया और श्री मुन्नालाल चौधरी जनसंपर्क संचालनालय रायपुर शामिल हैं, पदोन्नति के बाद इन सभी अधिकारियों की नवीन पदस्थापना जनसंपर्क संचालनालय रायपुर में यथावत है। इसी प्रकार श्री चन्द्रशेखर कश्यप जिला जनसंपर्क कार्यालय बस्तर (जगदलपुर), श्री रंजीत पुजारी जिला जनसंपर्क कार्यालय दंतेवाड़ा, श्री दर्शन सिंह सिदार जिला जनसंपर्क कार्यालय बलौदाबाजार-भाटापारा इन अधिकारियों की नवीन पदस्थापना यथावत है। श्री राजेश श्रीवास उप महाप्रबंधक छत्तीसगढ़ संवाद नवा रायपुर नवीन पदस्थापना यथावत, श्री नितिन शर्मा, प्रतिनियुक्ति पर प्रबंधक छत्तीसगढ़ संवाद अतिरिक्त प्रभार जनसंपर्क संचालनालय, नवीन पदस्थापना उप महाप्रबंधक छत्तीसगढ़ संवाद नवा रायपुर, अतिरिक्त प्रभार जनसंपर्क संचालनालय, सुश्री श्रुति ठाकुर जनसंपर्क संचालनालय रायपुर शामिल हैं। सुश्री ठाकुर की नवीन पदस्थापना जिला जनसंपर्क कार्यालय रायपुर की गई है।
- रायपुर /जनसंपर्क विभाग द्वारा आज 5 अधिकारियों के स्थानांतरण आदेश जारी किए गए हैं। स्थानांतरण के बाद श्री सुजीत कुमार सिंह सहायक संचालक जनसंपर्क संचालनालय रायपुर को जिला जनसंपर्क कार्यालय मुंगेली, श्री सुनील कुमार सहायक संचालक जिला जनसंपर्क कार्यालय खैरागढ़-छुईखदान-गंडई को संबद्धता समाप्त कर जनसंपर्क संचालनालय रायपुर, श्री ताराशंकर सिन्हा सहायक संचालक जिला जनसंपर्क कार्यालय सारंगढ़-बिलाईगढ़ को जिला जनसंपर्क कार्यालय कांकेर, श्री राजेश कुमार नेताम सहायक सूचना अधिकारी जिला जनसंपर्क कार्यालय बालोद को जिला जनसंपर्क कार्यालय खैरागढ़-छुईखदान-गंडई और श्री देवेन्द्र कुमार सोरी सहायक सूचना अधिकारी जिला जनसंपर्क कार्यालय बिलासपुर को जिला जनसंपर्क कार्यालय कांकेर पदस्थ किया गया है।
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मीडिया में विज्ञापनों के प्रमाणन एवं अनुवीक्षण हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त
महासमुंद। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री प्रभात मलिक ने निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विधानसभा निर्वाचन 2023 हेतु जिला स्तरीय मीडिया अनुप्रमाणन एवं अनुवीक्षण समिति का गठन किया है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री प्रभात मलिक समिति के अध्यक्ष होंगे। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री एस. आलोक को जिला स्तरीय मीडिया अनुप्रमाणन एवं अनुवीक्षण समिति का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
सदस्य के रूप में एसडीएम एवं रिटर्निंग ऑफिसर सरायपाली श्री हेमंत रमेश नंदनवार, अपर कलेक्टर एवं रिटर्निंग ऑफिसर बसना श्री दुर्गेश वर्मा, एसडीएम बागबाहरा एवं रिटर्निंग ऑफिसर खल्लारी श्रीमती सृष्टि चंद्राकर, एसडीएम एवं रिटर्निंग ऑफिसर महासमुंद श्री उमेश साहू तथा तहसीलदार एवं सहायक रिटर्निंग ऑफिसर महासमुंद श्री चंद्रशेखर मंडई, स्वतंत्र नागरिक श्री सुरेश शुक्ला व जिला जनसम्पर्क अधिकारी श्रीमती कीर्ति पाराशर को नियुक्त किया गया है। -
नरवा मिशन ने भिखारी नाला को दिया पुनर्जीवन
लगभग 10 हेक्टेयर क्षेत्र में हो रही है सिंचाई
महासमुंद। नरवा शब्द से आशय यह है कि छत्तीसगढ़ में नालों को नरवा कहा जाता है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के मंशानुरूप समस्त नरवा का उपचार हेतु नरवा मिशन प्रारंभ किया गया है। इस योजना के तहत राज्य के नालों पर चेकडेम बना कर पानी रोकना तथा उस पानी को खेतों की सिंचाई के लिये उपलब्ध कराना है। इसके अलावा नालों के जरिये बरसात का जो पानी बह जाता है, उसे रोक कर भूगर्भीय जल को रिचार्ज करना है।
महासमुंद जिले में स्थित भिखारी नरवा को उपचार की आवश्यकता थी। इस योजना के तहत नदी-नालों के पुनर्जीवन से किसानों को सिंचाई के लिए जहां भरपूर पानी मिलेगा वहीं किसान दोहरी फसल भी ले सकेंगे। नरवा कार्यक्रम के तहत् वैज्ञानिक पद्धति से उपचार और वर्षा जल के संचयन करने अनेक स्थानों पर स्टॉप डैम, कंटूरबण्ड आदि संरचनाएं बनाए गए। वर्षा जल के संचयन और नदी नालों के उपचार से आसपास के क्षेत्र की मिट्टी में नमी बढ़ी साथ ही फसलों की सिंचाई के लिए जल उपलब्ध हुआ। वनमंडलाधिकारी श्री पंकज राजपूत ने जानकारी दी कि वर्षा जल के संचयन से भूजल स्तर में भी वृद्धि होगी। नदी नालों के पुनर्जीवन की योजना के पूर्ण होने से न केवल इसके दूरगामी जनहितकारी परिणाम निकलेंगे, बल्कि जल संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में यह योजना मील का पत्थर साबित होगा। जिले के कई क्षेत्र में छोटे-छोटे नदी नाले है जिनके जल संसाधन का उपयोग नहीं हो सका है पहले ऐसे नदी नालों में वर्ष के छह से आठ महीने भरपूर पानी रहता था, परंतु वर्तमान में अनवरत भूगर्भीय, जल दोहन से इनके जल भराव की क्षमता घट गई है। फलस्वरूप ये नदी-नाले सूखे मौसम के आने से पहले ही सूख जाते हैं।
भिखारी नरवा उपचार अंतर्गत किये गये कार्य
नरवा विकास योजना के अंतर्गत महासमुंद वन मंडल के वन परिक्षेत्र महासमुंद अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2020-21 में महासमुन्द परिक्षेत्र के सिरपुर परिवृत्त अंतर्गत कक्ष क्रमांक 06, 26, (800, 804, 809 वीवीएन) भिखारी नाला को उपचारित किया गया है। भिखारी नाला की कुल लम्बाई 6.40 कि.मी एवं जल संग्रहण क्षेत्र का रकबा 790.000 हेक्टेयर वन क्षेत्रफल का भू-जल संरक्षण एवं मृदा क्षरण उपचार किया गया है। उपचार के लिए लूज बोल्डर चेकडैम, ब्रशवुड चेकडेम, स्टाप डेम, फॉर्म पोंड, कंटूर बण्ड, कंटूर ट्रेंच एवं 30-40 मॉडल आदि कुल 698 संरचनाओं का निर्माण किया जा चुका है।
भिखारी नाला उपचार से रोजगार और सिंचाई के साधन बढ़े
भिखारी नाला के उपचार कार्य में ग्राम पंचायत लहंगर के ग्रामवासियों को 14181 दिवस (सृजित मावन दिवस) के आधार पर 95 ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध हुआ। उक्त निर्मित संरचना से ग्राम में लगभग 3.500 हेक्टेयर क्षेत्र की सिंचाई हो रही है। जिससे लगभग 13 से 15 किसान लाभान्वित हो रहे हैं। साथ ही कोडार नाला के जल स्त्रोतों को पुनर्जीवन प्रदान किया गया। आज नरवा विकास योजना ने कोडार नाला के जल स्त्रोतों के उपचारित करने से भूमिगत जल स्तर में सुधार एवं मृदा क्षरण रोकने में महती भूमिका निभा रही है। भू-जल स्तर, सिंचाई के रकबे की वृद्धि के साथ जैव-विविधता की स्थिति बेहतर हो रही है। वन्य प्राणियों के वन क्षेत्र के बाहर आबादी क्षेत्रों में विचरण में कमी हुई है जिसके कारण वन्य प्राणी मानव द्वंद की घटनाओं में कमी आई है। उक्त उपचार से वन क्षेत्र में पर्याप्त मात्रा में जल उपलब्ध होने से वन्य प्राणियों के लिए अत्यधिक लाभदायक सिद्ध हुआ है, साथ ही साथ योजना से सिंचाई क्षेत्र में वृद्धि होने से अब किसान भी रबी फसल एवं अन्य फसल लेने के लिए प्रोत्साहित हो रहे हैं। -
प्रदेश में सर्वाधिक वर्षा बीजापुर जिले में और कम वर्षा सरगुजा जिले में
रायपुर। राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा बनाए गए राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष द्वारा संकलित जानकारी के मुताबिक एक जून 2023 से अब तक राज्य में 819.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। राज्य के विभिन्न जिलों में 01 जून 2023 से आज 12 सितंबर सवेरे तक रिकार्ड की गई वर्षा के अनुसार बीजापुर जिले में सर्वाधिक 1453.9 मिमी और सरगुजा जिले में सबसे कम 381.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी है। राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक जून से अब तक सूरजपुर जिले में 698.8 मिमी, बलरामपुर में 788.0 मिमी, जशपुर में 693.6 मिमी, कोरिया में 785.9 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 810.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी।
इसी प्रकार, रायपुर जिले में 912.8 मिमी, बलौदाबाजार में 825.4 मिमी, गरियाबंद में 735.9 मिमी, महासमुंद में 853.8 मिमी, धमतरी में 788.5 मिमी, बिलासपुर में 862.5 मिमी, मुंगेली में 1009.1 मिमी, रायगढ़ में 969.4 मिमी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 743.9 मिमी, जांजगीर-चांपा में 725.3 मिमी, सक्ती में 730.8 मिमी, कोरबा में 833.0 मिमी, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 885.3 मिमी, दुर्ग में 696.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। कबीरधाम जिले में 664.8 मिमी, राजनांदगांव में 623.8 मिमी, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी में 1062.8 मिमी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 869.6 मिमी, बालोद में 854.6 मिमी, बेमेतरा में 654.0 मिमी, बस्तर में 920.9 मिमी, कोण्डागांव में 922.2 मिमी, कांकेर में 828.2 मिमी, नारायणपुर में 815.4 मिमी, दंतेवाड़ा में 942.0 मिमी और सुकमा में 1251.1 मिमी औसत वर्षा एक जून से अब तक रिकार्ड की गई। -
रायपुर। पौष्टिक आहार और विशेष देखभाल से कुपोषण से मुक्ति पाई जा सकती है। प्रदेश में पिछले चार सालों में दो लाख 65 हजार बच्चे कुपोषण मुक्त हुए हैं। इसी कड़ी में जशपुर के बलुवाबहार गांव की श्रीमती ललिता बाई के गंभीर कुपोषित जुड़वा बच्चों को कुपोषण के चक्र से बाहर लाने में सफलता मिली है।
फरसाबहार विकाखण्ड के बलुवाबहार में गृह भेंट के लिए गई आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और पर्यवेक्षक को गंभीर कुपोषित जुड़वा बच्चों के बारे में जानकारी हुई। उन्होंने बताया कि श्रीमती ललिता बाई ने 20 दिसम्बर 2021 को जुड़वा बच्चों को जन्म दिया। जुड़वा बच्चों में एक बालक एवं एक बालिका है। जन्म के समय बालिका अमृता का वजन 1.20 किलोग्राम और बालक आयुष का वजन एक किलोग्राम था। दोनों बच्चे जन्म से ही गंभीर कुपोषित थे। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की विशेष निगरानी में श्रीमती ललिता द्वारा दोनों बच्चों को शुरू से कंगारू मदर केयर के माध्यम से दूध पिलाने, अधिक से अधिक गर्म रखने, छः माह पूर्ण होने के बाद ऊपरी आहार देने जैसे निर्देशों का पूरा-पूरा पालन किया गया। इससे बालिका के वजन में वृद्धि हुई है और अब वह सामान्य ग्रेड पर आ रही है। बालक मध्यम ग्रेड पर है। बीच-बीच में बाल संदर्भ सेवा के लिए कार्यकर्ता द्वारा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाकर मां और बच्चों का स्वास्थ्य जांच करवाया गया। बच्चों के शारीरिक विकास के लिए डॉक्टर की सलाह पर उन्हें प्रोटीन पाउडर भी दिया गया, जिसका उन्हें लाभ मिला। दोनों बच्चों को पूरी तरह ठीक होने में दो वर्ष लग गए। दोनों बच्चे स्वस्थ हैं और आंगनबाड़ी केन्द्र स्कूलपरा में जाने लगे हैं।
गौरतलब है कि महिला एवं बाल विकास विभाग के द्वारा सभी विकासखण्डों में बाल संदर्भ शिविर लगाया जाकर कुपोषित बच्चों की पहचान और इलाज किया जा रहा हैै। आंगनबाड़ी केंद्रों में मुख्यमंत्री सुपोषण अभियान के तहत पोषक आहार और रेडी-टू-ईट गर्भवती माताओं और बच्चों को दिया जा रहा है। कार्यकर्ता, सहायिकाओं के द्वारा गृह भेंट करके कुपोषित बच्चों के वजन वृद्धि में निगरानी रखी जा रही है। महिलाओं को पौष्टिक भोजन, पोषण आहार और अपने बाड़ी में हरी साग-सब्जियां लगाने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। -
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के जल संसाधन विभाग मंत्रालय द्वारा राजनांदगांव जिले के विकासखण्ड-छुईखदान की डुमरिया जलाशय के नहरों का जीर्णोद्धार एवं लाईनिंग कार्य के लिए एक करोड़ 28 लाख 47 हजार रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति मुख्य अभियंता महानदी गोदावरी कछार जल संसाधन विभाग रायपुर को प्रदान की गई है। योजना का कार्य पूर्ण होने पर क्षेत्र के किसानों को 98 हेक्टेयर क्षेत्र में और सिंचाई सुविधा मिल सकेगी।
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रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के जल संसाधन विभाग मंत्रालय द्वारा बेमेतरा जिले के विकासखण्ड-साजा की सुरही नदी पर बचेड़ी तटबंध कार्य के लिए दो करोड़ 37 लाख 46 रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति मुख्य अभियंता महानदी गोदावरी कछार, जल संसाधन विभाग रायपुर को प्रदान की गई है।
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रायपुर। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की पहल से शहरी क्षेत्र के स्लम बस्तियों में रहने वाले गरीब परिवारों को निःशुल्क उपचार की व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के माध्यम से अब तक 57 लाख 319 लोगों का इलाज मोबाइल मेडिकल यूनिट के चिकित्सा दल द्वारा स्लम बस्तियों में लोगों के घरों के पास ही पहुंचकर किया गया है। योजना के तहत अब पूरे राज्य के नगरीय क्षेत्रों के स्लम बस्तियों में चिकित्सक, पैरामेडिकल टीम, मेडिकल उपकरण एवं दवाओं से लैस मोबाइल मेडिकल यूनिट पहुंचकर लोगों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध करा रही है। इस योजना के माध्यम से अब तक 15 लाख 32 हजार 886 मरीजों की पैथालॉजी टेस्ट की जा चुकी है। साथ ही 49 लाख 24 हजार 193 से अधिक मरीजों को निःशुल्क दवाएं भी दी गई हैं।
छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के तहत अब तक राज्य के 169 नगरीय निकायों की स्लम बस्तियों में 74 हजार 693 कैम्प लगाकर लोगों की निःशुल्क जांच व उपचार कर दवाईयां दी गई हैं। नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि नगरीय क्षेत्रों की तंग बस्तियों के एवं अन्य जरूरत मंद लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें निशुल्क दवायें उपलब्ध कराया जाए।
गौरतलब है कि राज्य के 14 नगर निगम क्षेत्रों की स्लम बस्तियों में रहने वाले लोगों को स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के प्रथम चरण की शुरूआत 01 नवम्बर 2020 को की थी। इसके तहत 60 मोबाइल मेडिकल यूनिट द्वारा स्लम बस्तियों में जाकर लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार एवं दवा वितरण की शुरूआत की गई थी। 31 मार्च 2022 को इसका विस्तार पूरे राज्य के नगरीय निकाय क्षेत्रों में किया गया तथा 60 और नई मोबाइल मेडिकल यूनिट शुरू की गई। मुख्यमंत्री द्वारा एक जुलाई 2023 को 5 मोबाइल मेडिकल यूनिट स्लम बस्तियों में लोगों के ईलाज के लिए शुरू की है। शहरों में स्लम बस्तियों सहित अन्य जरूरतमंद लोगों को इलाज के लिए और मोबाइल मेडिकल यूनिट शुरू की जाएगी। -
संस्कृत शिक्षकों का पांच दिवसीय प्रशिक्षण शुरू
रायपुर। प्रदेश स्तरीय संस्कृत विद्यालयों के शिक्षकों का पांच प्रशिक्षण शिविर शुरू हुआ। शिविर का उद्घाटन छत्तीसगढ़ योग आयोग के अध्यक्ष ज्ञानेश शर्मा के मुख्यआतिथ्य में हुआ। इस अवसर पर श्री शर्मा ने कहा कि संस्कृत भाषा के ज्ञान से व्यक्तित्व में निखार आता है। यह हमारी प्राचीनतम भाषा है। योग का प्रादुर्भाव भी संस्कृत से ही हुआ है। दोनों एक दूसरे के पूरक हैं। हमारे ऋषि-मुनियों ने योग के माध्यम से चिरायु एवं शतायु जीवन को प्राप्त किया। प्रदेश में छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्यामण्डलम् के माध्यम से संस्कृत शिक्षा का विस्तार और सुदृढ़ीकरण हुआ है। कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में डाॅ. सुरेश कुमार शर्मा, अध्यक्ष छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्यामण्डलम्, डॉ. तोयनिधि वैष्णव सदस्य छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्यामण्डलम् , श्रीमती अलका दानी सचिव छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्यामण्डलम् ने भी उद्बोधन दिया। प्रशिक्षण संयोजिका डॉ. गरिमा ताम्रकार ने बताया कि पांच दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में संस्कृत साहित्य, व्याकरण, वेद एवं धर्मशास्त्रम्, पुराणेतिहास एवं दर्शन ज्योतिष सहित पौरोहित्यम्, ज्योतिष शास्त्रम्, प्रवचनम्, योग दर्शनम् तथा आयुर्वेद जैसे व्यावसायिक विषयों पर भी विषय विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण दिया जायेगा। उद्घाटन सत्र का संचालन श्री लक्ष्मण प्रसाद साहू सहायक संचालक द्वारा किया गया। - -‘कमर्शियल हब’, एरोसिटी और ‘शहीद स्मारक’ एवं ‘अमर जवान ज्योति स्मारक’ की रखेंगे आधारशिला-1083 एकड़ में चरणबद्ध रूप से विकसित होगा ‘कमर्शियल हब’-‘एरोसिटी’: 216.63 एकड़ में चरणबद्ध रूप से होगी विकसित-13 एकड़ में स्थापित होगा ‘छत्तीसगढ़ अमर जवान ज्योति स्मारक’ एवं ‘शहीद स्मारक’ की स्थापना-परियोजनाएं वाणिज्यिक गतिविधियों, बसाहट और निवेश को प्रोत्साहित करने में होंगी मददगाररायपुर /मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 12 सितम्बर दोपहर 2 बजे नवा रायपुर अटलनगर के सेक्टर-35 में आयोजित समारोह में तीन महत्वपूर्ण परियोजनाओं ‘कमर्शियल हब’, एरोसिटी और ‘शहीद स्मारक’ एवं ‘अमर जवान ज्योति स्मारक’ का शिलान्यास करेंगे। नवा रायपुर में निवेश, बसाहट और वाणिज्यिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सेक्टर-23, 24, 34, 35 और 40 में 1083 एकड़ में ‘कमर्शियल हब’ विकसित किया जाएगा। इसी तरह नवा रायपुर के लेयर-3 में यात्री सुविधाओं को बढ़ावा देने, एयरपोर्ट क्षेत्र के वाणिज्यिक विकास तथा रोजगार सृजन हेतु स्वामी विवेकानंद विमानतल के निकट ग्राम बरोदा एवं रमचण्डी के चिन्हांकित 216.63 एकड़ में ‘एरोसिटी’ विकसित की जाएगी। ‘शहीद स्मारक’ एवं ‘अमर जवान ज्योति स्मारक’ की स्थापना नवा रायपुर के ग्राम परसदा (सेक्टर-3) में व्हीआईपी बटालियन में 13 एकड़ में की जाएगी।आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री मोहम्मद अकबर कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री रविन्द्र चौबे, नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, सांसद श्री सुनील सोनी, संसदीय सचिव श्री चन्द्रदेव प्रसाद राय और श्री शिशुपाल सोरी और विधायक श्री धनेन्द्र साहू विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे।कमर्शियल हब : प्रथम चरण में 1000 थोक व्यावसायिक दुकानों का होगा निर्माणकमर्शियल हब के प्रथम चरण में 20 व्यवसायों के लगभग 1,000 थोक व्यावसायिक दुकानों के विकास हेतु भू-खण्डो का प्रावधान किया गया है जिसमें थोक किराना, अगरबत्ती, होलसेल बारदाना, दाल मिल, पेपर ट्रेड आदि हेतु पृथक-पृथक प्रावधान किया गया है। कमर्शियल हब के विकास हेतु राज्य शासन द्वारा वित्तीय वर्ष 2023-24 में 5 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। ‘कमर्शियल हब’ के सिटी लेवल अधोसंरचना तथा प्रथम चरण के 125 एकड़ में अधोसंरचना का विकास 195.51 करोड़ रूपए की राशि से किया जाएगा।इस परियोजना के लिये चिन्हांकित भूमि राष्ट्रीय राज मार्ग नं. 30 एवं भारत माला परियोजना के अलॉइमेंट के निकट स्थित है तथा उक्त भूमि को रेलवे कनेक्टिविटी भी प्राप्त है। चिन्हांकित भू-खण्ड स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट से लगभग 12 किमी. पर स्थित है। चिन्हांकित भूमि ग्राम निमोरा, उपरवारा, परसट्ठी, बेन्द्री, केन्द्री, झांकी एवं मुड़पार में स्थित है। उक्त भू-खण्ड का भू-उपयोग सार्वजनिक तथा अर्ध- सार्वजनिक से मिश्रित भू-उपयोग में किया गया है।गौरतलब है कि लगभग 7743 विभिन्न थोक व्यावसायिक संघों से परामर्श तथा सर्वे करने के पश्चात् बाजार की मांग का आंकलन किया गया है, जिसके आधार पर मांग मूल्यांकन एवं product-mix निकाले गये चिन्हांकित भू-खण्ड में भूमि की उपलब्धता तथा व्यावसायिक गतिविधि की प्राथमिकता के आधार पर कुल 1,083 एकड़ पर व्यावसायिक क्लस्टर अनुसार जोनिंग प्लान तैयार किया गया है, जिसका विकास चरणबद्ध रूप से किया जाना प्रस्तावित है।नवा रायपुर अटल नगर में निवेश, बसाहट तथा वाणिज्यिक गतिविधयों को बढ़ावा दिये जाने हेतु सेक्टर-23, 24, 34, 35 तथा 40 के 438.47 हेक्टेयर (1.083 एकड़) क्षेत्रफल पर थोक व्यवसायिक बाजार प्रस्तावित किया गया है। यह थोक व्यावसायिक बाजार न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि आस-पास के अन्य राज्यों के सीमावर्ती क्षेत्रों के लिए भी लाभदायक होगा। इस परियोजना में थोक व्यवसाय से जुड़ी सभी सुविधाएं एवं भौतिक अधोसंरचना उच्च मानकों के अनुसार प्रदान की जाएगी। इस परियोजना के क्रियांवयन से आस-पास के क्षेत्र में रोजगार के सृजन होने की संभावनाएं हैं।एरोसिटी : वाणिज्यिक संस्थान, शॉपिंग कॉम्पलेक्स, होटल का प्रावधाननया रायपुर अटल नगर के लेयर-3 में यात्री सुविधाओं को बढावा देने, एयरपोर्ट क्षेत्र के वाणिज्यिक विकास तथा रोजगार सृजन हेतु स्वामी विवेकानंद विमानतल के निकट एरोसिटी विकसित की जाएगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर 26 जनवरी 2023 को एरोसिटी स्थापना की घोषणा की थी।एरोसिटी के लिए नवा रायपुर के ग्राम बरोदा और रमचण्डी में लगभग 216.63 एकड़ भूमि चिन्हांकन की गई है। चिन्हांकित भू-खण्ड में निजी स्वामित्व की भूमि शामिल होने के कारण एरोसिटी परियोजना का विकास नगर विकास योजना की तर्ज पर किये जाने का निर्णय लिया गया है। बाजार मूल्यांकन एवं प्राधिकरण का वित्तीय हित देखते हुए प्रथम चरण में लगभग 24.85 एकड़, क्षेत्रफल की भूमि को विकसित किये जाने का निर्णय लिया गया। शासकीय स्वामित्व की 15.45 एकड भूमि पर तैयार किये गये अभिन्यास में 0.62 एकड़ से 3.01 एकड़ तक के 04 वाणिज्यिक भू-खण्ड, 0.82 एकड़ के 01 शॉपिंग कॉम्पलेक्स एवं 1.44 एकड़ भूमि 01 होटल हेतु प्रस्तावित है। एरोसिटी के विकास हेतु राज्य शासन द्वारा वित्तीय वर्ष 2023-24 में 2 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।शहीद स्मारक एवं छत्तीसगढ़ अमर जवान ज्योति स्मारकनवा रायपुर अटल नगर क्षेत्र के ग्राम परसदा (सेक्टर-3) में व्ही.आई.पी. बटालियन के लिए 42.931 एकड़ भूमि चिन्हांकित की गई है। इसमें से 13 एकड़ में छत्तीसगढ़ अमर जवान ज्योति स्मारक एवं शहीद स्मारक की स्थापना की जाएगी।इस प्रस्तावित परियोजना में शहीद स्मारक लगभग 07 एकड़ भूमि पर 2700 शहीदों के नाम उत्कीर्ण किये जाने हेतु दीवारों का निर्माण, छत्तीसगढ़ अमर जवान ज्योति स्मारक का निर्माण लगभग 6 एकड़ भूमि में, 1500 वर्ग मीटर क्षेत्र में स्मारक म्यूजियम, 21 प्लाटून हेतु परेड ग्राउंड, बगलर प्लेटफार्म, लगभग 400 दर्शकों हेतु दीर्घा, 40 वर्ग मीटर में विशिष्ट अतिथि दीर्घा, 1400 वर्ग मीटर में 60 जवानों के लिए बैरक तथा पार्किंग, फाउंटेन, सिचाई इत्यादि की व्यवस्था की जाएगी। राज्य शासन द्वारा इसके लिए 47.75 करोड़ रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति जारी की गई है।
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-9 करोड़ 61 लाख रुपए की लागत से रामवनगमन पर्यटन परिपथ अंतर्गत सौंदर्यीकरण, नगरी में 8 करोड़ 29 लाख रुपए की लागत से और सिहावा में 1 करोड़ 32 लाख रुपए की लागत से किया गया कार्य
-श्रीराम की प्रेरणा से सबको सम्मान और सबको अवसर दिलाने के लिए कर रहे कार्य-किसानों से प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान खरीदेंगे चाहे कितनी भी दिक्कत क्यों न आयेरायपुर /छत्तीसगढ़ की पुण्यभूमि धमतरी जिले के नगरी-सिहावा में रामकथा से जुड़े स्थलों को सहेजने और इनके विकास के लिए बनाये गये रामवनगमन पर्यटन परिपथ के कार्यो का लोकार्पण करने आज मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल पहुँचे। 9 करोड़ 61 लाख रुपए की लागत से तैयार किये गये इस परिपथ का सबसे बड़ा आकर्षण भगवान श्रीराम की 30 फीट की सुंदर धवल प्रतिमा है। परिपथ का लोकार्पण करने के पश्चात मुख्यमंत्री सिहावा में कर्णेश्वर रामायण महोत्सव में भी शामिल हुए।मुख्यमंत्री ने रामायण महोत्सव में कहा कि रामराज्य में सबको सम्मान और सबको बराबरी का अवसर मिलता है। भगवान श्रीराम की प्रेरणा से हमारी सरकार भी सबको सम्मान और सबको अवसर दिलाने लगातार काम कर रही है। हम किसानों, मजदूरों का आर्थिक स्तर उठाने का काम कर रहे हैं। बेरोजगारों को रोजगार दिलाने का काम कर रहे हैं। हमने तय किया है कि इस बार किसानों से प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान खरीदेंगे। चाहे किसी भी तरह की दिक्कत आये।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में जहां जहां भगवान श्रीराम के चरण पड़े, उन्हें हम विकसित कर रहे हैं। इसकी शुरूआत हमने माता कौशल्या की पुण्यभूमि चंदखुरी से की। प्रदेश में 10 स्थलों का चयन कर इन्हें राम वनगमन पर्यटन परिपथ के रूप में विकसित किया जा रहा है। हमने देश में पहली बार राष्ट्रीय रामायण महोत्सव का आयोजन कराया। श्रीराम से जुड़े स्थलों का विकास हम कर रहे हैं और इसी क्रम में नगरी सिहावा में भी यह किया गया है।कार्यक्रम को गृह एवं पर्यटन मंत्री श्री ताम्रध्वज साहू ने सम्बोधित करते हुए कहा कि पूरे राज्य में 162 करोड़ रुपये की लागत से राज्य सरकार रामवनगमन पर्यटन परिपथ को विकसित कर रही है। हमारी सरकार ने पर्यटन नीति बनाया जिससे पर्यटन क्षेत्र विकसित हो और पर्यटक वहां पहुँचे और क्षेत्र का विकास हो। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय महोत्सव के आयोजन पर बनाए गए कॉफी टेबल बुक का विमोचन किया साथ ही उन्होंने रामसीय मानस मंडली कोटगाँव, रामसिया मानस मंडली कुरूद, जगतरणी मानस परिवार नगरी, जय तुलसी मानस परिवार कांकेर, बस्तरीह मानस मंडली कोंडागांव को वाद्य यंत्र खरीदने हेतु 5 हजार का चेक सौंपे। महोत्सव में आए प्रख्यात भजन गायक अनूप जलोटा को भी उन्होंने सम्मानित किया।कार्यक्रम राज्य गौसेवा आयोग के अध्यक्ष महंत रामसुंदर दास, सिहावा विधायक और मध्यक्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष डॉ लक्ष्मी ध्रुव,महापौर नगर पालिक निगम, धमतरी श्री विजय देवांगन, अध्यक्ष दिव्यांग जन सलाहकार बोर्ड श्री मोहन लालवानी, उपाध्यक्ष जिला पंचायत श्री निशु चंद्राकर, आईजी श्री आरिफ शेख, कलेक्टर श्री ऋतुराज रघुवंशी, पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत ठाकुर एवं स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी मौजूद रहे।इस तरह विकसित किया गया परिपथ- मुकुंदपुर में 8 करोड़ 29 लाख रूपए की लागत से भगवान श्रीराम की प्रतिमा, श्री राम वाटिका, दीप स्तंभ, एलइडी ब्राडिंग, सप्तऋषि की मूर्तियां, प्रवेश द्वार, कॉटेज, पार्किंग, एप्रोच रोड, पर्यटक सूचना केन्द्र, कलवर्ट निर्माण, कॉटेज निर्माण, लॉन डव्हलपमेंट, सीसीटीवी, यज्ञशाला, जनसुविधा केन्द्र, ड्रेन, विद्युतीकरण, ओव्हरहेड वॉटर टैंक, स्टेयर्स, सीढ़ी निर्माण, मॉडयूलर शॉप, सप्तऋषि स्थल का विकास, साइनेजेस, गजीबो, बाउण्ड्रीवॉल, साइट डव्हलपमेंट, गार्ड रूम का निर्माण किया गया है। वहीं श्रृंगी ऋषि आश्रम सिहावा में 1 करोड़ 32 लाख रुपए की लागत से करटेन वॉल ( म्यूरल के साथ), प्रवेश द्वार, रेलिंग एवं शेड निर्माण, गजिबो, सौदर्यीकरण, विद्युतीकरण, यज्ञशाला (पहाड़ी पर), इंटरनल प्लम्बिंग, श्रृंगी ऋषि आश्रम में स्थित हनुमान मंदिर का सौदर्यीकरण, पाथवे का विकास, जनसुविधा केन्द्र सहित विभिन्न अधोसंरचना बनाई गई हैं जिनका आज लोकार्पण हुआ। - बालोद। मानव सेवा को चरितार्थ करते हुए रेडक्रास सोसायटी बालोद द्वारा आज परसदा डंग, निवासी रजनी बाई साहू को उनके पुत्र के इलाज हेतु आर्थिक सहायता राशि प्रदान किया गया है। उनके द्वारा अपने पुत्र के ईलाज के लिए जनदर्शन में आवेदन किया गया था। कलेक्टर श्री कुलदीप शर्मा ने इनकी समस्या को देखते हुए तत्काल इन्हें 05 हजार रुपये सहायतार्थ राशि देने रेडक्रास सचिव को आदेशित किया, जिसके परिपालन में जिला संगठक रेडक्रास चन्द्रशेखर पवार ने उनके घर जाकर यह चेक प्रदान किये। इस सहयोग के लिए रजनी बाई साहू ने शासन-प्रशासन का आभार व्यक्त कर धन्यवाद कहा।
- -पशुओं को पौष्टिक चारा उपलब्ध कराने के साथ-साथ ग्रामीणों एवं-स्वसहायता समूह के लिए बना आय का महत्वपूर्ण जरियाबालोद। जिले के बालोद विकासखण्ड के महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क बरही में स्थापित गोवर्धन कैटल फीड यूनिट उत्पादन कार्य में निरंतर वृद्धि करते हुए सफलता के नए आयाम गढ़ रहा है। उल्लेखनीय है कि कैटल फीड यूनिट शुरुवाती दौर से ही जिला प्रशासन के सतत माॅनिटरिंग एवं सहयोग के फलस्वरूप सरकारी संस्थाओं एवं निजी डेरी पालन संस्थानों में अपने उच्च गुणवत्ता वाले पशु आहार का समुचित विक्रय करते हुए अपने लक्ष्य प्राप्ति की ओर अग्रसर है। इसके लिए यहाँ कार्यरत लोगों को उचित प्रशिक्षण प्रदान करने के साथ-साथ समय-समय पर मागदर्शन भी दिया जा रहा है। जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. रेणुका श्रीवास्तव ने बताया कि 08 सितंबर को पशु आहार का उत्पादन करने वाले इस कामधेनु कैटल फीड सहकारी समिति द्वारा उत्पादित किए गए 18 टन पशु आहार की बिक्री कर कुल 04 लाख 50 हजार रुपये बालोद सहित आस-पास के जिलों में बिक्री की गई। इससे स्वसहायता समूह को लगभग 35000 रुपए का लाभ अर्जित हुआ। उन्होंने बताया कि अब तक समूह को कुल 40 टन का पशु आहार को 10 लाख रुपये में बिक्री कर लगभग 75 हजार रूपये राशि लाभ अर्जित हुआ है। इस तरह बरही में स्थापित यह कैटल फीड यूनिट पशुओं को पौष्टिक चारा उपलब्ध कराने के साथ-साथ ग्रामीणों एवं स्वसहायता समूह के लिए भी आय का महत्वपूर्ण जरिया बन गया है।इस कामधेनु कैटल फीड में सहकारी समिति के 11 सक्रिय सदस्य अपनी पूरी निष्ठा एवं लगन के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं। इस कामधेनु कैटल फीड में कार्यरत् सभी 11 सदस्य छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी योजना महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क को अपने सपनों को साकार करने के प्रति पूरी तरह से आशान्वित है। इन्हें अपने गांव में स्थापित महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क से अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए सुनहरा अवसर नजर आ रहा है। इस कामधेनु कैटल फीड के माध्यम से अपने जीवन में आए बदलाव के संबंध में जानकारी देते हुए समिति के सदस्य श्री दिग्विजय सिन्हा ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन की पहल एवं जिला प्रशासन के सहयोग से हमारे गाँव में स्थापित महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क हमारे लिए बहुपयोगी साबित हो रहा है। इसके माध्यम से विभिन्न आजीविकामूलक गतिविधियों का सफलतापूर्वक संचालन किया जा रहा है। इस कामधेनु कैटल फीड में समिति के सभी सदस्य बड़े ही उत्साह एवं रूचि के साथ कार्य कर रहे हैं। श्री दिग्विजय सिन्हा ने बताया कि साथ ही सामग्रियों की मांग की पूर्ति समय-सीमा में पूरा करने हेतु हम डबल शिफ्ट में कार्य करते हंै। वे सभी शासकीय संस्था के साथ-साथ निजी संस्थाओं एवं डेयरी संचालकों से निरंतर संपर्क कर मार्केटिंग का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने बताया किइस कार्य में राज्य शासन एवं जिला प्रशासन का निरंतर सहयोग मिल रहा है।महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क बरही के नोडल डॉ. अभिषेक मिश्रा ने बताया कि यहाँ गोट फीड, कैटल फीड का निर्माण पोषक तत्वों का संतुलित मिश्रण कर बनवाया जा रहा है तथा विभिन्न संस्थाओं के मांग अनुसार फार्मूला तैयार किया जाता है। भविष्य में सुकर एवं मुर्गी फीड भी तैयार किया जाएगा जिसकी मार्केटिंग हेतु सभी प्रकार के विकल्प उपलब्ध है। इसी प्रकार बॉय बैक, एक निश्चित फार्मूला के साथ फीड निर्माण कर प्रदाय करना हम सभी विकल्पों पर कार्य कर रहे हंै। समिति के सदस्य पूरी सक्रियता के साथ कार्य मे संलग्न है, इससे हम सभी इकाई स्थापना के बेहतर परिणाम हेतु आश्वस्त हैै। इस तरह से यह कामधेनु कैटल फीड इकाई राज्य शासन के मंशानुरूप पशुधन के संरक्षण एवं संवर्धन के साथ-साथ ग्रामीणों एवं स्वसहायता समूह को स्वरोजगार प्रदान करने का महत्वपूर्ण जरिया बन गया है।
- बालोद । जिले में जनपद पंचायत क्षेत्रान्तर्गत ग्राम पंचायतों एवं उनके आश्रित ग्रामों में 13 सितंबर से 15 सितबंर 2023 तक विशेष ग्राम सभा का आयोजन किया जाएगा। जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. रेणुका श्रीवास्तव ने जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा है कि वे अपने स्तर से संबंधितों को निर्देशित किया जाना सुनिश्चित करें तथा आयोजित ग्राम सभा में की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित करें।उन्होंने कहा कि विशेष ग्राम सभा में उक्त एजेण्डा अनिवार्य रूप से शामिल किया जाएगा। जिसमें प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण अंतर्गत स्थायी प्रतिक्षा सूची के शेष हितग्राहियों एवं छत्तीसगढ़ सामाजिक आर्थिक सर्वेक्षण-2023 के आवासहीन परिवारो की पात्रता, अपात्रता परीक्षण के संबंध में। योजनान्तर्गत वित्तीय वर्षवार विभिन्न कारणो से ऐसे अप्रारंभ , अपूर्ण आवास जो निरस्त किये जाने योग्य है, उन्हें निरस्त करने के संबंध में। योजनान्तंगत स्थायी प्रतिक्षा सूची में से ऐसे हितग्राही जिनकी मृत्यु उपरांत योजना के आवास साफ्ट सूची से संबंधित हितग्राही के उत्तराधिकारी का नाम अंकित ना होना या उत्तराधिकारी का मृत होना, परंतु वास्तविक तौर पर एक से अधिक उत्तराधिकारी का होना, इस संबंध में ग्राम सभा द्वारा संबंधित मृत हितग्राही के उत्तराधिकारी का चयन ग्रामसभा के द्वारा किया जाकर योजना के आवास साफ्ट सूची में उत्तराधिकारी के रूप में दर्ज करने के संबंध में चर्चा की जाएगी। योजनान्तर्गत भूमिहीन हितग्राहियों को नियमानुसार आबादी भूमि उपलब्ध कराये जाने के संबंध में चर्चा की जाएगी।
- बालोद। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कम्पनी लिमिटेड बालोद के कार्यपालन अभियंता ने बताया कि बालोद वितरण केंद्र के अंतर्गत निर्माण कार्य किया जाना है। जिसके अंतर्गत 33/11 के.व्ही. उपकेन्द्र बालोद से निकलने वाली समस्त 11 के.व्ही. फीडरों की विद्युत आपूर्ति मंगलवार, 12 सिंतबर को सुबह 10.30 बजे से शाम 03 बजे तक बंद रहेगी। उन्होंने बताया कि बालोद उपकेंद्र से निकलने वाले समस्त फीडर के अंतर्गत सदर रोड, बुढ़ापारा, पाण्डेयपारा, मधुचैक एवं नयापारा के आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी।
- बालोद। आदिवासी विकास विभाग के द्वारा अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं पिछड़ा वर्ग के लिए पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति हेतु ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित की गई है। सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग ने बताया कि जिले में संचालित समस्त शासकीय, अशासकीय महाविद्यालय, नर्सिंग काॅलेज, आई.टी.आई. एवं पाॅलीटेक्निक काॅलेज में अध्ययनरत अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को विभाग द्वारा संचालित पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति वितरण की पात्रता रखने वाले छात्र-छात्राओं को शिक्षा सत्र 2023-24 में भी पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति (कक्षा बारहवीं से उच्चतर) प्रदान की जाएगी। इसके लिए आवेदन स्वीकृति एवं वितरण की कार्यवाही वेबसाईट पोस्ट मैट्रिक-स्काॅलरशीप डाॅट सीजी डाॅट एनआईसी डाॅट इन पर आॅनलाईन की जा रही है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2023-24 में पात्र विद्यार्थी द्वारा आॅनलाईन आवेदन हेतु (नवीन एवं नवीनीकरण) तिथि 15 सितंबर से 10 अक्टूबर 2023 तक निर्धारित की गई है। ड्राफ्ट प्रपोजल लाॅक करने हेतु 15 सितंबर से 17 अक्टूबर 2023 तथा सेंक्शन आॅर्डर लाॅक करने हेतु 15 सितंबर से 20 अक्टूबर 2023 तक अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि निर्धारित तिथियों के पश्चात शिक्षा सत्र 2023-24 की पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति हेतु आफलाईन अथवा आॅनलाईन किसी भी प्रकार के आवेदन स्वीकृत नहीं किए जाएंगे एवं ड्राफ्ट प्रपोजल अथवा सेंक्शन आॅर्डर लाॅक करने का अवसर भी प्रदान नहीं किया जाएगा।
- भिलाईनगर/ नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र के हुडको में लम्बे समय से खेल मैदान की मांग की जा रही थी, जो आज बनकर तैयार है। नवनिर्मित क्रिकेट स्टेडियम का लोकापर्ण से हुड़को की बहुप्रतिक्षित क्रिकेट मैदान की मांग पूरी हुई है।हुड़को में खेल मैदान लोकार्पण कार्यक्रम के अवसर पर विधायक देवेन्द्र यादव ने कहा कि खिलाड़ियों के खेल अभ्यास के लिए यह मैदान मददगार साबित होगा, इस मैदान से खेलकर युवा खिलाड़ी प्रदेश व देश में भिलाई का नाम रोशन करेंगे। हुडको क्षेत्र में मुलभूत सुविधओं को लेकर लगातार कार्य किए जा रहे है, हुडको को दो नई सौगात मिली है स्टेडियम लोकापर्ण के साथ सुरक्षा व्यवस्था के लिए श्रीराम चौक हुडको में पुलिस चौकी का शुभारंभ पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा के उपस्थिति में किया गया है। इस अवसर पर महापौर नीरज पाल ने कहा कि 1 करोड़ 48 लाख की लागत से तैयार क्रिकेट मैदान में हरी घाॅस, डोमशेड, फ्लडलाईट लगाया गया है आने वाले समय में यहा बाथरूम तथा पवेलियन निर्माण भी कराया जाएगा। वार्ड पार्षद एवं एमआईसी मेंबर सीजू एंथोनी ने कहा कि हुड़को में लम्बे समय से एक सर्वसुविधा युक्त खेल मैदान की मांग की जा रही थी, जो आज पूरा हुआ है।विधायक - महापौर ने की बल्लेबाजी -क्रिकेट स्टेडियम के लोकापर्ण अवसर पर बड़ी संख्या में क्षेत्र के खिलाड़ी एवं युवा उपस्थित थे जिनके साथ विधायक देवेन्द्र यादव एवं महापौर नीरज पाल ने क्रिकेट खेलते हुए बल्लेबाॅजी किए और कई शाॅट लगाए करीब 10 मिनट तक खेल में नागरिक भी शामिल हुए। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर, पार्षद अभिषेक मिश्रा, जावेद खान, गगन त्रिपाठी सहित हुडको के नागरिक तथा खिलाड़ी उपस्थित थे।


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