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- दांत की पुरानी सड़न से जबड़े में बनी थी बड़ी सिस्ट, आधुनिक तकनीक से बिना हड्डी को नुकसान पहुंचाए निकाला गया सिस्टआयुष्मान योजना से निःशुल्क उपचारबिलासपुर/ दांतों की सड़न और दर्द को मामूली समझकर लंबे समय तक नजरअंदाज करना कई बार गंभीर स्वास्थ्य समस्या का कारण बन सकता है। इसका एक उदाहरण सिम्स बिलासपुर के दंत चिकित्सा विभाग में सामने आया, जहां 38 वर्षीय महिला के जबड़े में पुरानी सड़न और संक्रमण के कारण बनी बड़ी रेडिकुलर सिस्ट का सफल उपचार किया गया। मरीज का उपचार आयुष्मान योजना के तहत पूरी तरह निःशुल्क किया गया।मरीज जबड़े में सूजन की शिकायत लेकर सिम्स के दंत चिकित्सा विभाग पहुंची थी। जांच के दौरान चिकित्सकों ने डिजिटल एक्स-रे एवं सीबीसीटी की सहायता से बीमारी की पहचान की। जांच में सामने आया कि प्रभावित दांत की जड़ के पास जबड़े की हड्डी का एक बड़ा हिस्सा सिस्ट के कारण प्रभावित हो चुका था।पुरानी सड़न और संक्रमण से बनी थी सिस्टदंत रोग विशेषज्ञ डॉक्टर भूपेंद्र कश्यप के अनुसार रेडिकुलर सिस्ट मुंह के भीतर विकसित होने वाली एक प्रकार की गांठ या थैली होती है, जिसमें तरल पदार्थ भरा होता है। यह सामान्यतः ऐसे दांत की जड़ के आसपास विकसित होती है, जो लंबे समय से सड़ा हुआ हो अथवा जिसमें पुराना संक्रमण हो। दांत की नस के निष्क्रिय या मृत होने के बाद संक्रमण धीरे-धीरे जड़ के आसपास की हड्डी तक पहुंच सकता है और समय के साथ सिस्ट का रूप ले सकता है। शुरुआती अवस्था में रेडिकुलर सिस्ट के लक्षण स्पष्ट नहीं होते और कई बार मरीज को दर्द भी महसूस नहीं होता। धीरे-धीरे प्रभावित दांत के आसपास मसूड़े या जबड़े में हल्की सूजन, दांत का रंग काला या गहरा पीला पड़ना तथा चबाते समय दर्द जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। गंभीर स्थिति में चेहरे की बनावट में बदलाव अथवा दांत के हिलने जैसी समस्या भी हो सकती है।दो चरणों में किया गया सफल उपचारसिम्स में जांच के बाद चिकित्सकों की टीम ने मरीज के उपचार की योजना तैयार की। उपचार के पहले चरण में संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए प्रभावित दांत की रूट कैनाल थेरेपी (RCT) की गई। इसके बाद छोटे चीरे के माध्यम से सर्जिकल एन्यूक्लिएशन की प्रक्रिया अपनाकर सिस्ट को पूरी तरह बाहर निकाल दिया गया। इस प्रक्रिया में आसपास की हड्डी को अनावश्यक नुकसान पहुंचाए बिना सिस्ट को निकाला गया।उपचार के बाद मरीज की स्थिति में सुधार हुआ है और जबड़े की प्रभावित हड्डी भी अब धीरे-धीरे स्वस्थ होने की दिशा में है।निजी अस्पतालों में भटकने के बाद सिम्स में मिला निःशुल्क उपचारमरीज ने उपचार के लिए पहले निजी अस्पतालों में भी संपर्क किया था, लेकिन उपचार का खर्च अधिक होने के कारण वह वहां जांच और इलाज कराने में असमर्थ थी। बाद में उसे सिम्स में इस बीमारी के उपचार की जानकारी मिली। यहां आयुष्मान योजना के अंतर्गत उसका उपचार निःशुल्क किया गया। मरीज के लिए यह उपचार राहत और उम्मीद लेकर आया।समय पर दंत जांच जरूरीदंत चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संदीप प्रकाश ने बताया कि दांत में सड़न, संक्रमण या चोट के कारण होने वाले दर्द को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर दंत चिकित्सक से परामर्श लेने और नियमित दंत जांच कराने से ऐसी बीमारियों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान की जा सकती है। उन्होंने नागरिकों से हर छह महीने में दंत जांच कराने की अपील की, ताकि छिपी हुई दंत समस्याओं का समय रहते उपचार किया जा सके और बड़ी सर्जरी की आवश्यकता को टाला जा सके।चिकित्सकीय टीम ने निभाई महत्वपूर्ण भूमिकाइस सफल उपचार का श्रेय दंत चिकित्सा विभाग के डॉ. भूपेंद्र कश्यप के मार्गदर्शन में विभागाध्यक्ष एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जन डॉ. संदीप प्रकाश तथा उनकी टीम को दिया गया है। टीम में डॉ. जण्डेल सिंह ठाकुर, डॉ. केतकी कोनीकर, डॉ. हेमलता राजमणी, डॉ. प्रकाश खरे एवं डॉ. सोनल पटेल शामिल रहे।सिम्स के डीन डॉ. रमणेश मूर्ति एवं अस्पताल अधीक्षक डॉ. लखन सिंह ने इस सफल उपचार की सराहना करते हुए मरीजों के हित में आधुनिक चिकित्सा तकनीकों के उपयोग एवं बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए चिकित्सकीय टीम को प्रोत्साहित किया।
- रायपुर - रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत रमण मन्दिर वार्ड क्रमांक 14 अंतर्गत स्टेट बैंक कॉलोनी फाफाडीह बाल उद्यान परिसर में विधायक निधि से 5 लाख रूपये की स्वीकृत लागत से नवनिर्मित शेड का फीता काटकर लोकार्पण नगर निगम रायपुर के सभापति एवं रमण मन्दिर वार्ड क्रमांक 14 के पार्षद श्री सूर्यकान्त राठौड़, नगर निगम वित्त विभाग के अध्यक्ष श्री महेन्द्र खोडियार, सहित स्टेट बैंक कॉलोनी फाफाडीह के पदाधिकारियों, रहवासियों सहित नगर निगम जोन 2 जोन कमिश्नर श्री संतोष पाण्डेय, कार्यपालन अभियंता श्री पी. डी. धृतलहरे, उपअभियंता श्री अनिमेष चंद्राकर की उपस्थिति में करते हुए नगरवासियों को शानदार सौगात दी. रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने नगरवासियों को 80वें स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनायें दीं.
- रायपुर - वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी का उनकी 195वीं जयंती पर राजधानी शहर रायपुर के जिला अस्पताल पंडरी के प्रांगण में स्थित प्रतिमा स्थल के समक्ष सादर नमन करने रायपुर नगर निगम संस्कृति विभाग के तत्वावधान में नगर निगम जोन क्रमांक 3 के सहयोग से पुष्पांजलि आयोजन रखा गया.रायपुर नगर निगम के पुष्पांजलि आयोजन में पहुंचकर वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी को उनकी 195,वीं जयन्ती पर प्रमुख रूप से रायपुर नगर पालिक निगम के सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़, पूर्व विधायक श्री श्रीचंद सुंदरानी, नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर निगम के पूर्व पार्षद डॉ प्रमोद साहू, श्री मोहन उपारकर, लोधी समाज पदाधिकारियों, महिलाओं, गणमान्यजनों, नवयुवकों, वरिष्ठ नागरिकों, आमजनों ने बड़ी संख्या में रायपुर जिला अस्पताल पंडरी के प्रांगण में पहुंचकर सादर नमन किया.नगर निगम सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ ने कहा कि वीरांगना अवन्ति बाई लोधी का जीवन प्रेरणादायक है. वीरांगना ने जीवन में पति के अवसान के बाद परिवार के लालन -पालन एवं मध्यप्रदेश राज्य के रामगढ़ क्षेत्र की रानी की दोहरी भूमिका बखूबी निभायी. वीरांगना ने 1857 की क्रांति में अद्भुत वीरता प्रदर्शित कर अनेक बार अंग्रेज सेना को हराकर रामगढ़ से बाहर खदेड़ा, जब अंग्रेज सेना से वीरांगना अवन्ति बाई लोधी चारों ओर से घिर गयीं, तो भी वे जीवन के अंतिम क्षण तक अंग्रेज सेना से अद्भुत तरीके से अकेली ही रणभूमि में संघर्ष करती रहीं एवं वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी ने अंग्रेज सेना के सामने हार ना मानकर अपने निज जीवन की इहलीला अपनी तलवार से स्वयं समाप्त कर ली एवं रनभूमि में वीरगति को प्राप्त हुई.नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर निगम रायपुर के पूर्व पार्षद डॉ प्रमोद साहू ने वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी को 195वीं जयन्ती पर सादर नमन कर उनके अद्भुत रणकौशल, अदम्य साहस एवं शौर्य को अद्वितीय बतलाया.
- -31 चयनित बाल प्रतिभाओं की शानदार प्रस्तुतियों ने बांधा समां, दिव्यांग बच्चों के बैंड और महिला आत्मरक्षा शिविर अपराजिता की मनमोहक प्रस्तुति ने दिल जीता-महापौर मीनल चौबे और जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह ने किया प्रयिभागियों का उत्साहवर्धनरायपुर- स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर कला केंद्र रायपुर, नगर पालिक निगम रायपुर एवं जिला प्रशासन रायपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित “तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026” का भव्य ग्रैंड फिनाले विगत 14 अगस्त की संध्या शहीद स्मारक भवन रायपुर में उत्साह, उमंग और देशभक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ।कला, संस्कृति, देशभक्ति और बाल प्रतिभाओं को समर्पित इस आयोजन में जिले भर से चयनित 31 प्रतिभाशाली बच्चों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया। बच्चों की प्रस्तुतियों ने पूरे सभागार को तालियों, उत्साह और देशभक्ति की भावना से सराबोर कर दिया।तिरंगा शक्ति फेस्ट का आयोजन दो चरणों में किया गया। प्रथम चरण में विगत दिनांक 10 एवं 11 अगस्त को टाउन हॉल, घड़ी चौक, रायपुर में सुबह से शाम तक ऑडिशन राउंड आयोजित हुआ। इसमें जिलेभर से कुल 194 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।प्रतिभागियों ने गायन, नृत्य, इंस्ट्रूमेंटल, गिटार, तबला, हार्मोनियम सहित विभिन्न कला विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतिभा, प्रस्तुति कौशल एवं कला के आधार पर 31 उत्कृष्ट प्रतिभागियों का चयन ग्रैंड फिनाले के लिए किया गया।14 अगस्त को आयोजित ग्रैंड फिनाले में इन सभी चयनित प्रतिभाओं ने मंच पर अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया। उनकी प्रस्तुतियों में प्रतिभा के साथ-साथ आत्मविश्वास, रचनात्मकता और देशप्रेम की भावना भी देखने को मिली।ग्रैंड फिनाले को और अधिक विशेष एवं यादगार बनाने के लिए अनेक आकर्षक विशेष प्रस्तुतियां भी आयोजित की गईं।प्रसिद्ध कलाकार अरुणिमा शर्मा ने छत्तीसगढ़ी लोकगीत “चनाके डार राजा” की मनमोहक प्रस्तुति देकर समां बांध दिया। छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति और संगीत से सजी इस प्रस्तुति पर दर्शक झूम उठे।वहीं डॉ. मिताली ने अपनी अनूठी पपेट एवं कार्टून वॉइस प्रस्तुति से बच्चों एवं दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। उनकी प्रस्तुति पर सभागार में खूब तालियां गूंजीं।कार्यक्रम का एक अत्यंत भावुक और प्रेरणादायी क्षण रायपुर जिला प्रशासन की अभिनव पहल “प्रोजेक्ट दिव्यधुन” के अंतर्गत तैयार किए गए दिव्यांग बच्चों के विशेष बैंड की प्रस्तुति रही।रायपुर जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह के मार्गदर्शन में दिव्यांग बच्चों को प्राथमिकता देते हुए तैयार किए गए इस विशेष बैंड ने पूरे आत्मविश्वास और उत्साह के साथ अपनी प्रस्तुति दी। बच्चों की प्रतिभा, आत्मविश्वास और समर्पण ने उपस्थित दर्शकों को भावुक और गौरवान्वित कर दिया।इस प्रस्तुति ने यह संदेश दिया कि प्रतिभा किसी सीमा की मोहताज नहीं होती और अवसर मिलने पर हर बच्चा अपनी पहचान बना सकता है।कार्यक्रम में टीम प्रहरी द्वारा महिला आत्मरक्षा की थीम पर विशेष प्रस्तुति दी गई। साहस, आत्मविश्वास और नारी सशक्तिकरण पर आधारित महिला आत्मरक्षा शिविर अपराजिता की इस मनमोहक प्रस्तुति ने महिला सुरक्षा एवं आत्मरक्षा के प्रति जागरूकता का प्रभावशाली संदेश दिया।प्रस्तुति ने दर्शकों में ऊर्जा का संचार करने के साथ यह संदेश भी दिया कि सशक्त महिला ही सुरक्षित और सशक्त समाज की आधारशिला है।तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 कार्यक्रम में राजधानी शहर की प्रथम नागरिक नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे एवं नगर निगम सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ और रायपुर जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह सहित नगर पालिक निगम रायपुर के आयुक्त श्री संबित मिश्रा एवं जिला पंचायत रायपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री कुमार विश्वरंजन एवं नगर पालिक निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर पालिक निगम जोन 10 जोन अध्यक्ष श्री सचिन बी. मेघानी सहित राजधानी शहर के अन्य गणमान्य अतिथिगणों की उपस्थिति रही।अतिथियों ने सभी चयनित प्रतिभागियों एवं विशेष प्रस्तुतियां देने वाले कलाकारों का उत्साहवर्धन किया तथा उनकी कला, प्रतिभा और प्रयासों की सराहना की।महापौर मीनल चौबे ने मोर रायपुर मोर जिम्मेदारी अंतर्गत सामूहिक नागरिक शपथ दिलवाई, स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, पेयजल संरक्षण, सिंगल यूज प्लास्टिक के परित्याग की नगरवासियों ने ली शपथतिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 में महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने मोर रायपुर मोर जिम्मेदारी अंतर्गत सामूहिक शपथ दिलवाई. सभी उपस्थित नगरवासियों ने स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, पेयजल संरक्षण, सिंगल यूज प्लास्टिक का परित्याग करने की सामूहिक नागरिक शपथ ली.तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 का उद्देश्य जिले के बच्चों एवं युवाओं को अपनी प्रतिभा और कला प्रदर्शित करने के लिए एक सशक्त मंच उपलब्ध कराना तथा स्वतंत्रता दिवस की भावना को कला एवं संस्कृति के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाना रहा।इस आयोजन की विशेषता यह रही कि यहां केवल कला और प्रतिभा को मंच नहीं मिला, बल्कि दिव्यांग प्रतिभाओं को प्रोत्साहन, महिला आत्मरक्षा एवं सशक्तिकरण तथा छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति जैसे महत्वपूर्ण सामाजिक संदेशों को भी प्रमुखता दी गई।31 चयनित बाल प्रतिभाओं की शानदार प्रस्तुतियों और विशेष कलाकारों की मनमोहक प्रस्तुतियों ने तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 के ग्रैंड फिनाले को कला, संस्कृति, प्रतिभा, समावेशिता और सशक्तिकरण का अनूठा संगम बना दिया।भव्य आयोजन ने रायपुर की बाल प्रतिभाओं को एक सशक्त मंच प्रदान करने के साथ ही स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या को देशभक्ति, संस्कृति और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर एक यादगार शाम में बदल दिया।
- -अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने दी सलामी, 12 विद्युतकर्मियों को मिला पुरस्कारराजनांदगांव। स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय पर्व पर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के क्षेत्रीय प्रशासनिक भवन में हमारा राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा शान से लहराया गया। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर राजनांदगांव क्षेत्र के मुख्य अभियंता श्री एच. के. मेश्राम ने ध्वजारोहण किया। राष्ट्रीय पर्व पर उपस्थित विद्युत कंपनी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से राष्ट्रीय गीत एवं राष्ट्रगान गाकर तिरंगे को सलामी दी। मुख्य अभियंता श्री मेश्राम द्वारा अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राज्य पॉवर कम्पनीज रायपुर के संदेश का वाचनकर उपस्थितजनों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए राजनांदगांव क्षेत्र के अन्तर्गत आने वाले 04 जिलों में विद्युत अधोसंरचना एवं विकास के कार्यो को रेखाकिंत किया। इस पुनीत अवसर पर उकृष्ठ कार्य करने वाले 12 विद्युतकर्मियों क्रमशः श्री योगेश कुमार वर्मा, कनिष्ठ अभिंयता कवर्धा जोन, श्री विवेक देवांगन, कनिष्ठ अभियंता, पिपरिया वितरण केन्द्र, श्री समीर मोहम्मद, कार्यालय सहायक श्रेणी-तीन, श्री राजेश कुमार, लाईन सहायक श्रेणी-दो, श्री मनु कुमार साहू, लाईन परिचारक श्रेणी-एक, सिंघोला वितरण केन्द्र, श्री कुलेश्वर पुरामें लाईन परिचारक संविदा, साल्हेवारा वितरण केन्द्र, श्री अजय कुमार, लाईन परिचारक संविदा, डोंगरगांव वितरण केन्द्र, श्री भारतेश कुमार लाईन परिचारक संविदा, कुमरदा वितरण केन्द्र, श्री छवि यादव, लाईन परिचारक संविदा, खुज्जी वितरण केन्द्र, श्री सियादास मानिकपुरी, लाईन परिचारक संविदा, पूर्व जोन राजनांदगांव, श्री हमेन्द्र कुमार यादव, लाईन परिचारक संविदा, तरेगांव वितरण केन्द्र, श्री जीतू कुमार ध्रुर्वे, लाईन परिचारक संविदा, बिडौरा वितरण केन्द्र को प्रशस्ति पत्र, चेक और मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री मंगल तिर्की, अधीक्षण अभियंता श्री शंकेश्वर कंवर, श्री के0 सी0 खोटे, कार्यपालन अभियंता, श्री एम. के. साहू, श्री एन.के. साहू, श्री जी.एस. फ्लोरा, श्री के. एल. उइके, श्री शोबी शर्मा, श्रीमती सीमा ढ़ील श्रीमती कांति नेताम, श्री भावेष वाल्दे वरिष्ठ लेखाधिकारी सहित बड़ी संख्या में अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित हुए। कार्यक्रम का संचालन पब्लिसिटी ऑफिसर श्री धर्मेन्द्र शाह मंडावी द्वारा किया गया। उल्लेखनीय है कि मुख्यालय स्तर पर पॉवर कम्पनीज के अध्यक्ष श्री सुबोध कुमार सिंह द्वारा श्री लालाराम पटेल, लाइन सहायक श्रेणी-दो, एटीएम संभाग, राजनांदगांव जिला स्तर पर उष्कृट कार्य हेतु सुश्री एकता साहू, कनिष्ठ अभियंता, श्री गोवर्धन सिंह राजपूत, लाइन परिचारक संविदा वितरण राजनांदगांव, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिला स्तर पर श्री उत्तम कुमार साहू, सहायक अभिंयता, उपसंभाग खैरागढ़, श्रीमती उपासना मौर्य, कनिश्ठ अभियंता, वितरण केन्द्र साल्हेवारा, को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर को प्रशस्ति पत्र एवं मोमेन्टो देकर पुरस्कृत किया गया।
- महासमुंद / जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र महासमुंद द्वारा 20 अगस्त को जिला स्तरीय रोजगार मेले का आयोजन किया जाएगा। रोजगार मेला शासकीय महाप्रभु वल्लभाचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय, मचेवा महासमुंद में प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक आयोजित होगा जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि रोजगार मेले में निजी क्षेत्र की स्वतंत्र माइक्रोफाइन प्राइवेट लिमिटेड, स्वाभिमान फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड, एनआईआईटी लिमिटेड, पुस्कल एग्रोटेक लिमिटेड एवं वेक्टर फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड सहित विभिन्न नियोजकों द्वारा 10वीं, 12वीं, बीएससी एग्रीकल्चर एवं स्नातक उत्तीर्ण आवेदकों के लिए कुल 117 विभिन्न पदों पर भर्ती की जाएगी। इसके अलावा अन्य नियोजक भी उपस्थित होने पर रोजगार मेले में सम्मिलित किए जा सकेंगे। उन्होंने बताया कि रोजगार मेले में शामिल होने के इच्छुक एवं योग्य आवेदकों को निर्धारित स्थल एवं समय पर अपनी शैक्षणिक योग्यता के दस्तावेज, रोजगार पंजीयन, आधार कार्ड, बायोडाटा की छायाप्रति तथा पासपोर्ट साइज की स्वयं की फोटो के साथ उपस्थित होना होगा। साक्षात्कार प्रक्रिया में शामिल होने के लिए आवेदकों को छत्तीसगढ़ रोजगार एप/वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना आवश्यक है। रिक्तियों की संख्या, पदवार आवश्यक योग्यता, वेतनमान एवं कार्यस्थल से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए आवेदक जिला रोजगार कार्यालय महासमुंद में संपर्क कर सकते हैं अथवा रोजगार विभाग की वेबसाइट erojgar.cg.gov.in पर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के शंकर नगर बाल वाचनालय में स्वतंत्रता दिवस पर मुख्य अतिथि वार्ड के पार्षद राजेश गुप्ता ने ध्वजारोहण कर तिरंगे को सलामी दी। इस अवसर पर रोटरी क्लब ऑफ रायपुर मिलेनियम के अध्यक्ष राज प्रजापति अपने क्लब मेंबर्स के साथ, शंकर नगर बाल वाचनालय के प्रभारी सुबोध टोले, विनोद राखुंडे, संजय पुराणिक, शुभम् पुराणिक, रिदुल शर्मा, अभिषेक मिश्रा, भगीरथ कालेले, श्याम सुंदर अग्रवाल, डॉ. अनिकेत ठोके, सतीश जिल्हारे, रैना पुराणिक, पुष्पा जावेकर, निर्मला पिंपल सहित अनेक सभासद, पदाधिकारी व शिक्षक- शिक्षिकाएं उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम में बाल वाचनालय के समीप स्थित पद्मावती स्कूल के छात्रों ने रंगारंग प्रस्तुतियां दीं। इन छात्रों को शंकर नगर महिला केंद्र ने उपहार देकर उनका सम्मान किया।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में आजादी की 80वीं वर्षगांठ धूमधाम से मनाई गई। मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले ने ध्वजारोहण किया। सामूहिक राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान के साथ बच्चों ने तिरंगे को सलामी दी। वहीं छोटे-छोटे बच्चों ने देशभक्ति से ओत प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुति दी। प्री प्राइमरी के बच्चों ने सुंदर कविता पाठ कर खूब तालियां बटोरी। विशाखा तोपखानेवाले, वरिष्ठ सभासद प्रसन्न निमोणकर और प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने स्वतंत्रता दिवस को लेकर बच्चों को ज्ञानवर्धक जानकारी दी और आजादी के साथ जिम्मेदारी का महत्व बताया।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के सखी निवास (कामकाजी महिला वसति गृह- छात्रावास) में 15 अगस्त की सुबह मंडल की उपाध्यक्ष गीता दलाल व सखी निवास प्रभारी ने ध्वजारोहण किया। कामकाजी महिलाओं, छात्राओं, स्टाफ और पदाधिकारियों ने तिरंगे को सलामी दी। गीता दलाल ने संबोधित करते हुए कहा कि आज हम वंदे मातरम का गायन कागज पढ़कर कर रहे हैं लेकिन वह दिन दूर नहीं की पूरा वंदे मातरम हमें याद होगा। आज की युवा पीढ़ी के लिए इसे याद करना बड़ी बात नहीं।
- रायपुर। चौबे कालोनी स्थित महाराष्ट्र मंडल मुख्यालय में अध्यक्ष अजय मधुकर काले और कार्यकारिणी सदस्य दीपक किरवईवाले ने ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर मंडल सचिव चेतन दंडवते, उपाध्यक्ष गीता श्याम दलाल, कार्यकारिणी सदस्य नमिता शेष, मालती मिश्रा, सुबोध टोले, निरंजन पंडित, वरिष्ठ रंगसाधक प्रसन्न निमोणकर, भागीरथ कालेले, दिव्या पात्रीकर, दीपक पात्रीकर, निखिल मुकादम, पल्लवी मुकादम सहित बड़ी संख्या में सदस्यगण उपस्थित थे।
- रायपुर। समता कॉलोनी स्थित महाराष्ट्र मंडल के दिव्यांग बालिका विकास गृह- सियान गुड़ी में छत्तीसगढ सिविल सोसायटी के संस्थापक डॉ. कुलदीप सोलंकी ने बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रीय ध्वज का रोहण किया। इस मौके पर योग प्रभारी आस्था काले के मार्गदर्शन में योग समिति की समन्वयक साक्षी टोले के निर्देशन में दो नुक्कड़ नाटकों 'समय नहीं है' और 'योग सब के लिए' का मंचन किया गया।इस मौके पर कृषि वैज्ञानिक जे.एस. उरकुरकर ने स्वरचित कविता का पाठ किया। दिव्यांग बच्चियों ने देशभक्तिपूर्ण गीतों की सुमधुर प्रस्तुति देकर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। डॉ. सोलंकी और मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले ने अपने प्रभावशाली संबोधन से दिव्यांग बच्चियों सहित उपस्थित जनों को स्वतंत्रता के साथ संस्कार और दायित्व का बोध कराया। इस मौके पर दिव्यांग बालिका विकास गृह की प्रभारी मालती मिश्रा, सियान गुड़ी के प्रभारी प्रवीण क्षीरसागर, वरिष्ठ रंगसाधक अनिल श्रीराम कालेले, अरुण कठोटे, गौरी क्षीरसागर, दीपक पात्रीकर, दिव्या पात्रीकर, सखी निवास प्रभारी नमिता शेष, सुशांत गुप्ता, विक्रांत, क्षीरसागर, समीक्षा टोले, भालचंद्र पलसोदकर सहित अनेक पदाधिकारी, सभासद सहित आमजन उपस्थित रहे।
- रायपुर। टाटीबंध में नगर निगम द्वारा निर्मित महतारी सदन में महाराष्ट्र मंडल द्वारा संचालित हाईटेक आंगनबाड़ी में मंडल सचिव चेतन दंडवते ने ध्वजारोहण किया। आंगनबाड़ी के पहले स्वतंत्रता दिवस समारोह पर मासूम बच्चों को मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। साथ ही कई राष्ट्रभक्ति जगाने वाली प्रस्तुतियों से तालियां बटोरीं। इस अवसर पर मंडल के कार्यकारिणी सदस्य परितोष डोनगांवकर, सह-सचिव अजय पोतदार, आंगनबाड़ी प्रभारी डॉ. शुचिता देशमुख, गणेशा जाधव, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पदाधिकारी धर्मवीर सिंह, विभूति भूषण पांडे, आशुतोष दुबे, जितेंद्र शर्मा, संतोष गुप्ता, धीरेंद्र मिश्रा सहित अन्य स्वयंसेवक और पदाधिकारी, आंगनबाड़ी की शिक्षिकाएं भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
- - राज्यसभा सांसद ने आरसेटी एवं सेवा सेतु केंद्र का किया शुभारंभ- सेवा सेतु केंद्र से चार से छह दिनों में मिल रहे प्रमाण पत्र, लाभान्वित हितग्राहियों से की चर्चा- प्रशिक्षणार्थी महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण के लिए किया प्रोत्साहितमोहला । स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राज्यसभा सांसद श्रीमती लक्ष्मी वर्मा ने जिले के मानपुर विकासखंड में विभिन्न जनहितकारी संस्थानों एवं सुविधाओं का शुभारंभ किया। उन्होंने ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) एवं सेवा सेतु केंद्र का शुभारंभ करते हुए कहा कि इन संस्थानों के माध्यम से आमजन को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होने के साथ ही महिलाओं एवं युवाओं को प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने मानपुर में ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) का शुभारंभ किया। उन्होंने आरसेटी में संचालित होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रमों एवं ट्रेड की जानकारी ली। संबंधित अधिकारी ने बताया कि आरसेटी में प्रथम बैच का प्रशिक्षण प्रारंभ किया जा रहा है, जिसमें महिलाओं को पशु सखी का प्रशिक्षण दिया जाएगा। श्रीमती वर्मा ने प्रशिक्षणार्थी महिलाओं से संवाद कर प्रशिक्षण के संबंध में जानकारी ली और उन्हें प्रोत्साहित करते हुए कहा कि शासन एवं जिला प्रशासन के सहयोग से प्रारंभ किए गए आरसेटी का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं एवं महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण को केवल सीखने तक सीमित न रखें, बल्कि इसे आर्थिक सशक्तिकरण और स्वरोजगार का माध्यम बनाएं। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद हितग्राहियों को स्वरोजगार से जोड़ने हरसंभव सहयोग एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाए। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षण कक्ष का अवलोकन भी किया।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने अनुविभागीय कार्यालय मानपुर परिसर में सेवा सेतु केंद्र का भी शुभारंभ किया। उन्होंने केंद्र के माध्यम से नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सेवाओं की जानकारी ली तथा सेवा सेतु से लाभान्वित हितग्राहियों से संवाद किया। मानपुर निवासी कुलदीप कुमार ने बताया कि उन्होंने सेवा सेतु के माध्यम से आय प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया था, जो उन्हें मात्र चार दिनों में प्राप्त हो गया। इसी प्रकार आर्यन कुमार एवं सुलेमान ने बताया कि सेवा सेतु केंद्र में आवेदन करने के बाद उन्हें छह दिनों में जाति प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया। हितग्राहियों ने समयबद्ध तरीके से दस्तावेज उपलब्ध होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए शासन की इस पहल की सराहना की।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आम नागरिकों को शासकीय सेवाएं एवं आवश्यक दस्तावेज सरल, सुगम और समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। सेवा सेतु जैसे केंद्रों से लोगों को शासकीय कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें निर्धारित समय-सीमा में सेवाओं का लाभ मिल सकेगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण करते हुए जनहित में संवेदनशीलता और तत्परता से कार्य करें, ताकि आमजन को बिना किसी परेशानी के समय-सीमा में आवश्यक दस्तावेज एवं शासकीय सेवाएं उपलब्ध हो सकें।इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह, कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति, एसएसपी श्री यशपाल सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री भोजेश शाह मांडवी, जनपद सदस्य श्रीमती रेणु टांडिया, जनप्रतिनिधि श्री दिलीप वर्मा, श्री मदन साहू, एसडीएम मानपुर श्री अमित नाथ योगी, अपर कलेक्टर श्री मिथलेश डोंडे सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी एवं संबंधित संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
- बलौदाबाजार /कलेक्टर कुलदीप शर्मा रविवार को नवीन कृषि उपज मंडी परिसर स्थित मनोविकास केंद्र पहुंचे। उन्होंने केन्द्र में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों से संवाद कर गणतंत्र दिवस की शुभकामनायें दीं। इस दौरान उन्होंने मनोविकास केंद्र में विभिन्न मानसिक विकारों से पीड़ित बच्चों क़ो उपहार भेंट कर बच्चों का प्रोत्साहित किया।कलेक्टर ने सभी बच्चों से मुलकात कर उनका कुशलक्षेम जाना और पढ़ाई के लिये उपयोग कर रहे विभिन्न मॉडलो के बारे मे पूछताछ की। इस दौरान उन्होंने वहां उपस्थित बच्चों के अभिभावकों से केन्द्र के उपचार से लाभ के बारे मे जानकारी ली। अभिभावकों ने मनोविकास केंद्र को बच्चों के ईलाज और मानसिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।उन्होंने कहा कि केन्द्र मे आकर बच्चों को बहुत लाभ मिल रहा है।कलेक्टर ने केंद्र के एडमिन कक्ष, बच्चों के कक्ष, फिजियो थेरेपी रूम, ऑडियोमेट्री रूम सहित बैठक हाल का जायजा लिया। इस अवसर पर बच्चों ने योगा के साथ ही सुंदर सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति देकर अपने हुनर का परिचय दिया। बताया गया कि वर्तमान में लगभग 40 विशेष आवश्यकता वाले बच्चे केंद्र में दाखिला लिये हैं । इन बच्चों क़ो पढ़ाने के लिए 3 स्पेशल एजुकेटर, फिजियो थिरेपिस्ट और ऑडियो मेट्रियोलॉजिस्ट और योगा प्रशिक्षक हैं।
- -मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद संतोष पाण्डेय की खरी-खरी : ‘वन्देमातरम्’ स्वतंत्रता संग्राम का मूल मंत्र और 140 करोड़ भारतीयों की आस्था का प्रतीक, इसका निरादर अक्षम्य अपराध"कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व की राष्ट्रविरोधी और तुष्टीकरण की मानसिकता एक बार फिर उजागर, इस अपराध के लिए बिना शर्त सार्वजनिक रूप से माफी मांगें"रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पाण्डेय ने कांग्रेस मुख्यालय में राष्ट्रगीत ‘वन्देमातरम्’ के प्रति अनादर प्रदर्शित करने पर सोनिया गांधी, राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर तीखा हमला बोलते हुए इसे देश की संप्रभुता, स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान और राष्ट्र के गौरव का खुला अपमान करार देते हुए तीनों नेताओं के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद श्री पाण्डेय ने कहा कि जिस ‘वन्देमातरम्’ के उद्घोष ने देश के स्वाधीनता आंदोलन को ऊर्जा दी और जिसके लिए लाखों वीरों ने हँसते-हँसते अपने प्राणों की आहुति दे दी, उसी राष्ट्रगीत का अपमान कांग्रेस के केंद्रीय कार्यालय में उसके शीर्ष नेताओं द्वारा ही होना अत्यंत शर्मनाक और निंदनीय है। यह कृत्य साबित करता है कि गांधी परिवार और कांग्रेस नेतृत्व के मन में भारत के राष्ट्रीय प्रतीकों और संविधान के प्रति रत्तीभर भी सम्मान नहीं है। श्री पाण्डेय ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास हमेशा से राष्ट्र प्रतीकों की उपेक्षा और संकीर्ण वोट बैंक की राजनीति का रहा है। गांधी परिवार और मल्लिकार्जुन खड़गे ने एक विशेष वर्ग को साधने और तुष्टीकरण की पराकाष्ठा पार करते हुए राष्ट्रगीत की गरिमा को ठेस पहुँचाई है। जो पार्टी राष्ट्रगीत का सम्मान नहीं कर सकती, वह राष्ट्रहित की बात करने का नैतिक अधिकार पूरी तरह खो चुकी है।भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद श्री पाण्डेय ने मांग की कि राष्ट्रगीत के अपमान की धाराओं के तहत सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे पर तुरंत प्राथमिकी दर्ज की जाए। इसके साथ ही कांग्रेस नेतृत्व अपने इस अक्षम्य कृत्य के लिए बिना शर्त पूरे देश की जनता और वीर स्वतंत्रता सेनानियों की स्मृति से सार्वजनिक रूप से माफी मांगे।
- रायपुर। देश के पूर्व प्रधानमंत्री 'भारत रत्न' स्व. अटलबिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि के अवसर पर शनिवार को कुशाभाऊ ठाकरे परिसर स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय की उपस्थिति में भाजपा पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं व नेताओं ने 'स्मृति मन्दिर में अटलजी की प्रतिमा व तैलचित्र पर माल्यार्पण व पुष्पांजलि अर्पित कर उनका श्रद्धापूर्वक स्मरण किया।इस मौके पर भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा, नागरिक आपूर्ति निगम अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, प्रदेश कार्यालय मंत्री अशोक बजाज, प्रदेश सह कार्यालय मंत्री प्रीतेश गांधी, अंजय शुक्ला सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
- -प्रदेश उपाध्यक्ष रंजना साहू का तीखा हमला : 23 मार्च के भाजपा के संगठनात्मक कार्यक्रम के वीडियो को 15 अगस्त का बताकर भ्रम फैला रहे कांग्रेसीरायपुर। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष रंजना साहू ने कांग्रेस पार्टी के केंद्रीय और प्रदेश नेतृत्व पर तीखा प्रहार करते हुए कहा है कि स्वतंत्रता दिवस जैसे पावन राष्ट्रीय पर्व पर भी कांग्रेस अपनी ओछी राजनीति से बाज नहीं आ रही है। श्रीमती साहू ने कहा कि कांग्रेस के कृत्यों के खिलाफ इन दिनों भारी आक्रोश है, तो कांग्रेस का पूरा तंत्र झूठ और षड्यंत्र का सहारा ले रहा है। भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती साहू ने कहा कि अपनी शर्मनाक कोशिशों में कांग्रेस के नेता इतने हताश और बदहवास हो चुके हैं कि वे वरिष्ठ भाजपा विधायक अजय चंद्राकर के महीनों पुराने वीडियो को स्वतंत्रता दिवस का बताकर झूठा प्रचार कर रहे हैं। श्रीमती साहू ने कहा कि जिस वीडियो और तस्वीर को कांग्रेसी स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त, 2026) का बताकर भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं, उस पोस्ट पर 23 मार्च की तारीख स्पष्ट रूप से दर्ज है। यह वीडियो 15 अगस्त का कतई नहीं है, बल्कि 22-23 मार्च 2026 को कुरुद (धमतरी) स्थित स्वामी विवेकानंद मंगल भवन में आयोजित भाजपा के पंडित दीनदयाल उपाध्याय मंडल प्रशिक्षण वर्ग के दौरान पार्टी ध्वज फहराने का है। संगठनात्मक प्रशिक्षण वर्ग के वीडियो को स्वतंत्रता दिवस का बताकर जनता को गुमराह करना कांग्रेस के बौद्धिक दीवालियापन और घटिया स्तर की राजनीति को उजागर करता है। श्रीमती साहू ने कहा कि देश पर 55 वर्षों तक शासन करने वाली पार्टी राष्ट्रीय पर्व पर इस स्तर की फर्जी और भ्रामक राजनीति पर उतर आएगी, यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। जनता अब कांग्रेस के इस दोहरे चरित्र और दुष्प्रचार को भली-भाँति समझ चुकी है। कांग्रेस चाहे जितने भी षड्यंत्र रच ले, वह अपनी दरिद्र मानसिकता और आपराधिक कृत्यों से बच नहीं सकती। भाजपा कांग्रेस के इस फर्जीवाड़े की कड़े शब्दों में निंदा करती है।
- बलौदाबाजार / सद्भाव और भाईचारा का सन्देश देने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिला प्रशासन द्वारा शनिवार को सद्भावना क्रिकेट मैच का आयोजन किया गया। पंडित चक्रपाणी शुक्ल हाई स्कूल मैदान में आयोजित सद्भावना क्रिकेट मैच मे प्रशासन एकादश और पत्रकार इलेवन की टीम ने भाग लिया। मैच में दोनों टीमों ने खेल भावना का परिचय देते हुए अच्छा प्रदर्शन किया जिसमें प्रशासन एकादश क़ी टीम ने बेहतर प्रदर्शन कर विजेता बना।विजेता टीम के कप्तान कलेक्टर कुलदीप शर्मा एवं उप विजेता टीम के कप्तान नरेश गनशानी क़ो ट्रॉफी प्रदान किया गया। टॉस जीत कर पत्रकार इलेवन क़ी टीम ने पहले बल्लेबाजी चुना और निर्धारित 8 ओवर में 3 विकेट खोकर 123 रन बनाए ।124 रन के लक्ष्य क़ा पीछा करते हुए प्रशासन एकादश क़ी मजबूत टीम ने 7 ओवर में 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया । इस तरह से प्रशासन एकादश 7 विकेट से विजयी हुआ। बैटिंग और बॉलिंग में बेहतर प्रदर्शन करने पर प्रशासन एकादश से प्रेम निषाद को ऑल राउंडर,बेस्ट फिल्डर आशीष तिवारी,बेस्ट बैट्स मैन के लिए पत्रकार इलेवन से खिलेश्वर जायसवाल एवं बेस्ट बॉलर के लिये दिलीप माहेश्वरी को ट्रॉफी प्रदान किया गया इस अवसर पर कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस पर सद्भावना मैच का आयोजन अच्छी पहल है जिसमें प्रशासन और नागरिकों मे मेल- मिलाप बढ़ता है और एक दूसरे क़ो जानने का भी मौका मिलता है। इस बार बॉलिंग मे एक खिलाडी एक ओवर नियम से सभी को बॉलिंग का मौका मिला।खेल में हार -जीत होता ही है, दोनों टीम के खिलाड़ियों ने टीम भावना के साथ उत्साह के साथ खेला।इस अवसर पुलिस अधीक्षक गौरव राय,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खोमन सिन्हा,खेल अधिकारी प्रीति बंछोर सहित अधिकारी- कर्मचारी,पत्रकार एवं खेल प्रेमी उपस्थित थे।
- -बिहान से जुड़कर स्वरोजगार की नई राह चुनी, ई-रिक्शा से हर माह 15 से 18 हजार रुपये की शुद्ध आय-रक्षाबंधन पर मिला ई-रिक्शा बना संगीता के लिए आत्मनिर्भरता, स्वाभिमान और सम्मान का प्रतीकरायपुर। स्वतंत्रता दिवस केवल देश की आजादी का पर्व नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता और स्वाभिमान की भावना को मजबूत करने का अवसर भी है। आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनकर अपने परिवार की जिम्मेदारियों में योगदान देने वाली जशपुर जिले के दुलदुला विकासखंड की श्रीमती संगीता देवी की कहानी इसी संकल्प को साकार करती है। कभी परिवार की जरूरतों और कृषि कार्य के लिए छोटे-छोटे ऋण पर निर्भर रहने वाली संगीता आज स्वयं ई-रिक्शा चलाकर प्रतिमाह लगभग 15 से 18 हजार रुपये की शुद्ध आय अर्जित कर रही हैं और ‘लखपति दीदी’ बनने की दिशा में आगे बढ़ चुकी हैं।ग्राम पंचायत छेरडाढ़ की दीपक स्व-सहायता समूह की सदस्य श्रीमती संगीता देवी वर्ष 2018 में छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) से जुड़ीं। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें बचत, ऋण सुविधा और विभिन्न आजीविका गतिविधियों की जानकारी मिली। उन्होंने छोटे-छोटे ऋण लेकर कृषि कार्य और परिवार की आवश्यकताओं को पूरा किया। समय के साथ उनमें स्वयं की स्थायी आय का साधन विकसित करने की इच्छा मजबूत हुई। इसी सोच के साथ उन्होंने दुलदुला के संकुल संगठन के समक्ष ई-रिक्शा के माध्यम से आजीविका शुरू करने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने दुलदुला से पतराटोली मार्ग पर सवारी मिलने की संभावनाओं का भी आकलन किया। उनकी पहल, इच्छाशक्ति और आजीविका के प्रति स्पष्ट सोच को देखते हुए मुख्यमंत्री जशपुर एक्सप्रेस योजना के तहत वर्ष 2025 में उन्हें बैटरी चालित ई-रिक्शा उपलब्ध कराया गया।’रक्षाबंधन पर मिला उपहार बना आत्मनिर्भरता का माध्यम’वर्ष 2025 में रक्षाबंधन के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के कर-कमलों से जिले की 13 दीदियों को ई-रिक्शा प्रदान किए गए थे। संगीता देवी के लिए यह ई-रिक्शा केवल आवागमन का साधन नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता की नई शुरुआत साबित हुआ। ई-रिक्शा मिलने के बाद संगीता ने स्वयं इसका संचालन शुरू किया। पिछले करीब एक वर्ष से वे नियमित रूप से ई-रिक्शा चला रही हैं। प्रतिदिन लगभग 700 से 800 रुपये की आमदनी होती है। परिचालन एवं अन्य खर्च निकालने के बाद उन्हें प्रतिमाह लगभग 15 से 18 हजार रुपये की शुद्ध आय प्राप्त हो रही है।’आय बढ़ी तो परिवार में भी आया बदलाव’ई-रिक्शा से प्राप्त आय ने संगीता के परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया है। वे अपने बच्चों के पालन-पोषण और उनकी आवश्यकताओं को बेहतर ढंग से पूरा कर पा रही हैं। साथ ही परिवार की जरूरतों में आर्थिक सहयोग देने के साथ आवश्यकता पड़ने पर अपने पति की भी मदद कर रही हैं। आर्थिक आत्मनिर्भरता ने उनके भीतर आत्मविश्वास और निर्णय लेने की क्षमता को भी मजबूत किया है।संगीता बताती हैं कि बिहान से जुड़ने के बाद उन्हें समूह की ताकत और आजीविका के नए अवसरों की जानकारी मिली। ई-रिक्शा ने उन्हें अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर दिया। अब वे अन्य बिहान दीदियों को भी पारंपरिक कृषि गतिविधियों के साथ गैर-कृषि गतिविधियों और स्वरोजगार के नए अवसर अपनाने के लिए प्रेरित कर रही हैं।’ग्रामीण महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणा’संगीता देवी की सफलता इस बात का उदाहरण है कि जब ग्रामीण महिलाओं को स्व-सहायता समूहों के माध्यम से संगठित किया जाए और उन्हें वित्तीय सहायता, आजीविका के अवसर तथा प्रशासन का मार्गदर्शन मिले, तो वे अपनी मेहनत और इच्छाशक्ति से आत्मनिर्भरता की नई राह बना सकती हैं। उनकी कहानी यह भी दर्शाती है कि महिला आर्थिक रूप से सशक्त होती है तो उसका सकारात्मक प्रभाव पूरे परिवार पर पड़ता है। परिवार की आर्थिक मजबूती के साथ बच्चों की शिक्षा, बेहतर जीवन-स्तर और सामाजिक आत्मविश्वास को भी नई दिशा मिलती है।श्रीमती संगीता देवी ने ई-रिक्शा उपलब्ध कराने और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अवसर प्रदान करने के लिए जिला प्रशासन जशपुर एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है। उनका कहना है कि ई-रिक्शा ने उन्हें केवल आय का साधन नहीं दिया, बल्कि सम्मान के साथ अपने पैरों पर खड़े होने का आत्मविश्वास भी दिया। स्वतंत्रता दिवस पर संगीता देवी की कहानी आर्थिक आत्मनिर्भरता के उस संदेश को मजबूत करती है, जिसमें स्वावलंबन से सम्मान, आजीविका से आत्मविश्वास और मेहनत से सफलता की नई राह तैयार होती है।
- -लंबे समय से रिक्त पदों पर भर्ती से विभाग को मिलेगी नई ऊर्जा, जमीनी स्तर पर पोषण अभियानों का होगा बेहतर क्रियान्वयनरायपुर। महिला सशक्तिकरण और नौनिहालों के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्ध छत्तीसगढ़ सरकार ने एक और बड़ा निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व वाली सुशासन सरकार में महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के विशेष प्रयासों से, विभाग के अंतर्गत पर्यवेक्षकों (सुपरवाइजर) के 50 रिक्त पदों पर सीधी भर्ती को आधिकारिक सहमति प्रदान कर दी गई है। मैदानी स्तर पर विभाग की योजनाओं—विशेषकर आंगनबाड़ी केंद्रों के सुचारू संचालन, पोषण अभियानों की निगरानी, महत्वपूर्ण सामाजिक पहलों के क्रियान्वयन—में पर्यवेक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। लंबे समय से इन पदों के रिक्त होने के कारण मैदानी स्तर पर कार्य का दबाव था। इन 50 नए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति से विभागीय ढांचे को ऐतिहासिक मजबूती मिलेगी और शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम छोर पर बैठे हितग्राहियों तक और अधिक प्रभावी ढंग से पहुँच सकेगा।इस महत्वपूर्ण स्वीकृति पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा, "माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के सुशासन और दूरदर्शी नेतृत्व के चलते आज विभाग को यह अहम स्वीकृति मिली है। पर्यवेक्षकों की कमी से जमीनी स्तर पर मॉनिटरिंग में जो चुनौतियां आ रही थीं, वे अब दूर होंगी। हमारी सरकार माताओं और बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और सुरक्षा के प्रति पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है। इन नई नियुक्तियों से विभाग की कार्यक्षमता में व्यापक सुधार आएगा और हमारी आंगनबाड़ी व्यवस्था अधिक सुदृढ़ होगी।"ज्ञात हो कि संचालनालय, महिला एवं बाल विकास द्वारा इन पदों की पूर्ति के लिए शासन से अनुमति मांगी गई थी। विभागीय मंत्री के निर्देश पर इस प्रक्रिया में तेजी लाई गई और 13 अगस्त 2026 को वित्त विभाग द्वारा 50 पर्यवेक्षकों की भर्ती के लिए विधिवत सहमति जारी कर दी गई है। इसके पश्चात महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा भी आदेश जारी कर भर्ती प्रक्रिया का रास्ता पूरी तरह साफ कर दिया गया है। इस बहुप्रतीक्षित फैसले से न केवल विभाग के कार्यों में गति आएगी, बल्कि प्रदेश की योग्य युवतियों और महिलाओं को शासकीय सेवा में आकर समाज के लिए कार्य करने का एक बड़ा अवसर भी प्राप्त होगा।
- -छत्तीसगढ़ के कॉलेजों में बढ़ा दाखिले का दायरा- अब 31 अगस्त तक ले सकेंगे प्रवेशरायपुर। उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा कि हमारी सरकार का मूल ध्येय प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक शिक्षा का प्रकाश पहुँचाना है। दूरस्थ और ग्रामीण अंचलों के कई मेधावी युवा विभिन्न व्यावहारिक कठिनाइयों के कारण समय पर प्रवेश नहीं ले सके थे। हम नहीं चाहते कि तिथियों के फेर में किसी भी योग्य विद्यार्थी का एक साल खराब हो या वह उच्च शिक्षा से वंचित रह जाए। छात्रहित को सर्वोपरि रखते हुए प्रवेश की तारीख 31 अगस्त तक बढ़ाई गई है। मैं सभी विद्यार्थियों से अपील करता हूँ कि वे इस अवसर का पूरा लाभ उठाएं।छत्तीसगढ़ शासन के उच्च शिक्षा विभाग ने प्रदेश के हजारों विद्यार्थियों को बड़ी राहत देते हुए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए कॉलेजों में प्रवेश की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। राज्य के जिन शासकीय और निजी महाविद्यालयों में अभी भी सीटें रिक्त हैं, वहाँ छात्र अब 31 अगस्त 2026 तक दाखिला ले सकेंगे। उच्च शिक्षा विभाग द्वारा इस संबंध में विधिवत आदेश जारी कर दिया गया है।उल्लेखनीय है कि इससे पहले विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत प्राचार्य स्तर पर प्रवेश की समय सीमा 31 जुलाई तक और कुलपति की अनुमति से 14 अगस्त तक तय की गई थी। लेकिन अंतिम तिथि बीतने के बाद भी कई महाविद्यालयों में सीटें खाली रह गई थीं और दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले कई अभ्यर्थी समय पर आवेदन नहीं कर पाए थे। इसी स्थिति को ध्यान में रखते हुए शासन ने तिथि विस्तार का यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।
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रायपुर प्रेस क्लब ने पुनर्जीवित किया पूर्व में संचालित कोष
QR कोड जारी कर शुरू किया “आपका सहयोग, अपने लिए” अभियान
आज का सहयोग, कल का सहारा
रायपुर। पत्रकार साथी या उनके परिवार के सामने आने वाली आकस्मिक और कठिन परिस्थितियों में सहयोग की भावना को एक सशक्त और सहज माध्यम देने के उद्देश्य से रायपुर प्रेस क्लब ने पूर्व में संचालित पत्रकार कल्याण कोष को पुनः सक्रिय करने का निर्णय लिया है। इसी क्रम में रविवार को प्रेस क्लब परिसर में आयोजित कार्यक्रम में पत्रकार कल्याण कोष के खाते का QR कोड जारी कर इसे सार्वजनिक किया गया।
QR कोड जारी करने के साथ ही “आपका सहयोग, अपने लिए” अभियान की शुरुआत की गई। अभियान के तहत प्रेस क्लब अध्यक्ष मोहन तिवारी और मनीष वोरा ने स्वयं सहयोग राशि देकर पत्रकार साथियों से अपनी क्षमता के अनुसार कोष में योगदान करने की अपील की। इसके बाद अभियान के पहले ही दिन बृजेश चौबे, प्रशांत शर्मा, रामावतार तिवारी, मनीष वोरा, दिलीप साहू त्रिलोचन मानिकपुरी ,भूपेश जांगड़े, नरेंद्र बंगाले, भरत योगी, अमृता शर्मा, ऋषि नेताम, सहित पत्रकार साथियों ने यथासंभव सहयोग राशि देकर इस पहल को अपना समर्थन दिया।
अब पत्रकार साथी अपनी इच्छानुसार इस कोष में आसानी से सहयोग कर सकेंगे। इसके अलावा पत्रकारों के शुभचिंतक एवं पत्रकारों के सुख-दुख में सहभागी बनने की इच्छा रखने वाले आम नागरिक भी इस कोष में अपना योगदान दे सकेंगे। QR कोड के माध्यम से प्राप्त राशि का उपयोग आकस्मिक एवं दुखद परिस्थितियों में जरूरतमंद पत्रकारों अथवा उनके परिवारों को संबल प्रदान करने के लिए किया जाएगा। सहायता से संबंधित निर्णय निर्धारित नियम एवं प्रक्रिया के अनुसार प्रेस क्लब की कार्यकारिणी द्वारा लिया जाएगा।
पुरानी परंपरा को फिर मिली नई शुरुआत
रायपुर प्रेस क्लब में पत्रकार कल्याण की इस पहल का इतिहास पुराना है। वर्ष 2003-04 में तत्कालीन प्रेस क्लब अध्यक्ष बृजेश चौबे के कार्यकाल में पत्रकार कल्याण कोष की शुरुआत की गई थी। उस समय भी पत्रकारों के साथ-साथ आम लोगों से सहयोग लेकर जरूरत के समय पत्रकार साथियों की सहायता करने की परंपरा शुरू की गई थी। अब उसी भावना और परंपरा को आगे बढ़ाते हुए वर्तमान कार्यकारिणी ने पुराने कल्याण कोष के खाते को पुनः सक्रिय कर इसे व्यवस्थित रूप से संचालित करने का निर्णय लिया है।
रायपुर प्रेस क्लब अध्यक्ष मोहन तिवारी ने कहा कि प्रेस क्लब पत्रकारों की हर सुख-दुख की घड़ी में उनके साथ खड़ा रहने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि पत्रकार कल्याण कोष को पुनर्जीवित करने का उद्देश्य ऐसा सशक्त माध्यम तैयार करना है, जिसमें पत्रकार साथी अपनी क्षमता के अनुसार योगदान दें और जरूरत पड़ने पर इसी सामूहिक सहयोग का उपयोग किसी पत्रकार या उसके परिवार को कठिन समय में संबल देने के लिए किया जा सके। उन्होंने कहा कि यह किसी एक व्यक्ति के लिए नहीं, बल्कि पूरे पत्रकार परिवार के लिए सामूहिक सुरक्षा और सहयोग की भावना है।
इस अवसर पर पुराने पत्रकार कल्याण कोष के खाते को पुनः संचालित कराने में विशेष सहयोग करने वाले पूर्व एसबीआई अधिकारी एवं एंकर शकील साजिद का प्रेस क्लब की ओर से विशेष आभार व्यक्त करते हुए सम्मान किया गया। शकील साजिद ने पत्रकार हित में प्रेस क्लब की इस पहल की सराहना करते हुए पत्रकारों के हर सुख-दुख में सहयोगी बने रहने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व प्रेस क्लब अध्यक्ष बृजेश चौबे ने पत्रकार कल्याण कोष के गठन की अवधारणा और उसके शुरुआती दौर की जानकारी साझा की। उन्होंने वर्तमान कार्यकारिणी को इस पहल को पुनः शुरू करने के लिए बधाई देते हुए कोष के सुचारू एवं पारदर्शी संचालन के लिए राशि के उपयोग की स्पष्ट नियमावली और प्रक्रिया निर्धारित करने का सुझाव दिया।
कार्यक्रम में प्रेस क्लब अध्यक्ष मोहन तिवारी, महासचिव गौरव शर्मा, उपाध्यक्ष दिलीप साहू, कोषाध्यक्ष दिनेश यदु, संयुक्त सचिव निवेदिता साहू एवं भूपेश जांगड़े सहित वरिष्ठ पत्रकार प्रशांत शर्मा, विजय मिश्रा, मनीष वोरा, विकास शर्मा, मुकेश वर्मा, भरत योगी, जावेद अली, योगेश साहू, विनय घाटगे,त्रिलोचन मानिकपुरी, विद्याभूषण सहित अन्य पत्रकार साथी उपस्थित रहे। - -लखनपुर के ग्राम कटकोना में क्षेत्रवासियों से किया सीधा संवाद, खदान से जुड़े विषय पर ग्रामीणों को दिया भरोसा-ग्रामीणों के हितों की रक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता, किसी भी स्तर पर नहीं होगा समझौता: -राजेश अग्रवालरायपुर। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने आज लखनपुर विकासखंड के ग्राम कटकोना पहुंचकर क्षेत्रवासियों से सीधा संवाद किया। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याओं, आवश्यकताओं और स्थानीय स्तर पर सामने आ रहे विभिन्न विषयों की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित एवं यथोचित निराकरण के लिए आवश्यक निर्देश दिए।मंत्री श्री अग्रवाल ने ग्रामीणों से संवाद के दौरान उनकी बातों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि के रूप में क्षेत्र की जनता से सीधे संवाद करना और उनकी समस्याओं को समझकर उनका समाधान सुनिश्चित करना उनकी प्राथमिकता है। ग्रामीणों द्वारा बताई गई समस्याओं के संबंध में उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों से आवश्यक जानकारी ली और समस्याओं के निराकरण के लिए समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।इस दौरान ग्रामवासियों ने खदान से संबंधित विभिन्न विषय भी मंत्री श्री राजेश अग्रवाल के संज्ञान में लाए। ग्रामीणों की चिंताओं को गंभीरता से सुनते हुए मंत्री ने कहा कि इस विषय में ग्रामवासियों के हितों को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि पूरे मामले का यथोचित परीक्षण कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।श्री अग्रवाल ने कहा कि विकास कार्यों का उद्देश्य क्षेत्र के लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना है। विकास के साथ स्थानीय लोगों के हितों, सुविधाओं और अधिकारों का संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि ग्रामवासियों के हितों की रक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत समस्याओं के समाधान के लिए संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं और विकास कार्यों का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना तथा क्षेत्र की वास्तविक आवश्यकताओं के अनुरूप कार्य करना सरकार की प्राथमिकता है।ग्राम कटकोना में मंत्री श्री अग्रवाल के साथ हुए संवाद के दौरान ग्रामीणों ने विभिन्न स्थानीय विषयों और आवश्यकताओं से उन्हें अवगत कराया। मंत्री ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि उनके द्वारा उठाए गए विषयों पर संबंधित विभागों के माध्यम से आवश्यक कार्रवाई की जाएगी और जनहित से जुड़े मामलों को प्राथमिकता के साथ देखा जाएगा। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों की सहभागिता से ही विकास की दिशा को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। ग्रामीणों की अपेक्षाओं और सुझावों को विकास कार्यों में शामिल करते हुए क्षेत्र को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे। ग्रामवासियों ने मंत्री श्री राजेश अग्रवाल द्वारा उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुनने और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए जाने पर आभार व्यक्त किया।
- -अटल जी का जीवन राष्ट्रसेवा, सुशासन, लोकतांत्रिक मूल्यों और सांस्कृतिक चेतना की प्रेरणा: श्री राजेश अग्रवाल-छत्तीसगढ़ राज्य के निर्माता के रूप में अटल जी का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगारायपुर । भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री श्रद्धेय श्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि अटल जी भारतीय राजनीति के ऐसे विराट व्यक्तित्व थे, जिन्होंने अपने विचारों, सिद्धांतों, संवेदनशील नेतृत्व और राष्ट्रहित को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने की भावना से सार्वजनिक जीवन में एक नई मिसाल कायम की। उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा।श्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी का छत्तीसगढ़ से विशेष और आत्मीय संबंध रहा है। उनके दूरदर्शी नेतृत्व में 1 नवंबर 2000 को छत्तीसगढ़ देश के नए राज्य के रूप में अस्तित्व में आया। छत्तीसगढ़ के गठन का निर्णय केवल प्रशासनिक पुनर्गठन नहीं था, बल्कि यह प्रदेश की जनता की आकांक्षाओं, पहचान और विकास की संभावनाओं को नई दिशा देने वाला ऐतिहासिक निर्णय था। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी भी छत्तीसगढ़ की रजत जयंती के अवसर पर अटल जी को राज्य के निर्माण की दूरदर्शी सोच वाला नेता बताते हुए उनके योगदान को स्मरण कर चुके हैं।पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल ने कहा कि अटल जी ने राजनीति में विचारों की गरिमा, संवाद की संस्कृति और लोकतांत्रिक मूल्यों को सर्वाेच्च स्थान दिया। वे अपनी प्रभावशाली वाणी के साथ-साथ सहज, सरल और संवेदनशील व्यक्तित्व के लिए भी सदैव याद किए जाते रहेंगे। उन्होंने राष्ट्रहित को राजनीति से ऊपर रखा और विभिन्न विचारधाराओं के लोगों के साथ संवाद एवं समन्वय की लोकतांत्रिक परंपरा को मजबूत किया।उन्होंने कहा कि अटल जी का व्यक्तित्व केवल राजनीतिक नेतृत्व तक सीमित नहीं था। वे एक संवेदनशील कवि, प्रखर वक्ता और भारतीय संस्कृति एवं राष्ट्र चेतना के सजग प्रतिनिधि थे। उनके विचारों में देश की सांस्कृतिक विरासत के प्रति गहरा सम्मान और आधुनिक भारत के निर्माण की स्पष्ट दृष्टि दिखाई देती थी। उनकी सरकार के कार्यकाल में देश ने अधोसंरचना, विज्ञान, प्रौद्योगिकी, परमाणु क्षमता और राष्ट्रीय सुरक्षा सहित अनेक क्षेत्रों में महत्वपूर्ण प्रगति की।श्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि अटल जी ने देश को विकास के साथ अपनी जड़ों और विरासत से जुड़े रहने का संदेश दिया। आज छत्तीसगढ़ अपनी समृद्ध लोककला, लोकसंस्कृति, जनजातीय परंपराओं, ऐतिहासिक धरोहरों और प्राकृतिक सौंदर्य को देश-दुनिया तक पहुंचाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। ऐसे समय में अटल जी की दूरदर्शिता और विकास के साथ विरासत को सम्मान देने की सोच विशेष रूप से प्रासंगिक है।उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के पर्यटन और संस्कृति के विकास के प्रयासों में भी अटल जी की उस सोच को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसमें प्रदेश की प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक संपदा को विकास का आधार बनाया जा सकता है। राज्य की ऐतिहासिक धरोहरें, पुरातात्विक स्थल, जनजातीय संस्कृति, लोककलाएं, धार्मिक स्थल और प्राकृतिक पर्यटन केंद्र छत्तीसगढ़ की विशिष्ट पहचान हैं। इनके संरक्षण और संवर्धन के साथ पर्यटन को रोजगार और आर्थिक अवसरों से जोड़ना राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री ने कहा कि श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी को वर्ष 2014 में देश के सर्वाेच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके राष्ट्र के प्रति आजीवन समर्पण और अतुलनीय योगदान का सम्मान है। अटल जी का जीवन हमें सिखाता है कि सार्वजनिक जीवन में सिद्धांत, संवेदनशीलता, राष्ट्रभक्ति और जनसेवा का महत्व सर्वाेपरि है। उनके आदर्शों को आत्मसात करते हुए हम सभी को छत्तीसगढ़ के विकास, समृद्धि और सांस्कृतिक गौरव को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का संकल्प लेना चाहिए।श्री अग्रवाल ने पुण्यतिथि पर श्रद्धेय श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी को नमन करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की धरती और प्रदेश की जनता उनके ऐतिहासिक योगदान को सदैव कृतज्ञता के साथ स्मरण करती रहेगी। अटल जी ने जिस छत्तीसगढ़ की कल्पना की थी, उसे विकसित, समृद्ध, आत्मविश्वासी और अपनी संस्कृति एवं विरासत पर गर्व करने वाला प्रदेश बनाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
- -दिल्ली की राष्ट्रीय प्रदर्शनी में छाईं गौरेला-पेंड्रा-मरवाही की राखियां, महिला स्व-सहायता समूहों की रचनात्मकता ने खींचा व्यापारियों का ध्यान-स्थानीय उत्पादों को मिल रहा राष्ट्रीय बाजार, ‘लोकल से ग्लोबल’ की दिशा में बिहान की महिला उद्यमिता ने बढ़ाया कदमरायपुर छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ से जुड़ी गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले की महिला स्व-सहायता समूहों की मेहनत और रचनात्मकता अब राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही है। विकासखंड पेंड्रा की महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा स्थानीय विष्णुभोग धान से तैयार की गई आकर्षक राखियों ने दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनी में देशभर से पहुंचे व्यापारियों का ध्यान आकर्षित किया। प्रदर्शनी के बाद अब गुजरात और लुधियाना से इन राखियों के ऑर्डर प्राप्त हुए हैं, जिससे जिले की महिला उद्यमियों में उत्साह का माहौल है।दिल्ली में 6 से 8 अगस्त तक आयोजित बायोफेच इंडिया ईंटो ऑर्गेनिक प्रदर्शनी में गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के स्थानीय उत्पादों को प्रदर्शित किया गया। इस राष्ट्रीय मंच पर जिले के विष्णुभोग धान, शहद तथा विष्णुभोग धान से निर्मित राखियों को प्रदर्शित किया गया। इनमें विष्णुभोग धान से तैयार राखियां विशेष आकर्षण का केंद्र बनीं। स्थानीय कृषि उत्पाद को रचनात्मकता के साथ उपयोग में लाकर तैयार की गई इन राखियों ने अपनी विशिष्टता के कारण प्रदर्शनी में पहुंचे व्यापारियों और आगंतुकों का ध्यान खींचा।विष्णुभोग धान जीपीएम की विशिष्ट पहचान रखने वाले स्थानीय उत्पादों में शामिल है। महिला स्व-सहायता समूहों ने इसी स्थानीय उत्पाद को रोजगार और उद्यमिता से जोड़ते हुए राखी निर्माण में इसका रचनात्मक उपयोग किया। स्थानीय संसाधन और महिलाओं की सृजनात्मक क्षमता के इस मेल ने एक ऐसे उत्पाद को जन्म दिया, जिसमें जिले की पहचान, ग्रामीण महिलाओं की मेहनत और स्थानीय संस्कृति की झलक दिखाई देती है। राष्ट्रीय प्रदर्शनी में इन राखियों को मिली सराहना इस बात का प्रमाण है कि स्थानीय संसाधनों से तैयार गुणवत्तापूर्ण और नवाचार आधारित उत्पादों के लिए देशभर में बाजार की संभावनाएं मौजूद हैं। गुजरात और लुधियाना से मिले ऑर्डर ने इन महिला समूहों के उत्पादों के लिए नए बाजार के द्वार खोल दिए हैं।बिहान समूहों द्वारा तैयार किए जा रहे स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय प्रदर्शनियों में जिले के उत्पादों को प्रदर्शित कर उन्हें संभावित खरीदारों और व्यापारियों से जोड़ने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है।इसी क्रम में दिल्ली की राष्ट्रीय प्रदर्शनी में जिले के उत्पादों को प्रदर्शित किया गया। प्रदर्शनी के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को देश के विभिन्न हिस्सों से आए व्यापारियों तक पहुंचने का अवसर मिला। इसका प्रत्यक्ष परिणाम गुजरात और लुधियाना से प्राप्त राखियों के ऑर्डर के रूप में सामने आया है।राज्यों से प्राप्त ऑर्डर से राखी निर्माण में जुटी महिला स्व-सहायता समूहों में उत्साह और आत्मविश्वास बढ़ा है। इससे ग्रामीण महिलाओं को स्थानीय संसाधनों पर आधारित स्वरोजगार का अवसर मिलने के साथ अपने उत्पादों को बड़े बाजार तक पहुंचाने का मंच भी मिल रहा है।विष्णुभोग धान से तैयार राखियां महिला समूहों की आय बढ़ाने का माध्यम बनने के साथ-साथ जिले के स्थानीय उत्पादों को नई पहचान दिला रही हैं। इससे महिलाओं को अपने हुनर को व्यावसायिक अवसर में बदलने का अवसर मिल रहा है और वे परिवार की आय में योगदान देने के साथ आर्थिक रूप से अधिक सशक्त हो रही हैं।बिहान महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों को राष्ट्रीय बाजार से जोड़ने की यह पहल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। स्थानीय धान से तैयार राखियों को गुजरात और लुधियाना जैसे दूरस्थ बाजारों से ऑर्डर मिलना इस बात का संकेत है कि जिले के स्थानीय उत्पादों में राष्ट्रीय स्तर पर बाजार की मजबूत संभावनाएं हैं।महिला स्व-सहायता समूहों की मेहनत, स्थानीय संसाधनों का बेहतर उपयोग और बाजार उपलब्ध कराने के प्रयास मिलकर गौरेला-पेंड्रा-मरवाही को ‘लोकल से ग्लोबल’ की दिशा में आगे बढ़ा रहे हैं। विष्णुभोग धान से निर्मित राखियों की राष्ट्रीय स्तर पर बनी पहचान जिले के लिए गौरव का विषय होने के साथ ग्रामीण महिलाओं की आत्मनिर्भरता और महिला उद्यमिता की सफलता की प्रेरक कहानी भी बन रही है।






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