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- रायपुर / वाणिज्य, उद्योग, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम विभाग के मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने आज कोरबा शहर के सुभाष चौक स्थित पुष्पलता उद्यान के समीप छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड द्वारा निर्मित 1×5 एमवीए क्षमता वाले 33/11 केवी उपकेंद्र (सीडीईएफ कॉलोनी) का फीता काटकर लोकार्पण किया। लगभग 1.90 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस महत्वपूर्ण विद्युत अधोसंरचना परियोजना को उन्होंने क्षेत्र की जनता को समर्पित किया।कोरबा शहर में निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए मंत्री श्री देवांगन द्वारा किए जा रहे लगातार प्रयासों को यह परियोजना और भी मजबूती प्रदान करती है। लोकार्पण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने बताया कि प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा मुख्यमंत्री विद्युत अधोसंरचना योजना के अंतर्गत विभिन्न विद्युत परियोजनाओं को निरंतर स्वीकृति मिल रही है, जिसके कारण प्रदेश में बिजली व्यवस्था और मजबूत हो रही है।नवनिर्मित उपकेंद्र से कोसाबाड़ी, निहारिका, घंटाघर, बुधवारी, काशी नगर, सीएसईबी कॉलोनी, आरपी नगर, शिवाजी नगर सहित आसपास के क्षेत्रों के पांच हजार से अधिक उपभोक्ताओं को सीधे लाभ मिलेगा। अब तक निहारिका क्षेत्र के उपभोक्ताओं को अलग-अलग फीडरों से बिजली आपूर्ति की जाती थी, जिससे किसी एक फीडर में खराबी होने पर पूरे क्षेत्र की आपूर्ति बाधित हो जाती थी। उपकेंद्र के प्रारंभ होने के बाद वैकल्पिक लाइन से तत्काल और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में निरंतर विकास के कार्य किए जा रहे हैं और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की प्रत्येक गारंटी को पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस नए विद्युत उपकेंद्र के शुरू होने से गर्मी के मौसम में बढ़ते बिजली दबाव से क्षेत्रवासियों को राहत मिलेगी। यह उपकेंद्र लंबे समय से क्षेत्र की एक महत्वपूर्ण आवश्यकता थी, जो अब पूरी हो चुकी है।उन्होंने उपभोक्ताओं की समस्याओं पर चर्चा करते हुए कहा कि कई परिवार आर्थिक कारणों से समय पर बिजली बिल का भुगतान नहीं कर पाते, जिसके कारण सरचार्ज बढ़ता जाता है और बिल का भुगतान कठिन हो जाता है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार द्वारा समाधान योजना लागू की गई है, जिससे उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिल रही है। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विभिन्न वार्डों में शिविर भी लगाए जा रहे हैं।लोकार्पण कार्यक्रम में महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत, जनप्रतिनिधिगण, विभागीय अधिकारी तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
- -मेगा स्वास्थ्य शिविर में उमड़ा जनसैलाब-स्वास्थ्य शिविर में 6,500 से अधिक लोगों ने लाभ लियारायपुर / मेगा हेल्थ कैंप एक प्रमुख निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर है, जहाँ नामी सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर कैंसर, हृदय रोग, स्त्री रोग, और नेत्र रोग जैसी बीमारियों का मुफ्त इलाज, जांच और दवाइयां प्रदान करते हैं। इसमें आयुर्वेदिक चिकित्सा, दिव्यांगों के लिए कृत्रिम अंग वितरण और आधुनिक जांचकी सुविधाएं भी मिलती हैं। लाल आतंक की समाप्ति के इस दौर में जब क्षेत्र में शांति और सुरक्षा का माहौल बना है, तब प्रशासन की पहुँच अंतिम छोर के व्यक्ति तक आसान हुई है।जिला प्रशासन सुकमा और बेंगलुरु के एनटीआर फाउंडेशन के साझा प्रयासों से आयोजित दो दिवसीय सुपर स्पेशलिटी मेगा स्वास्थ्य शिविर का गत दिवस आयोजन किया गया। प्रदेश के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री एवं सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप के द्वारा शुभारंभ पश्चात इस मेगा स्वास्थ्य शिविर में उन संवेदनशील और अंदरूनी क्षेत्रों के 3,700 से अधिक ग्रामीण बेखौफ होकर पहुँचे, जो कभी मुख्यधारा से कटे हुए थे। कमिश्नर बस्तर श्री डोमन सिंह के निर्देशानुसार कलेक्टर श्री अमित कुमार के मार्गदर्शन में आयोजित उक्त मेगा स्वास्थ्य शिविर में कुल 6,500 से अधिक लाभार्थियों की उपस्थिति ने यह साबित कर दिया कि अब ग्रामीण बंदूकों के साये से निकलकर आधुनिक चिकित्सा और विशेषज्ञ परामर्श पर भरोसा जता रहे हैं। शिविर के दौरान 21 विशेषज्ञ डॉक्टरों और 40 स्वास्थ्य योद्धाओं की टीम ने इन वनवासियों के लिए देवदूत बनकर काम किया।बस्तर के सुदूर अंचलों में कभी लाल आतंक की धमक से सहमे रहने वाले सुकमा जिले की तस्वीर अब पूरी तरह बदल चुकी है। दशकों पुराने संघर्ष और भय के बादलों को चीरकर अब यहाँ विकास और खुशहाली की नई किरणें बिखर रही हैं। जिला प्रशासन सुकमा और बेंगलुरु के एनटीआर फाउंडेशन के साझा प्रयासों से आयोजित दो दिवसीय सुपर स्पेशलिटी मेगा स्वास्थ्य शिविर इस बात का जीवंत प्रमाण है कि अब सुकमा नक्सलवाद की बेड़ियों को तोड़कर स्वस्थ और सशक्त होने की राह पर निकल पड़ा है। मिनी स्टेडियम में विगत 28 और 29 मार्च को आयोजित इस शिविर ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि जहाँ कभी गोलियों की गूँज थी, आज वहाँ सेवा और संकल्प के गीत गाए जा रहे हैं।शिविर में केवल सामान्य बीमारियों का ही नहीं, बल्कि कैंसर, हृदय रोग और न्यूरोलॉजी जैसी गंभीर समस्याओं का भी विशेषज्ञ उपचार किया गया। नक्सलवाद के दौर में स्वास्थ्य सुविधाओं से वंचित रहे बुजुर्गों के लिए 989 चश्मों का वितरण किया गया, जिससे उनकी धुंधली दुनिया एक बार फिर रोशनी से भर उठी। वहीं 1,500 बच्चों का व्यापक स्वास्थ्य परीक्षण कर आने वाली पीढ़ी को कुपोषण और बीमारियों से मुक्त करने का संकल्प लिया गया। विशेष रूप से 85 महिलाओं की कैंसर स्क्रीनिंग और 2,300 आभा आईडी का निर्माण इस बात का प्रतीक है कि सुकमा अब डिजिटल स्वास्थ्य और सुरक्षा कवच से लैस हो रहा है।लाल आतंक के खात्मे के बाद सुकमा का यह बदलाव पूरे देश के लिए एक प्रेरणादायक मॉडल है। यह शिविर केवल एक चिकित्सकीय आयोजन नहीं था, बल्कि शासन-प्रशासन के प्रति जनता के अटूट विश्वास का उत्सव था। 153 आयुष्मान कार्डों का मौके पर निर्माण यह सुनिश्चित करता है कि अब सुदूर अंचल का गरीब से गरीब व्यक्ति भी पैसे के अभाव में इलाज से वंचित नहीं रहेगा। सुकमा आज नक्सलवाद की पहचान को पीछे छोड़कर सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज की दिशा में एक रोल मॉडल बनकर उभर रहा है, जहाँ हर चेहरा मुस्कुरा रहा है और हर कदम एक खुशहाल भविष्य की ओर बढ़ रहा है।
- -“मोर गांव - मोर पानी - मोर तरिया” अभियान बना जनभागीदारी का मॉडलरायपुर – शासन के निर्देशानुसार मंगलवार को प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों में चावल महोत्सव के साथ “रोजगार दिवस” एवं “आवास दिवस” का व्यापक एवं प्रभावी आयोजन किया गया। कार्यक्रम के पूर्व ही विभिन्न स्तरों पर लंबित प्रकरणों एवं समस्याओं का निराकरण कर योजनाओं के सुचारु क्रियान्वयन का मार्ग प्रशस्त किया गया।पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा संचालित “मोर गांव - मोर पानी - मोर तरिया” अभियान के अंतर्गत “नवा तरिया – आय के जरिया” पहल ने जनभागीदारी का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत किया। युवाओं एवं स्व-सहायता समूह की महिलाओं की सक्रिय सहभागिता से जल संरक्षण हेतु नवा तरिया निर्माण के लिए स्थलों का चिन्हांकन किया गया तथा निर्धारित समयसीमा में कार्य पूर्ण करने की ठोस कार्ययोजना तैयार की गई।मनरेगा के तहत कार्यों में तेजी लाते हुए प्रगतिरत निर्माण कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने तथा मांग आधारित नए कार्य प्रारंभ करने पर विशेष जोर दिया गया। इसके साथ ही आजीविका डबरी के माध्यम से ग्रामीण परिवारों की आय वृद्धि हेतु Livelihood Layering गतिविधियों की रूपरेखा भी तैयार की गई।प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) अंतर्गत स्वीकृत आवासों को अधिकतम 90 दिवस में पूर्ण करने के लक्ष्य के साथ ग्राम पंचायत स्तर पर विस्तृत कार्ययोजना बनाई गई। हितग्राहियों को प्राप्त राशि की जानकारी देते हुए उनकी समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया गया। साथ ही रेन वाटर हार्वेस्टिंग को बढ़ावा देने एवं लंबित जियो-टैगिंग कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।कार्यक्रम में स्व-सहायता समूह की दीदियों की भूमिका को सशक्त करते हुए उन्हें सामग्री आपूर्ति एवं आजीविका गतिविधियों से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया। नागरिक सूचना पटल पर समूह से जुड़े परिवारों की महिलाओं का नाम अंकित कर पारदर्शिता एवं सम्मान सुनिश्चित किया गया।तकनीक के उपयोग से पारदर्शिता को बढ़ावा देते हुए QR कोड के माध्यम से मनरेगा एवं PMAY-G कार्यों की जानकारी आमजन तक पहुंचाई गई। अमृत सरोवरों एवं अन्य प्रमुख स्थलों पर भी QR कोड आधारित सूचना उपलब्ध कराई जा रही है।कार्यक्रम के दौरान जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई तथा स्लोगन, नारे एवं जिंगल के माध्यम से योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया। प्राप्त शिकायतों का त्वरित निराकरण कर शासन की संवेदनशीलता का परिचय दिया गया।इस व्यापक आयोजन में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं ग्रामीणों की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली, जो ग्रामीण विकास के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
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रायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज मुख्यालय के सेवाभवन में आयोजित समारोह में डायरेक्टर (वाणिज्यिक एवं नियामक मामले) आर.ए.पाठक को में भावभीनी विदाई दी गई। इस अवसर पर ऊर्चा सचिव एवं छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के अध्यक्ष डॉ. रोहित यादव ने उन्हें प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिन्ह व शॉल श्रीफल देकर सम्मानित किया। डॉ. यादव ने उनके कार्यप्रणाली की प्रशंसा करते हुए उन्हें उज्जवल भविष्य की कामना कीl
इस अवसर पर पावर कंपनी के निदेशकगण सर्वश्री एस.के.कटियार, आर.के.शुक्ला एवं भीमसिंह कंवर विशेष रूप से उपस्थित थे। श्री पाठक ने अविभाजित मध्यप्रदेश विद्युत मंडल एवं छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल सहित पावर कंपनीज में 41 वर्षों तक सेवाएं दीं। उन्हें अप्रैल 2025 में निदेशक पद पर राज्य शासन ने नियुक्त किया था, जुलाई में वे कार्यपालक निदेशक पद से सेवानिवृत्त हुए। उनका कार्यकाल पूरा होने पर पावर कंपनी में आयोजित विदाई समारोह में अध्यक्ष डॉ. यादव ने उनके व्दारा 41 वर्षों की सेवाओं को रेखांकित करते हुए कहा कि उनकी कार्यक्षमता और कार्यशैली अलग थी। उन्होंने अपना कार्यकाल समर्पण एवं निर्भिकता से पूरा किया।
कार्यक्रम में प्रबंध निदेशक (जनरेशन) श्री एस के कटियार ने उनके कर्मठ कार्यशैली की प्रशंसा की साथ ही बताया कि श्री पाठक ग्रिड मैनेजमेंट में भी कुशल व्यक्ति रहे हैं। प्रबंध निदेशक (पारेषण) श्री राजेश कुमार शुक्ला ने कहा कि श्री पाठक चार दशक से भी ज्यादा समय विद्युत अधोसंरचना से ले कर वााणिज्यिक मामले में अपने सेवाएं दी हैं, जो उनके अनुभवों एवं कुशलकार्य प्रबंधन का प्रतीक है। इसी प्रकार प्रबंध निदेशक (वितरण) श्री भीमसिंह कंवर ने कहा कि उनके सेवा समर्पण से विद्युत विकास कार्यों में गति आई तथा उनके कार्यकाल में अनेक सुधार व वित्तीय प्रबंधन के कार्य किये गये। श्री पाठक ने कंपनी प्रबंधन व्दारा सौंपे गये विभिन्न जिम्मेदारियों के प्रति साधुवाद दिया तथा कर्मचारी तथा अधिकारियों से मिले सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में कार्यपालक निदेशक श्री के.एस.मनोठिया, श्री वी.के.साय, श्री संजय पटेल, श्री एम एस चौहान, श्री आरपी नामदेव, श्री एस के ठाकुर, श्री एम एस कंवर ,श्री सीएल नेताम,श्री जेएस नेताम, श्री वी के दीक्षित सहित बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ प्रकाशन अधिकारी श्री गोविंद पटेल ने किया। -
कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने समय-सीमा बैठक ली -
शिक्षण संस्थाओं एवं अस्पतालों के आसपास गुटखा, तंबाकू या नशीली चीजें बेचने पर करें सख्त कार्यवाही
रायपुर/ कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने समय-सीमा की महत्वपूर्ण बैठक लेते हुए विभिन्न विभागीय कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में विशेष रूप से डीईएएफपीपी (DEAF) एवं निष्क्रिय (Inoperative) खातों,लंबित राजस्व प्रकरणों, कॉल सेंटर से प्राप्त आवेदनों पर चर्चा की गई।
कलेक्टर डॉ. सिंह ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्कूल कॉलेज एवं अन्य शिक्षण संस्थाओं व अस्पतालों के आसपास गुटखा, तंबाकू या अन्य नशीली चीजें बेचने पर सख्त कार्यवाही करें।
कलेक्टर डॉ गौरव सिंह ने कहा कि सभी लंबित राजस्व प्रकरणों का जल्द निराकरण करें, इसके साथ ही कॉल सेंटर एवं अन्य लंबित शिकायतों का भी समय-सीमा के भीतर निराकरण करने के निर्देश दिए।
इसके अलावा कलेक्टर डॉ. सिंह ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि वे DEAF एवं Inoperative बैंक खातों के निराकरण की प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करें। धान उठाव की स्थिति की जानकारी ली। डॉ. सिंह ने प्रोजेक्ट समन्वय के तहत सभी सम्बंधित विभागों को एनओसी पेंडेंसी तत्काल समाप्त करने के निर्देश दिए।
बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री विश्वदीप, जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन, अपर कलेक्टर श्री कीर्तिमान सिंह राठौर, एडीएम श्री उमाशंकर बंदे सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। -
दुर्ग। दुर्ग विधानसभा अंतर्गत गयानगर वार्ड 04 में आज वार्ड भ्रमण के दौरान उचित मूल्य की दुकान का केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने औचक निरीक्षण किये। इस दौरान वहां उपस्थित हितग्राहियों से सीधे संवाद कर राशन वितरण व्यवस्था की जानकारी लिए एवं उन्हें मिलने वाली राशन सामग्री के संबंध में विस्तार से चर्चा किये।
शिक्षा,ग्रामोद्योग विधी एवं विधायी मंत्री गजेन्द्र यादव ने निरीक्षण के दौरान स्वयं हितग्राही को चावल मापकर दुकान में उपलब्ध माप यंत्र की सटीकता की जांच की किये, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि प्रत्येक पात्र हितग्राही को निर्धारित मात्रा में पूर्ण एवं सही राशन प्राप्त हो। इस पहल से वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने और आम नागरिकों का विश्वास सुदृढ़ करने का प्रयास किया गया।
मंत्री श्री यादव ने वार्डवासियों से चर्चा के दौरान उनकी समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना गया तथा संबंधित अधिकारियों को तत्काल आवश्यक दिशा-निर्देश दिए, जिससे राशन वितरण व्यवस्था को और अधिक सुचारु, पारदर्शी एवं प्रभावी बनाया जा सके।
केबिनेट मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार का मुख्य उद्देश्य है कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। इसके लिए सरकार और प्रशासन निरंतर निगरानी, जनता से संवाद किया जाता है ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे। हितग्राहियों को जागरूक करते हुए उन्हें उनके अधिकारों एवं निर्धारित राशन की जानकारी देने निर्देश दिए, जिससे जिससे वे स्वयं भी व्यवस्था की पारदर्शिता में सहभागी बन सकें। -
दुर्ग। स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव आज दुर्ग के शनिचरी बाजार स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल प्राथमिक स्कूल पहुँचे। यहाँ उन्होंने स्कूल परिसर का निरीक्षण किये और बच्चों से सीधे बात कर उनकी पढ़ाई और जरूरतों के बारे में जानकारी ली।
शिक्षा, ग्रामोद्योग एवं विधी विधायी मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा की आज दुर्ग के सरदार वल्लभ भाई पटेल प्राथमिक स्कूल पहुँचकर बच्चों से संवाद किये। बच्चों के साथ स्कूल परिसर का निरीक्षण कर बच्चों द्वारा बताई गई आवश्यकताओं को शीघ्र पूरा करने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया।
निरीक्षण के दौरान स्कूल के शिक्षको से बच्चों की पढ़ाई को प्राथमिकता देते हुए गंभीरता से कार्य करने कहा, विद्यार्थियों की मजबूत शिक्षा ही उज्ज्वल भविष्य का आधार है।
मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा की आज दुर्ग के शनिचरी बाजार स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल स्कूल का निरीक्षण किया। इस दौरान विद्यार्थियों से प्रत्यक्ष संवाद कर उनकी पढ़ाई, आवश्यकताओं एवं सीखने के अनुभवों की जानकारी ली। स्कूल में तैयार हो रहे स्मार्ट क्लास को लेकर बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। आगामी सत्र से स्कूल में स्मार्ट क्लास से पढ़ाई होगी। आधुनिक शिक्षा सुविधाओं से बच्चों को बेहतर सीखने का अवसर मिलेगा और उनका भविष्य और अधिक सशक्त होगा। हमारा प्रयास है कि शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सुधार हो और हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण एवं आधुनिक सुविधाओं से युक्त शिक्षा प्राप्त हो सके।
मंत्री श्री यादव ने आगे कहा की प्रदेश सरकार द्वारा शासकीय विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। स्कूल के शिक्षको से चर्चा कर स्कूल की सभी गतिविधियों का विस्तार से जानकारी लेकर शिक्षा के साथ खेलकुद और अन्य गतिविधियों पर भी जोर देने कहा ताकी बच्चों का सर्वांगीण विकास हो सके।
इस अवसर पर सभापति श्याम शर्मा, मंडल अध्यक्ष कमलेश फेकर, पार्षद नरेंद्र बंजारे, मनीष कोठारी, गोविन्द देवांगन, श्रीमति हर्षिका संभव जैन, दिनेश देवांगन, अमित पटेल, नवीन साहू सहित वार्ड के नागरिक उपस्थित रहे। -
निजी स्कूलों में मान्यता प्रदर्शित करना अनिवार्य
बिलासपुर/बिलासपुर में आयोजित साप्ताहिक टीएल बैठक में कलेक्टर संजय अग्रवाल ने प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, दीर्घकालिक योजना और जनसुविधाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। निजी स्कूलों में मान्यता प्रमाण पत्र प्रदर्शित करने, साप्ताहिक जनसमस्या निवारण शिविर शुरू करने और जल संरक्षण सहित विभिन्न विकास कार्यों को गति देने पर विशेष जोर दिया गया।
जिला कार्यालय के मंथन सभा कक्ष में आयोजित साप्ताहिक टीएल बैठक में कलेक्टर संजय अग्रवाल ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी निजी स्कूलों को अपने परिसर में मान्यता संबंधी प्रमाण पत्र अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी स्पष्ट रूप से लिखने को कहा गया कि स्कूल सीबीएसई या छत्तीसगढ़ बोर्ड से मान्यता प्राप्त है, ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों को सही जानकारी मिल सके और किसी प्रकार की धोखाधड़ी की आशंका न रहे। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी को आवश्यक कार्रवाई कर प्रमाण पत्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए हर सप्ताह शनिवार को तहसील स्तर पर जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि इन शिविरों में वे स्वयं उपस्थित रहेंगे। यह अभियान इसी माह से प्रारंभ होकर लगभग दो माह तक संचालित किया जाएगा। अधिकारियों को इसकी समुचित तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
बैठक में कलेक्टर ने इस वर्ष के बजट में प्रावधानित कार्यों के लिए डीपीआर (विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन) तैयार करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रस्ताव तैयार करते समय स्थल का निरीक्षण अनिवार्य रूप से किया जाए और केवल अल्पकालिक नहीं, बल्कि आगामी 20 से 30 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं बनाई जाएं। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि किसी भी सरकारी योजना के तहत भवन या आवास निर्माण से पहले वहां तक पहुंचने के लिए सड़क सुविधा सुनिश्चित की जाए, अन्यथा निर्माण की उपयोगिता प्रभावित होती है।
जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए कलेक्टर ने सरकारी निर्माण एजेंसियों को सूखे तालाबों से मिट्टी एवं मुरूम उठाने के निर्देश दिए, ताकि तालाबों की गहराई बढ़े और जल संचयन में मदद मिले। साथ ही उन्होंने अनियमित रूप से अन्य स्थानों से मिट्टी उत्खनन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए। ग्रामीण क्षेत्रों में सोखता गड्ढे बनाकर जल रिचार्ज करने, कच्चे नाला बांध बनाकर वर्षा जल को रोकने के उपाय अपनाने पर भी बल दिया गया। इसके अतिरिक्त कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना और जल जीवन मिशन के कार्यों में तेजी लाकर निर्धारित लक्ष्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। बैठक में नगर निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। -
- प्रेस क्लब खेल मड़ई-2 : स्व. योगेश यदु स्मृति शतरंज प्रतियोगिता में रोमांचक मुकाबला जारी
रायपुर। प्रेस क्लब खेल मड़ई-2 के तहत आयोजित स्व. योगेश यदु स्मृति शतरंज प्रतियोगिता के नॉकआउट दौर में खिलाड़ियों के बीच रोमांचक मुकाबला जारी है। मंगलवार को खेले गए मैच में बमलेश्वर सोनवानी ने जीत हसिल कर अगले दौर में प्रवेश किया। पहले मैच में कौशल तिवारी और बमलेश्वर सोनवानी ने मुकाबले की शुरुआत संयमित अंदाज में की। शुरुआती चालों में दोनों खिलाड़ियों ने अपनी-अपनी रणनीति के तहत मोहरों को सधे हुए ढंग से आगे बढ़ाया। खेल के बीच में कौशल तिवारी ने आक्रामक रुख अपनाने की कोशिश की, लेकिन बमलेश्वर सोनवानी ने धैर्य और सूझबूझ का परिचय देते हुए उनकी चालों का प्रभावी जवाब दिया। निर्णायक क्षण तब आया जब बमलेश्वर सोनवानी ने एक सटीक संयोजन के माध्यम से बढ़त बना ली। आखिरकार एंडगेम में उन्होंने अपने अनुभव का पूरा लाभ उठाते हुए कौशल तिवारी को मात देकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस जीत के साथ ही बमलेश्वर सोनवानी ने अगले दौर में जगह बना ली। वहीं आज के अन्य मैचों में प्रकाश शर्मा (सीनियर), विनय घाटगे, गुड्डू बैरागी, प्रदीप चंद्रवंशी व शिवम दुबे को वॉकओवर दिया गया। प्रतियोगिता के आगामी दौर को लेकर खिलाड़ियों और प्रेस क्लब सदस्यों में उत्साह बना हुआ है। मैच के निर्णायक विजय मिश्रा, शंकर चंद्राकर व विनय घाटगे रहे।
आज के मैच--
सभी मैच दोपहर 1 बजे से खेले जाएंगे।
1. राजेश सोनकर और सत्येन्द्र सिंह के बीच।
2. सुशील अग्रवाल और कुलदीप शुक्ला के बीच।
3. प्रत्युष शर्मा और पंकज सिंह के बीच।
4. रमन हलवाई और दीपक पांडेय के बीच।
5. पराग मिश्रा और सुखनंदन बंजारे के बीच।
6. विजय मिश्रा और हेमंत डोंगरे के बीच। -
528 किलोलीटर का आबंटन जारी
रायपुर/ प्रदेश में सार्वजनिक वितरण प्रणाली पीडीएस के तहत अप्रैल 2026 के लिए केरोसिन का आबंटन जारी कर दिया गया है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने केंद्र सरकार से प्राप्त प्रथम तिमाही (अप्रैल-जून) के कोटे में से 528 किलोलीटर केरोसिन राशनकार्डधारियों के लिए आवंटित किया है। यह केरोसिन उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से वितरित किया जाएगा। खाद्य विभाग के अनुसार, अंत्योदय और प्राथमिकता श्रेणी के सभी राशनकार्डधारियों को इसका लाभ मिलेगा। शहरी क्षेत्रों में प्रति राशनकार्ड अधिकतम 1 लीटर और ग्रामीण क्षेत्रों (अनुसूचित एवं गैर-अनुसूचित) में अधिकतम 2 लीटर केरोसिन दिया जाएगा।
राज्य शासन ने सभी कलेक्टरों को निर्देश दिए हैं कि केरोसिन का समय-सीमा में उठाव और वितरण सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर प्रचार-प्रसार कर हितग्राहियों को उनकी पात्रता की जानकारी देने को कहा गया है। जिन उचित मूल्य दुकानों में केरोसिन की मांग कम है, वहां शेष स्टॉक को जरूरत वाले दुकानों में पुनः आबंटित किया जाएगा। इससे किसी भी क्षेत्र में केरोसिन की कमी न हो और सभी पात्र हितग्राहियों को निर्धारित मात्रा मिल सके। अप्रैल माह के लिए आवंटित केरोसिन का उठाव 30 अप्रैल 2026 तक अनिवार्य रूप से करना होगा। वहीं, ऑयल कंपनियों के अधिकारियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे लैप्स कोटा की जानकारी 30 अप्रैल तक विभाग को उपलब्ध कराएं।
खाद्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार बिलासपुर जिले कोे सर्वाधिक 36 किलोलीटर, बस्तर, कांकेर, जांजगीर-चांपा, कोरबा, दुर्ग, बलौदाबाजार-भाटापारा, महासमुंद, रायपुर और जशपुर जिले को 24-24 किलोलीटर तथा राज्य के अन्य शेष जिलों को 12-12 किलोलीटर केरोसिन आबंटित किया गया है। -
*अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश*
बिलासपुर/कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल के निर्देश पर जनदर्शन में नगर निगम कमिश्नर श्री प्रकाश कुमार सर्वे और एडीएम श्री शिव कुमार बनर्जी ने ग्रामीणों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं। अधिकांश मामलों में मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
जनदर्शन में तखतपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत विजयपुर के ग्रामीणों ने प्राथमिक शाला विजयपुर के प्रधान अध्यापक भरत ध्रुव को पद से हटाने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि प्रधान अध्यापक द्वारा शराब का सेवन कर शाला में दुर्व्यवहार एवं विद्यार्थियों को पढ़ाने में कोताही बरती जा रही है। पूर्व में भी प्रधान अध्यापक की शिकायत की गई परंतु आज दिनांक तक किसी प्रकार की कोई कार्रवाई नहीं की गई है। डीईओ को मामले की जांच कर शीघ्र ही कार्रवाई करने के निर्देश दिए है। रतनपुर की अंकिता कमलसेन एवं सिंघरी की प्रतिभा कोशले ने स्वयं का रोजगार स्थापित करने शासन की योजना अंतर्गत लोन दिलाने की मांग की। उन्होंने कहा कि वह एक शिक्षित महिला है और सिलाई कार्य जानती है। उन्हें सिलाई मशीन एवं अन्य सामग्री खरीदने रूपयों की आवश्यकता है। लीड बैंक मैनेजर को आवश्यक कार्यवाही करने कहा। मेण्ड्रा के सूरज सूर्यवंशी सहित ग्रामवासियों ने ग्राम मेण्ड्रा के वार्ड 4 एवं 5 में हो रही पेयजल की समस्या से अवगत कराया। पीएचई विभाग को जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
बेलतरा तहसील के बाम्हू निवासी परसराम ने जपदर्शन में आवेदन देकर बताया कि उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रथम किश्त की राशि प्राप्त हो चुकी है, किन्तु दूसरे एवं तीसरे किश्त की राशि आज दिनांक तक नहीं मिलने के कारण उनके आवास का कार्य अधूरा है। उन्होंने शेष बची किश्त की राशि दिलाने की मांग की है। प्रकरण को बिल्हा के जनपद पंचायत सीईओ को भेजते हुए आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए है। ग्राम ऊनी की किरण वैष्णव ने बताया कि कुंआ की सफाई करने के दौरान उनके पति एवं पुत्र विद्युत तार की चपेट में आ गए जिससे उनकी मृत्यु हो गई। श्रीमती किरण ने इस संबंध में उचित मुआवजा राशि दिलाने गुहार लगाई गई। विद्युत विभाग के कार्यपालन अभियंता को प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्यवाही करने कहा है। सिंद्यरी के दिनेश कुमार ने गांव के दूजराम के द्वारा किये गये अवैध कब्जे की शिकायत कलेक्टर से की है। उन्होंने बताया कि दूजराम द्वारा पक्का मकान बनाकर रास्ता अवरूद्ध कर बंद कर दिया गया है। रास्ता बाधित होने के कारण आवाजाही में उन्हें एवं ग्रामीणों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। मामले को संबंधित अधिकारी को सौंपते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए। -
बिलासपुर/जिले के शासकीय विद्यालयों में शिक्षा की तस्वीर तेजी से बदल रही है। ‘हमर स्मार्ट स्कूल’ पहल ने गांव के बच्चों तक आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाकर एक नई मिसाल कायम की है। डिजिटल पहल के जरिए अब बच्चों की प्रतिभाएं निखर रही हैं और उनके सपनों को नई उड़ान मिल रही है। जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए इस नवाचार के अंतर्गत स्कूली बच्चों को स्मार्ट क्लास के माध्यम से पढ़ाई कराई जा रही है। डिजिटल बोर्ड, वीडियो एनिमेशन और ऑडियो-वीडियो आधारित कंटेंट के उपयोग से कठिन विषय भी अब बच्चों को सरल और रोचक लगने लगे हैं। इससे न केवल पढ़ाई में रुचि बढ़ी है, बल्कि बच्चों का आत्मविश्वास भी मजबूत हुआ है।
औद्योगिक प्रतिष्ठानों, बैंकों एवं अन्य संस्थानों के सीएसआर मद तथा जनसहयोग से जिले के 500 विद्यालयों में स्मार्ट टीवी स्थापित किए जा चुके हैं। एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक, केनरा बैंक, रेल कोच फैक्ट्री सहित विभिन्न संस्थानों और दानदाताओं का योगदान इस पहल को सशक्त बना रहा है। यह जनसहभागिता शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन का प्रतीक बनकर उभरी है। जिन विद्यालयों का बोर्ड परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से कम रहा है, उन्हें प्राथमिकता देते हुए वहां स्मार्ट टीवी उपलब्ध कराए जा रहे हैं। ई-विद्या पोर्टल और अन्य डिजिटल माध्यमों के जरिए छात्र बेहतर तैयारी कर पा रहे हैं, जिससे उनके परीक्षा परिणाम में सुधार की उम्मीद भी बढ़ी है। सत्र 2024-25 के परीक्षा परिणाम इस दिशा में सकारात्मक संकेत देते हैं, जहां कक्षा 5वीं का परिणाम 88.96 प्रतिशत, कक्षा 8वीं का 78.79 प्रतिशत, कक्षा 10वीं का 75.60 प्रतिशत एवं कक्षा 12वीं का 82.87 प्रतिशत दर्ज किया गया है।
शिक्षकों की कमी जैसी चुनौतियों के बावजूद स्मार्ट क्लास ने पढ़ाई को अधिक प्रभावी बनाया है। सीमित संसाधनों में भी अब कम समय में विषयवस्तु को स्पष्ट रूप से समझाया जा रहा है, जिससे विद्यार्थियों को लाभ मिल रहा है। संपर्क फाउंडेशन द्वारा स्मार्ट टीवी के साथ निःशुल्क कनेक्टिव डिवाइस उपलब्ध कराए जा रहे हैं, साथ ही शिक्षकों को इनके उपयोग के लिए प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। यह पहल शिक्षकों और विद्यार्थियों दोनों के लिए नई संभावनाओं के द्वार खोल रही है। जिले में संचालित 1,418 शालाओं में स्मार्ट क्लास और स्मार्ट टीवी की यह व्यवस्था शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है। ‘हमर स्मार्ट स्कूल’ अब केवल एक योजना नहीं, बल्कि बच्चों के उज्ज्वल भविष्य का मजबूत आधार बनता जा रहा है। -
बलौदाबाजार / कलेक्टर श्री कुलदीप शर्मा के निर्देशानुसार खरीफ 2026 के पूर्व में ही जिले के किसानों को गुणवत्तायुक्त खाद, बीज एवं कीटनाशक उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा चौकसी बढ़ा दी गई है। इसी कड़ी में सोमवार को विकासखंडो में संचालित कृषि केन्द्रों का निरीक्षण किया गया जिसमें दो फर्म को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
विकासखंड पलारी के निरीक्षक सुचिन कुमार वर्मा द्वारा साहू कृषि सेवा केंद्र, किसान सेवा केंद्र, सेठ हीरा लाल एंड संस, सोनी कृषि सेवा केंद्र एवं बघेल कृषि सेवा केंद्र का निरीक्षण किया गया। कृषि सेवा केंद्र पलारी में स्कंध पंजी का उचित संधारण नहीं किया गया था, इस कारण फर्म को कारण बताओं नोटिस जारी किया गया है। विकासखंड बलौदा बाजार में उपसंचालक कृषि दीपक कुमार नायक, उर्वरक निरीक्षक लोकनाथ दीवान एवं उर्वरक शाखा प्रभारी सिमांचल गौड़ के द्वारा नवीन ट्रेडर्स बलौदा बाजार का निरीक्षण किया गया।निरीक्षण के द्वारा विक्रय केंद्र में कई प्रकार के अनियमित पाई गई जैसे की स्टेकिंग सही तरह से नहीं किया गया था, स्कंध पंजी का उचित संधारण नहीं किया गया था, अनुज्ञप्ति भी स्पष्ट दिखने वाले स्थान पर चस्पा नहीं किया गया था जिस कारण संबंधित फर्म को नोटिस जारी किया गया है। साथ ही निरीक्षक द्वारा उर्वरक अधिकार पत्र निलंबन हेतु प्रस्ताव भेजा गया है, जिस पर शीघ्र कार्रवाई की जाएगी। विकासखंड कसडोल के निरीक्षक धनेश्वर साय द्वारा आचार्य कृषि केंद्र, जोगी कृषि केंद्र एवं कुशवाहा कृषि केंद्र कसडोल का निरीक्षण किया गया।विकासखंड भाटापारा के उर्वरक निरीक्षक अवधेश उपाध्याय द्वारा सतगुरु ट्रेडर्स दतरेंगी, एवं जैन लोहाबाड़ा भाटापारा का निरीक्षण किया गया।उपसंचालक कृषि श्री दीपक कुमार नायक द्वारा जिले के समस्त निरीक्षकों को विकासखण्ड स्तर पर संचालित समस्त कृषि आदान विक्रय केन्द्रों का निरीक्षण हेतु करने तथा अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया है तथा किसान भाइयों से अपील किया गया है कि वह जो भी कृषि आदान खरीदे उसका विक्रय केंद्र से पक्का बिल अवश्य प्राप्त करें तथा उर्वरक केवल पास मशीन से ही क्रय करें। -
महासमुंद / जिले के विकासखंड सरायपाली अंतर्गत ग्राम सिरशोभा के प्रगतिशील किसान श्री गौतम पटेल ने पारंपरिक खेती की सीमाओं को समझते हुए ग्रीष्मकालीन धान के स्थान पर तिलहन फसल सूर्यमुखी की खेती अपनाकर समृद्धि की ओर है। कृषि विभाग द्वारा ग्रीष्मकालीन तिलहन उत्पादन को प्रोत्साहित करने हेतु निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
श्री गौतम पटेल बताते है कि पूर्व में वे अपने खेत में धान की खेती करते थे, जिसमें अधिक पानी और लागत की आवश्यकता होती थी। बीते वर्ष पानी की कमी के कारण उनकी धान की फसल खराब हो गई, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। इस अनुभव ने उन्हें वैकल्पिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया। कृषि विभाग के मार्गदर्शन और सहयोग से श्री पटेल ने इस वर्ष 0.60 हेक्टेयर (लगभग 1.5 एकड़) क्षेत्र में सूर्यमुखी की खेती की शुरुआत की। सूर्यमुखी फसल की विशेषता यह है कि इसमें कम पानी की आवश्यकता होती है और लागत भी अपेक्षाकृत कम आती है, जिससे किसानों के लिए यह एक लाभकारी विकल्प बनकर उभर रही है।वर्तमान में सूर्यमुखी फसल की स्थिति संतोषजनक है और प्रति एकड़ 8 से 10 क्विंटल उत्पा -
- संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में होगा निर्माण
मोहला । जिले में प्रशासनिक ढांचे को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सोमवार को सांसद श्री संतोष पाण्डेय ने संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में प्रस्तावित जिला पंचायत भवन का विधिवत भूमिपूजन किया। इस अवसर पर मोहला-मानपुर विधायक श्री इंन्द्र शाह माण्डवी, खुज्जी विधायक श्री भोलाराम साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री दिनेश शाह, जिला पंचायत एवं जनपद पंचायत सदस्यगण, कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति, सीईओ जिला पंचायत श्रीमती भारती चन्द्राकर, डीएफओ श्री दिनेश पटेल, जनप्रतिनिधियों, जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं स्थानीय नागरिकों की उपस्थिति रही।सांसद श्री पाण्डेय ने कहा कि जिला पंचायत भवन के निर्माण से न केवल प्रशासनिक कार्यों में गति आएगी, बल्कि आम नागरिकों को भी एक ही स्थान पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की मंशा अनुरूप ग्रामीण क्षेत्रों में विकास को प्राथमिकता देते हुए आधारभूत संरचनाओं को मजबूत किया जा रहा है, जिससे आमजन को योजनाओं का लाभ सरलता से मिलेगा। उन्होंने कहा कि यह भवन जिले के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा और पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में सहायक सिद्ध होगा। सांसद ने निर्माण कार्य को गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश भी संबंधित विभागीय अधिकारियों को दिए।इस दौरान जिला प्रशासन के अधिकारियों ने भवन निर्माण से जुड़ी रूपरेखा की जानकारी देते हुए बताया कि प्रस्तावित जिला पंचायत भवन आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होगा, जहां विभिन्न विभागों के समन्वय से कार्यों का निष्पादन किया जाएगा। इससे ग्रामीण विकास योजनाओं का क्रियान्वयन और अधिक प्रभावी ढंग से हो सकेगा। भूमिपूजन कार्यक्रम में जिला पंचायत के प्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। - - प्रशासन के साथ जनप्रतिनिधि निर्माणाधीन कार्यों का करें निरीक्षण
- निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में करें पूर्ण
- आजीविका गतिविधियों पर जोर, आवास निर्माण कार्यों में तेजी लाने के दिए निर्देश
- महिलाओं को राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान प्रशिक्षण से जोड़ने के दिए निर्देश
- दिशा समिति की बैठक में विकास कार्यों एवं योजनाओं की गहन समीक्षा
मोहला । लोकसभा सांसद राजनांदगांव श्री संतोष पाण्डेय की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति दिशा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पूर्व में दिए गए निर्देशों की समीक्षा के साथ विभिन्न विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर मोहला-मानपुर विधायक श्री इंन्द्र शाह माण्डवी, खुज्जी विधायक श्री भोलाराम साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री दिनेश शाह, जिला पंचायत एवं जनपद पंचायत सदस्यगण, कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री यशपाल सिंह, सीईओ जिला पंचायत श्रीमती भारती चन्द्राकर, डीएफओ श्री दिनेश पटेल, सहित संबंधित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहें।सांसद श्री पाण्डेय ने किसानों को जैविक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने रासायनिक खेती के दुष्प्रभावों का उल्लेख करते हुए कृषि एवं संबंधित विभागों को जैविक पद्धति के लाभों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए। साथ ही किसानों का ई-केवाईसी पूर्ण कराने एवं उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से जोड़ने के निर्देश भी दिए। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग विभाग, लोक निर्माण विभाग तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं मुख्यमंत्री सड़क योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन सड़कों की समीक्षा करते हुए सांसद ने गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए नियमित भौतिक परीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रशासन के साथ जनप्रतिनिधि भी कार्यस्थलों का निरीक्षण करें, ताकि निर्माण कार्य गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में पूर्ण हो सके।
जिला पंचायत अंतर्गत मनरेगा के कार्यों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई। बैठक में अमृत सरोवर, आजीविका गतिविधियों, मनरेगा, महिला एवं बाल विकास विभाग तथा डीएमएफ के माध्यम से आंगनवाड़ी भवन निर्माण, जल संरक्षण हेतु डबरी एवं तालाब निर्माण कार्यों की समीक्षा की गई। सांसद ने निर्देशित किया कि आजीविका से संबंधित कार्यों को प्राथमिकता दी जाए, जिससे अधिक से अधिक लोगों को स्वरोजगार से जोड़ा जा सके। उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत जनजागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए वित्तीय वर्ष में प्रगति लाने के निर्देश दिए। नाबार्ड के कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने कार्ययोजना तैयार कर जिला स्तरीय अधिकारियों के समन्वय से प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा।
पशुधन विकास विभाग की समीक्षा के दौरान सांसद ने जिले की महिलाओं को राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान प्रशिक्षण से जोड़ने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा रिक्त पदों की भर्ती हेतु आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस दौरान जल जीवन मिशन, स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण, महतारी वंदन योजना, आयुष्मान भारत योजना, उज्ज्वला योजना, खेलो इंडिया एवं प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना सहित अन्य योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाया जाए तथा सभी निर्माण कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान करते हुए समय सीमा में पूर्ण करना सुनिश्चित की जाए। - - श्रमिक के बेटे नेहाल को मिला छात्रवृत्ति, शिक्षा की राह हुई आसान
- 800 छात्रों को लाभान्वित करने का मिला था लक्ष्य, विभाग के प्रयासों से 2856 छात्रों को मिली स्वीकृति
मोहला । जिले मुख्यालय के वार्ड क्रमांक 06 में रहने वाली श्रीमती प्रतिभा निषाद, जो एक पंजीकृत निर्माण श्रमिक हैं, अपने परिवार के बेहतर भविष्य के लिए निरंतर मेहनत करती रही हैं। सीमित आय और कठिन परिस्थितियों के बावजूद उनका एक ही सपना था कि उनके बच्चों को अच्छी शिक्षा मिले।
यह सपना तब साकार होता दिखा, जब उनके पुत्र नेहाल निषाद को “मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना” के अंतर्गत छात्रवृत्ति का लाभ प्राप्त हुआ। यह योजना श्रम विभाग के तहत संचालित होकर पंजीकृत श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करती है, जिससे वे बिना किसी बाधा के अपने अध्ययन को आगे बढ़ा सकें। नेहाल को मिली इस सहायता राशि ने न केवल उसकी पढ़ाई को आसान बनाया, बल्कि उसके आत्मविश्वास को भी नई ऊंचाई दी। अब वह अपने सपनों को साकार करने की दिशा में और अधिक उत्साह से आगे बढ़ रहा हैं। इस योजना की खास बात यह है कि इसमें कक्षा 1 से लेकर स्नातकोत्तर, व्यावसायिक पाठ्यक्रमों, यहां तक कि पीएचडी और शोध कार्य करने वाले विद्यार्थियों को भी 1 हजार से 10 हजार तक की छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। साथ ही, इसमें अंकों की कोई अनिवार्यता नहीं है, जिससे अधिक से अधिक श्रमिक परिवारों के बच्चे इसका लाभ उठा सकते हैं।
शैक्षणिक सत्र 2025-26 में जिले को 800 छात्रों को लाभान्वित करने का लक्ष्य मिला था, लेकिन विभाग के प्रयासों से 2856 छात्रों को स्वीकृति दी गई, जो लक्ष्य का लगभग 357 प्रतिशत है। यह आंकड़ा इस बात का प्रमाण है कि योजना न केवल सफल है, बल्कि ज़रूरतमंद परिवारों तक प्रभावी ढंग से पहुंच भी रही है। श्रीमती प्रतिभा निषाद का परिवार योजना का प्रत्यक्ष उदाहरण है कि सही अवसर और सहयोग मिलने पर श्रमिकों के बच्चे भी अपने सपनों को नई दिशा दे सकते हैं। यह पहल न केवल शिक्षा को बढ़ावा दे रही है, बल्कि श्रमिक परिवारों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है। -
राजनांदगांव । राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्यूएएस) कार्यक्रम अंतर्गत जिले के 7 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का चयन राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण पत्र हेतु किया गया है। चयनित आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में राजनांदगांव विकासखंड के सहसपुर दल्ली, पनिया एवं रेंगाकठेरा, छुरिया विकासखंड के आमगांव, हालेकोसा एवं भेजराटोला तथा डोंगरगांव विकासखंड के कम्हेरा शामिल हैं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने बताया कि राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्यूएएस) कार्यक्रम के तहत शासकीय स्वास्थ्य केंद्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से यह प्रमाण पत्र प्रदान किया जाता है। उन्होंने बताया कि जिले में अब तक कुल 42 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों को एनक्यूएएस प्रमाण पत्र प्राप्त हो चुका है, जबकि 83 स्वास्थ्य संस्थानों द्वारा तैयारी पूर्ण कर प्रमाण पत्र हेतु आवेदन प्रस्तुत किया गया है। इनमें से 24 स्वास्थ्य संस्थानों का निरीक्षण किया जा चुका है, जिनके प्रमाण पत्र प्राप्त होना शेष है। इस उपलब्धि पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जिले के सलाहकार डॉ. विकास राठौर, डॉ. स्नेहा जैन, डॉ. निहारिका टोपनो, खंड चिकित्सा अधिकारियों तथा चयनित स्वास्थ्य केंद्रों के समस्त कर्मचारियों को बधाई दी है। -
राजनांदगांव । जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र राजनांदगांव में 8 अप्रैल 2026 को सुबह 10.30 बजे से दोपहर 3 बजे तक प्लेसमेंट कैम्प का आयोजन किया गया है। प्लेसमेंट कैम्प में वेदांता स्कील स्कूल कोरबा द्वारा ट्रेनिंग (सोलर) के 30 पद, ट्रेनिंग (सिलाई मशीन ऑपरेटर) के 40 पद, ट्रेनिंग (होटल मैनेजमेंट) के 40 पद, ट्रेनिंग (वेल्डर) के 40 पद एवं हयूमिलिटी फाइनेशियल सोल्योशन द्वारा प्रोबेशनरी बिजनेस एसोसियेट के 10 पद, लाईफ प्लानर के 15 पद, वेल्थ मैनेजर के 15 पद तथा क्वीस काप लिमिटेड द्वारा नेप्स ट्रेनी के 500 पद पर भर्ती की जाएगी। प्लेसमेंट में शामिल होने वाले आवेदकों को शैक्षणिक योग्यता के सम्पूर्ण प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, 2 पासपोर्ट साईज फोटो, रोजगार पंजीयन कार्ड लाना अनिवार्य है।
- - ग्रामीणों से सीधे संवाद कर समस्याएं सुनीं, त्वरित निराकरण के दिए निर्देशराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने सोमवार को राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम सुकुलदैहान में आयोजित राजस्व पखवाड़ा शिविर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शिविर में उपस्थित ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर ने शिविर में प्राप्त नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा, नक्शा सुधार, ऋण पुस्तिका सुधार सहित अन्य राजस्व प्रकरणों की जानकारी ली और उनके समय-सीमा में तथा प्राथमिकता के आधार पर निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को उनके निवास के समीप ही सरल, त्वरित एवं पारदर्शी राजस्व सेवाएं उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए।उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शिविर में प्राप्त प्रत्येक आवेदन एवं प्रकरण पर गंभीरता से कार्रवाई की जाए तथा निराकरण की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे। कलेक्टर ने ग्रामीणों को शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका लाभ लेने तथा आवश्यक अभिलेख अद्यतन रखने के लिए भी प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान शिविर में कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शेष प्रकरणों का नियमानुसार एवं निर्धारित समयावधि में निराकरण सुनिश्चित किया जाए। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री प्रेमप्रकाश शर्मा, ग्राम पंचायत प्रतिनिधि, ग्रामीणजन तथा राजस्व विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
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राजनांदगांव । राष्ट्रीय मधुमक्खी बोर्ड अंतर्गत संचालित राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन एवं शहद मिशन योजना के तहत ग्रामीण एवं आदिवासी अंचल के कृषकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से कृषि विज्ञान केन्द्र राजनांदगांव द्वारा 21 मार्च से 27 मार्च तक शासकीय उद्यानिकी रोपणी केतकीटोला अम्बागढ़ चौकी में सात दिवसीय मधुमक्खी पालन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के लिए चयनित 25 कृषकों को मधुमक्खी पालन से संबंधित से जानकारी प्रदर्शन के माध्यम से दी गई।
कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. नूतन रामटेके, श्रीमती अंजली घृतलहरे, डॉ. अतुल डांगे एवं कार्यक्रम समन्वयक श्री जितेन्द्र मेश्राम द्वारा मधुमक्खी पालन हेतु विभिन्न विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। कृषकों को इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर एवं कृषि विज्ञान केन्द्र रायपुर के मधुमक्खी पालन इकाई एवं अन्य इकाइयों का भ्रमण कराया गया। कृषि महाविद्यालय रायपुर के कीट विभाग के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. जयालक्ष्मी गांगुली ने मधुमक्खी पालन के जीवन चक्र के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कृषि विज्ञान केन्द्र रायपुर के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. गौतम राय तथा केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. प्रेमशंकर तिवारी ने मधुमक्खी पालन के विभिन्न विषयों से अवगत कराया। कार्यक्रम में श्री मोहन साहू, हितेश साहू एवं प्रगतिशील कृषक मोहम्मद जाहिद द्वारा मधुमक्खी पालन में अपने अनुभव साझा किए और प्रायोगिक प्रशिक्षण कराया। प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन अवसर पर कृषकों को मधुमक्खी पालन हेतु विभिन्न सामग्री एवं प्रमाण पत्र का वितरण किया गया। -
राजनांदगांव । एचपीवी वैक्सीन गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर के बचाव के लिए जिला चिकित्सालय राजनांदगांव में प्रतिदिन एचपीवी वैक्सीनेशन किया जा रहा है। इसके साथ ही जिले के सभी सामुदायिक केन्द्रों में भी एचपीवी टीकाकरण प्रारम्भ कर दिया गया है। जिले में अब तक कुल 64 हितग्राहियों को एचपीवी वैक्सीन लगाया गया है। यह टीका एचपीवी संक्रमण के कारण होने वाले सर्वाइकल कैंसर को रोकने के लिए काफी प्रभावशील है। देश में 14 वर्ष की लड़कियों, जिन्होंने अपना 15वां जन्मदिन नहीं मनाया है, ऐसेे सभी बालिकाओं को एचपीवी टीका लगाया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने बताया कि एचपीवी वैक्सीन गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर के बचाव के लिए एक सुरक्षित और प्रभावी उपाय है। वैक्सीन के किसी भी प्रकार का कोई दुष्परिणाम नहीं है। वैक्सीन हेतु चिकित्सकों की निगरानी पर केवल 30 मिनट बैठना होता है। हितग्राही युवीन के माध्यम से भी अपना ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। इसके साथ ही आधार कार्ड के साथ जिला चिकित्सालय में उपस्थित होकर नि:शुल्क पंजीयन करा सकते है। उन्होंने सभी अभिभावक अपने बच्चों को जिला चिकित्सालय में कार्य दिवस पर उपस्थित होकर नि:शुल्क एचपीवी वैक्सीन लगवाने की अपील की है।
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राजनांदगांव । प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान अंतर्गत जिले में गर्भवती महिलाओं को प्रसव पूर्व देखभाल एवं आवश्यक स्वास्थ्य सलाह के लिए प्रत्येक माह की 9 एवं 24 तारीख को विशेष स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। शिविर के माध्यम से उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं को नि:शुल्क जांच, उपचार एवं परामर्श प्रदान किया जा रहा है। अभियान अंतर्गत पहला प्रसव ऑपरेशन से हुआ हो, पहले गर्भपात या मृत शिशु का जन्म हुआ हो, जिनका वजन या ऊंचाई कम हो, कम उम्र में गर्भधारण किया हो, गंभीर एनीमिया, उच्च रक्तचाप, मधुमेह या अन्य बीमारियों से ग्रसित गर्भवती महिलाओं की जांच की जाती है।
कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार मातृत्व स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्र्गत उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की सूची बनाकर उन्हें प्रत्येक सप्ताह दूरभाष के माध्यम से स्वास्थ्य संबंधी जानकारी एवं सलाह दी जा रही है। प्रसव के 15 दिन पूर्व गर्भवती माताओं के घर प्रतिदिवस मितानिनों द्वारा भ्रमण किया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने बताया कि वर्तमान में 1629 उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं में 1493 का प्रथम सोनोग्राफी तथा 1144 महिलाओं का द्वितीय बार सोनोग्राफी एवं विगत सप्ताह कुल 28 महिलाओं का सोनोग्राफी किया गया है। -
राजनांदगांव ।मुख्यमंत्री बाल भविष्य सुरक्षा योजना अंतर्गत प्रदेश में संचालित प्रयास आवासीय विद्यालयों में सत्र 2026-27 के कक्षा 9वीं में प्रवेश हेतु 17 अप्रैल 2026 तक ऑनलाईन आवेदन आमंत्रित की गई है। विद्यार्थियों द्वारा ऑनलाईन भरे गये आवेदन पत्र में त्रुटि सुधार 21 अप्रैल 2026 तक की जा सकती है। जिला स्तर पर दस्तावेजों का परीक्षण 28 अप्रैल 2026 तक किया जाएगा। प्रवेश पत्र 1 मई से डाउनलोड किया जा सकता है। प्रवेश हेतु प्राक्चयन परीक्षा का आयोजन 10 मई 2026 को किया जाएगा। इस संबंध में विस्तृत जानकारी वेबसाईट http://eklavya.cg.nic.in/
PRSMS/Student-Admission-Detail एवं कार्यालय सहायक आयुक्त आदिवासी विकास राजनांदगांव से प्राप्त की जा सकती है। -
- मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति तथा जनजाति विद्यार्थी उत्कर्ष योजना
राजनांदगांव । मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति तथा जनजाति विद्यार्थी उत्कर्ष योजना अंतर्गत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के ग्रामीण क्षेत्रों के प्रतिभावान विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जाती है। इस योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों में नई सोच का विकास करते हुए उन्हें बेहतर कैरियर चयन के लिए प्रतिस्पर्धी बनाना तथा उनके बहुमुखी व्यक्तित्व विकास हेतु समुचित अवसर प्रदान करना है। योजना अंतर्गत विद्यार्थी को कक्षा 6वीं से 12वीं तक छत्तीसगढ़ राज्य में स्थित उत्कृष्ट आवासीय विद्यालय में अध्ययन की नि:शुल्क सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा चयनित उत्कृष्ट आवासीय विद्यालय को निर्धारित मान्य शुल्क की प्रतिपूर्ति किया जाएगा। इच्छुक उत्कृष्ट आवासीय विद्यालय रूचि की अभिव्यक्ति 23 अप्रैल 2026 शाम 5 बजे तक कार्यालय सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग राजनांदगांव में प्रस्तुत कर सकते है। इस संबंध में विस्तृत जानकारी वेबसाईट www.tribal.cg.gov.in से प्राप्त की जा सकती है।






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