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घुलघुल में जिला स्तरीय पशुधन प्रदर्शनी और मेला आयोजित*
*स्वस्थ पशु प्रतियोगिता में कृषकों और पशुपालकों ने लिया हिस्सा*रायपुर, राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा है कि छत्तीसगढ़ की कृषि आधारित अर्थव्यवस्था में आज भी ग्रामीण क्षेत्रों में पशुधन का महत्व है। पशुधन का उपयोग कृषि कार्यों के साथ-साथ अन्य आर्थिक गतिविधियों में भी है। इस महत्ता के कारण हमारी संस्कृति में पशुधन को पूजनीय माना गया है। श्री वर्मा रायपुर जिले के ग्राम घुलघुल में जिला स्तरीय पशुप्रदर्शनी और पशु मेला में पशु मालिकों को सम्बोधित कर रहे थे।पशु चिकित्सा विभाग के द्वारा आयोजित इस मेले में उन्नत नस्ल के पशु प्रदर्शित किए गए थे। साथ ही यहां स्वस्थ्य पशु प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस आयोजन में 230 कृषक और पशुपालकों ने हिस्सा लिया। मेले में बीमार पशुओं का उपचार कर दवाईयां वितरित की गई। प्रतियोगिता में दुधारू गाय वर्ग में श्री संजय शर्मा नेवरा, श्री आकाश अग्रवाल नेवरा, तथा शत्रुहन यादव रजिया के गाय को क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। इसी प्रकार श्री फेरहा यदु, श्री हितेन्द्र मिर्झा एवं श्री गंगा यदु के भैंस को क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान (दुधारू भैंस वर्ग)तथा बकरा-बकरी वर्ग में श्री राकेश साहू कुम्हारी, श्री परस निषाद खपरीकला एवं श्री देवेश वर्मा के बकरा-बकरी को क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान, बैल जोड़ी वर्ग में श्री ईश्वर साहू, श्री रूपेन्द्र यादव, श्री रामजी साहू के बैल को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान एवं उन्नत वत्स पालन में श्री यशकुमार यदु मोहगांव, श्री हेमंत यदु खपरीकला, श्री अशोक यदु आलेसुर को क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान तथा कुक्कुट वर्ग में श्री बिसरू निषाद, श्री महाराज टण्डन एवं श्री बिसरू निषाद को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त हुआ।इस अवसर पर जिला पंचायत सभापति श्री राजू शर्मा, तिल्दा जनपद अध्यक्ष श्रीमती सुमन देवव्रत नायक, जनपद सदस्य श्रीमती स्वाति वर्मा, सभापति जनपद पंचायत तिल्दा श्री शिवशंकर वर्मा, ग्राम कोहका के सरपंच श्री सहदेव कुर्रे, श्री भगवती साहू, श्री विजय ठाकुर, श्री तेजराम वर्मा, पशुधन विकास विभाग के संयुक्त संचालक डॉ. शंकरलाल उइके तथा विभाग के जिला स्तर के अधिकारी एवं कर्मचारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे। -
*राज्य ओपन स्कूल में ऑनलाइन क्लास का संचालन किया जाएगा: मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल*
*साल में तीन बार होंगी राज्य ओपन स्कूल की परीक्षाएं*रायपुर | शिक्षा मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने राज्य ओपन स्कूल साधारण सभा की बैठक ली। इसमें कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि बहुत से बच्चे किसी रोजगार में लगे होने से समय के अभाव के कारण ओपन स्कूल में दाखिला लेते हैं ऐसे में उनको पढ़ाई में कोई परेशानी न हो इसके पूरा ध्यान रखा जाएगा।राज्य ओपन स्कूल द्वारा आयोजित परीक्षा के परिणाम पर शिक्षा मंत्री ने चिंता जताते हुए प्रत्येक शनिवार और रविवार को ऑनलाइन क्लास आयोजित करने के निर्देश दिए। इन क्लास में ‘स्वयंप्रभा‘ के जरिए पढ़ाई कराई जाएगी। इसके साथ ही राज्य ओपन स्कूल की परीक्षा अब साल में तीन बार आयोजित की जाएगी।शिक्षा मंत्री ने कहा कि अब माध्यमिक शिक्षा मंडल साल में दो बार परीक्षाओं का आयोजन कराएगा ऐसे में राज्य ओपन स्कूल को अपने विद्यार्थियों को एक मौका और देना चाहिए। बैठक में कुछ केंद्रों को बंद करने का सुझाव दिया गया। जिस पर शिक्षा मंत्री ने 50 विद्यार्थियों से कम केंद्रों को बंद करने और सभी केंद्रों की निगरानी के निर्देश दिए। - रायगढ़। 6 मार्च को शक्ति वंदन अभियान कार्यक्रम आयोजित होगा।कार्यक्रम में माननीय प्रधानमंत्री का संवाद कार्यक्रम वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से होगा। उक्त कार्यक्रम के लिए कबीर चौक सामुदायिक भवन और निगम सभाकक्ष को तैयार किया गया है। कार्यक्रम सुबह 9 बजे से दोनों स्थानों पर शुरू होगा, जिसमें माननीय प्रधानमंत्री 10.30 लाइव जुड़ेंगे। दोनों ही स्थानों पर प्रोजेक्टर, इंटरनेट सहित कंप्यूटर और आडियो, वीडियो संसाधन लगाए जा रहे हैं। निर्धारित दिन और समय पर दोनों स्थानों से कार्यक्रम प्रसारित किए जायेंगे। निगम प्रशासन द्वारा निगम अंतर्गत जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों से कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है। file photo
- गौरेला-पेंड्रा-मरवाही । कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी ने भारतीय थल सेना में अग्निवीर भर्ती के लिए जिले के अधिक से अधिक युवाओं को प्रेरित करने कहा है। उन्होंने कहा कि सेना में भर्ती होना गौरव की बात है। इस सर्वोच्च सेवा के लिए जिले के युवाओं को प्रेरित करें और उनसे फार्म भरवाएं। कलेक्ट्रेट के अरपा सभाकक्ष में अग्निवीर भर्ती के संबंध में कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी जेके शास्त्री और सहायक आयुक्त आदिवासी विकास डॉ ललित शुक्ला तथा विरांगना रानी दुर्गावती शासकीय महाविद्यालय, डॉ भंवर सिंह पोर्ते महाविद्यालय, माधव राव सप्रे महाविद्यालय, आईटीआई गौरेला, आईटीआई पेंड्रा एवं आईटीआई मरवाही के प्राचार्यों की बैठक लेकर आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले से 500 युवाओं को अग्निवीर भर्ती के लिए लक्ष्य प्राप्त हुआ है। भर्ती हेतु 13 फरवरी से ऑनलाइन पंजीयन चल रहा है। पंजीयन की अंतिम तिथि 22 मार्च निर्धारित है। कलेक्टर ने इसका व्यापक प्रचार प्रसार करने, योजना के बारे में युवाओं को बताने और उन्हे कोंचिग की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
- -राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने श.गु.कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, जगदलपुर में आयोजित दो दिवसीय नवाचार मेले का शुभारम्भ कियाजगदलपुर । राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने श.गु.कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, जगदलपुर में आयोजित दो दिवसीय नवाचार मेले का शुभारम्भ किया। राज्यपाल नेे अपने उद्बोधन में कहा है कि छत्तीसगढ़ राज्य प्रचुर प्राकृतिक सम्पदा एवं जैव विविधता से समृद्ध होने के कारण यहाँ कृषि एवं संबंधित क्षेत्रों में नवाचारी उद्योग एवं व्यवसाय की व्यापक सम्भावनायें हैं । उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में युवाओं को आकर्षित करने तथा उनके उद्यमिता का विकास करने में “नवाचार मेलों” की भूमिका काफी महत्वपूर्ण है । ऐसे नवाचार मेलों का आयोजन राज्य के हर सम्भाग में किया जाना चाहिए । श्री हरिचंदन आज यहाँ शहीद गुंडाधुर कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, कुम्हरावण्ड, जगदलपुर में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय एवं छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित दो दिवसीय नवाचार मेले का शुभारम्भ कर रहे थे । श्री हरिचंदन ने मेले में विभिन्न कृषि महाविद्यालयों, कृषि विज्ञान केन्द्रों तथा स्टार्ट अप्स द्वारा लगाये गये स्टाॅलों का भ्रमण किया तथा इनकी सराहना की । इस अवसर पर इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के कुलपति डाॅ. गिरीश चंदेल और छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के महानिदेशक श्री एस.एस.बजाज, भी उनके साथ मौजूद थे ।कुलपति डाॅ. चंदेल ने इस अवसर पर नवाचार मेले में अपने उद्बोधन में यहाँ उपस्थित युवा उद्यमियों तथा स्टार्टअप स्थापित करने के इच्छुक युवाओं को को सम्बोधित करते हुए नवीन उद्योग स्थापित करने हेतु मार्गदर्शन दिया । छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के महानिदेशक श्री एस.एस.बजाज ने भी अपना उद्बोधन दिया । तकनीकी सत्र में संचालक अनुसंधान सेवायें, इं.गां.कृ.वि., रायपुर डाॅ. वी.के. त्रिपाठी ने स्वागत उद्बोधन में नवाचार मेले के उद्देश्य पर प्रकाश डाला । मनोहर गौशाला खैरागढ़ के संचालक, श्री अखिल जैन जी का जैविक उत्पाद “आॅर्गेनिक गोल्ड” को लाॅंच किया गया । इं.गां.कृ.वि., अन्तर्गत सफल स्टार्टअप भी शामिल थे, जिन्होंने अपनी अनुभव तकनीकी सत्र में बताया, जिसमें श्री राजकुमार श्रीवासजी, शुभि एग्रोटेक स्टार्टअप रायपुर, श्री जीत चावड़ा, जीत एग्रोटेक रायपुर एवं श्री दीपक ध्रुव एग्री राईट्स, जगदलपुर भी मौजूद थे । नवाचार मेरे का महत्व पर डाॅ. अमित दुबे, प्रमुख वैज्ञानिक, छ.ग. विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, रायपुर पर प्रकाश डालते हुए युवा उद्यमियों तथा स्टार्टअप स्थापित करने के इच्छुक युवाओं को विस्तार से बताया । नवाचार का उद्यम के रूप में परिवर्तन विषय पर डाॅ. हुलास पाठक, प्राध्यापक एवं प्रभारी राबी, इं.गां.कृषि विश्वविद्यालय रायपुर ने अपना उद्बोधन दिया । संचालक बीज एवं प्रक्षेत्र, डाॅ. एस.टुटेजा ने भी प्रतिभागियों को सम्बंोधित किया। डाॅ. आर.एस.नेताम, अधिष्ठाता, श.गुं.कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, जगदलपुर ने भी नवाचार मेले पर विस्तार से युवा उद्यमियों तथा स्टार्टअप के संबंध में बतलाया । तकनीकी सत्र में प्रतिभागियों द्वारा अपने प्रादर्शों की जानकारी दी गई, कृषकों द्वारा अपने नवाचार की जानकारी दी एवं सफल छात्र स्टार्टअप उद्यमियों द्वारा अपने अनुभवों को इस अवसर पर साझा किया । उल्लेखनीय है कि नवाचार मेला 2024 का उद्देश्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में सम्भावनाओं तथा चुनौतियों के उद्देश्यों को ध्यान में रखकर प्रमुख विषय जैसे सामान्य विज्ञान, इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी, कृषि एवं सम्बंधित विज्ञान, मौलिक नव प्रवर्तन पर पोस्टर प्रदर्शनी में 75 एवं नवाचार माॅडल में 148 तथा मौखिक प्रस्तुती में 09 प्रतिभागी शामिल हुए । नवाचार में पूरे छत्तीसगढ़ के विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों के शिक्षाविद्, शोधकर्ता एवं स्कूलों के विद्यार्थीगण, सरकारी एवं गैर सरकारी संगठनों के नवप्रवर्तकगण, समाज में विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत नव प्रवर्तक स्वसहायता समूहों के सदस्य व प्रगतिशील कृषक एवं उद्योगों के प्रतिनिधिगण कुल 1000 लोग शामिल होकर नवाचार मेला का लाभ लिये । इस अवसर पर कुलसचिव, श्री जी.के. निर्माम, डाॅ. वी.के. पाण्डेय, डाॅ. ए.के. दवे, सह संचालक अनुसंधान, डाॅ. धनंजय शर्मा, सहित विश्वविद्यालय प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, कृषि विज्ञान केन्द्रों के प्रमुख, कृषि वैज्ञानिक, प्रगतिशील कृषक तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्रायें उपस्थित थे ।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज बस्तर जिले के चित्रकोट महोत्सव में स्टॉल निरीक्षण के दौरान संवेदनशील पहल करते हुए नन्हीं बालिका कु. अंजली का त्वरित उपचार कराने के निर्देश दिए। बस्तर जिले के ग्राम-टाकरा गुड़ा निवासी छः वर्षीय बालिका कु. अंजलि को हृदय रोग से पीड़ित है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर कु. अंजली का ऑपरेशन चिरायु योजना के तहत रायपुर के हृदय रोग विशेषज्ञों द्वारा किया जायेगा।
- - एम्स में दो दिवसीय कार्यशाला में देशभर के प्रमुख ईएनटी विशेषज्ञों ने लिया भाग- एम्स में प्रतिमाह 150 टेंपोरल बोन सर्जरी, रोज पहुंच रहे 50 रोगीरायपुर। ईएनटी विशेषज्ञों द्वारा की जाने वाली टेंपोरल बोन सर्जरी के बारे में अद्यतन जानकारी देने और नई तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें श्रवण संबंधी विकारों से बचने के लिए समय पर विशेषज्ञों से टेंपोरल बोन की सर्जरी करवाने की आवश्यकता पर बल दिया गया। एम्स के चिकित्सकों ने इसमें विशेषज्ञता प्राप्त कर ली है यहां प्रतिमाह औसतन 150 टेंपोरल सर्जरी की जा रही हैं।कार्यशाला का उद्घाटन करते हुए कार्यपालक निदेशक लेफ्टिनेंट जनरल अशोक जिंदल (रिटा.) ने कहा कि ईएनटी संबंधी सर्जरी दिन-प्रतिदिन जटिल हो रही हैं। ऐसे में नई तकनीक के प्रयोग से इसकी जटिलताओं को दूर कर रोगियों को त्वरित राहत दी जा सकती है। प्रदेश स्तर पर आयोजित इस प्रकार की कार्यशालाएं नए ईएनटी विशेषज्ञों को इसकी चुनौतियों को समझने में मदद करेगी। उन्होंने एम्स के ईएनटी विशेषज्ञों से अपनी विशेषज्ञता को प्रदेश के अन्य मेडिकल कालेज के ईएनटी विशेषज्ञों तक पहुंचाने को कहा।चिकित्सा अधीक्षक और ईएनटी विभागाध्यक्ष डॉ. रेनू राजगुरु ने बताया कि एसोसिएशन ऑफ ऑटोराइनोलैरिंजोलॉजिस्ट ऑफ इंडिया के सहयोग से आयोजित कार्यशाला में टेंपोरल बोन और वेसटीबुलर संबंधी चुनौतियों के बारे में नए चिकित्सकों को हैंड्स ऑन ट्रेनिंग प्रदान की गई। उन्होंने बताया कि एम्स के ईएनटी विभाग में इस संबंध में सभी सर्जरी सुविधाएं उपलब्ध हैं। प्रतिमाह लगभग 150 टेंपोरल बोन सर्जरी की जा रही हैं।कार्यशाला संयोजक डॉ. रिपुदमन अरोड़ा ने बताया कि कार्यशाला में देश के प्रमुख ईएनटी विशेषज्ञों ने टेंपोरल बोन डाइसेक्शन, इसकी सर्जरी से जुड़ी चुनौतियों और नई तकनीक के बारे में विशेषज्ञों ने जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि कान संबंधी छोटी और बड़ी सभी सर्जरी में टेंपोरल बोन सर्जरी की आवश्यकता होती है। इसमें कान की हड्डी बढ़ जाना, मवाद आना, कैंसर, मेस्टॉयड, इंप्लांट आदि में इसकी नियमित आवश्यकता होती है। एम्स की प्रतिदिन औसतन 250 रोगियों की ओपीडी में 50 रोगी टेंपोरल बोन संबंधी विकारों के होते हैं। इन्हें एम्स में त्वरित चिकित्सा प्रदान की जाती है।कार्यशाला में देश के प्रमुख ईएनटी चिकित्सक डॉ. जीवीएस राव, हैदराबाद, डॉ. मंजूनाथ, हुबली और डॉ. अनीता भंडारी, राजस्थान ने नए चिकित्सकों को टेंपोरल बोन सर्जरी की बारिकियों के बारे में बताया। कार्यशाला आयोजन में विभाग की डॉ. रूपा मेहता, डॉ. शर्मिष्ठा चटर्जी और डॉ. सतीश सातपुते ने भी भाग लिया। इसमें प्रदेश सरकार के मेडिकल कालेज और अन्य प्रदेशों के 127 ईएनटी विशेषज्ञों ने भाग लिया।
- भिलाईनगर। भिलाई निगम के राजस्व अमले ने कान्ट्रेक्टर कालोनी सुपेला में मंजीत सिंह बग्गा के 6 दुकानो तथा स्मृति नगर मे श्यामा चरण पाण्डेय के 8 दुकान को संपत्तिकर की राशि नही पटाये जाने के कारण सील बंद किया।निगम आयुक्त देवेश कुमार ध्रुव के निर्देश पर संपत्तिकर विभाग द्वारा बकाया राशि की वसूली के लिए भवन स्वामी को विधिवत नोटिस के बाद कुर्की वारंट जारी कर जोन को निर्देशित किये है कि बकायादारो द्वारा निगम के देय करो का भुगतान नहीं किये जाने पर कुर्की की कार्यवाही कर बकाया राशि की वसूली की जाये।इसी क्रम में कान्ट्रेक्टर कालोनी सुपेला में निवासरत मंजीत सिंह बग्गा के 6 दुकान जिसका संपत्तिकर बकाया राशि 6 लाख 82 हजार 3 सौ 32 रूपया तथा स्मृति नगर निवासी श्यामाचरण पाण्डेय के द्वारा संपत्तिकर की बकाया राशि 3 लाख 25 हजार 7 सौ 45 रूपया जमा नहीं करने के कारण उनके 8 दुकानों को जोन 1 सहायक राजस्व अधिकारी की टीम ने 14 दुकान को सील बंद किया है।अवकाश दिवस मे खुले रहेंगे टैक्स काऊंटरवित्तीय वर्ष समाप्ति पर निगम द्वारा भवन स्वामियों को सुविधा प्रदान करने के लिए निगम मुख्य कार्यालय एवं जोन कार्यालय के संपत्तिकर काउन्टर अवकाश दिनो में खुले रखने के निर्देश आयुक्त ने वसूली एजेंसी को दिये है। नागरिक अवकाश अवधि में भी निर्धारित स्थान पर उपस्थित होकर निगम संबंधी देय करो का भुगतान कर सकते है।
- श्रद्धालुओं में रामलला के दर्शन को लेकर गहरा उत्साहरायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज रायपुर रेलवे स्टेशन से श्री रामलला दर्शन योजना की स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। 850 श्रद्धालुओं का पहला जत्था अयोध्या धाम के लिए रवाना किया गया। इस यात्रा से श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है और भगवान राम का जय-जयकार करते हुए अयोध्या धाम के लिए निकल चुके हैं। ट्रेन में श्रद्धालु भजन-कीर्तन करते हुए भक्तिमय माहौल में श्री रामलला के दर्शन को जा रहे है। ट्रेन को अयोध्या धाम जैसे सुंदर सजावट किया गया है। इस दौरान उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री श्री रामविचार नेताम, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री दयालदास बघेल सहित विधायकगण उपस्थित रहे।अयोध्या धाम की यात्रा करने निकले पारा गांव निवासी श्रीमती शशि ठाकुर और उनकी सहेलियों को बहुत खुशी हो रही है। वे कहती हैं कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने श्री रामलला दर्शन के लिए योजना की शुरूआत की है। इसके लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। क्योंकि अयोध्या के दर्शन हम जैसे लोगों के लिए असंभव था, लेकिन मुख्यमंत्री की पहल पर आज हमें अयोध्या में श्री रामलला के दर्शन संभव हुए है। आज अयोध्या के लिए रवाना हो रहे है और हमें बहुत खुशी हो रही है।ग्राम कोपरा के निवासी श्री चेतन कहते है कि हम इस यात्रा से धन्य हुए है, जो हमें श्री रामलला के दर्शन का अवसर मिला। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सरकार का भी आभार व्यक्त करते हुए, जिन्होंने छत्तीसगढ़ के लोगों को श्री रामलला का दर्शन कराने की योजना बनाई। अयोध्या में श्री रामलला के भव्य और सुंदर मंदिर बनाए गए है। श्री रामलला के दर्शन के लिए यात्रा की शुरूआत हो रही है। जिसकी बहुत खुशी हो रही है।
- -श्रमिकों के लिए शुरू हुई 5 रूपए में भरपेट भोजन की व्यवस्था-श्रम मंत्री श्री देवांगन ने बाल्को में किया शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना का शुभारंभरायपुर /श्रम, उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने कल कोरबा जिले के बाल्को में शहीद वीर नारायणसिंह श्रम अन्न योजना अंतर्गत निर्माण, संगठित एवं असंगठित वर्ग के श्रमिकों के लिए 05 रूपए में भरपेट भोजन की व्यवस्था हेतु दाल-भात केंद्र का शुभारंभ किया। उन्होंने स्वयं भी श्रमिकों को भोजन परोसने के साथ भोजन भी किए और श्रमिकों से अपील की कि वे इस दाल-भात केंद्र में भोजन अवश्य करें। श्रम मंत्री ने इस पहल को गरीब श्रमिकों के लिए लाभदायक बताते हुए श्रम विभाग अंतर्गत श्रमिकों और उनके परिवार के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि देश के विकास में श्रमिकों का बहुत बड़ा योगदान है। श्रमिकों ने सड़क, पुल-पुलिया, महल सहित अन्य बड़े-बड़े कार्य किए हैं। उद्योग मंत्री होने के नाते उनकी भी कोशिश है कि प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा उद्योग स्थापित हों और छत्तीसगढ़ के युवाओं को रोजगार मिले।दाल-भात केंद्र का शुभारंभ करते हुए मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि इस योजना को प्रारंभ करने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने तत्काल सहमति दी और आज उनके प्रयास से गरीब मजदूरों को किफायती दर में भरपेट भोजन उपलब्ध होगा। श्रम मंत्री ने बताया कि उन्होंने भी गरीबी को बहुत ही करीब से देखा है। इसलिए वे श्रमिकों की आवश्यकताओं को भलीभांति जान और समझ सकते हैं। उन्होंने बताया कि वर्तमान में 21 स्थानों पर दाल-भात केंद्र प्रारंभ है। अन्य 22 स्थानों पर भी इसका संचालन किया जाएगा। कोरबा जिले में तीन स्थानों पर दाल-भात केंद्र का संचालन होगा। मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि बहुत से श्रमिक भाई कार्य की वजह से हड़बड़ी में घर से खाना खाकर नहीं आ पाते। ऐसे में दाल-भात केंद्र के माध्यम से कम कीमत पर भोजन उनके लिए लाभदायक साबित होगा। मंत्री श्री देवांगन ने श्रमिकों को बताया कि देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय गरीबों और श्रमिकों के कल्याण के लिए सोचते हैं। उन्होंने गरीबों और जरूरतमंदों के लिए योजनाएं बनाई हैं। प्रदेश में महतारी वंदन योजना के माध्यम से सभी महिलाओं को साल के 12 हजार रूपए देने, किसानों को 3100 रूपए समर्थन मूल्य तथा तेंदूपत्ता संग्राहकों को 5500 रूपए मानक बोरा सहित अनेक योजनाओं के माध्यम से लाभान्वित करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रधानमंत्री द्वारा कोरोना काल में गरीबों को मुफ्त चांवल भी दिया गया ताकि गरीब भूखे पेट न सोए। इसी तरह प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना लागू की गई है। इनमें पंजीयन कराने वाले गरीब परिवारों को लोन देकर जीवन स्तर आगे बढ़ाने का काम किया जा रहा है। श्रम मंत्री ने श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी श्रमिकों को दी और उनका लाभ उठाने की अपील भी की। कार्यक्रम में बाल्को के सीईओ श्री राजेश कुमार ने दाल-भात केंद्र का शुभारंभ किए जाने पर छत्तीसगढ़ सरकार को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि यह सरकार श्रमिकों के योगदान और उनके कल्याण के विषय में सोचती है। देश को विकास की राह में आगे बढ़ाने में श्रमिकों का बड़ा योगदान है। बाल्को में लगभग 14 हजार श्रमिक हैं, जो अपने परिश्रम की बदौलत एल्यूमिनियिम के उत्पादन में सहयोग दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम सब मिलजुल कर इस योजना को अच्छे से चलाएंगे और सभी श्रमिकों को भोजन उपलब्ध कराएंगे। कार्यक्रम को नेता प्रतिपक्ष श्री हितानंद अग्रवाल ने भी संबोधित किया। इस दौरान पार्षद श्री लुकेश्वर चौहान, श्री नरेंद्र देवांगन, नर्मदा लहरे, ईश्वर साहू, नरेंद्र पाटनवार, प्रफुल्ल तिवारी, आकाश श्रीवास्तव सहित सहायक श्रम आयुक्त श्री राजेश आदिले, बाल्को के अवतार सिंह, प्रज्ञा पाण्डेय तथा श्रमिक संगठन के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रमिक उपस्थित थे।श्रमिकों के साथ भोजन कर श्रम मंत्री ने श्रमिकों से की अपीलश्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन ने बाल्को में दाल-भात केंद्र का शुभारंभ करने के साथ भोजन की गुणवत्ता को परखने तथा श्रमिकों का उत्साह वर्धन करने उनके साथ भोजन किया। उन्होंने भोजन भी परोसे। श्रम मंत्री ने एक साथ भोजन कर रहे श्रमिकों से अपील की कि वे बेझिझक इस केंद्र में आएं और निःसंकोच भरपेट खाना खाएं। उन्होंने श्रमिकों से भूखापेट रहकर काम नहीं करने तथा अन्य मजदूर साथियों को भी इस योजना का लाभ लेने सहयोग करने की अपील की।
- रायपुर/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने चित्रकूट महोत्सव में अबूझमाड़ मल्लखम्ब और स्पोर्ट्स एकेडमी के खिलाड़ियों से मुलाक़ात की और उनका अविश्वसनीय मल्लखम्ब प्रदर्शन देखा। उन्होंने मल्लखम्ब के खिलाड़ियों की सफलता के लिए बधाई और शुभकामनाएँ दी।इस मौके पर वन एवं सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप, विधायक जगदलपुर श्री किरण देव, विधायक बस्तर श्री लखेश्वर बघेल, चित्रकोट विधायक श्री विनायक गोयल, दंतेवाड़ा विधायक श्री चैतराम अटामी जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती वेदवती कश्यप, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री मनीराम कश्यप, महापौर श्रीमती सफीरा साहू, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती पदमा कश्यप, जनपद पंचायत लोहण्डीगुडा अध्यक्ष श्री महेश कश्यप, सरपंच चित्रकोट श्रीमती बुटकी कश्यप भी उपस्थित थे।
- - मुख्य आतिथ्य विधायक श्री चैतराम अटामी होंगेदंतेवाड़ा । मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना, महिला एवं बाल विकास विभाग की अति महत्वाकांक्षी योजना है। इस योजना के तहत जिले में कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन एवं श्री जयंत नाहटा, अनुविभीय अधिकारी (रा0) दंतेवाड़ा के विशेष मार्गदर्शन एवं विधायक श्री चैतराम अटामी के आतिथ्य में 300 जोड़ों का मुख्यमंत्री सामूहिक कन्या विवाह, महिला एवं बाल विकास विभाग दंतेवाड़ा के द्वारा 06 मार्च 2024 को हाई स्कूल मैदान दंतेवाड़ा में कराया जा रहा है।मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाली कन्याओं के सामूहिक विवाह के लिए मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना लागू की गई है। योजना के तहत कन्या की आयु 18 वर्ष एवं वर की आयु 21 से अधिक होनी चाहिए। कन्या गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाली अथवा अंत्योदय कार्डधारी परिवार की होनी चाहिए। साथ ही कन्या एवं उसके परिवार को छत्तीसगढ़ राज्य का निवासी होना चाहिए। योजना के अंतर्गत बीपीएल परिवार से संबंधित बालिकाओं के विवाह के लिए राशि 50000 रूपये का प्रावधान है, उक्त राशि में से प्रत्येक जोड़ों के लिए राशि 21000 रूपये का डीबीटी के माध्यम से उनके बैंक खाते में एवं शेष राशि का उपयोग विवाह सामग्री, उपहार सामग्री एवं आयोजन के आकस्मिक व्यय, टेंट, भोजन, पानी, इत्यादि का व्यवस्था किया जाता है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे परिवारों की शादी हेतु मदद करने के लिए, बाल विवाह को रोकने, समाज में फिजूलखर्ची, दहेज के लेन-देन की रोकथाम को दृष्टिगत रखते हुए यह एक विशेष पहल छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा की गयी है। यह सामूहिक रूप में होने वाले विवाह को प्रोत्साहित करने के लिए महत्वपूर्ण कारक है जिसमें गरीब परिवार अपनी बेटी की शादी सामूहिक विवाह समारोह में एकत्रित होकर कर सकते है।
- दंतेवाड़ा । दंतेवाड़ा जिले में संचालित पीईटी एवं पीएमटी कोचिंग केन्द्र कारली एवं बालूद कक्षा 9वीं में प्रवेश हेतु परीक्षा का आयोजन किया जाना है। परीक्षा आयोजन हेतु जिले में संचालित परीक्षा केन्द्र ’छू लो आसमान’ कन्या आवासीय परिसर कारली एवं बालक आवासीय परिसर बालूद में 22 मार्च 2024 को कराया जावेगा।उक्त संबंध में समस्त प्रधानाध्यापक माध्यमिक शाला प्राचार्य हाई, हायर सेकेण्डरी स्कूलों में वर्ष 2023-24 में कक्षा 9वीं में अध्ययनरत छात्र,छात्राओं से आवेदन फार्म भरवा कर प्रवेश परीक्षा में सम्मिलित कराना सुनिश्चित करें। जिले के चारो विकासखण्ड शिक्षा कार्यालय एवं छूलो आसमान कारली एवं बालूद में परीक्षा फार्म उपलब्ध है। फार्म जमा करने की अंतिम तिथि 20 मार्च 2024 समय 5 बजे तक कारली एवं बालूद में जमा कर प्रवेश पत्र प्राप्त करे। परीक्षा 22 मार्च 2024 दिन शुक्रवार समय 11 बजे से 02रू00 तक आयोजित किया जायेगा।
- रायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के रेल्वे स्टेशन से रामलला दर्शन योजना के स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखा कर रवाना किया। इस आस्था ट्रेन से छतीसगढ़ के लगभग 850 राम भक्त अयोध्या में राम लला के दर्शन के लिए रवाना हुए। श्रद्धालु दर्शन करने के लिए बहुत उत्साहित नजर आए गरियाबंद जिले के देवभोग निवासी 60 वर्षीय श्री लालधर यादव, श्री तुलसी राम यादव, श्री सुनाधर यादव, श्री मकरन नायक और 60 वर्षीय श्री चाम्पर नेताम ने बताया कि प्रभु श्री राम के अयोध्या धाम में प्राण प्रतिष्ठा होने के बाद पहली बार दर्शन करने जा रहे हैं। मन में एक अलग खुशी महसूस हो रही है।गरियाबंद जिले के 60 वर्षीय श्रीमती फूलकुंवर ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की सार्थक पहल से प्रभु श्रीरामलला के दर्शन करने का सौभाग्य मिला है। प्रशासन ने गरियाबंद जिले से रायपुर स्टेशन तक लाने के लिए वाहन की सुविधा उपलब्ध कराई थी। हमारे गांव से और भी साथी लोग भी बड़ी संख्या में प्रभु श्रीराम के दर्शन करने एक साथ ट्रेन में जा रहे हैं।गरियाबंद जिले के गांव हरदीभाठा के 70 वर्षीय श्रीमती सोनबाई और श्रीमती उषा बाई पटेल ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा श्रद्धालुओं के लिए अच्छी व्यवस्था, साफ सुथरा ट्रेन, नाश्ता भोजन की भी उत्तम व्यस्था की गई है।रायपुर जिले के आरंग निवासी 60 वर्षीय श्री नंदलाल, सकरी गांव के 62 वर्षीय श्री छन्नूलाल साहू, 60 वर्षीय श्री मस्तराम ने बताया कि प्रभु श्रीराम के दर्शन करने के लिए मन बहुत उत्सुक है। छत्तीसगढ़ शासन ने श्री रामलला दर्शन योजना की शुरूआत की है। यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बहुत ही लाभदायक है। उम्र के इस पड़ाव में तीर्थ यात्रा करने का मन सभी का रहता है। किंतु आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण यात्रा नहीं कर पाते है। ऐसे परिवारों के बुजुर्गों को इस योजना का प्रत्यक्ष लाभ मिल रहा है।मुख्यमंत्री जी को धन्यवाद देते हुए सकरी गांव की 62 वर्षीय श्रीमती जानकी बाई और अकोली गांव की 60 वर्षीय श्रीमती सोनबती साहू ने बताया कि उन्हें प्रभु श्री राम का बुलावा आया है। दर्शन करने मन उत्सुक है।
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लिफ्ट, किचन शेड सहित सौंदर्यीकरण का काम जल्द पूरा करने दिए निर्देश
बिलासपुर/ कलेक्टर श्री अवनीश शरण ने सिम्स अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने तकरीबन घंटे भर सिम्स परिसर और वार्डाें का दौरा कर व्यवस्थाएं बनाने के निर्देश दिए। अस्पताल में इलाज कराने आए मरीजों से मुलाकात कर कुशल क्षेम पूछा। अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों के लिए बनाए जा रहे किचन शेड और अस्पताल के सौंदर्यीकरण कार्य को प्राथमिकता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। स्वीकृत दो नए लिफ्ट का काम भी तत्काल शुरू करने कहा।
कलेक्टर ने अस्पताल में बन रहे 12 बेडेड आपातकालीन चिकित्सा कक्ष (ट्राइएज) काम का भी निरीक्षण किया। अस्पताल अधीक्षक डाॅ. नायक ने बताया कि यह काम पूर्णता की ओर है। कलेक्टर ने अस्पताल में बनाए जा रहे किचन शेड का निरीक्षण किया। अंतःरोगी वार्ड के नजदीक उपलब्ध खुले जगह पर किचन शेड बनाया जा रहा है। अस्पताल में भर्ती मरीज के परिजनों के भोजन बनाने के लिए इसका निर्माण किया जा रहा है। कलेक्टर ने इस काम को भी जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पताल सौंदर्यीकरण काम का भी जायजा लिया। सौंदर्यीकरण के अंतर्गत यहां एलईडी डिस्पले गार्डन जैसे अन्य काम किए जा रहे है। इस कार्य को प्राथमिकता के साथ जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने अस्पताल में घूम-घूमकर सभी वार्डाें का जायजा लिया और व्यवस्थाएं देखी। उन्होंने पंजीयन विभाग में टोकन व्यवस्था एवं सिकल सेल सैम्पल कलेक्शन सेंटर को भी देखा। मरीजों से चर्चा कर व्यवस्था की जानकारी ली। गायनिक वार्ड में कंचनपुर से आई श्रीमती नंदनी बिंझवार से भोजन के विषय में पूछा। उन्होंने बताया कि सुबह नाश्ते में अंडा, बिस्किट, केला मिला था। भोजन अच्छा मिल रहा है। कलेक्टर ने पैथोलाॅजी में जाकर भी मरीजों से चर्चा की। श्रीमती नर्मदा बाई ने बताया कि उन्होंने खून की जांच के लिए सैम्पल दिया है। कलेक्टर ने डाॅक्टरों को निर्देशित किया कि स्लिप में रिपोर्ट देने की तिथि भी अंकित की जाए। कलेक्टर ने दंत रोग विभाग, फिमेल सर्जिकल वार्ड, मेल वार्ड सहित अन्य वार्डाें का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने अस्पताल में फर्श में हुई टूट-फूट के मरम्मत के निर्देश पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को दिए।
इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अमित कुमार, सिम्स अस्पताल अधीक्षक डाॅ. एसके नायक, उप अधीक्षक डाॅ. विवेक शर्मा, पीडब्ल्यूडी एवं सीजीएमएससी से संबंधित अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे। -
-लोकधर्म का वैष्णव भाव निभा रहे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
-मुख्यमंत्री के आत्मीय आतिथ्य ने छुआ कोरवा आदिवासियों का दिल, कहा- आज रात यहीं रुको, कल खाना खाकर ही जाना-दिन भर के व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद दूरस्थ बटईकेला से आये आदिवासियों से देर रात मिले मुख्यमंत्री श्री साय-बहुत दिन बाद मिले पुराने साथी को मुख्यमंत्री ने पहचाना, स्नेहभाव में कहा- तोर साथ भोपाल गए रहेन, अब बुढ़ा गए हस-रायपुर / 'वैष्णव जन तो तेने रे कहिए जे पीड़ पराई जाणे रे'- बापू के इस प्रिय भजन में जिस वैष्णव भाव का ज़िक्र है, वो लोकधर्म की नींव है। इससे सुखद और क्या होगा कि जनता लोकतंत्र में जिन्हें अपना प्रतिनिधि चुने वे अपने पास आये पिछड़े से पिछड़े व्यक्ति के साथ इस लोकधर्म का पालन करे।लोगों के दुख दर्द को समझने का ऐसा ही वैष्णव भाव छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के अंदर भी है, जो उनसे मिलने वालों के दिलों को छू जाता है। इसी की बानगी एक बार फिर दिखाई दी, जब मुख्यमंत्री श्री साय ने जशपुर के दूरस्थ ग्राम- बटईकेला से आये कोरवा आदिवासियों के उन भावों को भी समझ लिया जो संकोचवश वे व्यक्त करने से कतरा रहे थे। मुख्यमंत्री ने पहुना पहुंचे कोरवा आदिवासियों से बड़ी आत्मीयता से पूछा- जाने का किराया रखे हो ? और फिर अपनी जेब से निकाल कर उन्हें यात्रा खर्च दिया। साथ ही कहा कि आज रात यहीं रुको, कल खाना खाकर ही जाना।दरअसल कल देर रात जब बस्तर और राजिम के दिन भर के व्यस्त कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री श्री साय पहुना पहुंचे, तो उन्हें पता चला कि तीन कोरवा आदिवासी ग्रामीण उनसे मिलने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। रात्रि के तकरीबन सवा बारह बज गए थे। मगर ये जानकर कि जशपुर जिले के कांसाबेल ब्लॉक के कोरवा आदिवासी लम्बी दूरी का सफर कर उनसे मिलने आये हैं, मुख्यमंत्री श्री साय ने उन्हें अपने कक्ष में बुलवाया। नंगे पांव आये कोरवा बिशुन राम, बालकिशुन राम और अजीर साय मुख्यमंत्री के कक्ष में दाखिल हुए। मुख्यमंत्री ने बड़े ध्यान से उनकी समस्या को सुना और हर सम्भव मदद के लिए आश्वस्त किया।मगर फिर जो हुआ उसकी कल्पना भी इन ग्रामीणों ने नहीं की थी। मुख्यमंत्री श्री साय ने सबसे पहले उनसे पुछा- खाना खाए हो ? जब उन्होंने बताया कि पहुना में ही उन्हें भोजन कराया गया है। तो मुख्यमंत्री ने पूछा कि रायपुर कब आये और किस रूट से आये हो? उन्होंने बताया कि कल वे बटईकेला से रायगढ़ बस से आये और रायगढ़ से ट्रेन के जनरल बोगी का टिकट लेकर रायपुर आये हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने बड़ी ही आत्मियता से उनसे पूछा- जाने का किराया रखे हो ? इस प्रश्न के जवाब में ग्रामीण चुप रहे। मगर मुख्यमंत्री श्री साय ने इस खामोशी के पीछे के उन भावों को भी पढ़ लिया जिसे वे व्यक्त करने से कतरा रहे थे। मुख्यमंत्री ने अपनी जेब से निकाल कर उन्हें यात्रा खर्च दिया और कहा कि आज रात आप यहीं रुको और कल खाना खाकर ही जाना। मुख्यमंत्री श्री साय की इस सहृदयता ने इन कोरवा आदिवसियों के दिल को छू लिया।पुराने साथी को पहचान कर स्नेहभाव में कहा- अब तैं बुढ़ा गए हसमुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने बहुत साल बाद मिल रहे पुराने साथी अजीर साय को पहचान लिया। मुख्यमंत्री ने उन्हें याद दिलाया कि मैं तोर साथ भोपाल गए रहेन। अजीर साय ने बताया कि वे कोरवा आदिवासियों की समस्या को लेकर मुख्यमंत्री से कई साल पहले तब मिले थे जब वे विधायक थे। उस समय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय उन्हें अपने साथ लेकर भोपाल लेकर गए थे और तत्कालीन सरकार के मंत्रियों से उन्हें मिलवा कर कोरवा आदिवासियों की बात रखी थी। मुख्यमंत्री ने श्री अजीर साय से स्नेहभाव में कहा कि अब तैं बुढ़ा गए हस। इस बात को सुनकर सभी खिलखिला उठे।युवा कोरवा बिशुनराम और बालकिशुन राम का हौसला बढ़ायामुख्यमंत्री श्री साय ने पहुना आये कोरवा आदिवासी युवा बिशुनराम और बालकिशुन राम से उनका हाल चाल जाना और उनकी शिक्षा के बारे में पूछा । किशुन ने बताया कि उन्होंने बीएससी किया है और किशुनराम ने एमएससी। दोनों ने कम्प्यूटर का भी कोर्स किया है। मुख्यमंत्री श्री साय ने इन आदिवासी युवाओं के जज़्बे और योग्यता की सराहना की और उनका हौसला बढ़ाया। मुख्यमंत्री ने उन्हें उज्ज्वल भविष्य की शुभकामना दी।मुख्यमंत्री ने लंबे लोकजीवन में समझा है लोगों का सुख-दुख, लगा रहता है मिलने वालों का तांतामुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की खासियत है कि वे हर तबके के व्यक्ति के दुख सुख को बहुत गहनता से समझते हैं। जनप्रतिनिधि के रूप में उनका लम्बा कार्यकाल रहा है। वे सरपंच से लेकर केंद्रीय मंत्री और अब मुख्यमंत्री रहते हुए लोगों की समस्याओं को हर स्तर पर रूबरू हुए हैं । यही कारण है जबसे उन्होंने मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार सम्भाला है, प्रदेश भर से उनसे मिलकर अपनी समस्या रखने वालों का तांता लगा रहता है। उनसे मिलने वालों को उनका आत्मीय भाव छू जाता है। - -मुख्यमंत्री ने दो दिवसीय ‘‘छत्तीसगढ़ क्लाइमेट चेंज कॉन्क्लेव 2024‘‘ का किया शुभारंभ-प्रकृति को बचाने के लिए सभी अपनी भूमिका ईमानदारी के साथ निभाएं: वन मंत्री श्री केदार कश्यप-‘‘छत्तीसगढ़ स्टेट एक्शन प्लान ऑन क्लाइमेट चेंज‘‘ का विमोचन: डेश बोर्ड लांचरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि जलवायु परिवर्तन पूरे विश्व के लिए विकराल समस्या है। जलवायु परिवर्तन के प्रतिकूल प्रभावों के कारण अनियमित वर्षा, लंबे समय तक सूखा, चक्रवाती वर्षा, वर्षा ऋतु के समय में परिवर्तन जैसी चुनौतियां पूरी दुनिया के साथ ही देश और प्रदेश के सामने भी हैं। इससे निपटने के लिए हमें रणनीति तय कर प्रकृति को बचाने और पर्यावरण संरक्षण के लिए काम करना होगा। मुख्यमंत्री आज राजधानी रायपुर के एक निजी होटल में दो दिवसीय ‘‘छत्तीसगढ़ क्लाइमेट चंेज कॉन्क्लेव 2024‘‘ को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया।वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप, विधायक एवं पद्मश्री सम्मानित श्री अनुज शर्मा, पद्मश्री श्रीमती फूलबासन यादव, पद्मश्री श्री हेमचंद मांझी और पद्मश्री श्री जागेश्वर यादव, वन विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री मनोज कुमार पिंगुआ, प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही. श्रीनिवास राव सहित वरिष्ठ अधिकारी, जनजाति समुदायों के प्रतिनिधि, वैद्यराज इस अवसर पर उपस्थित थे।मुख्यमंत्री ने कहा कि हम प्रकृति के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। ज्यादा सुख-सुविधाओं की ओर बढ़ रहे है। जिससे असंतुलन की स्थिति बनती है, विसंगतियां आती हैं। जलवायु परिवर्तन की चुनौती के समाधान के उपायांे के संबंध में वर्ष 2015 में पेरिस समझौता किया गया था। जिसमें 196 देश शामिल हैं और अपने पर्यावरण को बचाने के लिए प्रयास कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वैश्विक समस्या के समाधान के लिए हम सब मिलकर प्रयास करेंगे तो जरूर सफल होंगे।उन्होंने ‘‘छत्तीसगढ़ क्लाइमेट चंेज कॉन्क्लेव 2024‘‘ के आयोजन के लिए प्रदेश के वन विभाग और छत्तीसगढ़ स्टेट सेंटर फॉर क्लाइमेट चंेज के अधिकारियों-कर्मचारियों बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने में प्रदेश की भूमिका और भविष्य की कार्ययोजनाओं के लिए यह कार्यशाला मील का पत्थर साबित होगी। देश भर से इस कॉन्क्लेव में शामिल होने आए विशेषज्ञों और पर्यावरणविदों द्वारा जलवायु परिवर्तन की वैश्विक चुनौतियों और इसके प्रतिकूल प्रभावों के बारे महत्वपूर्ण जानकारियां और अनुभव साझा किए जाएंगे। उनके विचार-विमर्श से निकले निष्कर्ष छत्तीसगढ़ और देश के लिए उपयोगी साबित होंगे। उन्होंने कॉन्क्लेव में शामिल सभी अतिथियों का स्वागत किया।मुख्यमंत्री ने ‘‘छत्तीसगढ़ स्टेट एक्शन प्लान ऑन क्लाइमेट चेंज‘‘ तथा एक्शन प्लान की मॉनिटरिंग के लिए डेस बोर्ड, बस्तर में ट्रेडिशनल हेल्थ प्रेक्टिसेस पर केन्द्रित पुस्तक ‘‘एन्शिएंट विसडम‘‘ और बॉयोडायवर्सिटी इन कांगेर वैली पुस्तक का विमोचन किया। इस अवसर पर जलवायु परिवर्तन पर आधारित एक शॉर्ट फिल्म का प्रदर्शन किया गया।वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा कि प्रकृति को बचाने के लिए सभी अपनी भूमिका ईमानदारी के साथ निभाएं। जलवायु परिवर्तन की चुनौती का सामना करने के लिए सबके सहयोग से काम करना होगा ताकि आने वाली पीढ़ी सुरक्षित रहे। विशेषज्ञों के साथ-साथ जनजाति समुदायों के साथ भी। उन्होंने कहा कि हमारी जनजातियां प्रकृति को काफी नजदीक से समझती हैं। अंडमान निकोबार की जारवा जनजाति के लोग सैलाब या भूकंप आने के पहले जान जाते है और पहाड़ों पर चले जाते हैं। प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही. श्रीनिवास राव ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। वन विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री मनोज कुमार पिंगुआ ने कहा कि इस चुनौती से निपटने के लिए विशेषज्ञों, पर्यावरणविदों, जनजाति समुदायों के प्रतिनिधियों, वैद्यराजों को एक प्लेटफार्म पर लाने का प्रयास करना चाहिए। अपने ज्ञान के आदान-प्रदान से हम जलवायु परिवर्तन की चुनौती का सामना करने के लिए सही दिशा में बढ़ सकेंगे। ब्रिटिश डिप्टी हाई कमीश्नर डॉ. एन्ड्रयू फ्लेमिंग ने जलवायु परिवर्तन के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला।कार्यशाला का आयोजन छत्तीसगढ़ स्टेट सेंटर फॉर क्लाइमेट चेंज और वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा फाउन्डेशन फॉर इकोलॉजिकल सिक्योरिटी के तकनीकि सहयोग से किया गया। इस कॉन्क्लेव में 15 राज्यों एवं राष्ट्रीय स्तर के कई संस्थानों के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं।
- रायपुर / बस्तर जिले में एक दिवसीय प्रवास में पहुँचे राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन का स्वागत मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने किया। स्थानीय एयरपोर्ट मां दंतेश्वरी में राज्यपाल और मुख्यमंत्री का आत्मीय स्वागत वनमंत्री श्री केदार कश्यप, विधायक जगदलपुर श्री किरण देव,कमिश्नर श्री श्याम धावड़े, आईजी सुंदर राज पी. कलेक्टर श्री विजय दयाराम के. ने किया। इसके अलावा पूर्व विधायक संतोष बाफ़ना सहित अन्य गणमान्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
- -अधिकारियों और उनके परिजनों को विशेष अवसर पर न्योता भोजन कराने आग्रह - कलेक्टर-अधिकारियों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देशरायपुर / कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर स्थित रेडक्रास सभा कक्ष में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के अंतर्गत जिला स्तरीय संचालन एवं माॅनिटरिंग समिति की बैठक हुई। कलेक्टर ने अधिकारियों और उनके परिजनों के विशेष अवसर पर स्कूलों में न्योता भोजन कराने का आग्रह किया है। बैठक में अनेक महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई। जिसमें मध्यान्ह भोजन अंतर्गत कार्यरत रसोईयों का मानदेय एवं मटेरियल कास्ट व कुकिंग कास्ट का समय पर भुगतान करने, ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय महिला स्व सहायता समूहों को संचालन सौंपने, स्कूलों में पोषण वाटिका किचन गार्डन की उपलब्धता बढ़ाने, स्कूलों में मोबाइल नंबर एप से लाभान्वित छात्रों की संख्या शत-प्रतिशत करने और न्योता भोजन पर चर्चा की गई।अब तक 165 स्कूलों में न्योता भोजनजिला शिक्षा अधिकारी श्री हिमांशु भारतीय ने बताया कि जिले के 165 स्कूलों में न्योता भोजन कराया गया है। सर्वाधिक तिल्दा विकासखंड के 85 स्कूलों में न्योता भोजन कराया गया है। साथ ही कलेक्टर ने सभी विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के लिए निर्देश दिए।
- -गणमान्य लोगों ने अपने महत्वपूर्ण तिथि के अवसर पर दिया न्योता भोज-बच्चों ने दी जन्मदिन की शुभकामनाएं और कहा धन्यवाद-कलेक्टर ने लोगों को न्योता भोज से जुड़ने किया है आग्रहरायपुर / ज़िले में सोमवार को कई शासकीय प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक शाला के बच्चों को चांवल , दाल पूड़ी-सब्जी, खीर जैसे अन्य व्यंजनो के साथ न्योता भोज दिया गया। विकासखण्ड से क्रमशः प्राथमिक शाला खुड़मुड़ी में श्री रामप्यारे साहू, प्राथमिक शाला रामनगर में श्री एम गुरुनाथ, पूर्व माध्यमिक शाला कारा में ग्राम पंचायत कारा सरपंच ने एवं प्राथमिक शाला दतरेंगा में श्रीमती मंजू भुवाल ने अपने जन्मदिवस के अवसर पर स्कूली बच्चों को न्योता भोज दिया। बच्चों ने सभी को जन्मदिन की बधाईयां प्रेषित की और धन्यवाद दिया।न्योता भोज देने वाले गणमान्यों के साथ स्कूल के अध्यापक/अध्यापिकागण ने मिलकर बच्चों को भोजन परोसकर साथ ही वें भी बच्चों के साथ भोजन किए।ग़ौरतलब है कि कलेक्टर डॉ गौरव सिंह ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप हमारा प्रदेश सुपोषित और विकसित हो इसके लिए प्रदेश के स्कूलों में मध्यान्ह भोजन के साथ न्योता भोज का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा है कि जब बच्चों के पास समाज के विभिन्न वर्गों के लोग आते हैं, तो बहुत ही खुशी होती है। समाज के सभी वर्गो एवं शहर वासियों से आग्रह किया है कि उनके जीवन में जब भी कोई महत्वपूर्ण तिथि, अवसर हो तो उसे स्कूली बच्चों के साथ सेलीब्रेट करें।प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के तहत छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर यह आयोजन किया जा रहा है। सामुदायिक सहयोग से स्कूली बच्चों के खानपान में पोषण आहार की मात्रा बढ़ाने “न्यौता भोजन’’ की अभिनव पहल की जा रही है। इससे बच्चों को अतिरिक्त पोषण की मात्रा मिलेगी और अपनत्व की भावना भी विकसित होगी।
- बिलासपुर /महतारी वंदन योजना के तहत राज्य शासन द्वारा महिलाओं को एक हजार रूपए की सहायता राशि प्रति माह उपलब्ध कराई जाएगी। योजना की सूची में नाम आने से महिलाएं काफी खुश हैं। महिलाओं ने अपनी छोटी-छोटी जरूरतों को इन पैसांे से पूरा करने की बात कहीं हैं। वहीं मिलने वाली यह राशि कुछ परिवारों के लिए बड़ी राहत है।चिंगराजपारा की श्रीमती कल्पना सिंह ठाकुर ने बताया कि महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि से उन्हें काफी सहायता मिलेगी क्योकि उनके पति उनसे अलग रहते हैं और कोई आर्थिक सहायता नहीं करते। एक बेटी के पालन-पोषण की जिम्मेदारी उन्हे अकेले निभानी है ऐसे में इस राशि से उन्हें बड़ी मदद मिलेगी। श्रीमती सरस्वती राजपूत ने बताया कि इस राशि का उपयोग वह अपने घर को संवारने में खर्च करेंगी। इसी तरह मितानिन नीता वस्त्रकार का कहना है कि मानदेय के रूप में कम राशि प्राप्त होती है ऐसे में शासन द्वारा दी गई एक हजार रूपए की सहायता बड़ी मददगार होगी।इसी तरह योजना में नाम आने से बहतराई सूर्या चैक की श्रीमती सुनीता रात्रे ने बताया कि उनके पति विकलांग हैंै। जिसके कारण घर चलाने में उन्हें काफी परेशानी होती है। वह अकेले ही किसी तरह परिवार का खर्च चला रही है। ऐसे में एक हजार रूपए से उन्हें राहत मिलेगी और अपने घरेलू और पति की दवाईयों के खर्च में मदद मिलेगी। महिलाओं ने योजना की सराहना करते हुए सरकार का धन्यवाद किया।उल्लेखनीय है कि राज्य शासन द्वारा महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में पहल करते हुए महतारी वंदन योजना शुरू की गई है। योजना के तहत पात्र हितग्राहियों को एक हजार रूपए प्रति माह की सहायता राशि दी जाएगी। 7 मार्च को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी डीबीटी के जरिए लाभार्थियों को सहायता राशि प्र्रदान करेंगे। मुख्य कार्यक्रम राज्य मुख्यालय रायपुर में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में आयोजित है। जिला मुख्यालयों, ब्लाॅक मुख्यालयों एवं नगरीय निकायों में भी इस अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किये जाएंगे।
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रायपुर। रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने नगर पालिक निगम जोन 3 जोन अध्यक्ष डॉक्टर प्रमोद साहू, गुरु गोविंद सिंह वार्ड क्रमांक 29 के पार्षद श्री पुरुषोत्तम बेहरा सहित जोन 3 जोन कमिश्नर श्री विमल शर्मा, कार्यपालन अभियंता श्री राकेश अवधिया एवं नगर के गणमान्य नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्त्ताओं की उपस्थिति में नगर पालिक निगम के जोन क्रमांक 3 के तहत काली माता वार्ड क्रमांक 11 के अंतर्गत तिवारी नाला के समीप 15 लाख रूपये की लागत से सीसी सड़क, नाली नवीनीकरण निर्माण से सम्बंधित नए विकास कार्यों का श्रीफल फोड़कर एवं कुदाल चलाकर भूमिपूजन किया. रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने जोन 3 जोन कमिश्नर श्री विमल शर्मा, कार्यपालन अभियंता श्री राकेश अवधिया को स्वीकृति अनुसार तत्काल नए विकास कार्य प्रारम्भ करवाकर सतत मॉनिटरिंग कर उच्च स्तरीय गुणवत्ता सहित तय समयसीमा के भीतर प्राथमिकता से पूर्ण करवाना सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए है।
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*महतारी वंदन सम्मेलन 7 मार्च को, कलेक्टर ने की तैयारी की समीक्षा*
*शनिचरी में भी 5 रुपए में मिलेगा श्रमिकों को भरपेट भोजन*
*लोकसभा चुनाव की तैयारी की भी समीक्षा*
बिलासपुर/बिलासपुर शहर को स्मार्ट सिटी परियोजना के फेस 2 में फिर से चयन किया गया है। अगले पांच साल तक परियोजना चलेगी। कलेक्टर अवनीश शरण की अध्यक्षता में आयोजित टीएल की बैठक में नगर निगम आयुक्त ने इस आशय की जानकारी दी। राज्य में केवल बिलासपुर शहर का चयन किया गया है। कलेक्टर ने बैठक में 7 मार्च को आयोजित महतारी वंदन सम्मेलन की तैयारी शुरू करने के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय वीसी से जुड़कर सम्मेलन को संबोधित करेंगे। डीबीटी के जरिए योजना की पहली किस्त प्रति हितग्राही 1 हजार रुपए चयनित महिलाओं के खाते में अंतरित करेंगे। चुनिंदा हितग्राहियों से संवाद भी करेंगे।
कलेक्टर श्री शरण ने कहा कि विकसित भारत योजना की तर्ज पर महतारी वंदन सम्मेलन आयोजित होंगे । नगर निगम क्षेत्र के लिए कमिश्नर अमित कुमार और जनपदों के लिए संबंधित एसडीएम को नोडल अधिकारी बनाया गया है। सम्मेलन में छत्तीसगढ़ की माटी से जुड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। बाल विवाह रोकने का संकल्प भी लिया जाएगा। कलेक्टर ने आधार सीडिंग की प्रगति की भी समीक्षा की ।रविवार के बाद अब लगभग 25 हजार महिलाओं का सीडिंग बचा हुआ है। कलेक्टर ने 6 तारीख तक अनिवार्य रूप से आधार सीडिंग का कार्य पूरा कर लेने को कहा है।
श्रम विभाग द्वारा संचालित शहीद वीर नारायण सिंह अन्य सहायता योजना का विस्तार शनिचरी बाजार क्षेत्र में भी किया जाएगा। इसके लिए जगह का चिन्हांकन कर प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। इस श्रम अन्न केंद्र में 5 रुपए में उन्हें भरपेट भोजन खिलाया जाएगा। फिलहाल यह योजना शहर के बृहस्पति बाजार और त्रिपुरा क्षेत्र में उपयोगी साबित हो रही है। प्रतिदिन लगभग 1 हजार श्रमिक 5 रुपए में गरम भोजन का आनंद उठाते हैं। कलेक्टर ने बैठक में लोकसभा चुनाव की चल रही तैयारियों की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा की पीपीएस सॉफ्टवेयर में 8 तारीख तक कर्मचारियों की सूची अपडेट कर लें और इसकी सत्यापित प्रति एनआईसी में जमा करें ।उन्होंने कहा की विधानसभा चुनाव में काम करने कर चुके अधिकारियों को लोकसभा चुनाव में भी वही जिम्मेदारी सौंप गई है ताकि उनके अनुभव का लाभ मिल सके ।उन्होंने सेक्टर अधिकारियों को अपने क्षेत्र के मतदान केंद्रोंका निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है ताकि जरूरत पड़ने पर समय सीमा में सुधार का कार्य किया जा सके। बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री अमित कुमार ,अपर कलेक्टर आरए कुरुवांशी सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। -
बिलासपुर/कलेक्टर श्री अवनीश शरण ने आज साप्ताहिक जनदर्शन में दूर-दराज से आये ग्रामीणों, किसानों, बुजुुर्गो और महिलाओं की समस्याओं को बड़े इत्मीनान से सुना। कुछ समस्याओं का निराकरण मौके पर ही किया गया और कुछ समस्याओं के जल्द निराकरण के लिए कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए। आज जनदर्शन में निजी एवं सामूहिक समस्याओें से संबंधित लगभग सवा सौ आवेदन मिले।
साप्ताहिक जनदर्शन में शहीद मंगल पांडे वार्ड निवासी श्रीमती लक्ष्मी वैध ने बीपीएल राशन कार्ड के लिए आवेदन दिया, उनकी मांग पर तुरंत राशन कार्ड बनवाकर कलेक्टर ने उन्हें सौंपा। विकासखण्ड कोटा के ग्राम पंचायत रानीगांव के सरपंच ने उपस्वास्थ्य केन्द्र की मांग की। उस्लापुर के श्री मोहन नवरंग ने मिसल संबंधी जानकारी दिलाने गुहार लगाई। इस मामले को एसडीएम तखतपुर को सौंपा। तखतपुर ब्लाॅक के सलईया ग्राम पंचायत की मां दुर्गा महिला स्व सहायता समूह की महिलाओं ने पशु शेड बनवाने की मांग की। बिटकुली के किसान श्री श्रीकांत वर्मा ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि दिलवाने की गुहार लगाई। कलेक्टर ने उप संचालक कृषि को मामले को सौंपते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
इसी प्रकार श्री शंकर राव आहेर ने पांच माह से लंबित पेंशन भुगतान दिलवाने की मांग की। उन्होंने बताया कि वे बिल्हा के शासकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र से औषधालय सेवक के पद से 3 जून को सेवा निवृत्त हुए बावजूद इसके उन्हें पेंशन की राशि नहीं मिली है। तखतपुर तहसील के ग्राम कुंवा निवासी श्री संतोष कुमार साहू ने अरपा भैंसाझार परियोजना के तहत अधिग्रहित भूमि का मुआवजा दिलाने की मांग की। इस मामले को एसडीएम तखतपुर देखेंगे। इमलीभाठा बन्धवापारा निवासी श्री लिंकेश साहू एवं अन्य लोगों ने जल निकासी, नाली और सड़क निर्माण करवाने की मांग की। कलेक्टर ने मामले को नगर निगम कमिश्नर को सौंपा। डिपरापारा वार्ड नम्बर 37 निवासी श्रीमती मनीषा झा ने निराश्रित पेंशन दिलाने आवेदन दिया। कलेक्टर ने आवेदन को संयुक्त संचालक समाज कल्याण को सौंपते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। -
-सुदर्शन होम के लिए वेदी पर नवग्रहों की स्थापना- बालाजी संग श्रीदेवी-भूदेवी परिणय सूत्र में बंधेटी सहदेवभिलाई नगर। बालाजी मंदिर में सोमवार को आंध्र साहित्य समिति के तत्वावधान में मनाए जा रहे ब्रह्मोत्सव के दूसरे दिन सुबह वैदिक मंत्रोच्चार के बीच महासुदर्शन होम किया गया और शाम को बालाजी संग माता श्रीदेवी-भूदेवी का कल्याणोत्सव (विवाहोत्सव) सनातन रस्मों तथा धार्मिक सद्भाव से मनाया गया। दोनों अनुष्ठानों में यजमान पीएस राव, के लक्ष्मीनारायण तथा पी केशवराव दंपति समेत सौ से ज्यादा दंपति शामिल हुए। 29 फरवरी से 6 मार्च तक हो रहे अनुष्ठानों में प्रदेश की दुर्ग जिला इकाई श्री सत्य साईं सेवा संगठन पादुका सेवा का दायित्व संभाले हुए है।सुदर्शन होम के लिए वेदी पर नवग्रहों की स्थापनामहासुदर्शन होम की शुरुआत तिरुपति से आए प्रधान पंडित डी फणी कुमार की अगुवाई में नित्य की भांति श्रीविष्णु के सेनाधिपति विष्वक्सेन एवं वरुण देवता के प्रतीक पुण्याहवचनम कलश की आराधना से की गई। इसके बाद यज्ञशाला मंच पर बने एक ओर सभ्यम हवनकुंड, तो दूसरी तरफ पौंडरिकम हवनकुंड में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच अग्नि प्रज्वलित कर महासुदर्शन होम का विधि-विधान से सूत्रपात किया गया। यज्ञ स्थल पर एक वेदी भी बनाई गई, जिस पर नवग्रहों को स्थापित किया गया, जबकि सुदर्शन हवनकुंड में समर्पित करने के लिए लाई, मधु, मिश्री, सुगंधदायक द्रव्य, गुड़, काजू सहित 27 प्रकार के हविष्य व्यवस्थित किए गए।मंत्रोच्चार के बीच हुआ महासुदर्शन होमसुदर्शन होम को शुरू करने से पहले एक बार फिर पुण्याहवचनम कलश की पूजा-अर्चना की गई। इससे पहले हवन-स्थल का शुद्धीकरण अभिमंत्रित जल का छिड़काव कर किया गया। शुद्धीकरण के उपरांत नवग्रहों की पूजा की गई। फिर अतिथि पंडितों ने पुरुष सूक्त और श्रीसूक्त के मंत्रों का जाप करते हुए महासुदर्शन होम का संस्कार पूरा किया। होम की इतिश्री पूर्णाहुति से हुई। इससे पहले प्रधान पंडित ने भगवान विष्णु के आयुध सुदर्शन चक्र और सुदर्शन होम के महत्व के बारे में भक्तों को बताया कि सुदर्शन चक्र से श्रीविष्णु दुष्ट शक्तियों और राक्षसों का संहार करते हैं, जबकि सुदर्शन होम से सभी दोषों और व्याधियों का निवारण होता है। उन्होंने बताया कि सुदर्शन होम में दुर्लभ द्रव्यों को अर्पित करना होता है, जो जंगल में पाए जाते हैं। उनके स्थान पर जो द्रव्य सुलभ हैं, उन्हें अर्पित करने से भी हमारे मनोरथ पूरे हो सकते हैं।बालाजी संग श्रीदेवी-भूदेवी परिणय सूत्र में बंधेअनुष्ठान के दूसरे चरण में शाम को विष्वक्सेन और पुण्याहवचनम कलश की पुनः आराधना की गई। और उसके बाद शुभमुहूर्त पर भगवान बालाजी संग माता श्रीदेवी-भूदेवी का कल्याणोत्सव (विवाहोत्सव) शुरू हुआ। इस विवाहोत्सव में सारी सनातन रस्में निभाई गईं। पहले रक्षासूत्र आराधना की गई और उसके बाद उसे यजमानों को धारण कराया गया। रक्षासूत्र धारण के पश्चात यजमानों को पंडितों ने संकल्प दिलाया। उसके बाद क्रम से वर पूजा, कन्यादान, मांगल्य पूजा, यज्ञोपवीत पूजा, यज्ञोपवीत धारण, मंगलसूत्र धारण, अक्षतारोपण, माल्यार्पण जैसी वैवाहिक रीति-रिवाज निभाए गए। मंगलसूत्र धारण और अक्षतारोपण के समय पारंपरिक वाद्ययंत्रों की ध्वनि अपनी पराकाष्ठा पर थी। दोनों अनुष्ठानों में समिति के अध्यक्ष पीवी राव, सचिव पीएस राव, उपाध्यक्ष के सुब्बाराव, कोषाध्यक्ष टीवीएन शंकर और संयुक्त सचिव एनएस राव समेत कार्यकारिणी के सभी सदस्य पूरे समय तक मौजूद रहे।



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