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- -छत्तीसगढ़ के पहले अत्याधुनिक बकरी ब्रीडिंग एवं रिसर्च सेंटर की तैयारीरायपुर /छत्तीसगढ़ की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के उद्देश्य से धमतरी जिले का भटगांव एक ऐतिहासिक बदलाव का साक्षी बनने जा रहा है। कलेक्टर की विशेष पहल पर यहाँ राज्य का पहला “रिसर्च कम इंटीग्रेटेड प्रोडक्शन एडवांसमेंट ब्रीडिंग सेंटर” स्थापित किया जा रहा है। यह केंद्र न केवल पशुपालन के पारंपरिक स्वरूप को बदलेगा, बल्कि वैज्ञानिक अनुसंधान और उद्यमिता का एक ग्लोबल मॉडल पेश करेगा।यह केंद्र पारंपरिक बकरी पालन की सीमाओं को तोड़कर इसे आधुनिक और लाभप्रद व्यवसाय में बदलेगा। केंद्र में कृत्रिम गर्भाधान, पैथोलॉजी जांच और त्वरित रोग निदान के लिए हाई-टेक प्रयोगशाला होगी। रिसर्च यूनिट के माध्यम से बकरी की उन्नत नस्लों का संरक्षण और प्रजनन किया जाएगा, जिससे पशुपालकों को बेहतर गुणवत्ता के पशु मिल सकें। पशुओं के लिए टिकाऊ आहार और विभिन्न प्रकार के हरे चारे के उत्पादन की वैज्ञानिक पद्धतियों का प्रदर्शन किया जाएगा। कलेक्टर धमतरी के विजन के अनुसार, यह केंद्र केवल एक ब्रीडिंग सेंटर नहीं बल्कि एक लर्निंग सेंटर भी होगा। युवाओं और किसानों के लिए हॉस्टल की सुविधा के साथ ऑनलाइन व ऑफलाइन प्रशिक्षण की व्यवस्था होगी। प्रथम चरण में ही 10-12 स्थानीय युवाओं को सीधे रोजगार से जोड़ा जाएगा। पशु सखियों को तकनीकी प्रशिक्षण देकर ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर उद्यमी बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। परियोजना की सफलता के लिए ओडिशा की प्रतिष्ठित फर्म माणिकस्तु (डंदपोजन) के विशेषज्ञों का तकनीकी सहयोग लिया जा रहा है। डिजिटल प्लेटफॉर्म के रूप में उन्नत नस्लों की खरीद-बिक्री के लिए एक पारदर्शी मार्केटिंग प्लेटफॉर्म विकसित किया जाएगा। भविष्य में यहाँ राज्य की सबसे आधुनिक समर्पित पशुधन मंडी और पशु चिकित्सा सेवाओं के विस्तार की योजना है।
- -तेंदूपत्ता संग्राहक के बेटे अजय गुप्ता बने भारतीय वन सेवा के अधिकारी-"अजय की सफलता छत्तीसगढ़ के वनाश्रित परिवारों के अटूट विश्वास की जीत है" - मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव सायरायपुर / छत्तीसगढ़ के जंगलों से निकली एक प्रतिभा ने आज देश की सर्वाेच्च सेवाओं में अपनी जगह बनाकर प्रदेश का नाम रोशन कर दिया है। रायगढ जिले के सम्बलपुरी ग्राम के एक साधारण तेंदूपत्ता संग्राहक परिवार के सुपुत्र अजय गुप्ता ने अपने अटूट संकल्प से भारतीय वन सेवा (IFS) में चयनित होकर यह सिद्ध कर दिया है कि प्रतिभा संसाधनों की नहीं, बल्कि कड़े संघर्ष और सही मार्गदर्शन की मोहताज होती है।रायगढ़ के संबलपुरी गांव में तेंदूपत्ता और महुआ बीनने वाला अजय गुप्ता अब IFS अधिकारी बन गया है। कठिन परिस्थितियों में पढ़ाई करते हुए अजय ने पूरे देश में 91वीं रैंक हासिल की। अब वही जंगल, जो कभी परिवार की रोजी-रोटी था, उसकी जिम्मेदारी बनने जा रहा है। अजय गुप्ता ने 12वीं कक्षा में भी शानदार प्रदर्शन किया और इसके बाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर में प्रवेश मिला। एनआईटी में पढ़ाई के दौरान भी उन्हें तीन वर्षों तक छात्रवृत्ति मिलती रही। अजय कहते हैं कि पहले सपने बहुत बड़े नहीं थे। लगता था कि हमारी दुनिया बस गांव तक सीमित है, लेकिन एनआईटी में एडमिशन लेने के बाद नजरिया बदल गया। पहली बार लगा कि मैं भी कुछ बड़ा कर सकता हूं। अजय कहते हैं कि जंगल उनके बचपन से ही जिंदगी का हिस्सा रहा है। जंगल ने उन्हें सिर्फ रोजगार नहीं दिया, बल्कि जीवन की दिशा भी दी। वह कहते हैं बचपन से मेरा जुड़ाव जंगल से रहा है। जंगल ने मुझे बहुत कुछ दिया है, बस्तर में काम करने के दौरान भी जंगल से रिश्ता और मजबूत हुआ।अजय का बचपन जंगलों के बीच वनोपज संग्रहण और खेती-किसानी करते हुए बीता। संघर्ष के दिनों को याद करते हुए अजय बताते हैं। माता-पिता अधिक शिक्षित नहीं थे, लेकिन उन्होंने बच्चों की शिक्षा को ही अपना लक्ष्य माना। छुट्टियों के दौरान अजय स्वयं जंगलों में जाकर तेंदूपत्ता और महुआ इकट्ठा करने में माता-पिता की मदद करते थे। अभावों के बीच भी उन्होंने 10वीं में 92.66 प्रतिशत और 12वीं में 91.40 प्रतिशत अंक हासिल कर अपनी योग्यता का परिचय दिया था। अजय की इस लंबी उड़ान में छत्तीसगढ़ सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं ने 'कैशलेस सपोर्ट' और आर्थिक संबल प्रदान किया। लघु वनोपज संघ की छात्रवृत्ति ने स्कूल से कॉलेज तक की पढ़ाई के दौरान इस छात्रवृत्ति ने आर्थिक बोझ को कम किया। राज्य शासन की पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना से उन्हें निरंतर वित्तीय सहायता मिली, जिससे वे अपनी तैयारी पर ध्यान केंद्रित कर सके।अजय की सफलता छत्तीसगढ़ के वनाश्रित परिवारों के अटूट विश्वास की जीत है - मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव सायमुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने रायगढ़ जिले के अजय गुप्ता को भारतीय वन सेवा (IFS) में चयनित होने पर बधाई देते हुए कहा कि अजय ने न केवल अपने माता-पिता का मान बढ़ाया है, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ को गौरवान्वित किया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अत्यंत हर्ष का विषय है कि एक ऐसा युवा जिसने स्वयं जंगलों में तेंदूपत्ता और महुआ संग्रहित किया, आज उन्हीं वनों के संरक्षण की जिम्मेदारी संभालने जा रहा है। हमारी सरकार की 'लघु वनोपज संघ छात्रवृत्ति' और 'पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति' जैसी योजनाओं ने अजय जैसे प्रतिभाशाली युवाओं की राह आसान की है। अजय की उपलब्धि यह दर्शाती है कि सही अवसर मिलने पर हमारे ग्रामीण अंचल के युवा भी देश की सर्वोच्च सेवाओं में अपना स्थान सुनिश्चित कर सकते हैं।वन मंत्री ने जताया गौरव, हजारों परिवारों के सपनों का प्रतीकवन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप ने अजय गुप्ता को फोन कर बधाई दी और उनकी उपलब्धि को ऐतिहासिक बताया। मंत्री जी ने कहा कि अजय की सफलता छत्तीसगढ़ के उन हजारों वनाश्रित परिवारों की जीत है जो जंगलों के बीच रहकर बड़े सपने देखते हैं। यह साबित करता है कि हमारी योजनाओं का उद्देश्य केवल आर्थिक मदद देना नहीं, बल्कि ऐसे ही सशक्त भविष्य का निर्माण करना है।अजय गुप्ता आज उन लाखों युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनकर उभरे हैं जो सीमित संसाधनों में IFS जैसी कठिन परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। उनकी सफलता यह संदेश देती है कि यदि मेहनत सच्ची हो और शासन का साथ मिले, तो वनांचल का कोई भी युवा देश के शीर्ष पद तक पहुँच सकता है।
- रायपुर, / हौसले बुलंद हों और शासन का साथ मिल जाए, तो कोई भी बाधा सपनों को नहीं रोक सकती। बिलासपुर जिले के कोटा विकासखंड के अंतर्गत ग्राम नागपुरा के रहने वाले अनिल कुमार की कहानी आज इसी बदलाव की गवाही दे रही है। सुशासन तिहार के माध्यम से मिली एक मोटरराइज़्ड ट्राइसिकल ने न केवल अनिल के रास्ते की दूरी कम की है, बल्कि उनके आत्मविश्वास को नई ऊँचाई दी है।अनिल कुमार 12वीं कक्षा के छात्र हैं और 70 प्रतिशत दिव्यांगता के बावजूद उनके मन में पढ़ने की तीव्र इच्छा है। लेकिन उनके घर से स्कूल की दूरी 12 किलोमीटर है। रोज़ लंबी दूरी तय करना, ऊबड़-खाबड़ रास्ते और स्कूल पहुँचने के लिए दूसरों पर निर्भरता अनिल की पढ़ाई में बड़ी बाधा थी। अनिल के परिवार वाले भी उनकी सुरक्षा और पहुँच को लेकर हमेशा चिंतित रहते थे।बानाबेल में आयोजित श्सुशासन तिहारश् समाधान शिविर अनिल के जीवन में टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। अनिल ने अपनी समस्या अधिकारियों के सामने रखी। शासन ने संवेदनशीलता दिखाते हुए मौके पर ही आवेदन का निराकरण किया और अनिल को मोटरराइज़्ड ट्राइसिकल प्रदान की। ट्राइसिकल की चाबी मिलते ही अनिल के चेहरे पर जो चमक दिखी, वह आत्मनिर्भर होने के गर्व की थी। अब अनिल बिना किसी मानवीय सहारे के स्वयं वाहन चलाकर समय पर स्कूल पहुँच सकेंगे। पहले स्कूल पहुँचना ही सबसे बड़ी चुनौती थी, जिससे पढ़ाई प्रभावित होती थी। अब मेरी मुश्किलें आसान हो गई हैं। अनिल कुमार ने कहा कि मैं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का हृदय से आभारी हूँ, जिन्होंने मेरे सपनों को नई रफ़्तार दी है।
- -सुशासन तिहार: मंत्री टंकराम वर्मा ने झुमका में ग्रामीणों को बांटी खुशियां-ट्रैक्टर की चाबी और चेक पाकर खिले हितग्राहियों के चेहरेरायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने के संकल्प के साथ सरसीवा तहसील के ग्राम पंचायत झुमका में 'सुशासन तिहार' के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में प्रदेश के राजस्व एवं उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा शामिल हुए।मंत्री श्री वर्मा ने शिविर में विभागीय स्टालों का अवलोकन कर आवेदन निराकरण की स्थिति जानी। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने हितग्राहियों को ट्रैक्टर की चाबी, अनुदान राशि के चेक, प्रमाण पत्र और अन्य सामग्री भेंट कर उन्हें सशक्त बनाने की दिशा में कदम बढ़ाए। इस शिविर में कुल 2310 आवेदन प्राप्त हुआ जिसमे से 272 का तत्काल निराकरण किया गया। एक कृषक हितग्राही को ट्रैक्टर खरीदी पर 2.50 लाख रुपये का अनुदान और कई किसानों को बोर खनन हेतु 43 हजार रुपये के चेक वितरित किये गए। इसी तरह नन्हे बच्चों का अन्नप्राशन, गर्भवती महिलाओं को उपहार और आयुष्मान कार्ड का भी वितरण किया गया।ग्रामीणों को संबोधित करते हुए मंत्री टंकराम वर्मा ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार 'अंत्योदय' के सिद्धांत पर कार्य कर रही है।"प्रधानमंत्री आवास योजना के हर पात्र हितग्राही को उनका हक मिलेगा, यह सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि शिविर में प्राप्त एक-एक आवेदन का निराकरण समय-सीमा के भीतर हो।शिविर में प्रशासन ने सक्रियता दिखाते हुए विभिन्न विभागों के माध्यम से बड़ी संख्या में लाभान्वित किया गया। शिविर में किसान पुस्तिका, बी-1 और विद्यार्थियों को जाति प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इसी तरह मत्स्य एवं खाद्य विभाग द्वारा मछुआरों को जाल और पात्र परिवारों को नए राशन कार्ड सौंपे गए। दिव्यांग प्रमाण पत्र, पेंशन स्वीकृति और प्रधानमंत्री आवास के पूर्णता प्रमाण पत्र बांटने के साथ-साथ स्वास्थ्य एवं आयुर्वेद विभाग द्वारा शिविर लगाकर ग्रामीणों का निःशुल्क परीक्षण किया गया। कार्यक्रम में बिलाईगढ़ विधायक कविता लहरे,जिला पंचायत अध्यक्ष संजय पांडेय,और ग्राम पंचायत झुमका के सरपंच धनंजय साहू,कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू,सहित जिला प्रशासन के आला अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में जुटे ग्रामीणों ने शासन की इस पहल की सराहना करते हुए विभिन्न योजनाओं के लिए अपना पंजीयन कराया।
- पेंड्रा । गौरेला थाना क्षेत्र के पटपरिपारा में सात माह पूर्व हुए जघन्य हत्याकांड के मामले में न्यायालय ने त्वरित न्याय करते हुए आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ज्योति अग्रवाल ने मामले की गंभीरता और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह महत्वपूर्ण फैसला सुनाया।घटनाक्रम के अनुसार, 19 अक्टूबर 2025 की रात आरोपी भैयालाल बैगा का अपनी पत्नी रामकली बैगा के साथ घरेलू बातों को लेकर विवाद हुआ था। आरोपी अपनी पत्नी द्वारा शराब पीने और घर का काम न करने की आदतों से नाराज था। इसी विवाद के दौरान आवेश में आकर आरोपी भैयालाल ने अपनी पत्नी पर कुल्हाड़ी (टंगिया) से प्राणघातक हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।पुलिस ने मामले की विवेचना के बाद भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत प्रकरण न्यायालय में पेश किया था। अतिरिक्त लोक अभियोजक कौशल सिंह ने शासन की ओर से प्रभावी पैरवी करते हुए गवाहों और साक्ष्यों को प्रस्तुत किया। न्यायालय ने अपराध की प्रकृति को गंभीर मानते हुए आरोपी भैयालाल बैगा को हत्या का दोषी पाया और उसे आजीवन कारावास के साथ 2000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड न पटाने की स्थिति में आरोपी को तीन माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। उल्लेखनीय है कि अदालत ने महज 7 महीने के भीतर सुनवाई पूरी कर फैसला सुनाकर त्वरित न्याय की मिसाल पेश की है।
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नारायणपुर । अबूझमाड़ के जंगल में सुरक्षा बलों के नक्शल विरोधी अभियान के तहत बड़ी सफलता मिली है। जिले के तोके क्षेत्र में एलएलसी ने ऑपरेशन के दौरान छुपकर रखे गए भारी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद और आईईडी सामग्री बरामद की है। कार्रवाई के बाद सुरक्षा में तैनात जवानों ने इसे नेटवर्क के लिए बड़ा झटका बताया है। जानकारी के अनुसार पुलिस बेस कैंप तोके से अलग संयुक्त दल ने जंगल क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन अभियान चलाया। इस दौरान जंगल में छिपाकर रखे गए हथियार और विस्फोटक सामग्री का बड़ा डंप मिला। बरामद सामग्री में .315 राइफल, 12 बोर राइफल, रॉकेट लॉन्चर और जिंदा कारतूस शामिल हैं।
इसके अलावा एलसीडी ने आईईडी बनाने में इस्तेमाल होने वाले विस्फोटक सामग्री, डेटोनेटर, ट्रिगर मैकेनिज्म, संचार उपकरण और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के दैनिक उपयोग की अन्य सामग्री भी जब्त कर ली है। सुरक्षा एजेंसी के अनुसार यह सामग्री सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाती है और नुकसान के उद्देश्य से जंगल में छिपाकर रखा गया था।अधिकारियों का कहना है कि तोके का जंगल लंबे समय तक सुरक्षा कर्मियों के लिए खतरा के तौर पर माना जाता रहा है, लेकिन लगातार जारी सुरक्षा अभियानों के बीच बेहतर समन्वय से नक्शलियों का ढांचा खराब होता दिख रहा है। फॉरिस्ट और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से बेजुबान इलाके में बंधक ठिकानों पर लगातार दबाव बढ़ रहा है।सुरक्षा कमांडो ने क्षेत्र में ऑपरेशन और निगरानी के साथ खोजा है, ताकि एलसीडी की क्षति पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके। -
नारायणपुर :। छत्तीसगढ़ के दुर्गम और संवेदनशील अबूझमाड़ क्षेत्र में 38वीं वाहिनी आईटीबीपी ने स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से लगभग 60 मीटर लंबा लकड़ी और बाँस से निर्मित पुल तैयार किया है। यह पुल ओरछा थाना से करीब 20 किलोमीटर दूर कुड़मेल गांव के पास बनाया गया है, जहां बरसात के दौरान नाले में तेज बहाव के कारण आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता था। इस समस्या के कारण ग्रामीणों का महीनों तक बाहरी दुनिया से संपर्क खत्म हो जाता था तथा सुरक्षा बलों की परिचालन गतिविधियां भी प्रभावित होती थीं। राशन, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य आवश्यक सुविधाएं पहुंचाना बेहद कठिन हो जाता था। आगामी बरसात के मौसम की गंभीर प्रतिकूलताओं को ध्यान में रखते हुए त्वरित स्तर पर पक्का पुल बनना संभव प्रतीत नहीं हो रहा था। ऐसी परिस्थितियों में 38वीं वाहिनी आईटीबीपी ने अनूठी पहल लेकर इस चुनौतीपूर्ण कार्य को पूरा करने का निर्णय लिया, जिसमें स्थानीय ग्रामीणों ने भी भरपूर सहयोग किया ।
38वीं वाहिनी के कमांडेंट श्री रोशन सिंह असवाल के मार्गदर्शन तथा असिस्टेंट कमांडेंट श्री राम कुमार मौर्य के नेतृत्व में 15 जवानों की टीम ने कठिन परिस्थितियों में यह कार्य केवल 15 दिनों में पूरा किया।स्थानीय संसाधनों के माध्यम से निर्मित यह पुल न केवल पैदल आवागमन हेतु उपयोगी है, बल्कि चलती हुई मोटरसाइकिल के भार को सुरक्षित रूप से वहन करने में भी सक्षम है।इस पुल का उद्घाटन श्री रोशन सिंह असवाल, कमांडेंट, 38वीं वाहिनी एवं श्री रोबिसन गुरिया, पुलिस अधीक्षक नारायणपुर द्वारा स्थानीय ग्रामीणों एवं बल के जवानों की उपस्थिति में दिनांक 07मई को किया गया।इस पुल के निर्माण से अब ग्रामीणों और सुरक्षा बलों को वर्षभर सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिलेगी। यह पहल आईटीबीपी की कर्तव्यनिष्ठा, जनसेवा और स्थानीय सहयोग का उत्कृष्ट उदाहरण है। - बालोद। डोंडीलोहारा थाना क्षेत्र से एक दर्दनाक सड़क हादसे की खबर सामने आई है। डोंडीलोहारा थाना अंतर्गत खैरीडीह गांव के पास कार और मोटरसाइकिल की आमने-सामने जबरदस्त भिड़ंत में तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जुट गए।मिली जानकारी के अनुसार मृतकों की पहचान तरुण कुमार यादव उम्र 20 वर्ष, निवासी सिर्राभाटा, राहुल श्वेता उम्र 20 वर्ष, निवासी सिर्राभाटा तथा नरेंद्र भूआर्य निवासी मुड़खुसरा के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि तीनों युवक एक ही मोटरसाइकिल पर सवार होकर देवरी से डोंडीलोहारा की ओर जा रहे थे। इसी दौरान दूसरी ओर से दल्ली राजहरा से राजनांदगांव की तरफ जा रही कार से उनकी जबरदस्त टक्कर हो गई।टक्कर इतनी भीषण थी कि तीनों युवकों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। सूचना मिलते ही डोंडीलोहारा पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आगे की जांच प्रारंभ कर दी है। फिलहाल हादसे के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के वास्तविक कारण सामने आ सकेंगे।
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- जनसमस्या निवारण शिविर में त्वरित समाधान से खुश किसान, शासन-प्रशासन को दिया धन्यवाद
मोहला । सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत नगर पंचायत अंबागढ़ चौकी में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर आम नागरिकों के लिए राहत और भरोसे का माध्यम बनता जा रहा है। शिविर के माध्यम से लोगों की समस्याओं का त्वरित निराकरण कर उन्हें शासकीय सुविधाओं का लाभ प्रदान किया जा रहा है। इसी कड़ी में वार्ड क्रमांक 1 मेरेगांव निवासी किसान श्री सोहन लाल निषाद को राजस्व विभाग द्वारा किसान किताब कार्ड एवं बी-1 प्रदान कर लाभान्वित किया गया।
श्री सोहन लाल निषाद ने बताया कि उन्होंने अपने भाइयों के साथ खाता विभाजन संबंधी आवेदन कुछ दिन पूर्व तहसील कार्यालय में प्रस्तुत किया था। सुशासन तिहार के अंतर्गत राजस्व विभाग ने उनके आवेदन पर त्वरित कार्रवाई करते हुए समस्या का निराकरण किया और जनसमस्या निवारण शिविर में उन्हें प्रमाणित दस्तावेज सौंपे गए। किसान किताब कार्ड एवं भूमि संबंधी दस्तावेज प्राप्त होने पर सोहन लाल निषाद ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि अब उन्हें कृषि कार्यों एवं शासकीय योजनाओं का लाभ लेने में सुविधा मिलेगी। उन्होंने बताया कि किसान किताब कार्ड के माध्यम से बैंक ऋण, कृषि योजनाओं एवं अन्य सरकारी सुविधाओं का लाभ आसानी से प्राप्त हो सकेगा।
हितग्राही श्री सोहन लाल निषाद ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय सहित जिला प्रशासन एवं राजस्व विभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सुशासन तिहार वास्तव में आम लोगों की समस्याओं के समाधान का प्रभावी माध्यम बन रहा है। उन्होंने कहा कि पहले छोटे-छोटे कार्यों के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन अब शासन स्वयं शिविर लगाकर लोगों की समस्याओं का समाधान कर रहा है, जिससे आम नागरिकों में शासन के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है। - -भंवतरा में मनरेगा के तहत नए तालाब का निर्माण जारी, खेती और भू-जल स्तर को मिलेगा लाभरायपुर। जांजगीर-चांपा जिले के पामगढ़ जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत भंवतरा में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत “नवा तरिया” यानी नए तालाब का निर्माण कार्य तेजी से किया जा रहा है। इस निर्माण कार्य में बड़ी संख्या में ग्रामीण श्रमिक प्रतिदिन कार्य कर रहे हैं, जिससे उन्हें स्थानीय स्तर पर रोजगार भी उपलब्ध हो रहा है।जिला प्रशासन के निर्देश पर जिले में जल संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से नए तालाबों के निर्माण और पुराने जल स्रोतों के पुनरुद्धार का कार्य लगातार किया जा रहा है। यह पहल ग्रामीण विकास और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।भंवतरा में बन रहा यह नवा तरिया आने वाले बारिश के मौसम में जल संचय का प्रभावी माध्यम बनेगा। इससे भू-जल स्तर में सुधार होगा और किसानों को सिंचाई के लिए अतिरिक्त जल उपलब्ध हो सकेगा। ग्रामीणों को उम्मीद है कि इससे खेती-किसानी को मजबूती मिलेगी और गांव की आर्थिक स्थिति बेहतर होगी।मनरेगा के तहत संचालित इस कार्य से ग्रामीण श्रमिकों के लिए मानव दिवस का सृजन हो रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक संबल मिल रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में लगातार विकास कार्य होने से रोजगार के अवसर बढ़े हैं और लोगों का पलायन भी कम हुआ है।“नवा तरिया” केवल एक तालाब निर्माण परियोजना नहीं, बल्कि जल संरक्षण, पर्यावरण संतुलन और ग्रामीण आत्मनिर्भरता की नई सोच का प्रतीक बनकर उभर रहा है।
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बिलासपुर /राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत विभिन्न रिक्त संविदा पदों नर्सिंग ऑफिसर-एनएचएम, नर्सिंग ऑफिसर-यूएएएम, डेंटल असिस्टेंट-एनयूएचएम, अटेंडेंट-एनआरसी, क्लास 4-यूएएएम, जूनियर सेक्रेटेरियल असिस्टेंट-पीडीए एवं ब्लॉक डाटा मैनेजर-एनएचएम की पात्र-अपात्र सूची जारी की गई है। सूची के संबंध में दावा आपत्ति निर्धारित प्रपत्र में 12 मई को शाम 5 बजे तक कार्यालय के आवक-जावक शाखा में जमा कर सकते हैं। अन्य किसी माध्यम से प्राप्त दावा-आपत्ति आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। सूची एवं दावा-आपत्ति का प्रारूप जिला बिलासपुर की आधिकारिक वेबसाइट www.bilaspur.gov.in पर उपलब्ध कराया गया है।
- -अपनी व अपने परिवार की ज़रूरतों को स्वयं पूरा कर रहीं श्रीमती वर्मारायपुर / ग्राम पंचायत देवरी की श्रीमती माया वर्मा ने महात्मा गाँधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के माध्यम से अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। 35 वर्षीय श्रीमती वर्मा पहले एक गृहिणी थीं, लेकिन अब वे मनरेगा के तहत “मेट” के रूप में कार्य कर रही हैं। इस कार्य से वे सशक्त हुई हैं और उनकी आर्थिक स्थिति भी मजबूत हुई हैं। काम के दौरान उन्हें गाँव के मजदूरों और अन्य मेट साथियों का भी भरपूर सहयोग मिलता है। मनरेगा से मिलने वाली आय से श्रीमती वर्मा अपने बच्चों की पढ़ाई के लिए किताबें और जरूरी सामग्री खुद खरीद रही हैं। उन्हें विश्वास है कि एक दिन उनके बच्चे पढ़-लिखकर उनका नाम रौशन करेंगे। साथ ही वे घर की दैनिक जरूरतों को भी स्वयं पूरा कर रही हैं, जिससे उन्हें परिवार पर निर्भर नहीं रहना पड़ता। श्रीमती वर्मा का कहना है कि इस योजना से महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकती हैं और अपने व अपने परिवार के भविष्य को बेहतर कर सकती हैं।
- -"सही दवा-शुद्ध आहार-यही छत्तीसगढ़ का आधार" अभियान के तहत NCORD दिशा-निर्देश पर औषधि विक्रेताओं की बैठक-नशामुक्ति के लिए ली गई सामूहिक शपथ, रिकॉर्ड संधारण के दिए निर्देशरायपुर । प्रदेश के नागरिकों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य एवं औषधि उपलब्ध कराने की प्राथमिकता के तहत राज्य शासन द्वारा 27 अप्रैल से 11 मई 2026 तक "सही दवा-शुद्ध आहार-यही छत्तीसगढ़ का आधार" थीम पर 15 दिवसीय सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के मार्गदर्शन में खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला रायपुर द्वारा आज भाटागांव क्षेत्र में तंबाकू उत्पादों के अवैध सेवन और मादक द्रव्यों के दुरुपयोग पर अंकुश लगाने के लिए विशेष अभियान चलाया गया।भाटागांव क्षेत्र में सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम (COTPA) के उल्लंघन पर सघन चालानी कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान कुल 80 चालान काटे गए और 3750 रुपये की जुर्माना राशि वसूल की गई। आम जनता और दुकानदारों को सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान न करने तथा तंबाकू उत्पादों के विक्रय संबंधी नियमों का कड़ाई से पालन करने की हिदायत दी गई।इसके साथ ही जिले में नारकोटिक ड्रग्स के नियंत्रण, जागरूकता एवं रोकथाम हेतु जिला रायपुर के समस्त थोक औषधि विक्रेताओं के साथ एनकॉर्ड (NCORD - Narco Coordination Centre) के दिशा-निर्देशों के तहत IEC गतिविधि एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।कार्यक्रम में सभी थोक औषधि विक्रेताओं को नारकोटिक, साइकोट्रॉपिक एवं अन्य नियंत्रित औषधियों, जिनका नशे के रूप में दुरुपयोग होता है, के संबंध में सतर्क रहने के निर्देश दिए गए। उन्हें ऐसी दवाओं के क्रय-विक्रय, भंडारण एवं वितरण से संबंधित स्टॉक रजिस्टर, बिल-वाउचर, प्रिस्क्रिप्शन रिकॉर्ड सहित सभी अभिलेखों का नियमानुसार एवं पारदर्शी रूप से संधारण करने हेतु प्रेरित किया गया।विभाग ने कहा कि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा एवं युवाओं को नशे की प्रवृत्ति से दूर रखने में औषधि विक्रेताओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।IEC गतिविधि के तहत सभी उपस्थित थोक औषधि विक्रेताओं को स्वयं नशा न करने तथा अपने परिवार, कर्मचारियों एवं आमजन को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने हेतु सामूहिक शपथ दिलाई गई। प्रतिभागियों ने समाज में नशामुक्ति के प्रति सकारात्मक वातावरण तैयार करने में सक्रिय सहयोग का संकल्प लिया।अधिकारियों ने बताया कि "नशा मुक्त समाज" का निर्माण केवल प्रशासनिक प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग की सहभागिता आवश्यक है। सभी विक्रेताओं ने नशा मुक्त रायपुर एवं स्वस्थ समाज के निर्माण हेतु प्रशासन के साथ मिलकर कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई। इस संयुक्त अभियान का नेतृत्व खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला रायपुर के औषधि निरीक्षकों श्रीमती हंसा साहू, श्रीमती प्रीती उपाध्याय, श्री नीरज साहू, श्री टेकचंद, श्री सुरेश साहू, श्री ओमप्रकाश यादव एवं श्री ईश्वरी नारायण अधिकारी की टीम द्वारा किया गया।
- -महिला सशक्तिकरण की नई इबारत: छत्तीसगढ़ में अब महिलाओं के नाम जमीन रजिस्ट्री पर 50 प्रतिशत की छूट-राजपत्र में अधिसूचना जारी, तत्काल प्रभाव से लागू हुआ प्रावधानरायपुर । राज्य सरकार ने इस वर्ष को “महतारी गौरव वर्ष” के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए जा रहे हैं, ताकि महिलाएं स्वयं को अधिक गौरवान्वित महसूस कर सकें। इसके लिए महिलाओं को रजिस्ट्री शुल्क में 50 प्रतिशत छूट देने का निर्णय लिया गया है। इसका प्रत्यक्ष प्रभाव लागू होते साथ दिखने लगा है। पिछले दो दिनों में ही 106 महिलाओं के दस्तावेज पंजीकृत हुए, जिससे महिलाओं को 46 लाख 57 हज़ार 210 रुपये का लाभ प्राप्त हुआ है। महिलाएं इस निर्णय से उत्साहित हैं और सामने आकर रजिस्ट्री करवा रही हैं और मुख्यमंत्री को धन्यवाद देते हुए छूट की राशि का सदुपयोग करने की बात कह रही हैं।इस पहल का प्राथमिक लक्ष्य महिलाओं को संपत्ति अर्जन के लिए प्रोत्साहित करना है। गौरतलब है कि इस छूट से अधिक से अधिक परिवार अपनी संपत्ति महिलाओं के नाम पर दर्ज कराएंगे। संपत्ति का मालिकाना हक मिलने से महिलाओं की सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा बढ़ेगी। यह निर्णय महिला सशक्तिकरण और महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रिया में अधिक प्रभावी भूमिका निभाने में मदद करेगा।राजपत्र में प्रकाशित अधिसूचना के अनुसार, अब किसी भी अचल संपत्ति के हस्तांतरण के दस्तावेज यदि महिलाओं के पक्ष में निष्पादित किए जाते हैं, तो उन पर लागू होने वाले निर्धारित रजिस्ट्रेशन शुल्क में सीधे 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी।
- -उत्कृष्ट प्रगणक एवं सुपरवाइजर हुए सम्मानित-कलेक्टर ने की जनगणना कर्मियों के कामों की सराहनाबिलासपुर / राष्ट्रीय जनगणना 2026 के प्रथम चरण अंतर्गत मकान सूचीकरण कार्य में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों को शुक्रवार को मंथन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में कलेक्टर संजय अग्रवाल द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। मालूम हो कि बिलासपुर जिले के सभी 26 जनगणना चार्ज में 100 प्रतिशत एचएलबी (हाउस लिस्टिंग ब्लॉक) में कार्य प्रारंभ हो चुका है तथा लगभग 18 प्रतिशत क्षेत्रों में कार्य पूर्ण भी किया जा चुका है। कार्य पूर्णता की दिशा में बिलासपुर जिला वर्तमान में पूरे छत्तीसगढ़ में प्रथम स्थान पर है।कलेक्टर ने सभी 26 चार्ज से ऐसे प्रगणकों और सुपरवाइजरों को सम्मानित किया, जिन्होंने कम समय में अधिकाधिक मकानों तक पहुंचकर मकान सूचीकरण का कार्य तेजी और गुणवत्ता के साथ पूर्ण किया।नगर पंचायत मल्हार के मुख्य नगर पालिका अधिकारी अनुभव सिंह को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। उन्होंने नगर पंचायत मल्हार क्षेत्र का 100 प्रतिशत मकान सूचीकरण मात्र 5 दिनों में पूर्ण कर प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल किया। इसी प्रकार बिलासपुर तहसीलदार श्री प्रकाश चंद्र साहू को भी उत्कृष्ट नेतृत्व के लिए सम्मानित किया गया। उनके मार्गदर्शन में तहसील स्तर पर 70 प्रतिशत कार्य पूर्ण कर प्रदेश में अग्रणी स्थान प्राप्त किया गया।सम्मानित प्रगणकों में नगर पंचायत मल्हार के नवीन लाल देवांगन (174 मकान), नगर पंचायत बिल्हा के कुलेश्वर साहू (200), तहसील सकरी के संदीप ठाकुर (272), सीपत के तरुण जायसवाल (262), मस्तूरी के संजय कुमार राय (236), पचपेड़ी के ओंकार प्रसाद सेन (222), रतनपुर के जितेंद्र कुमार दीक्षित (162), बिलासपुर तहसील की आशा डेहरिया (278) एवं आशीष पांडे (249), तखतपुर के अजय दास दाहिरे (192), बेलतरा के गोपीचंद राज (266), बोदरी की दीपिका श्रीवास्तव (176), नगर पालिका परिषद बोदरी के आशुतोष पांडे (329) सहित अन्य प्रगणकों को सम्मानित किया गया।नगर निगम बिलासपुर के विभिन्न जोनों से भी उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रगणकों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने पांच दिनों के भीतर अपना मकान सूचीकरण कार्य पूर्ण किया। कार्यक्रम में सभी चार्ज के शीर्ष 10 प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों को भी प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए।कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ श्री संदीप अग्रवाल, अपर कलेक्टर श्री शिव कुमार बनर्जी तथा सहायक जिला जनगणना अधिकारी श्री झील जायसवाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर श्री अग्रवाल ने जनगणना कार्य को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण करने के लिए मैदानी अमले की सराहना की।
- -हितग्राहियों को मौके पर मिला विभिन्न योजनाओं का लाभबिलासपुर / बोदरी नगरपालिका में शुक्रवार को सुशासन तिहार के अंतर्गत समाधान शिविर का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। शिविर में आमजन की समस्याओं एवं मांगों के निराकरण के लिए विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाए गए, जहां नागरिकों ने अपनी समस्याएं और मांगें दर्ज कराईं।शिविर में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 362 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 355 आवेदन मांगों तथा 7 आवेदन शिकायतों से संबंधित थे। शिकायतों से जुड़े 6 आवेदनों का मौके पर ही निराकरण कर आमजनों को त्वरित राहत प्रदान की गई। मांग संबंधी आवेदनों में मुख्य रूप से भूमि पट्टा प्रदान करने एवं महतारी वंदन योजना का लाभ दिलाने संबंधी आवेदन शामिल रहे।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक श्री धरमलाल कौशिक एवं क्रेडा अध्यक्ष श्री भूपेंद्र सवन्नी उपस्थित रहे। उन्होंने हितग्राहियों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत लाभान्वित किया। मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के अंतर्गत 2 हितग्राहियों को 20-20 हजार रुपए की आर्थिक सहायता राशि वितरित की गई। साथ ही 3 हितग्राहियों का श्रमिक पंजीयन किया गया तथा 4 हितग्राहियों को राशन कार्ड वितरित किए गए।विधायक श्री कौशिक ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के कार्यकाल से लेकर वर्तमान मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शासन की योजनाएं तेजी से आमजन तक पहुंच रही हैं, जिससे लोगों की समस्याओं का निराकरण प्राथमिकता से हो रहा है। उन्होंने अधिकारियों से आम नागरिकों के फोन कॉल का तत्परता से जवाब देने का आग्रह करते हुए कहा कि संवेदनशील प्रशासन से कई समस्याएं स्वतः हल हो जाती हैं। सुशासन तिहार के अवसर पर विधायक द्वारा उपस्थित जनसमूह को स्वच्छता की शपथ भी दिलाई गई और स्वच्छ एवं स्वस्थ नगर निर्माण में जनसहभागिता का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में एसडीएम बिल्हा सुश्री आकांक्षा त्रिपाठी, तहसीलदार श्री संदीप साय, सीएमओ श्री मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। इस अवसर पर श्री दिनेश पांडेय, श्री कुशल पांडेय, श्रीमती दीपिका वर्मा, श्री सुनील वर्मा, पार्षद श्री विजय वर्मा, श्री फिरतूराम, श्री रोहित साहू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं नागरिक मौजूद रहे।
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बिलासपुर।मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप तखतपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम विजयपुर में आयोजित सुशासन तिहार कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू शामिल हुए।
इस अवसर पर आमजन से प्राप्त लगभग 100 मांग एवं समस्याओं से संबंधित आवेदनों के त्वरित एवं प्रभावी निराकरण हेतु अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए तथा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के हितग्राहियों को चेक एवं कार्ड वितरित किए गए।इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में सुशासन, सेवा और गरीब कल्याण की नई कार्यसंस्कृति स्थापित हुई है। केंद्र सरकार की जनहितकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए लगातार कार्य किया जा रहा है।उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार संवेदनशील एवं जवाबदेह प्रशासन के माध्यम से गांव, गरीब, किसान, महिला एवं युवाओं के उत्थान हेतु निरंतर कार्य कर रही है। सुशासन तिहार के माध्यम से जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के साथ किया जा रहा है, जिससे शासन और आमजन के बीच विश्वास और संवाद मजबूत हो रहा है। कार्यक्रम में तखतपुर विधायक धर्मजीत सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी सहित जनप्रतिनिधिगण एवं जिला कलेक्टर संजय अग्रवाल सहित प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। - - रायपुर नगर पालिक निगम के सभी 10 जोनों के विभिन्न 10 स्थानों पर सुशासन तिहार के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर लगाये जायेंगेरायपुर । छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और उप मुख्यमंत्री नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग श्री अरूण साव के मार्गदर्शन में नगरीय निकाय क्षेत्र अंतर्गत रायपुर नगर पालिक निगम के सभी 10 जोनों के विभिन्न 10 स्थानों पर सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर लगाये जायेंगे। इस हेतु छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार राज्य नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग और रायपुर जिला प्रशासन के मार्गनिर्देशन में रायपुर नगर पालिक निगम के सभी 10 जोनों में सुशासन तिहार 2026 अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर आयोजन की प्रशासनिक तैयारियां निरंतर तेज गति से प्रगति पर हैँ ।नगर पालिक निगम रायपुर अंतर्गत रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत नगर निगम जोन 3 वार्ड कमांक 12, 29, 30, 31, 33, 47 एवं 48 हेतु 11 मई 2026 को सिंधु भवन बीटीआई मैदान के सामने शंकरनगर में, रायपुर दक्षिण एवं रायपुर उत्तर विधानसभा अंतर्गत नगर निगम जोन 4 वार्ड कमांक 34, 43, 44, 45, 46, 57 एवं 64 हेतु 14 मई को 2026 को इंडोर स्टेडियम बूढापारा में, रायपुर दक्षिण एवं रायपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 5 क्षेत्र में वार्ड कमांक 39, 40, 41, 42, 66, 67 एवं 68 में 18 मई को महाराष्ट्रीयन तेली समाज भवन अश्वनी नगर में, रायपुर पश्चिम एवं रायपुर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत नगर निगम जोन 1 के वार्ड क्रमांक 3, 4, 5, 15, 16, 17, 18 हेतु 19 मई को मारूती मंगलम भवन गुढियारी में, रायपुर दक्षिण विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 6 के वार्ड क्रमांक 58, 59, 60, 61, 62, 63 एवं 65 हेतु 20 मई 2026 को संजय यादव स्कूल संजय नगर में, रायपुर उत्तर एवं रायपुर पश्चिम विधानसमा क्षेत्र में नगर निगम जोन 2 के वार्ड कमांक 6, 13, 14, 26, 27, 28 एवं 35 हेतु 22 मई को शहीद स्मारक भवन जीई रोड में, रायपुर पश्चिम एवं रायपुर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 8 के वार्ड कमांक 1, 2, 19, 20, 21. 69 एवं 70 हेतु 25 मई को अग्रसेन भवन टाटीबंध में, रायपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 7 अंतर्गत वार्ड कमांक 22, 23, 24, 25, 36, 37 एवं 38 क्षेत्र हेतु दिनांक 28 मई को पंडित दीनदयाल उपाध्याय आडिटोरियम में, रायपुर ग्रामीण, रायपुर उत्तर एवं धरसींवा विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 9 के वार्ड क्रमांक 7, 8, 9, 10, 11, 32 एवं 51 हेतु 29 मई को गारमेंट फैक्टरी पॉम बेलाजियो के सामने, रायपुर ग्रामीण एवं रायपुर दक्षिण विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम जोन 10 के वार्ड क्रमांक 49, 50, 52, 53, 54, 55 एवं 56 में दिनांक 5 जून 2026 को देवपुरी धर्मशाला (गुरुद्वारा) कमल विहार गेट के पास जनसमस्या निवारण शिविर का सुशासन तिहार 2026 अंतर्गत रायपुर नगर निगम क्षेत्र में जोनवार आयोजन रखा गया है।नगर निगम रायपुर में जोनवार जनसमस्या निवारण शिविर आयोजन हेतु संबंधित जोन कमिश्नर को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। नोडल अधिकारी शिविर के आयोजन हेतु उत्तरदायी होंगे। आम जनता से उनकी समस्याओं के संबंध में शिविर स्थलों में प्रातः 11 बजे से अपरान्ह 1 बजे तक आवेदन प्राप्त किये जायेंगे। जनसमस्या निवारण शिविर में रायपुर नगर पालिक निगम सहित ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, राजस्व, विद्युत, खाद्य, समाज कल्याण, स्वास्थ्य, कृषि, उद्यानिकी, मत्स्य पालन, पशुधन विकास, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, महिला एवं बाल विकास, ईडीएम, श्रम विभाग आदि हितग्राहीमूलक योजनाओ से संबंधित सर्व विभाग भी उपस्थित रहेंगे।निर्देश दिये गये है कि सुशासन तिहार के सफाई और सुव्यवस्थित संचालन हेतु आवश्यक अग्रिम तैयारी सुनिश्चित की जाये और अभियान को जन आंदोलन का रूप देते हुए अधिकतम जनभागीदारी सुनिश्चित की जाये । जिससे शासन की योजनाओं का व्यापक लाभ नागरिको को प्राप्त हो सके। विभिन्न शासकीय योजनाओं के संबंध में व्यापक जनजागरूकता सुनिश्चित करने शिविर में पात्र हितग्राहियों को लाभ वितरण किये जाने, शिविरों में प्राप्त आवेदन पत्रों का अधिकतम 1 माह में निराकरण सुनिश्चित किये जाने, प्रत्येक आवेदक को उनके आवेदन के निराकरण की सूचना अनिवार्य रूप से प्रदान किया जाना सुनिश्चित करने संबंधित शिविर से जुडे क्षेत्रो के जनप्रतिनिधियों को आवश्यक सूचना उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने, शिविर स्थल पर अनुशांगिक व्यवस्था जैसे छाया, कुर्सी टेबल, पेयजल हेतु घडे आदि की व्यवस्था एवं पानी पिलाने वाले कर्मचारी सहित अन्य की व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने, सुशासन तिहार अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविरो का व्यापक प्रचार प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये है।
- -सभी निकायों को हैंडपंपों, बोरवेल एवं अन्य जलप्रदाय प्रणालियों की एक सप्ताह में चेकिंग कर आवश्यक मरम्मत करने को कहा-पाइपलाइन में लीकेज या टूट-फूट को तत्काल सुधारने, नालियों से होकर गुजरने वाले पाइपलाइनों व हाऊस-सर्विस कनेक्शन को स्थानांतरित करने के भी निर्देश-प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर प्याऊ घर खोलने के साथ ही पशुधन के लिए भी पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा-उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने समीक्षा बैठक में गर्मियों में निरंतर एवं समुचित पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के दिए थे निर्देशरायपुर । नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने सभी निकायों को पेयजल संकट के निवारण के निर्देश दिए हैं। विभाग ने राज्य के सभी नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को परिपत्र जारी कर इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश दिए हैं। विभाग ने सभी निकायों को हैंडपंपों, बोरवेल एवं अन्य जलप्रदाय प्रणालियों की एक सप्ताह में चेकिंग कर आवश्यक मरम्मत करने को कहा है। साथ ही पाइपलाइन में लीकेज या टूट-फूट को तत्काल सुधारने तथा नालियों से होकर गुजरने वाले पाइपलाइनों व हाऊस-सर्विस कनेक्शन को स्थानांतरित करने के भी निर्देश दिए हैं।उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने हाल ही में निकायों की समीक्षा बैठक के दौरान गर्मियों में निरंतर एवं समुचित पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे। इसके परिपालन में संचालनालय ने सभी निकायों को पेयजल संकट के निवारण तथा स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल की आपूर्ति के लिए निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने ऐसे वार्डों एवं बस्तियों जहां ग्रीष्म काल में जलस्तर नीचे चला जाता है, उन्हें चिन्हित कर उचित माध्यम से जलप्रदाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।नगरीय प्रशासन विभाग ने सभी निकायों को जारी परिपत्र में कहा है कि ग्रीष्मकालीन पेयजल संकट के निवारण के लिए नगर निगमों में आयुक्त तथा नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों में मुख्य नगर पालिका अधिकारी नोडल अधिकारी होगें। पेयजल संकट के समाधान के लिए वे प्रतिदिन स्वयं शिकायतों के निराकरण की समीक्षा करेगें। जल प्रदाय योजनाओं के संधारण एवं मरम्मत हेतु प्राप्त शिकायतों को रजिस्टर में दर्ज कर समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करेंगे। विभाग ने सभी निकायों को संचालनालय से जारी निर्देशों का कड़ाई से पालन करते हुए ग्रीष्म काल में लोगों को शुद्ध पेयजल प्रदान करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने निकायों को हैण्डपंपों के जल को कीटाणुरहित करने ब्लीचिंग पावडर का घोल एवं सोडियम हाइपोक्लोराइड आवश्यक मात्रा में डालना सुनिश्चित करने को कहा है। जलप्रदाय में क्लोरीन की मात्रा का नियमित परीक्षण करने तथा आवश्यकतानुसार ओव्हरहेड टैंक में रि-क्लोरीनेशन सुनिश्चित करने के लिए भी निर्देशित किया गया है। निकायों में स्थापित जल शोधन संयंत्रों, उच्च स्तरीय जलागारों एवं संपवेल के सिल्ट की सफाई एवं डिस-इन्फेक्शन भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने बस स्टैण्डों, बाजारों एवं अन्य प्रमुख स्थलों पर प्याऊ घर खोलने और वहां पानी की व्यवस्था के साथ मानव बल भी उपलब्ध कराने को कहा है। इसके लिए सामाजिक संस्थाओं एवं एनजीओ से भी स्वेच्छानुसार सहयोग लिए जा सकते हैं।नगरीय प्रशासन विभाग ने 15वें वित्त आयोग एवं अन्य मद से स्वीकृत जल प्रदाय योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने को कहा है। ऐसी जल आवर्धन योजनाएं और अमृत मिशन के कार्य जो पूर्णता की स्थिति में हैं, उन्हे 15 दिनों में पूर्ण कर पेयजल आपूर्ति प्रारंभ करने के साथ ही कार्य पूर्णता वाली योजनाओं का तुरंत संचालन प्रारंभ करते हुए पेयजल आपूर्ति योजनाओं का लाभ नागरिकों तक पहुंचाना सुनिश्चित करने के भी निर्देश निकायों को दिए गए हैं। निकायों को पशुधन के लिए भी पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया है। इस हेतु निस्तारी के लिए तालाबों में जल भराव के लिए जल संसाधन विभाग एवं लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग से समन्वय स्थापित कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने कहा गया है।विभाग ने निकायों को भू-जल स्तर बढ़ाने नलकूप या बोरवेल के समीप रेन वॉटर हार्वेस्टिंग या रिचार्ज पिट का क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। जल की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देते हुए नियमित जल परीक्षण कर रिपोर्ट संचालनालय को भेजने कहा गया है। निकायों को महामारी फैलने की जानकारी प्राप्त होने पर तत्काल स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित कर उचित कार्यवाही करने कहा गया है। विभाग ने निकायों में संचालित डोर-टू-डोर अपशिष्ट संग्रहण वाहनों के माध्यम से जल के दुरूपयोग को रोकने व जल संचयन के लिए प्रचार-प्रसार करने के साथ ही जनप्रतिनिधियों, स्वयं सेवी संस्थाओं एवं नागरिक समूहों के सहयोग से प्रत्येक वार्ड में जल संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम संचालित करने के निर्देश दिए हैं।
- -जोन अधिकारी बारिश में निकास की पुख्ता तैयारी करने आपदा प्रबंधन उपकरणों की निरीक्षण कर तत्काल आवश्यक मरम्मत करवा लेंरायपुर - रायपुर नगर पालिक निगम में महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने बारिश पूर्व जल भराव की समस्या दूर करने सुगम निकास प्रबंधन शहर में कायम करने सख्त निर्देश आवश्यक बैठक लेकर दिए. महापौर ने कहा कि बारिश पूर्व सभी नालों की अच्छी तरह se सफाई करवाने के कार्य को गंभीरता से करवाएं. बारिश में कहीं भी जल का भराव हुआ, तो इसके लिये सम्बंधित जोन कमिश्नर और जोन स्वास्थ्य अधिकारी सीधे जवाबदेह रहेंगे.महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने रायपुर नगर निगम के जोन अध्यक्षगणों को बुलाकर शहर में बारिश पूर्व नालों की सफाई को लेकर जोन कमिश्नरों, जोन स्वास्थ्य अधिकारियों, स्वच्छता निरीक्षकों सहित नगर निगम सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़, स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष श्रीमती गायत्री सुनील चंद्राकर, अपर आयुक्त स्वास्थ्य श्री विनोद पाण्डेय, स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. तृप्ति पाणीग्रही, जोन अध्यक्ष श्रीमती साधना प्रमोद साहू, श्रीमती श्वेता विश्वकर्मा, सर्वश्री मुरली शर्मा, अम्बर अग्रवाल, बद्री प्रसाद गुप्ता, प्रीतम सिंह, ठाकुर, गोपेश साहू, सचिन बी. मेघानी की उपस्थिति रही.महापौर श्रीमती मीनल चौबे ne निर्देश दिए कि व्यवहारिक रूप से आवश्यक होने पर जोन अधिकारी स्वच्छता का कार्य सफाई में बाधक पाटों को हटाकर बारिश पूर्व करवाएं, इसमें कोई लापरवाही कदापि सहन नहीं की जाएगी. सभी जोन कमिश्नर अपने जोन में आपदा प्रबंधन उपकरण की जाँच और परीक्षण तत्काल करें और आवश्यकतानुसार उनकी मरम्मत करवाकर उन्हें तैयार करवा लें. विशेष ध्यान रखें कि शहर में बारिश में किसी भी स्थान पर जल का भराव ना होने पाए. अन्यथा की स्थिति में नगर निगम द्वारा जिम्मेदारी तय करके सम्बंधित अधिकारियों पर कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. महापौर ने बारिश पूर्व सभी नालों की अच्छी तरह सफाई करवाने पार्षदों से समन्वय बनाकर कार्य करवाने के निर्देश जोन कमिश्नरों और जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को दिए.सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ ने कहा कि जोन अधिकारी रेल्वे क्षेत्र के नालों की बारिश पूर्व सफाई करने रेल्वे अधिकारियों से समन्वय रखकर कार्य करें, ताकि रेल्वे क्षेत्र की बस्तियों में जल के भराव की समस्या उत्पन्न ना हो. सभापति ने कहा कि सभी जोन अधिकारी जोन में बैठक करके योजना बनाकर बारिश पूर्व नालों की पुख्ता सफाई करवाएं और स्पाट की आवश्यकता के अनुसार स्वच्छता की बाधाओं को हटाकर सफाई सुनिश्चित करवाएं.स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष श्रीमती गायत्री सुनील चंद्राकर ने बारिश पूर्व नालों की पूर्ण सफाई करवाने व्यवहारिक आवश्यकतानुसार स्वच्छता की बाधा पाटों को हटाने की कार्रवाई करने कहा. स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष ne रायपुर नगर निगम क्षेत्र के 200 से अधिक नालों की सफाई के दूसरे चरण को तत्काल प्रारम्भ करवाकर अगले 10 दिनों में बारिश पूर्व नाला सफाई का दूसरा चरण पूर्ण कर लेने के जोन कमिश्नरों और जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए.
- - शिक्षिका सरिता त्रिपाठी को 34 हजार से अधिक राशि का मिला लाभ, शासन को दिया धन्यवादरायपुर / शासन की योजना आम व्यक्ति को सीधा लाभ पहुंचा सकती है यह महिलाओं को रजिस्ट्री शुल्क में छूट देने के माध्यम से दिख रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में मंत्री मंडल ने महिलाओं को रजिस्ट्री शुल्क में 50 प्रतिशत की छूट देने का निर्णय लिया था। जिसका प्रकाशन होते साथ महिलाओं को इसका लाभ मिलने लगा है। श्रीमती सरिता त्रिपाठी को 34,800/- रूपए का सीधा लाभ मिला है। श्रीमती त्रिपाठी एक शिक्षिका हैं, उन्होंने बताया कि अपने परिवार के बेहतर भविष्य और स्थायी निवेश के उद्देश्य से मैंने रायपुर में जमीन खरीदी।उन्होंने कहा कि इस राशि की बचत होना मेरे लिए बेहद सुखद अनुभव है। इस राशि का मैं भविष्य की जरूरतों और सुरक्षित निवेश में उपयोग करूंगी। राज्य सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उन्हें संपत्ति का स्वामित्व देने की दिशा में लिया गया यह निर्णय वास्तव में प्रशंसनीय है। इससे महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा मिल रही और परिवार में उनकी आर्थिक भागीदारी भी मजबूत हो रही है। इसके लिये मैं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी द्वारा इस जनहितकारी निर्णय के लिए हृदय से आभार व्यक्त करती हूं।
- -संकरी शिविर में 664 आवेदनों का मौके पर निराकरण-जनसमस्या निवारण शिविर में मनरेगा जॉब कार्ड, आयुष्मान कार्ड, श्रम कार्ड, आवास योजना सहित विभिन्न योजनाओं का मिला लाभरायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप आयोजित ‘सुशासन तिहार 2026’ आमजन की समस्याओं के त्वरित, पारदर्शी और संवेदनशील निराकरण का प्रभावी माध्यम बनता जा रहा है। इसी कड़ी में रायपुर जिले के अभनपुर विकासखंड अंतर्गत संकरी ग्राम पंचायत में जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया, जहां विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी एक ही स्थान पर उपस्थित रहकर लोगों की समस्याओं का मौके पर समाधान कर रहे हैं।कलेक्टर डॉ गौरव सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित शिविर में कुल 877 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 664 आवेदनों का तत्काल निराकरण किया गया। शिविर में मनरेगा जॉब कार्ड, श्रम कार्ड एवं नवीनीकरण, लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस, आयुष्मान कार्ड, किसान क्रेडिट कार्ड सहित विभिन्न योजनाओं से संबंधित सेवाएं प्रदान की गईं। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा अन्नप्राशन और गोदभराई कार्यक्रम आयोजित किए गए, वहीं समाज कल्याण विभाग द्वारा हितग्राहियों को साइकिल एवं ट्राइसाइकिल वितरित की गई। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के हितग्राहियों को आवास की चाबियां भी सौंपी गईं।कार्यक्रम में विधायक अभनपुर श्री इन्द्रकुमार साहू, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती चंद्रिका बंजारे, जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन, एसडीएम अभनपुर श्री रवि सिंह, जनपद पंचायत सीईओ श्री दीपक ठाकुर, अभनपुर तहसीलदार श्रीमती सीता शुक्ला सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। शिविर से लाभान्वित हितग्राहियों ने मुख्यमंत्री श्री साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शासन की जनहितकारी योजनाओं का लाभ सीधे जरूरतमंद लोगों तक पहुंच रहा है।
- -मंत्री गुरु खुशवंत साहेब हुए शामिल-शिविर में आमजनों की समस्याओं का हुआ त्वरित निराकरणरायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन एवं कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार आरंग विकासखंड के नगर पालिका परिषद आरंग के स्वामी आत्मानंद स्कूल प्रांगण में सुशासन तिहार 2026 के तहत जिला स्तरीय समाधान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विभागों को शिकायत एवं मांग से संबंधित कुल 593 आवेदन प्राप्त हुए जिसमें से 70 आवेदनों का मौके पर ही त्वरित निराकरण किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने पूजा-अर्चना एवं दीप प्रज्वलन कर शिविर का शुभारंभ किया। शिविर में वार्ड क्रमांक 1 से 17 सहित आसपास के नागरिक बड़ी संख्या में शामिल हुए।शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए, जहां अधिकारियों ने आम नागरिकों को शासकीय योजनाओं की जानकारी दी। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा अन्नप्राशन कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने सभी स्टॉलों का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।कार्यक्रम के दौरान 2 लोगों का वह वंदन कार्ड, 11 लोगों का आयुष्मान कार्ड, 3 लोगों का विवाह पंजीयन, 2 लोगों का जन्म पंजीयन, खाद्य विभाग द्वारा 5 राशन कार्ड, राजस्व विभाग द्वारा 10 लोगों का आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र, 4 लोगों को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना गैस सिलेंडर वितरित किए गए।मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि योजनाओं का लाभ सीधे लोगों तक पहुंचे और उनकी समस्याओं का मौके पर समाधान हो। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि 1 हफ्ते के अंदर आज प्राप्त सभी आवेदनों का समुचित निराकरण किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कोई आवेदनकर्ता किसी वजह से योजना का लाभ लेने के लिए पात्र नही है तो उसे सूचित किया जाए और कारण उसके आवेदन के निराकरण में स्पष्ट रूप से लिखा जाए।इस अवसर पर चर्म कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री ध्रुव कुमार मिर्धा, नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन, उपाध्यक्ष श्री हीरामन कोसले, अपर कलेक्टर श्री कीर्तिमान सिंह राठौर, एसडीएम श्रीमती अभिलाषा पैंकरा, तहसीलदार श्रीमती ज्योति मसियारे, सीएमओ श्रीमती शीतल चंद्राकर सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
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- नील हरित शैवाल के उपयोग को किसानों के बीच लोकप्रिय बनाने हेतु चलाया जा रहा जनजागरूकता अभियान
- नील हरित शैवाल मृदा में नाइट्रोजन स्थिरीकरण में सहायक
राजनांदगांव । जिले के सहकारी समितियों में खरीफ 2026 हेतु उर्वरकों की पर्याप्त मात्रा का भंडारण किया जा चुका है। साथ ही शासन द्वारा 30 अप्रैल 2026 से किसानों को पॉश मशीन के माध्यम से खाद वितरण किए जाने संबंधी निर्देश भी प्रसारित किए गए हैं। इस वर्ष खरीफ सीजन में धान के अतिरिक्त दलहन एवं तिलहन फसलों में उपयोग होने वाले उर्वरकों की मांग के अनुरूप खाद का भंडारण समय पूर्व सुनिश्चित कर लिया गया है। कृषि विभाग के मैदानी अधिकारियों के माध्यम से किसानों को केवल रासायनिक उर्वरकों का उपयोग न कर मृदा स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए जैव उर्वरकों, तरल यूरिया, तरल डीएपी, नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के उपयोग हेतु जनजागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।
उप संचालक कृषि श्री टीकम सिंह ठाकुर ने सभी समितियों एवं निजी उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित किया है कि किसानों को उर्वरकों के उठाव में किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय द्वारा अनुशंसित मात्रा के अनुसार पॉश मशीन के माध्यम से नियमानुसार उर्वरकों का वितरण एवं जानकारी का संधारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि अनावश्यक खाद की कालाबाजारी को रोका जा सके। कृषि विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में वर्तमान में कुल 36 हजार 509 टन उर्वरक उपलब्ध है। इसमें यूरिया 13 हजार 752 टन, डीएपी 3 हजार 350 टन, एनपीके 9 हजार 806 टन, पोटाश 3 हजार 422 टन तथा एसएसपी 6 हजार 179 टन खाद सहकारी एवं निजी केन्द्रों में उपलब्ध है, जो इसी अवधि में गत वर्ष की उपलब्धता की तुलना में लगभग 40 प्रतिशत अधिक है। इस वर्ष समितियों में यूरिया, डीएपी एवं पोटाश के अतिरिक्त एनपीके, एसएसपी, नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी का भी पर्याप्त मात्रा में भंडारण किया गया है। किसान सामान्यत: बीज बोवाई के समय एक एकड़ धान फसल में बेसल मात्रा के रूप में यूरिया, डीएपी एवं पोटाश का उपयोग करते हैं। इसके साथ ही किसान एक एकड़ धान फसल हेतु डीएपी के स्थान पर दो बोरी एनपीके खाद जैसे 12 : 32 : 16, 20 : 20 : 0 : 13, 16 : 16 : 16, 24 : 24 : 0 एवं 28 : 28 : 0 का उपयोग कर यूरिया की खपत को कम कर सकते हैं। समितियों एवं निजी विक्रेताओं को डीएपी के विकल्प के रूप में एनपीके खाद तथा टॉप ड्रेसिंग हेतु नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के उपयोग एवं लाभों से किसानों को अवगत कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही कृषि विभाग द्वारा धरती माता बचाओ अभियान के माध्यम से नील हरित शैवाल के उपयोग को किसानों के बीच लोकप्रिय बनाने हेतु जनजागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है। किसानों को उनके प्रक्षेत्र में ही नील हरित शैवाल उत्पादन एवं उपयोग की विधि की जानकारी दी जा रही है। नील हरित शैवाल एक ऐसा जैव उर्वरक है, जो खेतों में पानी भरे रहने की स्थिति में शैवाल के रूप में विकसित होता है तथा वायुमंडलीय नाइट्रोजन को मृदा में स्थिर करता है। इसके उपयोग से रासायनिक यूरिया की आवश्यकता को कम किया जा सकता है। कृषकों के हित में जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता एवं सुचारू वितरण सुनिश्चित किया जा रहा है। किसानों से अपनी आवश्यकता अनुसार सहकारी समितियों एवं निजी उर्वरक विक्रय केन्द्रों से खाद प्राप्त करें तथा मृदा स्वास्थ्य के अनुरूप संतुलित उर्वरकों का उपयोग करने की अपील की है। - -4 भाइयों को मिला किसान पुस्तिका एवं कोमल को मिला ड्राईविंग लाइसेंसमहासमुंद / सुशासन तिहार के अंतर्गत ग्राम लोहारडीह में आयोजित समाधान शिविर में लोगों की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया गया। इसी क्रम में ग्राम बिरकोनी के 24 वर्षीय कोमल साहू को शिविर में आवेदन करने के महज एक घंटे के भीतर लर्निंग लाइसेंस प्रदान किया गया।कोमल साहू ने बताया कि उन्होंने हाल ही में नई गाड़ी खरीदी है, जिसके लिए उन्हें ड्राइविंग लाइसेंस की आवश्यकता थी। समाधान शिविर में पहुंचकर उन्होंने आवेदन किया और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें शीघ्र ही लर्निंग लाइसेंस मिल गया। उन्होंने कहा कि शिविर में बिना किसी परेशानी के त्वरित सेवा मिलने से उन्हें काफी सुविधा हुई। कोमल साहू ने शासन-प्रशासन द्वारा लगाए गए समाधान शिविर की सराहना करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया।इसी तरह ग्राम सोरिद के चार भाइयों विनोद चंद्राकर, राजेंद्र चंद्राकर, ललित चंद्राकर और डोमेंद्र चंद्राकर को समाधान शिविर में अलग-अलग किसान पुस्तिका प्रदान की गई। विनोद चंद्राकर ने बताया कि चारों भाइयों के बीच हाल ही में भूमि का बंटवारा हुआ है, जिसके बाद अलग-अलग किसान पुस्तिका की आवश्यकता थी। समीपस्थ ग्राम लोहारडीह में आयोजित समाधान शिविर में उन्होंने आवेदन प्रस्तुत किया, जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल किसान पुस्तिका उपलब्ध करा दी गई।किसानों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि समाधान शिविर वास्तव में लोगों की समस्याओं का समाधान कर रहा है। खरीफ फसल की तैयारी के लिए किसान पुस्तिका की आवश्यकता थी और सही समय पर इसका मिलना उनके लिए किसी पुरस्कार से कम नहीं है। उन्होंने शिविर के सफल आयोजन और त्वरित समाधान के लिए शासन-प्रशासन का आभार व्यक्त किया।


























